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ध्यान का क्या मतलब है?...्यान का मतलब है कि हमारे जीवन के दो पक्ष हैं। एक पक्ष वह है जो बाहर फैला हुआ पड़ा है। हमारे कानों के ...
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ध्यान किसका किया जाता है?...्वयं का या भगवान का? बेटे स्वयं तो क्या और भगवान तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवा...
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प्यार है आपके पास?...क्ति है आपके पास? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा को होती। बहन-भाइय...
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साधकों में से कई व्यक्ति हमसे यह पूछते रहते हैं कि हम क्या करें?...ैं उनमें से हर एक से कहता हूँ कि यह मत पूछिए बल्कि यह पूछिए कि क्या बनें? अगर आप कुछ बन जाते हैं तो क...
- अब तु कैसे गुरुदीक्षा ले सकता है?...ित्रो! मरा हुआ शरीर बेकार है और मरा हुआ प्राण बेकार है। इसी तरह भाव-सम्वेदना के बिना कर्मकाण्ड क्रिय...
- आप तो बढ़ई हैं?...हीं बेटा, तुझसे समझने में गलती हुई है। तो कौन हैं आप? आपकी बिरादरी क्या है? हम तो धोबी और सफाईकर्मी...
- मूर्तियाँ किससे बनती हैं?...ेनी-हथौड़े से बनती हैं। अच्छा, एक पत्थर का टुकड़ा हम आपको देंगे और छेनी-हथौड़ा भी देंगे। आप एक मूर्ति ...
- यही मतलब है न आपका?...प मैटेरियल से मैटेरियल को देखना चाहते हैं। प्रकृति से प्रकृति को देखना चाहते हैं। फिर तो आपको भौतिक...
- ये सब क्या गड़बड़ हो गया है?...र्जुन बेचारा तो कह रहा था कि हम तो चाय की केंटीन चलाएँगे और गुजारा करेंगे और अपनी मौज किया करेंगे। ...
- साहब, शरीर तो आखिर शरीर ही है, जो मिट्टी-पानी का बनता है, तो आप मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हो?...ाँ साहब, मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखना चाहते हैं।और किसको देखना चाहते हो? तीर-कमान वाले को दे...
- '' छछूँदर कौन?... हम और आप जहाँ कहीं भी जाएँगे, छछूँदरपन फैलाएँगे और उसके ऊपर गन्दी छाप छोड़कर आएँगे।...
- ''आत्मवत् सर्वभूतेषु'' क्या है?... एक ही है कि आप दूसरों की मुसीबतों में हिस्सेदार हो जाइए और अपनी सुविधाओं को बाँट दीजिए, हो गया ''आत्...
- ''तो फिर आपका गुरुकुल ठंडक में बहुत अच्छा होता होगा?... आपके यहाँ खाने को बहुत अच्छे फल मिलते होंगे?" हाँ! हमारे यहाँ बहुत अच्छे फल होते हैं। कैसे फल ह...
- ''धी'' क्या चीज है?... यह वह ज्ञान है, जो हमारी आत्मिक समस्याओं का समाधान करती है। ज्ञान का अर्थ केवल यह है कि जो हमारी आन्...
- ''नादयोग'' किसे कहते हैं?... नादयोग के दो हिस्से हैं। एक हिस्सा वह है, जो गाने के माध्यम से, संगीत के माध्यम से करते हैं। जब हम ग...
- ''न्यास'' किसे कहते हैं?... बेटे! न्यास को यह समझ ले कि जैसे छुरे पर धार रखी जाती है और उसे तेज किया जाता है, उसी तरह यह धार रखी...
- 'भक्ति' शब्द मैं जान बूझकर उपयोग नहीं करूँगा, क्योंकि भक्ति के सम्बन्ध में इतनी ज्यादा गलतफहमियाँ लोगों में छा गई हैं कि मैं क्या कहूँ?... लोगों की सम्वेदनाएँ, भावनाएँ उभर आएँ और वह केवल रोने लगे, नाचने लगे, उचकने लगे, मस्तक झुकाने लगे, हाथ...
- 'भीतर' से आप क्या समझते हैं?... जमीन के भीतर क्या छिपा हुआ है? बेटे, बाहर तो मिट्टी है, पर भीतर सम्पत्ति है, बहुमूल्य संपदा है। मित्र...
- अँगूठी कितने रुपए की है?... चार हजार रुपए की है। डिब्बी को देखकर आप यह ख्याल करते हैं कि यह मखमल की बनी हुई है, चमकदार है, चमचमा...
- अंगुलिमाल जब तलवार चलाने को उद्यत हुआ तो उन्होंने कहा कि हमारे पास आकर तलवार चला, वहाँ से क्या दिखाता है?... पास आया जो काँपने लगा। जमीन पर गिरा तो भगवान बुद्ध ने उसकी तलवार को उठा करके अलग फेंक दिया। उन्होंने...
- अन्धकार के समय क्या होता है?... चोर, उचक्के, उल्लू, साँप, बिच्छू, चमगादड़ चलते हैं। सब कुछ रात के समय होता है। झाड़ियाँ रात में डराव...
- अकेला आदमी कितना कर सकता है?... मैं किसी तरह से यह विश्वास करने को तैयार नहीं हूँ कि एक व्यक्ति विशेष सारे के सारे समाज को रोक सकता ...
- अकेला काम क्यों नहीं कर सकता?... ''अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता'' आप अकेले पुल नहीं बना पाएँगे; आप अकेले पहाड़ नहीं उखाड़ पाएँगे, आप ...
- अकेले चलाएँगे तब?... बेटे, अकेले तो बहुत मुश्किल है।अपनी भुजाओं की ताकत से, अपने पुरुषार्थ से, अपनी अकल से हम बहुत थोड़ी...
- अकल कहाँ से आती है?... आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसक...
- अकल कहाँ से बरसती है?... अकल कहाँ से आती है? आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं? बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती...
- अकल खराब करते हैं?... उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साहब! फलाने स्वामी जी भण्डारा कर रहे हैं। ...
- अगर अकेले लड़ सकते तो पाण्डवों की खुशामद क्यों करते?... पाण्डव बार बार यही कहते रहे कि हमें यह लड़ाई नहीं लड़नी है। वे हमारे रिश्तेदार लगते हैं। हम तो भीख माँ...
- अगर अकेले ही गोवर्धन उठा सकते थे तो ग्वाल−बालों को लाठी लगाने की क्या जरूरत थी?... मित्रो! अकेला आदमी कितना कर सकता है? मैं किसी तरह से यह विश्वास करने को तैयार नहीं हूँ कि एक व्यक्ति...
- अगर अगली बार देगा तो तू क्या देगा?... जब समय बदल जाएगा तब हम तेरे समयदान का क्या करेंगे? फिर समयदान की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसलिए आप यहाँ से...
- अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, तो उसका परिणाम क्या होगा?... अभी जितनी ज्यादा मुसीबतें आई हैं, आगे उससे भी ज्यादा आएँगी। इससे तो अच्छा होता अगर युद्ध हो जाता और ...
- अगर आप आध्यात्मिक जीवन पर चलें, पंचशील का जीवन जिएँ?... जीवात्मा की, आत्मदेव की पूजा पंचोपचार के ढंग से करें तो आपको मालूम पड़ेगा कि पंचशील कितने सरल हैं, सर...
- अगर आप इस शर्त को पूरा नहीं करेंगे तो फिर बात कैसे बन सकती है?... यह शर्त अनिवार्य है, आवश्यक है। इस शर्त की उपेक्षा नहीं हो सकती। सही सलाह मित्रो! स्वास्थ्य की दृष्ट...
- अगर आप उनकी पुकार सुन सकते हों, अगर आपके कान हैं, अगर आपके अन्दर दिल है; अगर आपके पास कान नहीं हैं, दिल नहीं है, तो हम क्या कह सकते हैं?... फिर कौन आदमी सुनेगा? रामायण की कथा हम सुन लेते हैं और जैसे ही आते हैं, पल्ला झाड़कर के आ जाते हैं। भा...
- अगर आप उसकी महँगी मूल्य की कीमती चीजें पाना चाहते हैं, महँगे चमत्कार पाना चाहते हैं, तब?... तब मित्रो! आपको कर्मकाण्ड के साथ, क्रियायोग के साथ भावयोग का समन्वय करना चाहिए। कल मैंने इसकी ओर संक...
- अगर आप ऐसे ही उलझे रहेंगे तो मैं आपको सच्चा अध्यात्म कैसे बताऊँगा?... नहीं गुरुजी! आप ऐसा मंत्र बताइए जिससे पैसा मिल जाए, बेटा मिल जाए। चलो अभी बता देते है। क्या मंत्र? ब...
- अगर आप देने की आदत सीख लें तब?... तब आप अपने दिमाग को ऐसी चीजें दे सकते हैं कि आपका दिमाग कहे कि हमको लम्बी जिन्दगी जीने का मौका इन्होंन...
- अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़ेगा कि आप कहाँ जाना चाहते हैं और कितने टिकट, कौन से क्लास के लेना चाहते हैं?... यह सब बताने की जरूरत है। यह प्रार्थना जिसको हम पूजा कहते हैं, भजन कहते हैं।...
- अगर आप नहीं गलेंगे, तब आप भगवान से क्या उम्मीद करेंगे?... आपने सुना है न कि भगवान की आदत कुछ ऐसी है कि माँगते रहते हैं। पहले हाथ पसारते हैं, बाद में कुछ देने ...
- अगर आप यह कर पाएँ तो आप पाएँगे कि आप कितने चैन से रह रहे हैं?... कितनी शान्ति से रह रहे हैं? कितने उन्नतिशील, कितने अपने आप को सम्पन्न अनुभव कर रहे हैं? पहले दृष्टिकोण...
- अगर आप यह कहते हैं कि हम भगवान की भक्ति से कोई ताल्लुक रखते हैं, तो आप यह जवाब दीजिए कि दैवीय सभ्यता के लिए श्रेष्ठ आचरणों के लिए लोगों के सामने अच्छी परम्परा स्थापित करने के लिए आपने क्या दिया?... यही एक जवाब दीजिए और दूसरा हम कुछ नहीं सुनना चाहते। हमने इतना भजन किया। तो ठीक है अपने भजन को डिब्बी...
- अगर आप यह नहीं करेंगे और पुराने घिनौने जीवन के ढर्रे पर ही चलते रहेंगे तो फिर हम क्या कर पाएँगे?... फिर आपकी पूजा-उपासना क्या कर लेगी? आपको जप और अनुष्ठान चमत्कार कैसे दिखा पाएँगे? जादू-चमत्कार जैसा अ...
- अगर आप यह मान लें कि आपको गंगा जी में मछली मारने का ठेका इक्यावन हजार रुपए में मिल जाए तो आप रोजाना गंगा जी में से कितनी मछली पकड़ेंगे?... आज कितनी पकड़ी गईं? आज साहब! चालीस मन पकड़ी गईं। दूसरे दिन अठारह मन पकड़ी गईं। और क्या करते हैं? साहब! ...
- अगर आप विमूढ़ ही बने रहे, रोटी खाने और पैसा कमाने से लेकर बच्चे पैदा करने तक के चक्र में ही पड़े रहे तो फिर मैं क्या कह सकता हूँ?... लेकिन अगर आपके भीतर जीवन आ गया होगा, जाग्रति आ गई होगी तो आपकी एक और आँख खुल गई होगी, जिसको त्राटक स...
- अगर आप सच्चे अर्थों में भगवान के भक्त हैं तो ध्यान रखिए कि इससे आपको क्या फायदा होगा और क्या फायदा नहीं होगा?... स्वर्ग मे आप जाएँगे कि नहीं जाएँगे? ये बाद की बातें हैं लेकिन आपको अपने विचारों में एवं चहुँओर ऐसा न...
- अगर आपका मन संसार की ओर अधिक लगा हुआ है, तो आप आध्यात्मिकता की ओर कैसे बढ़ पाएँगे?... फिर आपका मन पूजा-उपासना में कैसे लगेगा? आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे? गोली चलाने वाला अगर निशाना न...
- अगर आपका यह आत्मविश्वास है, तब?... तब फिर आपको आत्मनिर्भर व्यक्ति कहा जाएगा और आपको देवता कहा जाएगा।देवता आत्मविश्वासी होते हैं और आत्म...
- अगर आपकी आँखें हैं तो देखे, अगर नहीं हैं तो मैं क्या कह सकता हूँ?... मैं कुछ नहीं कहना चाहता हूँ। आप अध्यात्मवादी हैं, तो आपको कुछ करना चाहिए। आपको सिद्धि मिली है, मुक्त...
- अगर आपने यह कर लिया, तब क्या हो सकता है?... आप जो चाहते हैं कि हमको मिले तो फिर भी वह नहीं मिलेगा। सेंट हेलना की जेल में नेपोलियन के नहीं मिला। ...
- अगर इनकी सलाह मानें तो?... बेटे! सलाह मानेगा तो तेरे लिए आध्यात्मिक जीवन, श्रेष्ठ जीवन जी सकना कभी सम्भव नहीं हो सकेगा। इनकी सला...
- अगर इसको बेच दें तब?... तब आपकी हो गई। क्यों साहब! आपसे घड़ी ले गए थे, वह खराब हो गई। हों बहुत पुरानी थी जो चीज हमारी है, जिस...
- अगर उनका व्यक्तित्व घटिया होता तो फिर बात कैसे बनती?...
गाँधी जी ने अपने आप को बनाया था तभी हजारों आदमी उनके पीछे चले। बुद्ध ने अपने आप को बनाया, हजार...
- अगर उन्हें यह मालूम पड़ता कि वे पराये हैं, तो क्या होता?... आपने देखा नहीं, भगवान श्रीकृष्ण के बारे में जरासन्ध की, कंस की, दुःशासन की, शिशुपाल की, और भी ढेरों ...
- अगर ऐसा न होता तो न जाने अब तक हमारा क्या हो गया होता?... समय-समय पर जो रास्ते उसने बताए हैं, ऐसे शानदार रास्ते बताए हैं कि उन पर हम चलते गए और वह हमारे ऊपर फ...
- अगर ऐसा है तो फिर क्यों दरवाजे-दरवाजे पर भीख माँगते हैं?... क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं? नहीं साहब! भजन में बड़ी ताकत है। कोई ताकत नहीं है। फिर किसमें ताक...
- अगर किसी के पास दु:ख है, तो उसे किस तरह से दूर कर सकते हैं?... यही हमने अपने पूरे जीवनकाल में किया है। इसके अलावा जो भी धन था, उसे भी भगवान के कार्य में खरच कर दिय...
- अगर किसी ने आपके साथ कोई बुराई कर ली या किसी ने दु:ख भुगत लिए तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है?... भूत सो भूत, गया सो गया। आप भूत पर विचार मत कीजिए। भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता...
- अगर किसी ने पकड़ लिया और कहा कि अमुक विषय पर बोलिए तब?... तब बेटे कह देना कि मैंने इतनी ही नकल की हैं। अब मैं कहाँ से बोल सकता हूँ? अरे महाराज, आप अपने जैसा...
- अगर कोई आदमी यह कर सके तब?... तब मैं कहूँगा कि जीवन में वास्तविक अध्यात्म आ गया। वास्तविक अध्यात्म के प्राप्त करने के बाद में आप व...
- अगर कोई ताकत रही होती तो ये भजन करने वाले सवेरे से शाम तक क्यों बैठे रहते हैं और भीख माँगते रहते हैं?... अगर ऐसा है तो फिर क्यों दरवाजे-दरवाजे पर भीख माँगते हैं? क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं? नहीं सा...
- अगर कोई देवता का बेटा है तो उसके व्यवहार में और जीवन में क्या गुण आना चाहिए?... इसे हम पाँचों पाण्डवों के जीवन में देख लेते हैं। हमको सबसे अच्छी घटना पाण्डवों की याद आती है। अज्ञात...
- अगर जब समय मिलेगा आपसे अध्यात्म की विशद चर्चा करेंगे तथा बताएँगे कि ब्रह्मवर्चस का उपासना-साधना का, आध्यात्मिक का जो प्रशिक्षण दिया जा रहा है, उसका उद्देश्य क्या है?... उसका प्रयोग क्या है? उसके सिद्धान्त बताने के साथ यह भी बतलाने का प्रयास करेंगे कि यहाँ पर जो क्रियाएँ...
- अगर जमाई से लड़ाई हो जाए और हमारी लड़की से तलाक ले ले तब?... तब वह हमारा जमाई नहीं है। तब कौन है? हमारा बैरी है और दुश्मन है। क्यों साहब! दो महीने पहले तो वह आपक...
- अगर तेरे लेक्चर को हम टेप करा करके भेज दें तो?... नहीं महाराज जी! टेप कराकर मत भेजिए। मुझे ही भेज दीजिए! चल बदमाश कहीं का! इस तरीके से सारे के सारे जे...
- अगर दुनिया में एक राष्ट्र हो और सारे के सारे देश उसी के प्रांत मान लिए जाएँ तो राष्ट्रों के बीच कलह कैसे पैदा हो?... समता के सिद्धान्त को यदि सभी मान लें तो जाति के नाम पर, लिंग के नाम पर, अर्थ विषमता के नाम पर जो चारो...
- अगर ध्यान न कर सके तो क्या हो जाएगा?... देख बेटे, तुझे मैं थोड़े से नाम बताता हूँ, जो ध्यान न कर सके, लेकिन किसी तरह से भगवान की कृपा प्राप्...
- अगर नहीं डालें तो?... तो बेटे देवता नाराज हो जाएँगे और शाप दे देंगे। पण्डित जी के यहाँ पत्रा दिखाने जाते हैं, अगर खाली हाथ ...
- अगर पतंग ने इतनी हिम्मत और बहादुरी न दिखाई होती और बच्चे के हाथ में अपना मार्गदर्शन न सौंपा होता तो क्या पतंग उड़ सकती थी?... नहीं, जमीन पर ही पड़ी रहती। बाँसुरी ने अपने आप को किसी गायक को सौंपा। गायक के होठों से लगी और गायक हो...
- अगर पेड़ को बड़ा एवं ऊँचा बनाना हो तो क्या करना पड़ेगा?... इसके लिए सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि उसकी जड़ों के लिए गुंजाइश छोड़नी पड़ेगी। जड़ें जितनी गहरी होंगी, पेड...
- अगर भगवान सोया करेंगे तो सूरज, चाँद कैसे उगेगा?... हवाएँ कैसे चलेंगी? जीव-जंतु, पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गर...
- अगर भगवान सोया करेंगे तो सूरज-चाँद कैसे उगेगा?... हवाएँ कैसे चलेंगी? जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरम...
- अगर मच्छरों की दुनिया कहीं हुई और मच्छरों की दुनिया में भगवान की भक्ति का विस्तार कहीं फैल गया तब?... भगवान क्या इनसान के रूप में आएँगे? नहीं, इनसान रूप में नहीं, मच्छर के रूप में आएँगे, क्योंकि यह जीव,...
- अगर यह उपार्जन इन्होंने नहीं किया है, तो सामान्य मनुष्यों की अपेक्षा उनमें ये विशेषता क्यों दिखाई पड़ती है?... जिनके अन्दर कुछ विशेषताएँ दिखाई पड़ती हैं, मित्रो! उनके कुछ विशेष कर्तव्य और विशेष जिम्मेदारियों हैं। ...
- अगर यह चीज आपको मिल जाएगी तो उसका आप करेंगे क्या?... इसका जवाब हमें दीजिए। देवताओं का वरदान ऐय्याशी के लिए, मजा उड़ाने के लिए नहीं। शराबखोरी के लिए नहीं ...
- अगर यह योजना चलेगी तो क्या होगा?... भावी योजना के बारे में मैं आपको बता रहा हूँ कि इसमें हम यह प्रयत्न करेंगे कि आदमी को तपस्वी बनाएँ। त...
- अगर ये आपके भीतर हैं, तो आप क्या क्रिया करते हैं, क्या नहीं करते?... चलिए आपकी क्रिया घटिया किस्म की हो तो भी मैं यह कहूँगा कि आप योगी हैं, आप सन्त हैं आप तपस्वी हैं और आ...
- अगर ये बकरा काटने वाली हैं, तो हमारे पड़ोस में कसाई रहता है उसमें और इसमें क्या फर्क है?... नहीं साहब! ये को देवी जी हैं। मास तो ये भी खाती हैं और जो कसाई भी खाता है, तभी को मैं इसे कसाई कह रह...
- अगर ये बातें मनुष्य को याद नहीं हैं, उसे केवल किसी मन्दिर की मूर्ति की शक्ल भर याद रहती है, तो कैसे कहा जाए कि इस आदमी को भगवान याद है और वह भगवान को भूला नहीं है?... साथियो! लोग भगवान को भूलते जा रहे थे और भूल रहे हैं। इसीलिए उनको स्मरण दिलाए रखने के लिए मन्दिरों की ...
- अगर ये माध्यम नहीं होंगे, तो हम किस तरीके से आपको सिखा पाएँगे?... ब्लैकबोर्ड हमारे पास नहीं होंगे, खड़िया हमारे पास नहीं होगी तो हम आपको गणित कैसे सिखा पाएँगे? जरा आप ...
- अगर रीछ को, बन्दर को, साँप को, शेर को साध लेना सम्भव है तो अपने जीवन को साध लेना क्या सम्भव नहीं है?... जीवन को साध लेने का नाम ही साधना है। गुणों को साधिए क्यों साहब! हमने सुना है कि जो लोग देवताओं की सा...
- अगर शंकराचार्य ने भगवान की पुकार न सुनी होती तब?... तब बेटे यही होता जो हमारा आपका हुआ है। क्या हो जाता? नौ बेटे और ग्यारह बेटियाँ होतीं। एक बच्चा गोद म...
- अगर श्रम के प्रति आपके अन्दर सम्मान है, तो फिर आप देखना कि क्या चमत्कार होता है?... आप श्रम करेंगे तो दीर्घजीवी होंगे। इसके लिए खुराक की जरूरत है, अमुक चीज की जरूरत है, इसके साथ ही सबस...
- अगर साधना का चमत्कार आपको देखने का मन हो और साधना से सिद्धि की जो बात बताई गई है, वह करना हो तो आपको पहला काम क्या करना पड़ेगा?... आपको सबसे पहले अपने काम में मन लगाना पड़ेगा। कोई भी काम हो, जिसमें भजन भी शामिल है, मन लगाकर करना पड़े...
- अगर स्नेह के साथ में तुम्हें कोई आशीर्वाद दे या परामर्श दे तो उसका कोई असर शरीर पर पड़ेगा क्या?... शरीर पर कोई असर नहीं पड़ सकता। गायत्री उपासना-गायत्री साधना के क्रियापरक कर्मकाण्ड की तुलना शरीर के क...
- अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं?... यहाँ लोकसेवी थोड़े ही रहते हैं। यहाँ तो हमीं लोग रहते हैं, तो हमें क्या सिखाएँगे? बाहर वालों को सिखान...
- अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या बैकुंठ को चले जाएँगे?... नहीं बेटे! कहीं नहीं जमता, चाहे पीला कपड़ा पहन ले, चाहे हरा पहन ले। इससे क्या बनता है? हम तो यह याद द...
- अगर हम प्रार्थना न करें, पूजा न करें तो?... तो फिर जिस तरह आप टिकट के लिए स्टेशन मास्टर के पास जाएँ आ चुपचाप खड़े रहे, कुछ न कहें। क्या मतलब है ...
- अगर हमारे कलेजे छोटे हों तब?... बेटे! तब हमारे पास पैसा-दौलत हो जाए तो क्या? ज्ञान हो जाए तो क्या? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो ज...
- अगर हैं तो उनकी क्रियापद्धति क्या है?... इन प्रश्नों का उत्तर बालविनोद की तरह नहीं दिया जाना चाहिए। उनका वर्चस्व साधारण मनुष्यों जैसा नहीं है...
- अगले जन्म की बात कौन कर रहा है?... हम तो इसी जन्म की बात कहते हैं। अरे साहब! अगले जन्म में सन्त हो जाएँगे, स्वर्ग में चले जाएँगे। नहीं ब...
- अगले दिनों क्या स्थापना होने वाली है?... अगले दिनों विवेकशीलता की स्थापना होने वाली है। हम उस विवेकशीलता की स्थापना करने से डरने वाले नहीं है...
- अगले दिनों क्या हो जाएगा?... यही हो जाएगा। अमेरिका का बिलकुल यही हाल है; क्योंकि वहाँ तो आधुनिक संस्कृति है आपकी संस्कृति देव संस...
- अग्नि जो हमारा पुरोहित है, जो हमारा मार्गदर्शक है, वह हमें क्या सिखाता है?... बोलता तो जरूर नहीं है, बात-चीत भी नहीं करता। लिखना-पढ़ना भी नहीं जानता, लेकिन जिसको हम वास्तविक शिक्ष...
- अग्निहोत्र भी नसीहत देता है?... यह नसीहत देता है कि जब तक अग्नि जिन्दा रहती है, तब तक गरम रहती है, हमारे जीवन में भी गरमी बनी रहनी चा...
- अच्छा तो आप ब्राह्मण हैं?... बेटे, मैं नहीं कह सकता, क्योंकि ब्राह्मण होने के नाम पर यदि तू मेरी पूजा करता हो तो मत कर। अगर तून...
- अच्छा को फल क्या करते हैं?... टप-टप टपक पड़ते हैं और पेड़ पकड़ लेते हैं। पेड़ उन सबको चिपका लेते हैं। बेटे, ये तेरा ख्याल गलत है कि फल...
- अच्छा तो अबकी बार बेटी के पास जाना और एक बात पूछना, तूने एक के लिए नौकर रखा कि नहीं रखा?... क्या पूछ करके आना? यह पूछकर आना तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है? बेटी खाना खाएगी, त...
- अच्छा तो आप आज्ञाचक्र में जिसका ध्यान करते हैं, वह क्या चीज हो सकती है?... बेटे! वह ज्ञान है। आध्यात्मिक परिभाषा में प्रकाश हमेशा ज्ञान के अथ मैं आता हैं। आत्मा में प्रकाश हो ...
- अच्छा तो आप कितनी तरह के लिबास बना लेते हैं?... गुरुजी! आपको तो अभी मालूम ही नहीं है। हमने अपने पास बहुत तरह के लिबास, बहुत तरह की पोशाकें बना करके ...
- अच्छा तो आप कितनी देर में पहुँचा देंगे?... तू कितनी देर में पहुँचना चाहता है। हम तो तुझे पाँच मिनट में पहुँचा देंगे बम्बई। अच्छा पाँच मिनट में,...
- अच्छा तो आप चालाकी कर रहे थे?... बिलकुल, हमारा और कोई मतलब ही नहीं था, नहीं तो हम सेंट क्यों लगाते? हम सुपरलक्स क्यों लगाते? हम तो इस...
- अच्छा तो आप दो में से एक चुनिए?... अगर आप व्यायाम के लिए कहेंगे तो हम आहार- विहार ठीक नहीं रखेंगे। अगर आप आहार विहार के लिए कहेंगे तो व...
- अच्छा तो आप यह बताइए कि गणिका जो थी, राम-नाम जप करने के बाद में, राम-नाम की दीक्षा लेने के बाद में वेश्यावृत्ति करती रही कि नहीं करती रही?... नहीं साहब! फिर तो बन्द कर दिया था। नहीं, बताइए शायद करती रही हो? नहीं साहब! जिस दिन से उसने राम का ना...
- अच्छा तो कृष्ण भगवान का देखा होगा?... कृष्ण भगवान को जब मृत्यु हुई थी, तब वे एक भी पच्चीस वर्ष की उम्र के थे। मैं आपसे पूछता हूँ कि एक भी ...
- अच्छा तो कोई बनिया होगा, कोई पोरवाल होगा, अग्रवाल होगा, खंडेलवाल होगा आप में से कोई?... नहीं साहब! हम कोई खंडेलवाल नहीं, हममें से कोई अग्रवाल नहीं। तो आप में से कोई पण्डित जी हो सकते है...
- अच्छा तो मान्यता के ऊपर है?... हों बेटे! मान्यता के ऊपर हे। जिसके ऊपर हम अपनेपन का टॉर्च डालते हैं, वही चीज अपनी दिखाई पड़ती है। जिस...
- अच्छा तो मैं चार रोटी की जगह छह रोटियाँ रख दूँ अथवा एक किलो आटे की रोटियाँ थाली में रख दूँ?... और दान कर दूँ तो, तो भी नहीं होगा। क्यों?क्योंकि इसका जो अर्थ तू समझता हैं, वह दृश्य को समझता है, कृ...
- अच्छा तो यह कमाता तो जरूर होगा?... मैं जानता हूँ कि बी०ए० पास को ढाई सौ रुपए मिलते होंगे, तो एम०ए० पास को चार सौ रुपए मिलते होंगे। इतना...
- अच्छा तो शरीर किस चीज का बना हुआ होगा, जो आप देखना चाहते हो?... साहब, शरीर तो आखिर शरीर ही है, जो मिट्टी-पानी का बनता है, तो आप मिट्टी-पानी के रामचंद्र जी को देखन...
- अच्छा तो हम आपको पहले देवी दिखा दें तो फिर ऐतराज तो नहीं है आपको, नहीं साहब?... देवी नहीं दिखा सकते हैं, तो आप भले ही देवता दिखा दीजिए। पहले आप दिखा दीजिए कुछ भी।चलिए हम आपको पहले ...
- अच्छा पाँच मिनट में, आप इतने बड़े योगी हैं?... तू पहले खड़ा तो हो जा, फिर देख पहुँचता हैं कि नहीं पाँच मिनट में। अच्छा एक काम कर आँख पर एक पट्टी बाँ...
- अच्छा फूल कहाँ से आते हैं?... फूल रात में तारों से ऊपर से गिरते हैं और पेड़ पर चिपक जाते हैं और ये फल कहाँ से आते हैं? फल, गुरुजी! ...
- अच्छा बता, तूने इन्हें पढ़ा है क्या?... अरे महाराज जी! पढ़ा-वढ़ा तो क्या, मँगाकर रख लिया है। इससे मेरे घर में बड़ा पुण्य हो जाएगा नहीं बेटे...
- अच्छा बताइए आप की नाक कैसी है?... भौंहें कैसी हैं? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखा...
- अच्छा बताइए आप की नाक कैसी है?... भौहें कैसी है? पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती ...
- अच्छा बताइए कि बादलों में पानी किसने पैदा किया?... नहीं साहब, मनुहार करेंगे, उपहार पाएँगे, साष्टांग दण्डवत करेंगे और उपहार पाएँगे, आशीर्वाद पाएँगे। आपको...
- अच्छा बताइए कि भगवान रामचंद्र जी का ऐसा फोटो क्या किसी ने देखा है, जिसमें उनके दाँत उखड़ गए हों और बाल सफेद हो गए हों?... आपने देखा है? नहीं साहब! हमने तो नहीं देखा। अच्छा तो कृष्ण भगवान का देखा होगा? कृष्ण भगवान को जब मृत...
- अच्छा बम्बई जाने का शॉर्टकट बताइए?... बम्बई जाने का शॉर्टकट यही है बेटे कि उधर से कोटा से होकर निकल जाए या भोपाल से होकर निकल जाए। कितना क...
- अच्छा बेटे और किसी माँगना चाहिए?... सन्त पुरुषों से माँगना चाहिए, दिव्य पुरुषों से माँगना चाहिए, अमुक से माँगना चाहिए। नहीं बेटे। सन्त पुर...
- अच्छा बेटे तू स्कूल जाएगा?... हाँ साहब, लेकिन पढ़ाई करनी पड़ेगी। गुरुजी! मुझे यह नहीं पता था। अच्छा तो अब हम बता देते हैं, कलम पकड़ ...
- अच्छा बेटे, तू क्या कर रहा था?... तू चालाकी नहीं कर रहा था॥ नहीं महाराज जी, भगवान तक पहुँचा दीजिए, मुफ्त में अपनी सिद्धि से पहुँचा दी...
- अच्छा बेटे, तू क्या कर रहा था?... तू चालाकी नहीं कर रहा था। नहीं महाराज जी, भगवान तक पहुँचा दीजिए, मुफ्त में अपनी सिद्धि से पहुँचा दीज...
- अच्छा बेटे, तो अब क्या करना चाहिए?... पिताजी, पंद्रह हजार रुपए का इंतजाम करना चाहिए। अच्छा बेटा, देख अभी करता हूँ। देख तिजोरी में कितने रु...
- अच्छा ये देवी जी जीभ क्यों निकालती हैं?... ये तो काट खाएँगी। अरे साहब! ये तो बकरा खाएँगी। धत् तेरे की! अगर ये बकरा काटने वाली हैं, तो हमारे पड़...
- अच्छा ये माता जी की नहीं हैं तो फिर हम आपसे ये पूछते हैं?... लड़कियाँ जब विदा होती हैं तो ऐसे क्यों रोती हैं रोई फूट फूटकर, बिलख बिलखकर ऐसे रोती हैं, जैसे सास के ...
- अच्छा ला, कहाँ है कोट?... तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ, मिट्टी में डूबा हुआ, सारा का सारा मैला पड़ा हे। बेटे! यह नहीं रंग...
- अच्छा, आदमी कितना वजन उठा सकता है?... बीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! चालीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! हमने एक पल्लेदार को अपनी पीठ पर ...
- अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है?... हाँ पण्डित जी! माँस तो है ही। थूक तो नहीं है? हाँ है। तो इस जीभ को काट दे और फिर प्लास्टिक की जीभ लगा...
- अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा या नहीं?... ? हाँ साहब! जरूर उखड़ा होगा। अच्छा, कृष्ण भगवान का एक फोटो हमको दिखाइए। बताइए यह फोटो बुढ़ापे का है ...
- अच्छा, ऐसी बात है?... हाँ साहब! इंदिरा गाँधी को नेपाल में किसी बाबाजी ने रुद्राक्ष की माला दी थी तो वह प्रधानमंत्री हो गईं...
- अच्छा, तो तू उसको नहीं निकाल सकता है, पर यह बता दे कि जो रामनाम के गान करेगा, गायत्री मंत्र बोलेगा, वह किससे बोलेगा?... साहब! जीभ से बोलूँगा। जीभ किसकी है? चमड़े की है। अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है? हाँ पण्डित जी! माँस तो ...
- अच्छा, तो यह लक्ष्मी थी?... हों थी। मैंने वह शंख उसे दे दिया।साल भर बाद राजा साहब फिर आए। मैंने कहा-क्यों भाई! तुम कह रहे थे कि ...
- अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं?... पत्ते, साहब, हवा में से भागते हुए आ जाते हैं और डाली से चिपक जाते हैं। अच्छा फूल कहाँ से आते हैं? फू...
- अच्छा, पहले यह बता कि भण्डारे में क्या होगा?... नहीं साहब! भण्डारे में बाबा जी आएँगे और गाँजा पिएँगे। उखाड़ बाल इस बाबा जी के। ये कौन हैं? धूर्त हैं,...
- अच्छा, ये फूल भी बाहर से आते हैं और पत्ते भी बाहर से आते हैं?... हाँ साहब। नहीं बेटे, तेरा यह ख्याल गलत है। तो गुरुजी! आप ही बताइए कि सही बात क्या है? बेटे, पेड़ की ज...
- अच्छा, हम आपको इस तरीके से तो नहीं बता सकते, पर यों बता सकते हैं-आपने किसी मरने वाले को देखा है?... हों साहब! देखा है। मरने वाले की आँखें खुली रहती हैं। हाथ चलते रहते हैं, लेकिन क्या बन्द रहता है? आदमी...
- अच्छे लोग भी हैं?... हों साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचारों से, अच्छे लोगों से और अच्छी क्रियाओं से खाली नहीं है। प्राणायाम ...
- अच्छे विचार भी हैं?... हाँ साहब! हैं। अच्छे लोग भी हैं? हों साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचारों से, अच्छे लोगों से और अच्छी क्र...
- अठारह पुराणों के?... हों किए हैं। उपनिषदों के, दर्शनों के? हाँ किए हैं। अपने वजन से अधिक किताबें भी लिखी है? ही बेटे! लिख...
- अत: मैं आपको साकार की बात बताऊँगा कि कैसे भगवान लीलाएँ करने आते हैं?... व्यक्ति आता है। आप भगवान की कथाएँ तो सुनते हैं, पर गहरे में क्यों नहीं जाते? भगवान की सारी की सारी ल...
- अत: वह हँस पर क्या बैठेगी?... हँस की आफत आएगी। फिर क्या है हँस? हँस बेटे! वह व्यक्ति है जिसकी दृष्टि ऋतम्भरा प्रज्ञा के अनुकूल है।...
- अत: हमको यज्ञोपवीत और शिखा का समाधान करना पड़ेगा कि इनकी प्रेरणाएँ क्या हैं?... शिक्षाएँ क्या है? प्रकाश क्या है? बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती चली आ रही है। हर बात में क्यों और...
- अतः आप ही बतलाइए कि आपके गुरु किस प्रकार से ऐसी सहायता करते हैं?... मित्रो, इस सन्दर्भ में कइयों ने विश्लेषण करके कहा है कि गुरुजी वह आपकी श्रद्धा का चमत्कार मालूम पड़ता ...
- अतीन्द्रिय क्षमता क्या होती हैं?... दूरदर्शन की क्षमता-दूर देखने की क्षमता, दूरश्रवण की क्षमता। हमारे अन्दर टेलीविजन लगे हुए हैं, वायरलैस...
- अथर्ववेद के गवाह से अच्छा कोई और गवाह चाहिए क्या?... नहीं, बेटे! इससे अच्छा गवाह नहीं मिलता। इसमें यह बताया गया है कि सात लाभ जो इसके भीतर हैं, इन सात ला...
- अथवा आपको टाइम टेबिल कैसे बताएँगे कि कौन सी रेलगाड़ी कहाँ से कहाँ तक जाएगी?... और आपको किस गाड़ी से या बस से जाना चाहिए। मैप-नक्शा हमारे पास है नहीं, टाइम टेबिल है नहीं, फिर इसके ब...
- अधिकार आदमी आपत्तियों में रोते और खीझते हुए देखे जाते हैं तो वे आगे कैसे बढ़ेंगे?... जब आपत्तियाँ ही रास्ता रोके खड़ी है, कठिनाइयाँ ही पग- पग पर हैरान कर रही हैं, तो आगे वाली बात कैसे ब...
- अध्यात्म का शिक्षण कैसे किया जा सकता है?... अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है? अध्यात्म बेटे वह वाणी का विषय नहीं है। वाणी का...
- अध्यात्म किस तरह से जिन्दा रखा जा सकता है?... अध्यात्म का शिक्षण कैसे किया जा सकता है? अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है? अध्या...
- अध्यात्म किसे कहते हैं?... अध्यात्म कहते हैं, साइंस आफ सोल को, सोल की साइंस को। सोल का हम डेवलपमेंट कैसे कर सकते हैं? सोल को पर...
- अध्यात्म की गतिविधियों को आगे कैसे बढ़ाया जा सकता है?... अध्यात्म बेटे वह वाणी का विषय नहीं है। वाणी का विषय रहा होता तो अब तक बहुत से एक से एक बढ़िया पण्डित,...
- अध्यात्म कैसा होता है?... अध्यात्म को जीवन में अप्लाइ कैसे करते हैं? अपने विकृत जीवन में संयम के रूप में हम अप्लाइ करते है। सम...
- अध्यात्म को जीवन में अप्लाइ कैसे करते हैं?... अपने विकृत जीवन में संयम के रूप में हम अप्लाइ करते है। समाज में हम जिम्मेदारी, वफादारी और ईमानदारी क...
- अध्यात्म क्या है?... जीवन का शीर्षासन है। तू क्या की इसे बाजीगरी समझता है कि यह कर लूँगा, वह कर लूँगा। इसमें ऐसा कुछ नहीं...
- अध्यात्म क्षेत्र में फरमाइश करने वाले ये कौन हैं?... बिलकुल बच्चे हैं, बालक हैं। इनको इसी बात की फिक्र पड़ी रहती है कि हमको दीजिए हमको दीजिए। इसलिए ये बाल...
- अध्यात्म मार्ग में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति के लिए पहला वाला जो पाठ पढ़ाया जाता है, पहली वाली जो शिक्षा दी जाती है, वह यह नहीं दी जाती कि कौन सा बीजमंत्र लगाऊँ?... माला किस चीज की लूँ? बेटे! माला किसी भी लकड़ी की ले ले। बेटे! यह पाठ पहला नहीं है। यह ग्यारहवाँ है। म...
- अध्यात्म में कौन सा मित्र है और कौन सा दुश्मन है?... आत्मैव ह्यात्मनो बन्धुरात्मैव रिपुरात्मनः अर्थात आप ही अपने बैरी हैं और आपने ही अपने पैरों पर कुल्हा...
- अध्यात्म से भौतिक लाभ मिल सकते हैं?... हाँ बेटे! भौतिक लाभ इससे मिल सकते हैं। इससे हम सिद्धियाँ प्राप्त कर सकते हैं। सोने से कपड़ा खरीद सकते...
- अध्यात्मवादी वह है जो यह समझता है कि हमें प्राप्त चीजों को कहाँ खरच करना है, किस प्रकार खरच करना है?... यह गायत्री मंत्र की विशेषता है, जिसके आधार पर हमारे मंत्र सफल होते चले गए तथा हम भी प्रगति की ओर बढ़त...
- अनाज का पुण्य करने से क्या हो जाएगा?... कुछ भी नहीं हो जाएगा। कैसे हो जाएगा? बेटे! उसका एक ही आधार है, और दूसरा कोई भी नहीं है और उसका नाम ह...
- अनुग्रह कैसा होता हैं?... 'कहते हैं कि देवता ऊपर से फूल बरसाते हैं। हमारे ऊपर हमेशा फूल बरसते रहते हैं। जिसे हम प्रोत्साहन, सा...
- अनुग्रह दुनिया में में खत्म हो चला?... नहीं बेटे ! खत्म होने की बात नहीं कहता, पर मैं यह कहता हूँ कि सिद्धान्त और इसके आधार पर कोई बड़ी लम्बी...
- अनुष्ठान कितना करते थे?... बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर अपना पेट पालने के लिए भिक्षा माँगने के बज...
- अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन?... दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही चोर वाली बात सामने है। क्या करना पड़ेगा? हममें से जो भी आदमी इस मार्ग ...
- अन्य प्राणियों को जो सुविधाएँ नहीं मिली, वह मनुष्य को ही क्यों दी गईं?... इसका एकमात्र उत्तर यही है कि जिस तरह विशेष तरीके से एक खजांची के पास खजाना जमा कर दिया जाता है, मिनि...
- अन्य लोगों के पास, महापुरुषों के पास केवल परिश्रम था और क्या बताना?... कुछ भी नहीं था, शरीर था उनके पास। पैसा था? पैसा भी नहीं था। मकान था? नहीं साहब! मकान भी नहीं था। कोई...
- अपना नाम, पता, परिचय पत्र, टिकट आदि सब कुछ गँवा देने पर हम असमंजस भरी स्थिति में खड़े हैं कि आखिर हम हैं कौन?... कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और न अस्वीकार करते। स्...
- अपना नाम, पता, परिचय पत्र, टिकट आदि सब कुछ गँवा देने पर हम असमंजस भरी स्थिति में खड़े हैं कि आखिर हम हैं कौन?... कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और अस्वीकार करते। स्वी...
- अपना नाम, पता, परिचय-पत्र, टिकट आदि सब कुछ गँवा देने पर हम असमंजस भरी स्थिति में खड़े हैं कि आखिर हम हैं कौन?... कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था? स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और न अस्वीकार करते। स्...
- अपनी बात क्यों नहीं कहते?... अरे कोई बात हो तो बताओ? नहीं कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना होगा कि हमें यहाँ से दिल्ल...
- अपनी बेटी हो तो क्या, और किसी की बेटी हो तो क्या?... अब हम इन जिन्दा आँखों से ऐसा अधर्म नहीं देखेंगे। ये ठीक है कि हम रावण को नहीं मार सकते, पर हम स्वयं त...
- अपने अन्दर जो कमजोरियों, कच्चाइयाँ आई हैं, उन्हें कैसे दूर करेंगे?... यह कमजोरियों और कच्चाइयाँ जब मजबूर करेंगी कि जो ढर्रा चलता रहा है, वही चलता रहना चाहिए, तब फिर क्या ...
- अपने आत्मीय जनों को प्यार करता हुआ देखकर, उन्हें कठोर हृदय के व्यक्तियों को भी पिघलता देखा गया है; फिर परमात्मा जो इतना सहृदय और दयालु है वह अपने बालकों के प्रति कर्तव्य भावना को पूरा हुआ देखकर भला क्यों न प्रसन्न होगा?... इससे तो वे भक्त की अन्य कामनाएँ भी सहर्ष पूरी कर देते हैं।वेद में कहा गया है कि जो लोग सम्पूर्ण प्राण...
- अपने आप के साथ में करेगा रगड़, तो गेहूँ का खेत जिस तरीके से फल देने लगता है उसी तरीके से हमारी परिष्कृत चेतना फसल दे सकती है और मैं बताऊँ?... अभी मैं बताता हूँ कि उपासना कैसे की जाती है? उपासना ऐसे की जाती है, जैसे कि अपने शरीर को पहलवान अभ्य...
- अपने आप को कौन गिराता है?... अरे कोई नहीं गिराता, आप स्वयं अपने आप को गिराते हो। नहीं साहब, हमको पड़ोसी तंग करता है और बीवी तंग क...
- अपने आप में धारण किया है?... इसका जवाब दे देंगे, तो आपकी बात लाखों-करोड़ों आदमी मानेंगे। हमने जो लोगों को सिखाया है, बताया है, पह...
- अपने आपका परिशोधन करते हुए चले जाएँगे, तो फिर देखेंगे कि क्या कमाल होता है?... देखें फिर क्या मजा आता है? देखिए आपके पास कैसे सब चमत्कार आते हैं? मैं आपसे यही कहने वाला था कि आप अ...
- अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे?... आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने दीजिए, जब खाली समय हो, तब और जब खा...
- अपने जीवात्मा को शुद्ध और पवित्र बनाने के लिए ईश्वर की पूजा इससे अच्छी और क्या हो सकती है?... समाज की सेवा के अलावा मैं पूछता हूँ कि ईश्वर की सेवा और क्या हो सकती है? कोई सेवा नहीं और ईश्वर का भ...
- अपने भीतर का आकर्षण और चुंबकत्व न हुआ तो हम भगवान को कैसे पा सकेंगे?... स्वर्ग- मुक्ति कैसे पा सकेंगे? सद्गति और शान्ति कैसे पा सकेंगे?व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते ह...
- अपने लक्ष्य का ध्यान करते हैं, जीवन का ध्यान करते हैं तो गुरुजी आपने इसीलिए सूरज का ध्यान बता दिया है?... हाँ बेटे, वह तो हमने प्रतीक बता दिया है। उसकी चमक देखकर अगर आप यह अन्दाजा लगाते हों कि हमारे ध्यान मे...
- अपने लक्ष्य का ध्यान करते हैं, जीवन का ध्यान करते हैं तो गुरुजी आपने इसीलिए सूरज का ध्यान बता दिया है?... हाँ बेटे, वह तो हमने प्रतीक बता दिया है। उसकी चमक देखकर अगर आप यह अन्दाजा लगाते हों कि हमारे ध्यान मे...
- अपने वजन से अधिक किताबें भी लिखी है?... ही बेटे! लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है? नहीं बेटे! हमारा कोई स्टेनो नहीं है। कोई पी०ए० है आपका? नही...
- अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवता बनाना और परमात्मा बनाना, यह विकास कितना बड़ा हो सकता है?... इसके लिए कितना संघर्ष करना चाहिए, कितनी मेहनत करनी चाहिए, कितना परिश्रम और कितना परिष्कार करना चाहिए...
- अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवात्मा बनाना और परमात्मा बनाना, यह विकास कितना बड़ा हो सकता है?... इसके लिए कितना संघर्ष करना चाहिए, कितनी मेहनत करनी चाहिए, कितना परिश्रम और कितना परिष्कार करना चाहिए...
- अब आगे क्या करेंगे?... अब हमारे पास दो उद्देश्य हैं। एक तो यज्ञ की वैज्ञानिकता को सिद्ध करना है, जिसमें आप सिद्धि और चमत्का...
- अब आप अवतार लेंगे?... हाँ साहब! अवतार लेंगे। तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे? अकेला काम क्यों नहीं कर सकता? ''अकेला चना भाड़...
- अब आप कैसे आ गईं?... लक्ष्मी जी ने कहा कि जहाँ कहीं भी प्यार रहता है, सहकार रहता है, सेवावृत्ति रहती है, उदारता रहती है, ...
- अब आप क्या कर सकते है?... आप सेहत की एक तरीके से सहायता कर सकते हैं। देवपरिवार में आकर, आध्यात्मिक जीवन में प्रवेश करने के बाद...
- अब आप क्या शिकायत करते हैं?... आपने बदतमीज़ी से और बेहूदगी से चीजों को खाया है। अब बेहूदे तरीके से खाने की वजह से ये बेहूदी चीजें आ...
- अब आपकी पचास हजार की शाख है और बाकी ग्रेड?... अब एक लाख की ग्रेड है। ग्रेड भी बढ़ती हुई चली जाती है क्यों? हमारी बैंक हमको ईमानदार समझती है कि इसको...
- अब आपके पास कहाँ है?... जिन्दा में आपके पास है नहीं तो मरने के बाद क्या हो सकता है? सेवा से ही फलित होगी साधना इसलिए मित्रो! ...
- अब आपको शिकायत क्या है इससे?... नहीं साहब, आपको साइंस जाननी पड़ेगी ,, फिजिक्स पढ़नी पड़ेगी, तब सारी बातें जानेंगे। नहीं साहब, जानेंगे...
- अब आपको शिकायत क्या है इससे?... नहीं साहब, आपको साइंस जाननी पड़ेगी, फिजिक्स पढ़नी पड़ेगी तब सारी बातें जानेंगे। नहीं साहब जानेंगे नह...
- अब उसको वापस लाने के लिए क्या करना पड़ेगा?... अगर संस्कृति वापस न आ सकी तो दुनिया तहस-नहस हो जाएगी, दुनिया मिट जाएगी। दुनिया जिन्दा न रह सकेगी। परल...
- अब कहाँ जाना पड़ेगा आपको?... बेटे, सारे हिन्दुस्तान में तो हिन्दू बत्तीस- तैंतीस करोड़ हैं और दो करोड़ बाहर हैं। सारी दुनिया में चौं...
- अब कैसा सुंदर बना हुआ है?... कमाल है। यहाँ भी बटन यहाँ भी कच्चा। यहाँ भी गोट। यहाँ भी बाजू। देख ले ये किसका कमाल है? दर्जी का कमा...
- अब कौन रह गया है?... अब सन्तोषी माता और रह गई हैं और जो कोई भी रह गया है, उसे भी इसी नरक में जला डालिए अभागो! जिसमें कि आप...
- अब क्या करना चाहिए?... क्या कदम बढाना चाहिए? मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है औ...
- अब क्या करना चाहिए?... घर वाले चिल्ला रहे थे कि चोर को पकड़ो। चोर भी चिल्लाने लगा कि चोर को पकड़ो। देखो, वह गया, इधर गया, भीड़...
- अब क्या करें?... बेटे! मन को किसी काम में लगाया जाए। मन की बनावट ऐसी है कि जब कोई काम नहीं होगा तो मन भाग जाएगा। जब म...
- अब क्या करेंगे?... अब बेटे! हम क्रमबद्ध रूप से परिव्राजक योजना को चलाएँगे। पहले शिविर में आपके कितने आदमी थे? दोनों शिव...
- अब क्या है?... अब सामर्थ्य वाले यज्ञ होंगे। अब आगे क्या करेंगे? अब हमारे पास दो उद्देश्य हैं। एक तो यज्ञ की वैज्ञान...
- अब क्या होना चाहिए?... अब हमारा जीवन एक ही दिशा में बढ़ना चाहिए देवत्व की दिशा में। देवत्व की दिशा में बहें, तो क्या हो सकत...
- अब क्या होने जा रही हैं?... अब बेटे! प्रज्ञावतार होने जा रहा है। प्रज्ञावतार क्या है? कभी बताऊँगा, पर आज मैं कहता हूँ कि अब गायत...
- अब जाइए आप नहीं साहब, हम जिस काम से आए थे, जिस मनोकामना को पूरी करने के लिए आए थे, उस मनोकामना का क्या हुआ?... हमको पंद्रह हजार रुपए दे दीजिए। आपका बैंक में एकाउंट है? नहीं साहब! बैंक में तो कोई एकाउंट नहीं है, ...
- अब तो अच्छी परिस्थितियाँ हैं, उस जमाने में तो कितनी रुकावटें थीं?... अब तो कोई रुकावट भी नहीं है, लेकिन अब तप का गरम सा वातावरण ठंडा हो गया है। इसकी वजह से वे सब लोग, वि...
- अब तो आप समझ गए होंगे कि वास्तविकता क्या है?... गीता और रामायण जिसका हम यहाँ से प्रचार करते हैं, उसका हम यहाँ पर विद्यालय बनाने वाले हैं। गीता और ...
- अब दिल्ली जाना है तो वह कौन सी दिशा में है?... अच्छा दक्षिण दिशा में है। उधर तो बृहस्पति जी दिशाशूल लेकर बैठे हुए हैं। दिल्ली की तरफ गाड़ी में बैठ ...
- अब मैं आपकी समझदारी के लिए क्या कहूँ?... आप भी उस जाट की तरह हैं मित्रो! आपकी समझदारी तो मुझे ऐसी मालूम पड़ती है कि जैसे राजस्थान का एक जाट था...
- अब मैं कहाँ से बोल सकता हूँ?... अरे महाराज, आप अपने जैसा विद्वान बना दीजिए। अरे बेटा, यह ज्ञान की साधना है, अक्षरों की नकल करने से...
- अब यह अगर भगवान का भक्त हो गया तो भी मैं क्या कर सकता हूँ?... मित्रो! भगवान की भक्ति का तरीका तो आपको मालूम होना चाहिए। सुदामा जी इच्छा लेकर के भगवान श्रीकृष्ण के...
- अब यह देखना चाहिए कि आखिर हुआ क्या?... कैसे ऐसी स्थिति आ गई? जब भगवान ने हमको इतने साधन दिए थे कि उन साधनों से हम अपना उद्देश्य पूरा कर सकत...
- अब यह देखा जाए कि यह कैसे पूरी होती हैं और कैसे पूरी नहीं होती?... कब यह सफलता मिलती है और कब नहीं मिलती? किसी भी बीज को पैदा करने के लिए तीन चीजों की आवश्यकता होती है...
- अब रही कुटुम्ब की समस्या?... कुटुम्ब की समस्या का समाधान करने के लिए अपने कुटुम्बियों को उनकी मनमरजी की दौलत उनके सुपुर्द कर देने स...
- अब वह कहाँ चली गई?... वह तो मध्यकालीन युग था। उसमें आस्तिकता फिर भी थी। उस समय किसी कदर आस्तिकता का नाम-निशान तो था। राम-र...
- अब सूरज किधर चलेंगे?... अब दिल्ली जाना है तो वह कौन सी दिशा में है? अच्छा दक्षिण दिशा में है। उधर तो बृहस्पति जी दिशाशूल लेक...
- अब हम आपको यह बताना चाहेंगे कि गायत्री मंत्र के ज्ञान और विज्ञान में जिसकी कि व्याख्यास्वरूप ऋषियों ने सारे का सारा तत्त्वज्ञान खड़ा किया है, क्या है?... गायत्री को त्रिपदा कहते हैं। त्रिपदा का अर्थ है-तीन चरण वाली, तीन टाँग वाली। तीन टुकड़े इसके हैं, जिन...
- अब हम कहाँ जाएँ?... खाने को भी नहीं था और पीने को भी नहीं था। झाड़ियाँ भरी पड़ी थीं। कहाँ आफत में आ गए? विचार करने लगे कि ...
- अब हम क्या कर सकते है?... कुंती ने कहा कि आपने अपनी जान जोखिम में डालकर हमको छिपा रखा है, तो हमारा भी तो कुछ कर्तव्य हो जाता ह...
- अब हम यह सिद्ध करेंगे कि जनेऊ क्यों पहनना चाहिए?... जनेऊ से क्या हो सकता है? इसको हिन्दू धर्म की, हिन्दू संस्कृति की स्थापना करने के लिए और उसकी विचारणा औ...
- अब हमारे जीवन के ऊपर किसकी हुकूमत है?... अब हमारे ऊपर गायत्री माता की हुकूमत है; विवेकशीलता की हुकूमत है; आदर्शवादिता की हुकूमत है। विवेकशीलत...
- अब हमारे दिमाग के ऊपर किसकी हुकूमत है?... अब हमारे जीवन के ऊपर किसकी हुकूमत है? अब हमारे ऊपर गायत्री माता की हुकूमत है; विवेकशीलता की हुकूमत ह...
- अबकी बार बड़ी जोर से करेंगे?... सौ कुण्ड का यज्ञ करेंगे। मित्रो, यज्ञ करने का निर्धारण होने के बाद चलते समय मैंने उनसे कहा कि जाने से...
- अभी आप किसका नाम ले रहे थे?... नाम तो हम रामचंद्र जी का ले रहे थे। मेरी समझ में आपने गलती कर दी। आपको रावण का जप करना चाहिए था। क्य...
- अभी आपका भीतर वाला हिस्सा जब किसी को सलाह देगा तो कैसी सलाह देगा?... जैसे आप हैं। आप बढ़िया सलाह नहीं दे सकते, क्योंकि सलाह के समय में आप स्टेज की बात भूल जाएँगे। स्टेज ...
- अभी और कौन हैं, जहाँ आप जाएँगे?... बेटे, अस्सी करोड़ मुसलमान हैं, सम्भव है, मुझे वहाँ जाना पड़े। क्या आप वहाँ भी यही हिंदुओं की तरह क्रां...
- अभी और बताइए?... अभी और बताता हूँ। अभी याद कर लेने दीजिए-डॉ ० राधाकृष्णन, जाकिर हुसैन। अभी और बताइए अभी और बताएँगे। य...
- अभी क्यों नहीं मिले?... नहीं साहब! भगवान तो धर्मलोक में रहता है, बैकुंठ लोक में रहता है। चलिए हम आपको दूसरा फायदा करा दें और...
- अभी तक हम क्या करते रहे?... प्रचार के लिए प्रशिक्षण के लिए यज्ञ करते रहे। दुकान पर से समिधाएँ ले आइए टाल पर से ले आइए और दुकानदा...
- अभी तो आंध्र में तूफान आया था, क्या आपको मालूम है?... नहीं साहब ! हमें तो पता ही नहीं है। बेटे ! यह विनाशलीला है जो हर जगह आए दिन होती रहती है। नेचर नाराज...
- अभी तो हम इसकी भूमिका बता रहे हैं, कल से मैं आपको बताऊँगा कि इन पाँचों योगों का सम्मिश्रण हमने किस तरह से किया हुआ है?... गायत्री उपासना में ध्यान के द्वारा मन को एकाग्र करने के लिए जो पहला उसूल आता है, उसको हमने आपको पहले...
- अभी तो हमारे बेटे, पोते हो पाए हैं, अभी तो परपोते होंगे, तब तुझे गिनाएँगे कि कितने हैं?... महाराज जी! ये कहाँ हैं आपके? इनमें से तो कोई कायस्थ है, कोई बनिया है। अरे बेटे! इसलिए कि इन्हें हम अ...
- अभी फिलहाल हम आपको पंद्रह-पंद्रह दिनों के लिए छोटी सी ट्रेनिंग दे करके भेजते हैं, ताकि देखें कि आप कुछ करने की स्थिति में हैं कि नहीं?... नहीं साहब! ज्यादा समय के लिए भेज दीजिए। ज्यादा समय के लिए नहीं भेजेंगे। ज्यादा समय के लिए भेजेंगे तो...
- अभी भी समय है सँभल जाने के लिए कि जब भी हमारे बच्चे हम से बहस करने आएँगे और प्रश्न करेंगे कि बताइए शिखा क्या है?... तो हमको उन्हें एक घण्टा समय देना पड़ेगा और बराबर बताना पड़ेगा कि शिखा का मतलब क्या है? मकसद क्या है? उद...
- अभी मैं बताता हूँ कि उपासना कैसे की जाती है?... उपासना ऐसे की जाती है, जैसे कि अपने शरीर को पहलवान अभ्यास द्वारा मजबूत बना लेता है। कमजोर वाला आदमी ...
- अभी हम आपको प्रारम्भिक शिक्षा इसलिए दे रहे हैं कि क्या आप अपना संशोधन कर सकते हैं?... क्या आपके लिए ऐसा सम्भव है? क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे? यदि हाँ तो हम आपको शक्ति दिल...
- अभी हमारे माता पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी हम शादी कैसे कर सकते हैं?... सावित्री ने कहा --तुम कुछ और नहीं कर सकते क्या? पैसा नहीं कमा सकते? पैसे कमा करके हम क्या करेंगे? कर...
- अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है तो कौन खास बात है?... और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन सी खास बात है? आदमी में एक कानी-कौड़ी के बराबर भी कोई ...
- अमीर हो तो क्या?... गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी में मक्का की रोटी ...
- अमुक चीज कैसी होती है?... विना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डालेंगे, सुई-धागे से सी डालेंगे तो आप भी मरें...
- अमेरिकन नागरिक कितने मालदार हैं?... औसत नागरिक की आमदनी दो हजार रुपया मासिक है। औसत से क्या मतलब है? औसत आमदनी से यह मतलब है कि आप, आपकी...
- अरे कोई बात हो तो बताओ?... नहीं कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना होगा कि हमें यहाँ से दिल्ली तक के सेकेंड क्लास के ...
- अरे तू बच्चा ही तो है, बच्चा नहीं है तो क्या है?... जाग्रत आत्माएँ, जीवन्त आत्माएँ क्या हैं? जब गुलाब का फूल खिलता है, तब उसके ऊपर भौंरे आते हैं, तितलिया...
- अरे तो आप धो देते?... नहीं साहब, यह हमारा काम नहीं है। बेटे, बाप कहता है कि अपने बच्चे को ले जाओ यहाँ से और इसकी सफाई करो ...
- अरे बेटे ये क्या बोलता है?... यूँ मत बोल। तो फिर कैसे बोलूँ? तू ऐसे बोल, जैसे कि भैरवी रागिनी गाई जाती है। गुरुजी सिखाइए। बेटा तू ...
- अरे बेटे, हम तो भूत हैं और भूत कैसे व्याख्यान दे सकते हैं?... गुरुजी! हम तो आपके पैर छूना चाहते हैं। बेटे, हम तो हवा में घूम रहे हैं, हमारे पर कैसे छू सकते हैं?...
- अरे भाई, तुक्का मारा जाता है कहीं?... नहीं साहब! भगवान जी के यहाँ ऐसे ही तुक्का मारो कि हमारा सब काम हो जाएगा। नहीं बेटे, ऐसा तो नहीं हो स...
- अरे यह क्या?... गुरुजी यह टमाटर का साग नहीं है, यह तो लाल मिरच है। जब हरी मिरच पक जाती है और लाल हो जाती है, तो उनको...
- अरे ये कैसी मूँछ हैं, ये तो निकल पड़ी, तुझे कैसी मूँछ चाहिए थी?... आपकी भी मूँछ चाहिए थी, जो खींचने पर भी नहीं निकलती है। बेटे! तो अभी तू ठहर जा। अभी तू छह साल का है। ...
- अरे व्यक्ति तो वही, लेकिन हमने क्या बदल दिया?... हमने अपना विचार बदल दिया। जिसका हम विचार करते हैं, जिसको हम अपना मान लेते हैं, वह चीज अपनी हो जाती ह...
- अरे साहब ताकत नहीं है?... उठे तो सही, पर ताकत नहीं है, गिर पड़े भट से जमीन पर। इसको अन्दर की जीवट कहते हैं, इसको संकल्पशक्ति कहत...
- अरे सिनेमा देखते हैं?... नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया? जाने का मन होता है? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते ...
- अरे हम क्या करेंगे?... कहीं गिर पड़ेगा। अच्छा तो अभी हम आते हैं। उसका क्या बना दिया? ये कान का बुंदा बना दिया। ये अँगूठी बना...
- अरे, महाराज जी अकेले से क्या फायदा, इतनी बड़ी सेना भी साथ है, इसके भोजन का आप प्रबन्ध जब तक नहीं करेंगे, तब तक बात कैसे बनेगी?... अच्छा तो चलिए अभी हम करते हैं। उनके पास एक नंदिनी नाम की गाय थी। कामधेनु की बेटी नंदिनी। उन्होंने कह...
- अर्जी कितनी जाती हैं?... उनमें से सलेक्शन किस-किस का होता है? हर एक का सलेक्शन नहीं हो सकता इसलिए क्या हुआ? खुदाबन्द करीम के य...
- अर्जुन की तरह वह भी भगवान की प्रशंसा क्यों नहीं करता था?... शिशुपाल उनको अपना बैरी मानता था, विरोधी मानता था, पराया मानता था। मित्रो! इस दुनिया में न कोई सुंदर ...
- अर्जुन ने ध्यान-जप किया था?... बेटे, जरूर किया होगा। मुझे मालूम नहीं। उनकी कुण्डलिनी भी जगी होगी? जगी होगी, यह भी वायदा नहीं करता कि...
- अर्थात भगवान क्या है?... रस है। रस किसे कहते है? रस, आनन्द को कहते हैं। आनन्द कहाँ है? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीय...
- अवतार कोई अकेला आता है?... कोई अवतार कभी अकेला नहीं आता। निन्यानवे आदमी साथ में आते हैं और उसमें से एक आदमी को श्रेय मिल जाता ह...
- अवतार होने वाला है?... हाँ बेटे ! अवतार होने वाला है, आप निश्चित रहिए। आज वे परिस्थितियाँ आ गई हैं, जिनके लिए भगवान ने आश्व...
- अवैज्ञानिक बातें क्या निभेंगी कभी?... अवैज्ञानिक बातें न कभी निभी थीं, न कभी निभेंगी। आप क्या कह रहे थे? मैं यह कह रहा था कि आपको जो सबसे ...
- असल में जो फायदा उठाना चाहते हैं, वह किससे मिल सकता है?... जीवात्मा के आशीर्वाद से। शरीर का कोई आशीर्वाद नहीं है। हमारा आशीर्वाद हमारी भावनाओं में जुड़ा हुआ है,...
- असली यही बात है ना हैं?... हाँ गुरुजी! हम तो भगवान का चमचा बनना चाहते हैं। बेटे! चमचे तो उनके होते हैं, किनके? वेश्याओं, नेताओं...
- असली साधना कैसे की जाती है?... यह बताता हूँ आपको। असली साधना करता है किसान। किसके साथ जमीन के साथ। जमीन के साथ में क्या काम करता है...
- असली साधना क्या है?... नकली की तो मैं क्या कहूँगा आपसे। असली साधना कैसे की जाती है? यह बताता हूँ आपको। असली साधना करता है क...
- अस्पताल वालों ने कहा कि यह तुमने क्या कर डाला?... क्यों साहब! इसमें क्या हर्ज हो गया? इसके शरीर से जो भाप निकलती थी, पसीना निकलता था, जो शरीर के जहर क...
- अहहा और क्या बेचते हैं?... सब बीमारी की दवा बेचते हैं। अच्छा तो आप अपने खानदान वालों को खिलाकर दिखाइए। बीबी को क्या तकलीफ हो रह...
- आँखें किस चीज की बनी हुई हैं?... चमड़े की बनी हुई हैं, माँस की बनी हुई हैं। तो आप माँस से माँस को देखना चाहते हैं? यही मतलब है न आ...
- आँखों का फर्क है जो आपको दिखाई नहीं देता कि क्या हो रहा है?... गूलर के फूल के बीच में बन्द रहने वाले भुनगे को कुछ पता नहीं है कि कब रात हुई, कब दिन। धूप है या बरसात...
- आइए अब विचार करें कि यह कैसे सम्भव होगा?... इसके लिए क्या करना पड़ेगा? इन सारे प्रश्नों पर गम्भीरता से हम और आप विचार करें।आमतौर से कल्प साधना के...
- आखिर क्या उद्देश्य है इनका?... क्रिया का कोई उद्देश्य होना चाहिए। क्यों साहब, पालथी मारकर क्यों बैठते हैं? पद्मासन में क्यों बैठते ...
- आखिर क्या वजह थी?... यह सब गलतियाँ। इनकी समीक्षा करना शुरू कीजिए। इसी तरह अपने खान-पान के लिए स्वास्थ्य के लिए, आहार-विहा...
- आखिर गरमी है क्या और कहाँ से आती है?... कैसे गरमी रगड़ से पैदा होती है और किसी तरीके से नहीं होती है। गरमी पैदा होने का एक ही तरीका है रगड़ का...
- आखिर जो पैसा हमें मिलेगा, उसका हम करेंगे क्या?... अगर ''करेंगे क्या'' की बात न हो तो इससे ऐय्याशी बढ़ सकती है। इससे फैशन−परस्ती की वृद्धि हो सकती है। इ...
- आखिर यह हुआ कैसे?... भगवान ने कर दिया क्या? नहीं। तो फिर भाग्य ने किया क्या? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा। नहीं, क...
- आखिर ये क्या चीज है?... चुप रह! क्यों पहनते हैं? पण्डित जी-पण्डित जी, हर वक्त धर्म के बारे में पूछताछ करता रहता है। धर्म के बा...
- आखिर हम यया बनेंगे?... अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रों! हमारे भीतर देवता की हस्ती पैदा हो सकती है। देवताओं की संज्ञा में तब...
- आग छूते हैं तो छाले पड़ते हैं कि नहीं पड़ते?... हाँ साहब! पड़ते हैं। तो तू उसे छू रहा है, जो आग से भी प्रचंड है। इससे छाले नहीं पड़ेंगे क्या? विवेकान...
- आगे क्या होगा?... भगवान जाने, लेकिन हमारे ख्वाब जरूर ऐसे हैं। नहीं साहब! आज की बात बताइए। आज की बात तो यह है कि छोटे स...
- आज आप क्या कर रहे हैं?... आज में योग की व्याख्या कर रहा हूँ, क्योंकि भगवान को पाने के लिए सिर्फ दो ही तरीके हैं। तीसरा तरीका आ...
- आज कलाकार कहाँ रह गया है?... आज तो नर्तक और नट का स्वरूप है, क्योंकि उसने कला को एक वेश्या का रूप दे दिया और उस वेश्या ने मानव सम...
- आज कितनी पकड़ी गईं?... आज साहब! चालीस मन पकड़ी गईं। दूसरे दिन अठारह मन पकड़ी गईं। और क्या करते हैं? साहब! गंगाजल में स्नान कर...
- आज की क्या परिस्थिति है?... आज की परिस्थिति एक ही है कि आज के युग का जो रावण है, वह क्या है? इस युग की पूतना क्या है? इस युग की ...
- आज की परिस्थिति एक ही है कि आज के युग का जो रावण है, वह क्या है?... इस युग की पूतना क्या है? इस युग की ताड़का क्या है? इस युग की शूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या ...
- आज के जमाने में महिलाएँ क्या कर सकती हैं?... महिलाएँ यज्ञ की परम्परा और गायत्री मंत्र का जप जारी रख सकती हैं। उनको समय भी नहीं मिलता तो भी यदि वे ...
- आज जनसंख्या इस कदर बढ़ रही है कि उसका क्या कहना?... अगर यह इसी हिसाब से बढ़ती रही, तो एटम बम की कोई आवश्यकता नहीं होगी। आदमी भूख से, प्यास से तड़प-तड़पकर ...
- आज जो हमारे झंडे के ऊपर और हमारे सिक्कों-नोटों के ऊपर तीन शेर वाला निशान बना हुआ है, वह सम्राट अशोक की निशानी है और जो हमारे राष्ट्रीय ध्वज पर चौबीस धुरी वाला और चौबीस पँखुड़ी वाला चक्र लगा हुआ है, यह क्या है?... यह सम्राट अशोक के द्वारा पारित किया और प्रतिपादित किया हुआ धर्मचक्र प्रवर्तन है, जिसको हमने राष्ट्री...
- आज में पहले यही बताना चाहूँगा आपको कि गायत्री की शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ क्या हैं?... फिर गायत्री उपासना और साधना के रहस्य समझाऊँगा। यह सारे के सारे रहस्य इस शिविर में बताते हुए चला जाऊँ...
- आज लोगों की बुद्धि न जाने किस किस गलत काम में लग रही है?... आज लोग अपनी बुद्धि को मिलावट करने, तस्करी करने, गलत काम करने में खरच कर रहे हैं; हमने निश्चय किया कि...
- आज हम क्या करते हैं?... आज हम अपनी स्वार्थपरता के कारण हर एक को चूसते हैं। किसको चूसते हैं? जो कोई भी हमारे पास आता है, हम उ...
- आज हम जुलाब की गोली खा रहे हैं तो कल क्या हो भजता है?... यह क्या है? यह समझदारी की निशानी है, जिसमें कि आदमी को अपने बाबत और दुनिया की बाबत आगे की बात दिखाई ...
- आजादी का आन्दोलन कहीं से शुरू हुआ?... पंजाब से शुरू हुआ था। पंजाब के राजा रणजीत सिंह सबसे पहले राजा थे, जिन्होंने इस आजादी के आन्दोलन में अ...
- आठ घण्टे बाकी रह गए ना?... आठ घण्टे सोने के लिए और खाने के लिए और आठ घण्टा, आठ घण्टा मजदूरी करने के लिए १६ घण्टे, आठ घण्टे बचते हैं।...
- आत्मनिर्माण क्या है?... आत्मनिर्माण उसे कहते हैं कि जो चीज आपके पास नहीं है या जो उच्चस्तरीय गुण, कर्म और स्वभाव आपके व्यक्त...
- आत्मनिर्माण में बराबर यह देखना पड़ेगा कि हमारे जीवन में क्या कमी है और उस कमी को कैसे पूरा करें?... इसके लिए अपने स्वभाव को, अपनी आदतों को हम ठीक बनाएँ। निर्माण का मतलब बनाना होता है। अपने आप को बनाइए...
- आत्मबल कैसे प्राप्त होता है?... आत्मबल के लिए दो ही तरीके हैं। एक का नाम योग है और एक का नाम तप है। अध्ययनशीलता, विचारों का परिष्कार...
- आत्मविकास का क्या मतलब है?... आत्मविकास का यह मतलब है कि अपने आपके, अपने 'अहं' है के दायरे को बढ़ा देना। लोगों का दायरा कूपमण्डूक ...
- आत्मशोधन के पीछे क्या है?... बेटे! यह वास्तव में अपनी आन्तरिक सफाई की प्रक्रिया है। आन्तरिक सफाई किस तरह से की जाती है? जिस तरह स...
- आत्मशोधन-प्रक्रिया के कौन-कौन से अंग हैं?... आप उसके बिना जप नहीं कर सकते; उसके बिना हवन नहीं कर सकते। उसके बिना कोई कर्मकाण्ड नहीं कर सकते; यह त...
- आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं?... आत्मा क्या होती है? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतना ही परमपिता परमात्मा की चेतना के साथ में मि...
- आत्मा क्या होती है?... इस पर विचार करना चाहिए। हमारी चेतना ही परमपिता परमात्मा की चेतना के साथ में मिल सकती है। चेतना के ...
- आत्मा पर तू तलवार चला सकता है?... आ इधर, उन्होंने उसके सिर पर हाथ फेरा और कहा कि जा, आज से तू डाकू नहीं, सन्त है।" अंगुलिमाल डाकू ...
- आदमी अपवित्र होता है, खून का बना हुआ, माँस का बना हुआ, टट्टी-पेशाब का घड़ा अपवित्र है और पवित्र कैसे होता है?... पवित्र ज्ञान से होता है। पवित्र सत्कर्म से हो जाता है। पवित्र सद्भाव से हो जाता है। गायत्री मंत्र आध...
- आदमी का खरच बढ़ता चला जाए और आमदनी की अपेक्षा खरच ज्यादा किया तो दर्द कैसे दूर हो जाएगा?... अपव्यय अगर मनुष्य के काबू से बाहर है तो चाहे कितनी की आमदनी क्यों न बढ़े हमेशा कर्जदारी की समस्या बन...
- आदमी की अकल, आदमी की चेतना की सामर्थ्य का क्या कहना?... प्राणी जब पैदा हुआ था, तब आदिमानव के रूप में था, बन्दर के रूप में था। चेतना ने आवश्यकता समझी कि तुम्ह...
- आदमी की हिम्मत और आदमी की जुर्रत ये क्या हैं?... देवता हैं। इनका नाम क्या है? इनका नाम है-हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। ...
- आदमी के पास केवल परिश्रम हो तो?... हाँ बेटे! तो भी काफी है। अन्य लोगों के पास, महापुरुषों के पास केवल परिश्रम था और क्या बताना? कुछ भी ...
- आदमी को धूप में खड़ा करेंगे?... धूप में नहीं खड़ा करेंगे। उसे अपनी हवस और अपनी कामनाओं पर अंकुश लगाना सिखाएँगे। तप इसी का नाम है। यही...
- आदमी को यह प्रकाश मिले कि हमारे सोचने का सही तरीका क्या है, समाज की समस्याओं का वास्तविक स्वरूप क्या है, व्यक्ति की उलझनों का वास्तविक कारण क्या है, उनका समाधान किस तरीके से किया जा सकता है?... अगर यह राह मिल जाए तो बीमारियों का निदान हो जाएगा कि समाज में फैली हुई विकृतियों का एकमात्र कारण मनु...
- आदमी क्या निकालता है?... बदबू। आदमी क्या है? बदबू इसीलिए इस कमबख्त को बार-बार स्नान कराना पड़ता है। कभी तेल चुपड़ना पड़ता है, क...
- आदमी क्या है?... बदबू इसीलिए इस कमबख्त को बार-बार स्नान कराना पड़ता है। कभी तेल चुपड़ना पड़ता है, कभी कोई पाउडर चुपड़ना...
- आदमी गायत्री उपासना से दीर्घजीवी बन सकते हैं तो क्या साहब यह ठीक है?... क्या यह कोई दवा है? क्या यह कोई कायाकल्प है लम्बी जिन्दगी का? इसमें जादू है या कोई दवा है। केवल एक ही ...
- आदमी बाहर से तलाश करता है कि गुरुजी महात्मा कैसे हो गए?... वे कैसे लम्बे-लम्बे बाल बनाते हैं और बाल खड़े रखते हैं? आप क्या करना चाहते हैं? हम भी बाल खड़े रखेंगे? ...
- आध्यात्मिक ताकतें कैसी होती हैं?... इसे आप इतिहास में देखिए। महापुरुषों की ताकतें, महामानवों की ताकतें, ज्ञानियों की ताकतें, ऋषियों की त...
- आनन्द कहाँ है?... भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीयता आप जिसके ऊपर आरोपित कर लेते हैं, वही आपके आनन्द का माध्यम ...
- आन्तरिक सफाई किस तरह से की जाती है?... जिस तरह से आपने जमीन से कच्चा लोहा निकलते देखा है। भारी और कच्ची?? का -नाम लोहा है। भारी मिट्टी लोहा...
- आप धोबी और सफाईकर्मी कैसे हैं?... बेटे, धोबी ऐसे हैं कि मैं कपड़े धोना चाहता हूँ और सफाईकर्मी ऐसे हैं कि गन्दगी साफ करना चाहता हूँ। मे...
- आप शान्तिकुञ्ज में खून-खराबे की किताब काहे को लिए फिरते हैं?... बेटे, इस बात की जरूरत थी। फिर मैं इस बात पर विचार करने लगा कि क्या गीता की किताब मुझे पढ़नी चाहिए थ...
- आप अखण्ड ज्योति के सब पाठक हैं और जानते हैं कि प्रज्ञावतार ने क्या माँगा है?... प्रज्ञावतार ने यह माँगा है कि हम लोगों के दिमागों की सफाई करें, विचारों की सफाई करें। ''प्रज्ञा'' इस...
- आप अगर अपने हाथों को नहीं खोलेंगे तो भगवान की गोद में आप कैसे जाएँगे?... मित्रो, साधना में आपको अपने मन को समझाना होगा। अगर मन नहीं मानता है तो आपको उसकी पिटाई करनी होगी। बै...
- आप अध्यात्म से अनुदान के विषय में कह रहे थे?... बेटा, मैं कह रहा था कि जब सम्मान आता है तो सहयोग भी आता है। श्रद्धा आती है। आप क्यों नहीं सुनते? हमे...
- आप अपनी छाती का दूध निकाल करके इस बच्चे को पिलाती हैं तो आपको अच्छा लगता है?... हाँ बेटे ! जब हमारा बच्चा दूध पीता है, तब बहुत अच्छा लगता है। और जब आपकी छाती में से दूध नहीं निकलता...
- आप अपनी जिन्दगी की बात को क्यों नहीं कहते?... नहीं साहब! हम तो शब्दों की बात कहते हैं। शब्द काफी नहीं होते। शब्दों के साथ-साथ में उनका ''बैकग्राउं...
- आप अपनी जिम्मेदारी समझते है या नहीं?... आप अगर जिम्मेदारी समझते हैं तो आपको चरित्रवान होना चाहिए, चिन्तनशील होना चाहिए, तब आप मैच्योर कहे जाए...
- आप अपने भीतर से ही बीज क्यों नहीं बनाएँ?...
मित्रो, जिन लोगों ने अपने आपको बनाया है उनको यह पूछने की जरूरत नहीं पड़ी कि क्या करेंगे। इनकी प...
- आप अब आए हैं?... आपसे पहले पच्चीस आदमियों को मना कर दिया है कि यहाँ जगह नहीं है। ऐसा क्यों होता है। क्यों मना करते है...
- आप आइए जरा हमारी आँखों में आँखें डालिए फिर देखिए क्या हो रहा है?... जमाना बेहद तरीके से बदल रहा है। यह कौन बदल रहा है? भगवान बदल रहा है। भगवान के अवतार जब कभी भी दुनिया...
- आप इंग्लैंड जाना चाहते हैं?... अच्छा साहब, इंग्लैंड जाने के लिए छह हजार रुपये लाइए, आपको हवाई जहाज का टिकिट दिलवाएं। नहीं साहब, इतन...
- आप इंग्लैण्ड जाना चाहते है?... अच्छा साहब इंग्लैण्ड जाने के लिए छह हजार रुपए लाइए, आपको हवाई जहाज का टिकट दिलवाएँ। नहीं साहब, इतने ...
- आप इतनी अच्छी बात बताएँगे, इससे अधिक अच्छा और सौभाग्य हमारे लिए क्या हो सकता है?... " तब उन्होंने गायत्री के २४ पुरश्चरणों की विधि बताने के बाद में एक और नई बात बताई-"बोना और...
- आप इतनी बड़ी योजना चलाएँगे?... हाँ बेटे! इतनी बड़ी योजना चलाएँगे। अब तक हम अकेले काम करते थे। तब हमारे पास क्या था-बस, दो चार दस आदम...
- आप इनकी भक्ति करते हैं, इस कारण से होना यह चाहिए कि आप यह देखें कि उन सिद्धान्तों के प्रति क्या करते हैं?... आप सिद्धान्तों के प्रति प्यार करना सीखिए। अगर सिद्धान्तों के प्रति आपकी आस्थाएँ बलवान होती चली गई, मजब...
- आप इन्हें कहाँ ले जा सकते हैं?... विश्वामित्र ने कहा, आई० ए० एस०, पी० सी० एस० तो पीछे बनते रहेंगे, पहले इन्हें मनुष्य बनना चाहिए और दे...
- आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने दीजिए, जब खाली समय हो, तब और जब खाली समय न है तब?... अपने काम को अपने सम्मान का प्रश्न बनाकर के सारे मन को उसी में लगा दीजिए। मन को एक मिनेट खाली मत रहने...
- आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे?... गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे तो उसका काम कैसे चलेगा? वह कभी इधर को भटके कभी उधर को भटके तो उससे...
- आप इस फिलॉसफी की गहराई में जाइए किनारे पर बैठकर गायत्री का भजन करेंगे तो उससे क्या मिलेगा?... यह तो किनारे बैठकर किनारे का भजन है। अरे डुबकी मार करके गायत्री के भजन की वास्तविक स्थिति ढूँढ़कर के...
- आप इसमें कितना समय लगाएँगे?... बेटे! सौ करोड़ वर्ष में कर दूँगा। महाराज जी! फिर यह कैसे पूरा होगा? बेटे! तू सूरज को रँगवाना चाहता है...
- आप इसे कहाँ से पैदा करेंगे?... हम बेटे, उसे इस उद्घाटन की छोटी सी इमारत में से पैदा करेंगे, जिसको आप ब्रह्मवर्चस के नाम से अभी देख ...
- आप उनके माँ-बाप हैं, तो उनके लिए क्या कुछ करेंगे नहीं?... आपकी धर्मपत्नी है तो क्या उसके लिए कुछ करेंगे नहीं? हम जिस किसी से भी आत्मीयता रखते हैं, उसके लिए कु...
- आप उनके सामने क्या है?... कहाँ भगवान और अर्जुन और कहाँ आप सूत के बेटे, दासी के बेटे? भला आप क्या कर लेते हैं? देखिए अर्जुन सहि...
- आप उनके सामने क्या है?... कहा भगवान और अर्जुन और कहा आप सूत के बेटे, दासी के बेटे? भला आप क्या कर सकते है? देखिए अर्जुन सहित प...
- आप उन्हें किससे देखना चाहते हैं?... आँख से देखना चाहते हैं। आँखें किस चीज की बनी हुई हैं? चमड़े की बनी हुई हैं, माँस की बनी हुई हैं। तो...
- आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया?... शुरुआत तो कीजिए सवाल तो पैदा कीजिए जिससे कोई आदमी सवाल पूछे और आप जवाब दें। आप प्रत्येक व्यक्ति इसे ...
- आप उस पर खुशी नहीं मना सकते?... आप प्रसन्न नहीं हो सकते? आपके चेहरे पर मुस्कराहट नहीं आ सकती कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उ...
- आप उसका माहात्म्य क्यों नहीं समझना चाहते?... नहीं साहब! यह तो बड़े झगड़े का काम है, बड़े झंझट का काम है। बड़ी जीवट का काम है, बड़े तूफान का काम ह...
- आप उसमें शामिल क्यों नहीं हो जाते?... आप हमारी कंपनी में बीमा करा लीजिए। हमारा बड़ी कंपनी में बीमा है। इसलिए हमने आपसे यह कहा था कि आप हमा...
- आप उसे सफेद रंग का गुब्बारा दे दें तो बच्चा नाराज हो सकता है और कह सकता है कि हम तो गुलाबी रंग का लेंगे, सफेद रंग का नहीं लेंगे और शंकर जी किस चीज की माला पहनेंगे, चन्दन की या रुद्राक्ष की?... नहीं साहब! हम तो रुद्राक्ष की पहनेंगे, चन्दन की नहीं पहन सकते। बच्चे की तबियत जैसी भगवान शंकर की होगी...
- आप एक घण्टा समय नहीं दे सकते?... दो घण्टे समय नहीं दे सकते? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा ...
- आप एक मिनट में आपरेशन करना सिखा देंगे?... हाँ बेटे, हम सिखा देंगे। लेकिन पहले सात साल तक मेडिकल की पूरी पढ़ाई करने के साथ-साथ तुझे प्रेक्टिस भ...
- आप कलाई भी पकड़ लेंगे?... हाँ बेटे, हम कलाई भी पकड़ लेंगे, उँगली रखने की जगह तो दें।आप अपने घर में गायत्री माता को जगह दें, यज्...
- आप कहाँ- कहाँ जाएँगे?... बेटे, मुझे बहुत जगह जाना है। हिंदुओं के बीच में मुझे काम करने के लिए हिन्दू बनकर आना पड़ा। अब कहाँ जान...
- आप कहीं भी जाएँ, हम आपसे यह नहीं पूछेंगे कि इनमें कितनी सफलता मिली?... सफलता मिले या न मिले, पर प्रयास कितना किया, यह समयदानियों से हमारा मूल प्रश्न रहेगा। इस युग की सबसे ...
- आप कहीं भी जाएँ-अपने ऑफिस में जाएँ रेलगाड़ी में जाएँ सफर में जाएँ?... रिश्तेदारी में जाएँ एक छोटा सा बैग अपने पास रखें।...
- आप कहीं लग रहे हों, जीभ कहीं लग रही हो, वस्तुएँ कहीं भी रखी हों, माला कहीं भी चल रही हो, पर बेटे, आप यह बताइए कि आपका चिन्तन कहाँ लग रहा है?... गुरुजी! चिन्तन तो भागता रहता है। तो बेटे, भजन कहाँ हो रहा है? चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस...
- आप कहेंगे कि उसका सबूत क्या है?... सबूत यही है कि हमारा प्यार लौटकर हमारे पास आ जाता है।...
- आप कहेंगे कि गुरुदेव क्या इसके बिना काम नहीं चलेगा?... साथियों, आप समझते नहीं हैं कि इन दिनों हिन्दुस्तान के सामने बहुत भी समस्याएँ हैं। हमने इन समस्याओं का...
- आप कितनी देर तक बैठेंगे सिनेमा में?... ज्यादा देर तक नहीं बैठ सकते। यही बात कामवासना के सम्बन्ध में है। कामवासना का कितनी देर तक का सुख होता ...
- आप किस काम के लिए भेजते हैं?... बेटे! इस समय एक महत्त्वपूर्ण कार्य है। एक कार्य हमारा यह है इस वर्ष को जिसको हमने रजत जयंती वर्ष कहा...
- आप किस योग की उपासना करते हैं, जिससे आपको परम सिद्धि प्राप्त हुई है?... " शिव इस संसार में आदि-योगी थे, योग के सभी भेदों को मालूम कर चुके थे। उन्होंने उत्तर दिया-"...
- आप किसका इस्तेमाल करते हैं और किस चीज का इस्तेमाल नहीं करते?... आप तो भगवान को वस्तुओं से बहकाना चाहते हैं। आप वस्तुओं को दिखाकर बच्चों को बहका सकते हैं, परन्तु भगवा...
- आप किसके बादशाह हैं?... बादलों का बादशाह, नदियों का बादशाह, पहाड़ों का बादशाह। वे कहते थे कि मैं इनके ऊपर जा सकता हूँ और देख...
- आप किसको देखने के लिए गए थे?... गाँधी जी को। गाँधी जी की देखने के लिए तो लाखों लोग गए होंगे है तो क्या पुण्य मिला? बेटे! मैं समझता ह...
- आप किसी से भी पूछ लेना, हर आदमी यही कहेगा कि भला आचार्य जी के पास से हम खाली हाथ आ सकते हैं क्या?... आपसे हर आदमी यही कहेगा कि हम गुरुजी के पास जाते हैं और फायदा लेकर आते हैं। देवता वे होते हैं जो देने...
- आप किसी से मालूम कर लेना कि आप आचार्य जी के पास गए तो क्या आप खाली हाथ आए?... आप किसी से भी पूछ लेना, हर आदमी यही कहेगा कि भला आचार्य जी के पास से हम खाली हाथ आ सकते हैं क्या? आप...
- आप कुण्डली जगा देंगे?... रामकृष्ण परमहंस ने जगा दी। तो गुरुजी, आप भी हमारी कुण्डली जगा देंगे? हाँ बेटे, हम जगा देंगे। इसके लिए...
- आप कैसे देवता हो सकते हैं?... इसके लिए आपको संघर्ष करना पड़ेगा। मछली उलटी दिशा में चलती है। आप भी मछली के तरीके से उलटी दिशा में चल...
- आप कॉलेजों में, विश्वविद्यालयों में चले जाइए पहले वहाँ अराजक तत्त्व-अवांछनीय तत्व कहाँ रहते थे, पर देखिए सारी खुराफातें कहाँ जन्म ले रही हैं?... आपको बदलता हुआ जमाना दिखाई नहीं पड़ता, आजकल बहुत हेरफेर हो रहा है। इस अकल ने दुनिया को हैरान कर दिया...
- आप कौन से स्कूल में पढ़े हैं?... बेटे, कहीं भी नहीं पढ़े हम। ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर हमारे दिमाग में घुस जाती है ...
- आप कौन हैं?... यह समय आपत्तिकाल का है, जो एक और सुंदर सपने संजोए हुए हैं, तो दूसरी तरफ विनाश की लीला भी मुँह बाए खड...
- आप कौन हैं?... आप तो बेअकल जाट हैं, जो एक पाए की चारपाई लिए फिरते हैं। चारपाई माने माला। केवल माला लिए बैठे हैं। आप...
- आप कौन हैं?... आप रिक्शे वाले हैं और आप? पुजारी जी हैं। अरे सिनेमा देखते हैं? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ...
- आप कौन हैं?... हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या? नहीं साहब! ब्राह्मण तो नहीं है। ...
- आप कौन हैं?... हम राजा परीक्षित हैं। अच्छा पूछिए हम आपकी बात का उत्तर अवश्य देंगे। परीक्षित ने कहा कि वह जवान नंग-ध...
- आप क्या कर सकते हैं?... आप उसका हाथ बँटा सकते हैं। आप उसके कन्धे से कंधा मिलाकर चल सकते है। जिस तरीके से ग्वाल-बालों ने गोवर्...
- आप क्या करते हैं?... जब हम जप करने के लिए बैठ जाते हैं, तब आप हमारी शीशे में शक्ल देखें तो ऐसा मालूम पड़ेगा कि कोई महात्मा...
- आप क्या करना चाहते हैं?... हम भी बाल खड़े रखेंगे? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय ...
- आप क्या कह रहे थे?... मैं यह कह रहा था कि आपको जो सबसे श्रेष्ठ धंधा, व्यवसाय बताया है, वह अध्यात्म है। अध्यात्म का व्यवसाय...
- आप क्या काम करते हैं?... अरे साहब! लेक्चर झाड़ने का पैसा कमाते हैं। धत तेरे की? और कुछ काम करते हो? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आ...
- आप क्या बनना चाहते हैं?... चारण बनना चाहते हैं या चमचे बनना चाहते हैं? क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं? अरे ...
- आप क्या लेकर आते हैं?... मोहब्बत लेकर आते हैं, प्यार लेकर आते हैं और पैसा खरच करके आते हैं। आप अपनी पत्नी के जेवर तक बेचकर आत...
- आप क्या सिखाना चाहते हैं?... आप समझिए तो सही। आप तो वहीं रहते है। कहीं? हमारी मनोकामनाएँ, भजन और माला। बेटे, ये तो गलत है। पहले स...
- आप क्या हुकूमत करेंगे?... आप बैठे रहा कीजिए, मौज कीजिए। अहिल्याबाई का राज्य इंदौर के इतिहास में अभूतपूर्व राज्य था। इंदौर के म...
- आप क्या हैं?... आप मेरी माँ कुंती के समान हैं और मैं आपका बेटा, ठीक है, यह कहकर वह चली गई और उसने जाकर अपने देवताओं ...
- आप क्यों नहीं अपने भीतर गड्ढे बनाते?... मुलायमियत क्यों नहीं अपने भीतर पैदा करते?
साथियो! समाधान अपनी जगह पर सही है। भगवान अपनी जगह पर सही...
- आप क्यों नहीं समझते इस मोटी सी बात को?... आपने इतनी मोटी बात को समझने से इनकार क्यों कर दिया? नहीं साहब! भगवान गोदी में ले लेगा। किस कीमत पर भ...
- आप क्यों नहीं सुनते?... हमें तो कोई जरूरत नहीं है। हमारे सब विरोधी हैं। विरोधी भी बेटे इज्जत करते है। क्रान्तिकारियों को बेटे...
- आप क्वालिटी क्यों नहीं बनाते?... नहीं साहब, हम तो आठ घण्टे काम करते हैं। आठ घण्टे आपके ढ़ाई घण्टे के बराबर हैं। आप आठ घण्टे मनोयोग के साथ...
- आप खेत में घोड़ा घुमाते हैं, इसका क्या मतलब है?... महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ छिप गया। कहाँ लिया गया? झाड़ी में। अब हम इस चक्...
- आप गलने की हिम्मत नहीं करेंगे, बीज को जिन्दगी भर अपनी पोटली में रखे रहेंगे और यह अपेक्षा करते रहेंगे कि जमीन हमारे खेत लहलहा दे और हमको नहीं गलना पड़े, ऐसा कहीं हुआ है क्या?... ऐसा नहीं होगा। आपको गलना पड़ेगा। अगर आप नहीं गलेंगे, तब आप भगवान से क्या उम्मीद करेंगे?आपने सुना है न...
- आप गायत्री मंत्र की माला कब से घुमा रहे हैं?... अरे साहब, बहुत दिन हो गए। आपको-छह वर्ष, आपको-ग्यारह वर्ष, आपको-तीस वर्ष हो गए पर आपको क्या मिला? महा...
- आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं?... भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं? ऐसी है साधना, जिसको मैंने किया। मैं चाहता...
- आप चलते हैं?... हाँ साहब! अब आप अवतार लेंगे? हाँ साहब! अवतार लेंगे। तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे? अकेला काम क्यों ...
- आप चाहें तो हरिद्वार में भी करा सकते हैं, लेकिन वह स्थान कहाँ है?... कैसे है? इसके बारे में हमें कुछ कहना नहीं है। लेकिन हमारा जो स्थान है, वह बहुत सुंदर स्थान है, यहाँ ...
- आप जब लोगों को सिखाने जाएँगे, तो लोग यह पूछेंगे कि आप तो हमें प्यार, त्याग, श्रम, सेवा की बात बतला रहे हैं पर क्या आपने इसमें से कुछ ग्रहण किया है?... अपने आप में धारण किया है? इसका जवाब दे देंगे, तो आपकी बात लाखों-करोड़ों आदमी मानेंगे। हमने जो लोगों ...
- आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, उसमें सहायता करने वालों की दुनिया में कुछ कमी है क्या?... विवेकानन्द की भी सहायता हुई।और किसकी सहायता हुई? सदन का नाम सुना है आपने कि वह कैसा आदमी था? कसाई का...
- आप जो कुछ बहुत देर से कह रहे हैं, वह हमारी समझ में कुछ नहीं आ रहा है और ये पण्डित जी जो बोलते हैं, वह भी समझ में नहीं आ रहा कि आप लोग क्या बोलते हैं?... मैंने देखा कि पण्डित जो था वह समझदार था, उसने कहा-जो बात कहनी चाहिए वह हम संस्कृत में कह रहे हैं। आपक...
- आप जो पुरुषार्थ से कमाते हैं उसमें सन्तोष कर सकते हैं अथवा कम में काम चला सकते हैं आप अपनी हवस और अपनी ख्वाहिशें, तमन्नाएँ और इच्छाएँ अपनी महत्त्वाकांक्षाओं को पूरा करने के लिए क्या भगवान को दबोचेंगे, भगवान को मजबूर करेंगे क्या?... क्या वह कर्तव्य की बात को छोड़ दें और आपके लिए पक्षपात करने लगें और कर्मफल की महत्ता का परित्याग कर द...
- आप ज्यादा कीमत क्यों चुकाएँगे?... आपने तो एक गलती कर डाली है। आपने भजन का एक हिस्सा पकड़ लिया है। ईश्वरप्राप्ति के एक हिस्से में वह भी ...
- आप तो केवल शब्दों का उच्चारण करते हैं और अपनी जिन्दगी में उन तत्त्वों का समावेश नहीं करना चाहते तो फिर रामचंद्र जी आपका चन्दन लगाने के लिए कैसे आ सकते हैं?... आप अपनी जिन्दगी की बात को क्यों नहीं कहते? नहीं साहब! हम तो शब्दों की बात कहते हैं। शब्द काफी नहीं हो...
- आप तो गो-रक्षक है?... बिलकुल। कितनी जिन्दगी खतम हो गई आपकी? साहब चालीस साल। बीस वर्ष की उम्र से हम गोरक्षा का काम करते आ रह...
- आप तो पक्षी नहीं हैं?... नहीं साहब! आदमी हैं। आप बातचीत तो कर सकते हैं? हाँ साहब! कर सकते हैं। आपके दो हाथ और दो पैर हैं, पर ...
- आप तो सबको बेटा देते हैं?... हाँ बेटे, हमारी पेटी में बहुत सी चीजें हैं। ये देख टॉफी है, ये लेमनचूस है। ये नौकरी में तरक्की है। य...
- आप तो हमारी पार्टी को वोट देंगे?... हाँ, आपकी पार्टी को देंगे। कौन सी पार्टी है आपकी? आपने तो पहले ही कह दिया था कि कांग्रेस को बोट देंग...
- आप तो हिमालय जाने वाले हैं?... हाँ बेटे, जाने वाला हूँ। तो एक बार सुल्तानपुर और चलिए। दो बार तो हो आया। सौ आदमी तो आते नहीं हैं, मै...
- आप त्याग नहीं करेंगे तो पा कैसे लेंगे?... जो त्याग करना है, उसमें जप करना ही काफी नहीं है, जरूरी तो है, पर काफी नहीं। भगवान को चावल चढ़ा देना, ...
- आप देख नहीं रहे हैं क्या?... गवर्नमेंट क्या-क्या कर रही है? मृत्यु टैक्स लगा रही है; सम्पत्ति टैक्स लगा रही है और दूसरे टैक्स लगा ...
- आप देना नहीं चाहते क्या?... आप दीजिए—अपना श्रम दीजिए समय दीजिए भावना दीजिए यही है आपके सामने आज के प्रज्ञावतार की अपील, युग के द...
- आप दोबारा मौका देंगे?... बेटे! यह दोबारा नहीं मिल सकता। यह मौका, जिसमें आपको याद दिलाने के लिए बुलाया गया है, आप चाहें तो इस ...
- आप नर-पशु के कलेवर में से निकल जाएँ?... नर-कीट के कलेवर में से निकल जाएँ और ऐसे कलेवर में रहें, जिसको देवता कहते हैं। आप देवता के तरीके से ज...
- आप नहीं जानते कि ये कौन थे?... आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है कि ये कौन थे? यह लड़का जो अभी-अभी नहाकर गया है, उसका नाम था श...
- आप नहीं जानते हैं कि हमारे पीछे कौन भी शक्ति है?... आपको मालूम नहीं है कि हमारा कोई काम, कोई संकल्प अधूरा नहीं रहा है। हमारी श्रद्धा ने उन्हें जकड़ रखा ह...
- आप पता लगा लें कि किन-किन बच्चों के सिर पर चोटी है?... आपको एक भी बच्चे के सिर पर चोटी दिखाई नहीं पड़ेगी, यही हाल जनेऊ का है।दुनिया में कौन-कौन से रिवाज चले...
- आप परिस्थितियों को समझते नहीं हैं, लेकिन हम समझते है कि आज का इनसान कहाँ जा पहुँचा है और जरा सी मुसीबत आने के बाद में इसका क्या हो सकता है?... एक रास्ता वह है, जिसमें आदमी के उत्थान की गुंजाइश है। इसमें आदमी का स्वरूप बदल सकता है, भविष्य बदल स...
- आप पूछ सकते हैं कि क्यों गुरुजी हमें भी ऐसा गुरु मिल सकता है?... हम कहते हैं कि आप में से हर एक आदमी को ऐसा गुरु मिल सकता है, परन्तु शर्त एक है-आपकी श्रद्धा। आप इसे न...
- आप प्रसन्न नहीं हो सकते?... आपके चेहरे पर मुस्कराहट नहीं आ सकती कि जो हमारी वर्तमान परिस्थितियाँ हैं, उनमें हमको प्रसन्न रहने का...
- आप बताइए तो सही कि आपकी कौन भी पार्टी है?... भाई! हम तो हैं हलधर-किसान पाटी के। ठीक है, आप भी हल चलाते हैं, हम भी हल चलाते हैं। आपको ही वोट देंगे...
- आप बातचीत तो कर सकते हैं?... हाँ साहब! कर सकते हैं। आपके दो हाथ और दो पैर हैं, पर उस गिद्ध के तो दो ही थे। बेटे! जब बूढ़ा गिद्ध यु...
- आप बार बार क्यों आ जाते हैं?... जब हमारी इच्छा होगी तब आ जाएँगे। नहीं बेटे, तेरी इच्छा से काम नहीं चलेगा। तू समझता नहीं है कि तू किस...
- आप बैठी क्यों रहती हैं?... सास को भी काम करना चाहिए। नहीं, हमारी बहू आ गई है, तो वह रोटी खाती है। आप रोटी क्यों खाती हैं? बेटे!...
- आप भगवान की कथाएँ तो सुनते हैं, पर गहरे में क्यों नहीं जाते?... भगवान की सारी की सारी लीलाएँ कथा-गाथाएँ इस बात पर टिकी हुई हैं कि भगवान एक है। यह बात अलग है कि उसने...
- आप भी इतनी हिम्मत करते हैं?... बेटे! कोशिश करेंगे। इतने आदमी यहाँ शान्तिकुञ्ज में तो नहीं रह सकते, लेकिन हमारा ऐसा ख्याल है कि हम ग...
- आप भी तो अध्यात्म के साथ क्या करते हैं?... मजाक और मखौल करते हैं। कौन सी वाली? जो आप लिए फिरते हैं कि अमुक मंत्र का जप करेंगे और पैसा कमाएँगे। ...
- आप भी तो हमारे बालक हैं?... जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न-चारों भाइयों को लेकर वसिष्ठ जी आ गए थे और उनको यह बतलाया ...
- आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है?... अच्छा अभी नहीं है तो थोड़े दिनों बाद हो जाएँगे। यह क्या हो गया? जब संस्कृति की सीता चली गई और वापस नह...
- आप मैट्रिक पास रहेंगे तो क्या आफत आ जाएगी?... नहीं साहब! हमारा ये हो जाएगा, हमारा वह हो जाएगा। आप अगर ऐसे ही विचार करते रहेंगे तो मैं आपको नरकगामी...
- आप यह उम्मीद करते हैं कि आपका मन अच्छे कामों में लगेगा?... ध्यान में लगेगा? भजन में लगेगा? नहीं लगेगा। इसको लगाना पड़ता है।...
- आप यह क्या कर रहे हैं-बताइए कि आप गोबर भरे हुए कमंडल में खीर लेंगे?... तो बेटे! इसमें क्या हर्ज है। स्वामी जी! इसमें दो हर्ज हैं-पहला यह कि इसमें गोबर भरा हुआ है। इसमें जो...
- आप यह क्या कह रहे हैं?... मैं सपना देख रहा हूँ या कोई दृश्य। नहीं, आप सपना नहीं देख रहे हैं। हम इंदौर के महाराज हैं और आपसे प्...
- आप यहाँ आइए शान्तिकुञ्ज, गायत्री नगर देखिए-ब्रह्मवर्चस देखिए कितने शानदार हैं?... २४०० गायत्री शक्ति पीठों को देखिए। इतनी तो बिल्डिंगें हैं और जो उनमें लोग रहते हैं, उन पर जो रुपया ख...
- आप ये क्या कहते हैं?... बेटे! तू समझता तो है नहीं कि मैं क्या कहता हूँ? तू एकांगी बात लिए फिरता है, जबकि अध्यात्म एकांगी नही...
- आप रहते हैं?... नहीं साहब! ब्रह्मचर्य की कोई जरूरत नहीं है, हम तो कसरत करते हैं। हम अपने आहार पर नियन्त्रण करते हैं।...
- आप रहन- सहन, आहार- विहार की उपेक्षा करेंगे और केवल आँख से जो कसरत दिखाई पड़ती है, उसी को सब कुछ मान लेंगे, फिर कैसे कायदा को सकता है?... उसकी बात सही थी। विधि से अध्यात्म नहीं समझ में आएगा मित्रो! यही गलती हमारे आध्यात्मिक क्षेत्र में भी...
- आप राजा साहब हैं, हमसे क्या गलती हो गई?... गलती कुछ नहीं हुई। हम तो आपसे एक प्रार्थना करने आए हैं, एक भीख माँगने आए हैं। क्या? यह कि अगर आपकी द...
- आप रिक्शे वाले हैं और आप?... पुजारी जी हैं। अरे सिनेमा देखते हैं? नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया? जाने का मन होता ह...
- आप रोटी क्यों खाती हैं?... बेटे! हर आदमी की शान, हर आदमी की इज्जत होनी चाहिए हर आदमी को गर्व-गौरव होना चाहिए कि वह क्रियाशील है...
- आप लाचार क्यों नहीं करते भगवान जी को?... आप भगवान जी को लाचार कीजिए-अपने चरित्र के द्वारा, अपने गुण, कर्म और स्वभाव के द्वारा। वास्तव में भक्...
- आप लेकर के आएँगे?... लेकर नहीं बेटे, देकर के आना। यह परम्परा आध्यात्मिकता की परम्परा है। हमें देना आना चाहिए जिस देवपरिवार ...
- आप वहाँ जाकर के क्या कर सकते हैं?... आप बीमार नहीं पड़ सकते। बीमारी के लिए मैं दवा बता दूँगा, आप जहाँ कहीं भी जाएँगे, आप बीमार नहीं पड़ेंगे...
- आप विद्वान बन सकते हैं, कालिदास के तरीके से रस्सी को पत्थर पर हम बार?... बार घिसते हैं तो निशान बन जाता हैं। बेटे हमारी रगड़ इतनी जबरदस्त है कि अगर हम अपनी भोंडी अकल के साथ ...
- आप वेदांत के सारे ग्रंथों को पढ़ते चले जाइए, पंचदशी को पढ़ लीजिए, ब्रह्मसूत्र को पढ़ लीजिए, सब ग्रंथों को पढ़ लीजिए और पता लगाकर आइए कि वेदांत में क्या है?... अयमात्मा ब्रह्म अर्थात यह जो आत्मा है, इसी का सफाई किया हुआ हिस्सा, जिसको श्रेष्ठ कहे, भगवान है। तत्...
- आप शुकदेव जैसे बच्चे के ऊपर जोर क्यों दे रहे हैं और बुड्ढे को क्यों मना कर रहे हैं?... राजा परीक्षित ने कहा कि ठीक है, अगर आप लोग नहीं मानते तो आपको व्यास जी का और शुकदेव जी का हम एक किस्...
- आप समझते क्यों नहीं?... इसी का नाम अध्यात्म है।अध्यात्म किसे कहते हैं? 'साइंस आफ सोल' को अध्यात्म कहते हैं। सोल की साइंस में...
- आप समझते नहीं क्या?... गलतफहमी को क्यों दबाए बैठे है। गलतफहमी को आप हटा दीजिए। मैं आपसे प्रार्थना करूँगा कि अगर आपके मन में...
- आप समझते नहीं हैं?... दूसरे का आशीर्वाद एवं वरदान आपकी सामयिक आवश्यकताएँ तो पूरे कर सकते हैं परन्तु आगे केवल आपका पुरुषार्थ...
- आप समय भी नहीं देखते क्या?... ऐसे समय कभी-कभी ही आते हैं।इसी तरह गिलहरी ने क्या किया था? अपने बालों में बालू भरकर लाती और समुद्र म...
- आप समर्पित हो जाइए शरणागति में आइए विलय कीजिए विसर्जन कीजिए फिर देखिए आप क्या पाते हैं?... बीज के तरीके से गल जाएँ और पेड़ के तरीके से उगने की तैयारी कीजिए। आप त्याग नहीं करेंगे तो पा कैसे ले...
- आप सही तरीका ही नहीं जानते हैं, तो मैं क्या करूँगा?... आपने एक ही चीज सीख रखी है, मनुहार और अनुग्रह। उसके सामने नाक रगड़ेंगे, इसके सामने मिन्नतें करेंगे, सब...
- आप सांसारिक जीवन की बात जानते हैं न?... सांसारिक जीवन में भी अगर वातावरण न मिले तो बहुत मुश्किलें पैदा हो जाती हैं। खुशबूदार चन्दन मैसूर और क...
- आप सिद्धपुरुष बनते हैं कि नहीं?... आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं? ऐसी है साधना...
- आप स्वर्ग सा जीवन जीने के लिए मनोकामना को पीछे हटा लीजिए और यह मत सोचिए कि क्या परिणाम मिलेगा?... आप अपने मन को एक केन्द्र पर केन्द्रित कर लीजिए और फिर आप यह सोचिए कि हमारे फर्ज और कर्तव्य जो हैं, उन्...
- आप हमारे यहाँ सन्तान नहीं पैदा कर सकते?... हाँ, मंत्रों से सन्तान हो सकती है। पुत्रेष्टि यज्ञ का शास्त्रों में बहुत माहात्म्य बताया गया है और कह...
- आप हमारे वानप्रस्थ शिविर में आ करके क्या फायदा उठाएँगे?... महाराज जी! बोलने की शैली आ जाए बस। बोलने की शैली बेटे! एक छोटी सी, जरा भी बात है, 'तिल के पीछे ताड़ ...
- आप हमें लड़ाई झगड़े में क्यों फँसाते हैं?... इस पर श्रीकृष्ण भगवान ने अर्जुन को खूब गालियाँ सुनाईं और कहा- ''तू क्लीव है, नपुंसक है, तू ऐसा ह...
- आप हर चीज को अपनी मानना शुरू कीजिए, फिर देखिए कि वह आपको प्यारी लगेगी कि नहीं?... अपना बच्चा काला कुरूप होता है, नाक टपकती रहती है, पेट भी बढ़। हुआ होता है, बहुत भी बुरी आदतें भी होती...
- आप ही बताइए कि सही बात क्या है?... बेटे, पेड़ की जड़े जमीन में होती हैं, जो दिखाई नहीं पड़तीं। ये जड़े जमीन से रस चूसती हैं और उसे चूसने...
- आप ही बताइए तब बरतन पकेंगे क्या?... सब बिगड़ जाएगा। इसलिए आप बाहर की चिन्ता न कीजिए और न मन को बाहर भागने दीजिए।...
- आप ही लिखते हैं?... हम ही लिखते हैं। ये कैसे हो गया? इतने लम्बे जीवन का आप हिसाब लगा दीजिए। मैं आपको हिसाब लगाकर बता सकता...
- आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जाती है?... दाई रुपए की और ये हीटर कितने रुपए में आता है?मित्रो! आसमान से लाइट बरसती है, रोशनी बरसती है, आक्सीजन...
- आप हुकुम चला रहे थे हमारे ऊपर?... हाँ साहब, हम तो हुकुम चलाएँगे आपके ऊपर, हम तो चेला हैं। बड़ा आया चेला। अपने मन को भगवान के साथ जोड़ दे...
- आपका और उनका क्या मुकाबला?... बेचारा कर्ण जब कभी आवेश में आता, तभी वह शल्य ऐसी फुलझड़ी छोड़ देता कि उसका खून ठंडा हो जाता। आपने भी ...
- आपका खेल-खिलौना देखने की उनको फुरसत कहाँ है?... उनको एक ही चीज देखने की फुरसत है कि आपके अन्दर पात्रता कितनी है? आपको कोई सुख मिला या और कोई दूसरी बा...
- आपका गुरु हमको दे देगा?... नहीं बेटे, आपको नहीं देगा। गुरु जी आप हमको अपने गुरु जी का साक्षात्कार करा दे। हाँ बेटे, हम दर्शन तो...
- आपका जमा क्या है?... हों जमा है, तो हमारा जमा कर लेते? नहीं बेटे, कोई चोर छीन ले जाएगा, इसलिए हम पैसे अपने पास नहीं रखते।...
- आपका बैंक में एकाउंट है?... नहीं साहब! बैंक में तो कोई एकाउंट नहीं है, तो फिर किस बात के माँगते हैं। दर्शन की फिलॉसफी नहीं समझते...
- आपका भगवत् भजन क्या है, आपकी सन्तोषी माँ की पूजा क्या है, आपका हनुमान चालीसा क्या है बताइए जरा?... सारी की सारी धुरी का जब हम पोस्टमार्टम करते हैं, विश्लेषण करते हैं तो आज का अध्यात्म, पुरातन नहीं, प...
- आपका मकसद तो यहाँ उद्घाटन कराने का था?... हाँ बेटे, उद्घाटन तो कराना चाहता हूँ लेकिन जिस उद्घाटन को आप लोग करने के लिए आए हैं, वह एक सामयिक घट...
- आपका ये अखण्ड कीर्तन बन्द हो जाए तो आपकी नाराजगी है?... नहीं, मुझे कोई नाराजगी नहीं है, मुझे बहुत प्रसन्नता है। ये कौन से मन्दिर, भिन्न-भिन्न देवियों के मंद...
- आपका ये कौन लगता है?... ? कोई नहीं लगता। क्यों साहब, फिर ये आपके कमरे में क्यों रहते हैं? कशिश ने इन्हें खींच लिया। जुआरी के...
- आपका सामान कहाँ है?... अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सारी जगह भरी हुई है। कह...
- आपका सारा ध्यान यहीं इकट्ठा होना चाहिए कि क्या हम अपने आपको एक मजबूत ठप्पे के रूप में बनाने में समर्थ हो गए?... गीली मिट्टी को आप लाना। ठप्पे पर ठोंकना, तख्ते पर लगाना वह वैसे ही बनता हुआ चला जाएगा, जैसे हमारे ये...
- आपकी औकात क्या है?... स्थूल शरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधार पर ली जा सकती है। उसकी वकत को शकल के ...
- आपकी क्रिया में और दृष्टि में फर्क हुआ तब?... तो आपका अनाथ पालन ऐसी विडंबना बन जाएगा, मसलन ऐसे कई अनाथालय देखे गए हैं, जो किराये के बच्चों को नौकर...
- आपकी खुशामद की वजह से आपकी मनोकामना पूरी करने के लिए भगवान अपने नीति-नियम को छोड़ देंगे, मर्यादा और कायदे-कानून को छोड़ देंगे और अपने आप को पक्षपाती होने का इल्जाम लगवाएँगे-कलंक लेंगे क्या?... नहीं ऐसा भगवान कर नहीं सकेंगे। अगर आपके मन में यह ख्याल हो कि मिन्नतों और खुशामदों से भगवान को कहीं ...
- आपकी जब शादी हुई थी, तब आपको एक अच्छी-खासी धर्मपत्नी मिली थी न किसने दी थी उसे?... उस लड़की के माता-पिता ने बड़ी मेहनत से अच्छी सुयोग्य लड़की बना करके पाल-पोषकर सुशिक्षित बनाकर उसे आपके ...
- आपकी जवान की कीमत क्या है?... दो कौडी है। सारे दिन झूठ नेता जी वोट माँगने आते हैं, सारे दिन झूठ बोलते हैं। क्यों साहब! आप तो हमारी...
- आपकी धर्मपत्नी है तो क्या उसके लिए कुछ करेंगे नहीं?... हम जिस किसी से भी आत्मीयता रखते हैं, उसके लिए कुछ करने की इच्छा होती है। प्यार का वास्तविक स्वरूप यह...
- आपकी पार्टी कौन सी है?... जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे। नहीं साहब! आप बताइए तो सही कि आपकी कौन भी पार्टी है? भाई! हम ...
- आपकी पिटाई किसने कराई है बताना जरा?... आपकी पिटाई जीभ ने कराई है। यह तो उलटा-सीधा कहकर लपालप मुँह में घुस जाती है और जूते आपके सिर पर पड़ते ...
- आपकी बड़ी कृपा हैं आपने पूछ लिया यही क्या कम हैं?... आप खा लीजिए। आपको रोटी नहीं खानी चाहिए। ठीक है कोई आपका ऐसा निजी दोस्त है, जिगरी दोस्त है, जो आपके य...
- आपकी बात सही है, लेकिन मैं यह पूछता है कि विद्या की जो कमी है, उसे आप पूरा क्यों नहीं करते?... विद्या की कमी को आप पूरा नहीं करेंगे, तो उन्नति कैसे होगी? आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढेगा? बुद्धि का...
- आपकी बिरादरी क्या है?... हम तो धोबी और सफाईकर्मी हैं।कोई मुझसे जब मेरी अच्छी बिरादरी जानना चाहता है तो हम कहते हैं कि धोबी है...
- आपकी बीबी के पड़े, बीबी के पड़े?... बीबी ने जूते-चप्पल तो नहीं मारे, पर आपके साथ ऐसा व्यवहार किया जो जूते से भी ज्यादा था। जीभ पर काबू न...
- आपकी लक्ष्मी चली जाएगी?... तो चली जाने दे। लक्ष्मी तो ऐसी बेशरम है कि इसको मारो, तो भाग-भागकर चली आती है और खुशामद करो तो यह गा...
- आपके अन्दर बहुत दया है तो क्या आप किसी के काम आ सकते हैं?... नहीं साहब! हम किसी के काम नहीं आ सकते। हम किसी की सेवा-सहायता नहीं कर सकते। तब फिर आप दयालु कैसे? ...
- आपके अपने इस आन्दोलन में क्या एक आदमी संचालन करता है?... नहीं, एक आदमी संचालन नहीं कर सकता। क्या एक आदमी नियम बनाने के लिए आश्वासन दे सकता है? नहीं, एक आदमी ...
- आपके आचरण में आ गया कि नहीं?... आपके आचरण में अगर भगवान नहीं है, आपके मन में अगर भगवान नहीं है, चिन्तन में भगवान, नहीं है, तो आपका मा...
- आपके कहने से?... हाँ बेटे! मेरे कहने से ले जा। मैंने उसको रुद्राक्ष की माला दे दी। सामग्री कर्मकाण्ड का कोई महत्त्व न...
- आपके जीवन का लक्ष्य क्या होना चाहिए?... जो भी आपका लक्ष्य हो, चाहे उसे आप सिद्धान्त मान लीजिए चाहे उसकी शक्ल बना दीजिए। शक्ल बनने से, चेहरा ब...
- आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढेगा?... बुद्धि का विकास जैसे होगा? इसलिए यहाँ आत्मनिर्माण के लिए भी ढेरों काम करने हैं। आपका स्वास्थ्य कमजोर...
- आपके डेमन का क्या नाम है?... अपने गुरु को हम डेमन कहते हैं। गुरु क्या होता है? अरे बेटे, वह भगवान है। भगवान हमको देता है। हरेक को...
- आपके दो बेटे हैं?... हाँ साहब! कहीं ऐसा न हो कि एक बेटे को सारा माल दे दें और दूसरा बेटा विचारा ऐसे ही हाथ मलता रह जाए। न...
- आपके पास इतने रुपए कहाँ हैं?... देख बेटे, मेरे पास छह हजार रुपए हैं। इतने से नहीं बनेगी तो छह लाख से बन जाएगी।मित्रो! हमारा ख्वाब और...
- आपके पास क्या है?... आपने जो कमाया था, सारा पैसा बेटे के हाथ में चला गया। अब आपके पास कहाँ है? जिन्दा में आपके पास है नहीं...
- आपके पास क्या है?... गुब्बारे हैं। तो हमको दे दीजिए। बस एक गुब्बारा पेटी से निकाला, फूँक मारकर हवा भर दी और कहा ये रहा तु...
- आपके मन में कोई चीज है, आप मन से बहुत अच्छे आदमी हैं, मन से आप शरीफ आदमी हैं, मन से आप सज्जन आदमी हैं, मन से आप ईमानदार आदमी हैं, लेकिन आपका क्रिया-कलाप और आपका लोक-व्यवहार उस तरह का नहीं है, जिस तरह का शरीफों का और सज्जनों का होता है, तो बाहर वाले लोगों को कैसे मालूम पड़ेगा कि आप जिस मिशन को लेकर चले हैं, उस मिशन को पूरा करने में आप समर्थ होंगे कि नहीं?... मिशन को आप समर्थ बना सकते हैं कि नहीं? आपके विचारों की झाँकी आपके व्यवहार से भी होनी चाहिए।...
- आपके यहाँ खाने को बहुत अच्छे फल मिलते होंगे?... " हाँ! हमारे यहाँ बहुत अच्छे फल होते हैं। कैसे फल होते हैं, जरा दिखाइए? उन्होंने टोकरी में से न...
- आपके लिए क्या यह सम्भव नहीं है?... क्या आप इस लोभ और मोह से, अपने वासना और तृष्णा के बन्धनों को काटते हुए अंगद के तरीके से चलने के लिए त...
- आपके लिए भी वही रास्ता है, जो मैंने आपकी पहले दिन बताया था कि हमको गायत्री उपासना करते हुए जो चमत्कार और सिद्धियाँ मिलीं ,, उसके आधार पर रहस्य को क्यों छिपाया जाए?... यह रहस्य बताकर मैं अपनी बात समाप्त करूँगा। आपको मैं फिर यह कहता हूँ कि उपासना से लाभ उठाने के लिए अट...
- आपके व्यवहार में जाने क्या-क्या शानदार चीजें आएँगी?... अध्यात्म उस चीज का नाम है जो आपके भीतर सन्तोष लाकर के देगा। यह हुई सिद्धि नंबर एक। अगर आपको यह सिद्धि...
- आपके हाथ कितने बड़े हैं, अकल कितनी बड़ी है, आपकी आँखें और जुबान कितनी शानदार हैं?... आप अपनी दैनिक जरूरतों की, जिनकी भगवान से अपेक्षा करते हैं, उनके लिए अपेक्षा मत कीजिए।...
- आपको अगर हाथ-पाँव चलाना आता है, तो आपके लिए यह काफी है कि आपके लिए अध्यात्म जादूगरी है और अगर अध्यात्म जादूगरी नहीं है, तब?... तब फिर आपको अपना व्यक्तित्व विकसित करना पड़ेगा।मित्रो! वाणी के द्वारा मंत्र बोले जाते हैं। इसको आपको ...
- आपको उस सरस्वती में तीव्रता पैदा करनी चाहिए उस सरस्वती में मंत्रशक्ति पैदा करनी चाहिए जिस सरस्वती के माध्यम से आपको जप करना है तो क्या करना पड़ेगा?... सरस्वती को जीभ पर नहीं, सरस्वती के द्वारा जीभ से जप करने के लिए आपको अपनी वाणी को मौन का अभ्यास करान...
- आपको ऊँचा उठने का आपकी उन्नति के लिए कैसे रास्ता खुलता है?... आप जो भी लक्ष्य बना करके चलेंगे, उसमें विद्वान बनते हुए चले जाएँगे। स्वास्थ्य-सम्वर्द्धन का मन हो तो ...
- आपको एक काम करना चाहिए और वह है-'' भगवान की इच्छा पूरी कीजिए है क्या इच्छा पूरी करें?... लोकमंगल के लिए। लोकमंगल के लिए, लोकहित के लिए, जनकल्याण के लिए प्राचीनकाल के भक्तों का इतिहास देखिए ...
- आपको करना क्या है?... आपके जिम्मे जो काम सुपुर्द किए गए हैं, वे वास्तविक परिव्राजक के काम सुपुर्द किए गए हैं। आपको परिव्रा...
- आपको किसने बताया था यह सब?... साहब! एक बाबाजी ने बताया था। मारा नहीं उस बाबाजी को? नहीं साहब। अच्छा अबकी बार आए तो उसके कान पकड़ ले...
- आपको किससे प्यार मिलेगा?... जिससे आप करेंगे। प्यार नहीं होगा तो आनन्द कहाँ से आएगा। आनन्द और प्यार एक ही चीज हैं। अतः यदि आपको इस ...
- आपको क्या करना पड़ेगा?... आपको अपने मन को भगवान के साथ, देवता के साथ जोड़ देना पड़ेगा। कल हमने आपको बताया था कि परिशोधन की प्रक्...
- आपको क्या फायदा है?... हमको यह फायदा है कि आपको ठोकर नहीं लगे, आप अपने रास्ते पर चले जाएँ इसीलिए हम रात भर जलते रहते हैं। क...
- आपको क्या मिलता है?... हम तो साहब प्राइमरी स्कूल के मास्टर है। तो आप कहाँ तक पढे हैं? हमने साहब मैट्रिक पास किया है और बी० ...
- आपको चिन्ता को है?... क्योंकि आप भगवान पर विश्वास नहीं करते। भगवान का नाम लेते हैं पर भगवान पर विश्वास नहीं करते। हम भगवान...
- आपको जप और अनुष्ठान चमत्कार कैसे दिखा पाएँगे?... जादू-चमत्कार जैसा अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म तो मानसिक पुरुषार्थ को कहते हैं। मानसिक पुरुषार्थ का यह...
- आपको तो समझ है, आप तो पढे-लिखे आदमी हैं और अच्छी तरह जानते हैं कि जिन कामों में हमारा कोई दखल नहीं है, कोई वश नहीं, उन्हें भला हम किस तरीके से कर सकते हैं?... अगर ब्याह-शादी करने लायक हमारे अन्दर शऊर होता तो हमारा भी ब्याह हो गया होता। हमारा ब्याह किसी ने नहीं...
- आपको तो साढ़े चौहत्तर का आशय भी नहीं मालूम कि किसे कहते हैं साढ़े चौहत्तर?... पहले जमाने में, पुराने जमाने में लोग लिफाफे पर साढ़े चौहत्तर नंबर डालते थे।...
- आपको दिखाई नहीं पड़ते?... ठीक है बेटे! एक पत्थर और फेंक दे। उसने एक और फेंक दिया। दो और रह गए। उसने कहा कि महाराज जी! एक को और...
- आपको ध्यान नहीं है क्या?... नारद जी का उदाहरण तो आपको मालूम होगा? नारद जी एक बार भगवान जी के पास गए और बोले कि भगवान ! हमारी मनो...
- आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है कि ये कौन थे?... यह लड़का जो अभी-अभी नहाकर गया है, उसका नाम था शुकदेव। शुकदेव को इस बात का ज्ञान नहीं है कि मर्द कौन ह...
- आपको बहुत बोलना आता है, पर आप हैं क्या?... हमको यह बताइए। असल में प्रभाव आपके व्यक्तित्व का पड़ेगा। जिस काम के लिए हम आपको भेजना चाहते हैं, वह आ...
- आपको बुखार है कि नहीं, हम कैसे जाने?... बुखार जानने का एक ही तरीका है कि आपका शरीर गरम होना चाहिए तो हम मान लेंगे कि आपको बुखार है।गायत्री म...
- आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या?... दुनिया का कायाकल्प होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या कि किस बुरी तरीके से गलाई-ढलाई हो रही है।मित्रो, इन द...
- आपको मालूम नहीं है कि बोलने में आदमी की कितनी शक्ति खरच होती है?... जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्नति के लिए आवश्यक है, वह इससे कितनी खरच होती है? अच्छा, हम आपको इस तरीके...
- आपको मालूम नहीं, ये क्या मामला है?... क्या है बताइए, रविवार का दिन है। इन्होंने सुबह ही सब इंतजाम कर रखा है। ये लोग वकील, मुंशी आदि बहुत ब...
- आपको मालूम है क्यों डालते थे?... जो कोई उस लिफाफे को खोल लेगा, उसको साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ, जो अगणित हिंदुओं ने पहन रखे थे और काट डाले ...
- आपको मालूम है ना कि सीताजी का जन्म क्यों हुआ था?... रावण को मारने के लिए जब सीताजी की जरूरत थी तब ऋषियों ने अपना रक्त एकत्र करके एक घड़े में बन्द किया था...
- आपको यह भी नहीं मालूम कि कौन सी चीज कहाँ मिलती है?... आपको चिपकाने वाली टिकट डाकघर में मिलेगी। रेल से सफर करने का टिकट रेलवे स्टेशन पर मिलेगा।स्वामी रामती...
- आपको यह सब किसने कहा था?... साहब! वो बाबा कह रहा था। पागल है बाबा।मित्रो! क्या करना चाहिए? आपको वास्तविकता के नजदीक आना चाहिए।...
- आपको याद है कि नहीं है, मैं आदमी की पूजा को माला से नहीं गिनना चाहता, वरन मैं यह देखना चाहता हूँ कि भगवान आपके जीवन में आ गया कि नहीं?... आपके आचरण में आ गया कि नहीं? आपके आचरण में अगर भगवान नहीं है, आपके मन में अगर भगवान नहीं है, चिन्तन म...
- आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है?... भगवान का भक्त बनना हो तो आपको हनुमान जी को इष्टदेव बनाने में कोई हर्ज नहीं है। यदि आपको उदात्त बनना ...
- आपको सहयोग मिलता है?... किसी का नहीं मिलता। धर्मपत्नी का मिलता है? नहीं साहब, उसका भी नहीं मिलता। माता जी का मिलता है? नहीं,...
- आपको-छह वर्ष, आपको-ग्यारह वर्ष, आपको-तीस वर्ष हो गए पर आपको क्या मिला?... महाराज जी, बस यही मिला है कि नाक कट गई तो कह दिया कि नाक की ओट में भगवान छिपा हुआ है, अब कट गई तो भग...
- आपने अगर भजन किया होता तो आपके भीतर से कोई हेर-फेर न होता क्या?... शराब पीने वाले की जिन्दगी में हेर-फेर दिखाई पड़ता है। बुखार आने वाले की जिन्दगी में हेर-फेर दिखाई पड़ता...
- आपने अपने भविष्य के बारे में क्या सोचा है?... भविष्य के बारे में, क्या शादी नहीं करना चाहते। अभी हमारे माता पिता का कर्ज हमारे ऊपर रखा हुआ है, अभी...
- आपने अर्जी लगा दी, अब कबूल करना, न करना उसकी मरजी है कि किसकी कबूल होगी और किसकी नहीं होगी?... कबूल होना अलग बात है और करना बात अलग है। दोनों बातें एक नहीं हो सकतीं। आपने कर दी और यह कबूल हो जाएग...
- आपने इतनी मोटी बात को समझने से इनकार क्यों कर दिया?... नहीं साहब! भगवान गोदी में ले लेगा। किस कीमत पर भगवानगोदी में ले लेगा, जरा बताना तो सही? भजन की कीमत ...
- आपने इन बच्चों को नहीं खिलाया?... अरे साहब सबको खिलाते हैं, किन्तु हम जानते हैं कि ये बिलकुल बेकार की चीजें हैं।आप तो कह रहे थे कि इसमे...
- आपने कभी दिया है?... अभागो! स्वार्थियों! कंजूसों ! स्वार्थियों ! देना किसे कहते हैं, यह जाना है कभी? अरे कृपणों ! देने से...
- आपने किसको क्या-क्या सक्रियता सौंपी है?... बेटे, हमने उन आदमियों के लिए भी, जो घोर व्यस्त हैं, कार्य सौंपा है। जिनके पास योग्यता है, उनको भी का...
- आपने किसी का उत्साह बढ़ाया, हिम्मत बढ़ाई?... किसी की प्रशंसा की? नहीं, आपने जीभ से प्रशंसा नहीं की, हर वक्त निंदा की, इसकी निंदा की, उसकी निंदा क...
- आपने क्या दिया, बताइए?... बस, यही एक सवाल है। अगर आप यह कहते हैं कि हम भगवान की भक्ति से कोई ताल्लुक रखते हैं, तो आप यह जवाब द...
- आपने चारों वेदों के भाष्य किए हैं?... हों किए हैं। अठारह पुराणों के? हों किए हैं। उपनिषदों के, दर्शनों के? हाँ किए हैं। अपने वजन से अधिक क...
- आपने जो स्वभाव सीखा है, यह घिनौने जीवन के अलावा क्या सिखा सकता है?... आप चारों तरफ से नर-पशुओं से घिरे हैं। आप थोड़े दिनों के लिए इस दायरे से बाहर हो जाइए और बाहर होकर के ...
- आपने ढूँढ़ा है हमें?... नहीं बेटे, आमने आपको ढूँढ़ा है। हमने अखण्ड ज्योति आपके पास भेजी थी है आपने मँगायी थी? नहीं, हमने भेज...
- आपने तो बताया था कि हम मूर्ति बनाएँगे तो बया बन गई आपकी मूर्ति?... कहाँ बनी गुरुजी! छेनी टूट गई, हथौड़ी टूट गई और देखिए हमारी उँगली में चोट भी लग गई। बेटे, मूर्ति कहाँ...
- आपने देखा नहीं कि राजमहलों का क्या हुआ?... आप श्रम का सम्मान करेंगे, तो आपका विकास होगा। आज सम्मान उन्हें मिल रहा है, जो हाथ से काम नहीं करते ह...
- आपने देखा नहीं?... वानरों ने, रीछों ने ये कहा, अगर मनुष्य दैवीय सभ्यता 'को जीवन में ढाल सकते हैं, तो हमको भी ऐसा जीवन ढ...
- आपने देखा है न कि आप प्यार किस चीज को करते हैं?... जो अपना है, जिसको आप अपना समझते हैं, उसी से तो प्यार करते हैं। जैसे आपकी साइकिल है, उसी भर से आप प्य...
- आपने देखा है?... नहीं साहब! हमने तो नहीं देखा। अच्छा तो कृष्ण भगवान का देखा होगा? कृष्ण भगवान को जब मृत्यु हुई थी, तब...
- आपने देखा होगा कि बादल समुद्र से लेते हैं और वर्षा कर जाते हैं, पर क्या वे खाली रह जाते हैं?... नहीं, समुद्र उन्हें दोबारा देता है। शरीर का चक्र भी इसी तरह का है। हाथ कमाता है और मुँह को दे देता ह...
- आपने देखे हैं कि भूत कैसे होते हैं?... हाँ, हमने देखे हैं और आपको भी दिखा सकते हैं। चलते-फिरते प्रेत-पिशाच ये भूत आपको कहाँ मिलेंगे? मित्रो...
- आपने दो क्यों कहा और एक क्यों नहीं कहा?... बेटे! मैंने इसलिए कहा कि अपरिग्रह का चिह्न यह नहीं है कि हम पैदावार न करें पैदावार न करना, काहिल की ...
- आपने नहीं देखा है तो क्यों मानेंगे?......
- आपने बहुत सेवा की है, वह भी सेवा करेगा?... डरावनी अकेली होगी जिन्दगी मित्रो! संस्कृति की सीता चली गई तो यही हो जाएगा। और क्या हो जाएगा? संस्कृति...
- आपने भगवान को देखा है?... हाँ साहब! हमने देखा है। अच्छा तो आप फिर हमको दिखाइए। बस, पहले तो बाबाजी शेखी मारते रहे, लेकिन जब उसन...
- आपने मुँह क्यों नहीं खोला है अपने अन्दर विशेषता पैदा क्यों नहीं की?... जिससे हमारी स्वाति की बूँदें तुम्हारे अन्दर प्रवेश करने के बाद में मोती बना देने में समर्थ होतीं। तुम...
- आपने यह कैसी आफत बुला ली?... आपने बेकार की भीड़ इकट्ठी कर ली, जिसे देखकर मुझे दुःख होता है। मैंने शिविरों का आयोजन इसलिए किया था क...
- आपने हवन किया था?... हाँ साहब! हवन किया था। हमने कहा-यज्ञ भगवान! बताइए आपने क्या-क्या जमा कर रखा है? सुबह हमने एक किलो घी...
- आपरेशन करेंगे हम तो, उसकी एनोटॉमी, फिजिओलाजी सीखने से क्या फायदा?... भाई साहब, पहले उसकी एनोटॉमी, फिजिओलाजी सीखिए। नहीं साहब,ये तो बेकार का टाइम हम नहीं गँवाएगे। आप तो आ...
- आपस की यह प्रशंसा किसकी है?... आपकी। आप कहते हैं भगवान जी! आप ऐसे हैं और आप भगत जी, बहुत अच्छे हैं। भगत जी आप तो आप ही हैं। उनने कह...
- आपसे क्या अनुरोध है?... यह कि हम तो सारी जिन्दगी के लिए चले आए। मरेंगे तो भी हम इधर ही कहीं मरेंगे, लेकिन आपसे हमारी प्रार्थ...
- आपसे पूछता है कि आप क्या ये काम नहीं कर सकते?... आप एक घण्टा समय नहीं दे सकते? दो घण्टे समय नहीं दे सकते? कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप...
- आपसे मैं पूछता हूँ कि आपके अन्दर अगर निष्ठा है, तो क्या आप समय नहीं दे सकते मिशन के लिए?... मिशन से मतलब 'नया युग' से है। मिशन से मतलब मानवी सभ्यता, मानवी भविष्य। इस पर आपकी आस्था है या कुछ भी...
- आप्तकाम किसे कहते हैं?... आप्तकाम उसे कहते हैं, बेटे! जिसकी सब मनोकामनाएँ पूरी हो जाएँ। क्यों साहब! फिर हमारी भी मनोकामना पूरी...
- आप्तकाम क्या होता है?... कामना का स्तर बदल देता है। स्तर बदल देने की वजह से सारी की सारी समस्याओं का समाधान होना सम्भव है। दुन...
- आमदनी जो भी हो, बाकी जो बच जाएगा तो उसका क्या करेंगे?... जमा करेंगे। नहीं बेटे! जमा मत करना। क्या करेंगे? परिग्रह। परिग्रह उसे कहते हैं, जहाँ 'जमाखोरी की जात...
- आम्रपाली से लेकर अंगुलिमाल तक कौन−कौन जाने कितने आदमियों का सहयोग इस कदर बरसता था कि मैं आपसे क्या कहूँ?... जहाँ सम्मान होगा, वहीं सहयोग अवश्य बरसेगा।मित्रो! जहाँ सम्मान होता है, वहाँ सहयोग आता है। महापुरुषों...
- आरण्यक किसे कहते हैं?... आरण्यक उसे कहते हैं जहाँ लोग वानप्रस्थ लेकर समाजसेवा के लिए समर्पित हो जाते हैं उनके निवास स्थान को ...
- आरती अगर न उतारी जाए, तो भगवान नाखुश हो जाएँ, या उनका काम हर्ज हो जाए, ये कैसे हो सकता है?... सूर्यनारायण और चंद्रमा भगवान की हर वक्त आरती उतारते रहते हैं। नवग्रहों से लेकर के तारामंडलों द्वारा ...
- आरती क्यों उतारी जाती है?... और घी में हाथ क्यों मला जाता है? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे क्रियाकृत्यों का, कर्मकाण्...
- आवेश, उत्तेजना, शोक, चिता, भय, क्रोध, लोभ जैसे पतन के गर्त में धकेलने वाले असंयमों को उस सायंकाल के आत्मनिरीक्षण काल में भली प्रकार परखना चाहिए कि आज किस-किस शत्रु का कितना बाहुल्य रहा और कल उनको नियन्त्रण में रखने के लिए क्या-क्या सावधानी बरती जाए?... यह सोचना चाहिए।संयम का तात्पर्य यह है कि बची हुई शक्तियों को शारीरिक कार्यों से समेटकर आध्यात्मिक का...
- आशीर्वाद की तो पड़ रही है?... नहीं बेटे, आशीर्वाद की तो बिलकुल नहीं पड़ रही है। आशीर्वाद की बहुत कीमत है। कीमत चुकाए बिना न आशीर्वा...
- आहार- विहार की, ब्रह्मचर्य की जरूरत क्या है?... आप भी दण्ड पेलते हैं, हम भी दण्ड पेलेंगे। पहलवान ने कहा कि आपका कहना गलत है।...
- इंग्लैंड जाने का रास्ता जानना चाहते हैं?... कैसा सरल रास्ता बताऊं बेटे? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हूँ पहुँचा दीजिए न...
- इंग्लैण्ड जाने का सरल रास्ता जानना चाहते हैं?... ? कैसा सरल रास्ता बताऊँ बेटे? बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हैं, पहुँचा दीजि...
- इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या?... पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या? वही लोग हैं। वही सब छाये हुए हैं। फिर वही सब लोग ठंडे हो गए। यह ...
- इंदौर के महाराज से?... हमारी बेटी रानी बन सकती है। आप यह क्या कह रहे हैं? मैं सपना देख रहा हूँ या कोई दृश्य। नहीं, आप सपना ...
- इंदौर वाली रानी की उपमा किससे दे रहे हैं आप?... जीवात्मा से और भगवान की किससे उपमा देंगे? तुकोजीराव से। ऐसी जीवात्मा जिसमें संकल्प हो, साहस हो, जिसम...
- इंद्रियसंयम, अर्थसंयम, समयसंयम और विचारसंयम की चर्चा, अपने वर्तमान स्वभाव अभ्यास में इन प्रसंगों में कहाँ?... क्या त्रुटि रहती है, इसकी निष्पक्ष निरीक्षक एवं कठोर परीक्षक की तरह जाँच पड़ताल की जानी चाहिए। आत्मपक...
- इंद्रियाँ क्या होती हैं, कुछ भी नहीं होतीं?... जो हमारी निष्ठाएँ हमारी आकांक्षाएँ हमारी इच्छाएँ हैं, वहाँ तू चल। इच्छाएँ हमारी क्या हैं? इस समय में...
- इंद्रियाँ भी कोई मानने जैसी चीज हैं क्या?... इंद्रियाँ क्या होती हैं, कुछ भी नहीं होतीं? जो हमारी निष्ठाएँ हमारी आकांक्षाएँ हमारी इच्छाएँ हैं, वह...
- इच्छा या कामना दूर से इतनी खूबसूरत मालूम पड़ती है, लेकिन जब वह हमारे नजदीक आती है तो वह इतनी बेचैनी लेकर के आती है कि क्या कहने का है?... जब तक ब्याह नहीं हुआ था, तब तक, हाँ बेटा! तेरा ब्याह हो जाएगा। ब्याह हो जाएगा तो बहुत सुख पाएगा। अच्...
- इच्छाएँ हमारी क्या हैं?... इस समय में हमारी भौतिक इच्छाएँ तीन हैं-वासना, तृष्णा, अहंता। हमने अपने आप को भूत मान लिया है। कौन है...
- इतना उनको शिक्षित किया जाना चाहिए कि अपनी ठीक तरीके से पढ़ने-लिखने की बात को समझ सकें और संसार में क्या हो रहा है, अपने देश में क्या हो रहा है और भूतकाल में क्या हो रहा था, आज की समस्याएँ क्या हैं, उनके समाधान क्या हैं?... इस विषय में उनको थोड़ी जानकारी होने लगे, इतना पढ़ना लिखना आवश्यक है। मैं समझता हूँ प्रौढ़ शिक्षा की दृष...
- इतना कर सकना यदि हमारे लिए सम्भव हो जाए तो समझना चाहिए कि आपका यह सवाल पूरा हो गया कि हम क्या करें?... क्या न करें? आप अच्छे बनें। समाज सेवा करने से पहले यह आवश्यक है कि हम उसकी सेवा के लायक हथियार तो अप...
- इतना बड़ा होता है, पर घोंसला कैसे बनाता है?... बया का घोंसला जग आप देखना और कबूतर का भी घोंसला देखना। वह बड़ी-बड़ी लकड़ी बीनकर ले आता है जोर एक इधर रख...
- इतनी जल्दी मन्दिर कैसे बन सकते हैं?... इस तरीके से बनें कि आप एक पूजा की चौकी बना लीजिए। चौकी पर भगवान का चित्र स्थापित कर दीजिए और घर के ह...
- इतनी तो बिल्डिंगें हैं और जो उनमें लोग रहते हैं, उन पर जो रुपया खरच होता है, वह कहाँ से आता है?... जाने कहाँ से आ जाता है, कि धन हमारे लिए कम नहीं पड़ता। भगवान की तरफ हम इशारा कर देते हैं और वह हमारे ...
- इतनी नौकरी कहाँ से आएँगी?... जब सारे के सारे देश के नागरिक पढ़ने लगेंगे और हर नागरिक की यह इच्छा होगी कि हमको नौकरी ही मिलनी चाहिए...
- इन कर्मकाण्डों का इतना बड़ा महत्त्व है?... बेटे! कोई महत्त्व नहीं है। इन कर्मकाण्डों का महत्त्व व्यक्तिगत जीवन में और सामूहिक जीवन में सिर्फ एक...
- इन गलतफहमियों को जब तक न निकालूँ, तब तक वास्तविकता आपको कैसे बताऊँ?... आप पर तो यही गलतफहमियाँ हावी हो रही हैं कि मंत्र जपो, धन आएगा, आपको वहाँ बैठे ही मूलधन चाहिए। अगर आप...
- इन सारे के सारे कर्तव्यों को अगर हम ठीक तरीके से पूरा न कर सके तो हम धार्मिक कैसे कहला सकेंगे?... धार्मिकता का अर्थ होता है-कर्तव्यों का पालना।...
- इनका कहना न मानेगा तब?... तेरी मिट्टी पलीद हो जाएगी। मीरा के सामने एक ऐसा ही सवाल पैदा हो गया। मीरा के घर वाले न भजन-पूजा करने...
- इनका कहना मानना चाहिए या नहीं मानना चाहिए?... क्या करें तुलसीदास जी से सुनें गोस्वामी तुलसीदास जी ने साफ तो कुछ नहीं लिखा कि क्या करना चाहिए और क्...
- इनका नाम क्या है?... इनका नाम है-हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। और कितनी विशेषताएँ हमारे अन्दर...
- इनका भविष्य खराब करने के लिए पैसा जमा करता चला जा रहा है, क्या इनको शराबी बनाएगा, ऐयाश बनाएगा?... दुराचारी बनाएगा? क्या बनाएगा? नहीं, महाराज जी मैं तो पैसा छोड़ करके जाऊँगा, बेटे को देकर के जाऊँगा और...
- इनका भविष्य खराब करने के लिए पैसा जमा करता चला जा रहा है, क्या इनको शराबी बनाएगा, ऐय्याश बनाएगा?... दुराचारी बनाएगा? क्या बनाएगा? नहीं, महाराज जी मैं तो पैसा छोड़ करके जाऊँगा, बेटे को देकर के जाऊँगा और...
- इनकी सलाहें किस काम की हैं?... दो कौड़ी की सलाह है।बेटे! श्रेष्ठ चरित्र वाले व्यक्ति और महिलाएँ जहाँ कहीं भी हों, उनका तू कहना मान, ...
- इनके क्या कहने?... इन्होंने को वहाँ गाया था, नाचा था, बड़े गजब का था। ये श्रीकृष्ण भगवान हैं। देखिए, इनके मुकुट और इनके...
- इनके माध्यम से हम आपको यह आसानी से समझा सकते हैं कि गायत्री माता क्या हो सकती हैं?... एक पौराणिक कथा आती है राजा विश्वामित्र की। वे गुरु वसिष्ठ के आश्रम में गए। गुरु वसिष्ठ का आश्रम जंगल...
- इनके यहाँ फूलों की खेती होती है?... जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता है, वे फूल लेकर के जाते हैं और बिखेर देते हैं और पीछे से प...
- इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी?... हमको तो बस काम-वासना से प्यार है। हम तो चौरासी बच्चे पैदा करेंगे। आज आदमी चांडाल होता हुआ चला जा रहा...
- इनको सिखाते हैं, इनको परिष्कृत करते हैं, इनको डुबकी लगवाते हैं कि आपको क्या करना है?... वाड्मे आस्येऽस्तु-मुँह को लगाइए। अच्छा साहब! मुँह को लगा लिया। जल को मुँह से लगाने का क्या मतलब है? ...
- इनको हम भूसा कहाँ से खिलाएँगे?... इनकी एक ही रेमिडी है कि इन बुड्ढे जानवरों को, चाहे वे गाय हों, चाहे वे बैल हों, दोनों को ही कसाई के ...
- इनसान किसे कहते हैं?... इनसान उसे कहते हैं जिसके सामने पेट मुख्य नहीं है, औलाद मुख्य नहीं है, उसके सामने सिद्धान्त मुख्य हैं,...
- इनसान को क्या चाहिए?... पैसा चाहिए, विलासिता चाहिए, नौकरी में तरक्की चाहिए, प्रमोशन चाहिए, लेकिन उन लोगों ने कहा कि हमें त्य...
- इनसे लोहा कौन लेगा?... संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता है। अब वह कहाँ चली गई? वह तो मध्यकालीन युग था। ...
- इम्तहान में पास तो बच्चे ही होते हैं, पढ़ना तो उन्हीं को पड़ता है, स्कूल तो वही जाया करते हैं, पर क्या आप समझते हैं कि बच्चे जब स्कूल जाते हैं तो अपने ही बलबूते पर पास हो जाते हैं?... माता उनके खाने-पीने का प्रबन्ध करती है, पिता उनकी फीस का इंतजाम करते हैं, मास्टर उनको पढ़ने में सहायता...
- इम्तहान रोज रोज कहाँ होते हैं?... भक्तों के भी इम्तहान हमेशा नहीं होते बहुत दिनों बाद होते हैं। जिसमें आपको बुलाया गया है, उसमें नवरात...
- इस चबूतरे पर किसकी मूर्ति रख लूँ?... बेटे! तुझे क्या बताऊँ, किसी की रख ले; भले से लोहे की रख ले। महाराज जी! मैं तो रात को सोऊँगा, तो यह म...
- इस चमड़ी में है क्या?... असल में इस चमड़े का जो अध्यात्म है, स्थूलशरीर का जो अध्यात्म है, उसका नाम है—कर्म। आप कुरूप हैं या खू...
- इस जिन्दगी से हम जाने क्या-क्या कर सकते हैं?... मित्रो। इनसानी जिन्दगी को गिराने वाले जिस दिन चौंक पड़े और उन्होंने इसे ठीक तरह से इस्तेमाल करना शुरू...
- इस तरह अन्धकार के युग में न जाने क्या−क्या होता रहा?... चालाक बाबाजी अपने-अपने नाम के मजहब, पंथ बनाते चले गए। इस प्रकार लोग भ्रमित होते चले गए और इस प्रकार ...
- इस तरह अपना दायरा चौड़ा कर लें तब?... तब आपकी खुशी का ठिकाना नहीं रहेगा। अभी तो आपने थोड़े से लोगों को, थोड़ी भी वस्तुओं को अपना माना है।...
- इस तरह फिर आप देखिए कि सन्त बनते हैं कि नहीं बनते?... फिर देखिए कि आप ऋषि बनते हैं कि नहीं बनते? फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नही...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी का कोई अन्त है क्या?... कुछ अन्त नहीं है। इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या? नहीं है। नैतिक मूल्य गि...
- इस तरीके से बेअकली और बेवकूफी हमारे रोम रोम में इस बुरे तरीके से छा गई है कि मनुष्यों को मैं क्या कहूँ?... मैं उसको जानवर ही कह सकता हूँ। मनुष्य को जरूरत है समझदारी की आज मनुष्य एक ऐसा जानवर हो गया है, जिसको...
- इस तालाब में हमारा क्या काम है?... जिस दिन से हमने जन्म लिया है, उस दिन से गन्दगी फैला रहे हैं। कैसी गन्दगी फैलाते हैं? हमारे शरीर में जि...
- इस दर्शन से तो बैकुंठ मिलेगा न?... नहीं बेटे! तुझे नहीं मिलेगा, क्योंकि तेरे दर्शन के माने-मतलब का अर्थ जो तुमने समझा है, वह मात्र देखन...
- इस दुनिया में भलाई भी है कि नहीं?... हाँ साहब! है। अच्छे विचार भी हैं? हाँ साहब! हैं। अच्छे लोग भी हैं? हों साहब! हैं। दुनिया अच्छे विचार...
- इस धूल-धक्कड़ वाली सड़क पर जब म्यूनिसिपल बोर्ड की पानी से भरी हुई गाड़ी आती है?... कौन सी? अपवित्र: पवित्रो वा.... की जलधारा छिड़कती हुई चली जाती है और धूल को दबाती हुई, गलाती हुई चली ...
- इस पर आपकी आस्था है या कुछ भी नहीं है?... नहीं, महाराज जी। हमारी तो बेटे पर आस्था है और पैसे पर आस्था है। तो बेटे, मैं तुझे बालक मानूँगा और ये...
- इस प्रकार तुलसीदास जी ने साफ शब्दों में बतला दिया कि भवानी और शंकर कैसे होना चाहिए?... वह होना चाहिए-श्रद्धा, विश्वास के रूप में। उसी रूप में हमें उन्हें पूजना चाहिए। उन्होंने पार्वती-श्र...
- इस बात की लिहाज-शरम नहीं है कि आखिर इनको पढ़ाएगा कौन?... शिक्षा के लिए पैसा कहाँ से आएगा? इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी? हमको तो बस काम-वासना से प्यार ह...
- इस बात से मैं बहुत सहमत हूँ कि देवताओं के बारे में जो इष्टदेव बना दिए गए थे, वे इसलिए बना दिए गए थे कि आदमी यह समझे कि हमको कहाँ पहुँचना है?... हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है? लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाह...
- इस मरघट में अब हम कहाँ जाएँ?... इधर जाएँ तो इधर भी आग, उधर जाएँ तो उधर भी आग। हर तरफ से जिन्दगी नीरस दिखाई पड़ती है। उस नीरस जिन्दगी मे...
- इस युग की ताड़का क्या है?... इस युग की शूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। ...
- इस युग की पूतना क्या है?... इस युग की ताड़का क्या है? इस युग की शूर्पणखा क्या है? इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा...
- इस युग की शूर्पणखा क्या है?... इस युग की सुरसा क्या है? इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। आदमी के अन्दर बेअकली इस कदर ह...
- इस युग की सुरसा क्या है?... इस युग की एक ही सुरसा है, जिसका नाम है बेअकली। आदमी के अन्दर बेअकली इस कदर हावी हुई है कि जब से दुनिय...
- इस शरीर के अन्दर और क्या क्या है?... इसके अन्दर चरबी है। हमारे शरीर में चरबी या फैट की इतनी मात्रा है किं इससे साबुन के सात टिक्के बनाए जा...
- इस शरीर के आप देवता हैं न?... हाँ देवता हैं तो आप दीजिए कुछ इसको। नहीं साहब, हम क्या कर सकते हैं? आप सब कुछ कर सकते हैं। आप मुसीबत...
- इस सफलता में क्या रखा है?... यह तो स्कूलों के सब मास्टर, लेक्चरर कर लेते है। क्या पोस्ट है आपकी? लेक्चरर। आप क्या काम करते हैं? अ...
- इस समय में क्या करना चाहिए?... बेटे! आपको एक ही काम करना चाहिए कि संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए मेहनत करनी चाहिए और मशक्कत क...
- इस हवा को लेकर कौन आया?... हवा के सन्देश को लेकर कौन आया? सन्देश लेकर के यहाँ भगवान बुद्ध आए थे। तो क्या भगवान बुद्ध ने हिंदुस्ता...
- इसका अर्थ यह हुआ कि भगवान की इच्छा?... मुख्य हो जाती हैं। व्यक्तिगत महत्त्वाकांक्षाएँ, व्यक्तिगत कामनाएँ भगवान की भक्ति समाप्त कराती हैं और...
- इसका कारण क्या है?... इसका एक ही कारण है कि हमने आहार−विहार के सम्बन्ध में असंयम बरतना शुरू कर दिया। जीभ हमारी बेकाबू रही।...
- इसका कारण यह है कि कुटुम्बों को बनाने और उनकी देख−भाल करने वाले यह भूल जाते हैं कि उनके पारिवारिक उत्तरदायित्व क्या हैं?... पारिवारिक उत्तरदायित्वों को लोगों ने यह समझ रखा है कि हम अपने कुटुम्बियों को प्रसन्न बनाने के लिए उन...
- इसका क्या अर्थ है?... यह भी तुझे मालूम है कि नहीं। नहीं महाराज जी! भगवान को क्या अर्थ मालूम जो हम कह देंगे, सोई समझ जाएगा।...
- इसका क्या अर्थ है?... इसका अर्थ यह है कि प्रकाश जब हमारी नसों में आए, नाड़ियों में आए, शरीर में आए तो नाभि में होकर आए। नाभ...
- इसका क्या अर्थ है?... इसका अर्थ यह है कि प्रकाश जब हमारी नसों में आए, नाड़ियों में आए, शरीर में आए तो नाभि में होकर आए। ना...
- इसका क्या अर्थ होता है, यह भी मालूम है तुझे?... यह जो तू कह रहा है, इसको कार्यान्वित कैसे किया जाएगा, यह भी तुझे मालूम है? नहीं साहब! हमें क्या मालू...
- इसका क्या कारण है?... मनीषियों ने इसका उत्तर एक ही वाक्य में देते हुए कहा है कि अध्यात्म-क्षेत्र में श्रद्धा की शक्ति ही स...
- इसका क्या मतलब हुआ?... खूबसूरत है तो क्या, बिना खूबसूरत है तो क्या? यह संसार एक बगीचा है। इसमें सभी तरह की चीजें हैं। हमारा...
- इसका क्या मतलब है?... इसका मतलब है कि आप कुछ देकर के आइए। आप लेकर के आएँगे? लेकर नहीं बेटे, देकर के आना। यह परम्परा आध्यात्...
- इसका क्या मतलब है?... निर्देश से मतलब है कि जिस समय हम जो बात कहें, वैसे ही आपका विचार चलना चाहिए। जो हम कहें वैसी कल्पना ...
- इसका क्या मतलब है?... यह कि हम चाहते हैं कि हमारी बेटी जहाँ कहीं भी जाए उसे काम न करना पड़े। फिर कौन काम करे? खाना पकाने वा...
- इसका क्या मतलब है?... इसका मतलब यह है कि आप चाहे जितना दबाव डाल दीजिए आग का सिर नीचा नहीं होगा। आप दबाव डालकर देख लीजिए। च...
- इसका क्या हुआ?... यज्ञ भगवान कहते हैं कि हम इसको बाँट देते हैं। जैसे-जैसे आया, हमने उसे तुरन्त बाँट दिया। आपने आहुति दी...
- इसका नाम क्या है?... यज्ञोपवीत, जो हमारे कन्धे पर स्थापित है और शिखा? ये गायत्री मंत्र की व्याख्या है, जो हमने अपने मस्तिष...
- इसका परिणाम क्या हुआ?... बेटे, परिणाम यह हुआ कि दैवीय संस्कृति दैवीय सभ्यता पनपने लगी, बढ़ने लगी।...
- इसका परिणाम क्या होगा?... इसका परिणति यह होगा कि हमारा अन्तरंग खोखला होता चला जाएगा। पैसा बढ़ेगा, तो हम क्या कर सकते हैं? शिक्ष...
- इसकी कीमत यहीं तक सीमित है कि भगवान से यह प्रार्थना करते हैं कि हम कहाँ जाना चाहते हैं, क्या करना और किधर बढ़ना चाहते हैं?... हमारा लक्ष्य क्या है, हमारा उद्देश्य क्या है? हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं? यह अपनी...
- इसकी क्या विशेषता होती है?... इसकी विशेषता मैंने यह सुनी है कि जो कोई उस पेड़ के नीचे जा बैठता है, उसकी इच्छाएँ पूरी हो जाती हैं। ...
- इसकी जरूरत है?... हाँ बहुत जरूरत है। अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़ेगा कि आप कहाँ जाना चाहते है...
- इसकी जानकारी देना शिक्षा का काम है, लेकिन हम देखते हैं कि कूड़े-कबाड़ी की तरीके से निरर्थक बातें बच्चों के दिमाग में ठूँसी जाती हैं?... उसको जबानी याद करने के लिए मजबूर किया जाता है, जबानी याद करने की क्या बात है? व्यर्थ का ऐतिहासिक शिक...
- इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है?... इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और स...
- इसकी रोकथाम कैसे की जाएगी?... सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा? भगवान ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म की स्थापना के लिए और अधर्म क...
- इसकी शिक्षाएँ क्या हैं?... इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और सूत्र के बारे में बता भी ...
- इसके कितने पहलू हैं, कल हमने इस बारे में बताया था और फिर आज बताएँगे कि इसके क्या परिणाम आ लेते हैं?... हम अपने जवान कुटुम्ब से क्या कराना चाहते थे और क्या करा सकते हैं? क्या सम्भावना है? हाँ, सौ फीसदी संभा...
- इसके निवारण के लिए क्या करना चाहिए?... परशुराम जी उत्तरकाशी गए और वहाँ भगवान शिव का तप करने लगे। तप करने के पश्चात् भगवान शंकर ने उन्हें एक...
- इसके पीछे शिखा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्या है और उसके पीछे क्या जिम्मेदारियों हैं?... यज्ञोपवीत क्यों पहनाई जाती है और ये क्या याद दिलाती है? जनेऊ पहना तो दिया आपने, जनेऊ पहनाने की दक्षि...
- इसके बाद कौन आ गए?... गाय बच्चे वाले। अरे भाई! किसको वोट देंगे है जो आपकी पार्टी है, उसी को वोट देंगे। गाय का दूध हमारा बच...
- इसके बिना अध्यात्म का पूरा लाभ नहीं मिल सकेगा और दुनिया के सामने हम सिर ऊँचा उठाकर यह नहीं कह सकेंगे कि हम ऐसी शक्ति के उपासक हैं जो अपनी उँगली के इशारे से सारी दुनिया को हिला सकती है, तो गलती और चूक कहाँ हो गई?... चूक और गलती वहाँ हो गई, जहाँ भगवान शिव और पार्वती का असली स्वरूप हमको समझ में नहीं आया। उसके पीछे जो...
- इसके लिए इस कार्य का शिक्षण करने के लिए जिन संस्थाओं की आवश्यकता है, उन संस्थाओं का नाम व्यायामशाला नहीं हो सकता क्या?... हाँ हो सकता है। व्यायामशाला, इसमें जरूरी नहीं है कि दण्ड बैठक ही लगाया जाए अनेक तरह के खेलकूद हो सकते...
- इसके लिए किस शक्ति का सहारा लिया जाना चाहिए?... उन्होंने यह कहा कि भवानी शंकर की वंदना करनी चाहिए और उनकी सहायता लेनी चाहिए। उनकी शक्ति के बिना इतना...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?... इन सारे प्रश्नों पर गम्भीरता से हम और आप विचार करें।आमतौर से कल्प साधना के बारे में यह भ्रम फैला हुआ ...
- इसके लिए क्या करना पड़ा?... उन्होंने एक काम किया था तप किया था और तप से वातावरण को गरम किया था। जब तक देश का वातावरण गरम रहा, तब...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?... अपने आप को सौंपना पड़ेगा और क्या करना पड़ेगा। भगवान को बहकाना, फुसलाना और अपनी मरजी पर चलाना बन्द करना ...
- इसके लिए क्या करें?......
- इसके लिए क्या-क्या चीज चाहिए?... कागज, ब्रुश, रंग। लीजिए बनाइए चित्र। किसके लिए बनाएँ? हमारी 'अखण्ड ज्योति' के लिए बनाइए। गुरुजी! आप ...
- इसके लिए जिन लोगों को संकोच सा लगता है, झिझक लगती है, अपनी तौहीन समझते हैं कि हमारी इतनी बड़ी उमर हो गई और हम बच्चों के तरीके से पढ़ने क्या जाएँ?... रात्रि पाठशाला की उपयोगिता उनके पास जाकर के एक सभा-मीटिंग के रूप में बुला करके और अच्छे तरीके से समझ...
- इसके लिए ही जन्म मिला था क्या?... जिस काम के लिए जन्म मिला था, वही किया गया? पेट के लिए जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे क्या? कु...
- इसके साथ ही यह सोच रहे हैं कि हमें यह फायदा कैसे हो जाए, यह फायदा हो जाए?... मित्रो, मैं यह कहना चाहता हूँ कि यह विशेष समय है, इसे पहचानने की कोशिश करें। अगर आपकी आँखें हैं तो द...
- इसको कैसे रोकें?... तो उन्होंने जो उपाय बताए उनके नाम हैं-वैराग्य और अभ्यास। मन को काबू करने के उपाय महाराज जी! वैराग्य ...
- इसको क्या करना पड़ेगा?... इसको बेटे! इसी तरह से अलग करना पड़ेगा, जैसे कि लोहे को मिट्टी से अलग करना पड़ता है। अगर आप यह प्रक्रिय...
- इसको क्या कहें?... आपसे क्या अनुरोध है? यह कि हम तो सारी जिन्दगी के लिए चले आए। मरेंगे तो भी हम इधर ही कहीं मरेंगे, लेक...
- इसको स्नान कराने से कुछ काम बन सकता है?... हाँ बेटे! इसको स्नान तो कराना चाहिए इसका खंडन मैं नहीं करता, पर मैं यह कहता हूँ कि जिनका स्नान कराना...
- इसमें आपको क्या-क्या करना होगा?... यह विषय समझाना आज से हमारा उद्देश्य है। आज से हम अपनी व्याख्यान माला शुरू कर रहे हैं। आध्यात्मिकता क...
- इसमें इतनी अधिक चीजें हैं, तो फिर आप बच्चों की क्यों नहीं खिला देते, आप तो गरीब है नहीं?... गरीब तो नहीं हैं गुरुजी। इसमें कुछ है ही नहीं। ये तो प्रोटीन युक्त प्रोटीन्यूल है। दूध में मिलाकर खा...
- इसमें कितना खरच हुआ है?... लगभग दस लाख इसमें भी लगा है और यह गायत्री नगर, जो अभी बनने वाला है, इसमें गुरुजी, कितना पड़ेगा? बेटे,...
- इसमें कितने रुपए का पत्थर लगा होगा?... मैं सोचता हूँ कोई पचास रुपए का पत्थर होगा। आप पचास रुपए का पत्थर ले लीजिए और छेनी हथौड़ी ले जाइए, घि...
- इसमें कोई रुकावट थी बताइए?... कोई रुकावट नहीं थी।...
- इसमें कोई रोकता है क्या?... मित्र आपके प्रति बदला चुकाएँगे कि नहीं, यह बात सोचेंगे तो गड़बड़ हो जाएगी। आप यह उम्मीद मत कीजिए कि आप...
- इसमें क्या करना पड़ता है?... अपने आप से लड़ाई करनी पड़ती है, अपने आपकी पिटाई करनी पड़ती है, अपने आप की धुलाई करनी पड़ती है और अपन...
- इसमें क्या करना पड़ता है?... अपने आप से लड़ाई करनी पड़ती है, अपने आप की पिटाई करनी पड़ती है, अपने आप की धुलाई करनी पड़ती है और अपने...
- इसमें क्या फरक पड़ता है?... नहीं बेटे! अब हम इस तरह के यज्ञ नहीं करने देंगे। पुरश्चरण यज्ञ है यह मित्रो! इस साल के जो यज्ञ हैं, ...
- इसमें क्या रखा है?... ये तो बेकार है, निरर्थक है। इसको गाड़ दो, नदी में बहा दो या इसको जला दो। इससे अब क्या बनने वाला है? ...
- इसमें क्या वाम करेंगे?... बेटे, हम चाहते हैं कि सारे के सारे मन्दिर धर्म की स्थापना के केन्द्र, जनजाग्रति के केन्द्र बनें। प्राची...
- इसमें क्या हर्ज हो गया?... इसके शरीर से जो भाप निकलती थी, पसीना निकलता था, जो शरीर के जहर को बाहर निकालता है। तुमने शरीर पर शीर...
- इसमें जनता के सहयोग का कितना ज्यादा लाभ भरा पड़ा है, क्या आप इसे नहीं जानते?... अगर आप हकीकत में आएँ तो आप इसे देख सकते हैं। हकीकत में नहीं आएँ, तब मैं नहीं कह सकता। अगर आप जन्मदिन...
- इसमें पूजा-उपकरण, भोग-प्रसाद, पुजारी का वेतन, फूल, दीपक आदि मान लिया जाए तो यह रकम कितनी होगी?... ६ लाख मन्दिरों में कितना वार्षिक खरच बैठता है। वस्तुत: कई गुना अधिक होता होगा, क्योंकि पूरे देश के मं...
- इसमें भी कोई तेरी इज्जत है?... बेटे ! इज्जत इसमें नहीं है। देने का आनन्द जानो चलिए, मैं आपसे आध्यात्मिक दृष्टि से सिद्धियों की बात क...
- इसमें सफलता न मिली तो कहाँ चले गए?... वहाँ से वे कलकत्ता चले गए और वहाँ उन्होंने एक नेशनल कॉलेज खोला, ताकि नवयुवकों को शिक्षण दे सकें। शिक...
- इसलिए क्या करना चाहिए बच्चों?... तुममें से एक बच्चे को अपना बलिदान कर देना चाहिए और ब्राह्मणी के बच्चे को बचा लेना चाहिए। बच्चों ने क...
- इसलिए क्या करना चाहिए?... इसको सीधे कसाईखाने भेजना चाहिए। चाइना में यह प्रयोग हो रहा है। बुड्ढे आदमियों को ले जाते हैं कि चलिए...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?... अपने साथ में कड़ाई करने की जिस दिन आप कसम खाते हैं, जिस दिन आप प्रतिज्ञा करते है कि हम अपनी कमजोरियो...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?... अपने साथ में कड़ाई करने की जिस दिन आप कसम खाते हैं, जिस दिन आप प्रतिज्ञा करते हैं कि हम अपनी कमजोरिय...
- इसलिए क्या गुंजाइश है कि आप अपनी मनोकामनाओं को भगवान के सुपुर्द कर दें?... सुपुर्द करने के पश्चात् भगवान का प्यार पाएँ। सबसे कीमती उपहार-भगवान का प्यार भगवान का प्यार पाने से ...
- इसलिए जो कुछ भी दिया होगा, मैं समझता है देवताओं ने अर्जुन को तो क्या दिया होगा?... आत्मबल दिया होगा जो दुनिया की सबसे बड़ी सबसे बड़ी ताकत और सबसे बड़ा वैभव है। उससे बड़ा कोई वैभव नहीं हो...
- इसलिए धन- वैभव की भौतिक सुख- सुविधाओं की अभिवृद्धि का कार्य दूसरे लोगों पर छोड़कर वानप्रस्थ को एक ही अछूता काम हाथ में लेना चाहिए कि उत्कृष्ट चिन्तन और आदर्श कर्तृत्व के लिए आवश्यक वातावरण एवं उत्साह किस प्रकार उत्पन्न किया जाए?... ज्ञानयज्ञ एव विचारक्रान्ति इसी प्रक्रिया को कहा जा सकता है। यह नींव यदि ठीक तरह भर ली जाए तो नवयुग नि...
- इसलिए हमें करना क्या पड़ेगा?... हमको जनसाधारण के लिए सबसे महत्त्वपूर्ण सेवा जो है, वह यह करनी पड़ेगी कि उनके विचार करने की शैली, सोचन...
- इससे अच्छी और क्या बात हो सकती है?... लेकिन मित्रो! आपकी क्रिया में और दृष्टि में फर्क हुआ तब? तो आपका अनाथ पालन ऐसी विडंबना बन जाएगा, मसल...
- इससे आप समझ जाएँगे कि हमारे जिद करने का मतलब क्या है?... कारण क्या है?शुकदेव जी के पक्ष में और व्यास जी के खिलाफ एक राय थी, वह उन्होंने बताई। क्या कहा उन्हों...
- इससे आपका क्या मतलब है?... कहीं ब्याह-शादी से तो नहीं है? नहीं, ब्याह- शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार करन...
- इससे आपका क्या मतलब है?... आदमी-आदमी एक से होते है। अत: उनका अधिकार भी एक-सा होना चाहिए। आदमी-आदमी के हुक्म, आदमी-आदमी की मर्या...
- इससे आपको क्या मतलब है?... हम इसको बैकुंठ ले जाने वाले हैं और इसे मुक्ति दिलाने वाले हैं। हम बैंगन को नहलाएँगे। बद्रीनाथ जी का ...
- इससे आपको क्या मिल गया?... क्या मिला मैं नहीं जानता, लेकिन सबसे कीमती चीज जो आपकी 'शरम' थी वह आपने गँवा दी।इस सम्बन्ध में मुझे एक...
- इससे और कुछ संपदा आएगी कि नहीं आएगी?... बेटे! संपदा तो आएगी, पर बाँटने के लिए आएगी। बाँटने से हमें क्या फायदा? बेटे ! बाँटने से अगर आपको यह ...
- इससे कम में काम नहीं चल सकता था?... अभी भी हजारों गाँधियों को पैदा करने की ताकत हरिश्चंद्र में है। गाँधी जी ने बचपन में हरिश्चंद्र का ड्...
- इससे कुछ लाभ होगा?... नहीं, कुछ लाभ नहीं होगा। न तो वातावरण का संशोधन होगा, न ही करने वालों को धर्म की शान्ति मिलेगी। जो लो...
- इससे क्या फायदा हो जाएगा?... इससे ये फायदा हो जाएगा कि श्रीकृष्ण भगवान की गाय, बछड़े, बसरी, कपड़े सब मेरे पास आ जाएँगे। माला और भला...
- इससे क्या फायदा होगा?... बेटे, यहाँ जो आप ध्यानयोग के लिए आए थे, जो आध्यात्मिक लाभ उठाने के लिए आए थे, उससे आपका ध्यान -बार ब...
- इससे क्या बनता है?... हम तो यह याद दिलाना चाहते थे कि हमारा दृष्टिकोण परिष्कृत होना चाहिए। आपको उस दिन व्याख्या करते हुए ह...
- इससे क्या बनता-बिगड़ता है?... अमीर आदमी रेशमी कपड़े पहन सकता है तो कौन खास बात है? और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन स...
- इससे क्या बनने वाला है?... चलता-फिरता पुस्तकालय मित्रो! आज सबसे बड़ा प्रश्न यही है कि लोकरुचि ज्ञान की ओर से जो अस्त-व्यस्त हो ग...
- इससे क्या हो जाएगा?... इससे तो होठ भी नहीं साफ होंगे। इससे तो अच्छा है कि होठ पर क्रीम लगा ले, वैसलीन लगा ले। नहीं महाराज ज...
- इससे क्या हो जाएगा?... इससे आपको कुंभ के दिन गंगा जी में स्नान का पुण्य मिल जाएगा। इस पर नेता जी रजामंद हो गए। पंडे ने गंगा...
- इससे क्या हो जाएगा?... कुछ भी नहीं होगा। सब चौपट हो जाएगा। विचार परिवर्तन अनिवार्य मित्रो! सामाजिक समस्याओं की गुत्थियों के...
- इससे क्या हो जाता है?... दिमाग को सब पता रहता है। वह हुक्म देता है कि करवट बदल लीजिए। पैर पर पैर रखकर सो गए और एक पैर पर दूसर...
- इससे तेरा क्या फायदा हुआ होगा?... मालूम नहीं, शायद धुएँ से किसी की आँखें खराब हो गई हों। नहीं महाराज जी! उस समय तो किसी की आँखें खराब ...
- इससे बड़ा सौभाग्य हमारा क्या हो सकता है?... भीम चले गए और उसे बचा लिया।मित्रो! यह क्या है? यह है देवता का मन। देवता का मन वह होता है कि जब उसके ...
- इससे बड़ा सौभाग्य और क्या हो सकता है?... सन्तान नहीं है तो आप अकेले हैं। मियाँ-बीबी दो आदमी रहिए और अपना बचा हुआ पैसा समाज के लिए लगाइए। खुशहा...
- इससे भी काम चल जाएगा?... हाँ बेटे, मन्दिर ऐसे भी होते हैं। न्यूनतम भले ही हों, लेकिन व्यापक। ऐसे गायत्री माता के मन्दिर बनाने क...
- इससे महीने में कितना कमा लेगा और साल भर में कितना कमा लेगा?... गुरुजी! मैं तो वही धंधा करूँगा, बेटे कर ले। इसके लिए क्या-क्या चीज चाहिए? कागज, ब्रुश, रंग। लीजिए बन...
- इससे मेरे घर में बड़ा पुण्य हो जाएगा नहीं बेटे, इससे क्या पुण्य हो सकता है?... ठीक है, तूने हमारी किताब खरीदी। इससे आठ आने हमें मिल गए तेरी प्रशंसा हो गई। तूने वेदों की पुस्तक म...
- इससे मैं क्या पवित्र हो जाऊँगा?... पवित्र होना होगा तो दो बालटी से नहाएँगे, साबुन से नहाएँगे, बाथरूम में नहाएँगे। हाँ बेटे! उससे ज्यादा...
- इससे शरीर का लाभ है क्या?... शरीर का भी लाभ है। हम क्या सेवा कर सकते हैं हाथ से? हम आपके लिए पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सकत...
- इसी तरह अगर किसी व्यक्ति ने आपके साथ में एहसान न किया हो, तब?... बदला न चुकाया हो, तब? सहायता न की, तब? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजि...
- इसी तरह अपने खान-पान के लिए स्वास्थ्य के लिए, आहार-विहार के लिए जैसा रखना था, वैसा ही रखा क्या?... चिन्तन की शैली में जैसी शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वैसा रखा क्या? नहीं। न हमने अपने शरीर के प्...
- इसी तरह आपको जमाना बदलता हुआ दिखता है क्या?... नहीं दिखाई पड़ता। आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ दिखाई पड़ता है क्या? दुनिया का कायाकल्प होता ह...
- इसी तरह जीवन को, व्यक्तित्व को बनाना, विकसित करना कितना कठिन, कितना जटिल है?... यह उन लोगों से पूछिए जिन्होंने सारी जिन्दगी मेहनत- मशक्कत की और आखिर के दिनों में पंद्रह हजार रुपए क...
- इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़ेगा?... कुत्ते के तरीके से अकेले रहना पड़ेगा। और औरत क्या होती है? अरे साहब! धर्मपत्नी को कहते हैं, जिसके सा...
- इसी तरीके से नैतिक चीजों के बारे में बेअकली का अन्त है क्या?... नहीं है। नैतिक मूल्य गिरे हैं सामाजिक कुरीतियों का कहाँ तक वर्णन किया जाए। इनका वर्णन नहीं करता मैं।...
- इसी तरीके से भगवान की सेवा करने के लिए लँगड़ा-लूला, काना-कुबड़ा, मरा, अन्धा, बिना पढा, जाहिल-जलील, गन्दा आदमी रख दिया जाए, तो वह क्या कोई पुजारी है?... पुजारी तो भगवान जैसा ही होना चाहिए। भगवान राम के पुजारी कौन थे? हनुमान जी थे। अतः कुछ इस तरह का पुजा...
- इसीलिए आप कारतूस को गाली दे रहे थे?... हाँ बेटे! तेरे पास बन्दूक तो है नहीं, फिर गोली कैसे चलाएगा? इसलिए क्रियायोग के माहात्म्य का खंडन करने...
- इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रहते हैं कि क्या आप इस शानदार समय को पहचान सकते हैं?... क्या आपकी अकल इतनी मदद करेगी कि आप इस शानदार समय को पहचान लें? अगर आपकी अकल इतनी सहायता कर दे और य...
- इसे अगर आप हमारी आँखों से देख पाएँ तो आप देख सकते हैं कि कैसे तूफान आ रहे हैं, कैसी आँधियों आ रही हैं?... आपको अपनी आँखों से दिखाई नहीं पड़ सकता, क्योंकि आप सामने की चीजें देखते हैं। आपको केवल वहीं चीज दिखाई...
- इसे कैसे देवोपम बनाया जा सकता है?... जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है? जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है? अगर ठ...
- इसे कौन बदल रहा है?... बीसवीं सदी का अवतार, जिसे हम प्रज्ञावतार कहते हैं। आदमी की अकल बहुत ही वाहियात है। इस अकल ने सारी ...
- इसे क्या कहते हैं?... अध्यात्म इसी का नाम है। जो अध्यात्म आपने पढ़ा है, वह अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म माँगने की विधा का नाम...
- इसे क्या कहते हैं?... इसे हम संपदा कहते हैं।किसी के पास जमीन है। भगवान की कृपा से उस साल अच्छी वर्षा हो गई, तो दो सौ क्विं...
- इसे क्यों पहनते हैं?... हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते थे...
- ईंट और पत्थरों का उपयोग क्यों होगा?... क्योंकि तब मनुष्य बुद्धिहीन हो जाएँगे। तब जो कुछ प्राणी बचेंगे वे इतने बेअकल, इतने साधनहीन और इतने अ...
- ईश्वर के एक अंग की उपासना की जाए और अन्यों की बिलकुल उपेक्षा की जाए तो परमात्मा उस भक्त से कैसे सन्तुष्ट हो सकता है?... भक्ति का स्वरूप सर्वांगीण होना चाहिए मुँह से भोजन कराया जाए और पाँवों को बाँधकर एक ओर पटक दिया जाए त...
- ईश्वर के पारलौकिक और अदृश्य जगत को यदि माना जाए और सम्पूर्ण संसार को, उसकी देह को उससे भी उतना प्यार होना चाहिए जितना प्राण से देह की उपेक्षा से प्राणों का अस्तित्व भला कही सम्भव हो सका है?... ईश्वर के उपासक में श्रद्धा, भक्ति, एकाग्रता बुद्धि की तीक्ष्णता के साथ-साथ जीव और प्रेम का भी समन्वय...
- ईश्वर के बारे में इतना ज्यादा लिखा और कहा गया है कि मैंने बारीकी से देखा और यह सोचा कि पूजा-पाठ से लेकर ईश्वर की चर्चा और लीला कहने तक इस सबका क्या प्रयोजन है?... मुझे एक ही प्रयोजन जान पड़ा कि ईश्वर-परब्रह्म तो अपार शक्ति है। वह नियामक शक्ति है और आदमी के काम को ...
- ईसाइयों की बाइबिल जिस तरह से सस्ते में छपती है, क्या हम नैतिक, सामाजिक और सांस्कृतिक विचारों को असंख्य भाषाओं में छापने के लिए पूँजी का प्रयोग नहीं कर सकते?... क्या अच्छे चित्रों का प्रकाशन करने के लिए पूँजी की जरूरत नहीं है? पूँजी का आह्वान है। हम पूँजी का आह...
- ईसामसीह मर गए?... नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं? भगवान बुद्ध मर गए? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। कैसे व्यक्ति अमर...
- उठाता कौन है?... भगवान इनसान के भीतर उठाने वाला जो माद्दा है, उसको कहते हैं भगवान। भगवान किसे कहते हैं? आदमी के भीतर ...
- उद्देश्य क्या है?... एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में बताया था। गायत्री मंत्र की वह ...
- उद्धार कैसे हो सकता है?... ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?? उनका समाधानभी उसी श्लोक में हुआ जिसका कि मैंने आ...
- उन छह में से तीसरी बात क्या है?... तीसरी बात यह है कि यज्ञाग्नि का, आग का सिर हमेशा ऊँचा रहता है। इसका क्या मतलब है? इसका मतलब यह है कि...
- उन रुपयों से क्या-क्या करूँगा?... अमुक काम करूँगा, अमुक बच्चे को, अमुक को दूँगा आदि बेसिर-पैर की सारी की सारी बातें सारे के सारे ताने-...
- उन रुपयों से क्या-क्या करूँगा?... अमुक काम करूँगा, अमुक बच्चे को, अमुक को दूँगा। आदि बेसिर-पैर की सारी को सारी बातें सारे के सारे ताने...
- उनका उद्धार हुआ होगा?... हाँ बेटे! मेरा विश्वास है कि जरूर हुआ होगा। गंगा जी के स्नान का जो फल मिलना चाहिए वह जरूर मिला होगा।...
- उनका जीवन एकांगी है?... किनका? राम का। ठीक है कि प्रजा के हित का ध्यान रखना चाहिए प्रजा का कहना मानना चाहिए लेकिन सीताजी क...
- उनका ब्याह कब हुआ था?... वे कब बुड्ढे हुए थे? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सकता है, पर भागवत् नहीं ...
- उनका मनोविनोद करने के लिए खेल-खिलौने, उनका मन रखने के लिए, तबियत बहलाने के लिए उनको जो कुछ चीजें दी जा सकती हैं, वे टिकाऊ नहीं होतीं तो क्या बड़ों को भी मिलती हैं?... हाँ बड़ों को भी मिलती हैं। बड़ों को कब मिलती हैं? बड़ों को तब मिलती हैं, जब वे मुसीबत में फँसे हुए ह...
- उनका स्थान कहाँ था?... विष्णु प्रयाग में उन्होंने तप किया था। वहाँ तो हम आपको नहीं ले जा सकते, लेकिन यहाँ पर नारद जी का जो ...
- उनकी कुण्डलिनी भी जगी होगी?... जगी होगी, यह भी वायदा नहीं करता कि जगी होगी या नहीं जगी। लेकिन सबसे बड़ी बात, सबसे बड़ी उपासना साधना...
- उनकी कुटिया कहाँ थी?... यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।वातावरण का कितना असर पड़ता है, देखा है न ...
- उनकी दृष्टि में भक्ति कैसी होती है?... भक्ति ऐसी होती है, जैसे आदमी नाचते हैं, कूदते हैं, उछलते हैं, आँखों में से आँसू बहाते हैं। ऐसी भक्ति...
- उनकी लड़ाई कब हुई थी?... यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सकता है, पर भागवत् नहीं सुनी जा सकती। भागवत् किससे सुनी जा सकती है...
- उनकी शक्ति के बिना इतना बड़ा रामचरितमानस जिस पर बिठा करके अनेक मनुष्यों को भवसागर से पार किया जा सकता है, कैसे सम्भव होगा?... उन्होंने भवानी और शंकर की वंदना की।...
- उनके अन्दर क्या विशेषता है?... उनकी दृष्टि, उनका चिन्तन, उनकी मान्यताएँ, उनकी निष्ठाएँ, उनकी आस्थाएँ, बस। असल में आदमी की शक्ति इसी ...
- उनके कितने बाल-बच्चे थे?... एक-एक औरत के अगर आठ-आठ बच्चे मान लिए जाएँ तो कितने हो गए-१६, १०८ * ८ = १, २८, ८६४ अर्थात एक लाख से भ...
- उनके खाने-पीने का, किराये-भाड़े का जो खरचा पड़ेगा, सो आप देंगे?... हाँ जिस लायक हमारी हैसियत है, दे देंगे। हर एक से उन्होंने वायदे करा लिए और सौ कुण्डीय यज्ञ रखा। मैं ग...
- उनके बीच में मोहब्बत और प्रेम, निष्ठा और सदाचार हमने पैदा कर दी तब?... तब हमारे घर स्वर्ग बन जाएँगे।अगर ये सिद्धान्त हम पैदा करने में समर्थ न हो सके तब फिर चाहे हम सबके घर ...
- उनके हाथ पर आप कुछ रख नहीं सकते तो फिर आप क्या पाएँगे?... चावलों से, धूपबत्ती से आप भगवान को खरीद नहीं सकेंगे। आप आरती करके पा नहीं सकेंगे। जीभ की नोक से स्तो...
- उनको आप उखाड़िएगा क्या?... भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरो...
- उनको आप उखाड़िएगा क्या?... भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विर...
- उनको आप क्यों नहीं पहनाते?... इसलिए नहीं पहनाते, क्योंकि वे हमारे नहीं हैं। अगर बच्चे हमारे हैं, तो हम उनकी बराबर देख−भाल करते हैं...
- उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो सकता है?... भगवान की वृत्तियों और प्रवृत्तियों को हम लोग भूल गए हैं। उनको स्मरण दिलाने के लिए ही मन्दिर, चेतना के...
- उनको एक ही चीज देखने की फुरसत है कि आपके अन्दर पात्रता कितनी है?... आपको कोई सुख मिला या और कोई दूसरी बात हुई, यह न किसी को सुनने की जरूरत है और न किसी के सुनने से फायद...
- उनको कपड़ा पहनाते है क्या?... नहीं पहनाते। उनको आप क्यों नहीं पहनाते? इसलिए नहीं पहनाते, क्योंकि वे हमारे नहीं हैं। अगर बच्चे हमार...
- उनको कोई रोकने वाला है क्या?... फिर भगवान को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?मित्रो! भगवान तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है। उनक...
- उनको क्या करना पड़ेगा?... इतने दिनों तक आपने उपवास किया है कि नहीं किया है, ब्रह्मचर्य रखते हैं कि नहीं। बेटे! वे सामर्थ्य वाल...
- उनको फूलों की जरूरत क्यों पड़ गई?... भगवान को जरूरत नहीं पड़ गई। आपको स्मरण दिलाया गया है कि भगवान की आपकी पूजा तब सार्थक मानी जाएगी, जब ...
- उनको बुलाएँ तो आप अपना कुछ समय हर्ज करेंगे क्या?... हाँ साहब! खरच करेंगे। मित्रो! उन्होंने तीन-चार दिन का कार्यक्रम रखा था। जब मैं वहाँ गया, तो मैंने अच...
- उनमें से एक का नाम था हनुमान, हनुमान कौन थे?... सुग्रीव के वफादार नौकर का नाम था हनुमान। सुग्रीव को जब उसके भाई ने मार-पीटकर भगा दिया, बीबी-बच्चे छी...
- उनमें से सलेक्शन किस-किस का होता है?... हर एक का सलेक्शन नहीं हो सकता इसलिए क्या हुआ? खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग जैसी तो उसमें यह पता लग...
- उनसे कहा-तुम्हारा दही और मक्खन कहाँ रखा है?... गोपियाँ समझतीं थीं कि वे भगवान हैं तो सोने-चाँदी के जेवर लाएँ होंगे, कोई उपहार लाएँ होंगे, पर वे तो ...
- उनसे क्यों नहीं कहा?... नहीं नारद जी उनसे कह नहीं सकते थे, क्योंकि जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है उसी की सहायता दूसरे करत...
- उन्हें गूँथकर ऐसा बढ़िया घोंसला बना देता है कि क्या मजाल है कि अण्डा हवा के झोंके से तबाह हो जाए?... क्या मजाल है कि कौआ उसमें झपट्टा मार दे? उसमें उसके बच्चे मौज के साथ बैठे देखते रहते हैं। कोई आदमी स...
- उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दिया गया था, तब क्यों नहीं छुड़ा लिया था अपने को?... बेटे ! ये अकेले नहीं आते, समूह आता है। प्रज्ञावतार जो इस समय आने बाला है, जिसको हम निष्कलंक कहते हैं...
- उन्होंने अपने मन से कहा कि अब तू समझा कि नहीं समझा?... आग छूते हैं तो छाले पड़ते हैं कि नहीं पड़ते? हाँ साहब! पड़ते हैं। तो तू उसे छू रहा है, जो आग से भी प्रच...
- उन्होंने कहा कि नियंत्रण से क्या फायदा?... आहार- विहार की, ब्रह्मचर्य की जरूरत क्या है? आप भी दण्ड पेलते हैं, हम भी दण्ड पेलेंगे। पहलवान ने कहा क...
- उन्होंने कहा-राजकुमार रहना नहीं है और यदि रहना ही होगा तो भगवान के राजकुमार क्यों नहीं रहेंगे?... बस, भगवान का राजकुमार बनने का फैसला कर लिया उसने। दृढ़ निश्चयी की सहायता करने वाले कम हैं क्या? नारद ...
- उन्होंने क्या पेश किए?... बेटे, सबके सब एक दिन इकट्ठा हो गए और फैसला करने लगे कि हम बड़े काम करके दिखाएँगे, ताकि दुनिया समझे क...
- उन्होंने क्या रिमार्क लिखे हैं?... उन्होंने ये रिमार्क लिखे हैं कि हम इनकी इज्जत करते हैं, क्योंकि उन्होंने जिस काम के लिए ये गुनाह किए...
- उन्होंने ज्योतिर्विज्ञान, ग्रह-नक्षत्रों के विज्ञान की खोज की थी कि किस तरीके से ग्रह-नक्षत्र घूमते हैं तो पृथ्वी पर क्या असर पड़ता है?... पृथ्वी के निवासियों पर क्या-क्या असर पड़ता है? ये सारी की सारी खोजें आर्यभट्ट ने अपने जमाने में इसी ह...
- उन्होंने देखा कि यह देश गुलामी की जंजीरों से कैसे छुटकारा पा सकता है?... उन्होंने सोचा कि हर व्यक्ति अपने-अपने बच्चों को बहादुर सैनिकों की तरह बनाता और उनसे साहस का काम करात...
- उन्होंने पूछा कि क्या चीजें हैं तेरे पास?... हमने कहा कि हमारा शरीर है। हमने सूर्योदय के पहले भगवान का नाम लिया है अर्थात भजन किया है, बाकी समय ह...
- उन्होंने पूछा-लड़की तू कौन से गाँव को रहने वाली है?... हम तो इसी गाँव के रहने वाले हैं। तेरे घर में? हमारा बाप है, जो पड़ोस में ही काम कर रहा है इसी खेत मे...
- उन्होंने भजन किया था?... ? किया होगा, मैं यह तो नहीं कहता कि भजन नहीं किया था। प्राणायाम नहीं किया होगा? बेटे किया होगा। लेकि...
- उन्होंने भी बोलना बन्द कर दिया था?... बिना बोले भी आप हवा को ठीक कर सकते हैं। आपको बहुत बोलना आता है, पर आप हैं क्या? हमको यह बताइए। असल म...
- उन्होंने महात्मा स्वामी हरिदास जी को बुलाया और कहा कि ये मेरठ से आए हैं, अँगरेज हैं और यह देखना चाहते हैं कि क्या मरा हुआ आदमी जिन्दा हो सकता है?... स्वामी जी ने कहा कि हम दिखा सकते हैं। अँगरेज ने कहा कि अगर ये चालाकी करते हैं तो हम पकड़ लेंगे। ठीक ह...
- उन्होंने यह निश्चय किया था कि पेट भरने के लिए नौकरी करने से क्या फायदा?... पेट तो हम किसी भी तरीके से भर सकते हैं। जिन छोटे देहातों में शिक्षा का अभाव है, वहाँ हम एक कन्या पाठ...
- उन्होंने सोचा कि यह जापान थोड़े ही समय में इतना सम्पत्तिवान-लक्ष्मीवान कैसे हो गया?... भारत के लोगों ने हजारों वर्षों से लक्ष्मी जी का पूजन किया, लक्ष्मी स्त्रोत का पाठ किया, परन्तु संपत्त...
- उन्होंने हमारे पिछले जन्मों को दिखा दिया था, लेकिन हम तो नहीं दिखा सकते कि आप पिछले जन्मों में क्या थे?... आप जिस हैसियत का जीवन जी रहे हैं, वह आपके मुताबिक़ नहीं है, यह हम जरूर बता सकते हैं। आपकी महत्त्वाका...
- उपनिषदों के, दर्शनों के?... हाँ किए हैं। अपने वजन से अधिक किताबें भी लिखी है? ही बेटे! लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है? नहीं बेटे...
- उपार्जन और व्यय कैसे करना चाहिए?... यह जीवन की एक शैली है, एक क्रम है और एक आधार है। अध्यात्म एक साइन्स है, इसमें जीवन का क्रम बदलना पड़त...
- उपासना कैसे मंत्रसिद्ध हो सकती है?... भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं? मित्रों, ये सारे के सारे घटनाक्रम हमार...
- उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं?... बेटे! मैंने इसीलिए शिविर में आपको बुलाया था कि गायत्री उपासना के जो पाँच अंग, पाँच कोश-अन्नमयकोश, प्...
- उम्र के हिसाब से, जन्मपत्री के हिसाब से, डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से हमारी सत्तर वर्ष उम्र होती है और वैसे कितनी होती है?... वैसे जो अभी बता रहा था कि पाँच लाभ गायत्री के होते हैं। गायत्री के पाँच मुख और पंचकोश हैं-इस हिसाब स...
- उल्टियाँ हो जाएँ तो क्या?... पर खाने से बाज न आने वाले थे वे। जबान के दो विषय मित्रो हमारी जबान के दो विषय हैं, जबान हमारी बड़ी फू...
- उस घर में आदमी जिएँगे कैसे?... जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आत्मा की भी भूख होती है। मन औ...
- उस दिन हम आपको शिक्षण दे रहे थे कि हमने आपको स्नान क्यों कराया?... पीला कपड़ा क्यों पहनाया? क्यों महाराज जी! अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या बैकुंठ को चले जाएँगे? नहीं...
- उस नीरस जिन्दगी में फिर कहाँ जाते हैं?... बेटे! कहीं शराबखानों में चले जाते हैं; कहीं क्लबों में चले जाते हैं; कहीं कैबरे हाउस में चले जाते है...
- उस पर बैठा लाएँ तो आ जाएँगी?... नहीं बेटे, उस पर नहीं आएँगी। तो महाराज जी, हमारे पास घोड़ा है, घोड़े पर ले आएँ? नहीं बेटे, घोड़े पर भी ...
- उस महिला को देखकर उन्होंने पूछा-क्यों आई है?... बेचारी क्या कहती? कहने लायक बात हो तो बताए। देवताओं का उद्देश्य बता करके बेचारी अपने ढंग से कहने लगी...
- उस समुद्र को कौन पार करेगा?... रावण कितना जबरदस्त है? राक्षस कितने जबरदस्त हैं? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने क...
- उस स्वाध्याय का परिणाम क्या हुआ?... उसका परिणाम यह हुआ कि हमने दस लाख पन्ने पढ़ लिए आप कागज पेन्सिल लेकर हिसाब लगा लीजिए। हमने उपयोगी विष...
- उसका अनुग्रह प्राप्त कर सकते हैं?... ऐसा मत कीजिए। साथ ही आप यह विचार मत कीजिए कि जीभ की नोक से कुछ मीठी बातें, कुछ चापलूसी की बातें और स...
- उसका क्या बना दिया?... ये कान का बुंदा बना दिया। ये अँगूठी बना दी, मीना लगी हुई। अरे साहब बहुत सुंदर बन गया है यह। क्या यह ...
- उसका क्या हुआ?... तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।मित्रो! यह क्या...
- उसका जीवन में उपयोग किस परिस्थिति में हम किस तरह करें?... यह जानकारी देने के लिए ऋषियों ने २४ अवतारों की रचना की तथा २४ पुराणों का निर्माण किया। भगवान दत्तात्...
- उसका परिणाम क्या हुआ है?... लोग ये कहते फिरते हैं कि गुरु जी तो जीवन्त एन्साइक्लोपीडिया हैं। चलते-फिरते एन्साइक्लोपीडिया हैं। निय...
- उसका परिणाम क्या होगा?... जिन लोगों के लिए आप करना चाहते हैं वे आपके साथ-साथ चमकेंगे और चलेंगे। सूर्य के साथ में नौ ग्रह और बत...
- उसका प्रयोग क्या है?... उसके सिद्धान्त बताने के साथ यह भी बतलाने का प्रयास करेंगे कि यहाँ पर जो क्रियाएँ हमने सिखाई हैं, उसमे...
- उसकी सारी की सारी व्यवस्था गड़बड़ा जाती है और देखने वाले कहते हैं कि यह कबूतर कैसा बेअकल है, कैसा बेवकूफ है?... काम में मन लगाइए बेटे! मैं क्या कहता हूँ? यह कहता हूँ कि अपने सामान्य जीवन के सारे क्रिया-कलाप, चाहे...
- उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं?... भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?मित्रो! भगवान तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है और वह मनुष...
- उसके द्वारा जो लोगों में श्रद्धा उत्पन्न होगी, तो तू उससे अपने लिए लाभ उठाएगा?... अच्छा, ठहर, अभी तुझे बताता हूँ। यह दृश्य देख विवेकानन्द वहीं अमेरिका में काँपने लगे। उन्होंने अपने आ...
- उसके फलस्वरूप फिर क्या हुआ?... बेटे, उनके यहाँ अप्सरा से एक लड़की पैदा हुई थी, तुझे मालूम नहीं है। विश्वामित्र ऋषि के पास एक मेनका न...
- उसके लिए क्या करना पड़ेगा?... उसके लिए दैवी संस्कृति की सभ्यता की स्थापना करनी पड़ेगी, ताकि लोगों के भीतर से उमंगें, लोगों के भीतर...
- उसके साथ अगर आप अपना सम्बन्ध जोड़ लें, तब आपकी मालदारी का कोई ठिकाना न रहेगा, तब आप इतने सम्पन्न हो जाएँगे कि मैं आपसे क्या-क्या कहूँ?... आप बापा जलाराम के तरीके से सम्पन्न हो सकते हैं, आप सुदामा के तरीके से मालदार भी हो सकते हैं, विभीषण औ...
- उसके साथ-साथ में जीवन की साधना, स्वाध्याय, विचारों का परिमार्जन, संयम, अपनी जिन्दगी के छिद्रों का निराकरण और सेवा इनको आप मिला दीजिए, फिर देखिए कि आपकी उपासना फलित होती है कि नहीं?... आप सिद्धपुरुष बनते हैं कि नहीं? आप चमत्कृत होते हैं कि नहीं? भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के ल...
- उसके सिद्धान्त बताने के साथ यह भी बतलाने का प्रयास करेंगे कि यहाँ पर जो क्रियाएँ हमने सिखाई हैं, उसमें आप कैसे सफल और पारंगत हो सकते हैं?... इसमें आपको क्या-क्या करना होगा? यह विषय समझाना आज से हमारा उद्देश्य है। आज से हम अपनी व्याख्यान माला...
- उसको जबानी याद करने के लिए मजबूर किया जाता है, जबानी याद करने की क्या बात है?... व्यर्थ का ऐतिहासिक शिक्षण व्यर्थ का ऐतिहासिक शिक्षण जैसे इतिहास को लीजिए। इतिहास में हमको राजाओं का ...
- उसने कहा कि अगर चारों धाम की यात्रा करने के बाद बैंगन का जायका इतना बदल गया और यह बैंगन पहले की अपेक्षा और अधिक सड़ गया तो आपको यह कैसे विश्वास हो गया कि जगह-जगह के खिलौने देखने के पश्चात और तमाशा देखने के पश्चात और पर्यटन करने के पश्चात हमारा कोई आध्यात्मिक उद्देश्य पूरा हो सकता है?... बेटे! कोई आध्यात्मिक उद्देश्य पूरा नहीं हो सकता।आज की बात समाप्त। ॥ॐ शान्ति:॥
कर्मकाण्ड को प्रभा...
- उसने कहा, पिता जी आपने संन्यास ले लिया?... हाँ। तो फिर हमारे लिए हुक्म दीजिए कि हमको क्या करना चाहिए? मित्रो! संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिता ज...
- उसने कहा-हम पेट पालने के लिए आपकी सहायता माँगने के लिए नहीं आए?... आपकी सहायता करने के लिए आए हैं। हम बहुत बड़े मालदार हैं। हमारा बाप बहुत बड़ा मालदार है, हमारे पास बहु...
- उसने खाबड़-खूबड़ धातु के टुकड़े को कैसी सुंदर अँगूठी बना दिया, कैसा जेवर बना दिया?... कैसा नाक का जेवर बना दिया? कैसा कैसा जेवर बना दिया? ये हमारी जिन्दगी, बेतुकी जिन्दगी, बेसिलसिले की जिं...
- उसने गाय का दूध पीने के लिए क्या किया?... पोले बाँस की एक नलकी ली और गाय के थन से लगाई और हुक्के के तरीके से दूर से ही दूध पीने लगा। एक ने पूछ...
- उसमें क्या था?... चलिए भाई साहब! यज्ञ में बैठ जाइए। नहीं साहब! हमारे काम में देर हो जाएगी। नहीं साहब! देखिए एक पारी बी...
- उसमें क्या बात है?... और उसमें क्या बात थी? वह भी खाना पकाती थी और हमारी औरत भी खाना पकाती है। बेटे! मुख्य बात, असल बात यह...
- उसमें मैंने यह लिखा है कि भारतीय लोगों ने किस कदर त्याग और बलिदान किए हैं और एक से बढ़कर एक कैसे कैसे नमूने खड़े किए हैं?... बलिदानों का जखीरा लगा दिया है। भारतीय सभ्यता को अपने अनुदान देने वाले लोगों का जब मैं इतिहास पड़ता हू...
- उसमें से शिव पुराण की एक कथा मुझे याद आई, जिसने हमारी शंका का समाधान कर दिया कि भगवान शंकर-सहायता क्यों नहीं करते हमारी?... क्यों नहीं उनकी शक्ति का लाभ मिलता? क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते? जबकि शंकर भगवान के भक्त...
- उससे आप क्या करेंगे?... उससे उस अध्यात्म की कीमत पर आप जनता का सम्मान खरीदेंगे। फिर क्या होगा? फिर आप पर सहयोग बरसेगा। ये क्...
- उससे क्या आफत आ जाएगी?... अत: हमको यज्ञोपवीत की स्थापना करनी पड़ेगी और हम उसे व्यापक आन्दोलन के रूप में चलाएँगे। जहाँ कहीं भी ह...
- उससे क्या हो जाएगा?... उससे गुरुजी! हमारे बच्चे ऐटीकेट सीखकर के आएँगे। ऐटीकेट क्या होता है? ऐटीकेट उसे कहते हैं, जब कोई आदम...
- उससे ज्यादा सफाई हो सकती है, पर इससे सफाई कैसे हो सकती है?... यह भावनात्मक सफाई है। यह सफाई जरूरी है। मखौल मत करिए मित्रो! सारे का सारा अध्यात्म वास्तव में भावनाओ...
- उससे भगवान प्रसन्न नहीं होता है, तो क्या केवल हाथों की उलटा पुलटी और जीभ की नोंक की हेरा-फेरी से भगवान प्रसन्न नहीं होता है?... हाँ बेटे, नहीं होता है। तो किससे प्रसन्न होता है? आपके मन से, हृदय से और भावनाओं से। चेतना व चिन्तन क...
- उसे आप क्यों नहीं समझते?... अक्षरों को समझते हैं और उन्हें महत्त्व देते हैं। क्रियाकाण्डों को महत्त्व देते है, लेकिन उस असलियत क...
- उसे करने दे, हमें क्या नुकसान है?... उसी का नुकसान होगा। देवता अजातशत्रु होते हैं। शत्रु कोई नुकसान नहीं पहुँचा सकते। नहीं साहब! शत्रु तो...
- उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है?... यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका में जन्मे हैं तो आपका स्तर दूसरा हो सकता है। अमेरिकी नागरिक को खर...
- उसे किसी आदमी की प्रशंसा से और निंदा से क्या मतलब है?... गाली देने से क्या मतलब है? जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा...
- उसे देने दे, उससे क्या बनता है?... हम तो नहीं देते, हम तो नहीं करते वैर। इसलिए जलन-दाह हमारे भीतर तो नहीं है। ईर्ष्या, क्रोध हमारे भीतर...
- उसे मैं कैसे स्थिर कर दूँ?... सारे का सारा अन्न जिसे तू खाता है, उसमें तमोगुण ही तमोगुण भरा हुआ है, रजोगुण की सीमा में भी नहीं। पू...
- ऊँचाई के रास्ते पर चलने के लिए आपको क्या बनना है?... आपको लोकहित करना है या आपको भगवान का भक्त बनना है? भगवान का भक्त बनना हो तो आपको हनुमान जी को इष्टदे...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा अर्थात गायत्री को प्राप्त करने के लिए हमें क्या करना होगा या क्या करना चाहिए?... पुराणों की कहानियाँ जिसको आपने सब कुछ मान लिया है। जिसको आपने जाने क्या मान लिया है, जाने क्यों मान ...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा किसको कहते हैं?... ऋतम्भरा प्रज्ञा उसे कहते हैं, जो आदमी को उछाल देती है, ऊपर की तरफ। ऊँचे उठे हुए व्यक्ति का दायरा बड़ा...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा कैसी होती है?... बेटे ऐसी होती है ऋतम्भरा प्रज्ञा जिसको जो कोई भी आदमी अपने काम में लाएगा उसको कई तरीके अख्तियार करने...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा क्या है?... वह प्रज्ञा, वह धारणा, वह निष्ठा जो आदमी को ऊँचा उठा देती है, ऊँचा उछाल देती है। जिसकी प्रेरणा से आदम...
- ऋतम्भरा प्रज्ञा गायत्री मंत्र की शक्ल और सूरत हमको बताइए कि गायत्री माता किसे कहते हैं?... गायत्री माता उसे कहते हैं बेटे, जो एक जवान महिला है। जवान महिला के दो पैर हैं। एक भौतिक पहलू और दूसर...
- एक आदमी के लिए कब तक एक सिलेंडर चल सकता है?... अगर एक आदमी सारे दिन लगाए रखे तो दो-तीन दिन में खत्म हो जाएगा। हवा आपकी नाक में आक्सीजन की नली लेकर ...
- एक आदमी नया जमाना ला सकता है?... एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्रो! फिर यह हलचल कौन पैदा करता ...
- एक आदमी फिजाँ बदल सकता है?... एक आदमी नया जमाना ला सकता है? एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है? नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्...
- एक आदमी लोक-समाज में हलचल पैदा कर सकता है?... नहीं, ऐसा नहीं हो सकता।मित्रो! फिर यह हलचल कौन पैदा करता है? नया जमाना कौन लाता है? एक हवा आती है। ठ...
- एक एक आदमी?... दस दस आदमियों को अख़बार, पत्रिका पढ़ाता है इन सबको कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहर भी जाए दम दस आदमियो...
- एक कमाता है, बाकी लोग जो समर्थ हैं, बड़ी उमर के हैं और जो काम करने में समर्थ हैं, उनको काम क्यों नहीं मिलना चाहिए?... इतने आदमियों की श्रम शक्ति बेकार चली जाए तो राष्ट्रीय उत्पादन में कमी होना स्वाभाविक ही है। एक ही आद...
- एक गाय इतना युद्ध कर सकती है?... यह गाय बड़ी जबरदस्त है। इस गाय को प्राप्त करने के लिए हमको प्रयत्न करना चाहिए। गुरु वसिष्ठ ने जिस तरह...
- एक छोटा सा वकील वल्लभ भाई पटेल क्या से क्या बन गया?... हिन्दुस्तान का गृहमंत्री। छोटा सा मौलाना अबुल कलाम आजाद क्या हो गया? हिन्दुस्तान का शिक्षामंत्री। पं ज...
- एक टिकट कितने रुपए का आया है?... साहब! तीन सौ इक्यावन रुपए का है। अच्छा साहब! चारों धाम की यात्रा करने के बाद में अब क्या हो सकता है?...
- एक तो दूसरे आदमी ने आपको नुकसान पहुँचाया, नुकसान नंबर एक और एक आपने फिर नई बीमारी और शुरू कर ली डाह की, ईर्ष्या की, प्रतिशोध की, घृणा की, इन सारी चीजों को आप बनाए रखेंगे तो फिर आप कैसे जिएँगे, बताइए न?... तब फिर आप बाहर से भी पिसेंगे और भीतर से भी पिसेंगे। तो फिर आप मरेंगे कि नहीं। आप ऐसा मत कीजिए।आप क्य...
- एक पाव की रजाई कैसे हो सकती है?... हमारे लिहाफ में तो दो किलो रूई आती है, ढाई किलो आती है। हाँ बेटे! बिना धुनी वाली ढाई किलो भी कम है, ...
- एक प्रश्न यह कि हमें क्या करना है और क्या बनना है?... दूसरा यह कि हमें क्या कराना है और क्या बनाना है? इसके सम्बन्ध में स्थूल रूप से आपको कई चीजें दिखाई पड़त...
- एक प्रौढ़ महिला जो अपने कन्धे पर बच्चे को लिए हुए खेत पर काम करने जा रही थी, क्या सुंदर नहीं बन सकती थी?... रमणी का वह अंग, जिसको कि नहीं देखना चाहिए, उसको दिखाने वाला चित्रकार अगर आज का कलाकार है, तो हम नहीं...
- एक बात बताइए कि जब वह सन्त था तो फिर कभी-कभी डकैती जरूर डालता रहा होगा?... नहीं भाई साहब! ऐसी बात नहीं है। नहीं साहब! आपको मालूम नहीं है। दिन में तो वह भजन करता होगा और रात मे...
- एक बार सुन लीजिए हमारी बात सुन लीजिए कि यदि रामायण पाठ करना है तो क्या करना चाहिए?... रामायण का पाठ करने के लिए जिस जीभ की जरूरत है और जिसमें से कमाल निकलता है, चमत्कार निकलते हैं, उसमें...
- एक हम चलते हैं और एक हमारा प्राण चलता है, एक हमारा जीवट चलता है और एक हमारी हिम्मत चलती है और कोई चलता है?... और कोई नहीं चलता। एक हम और एक हमारी हिम्मत और कोई! और कोई नहीं है, एक हमारा भगवान और एक हमारा ईमान औ...
- एक ही अख़बार जब इतना छपता है तो इतने आदमियों तक विचार एक ही दिन में पहुँच जाते होंगे?... हाँ, बेटे! पचास लाख आदमियों तक अख़बार के विचार एक ही दिन में पहुँच जाते हैं, लेकिन अगर कलम की दृष्टि...
- एक ही पहाड़ था?... नहीं बेटे, वहाँ तो बहुत पहाड़ थे, किसी और पर भी वे जा सकते थे, लेकिन ऋष्यमूक पर इसलिए गए कि वहीं हनुम...
- एकान्त अगर आपको नहीं मिलेगा तो आप विचार तक नहीं कर पाएँगे कि क्या करें?... हमको क्या करना है? पुरानी चीजों से कैसे आपको छुटकारा पाना है और नई चीजों को कैसे अपनाना है? इन दोनों...
- एकाध दुर्गुण छोड़ना तो नहीं है?... नहीं ,महाराज जी! छोड़ने- छाड़ने का चक्कर नहीं है। मैं तो केवल गीत गाता रहता हूँ। अरे! तो गीत से क्या ब...
- एकान्त में चिन्तन के लिए जब आप बैठें तो आप यह विचार किया करें कि हम पिछले दिनों क्या भूल करते रहे हैं?... हम रास्ता भटक तो नहीं गए भूल तो नहीं गए।...
- एटम में से आती है?... एटम में से नहीं आती है, बेटे। साधना से आती है। साधना से ताकत को उभारा, ताकत को निखारा, ताकत को काम म...
- ऐटीकेट क्या होता है?... ऐटीकेट उसे कहते हैं, जब कोई आदमी आए और घर में पानी पीने को माँगे, तो उसको कहना चाहिए "थैंक यू व...
- ऐसा क्यों करते हैं?... वाणी की शक्ति को संचित करने के लिए करते हैं। शब्दों के पीछे नैतिकता मित्रो! वाणी का संयम, जिसमें अना...
- ऐसा क्यों होता चला जा रहा है?... शिक्षा की दृष्टि से, धन की दृष्टि से, अमुक की दृष्टि से, सब तरह से आदमी सम्पन्न होता चला जा रहा है। ल...
- ऐसा तो नहीं होता कि तेरे मुँह में माँस-वास भरा रहता हो और तू जप करता रहता हो?... नहीं महाराज जी, मुँह में माँस भरा रहेगा तो मैं जप कैसे करूँगा? ऐसा तो नहीं कि सूखी हड्डी मुँह में भर...
- ऐसा दिल आपको भगवान ने क्यों नहीं दिया?... आपको योग्यता तो दे दी, पुरुषार्थ भी दे दिया, पराक्रम भी दे दिया, बुद्धि भी दे दी, कला-कौशल भी दे दिय...
- ऐसा देव कौन है?... मित्रो! एक देव मेरी समझ में आ गया। यह देवता ऐसा है कि अगर आप इसकी पूजा कर सकते हों, इसका यजन कर सकते...
- ऐसा नहीं होना चाहिए कि एक हजार इंजीनियरों की जरूरत है और दस हजार इंजीनियर पैदा किए जाएँ और नौ हजार इंजीनियर जिन्होंने पढ़ाई' लिखाई की है, बहुत सारा वक्त खरच किया है और पैसा खरच किया है, उनका क्या होगा?... इस तरीके से जो नौकरी की बात है उसको पहले राष्ट्रीय आवश्यकता को ध्यान में रखा जाए कारखानों की आवश्यकत...
- ऐसा भयंकर दृश्य कहीं देखा है आपने?... मरे हुए व्यक्तियों को तो देखा है कि मरने के बाद उन्हें जला दिया गया, पर जिन्दा बेटों को, जिन्दा बेटियो...
- ऐसा सम्भव है?... हो बेटे! अभी थोड़ी कमी है। अभी हम दाँतों से नहीं चीरते हैं। अभी हम आपको अकल से चीरते हैं। हम कोशिश क...
- ऐसा हो सकता है क्या?... हाँ, हो सकता है और आपके लिए भी हो सकता है, यकीन रखिए। यकीन दिलाने के लिए ही हमने आपको यहाँ बुलाया है...
- ऐसा हो सकता है?... हाँ बेटे, ऐसा हो सकता है। सत्य हजार हाथी के बराबर बलवान होता है। बच्चों ने भी सत्य का आश्रय लेकर बड़ी...
- ऐसी कथा से कोई फायदा हो सकता है?... नहीं, ऐसी कथा से कोई फायदा नहीं हो सकता, केवल कहानी सुनी जा सकती है। कृष्ण भगवान कब पैदा हुए थे? उनक...
- ऐसी क्या बात है जो सुगन्ध को भी बदल देती है?... वह है वातावरण जो जलवायु पर टिका हुआ है। नागपुर के सन्तरे और बंबई (मुंबई) के केले के बारे में आप जानते...
- ऐसी जानकारी मिले तो किसानों के बालकों को नौकरी तलाश करने की आवश्यकता क्यों हो?... शिक्षा का यह उद्देश्य है, किस ओहदे का लड़का है, प्राइमरी शिक्षा लेने के बाद में बच्चों की रुचि और व्य...
- ऐसी दृष्टि कहाँ है?... तेरे पास विश्वास कहाँ है? अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घटनाओं के माध्यम से, क्रिया-क...
- ऐसी स्थिति में आपकी शान्ति कैसे स्थिर रहेगी?... फिर आप भजन कैसे कर लेंगे? फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे...
- ऐसी हालत में हम लगातार सत्संग कैसे कर पाएँगे?... कभी साल-दो साल में एक-आध घण्टे का सत्संग कर लिया, तो क्या उससे हमारा उद्देश्य पूरा हो जाएगा? इसलिए अच...
- ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?... ? उनका समाधानभी उसी श्लोक में हुआ जिसका कि मैंने आप लोगों के सम्मुख विवेचन किया-'भवानी शंकरौ वंदे' भ...
- ऐसे उद्धार होगा?... नहीं बेटे, ऐसे उद्धार नहीं होगा। कैसे होगा? जिस रास्ते पर हम चले हैं, उस रास्ते पर तू भी चल। राहुल न...
- ऐसे कैसे हो सकता है?... जिसके यहाँ जो होगा, वही तो देगा। जो चीज है ही नहीं, तो वह कैसे दे देगा? जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नह...
- ऐसे कैसे हो सकता है?... यह जीभ तो चमड़े की ही रहेगी। किनका स्नान कराएँ? बेटे! फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भा...
- ऐसे नाचीज आदमी और दुनिया में नहीं है तो क्या विनोबा भावे व्याख्यान दे सकते हैं?... बेटा! मामूली सा देते हैं, कोई खास व्याख्यान नहीं देते। पढ़े-लिखे हैं? श्री साहब। वो क्या पढ़े-लिखे ह...
- ऐसे मुफ्त में कैसे ले लूँगा किसी का पैसा?... इस तरह वह रोज एक साथ उँगलियाँ काट-काटकर उसकी माला देवी को पहनाया करता था।...
- ऐसे सौभाग्यों में श्रेयार्थी का विवेक प्रमुख होता है अथवा उपनिषद्कार के अनुसार, '' महानता जिसे चाहती है उसे वरण कर लेती है '' की उक्ति में सन्निहित दैवी अनुकंपा के प्रतिपादनों में से कौन-सा सही है?...
चन्दन के समीप उसे झाड़-झंखाड़ों के सुगन्धित बन जाने और उसी मूल्य में बिकने की किंवदंती प्रख्यात ह...
- और अन्यों को?... उच्चारण कहते हैं, प्रोनन्सिएशन कहते हैं। यह हम और आप बोलते हैं। लोग तरह-तरह की बोलियाँ बोलते हैं। इस...
- और अब क्या हो गया?... अब बेटे! संस्कृति की सीता रावण के मुँह में चली गई, जहाँ बेचारी की जान निकल जाने की जोखिम है और जहाँ ...
- और आगे क्या बताएँगे-मंत्र?... मंत्र तो कभी भी बता देंगे। मंत्रों में क्या देर लगती है, यह तो सेकेंड का काम है। जब आप कहेंगे, चलते-...
- और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढ़िया तू तो मरने वाली?... तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड़ी रह। यह बुढ़िया जो है हमारी जीवात्मा है और यह ऐसी ही ...
- और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढि़या तू तो मरने वाली है?... तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड़ी रह। यह बुढि़या जो है हमारी जीवात्मा है और यह ऐसी ही ...
- और आपकी पत्नी?... नहीं साहब! वह तो नहीं करती। आपके बच्चे? नहीं साहब वे तो सुनने को बिलकुल भी तैयार नहीं हैं। आपका भाई?...
- और आपकी वकत क्या है?... आपकी औकात क्या है? स्थूल शरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आधार पर ली जा सकती है। ...
- और उसमें क्या बात थी?... वह भी खाना पकाती थी और हमारी औरत भी खाना पकाती है। बेटे! मुख्य बात, असल बात यह है कि तेरी औरत किस भा...
- और औरत क्या होती है?... अरे साहब! धर्मपत्नी को कहते हैं, जिसके साथ शादी होती है। शादी किसे कहते हैं? मौसम को शादी कहते हैं। ...
- और किस-किस ने किया था?... जहाँ तक मैंने जिन-जिन लोगों के नाम सुने हैं, उनमें से प्रत्येक आदमी ऐसा ही था। फिर होना चाहिए कायाकल...
- और किसके लिए करते?... हमारे बेटियाँ न हो, बेटा हो जाए। बेटे-बेटियाँ तो बहुत अच्छी होती है। बेटा होने से यया कायदा है? नहीं...
- और किसलिए जाएगा?... इनसे अच्छे तो वे हैं जो कोढ़ी हैं, अपाहिज हैं, लँगड़े हैं और अपंग हैं। लोग उन्हें खिलाते हैं। वस्तुतः ...
- और कुछ कमी है?... हाँ, थोड़ी कमी और रह गई है इसमें। बीच का झाबड़-झोल नहीं है। (बीच में जो रस्सी बुनी जाती है, उसे देहा...
- और कुछ काम करते हो?... नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आप देख लीजिए हमारी पोस्ट। लेक्चर झाड़ना, रोटी कमाना। कालेज और स्कूल कितने है...
- और कोई ताकत है?... और कोई ताकत नहीं है। बस, इससे लोगों को जानकारी मिल जाती है कि चार हजार जप कर लिया या तीन हजार जप किय...
- और कोई नहीं है, एक हमारा भगवान और एक हमारा ईमान और कोई?... और कोई नहीं है हमारे साथ दो ही है एक हमारी आत्मा और एक हमारी जुर्रत और एक हमारी हिम्मत। इनको लेकर के...
- और कोई फायदा हुआ?... और कोई फायदा नहीं हुआ। सोने का नेवला मित्रो! हवन का, कर्मकाण्ड का जो मूल लाभ है, वह उसके चिन्तन का ला...
- और कौन-कौन के साथ में आए थे?... बेटे! सबके साथ में देवता आए थे। भगवान के साथ-साथ में देवता हमेशा आते रहे हैं। देवता आपके अन्दर भी है ...
- और क्या कर सकते हैं?... पैर दाब सकते हैं, हाथ-पाँव से यही सेवा कर सकते हैं, लेकिन हम अपने ज्ञान के द्वारा आपका कायाकल्प कर स...
- और क्या करते हैं?... साहब! गंगाजल में स्नान करते हैं, गंगाजल पीते हैं और मछली पकड़ते हैं। हम तो गंगा जी पर जिन्दा हैं। अच्छ...
- और क्या करेंगे?... खान-पान का परहेज रखते हुए मरीज ठीक हो जाएगा। असली इलाज तो बेटे परहेज है। नहीं साहब! सुई है। सुई में ...
- और क्या काम करें?... आप एक और काम कीजिए कि लोगों की कमियों को, बुराइयों को हटाने की बात सोचें। मित्रो! यह दुनिया बड़ी खराब...
- और क्या क्या है आपका?... सूरज तेरा है, चाँद तेरा है, हिमालय तेरा है, जमीन तेरी है, आसमान तेरा है। हवा तेरी है आज से।बेटे! स्व...
- और क्या फायदा हो गया होगा?... और बेटे! ठंडक में हवन कराया था या गरमी में कराया था? गुरुजी! ठंडक में कराया था। अच्छा तो एक फायदा यह...
- और क्या बताएँगे?... बता तो रहे हैं। बेटे, प्रत्येक क्रिया के साथ में चिन्तन दिया हुआ है। ऋषियों ने जितने भी कर्मकाण्ड बना...
- और क्या रहता है?... बेटे, हमारे चेहरे पर मुस्कराहट छाई रहती है।मित्रो! गाँधी जी के चेहरे पर सदैव मुस्कराहट रहती थी, वे ज...
- और क्या हुआ?... और गुरुजी! उसने दीवार में टक्कर मारी और धकेल वाले को उछाल दिया। एक दिन हमने खेत में लड़ते हुए साँड़ दे...
- और क्या हो जाएगा?... संस्कृति चली गई और आदमी को मालदार बना गई, खुशहाल बना दिया। हाँ साहब! हमें भी मालदार बना दीजिए। हाँ ह...
- और क्या हो सकता है?... और बेटे! समुद्र को छलाँगा जा सकता है। आदमी की छलाँगने की ताकत दस फीट हो सकती है, बारह फीट हो सकती है...
- और क्या होगा?... बहुत कुछ हो जाएगा। फिर आपको अपने फर्ज से कोई रोक नहीं सकता। आप अपने मित्रों के प्रति कर्तव्य को निभा...
- और क्या-क्या कहते हैं?... जब मैं कानून के ऊपर और लॉजिक के ऊपर लिखना शुरू करता हूँ तो लोग कहते हैं कि ये आदमी कोई हाईकोर्ट का ज...
- और क्या-क्या चीज इसके अन्दर है?... इसके अन्दर और बहुत सी छोटी-मोटी चीजें हैं; जैसे-फास्फोरस। इसमें इतना फास्फोरस है कि उससे तीन डिब्बी द...
- और क्या-क्या रहेगा?... बेटे, इसमें जान रहेगा, विचार रहेगा, चेतना रहेगी, लोकहित रहेगा। नहीं साहब भगवान अकेले बैठेंगे। नहीं ब...
- और खोपरे में?... खोपरा चबाइए और दाँत तोड़िए। खोपरे की कोई कीमत है? नहीं है। कर्मकाण्ड जिसके बारे में लोगों ने यह ख्या...
- और गरीब आदमी मोटे-झोटे कपड़े पहन सकता है तो कौन सी खास बात है?... आदमी में एक कानी-कौड़ी के बराबर भी कोई खास फरक नहीं आता है। मनुष्य का स्तर जब बढ़ता है तो उसके विचार क...
- और घी में हाथ क्यों मला जाता है?... भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे क्रियाकृत्यों का, कर्मकाण्डों का शिक्षण हम देने में समर्थ न...
- और जब आपकी छाती में से दूध नहीं निकलता तो?... तब बच्चा रोता है और हमको तब बड़ा कष्ट होता है और हम भगवान से प्रार्थना करते हैं कि है भगवान ! किसी त...
- और जब कोठरी में चले जाते हैं, तब?... हम देव हो जाते हैं। और फिर क्या होता है आपका? जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते ...
- और जीभ को?... जीभ के लिए कोई ऐसा उपाय कर कि यह जीभ तो खराब है। इससे तो जप नहीं हो सकता, गायत्री माता अशुद्ध हो जाए...
- और जो आपके पाँच बच्चे हैं, वे?... बच्चे जब आएँगे और हमसे माँगेंगे कि पिताजी हमको भी मिठाई दे दीजिए तब हम उन्हें मारेंगे और कहेंगे कि त...
- और दोनों की कीमत में कितना फर्क किया जा सकता है?... हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए इसमें से प्राण निकल जाए तब? क्या कीजिएगा इस शरीर को? तब...
- और नहीं चली तब?... तब आपने बेच दी न अपनी खुशी! नाराजगी में फिर रहे हैं न तब? परिस्थितियों के गुलाम मत होइए। अपनी मनःस्थ...
- और पृथ्वी की चाल?... पृथ्वी की चाल साहब एक घण्टे में छह हजार मील है। बहुत बड़ी है न। हों बहुत बड़ी है पृथ्वी। जहाँ इसका उत्त...
- और प्रजा पार्टी में चली गई तो क्या?... सोशलिस्ट में चली गयी तो क्या? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या...
- और फिर क्या होता है आपका?... जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते हैं और जब रामलीला खतम हो जाती है, तब हमारा बाप...
- और फिर मेरे जैसा न होकर पंगु हो जाए काना हो जाए तब?... आप मेरे जैसा ही चाहती हैं न, तो मैं एक ही हूँ। भगवान ने जितने भी जानवर बनाए सब एक ही बनाए दूसरा नहीं...
- और माता जी की बेटियाँ?... माता जी की बेटियों की तो कुछ कहो ही नहीं, ये तो रानी मक्खी हैं। पिछले साल बेटियों थीं सौ, अब की बार ...
- और ये पण्डित जी क्या कर रहे हैं?... जो प्रतिज्ञा करनी चाहिए और जो नियम पालन करने चाहिए जो कुछ इसे बात कहनी चाहिए वह ये पण्डितजी कह रहे है...
- और राक्षसी का दिल कैसा होता है?... राक्षसों का, चोरों का, घटिया आदमी का दिल यह है कि जब त्याग का वक्त आता है, तो वह थर−थर काँपने लगता ह...
- और विभीषण का?... विभीषण का भी था। विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह पता ही नहीं चलता कि रावण का मकान कहाँ है, लंका कहा...
- और शब्द कहाँ से निकलता है?... हमारी वाणी से निकलता है। इसे जपयोग कहते हैं। जप के भी दो भाग हैं-जिह्वा का एक भाग उच्चारण करता है तो...
- और शाम को इसकी समीक्षा कीजिए कि हमने कोई गलती तो नहीं की है और की है तो उसका सुधार कैसे होना चाहिए और परिमार्जन कैसे होना चाहिए?... सुबह और शाम को यह आपका प्रात:कालीन, संध्याकालीन क्रम होना चाहिए।इस तरह सांयकालीन संध्या आपकी बिस्तर ...
- और हम क्या कर सकते हैं?... बेटे, कब से हमारे झोला पुस्तकालय चल रहे हैं, चल पुस्तकालय चल रहे हैं। इन्हें आप दो घण्टे भी चला दिया ...
- और हमारे सोचने का तरीका क्या होना चाहिए?... ये सारे के सारे क्रिया- कलाप हमको इस दिशा पर ले जाते हैं ताकि हमारा व्यक्तित्व, हमारे भीतर की शक्ति,...
- औरतों के लिए सोने के जेवर बनाए?... क्यों साहब! जो देवता जितना बड़ा मालदार, वह उतना ही बड़ा भाग्यवान होता है? भगवान जिसको जितनी दौलत दे, व...
- औसत से क्या मतलब है?... औसत आमदनी से यह मतलब है कि आप, आपकी बीबी और आपके दो बच्चे, कुल चार आदमी हैं तो आपकी औसत आमदनी आठ हजा...
- कच्चा लोहा कहाँ से आता है?... साहब! यह जमीन में से खोद खोदकर आता है। साहब! जरा लोहा दिखाना। यह ऐसा लोहा जैसे मिट्टी मिला हो। यह लो...
- कठिन काम सौंप दीजिए?... नहीं बेटे! कठिन काम आप नहीं कर पाएँगे। कठिन काम करने के लिए कुमारजीव के तरीके से वहाँ भेज दें। कहाँ?...
- कठिनाइयों से होती है, और कैसे होती है?... नहीं साहब! आप इम्तिहान ले लीजिए। आप सवाल पूछ लीजिए हम लिखकर दे देंगे। बेटे! इसमें सवाल नहीं पूछा जात...
- कथा हमने सुनी, ज्ञान हमने सुना, पुस्तकें हमने पढ़ी, लेकिन हमारे मन में काम करने की ऐसी उमंगें ही नहीं उठीं, तो ये मानना चाहिए कि हमने बीज बोया और बीज बोने के बाद पैदा नहीं हुआ, उगा नहीं, फला नहीं, फूला नहीं, फला-फूला नहीं तो बोने का लाभ क्या रह गया?... हमको जो अच्छे विचार और श्रेष्ठ विचार और जीवन को ऊँचा उठाने वाले विचार लोगों में विस्तृत करने चाहिए औ...
- कपड़ा था क्या?... नहीं था। नंग- धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो लक्ष्मी है नहीं, तुझे और लक्ष्मी दे जा...
- कपड़े की साधना किसकी है?... ये धोबी की साधना है। मूर्तिकार की साधना है? पत्थर का एक टुकड़ा नाचीज सा छैनी और हथौड़े को लेकर के मूर...
- कपड़े से मुँह ढक लिया, ये क्या करते हैं आप?... उन्होंने कहा, "मुझे देने में ऐतराज नहीं है, पर इस आदमी को देखने का मेरा मन नहीं।" क्यों? क...
- कब तक काम करेंगे?... जब तक साँस चलेगी। रिटायर्ड होंगे तब? तब हम दूना काम करेंगे। पहले हमें कमाने की फिक्र थी, इसलिए रोटी ...
- कब फहरा लिया था?... जिस दिन अँगरेज यहाँ से विदा हुए थे, उस दिन हमने अपने दिल्ली वाले लाल किले के ऊपर तिरंगा झण्डा फहराया ...
- कब मिली थी?... अच्छे उद्देश्य के लिए जब आदमी जान हथेली पर रखकर निकलता है तो भगवान भाग करके सहायता करने के लिए आता ह...
- कब यह सफलता मिलती है और कब नहीं मिलती?... किसी भी बीज को पैदा करने के लिए तीन चीजों की आवश्यकता होती है। भूमि उसके पास होनी चाहिए। भूमि के अला...
- कभी आपने सुना है?... नहीं साहब ! हमने तो नहीं सुना। अभी तो आंध्र में तूफान आया था, क्या आपको मालूम है? नहीं साहब ! हमें त...
- कभी क्या करेंगे?... कभी क्या करेंगे? कम से कम दो घण्टे का मौन तो रखिए ही। उस समय रखिए जब लोग, मिलने जुलने वाले, आपके पास ...
- कभी बोलेंगे, कभी चिट्ठी लिखेंगे, कभी हाथ से लिखेंगे, कभी क्या करेंगे?... कभी क्या करेंगे? कम से कम दो घण्टे का मौन तो रखिए ही। उस समय रखिए जब लोग, मिलने जुलने वाले, आपके पास ...
- कभी साल-दो साल में एक-आध घण्टे का सत्संग कर लिया, तो क्या उससे हमारा उद्देश्य पूरा हो जाएगा?... इसलिए अच्छा तरीका यही है कि हम अपने जीवन में नियमित रूप से जैसे अपने कुटुम्बी और मित्रों से वात करते ...
- कमजोरियों किसमें नहीं होती हैं?... हमारा गुरु? एक व्यक्ति है, एक पत्थर है, किन्तु एकलव्य के तरीके से हमने उसे भगवान बना दिया है। यह है ह...
- कर लिया है या कई भाषाएँ पढ़ ली हैं तो कौन भी नई बात हुई?... कोई खास बात नहीं है। मित्रो! उनके अन्दर क्या विशेषता है? उनकी दृष्टि, उनका चिन्तन, उनकी मान्यताएँ, उनक...
- करा देना और हर एक के लिए बीस?... बीस हजार रुपए छोड़कर मरना। इससे क्या हो जाएगा? कुछ भी नहीं होगा। सब चौपट हो जाएगा। विचार परिवर्तन अनि...
- कराना क्या है और बनाना क्या है?... मित्रो! आप सिर्फ यह ध्यान रखिए कि हमको मनुष्य का चिन्तन, मनुष्य की दृष्टि और मनुष्य की निष्ठाएँ, इनका...
- कर्म की वजह से हम आपके स्थूलशरीर के बारे में यह फैसला करेंगे कि आपका स्तर क्या है?... और आपकी वकत क्या है? आपकी औकात क्या है? स्थूल शरीर का वजन और वकत जो ली जाती है, वह उसके कर्मों के आध...
- कर्म क्या हैं?... उसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं, जो हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म करने की...
- कर्मकाण्डों का, क्रिया का, हवन का क्या उद्देश्य है?... क्यों इसमें घी डाली जाती है? क्यों लकड़ी डाली जाती है? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है...
- कर्मयोग का जवाब यह है कि आपको करना क्या है?... यह तो केवल विचार हुआ? ज्ञान कहते हैं विचार करने को और कर्मयोग कहते हैं काम करने को। काम करने में क्य...
- कल मैं क्या कर रहा था?... तप की व्याख्या कर रहा था। आज आप क्या कर रहे हैं? आज में योग की व्याख्या कर रहा हूँ, क्योंकि भगवान को...
- कलाई चलती है?... नहीं हिम्मत चलती है। इसलिए जो कुछ भी दिया होगा, मैं समझता है देवताओं ने अर्जुन को तो क्या दिया होगा?...
- कलाई में दरद हो रहा है या कलाई नहीं होगी तो तलवार क्या काम करेगी?... कलाई में दरद हो रहा है तो भी तलवार चला, हमने तुझे २५० रुपए की तलवार दी है। अरे साहब! तलवार कौन उठाएग...
- कलेजा है आप में?... हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं ह...
- कलेवर कितनी कीमत का है?... किसी कीमत का नहीं है। यह बेकार जैसा है, लिफाफा जैसा है। अँगूठी के लिए आप सुनार के पास जाइए। वह आपको ...
- कहा भगवान और अर्जुन और कहा आप सूत के बेटे, दासी के बेटे?... भला आप क्या कर सकते है? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाँडव संगठित है। वे मालिक है और आप नौकर है। आपका और...
- कहाँ आफत में आ गए?... विचार करने लगे कि अब किधर चलें? खाना न मिले तो कोई हर्ज नहीं, पर पानी तो मिलना ही चाहिए। पानी की तला...
- कहाँ खड़े हो गए?... वकालत करने के लिए। किसकी वकालत करने के लिए? कांग्रेस की वकालत करने के लिए और आजादी की वकालत करने के ...
- कहाँ गए थे?... दर्शन करने गए थे? किसका दर्शन करने गए थे? साहब! बद्रीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ ...
- कहाँ गया चोर?... चोर ने देखा कि यह तो बड़ी संख्या आ गई। अब क्या करना चाहिए? घर वाले चिल्ला रहे थे कि चोर को पकड़ो। चोर ...
- कहाँ गया माल?... उनकी नाक कुछ ऐसी तेज बनाई गई है, जैसे गणेश जी की थी। गणेश जी की नाक बड़ी लम्बी थी, सब कुछ पता लगा लेती...
- कहाँ चलूँ महाराज जी?... उस पहाड़ की चोटी पर चल, वहाँ से मैं तुझे भगवान जी को दिखा दूँगा। ये जो चार पत्थर हैं, तुझे उनकी सेव प...
- कहाँ जा रहे हो?... साहब! बद्रीनाथ जा रहे हैं। पड़ाव कहाँ पड़ेगा? शान्तिकुञ्ज में। कितने दिन रहेंगे? दस दिन रहेंगे। पड़ाव म...
- कहाँ जाना चाहिए इसका भी कुछ पता नहीं चलता और हम जिन्दगी भर भटकते रहते हैं और यह तलाश करते रहते हैं कि जाना किधर है?... सारी जिन्दगी यही पता नहीं चल सका कि जाना कहाँ है। इन इंद्रियों ने जिधर भटका दिया, उधर ही चल दिए। पैसे...
- कहाँ तक पढ़े हैं आप?... हमारे गाँव में प्राइमरी स्कूल है। उस जमाने में दर्जा चार तक प्राइमरी होते थे, अब तो पाँचवीं तक होते ...
- कहाँ तक पढ़ा है?... पढ़ने वाले के ऊपर लानत! जाने कहाँ तक पढ़ते जाते हैं। बी०ए० पास है, एम०ए० पास है। अच्छा तो यह कमाता तो ...
- कहाँ बना रखा है?... खुले में बना रखा है। छाया में क्यों नहीं बनाया? अरे साहब! एक बार हमारे पिताजी सपने में दिखाई पड़े थे ...
- कहाँ भगवान और अर्जुन और कहाँ आप सूत के बेटे, दासी के बेटे?... भला आप क्या कर लेते हैं? देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाण्डव संगठित हैं। वे मालिक हैं और आप नौकर हैं। आप...
- कहाँ मोड़ दूँ?... विविध भारती पर लगा दें। आहा! ये तो बहुत अच्छा आ रहा है। फिर बेटे! सुई मोड़ सुई मोड़। अगर हम अपने विचार...
- कहाँ लिया गया?... झाड़ी में। अब हम इस चक्कर में हैं कि या तो चीता हमारे हाथ लगे या चीता कहाँ गया है, यह हमें पता चले। ...
- कहाँ से आ गईं ये बेटियाँ तो माता जी को कष्ट उठाना पड़ा होगा?... नहीं बेटे! ये तो बिना कष्ट के पैदा हो गईं। मुहब्बत की जंजीरें अगर हमारे पास हों तो सारी दुनिया हमारी...
- कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था?... स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और न अस्वीकार करते। स्वीकार करना इसलिए कठिन है कि हम प...
- कहाँ से आए हैं और कहाँ जाना था?... स्थिति विचित्र है, इसे न स्वीकार करते बनता है और अस्वीकार करते। स्वीकार करना इसलिए कठिन है कि हम पाग...
- कहाँ से आता है पैसा?... कहीं से नहीं आता। पैसा रगड़ से, मेहनत से आता है। रगड़ता चले जा। रगड़ता तो है ही नहीं। शरीर को बचाए-बचाए...
- कहाँ से आया था गाण्डीव?... वहीं से आया था जहाँ गहराई की दृष्टि से ऋतम्भरा प्रज्ञा मिली थी। नारी को उसने प्रज्ञा से देखा। जब देव...
- कहाँ से ओटोग्राफ लेकर आएँगे?... वहाँ तक का किराया तो दे नहीं पाएँगे फिर ओटोग्राफ कैसे लेकर के आएँगे। इस तरीके से विचारों का निग्रह क...
- कहाँ से कहाँ तक हुआ?... बेटे, जहाँ कहीं भी अनीति के विरुद्ध संघर्ष करने की जरूरत पड़ी होगी अथवा धर्म की स्थापना करने की जरूरत...
- कहाँ से बोल रहा है?... साहब! सीलोन से बोल रहा है। महाराज जी! सीलोन वाला तो बड़े गंदे गाने सुनाता है। हाँ बेटे! वह बड़े गंदे ग...
- कहाँ से भँवरे आ जाते हैं?... क्यों साहब, आप कहाँ से आए? हम तो साहब बहुत दूर के रहने वाले हैं। आपका ये कौन लगता है?? कोई नहीं लगता...
- कहाँ से वापस लाया जाए?... लंका से वापस लाया जाए। हम और आप कोशिश करेंगे तो इसे लंका से वापस लाया जा सकता है। नहीं साहब! रावण बह...
- कहाँ है आँवा?... इस कोठरी में जिसमें कि आप रहते हैं। शान्तिकुञ्ज को आप आँवा मानिए। इस आँवे में आपको कैद कर दिया गया है ...
- कहाँ होता है?... स्वर्गलोक में होता है। इसकी क्या विशेषता होती है? इसकी विशेषता मैंने यह सुनी है कि जो कोई उस पेड़ के...
- कहीं ऐसे भी शंकर भगवान होते हैं क्या?... हम नास्तिक हो गए और घर वापस आ गए। हमारे घर में हर वर्ष रामायण का पाठ होता था। उस वर्ष भी रामायण हुआ।...
- कहीं गड्ढे थे, कहीं क्या थे?... मनुष्य ने मशक्कत की, इसको समतल बनाया, इस पर घास-पात लगाए पेडू-पौधे लगाए कुएँ बनाए नहरें बनाई और ये ज...
- कहीं ब्याह-शादी से तो नहीं है?... नहीं, ब्याह- शादी करने से मतलब नहीं है। जिस तरह नाव से नदी को पार करने के लिए दो हाथों की और दो पतवा...
- कागज काम तो आता है, पर यह भी ध्यान रखिए कि क्या चीज चाहिए?... यहाँ एक और शब्द लगा हुआ है। 'पर' यह इसलिए लगा हुआ है कि चित्रकला का अभ्यास होना चाहिए, जो समयसाध्य औ...
- कागज के द्वारा होते हैं क्या?... अगर हम आपको बेहतरीन, अच्छा वाला टीटागढ़ का कागज लाकर दे दें और पार्कर का पेन दे दें तथा स्वॉन की स्य...
- कान कैसे हैं?... मुँह कैसा है? दाँत कैसे हैं? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? काम...
- काबू से क्या मतलब है?... तू हमारी बीबी बन जा। किससे कहने लगा था? चंडी से कि हमारे कहने में चल, हमारे या हमारे भाई निशुंभ की स...
- काम करने में क्या करना है?... आप स्नान करके, कपड़े बदलकर झाड़ू लगा करके अपने पूजा के सारे सामान को साफ करके बैठिए। सबसे पहला काम श...
- काम वासना का विचार आया है तो यह ध्यान रखिए कि हनुमान जी थे, भीष्म पितामह थे, स्वामी दयानन्द थे, शंकराचार्य थे, इन लोगों ने किस तरीके से अपना जीवन जिया?... किस तरीके से शक्ति का संग्रह किया? इस बात का विचार कीजिए। विचारों को विचारों से काट दीजिए। विचारों क...
- कामनाग्रस्त मनुष्य किसी की भलाई भी क्या कर सकेगा और ऐसा व्यक्ति परमात्मा की दया का अधिकारी भी क्यों बन सकेगा?... चराचर जगत में एक ईश्वर की सत्ता ही अनेक रूपों में कार्य कर रही है।...
- कामवासना का कितनी देर तक का सुख होता है?... कुछ सेकण्डों का सुख होता है और इसके बाद में वही बातें बड़ी बुरी मालूम होने लगती हैं। भीतर की मोहब्बत...
- कायाकल्प कैसे होगा?... यही मैं आपको बताने वाला हूँ, पर पहले आपको यह जान ही लेना चाहिए कि कायाकल्प भीतर से होता है, बाहरी शर...
- कारण क्या है?... शुकदेव जी के पक्ष में और व्यास जी के खिलाफ एक राय थी, वह उन्होंने बताई। क्या कहा उन्होंने? राजा परीक...
- कारतूस को जिस बन्दूक में रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं?... बन्दूक की जरूरत को, महत्त्व को जो नहीं समझते इसीलिए बहस हो जाती है।...
- कालेज और स्कूल कितने है?... लाखों की तादाद में हैं। और लेक्चरर? जितने देखिए लेक्चरर ही लेक्चरर। लेक्चर से हम जनता का उद्धार कर द...
- काहे को शाप दे रहे है?... बेटे, इसलिए दे रहा हूँ कि न तुझे गायत्री मंत्र के बारे में कोई जानकारी है और न गायत्री मंत्र में खाद...
- कितना करना चाहिए?... गायत्रीमंत्र का जप करना चाहिए क्योंकि प्रज्ञा की देवी वह ही हैं। कितनी माला करनी चाहिए? तीन, तीन तो ...
- कितना किराया लगता है?... यही कोई लगता होगा सौ-डेढ़ सौ रुपए का टिकट। नहीं साहब! कोई शॉर्टकट रास्ता बताइए। जिससे कि इतना सफर भी ...
- कितना धन होता है?... बेटे! बहुत ही धन होता है तो महाराज जी! मुझे भी देवता बना दीजिए। मैं तुझे बना सकता हूँ लेकिन पैसा देक...
- कितना पानी चढ़ा दूँ?... सामर्थ्य भर खूब पानी चढ़ा दे। महाराज जी! शंकर जी इतना मानी पिएँगे को फिर पेशाब तो करेंगे ही। नहीं बे...
- कितना बलिदान किया है?... कितनी सेवा की है?मित्रो! अध्यात्म की प्राचीन परम्पराएँ शालीन परम्पराएँ महान परम्पराएँ भगवान को अपनी ...
- कितना सिखाएँगे इनको सिखाने में कितना समय लगेगा?... हमारे पास समय बहुत कम है। हमको आदमियों की जरूरत है, अगर आप स्वयं उन आदमियों में शामिल होना चाहते हों...
- कितनी खुराक देंगे?... इसके बारे में भी तय करना पड़ा। यह कहा गया कि जिस देश के हम नागरिक हैं, जिस देश में हम रहते हैं, वहाँ ...
- कितनी गरदनें कटाई होंगी?... हमने बहुत गरदनें कटाई हैं। हमने अपना बहुत खून बहाया है, क्योंकि हम अपनी शिखा को प्यार करते हैं। जनेऊ...
- कितनी जिन्दगी खतम हो गई आपकी?... साहब चालीस साल। बीस वर्ष की उम्र से हम गोरक्षा का काम करते आ रहे हैं और अब साठ साल के हैं। गऊओं की ज...
- कितनी देर बात करते हैं?... हमने यह नियम बना रखा है कि जब कभी कोई हमसे मिलने के लिए आता है तो हमने उससे मिलने के लिए सीमित समय न...
- कितनी बड़ी बहू लेगा?... दीवार के बराबर। नहीं, ये दीवार तो बहुत बड़ी होती है, छोटी लूँगा। अच्छा कितनी बड़ी, इस बैलगाड़ी के बर...
- कितनी माला करनी चाहिए?... तीन, तीन तो कम से कम करनी चाहिए। ज्यादा कर सकें तो आप ज्यादा कर लीजिए। तीन क्यों? तीन इसलिए कि आत्मप...
- कितनी लम्बी जिन्दगी है?... उम्र के हिसाब से, जन्मपत्री के हिसाब से, डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से हमारी सत्तर वर्ष उम्र होती है और वै...
- कितनी शान्ति से रह रहे हैं?... कितने उन्नतिशील, कितने अपने आप को सम्पन्न अनुभव कर रहे हैं? पहले दृष्टिकोण को तो बदलिए।मित्रो! देवता ...
- कितनी शिक्षाएँ इसमें हैं?... नंदिनी की तरह यह भी काम कर सकती है। एक काम यह कर सकती है-जो पाप, ताप, शोक सन्ताप, कष्ट और अभाव हमारे ...
- कितनी सेवा की है?... मित्रो! अध्यात्म की प्राचीन परम्पराएँ शालीन परम्पराएँ महान परम्पराएँ भगवान को अपनी ओर खींचती है और ख...
- कितने आचमन करने पड़ते हैं?... तीन आचमन करने पड़ते हैं—''ॐ अमृतोपस्तरणमसि स्वाहा। ॐ अमृतापिधानमसि स्वाहा। ॐ सत्यं यश: श्रीर्मयि, श्र...
- कितने आदमी हैं?... बीस हैं। कितने रुपए लगेंगे? तीस हजार रुपए महीने लगेंगे। पहले नौकरी दीजिए, पीछे काम लेना। यह सब कहाँ ...
- कितने उन्नतिशील, कितने अपने आप को सम्पन्न अनुभव कर रहे हैं?... पहले दृष्टिकोण को तो बदलिए।मित्रो! देवता बनने के लिए दृष्टिकोण का बदलना आवश्यक है। देवता की बहुत सार...
- कितने का बिका ये चित्र?... बहुत दाम का बिका। हम 'अखण्ड ज्योति' के कवरपेज की डिजाइन बनवाते हैं। इसके लिए हमें पाँच सौ रुपए देने ...
- कितने कैंडिल का आप समझते हैं सूरज को?... वह आपके मकान पर जलता है। आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जाती है? दाई रुपए की और ये हीटर कितने रुप...
- कितने चैक काटते रहते हो?... बेटे तीन-चार वर्ष पहले यह दस लाख रुपए का चैक काटा, कैश होकर आ गया। देख यह बना हुआ खड़ा है। अभी यह ब्र...
- कितने ज्यादा बुद्ध के विहार थे और कितने महिलाओं के लिए?... यह कैसे हो गया? बेटे, इस तरीके की परम्पराओं से हो गया। कहाँ से कहाँ तक हुआ? बेटे, जहाँ कहीं भी अनीति ...
- कितने दाम की आक्सीजन है?... डाक्टर साहब से पूछिए कि ऑक्सीजन का सिलेंडर कितने का मँगाया था? छह सौ पचास रुपए का। एक आदमी के लिए कब...
- कितने दिन रहेंगे?... दस दिन रहेंगे। पड़ाव में खूब मजा आएगा। वहाँ सस्ता भोजन मिलता है। ठहरने को फोकट में मिलता है। कोई किरा...
- कितने पैसे का?... छदाम का भी नहीं है, बाँट दे। अरे साहब! सौ आदमी आ जाएँगे तो मैं कहाँ से लाऊँगा प्रसाद? और पानी मिला द...
- कितने मनुष्यों के भीतर भगवान की पुकार पैदा हुई और किन किन सामाजिक परिस्थितियों में पैदा हुई?... भगवान समय-समय पर साकार रूप में भी और निराकार रूप में भी आते हैं। निराकार रूप में भगवान किस -किसके पा...
- कितने रुपए लगेंगे?... तीस हजार रुपए महीने लगेंगे। पहले नौकरी दीजिए, पीछे काम लेना। यह सब कहाँ से आता है? श्रम के रूप में स...
- कितने लड़के काम करते हैं?... इनको नौकरी देकर तो देखिए। एक-एक व्यक्ति कम से कम पंद्रह-पंद्रह सौ रुपए की नौकरी छोड़कर आया है। कितने ...
- किन योनियों में जाना पड़ेगा, न जाने कहाँ- कहाँ जाना पड़ेगा?... कितना कष्ट उठाना पड़ेगा, यह मैंने मौत के दिन देखा। मौत की घड़ी देखी, मैंने अपनी लाश चिता के ऊपर पड़ी...
- किन-किन ने किया था?... रीछों ने किया था, वानरों ने किया था। देवता भी बार-बार अवतार लेते रहे हैं। वे दुनिया में किस काम के ल...
- किनका जँवाई बनना चाहिए?... भगवान जी का और किसका? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी का हर एक का जँवाई बनना चाहिए। चल बदमाश कहीं का...
- किनका फ्राड है?... दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब्जबाग दिखा करके ये चीजें बेचते रहते हैं और कहते हैं हम आपकी सेह...
- किस काम के लिए करते है?... साहब! हमारे पड़ोसी के ऊपर जो मुकदमा चल रहा है, वे जीत जाएँ। और किसके लिए करते? हमारे बेटियाँ न हो, ब...
- किस काम के लिए करना चाहता है?... अगर उन्हीं कामों के लिए जिसमें कि आदमी को अपनी मेहनत और परिश्रम के द्वारा कमाई करनी चाहिए, उसको सरल ...
- किस काम के लिए किया जाएगा?... यदि घटिया काम के लिए उसका उपयोग किया जाने वाला है, तो वे कदाचित ही कभी किसी के साथ सहायता करने को तै...
- किस काम में लगाऊँ?... बेटे, हमारे चिन्तन के साथ में भावनाएँ जुड़ी हुई हैं। हवन में हम आपको भावना बताते हैं, जप में हम भावना...
- किस कीमत पर तुझे दर्शन दे जाएँगे?... साहब! माला घुमाता हूँ। बेटे! तू अपनी को माला क्या समझता है—मशीनगन? खटाखट, फटाफट चलाऊँगा और सबको मार ...
- किस कीमत पर दिया था?... गायत्री को माता माना था। स्त्री को माता माना था। ये क्या बात कह रहा हूँ मैं। ऋतम्भरा प्रज्ञा का यह ए...
- किस तरह का ध्यान रखते हैं?... बेटे! इस सन्दर्भ में मैं आपको द्रौपदी के तरीके से एक और घटना सुनाना चाहता हूँ। घटना बगदाद की है। एक ब...
- किस तरह चलें?... आप हमारी बात मानते हैं, तो हमारे रास्ते पर चलें और हमारा अनुकरण करें। क्या रास्ता है आपका? हमारा रास...
- किस तरह से इनका उन्मूलन सम्भव है?... इनको कानून बनाकर पुलिस के द्वारा भी दूर नहीं किया जा सकता। यदि इनको कभी दूर किया जा सकेगा तो आध्यात्...
- किस तरह से जुड़ जाएँ?... मैं आपको कुछ थोड़े से उदाहरण बताऊँगा। जुड़ना किसे कहते हैं? आपने आग में लकड़ी को गिरते हुए देखा है न। उ...
- किस तरीके की परम्पराएँ दिखेंगी तब?... जैसे कि छोटे-छोटे पखेरुओं ने करके दिखाई। गीधराज एक कोटर में बैठा हुआ था और मजे से दिन काट रहा था। ले...
- किस तरीके से शक्ति का संग्रह किया?... इस बात का विचार कीजिए। विचारों को विचारों से काट दीजिए। विचारों को रोका नहीं जा सकता। एक तरह के विचा...
- किस बात की तरक्की करा दें?... पहले योग्यता बढ़ा। नहीं साहब, योग्यता तो हम नहीं बढ़ाएँगे, हमको ऐसे ही आशीर्वाद दे दीजिए। हमारा जुआ जि...
- किस बात की देवी सहायता करें?... नहीं साहब! हमारी मनोकामना पूरी करें। क्यों पूरी करनी चाहिए? हमने तीन माला जप किया है। ले जा अपनी माल...
- किस बात की मिठाई है?... ले तू मिठाई रवा ले और हमारे साथ चल। मैं कोई बच्चा हूँ जो आप मुझे बहकाने आए हैं। अरे तू बच्चा ही तो ह...
- किस बात की सेवा करने आएगा?... आपने बहुत सेवा की है, वह भी सेवा करेगा? डरावनी अकेली होगी जिन्दगी मित्रो! संस्कृति की सीता चली गई तो ...
- किस बात के?... भाव-सम्वेदनाएँ भी अपूर्ण हैं, अगर वे क्रिया-काण्डों के साथ समन्वित नहीं हैं। दोनों का समन्वय जरूरी ...
- किस-किस के पड़े?... आपकी बीबी के पड़े, बीबी के पड़े? बीबी ने जूते-चप्पल तो नहीं मारे, पर आपके साथ ऐसा व्यवहार किया जो जू...
- किस-किसके ऊपर देवता बरसे?... बेटे, ज्यादा तो नहीं कहता मैं, औरों का हवाला तो नहीं देता, बस अपना हवाला देता हूँ कि हमारे ऊपर कौन ब...
- किसका कर रहे हैं?... उस पवित्रता का। एक बूँद पानी सिर पर छिड़क लिया और हो गया पवित्र। मुझे एक घटना याद आ गई—कुंभ के मेले क...
- किसका काम है?... इनसानों का काम है। ऐसे इनसान, जो समर्थ हों, जिनके अन्दर दया हो। यह अस्पताल किनने बनवाया है? उनने बनवा...
- किसका गढ़ा हुआ है?... अपने ध्यान की, धारणा की, भावना की परिपुष्टि के लिए हमने भगवान को गढ़ा है। तो क्या भगवान की शक्ल नहीं...
- किसका चबूतरा है?... पिताजी का बना रखा है। कहाँ बना रखा है? खुले में बना रखा है। छाया में क्यों नहीं बनाया? अरे साहब! एक ...
- किसका जप करना चाहिए?... मेरे ख्याल से आपको रावण का जप करना चाहिए-रावणाय नम:, कुंभकरणाय नम:, मेघनादाय नम :, मारीचाय नम :, भस्...
- किसका दर्शन करने गए थे?... साहब! बद्रीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ साहब! खूब दर्शन हो गए। भीड़ तो बहुत थी ,, प...
- किसका नक्शा ले आए?... चारों धाम का ले आए। बद्री, केदार जाएँगे और देखिए यह रही गंगोत्री, यह रही यमुनोत्री। ठीक है बेटे! इसी...
- किसका समाया करेगा?... सरस्वती फिर दुनिया में रहेगी नहीं और मनुष्य जाति का अस्तित्व दुनिया में रहेगा नहीं। अकल दुनिया में ...
- किसका स्थान बना दिया गया है?... गायत्री माता का। यह गायत्री माता का चबूतरा है। अच्छा साहब! इस चबूतरे पर किसकी मूर्ति रख लूँ? बेटे! त...
- किसकी कबूल की?... उसका नाम था जमीला।इस पर बाकी फरिश्तों ने आपत्ति की, जिब्रायल कहने लगा-"हुजूर। जमीला को हमने नही...
- किसकी तलाश करें?... इन्हीं स्वामी जी से कहा था कि बाल-बच्चों के बिना जीवन तो बेकार है। स्वामी जी ने कहा कि ठीक है। स्वाम...
- किसकी बतलाए कि किसने कहा-इस माँ को त्यागने के लिए?... गायत्री मंत्र जो सूर्य की तरह, धरती और हवा की तरह है, जो सबका है। पहाड़ सबका है, लेकिन हमें लोगों ने ...
- किसकी भक्ति करें?... सिद्धान्तों की भक्ति, आदर्शों की भक्ति। भगवान क्या है? सिद्धान्तों का समुच्चय, आदर्शों का समुच्चय, श्र...
- किसकी रखेगा इस पर?... महाराज जी! पत्थर की रख लूँ? नहीं बेटे! अगर टोपी पहनेगा, तो दिक्कत आएगी। तो किसकी रखूँ? चल मैं तुझे ऐ...
- किसकी वकालत करने के लिए?... कांग्रेस की वकालत करने के लिए और आजादी की वकालत करने के लिए।...
- किसके पास कितना है?... प्रश्न इस बात का नहीं वरन इस बात का है किसने, किस प्रकार कमाया? ठीक इसी प्रकार का यह भी प्रश्न है कि...
- किसके रूप की बात हो रही है?... ऊँट के। आपकी शक्ल भगवान ने जैसी बनाई है, सो आप ही आप हैं। जब ऊँट गधे के ब्याह में गया तो उसने कहा-&q...
- किसके लिए बनाएँ?... हमारी 'अखण्ड ज्योति' के लिए बनाइए। गुरुजी! आप तो पाँच सौ रुपए तो वैसे ही दे देंगे, देखिए चित्र बनाकर...
- किसको कर दिया?... स्वर्ग को कर दिया, भगवान की प्रसन्नता को कर दिया। भगवान की प्रसन्नता, परलोक और स्वर्ग हमारे लिए डैम ...
- किसको खींचती है?... जो सिद्धियाँ आप चाहते हैं, उनको कशिश खींचती है। गुलाब का फूल जब खिलता है, तो भँवरों को खींचता है, ति...
- किसको चूसते हैं?... जो कोई भी हमारे पास आता है, हम उसको चूस जाते हैं, उसे जिन्दा नहीं छोड़ना चाहते, केवल उसकी हड्डियों रह ...
- किसको देना चाहिए?... सबको देना चाहिए, अपने शरीर को देना चाहिए, ताकि यह धन्य हो जाए और अपने दिमाग को देना चाहिए ताकि यह शा...
- किसको नहीं मिलती?... चलिए मैं बताता हूँ जैसे—जेलखाना। आप गिरफ्तार हो जाइए। नहीं साहब! आज तो रविवार है और आज आपको बाहर घूम...
- किसको पड़ेगा पाप?... बाप को?? क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूँगा, जिसने कमा- कमाकर किसी को दिया नहीं। बेटे को दूँगा, सब जम...
- किसको पड़ेगा पाप?... बाप को। क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूंगा, जिसने कमा कमाकर किसी को दिया नहीं। बेटे को दूंगा, सब जमा...
- किसको मार डालेगा?... हनुमान जी को मार डालूँगा, सन्तोषी माता को मार डालूँगा और उनकी लाश को ले आऊँगा और उससे मजा उड़ाऊँगा। ऐस...
- किसको वोट देंगे?... आपकी पार्टी को देंगे। आपकी पार्टी कौन सी है? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे। नहीं साहब! आप बत...
- किसने कहा था?... खरच बढ़ाओ। खरच में कोई कमी क्यों नहीं कर सकता? नहीं साहब, खरच तो हमारा बहुत बढ़ा हुआ है तो आमदनी बढ़ाओ ...
- किसने त्याग और बलिदान के रास्ते पर कदम बढ़ाए?... एक लाख शिष्य और सवा लाख शिष्याओं ने, उन सारे के सारे लोगों ने कहा कि हम आपके रास्ते पर चलेंगे। आपने ...
- किसने पकड़ लिया?... तुलसीदास ने। हम और आप पकड़ सकते हैं क्या? हम और आप नहीं पकड़ सकते। भूत तो पकड़ सकते हैं? नहीं पकड़ सकते।...
- किसलिए करता है?... इसलिए करता हूँ, ताकि धन मिल जाए। शंकर जी के पास धन था क्या? मकान था क्या? नहीं था। कपड़ा था क्या? नह...
- किसलिए करते हैं?... कुचला को इसलिए संशोधित किया हुआ है कि इससे हम बात की बीमारियों और घुटने के दरद को ठीक कर देंगे। गन्धक...
- किसलिए बता रहा था?... इसलिए कि जिस समय में हम और आप रह रहे हैं, वह ऐसा शानदार समय है कि आपकी जिन्दगी में और इतिहास में फिर ...
- किससे क्या बात करनी चाहिए?... किससे नहीं करनी चाहिए? जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या नुकसान देय है और दूसरे आदमी ...
- किससे नहीं करनी चाहिए?... जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या नुकसान देय है और दूसरे आदमी का दिल दुखाने वाली है? ...
- किससे निहाल कर दिया था?... बेटे, सारी दुनिया को धन दिया था, विद्या दी थी, ज्ञान दिया था। सारी दुनिया में भारतीयों का वर्चस्व छा...
- किससे बात करेंगे?... हमको ऐसी जगह रख देते हैं, जहाँ कोई और नहीं होता हमारे अलावा। अपने आप से बात करनी है तो हमारी मरजी है...
- किससे माँगना चाहिए?... देवता से माँगना चाहिए। देवता को तो देना चाहिए-'' दानात् वा सा देवता।' देवताओं को सहायता करनी चाहिए। ...
- किससे होता है पुण्य?... ? इससे पुण्य होता है कि तुम अपनी थाली में एक-एक रोटी रख लो और जो कोई भी आदमी आए, उसे चारों रोटी दान ...
- किसान ने कहा, आप कौन हैं?... हम इंदौर के राजा हैं, जिसकी रियाया आप हैं यह गाँव है। आप राजा साहब हैं, हमसे क्या गलती हो गई? गलती क...
- किसी आदमी से आप यह आशा लगाए बैठे हैं कि वह आपकी सहायता करेगा तो वह क्यों आपकी सहायता करेगा?... ''आस बिरानी जो करै, जीवत ही मर जाए।'' यह देहात की कहावत है। यह ठीक है कि वक्त मिल जाएगा तो सहायता मि...
- किसी का मिला सहयोग?... नहीं साहब, सब बड़े चालाक हैं और सब दुनिया बेईमान है। हाँ, आपका कहना बिलकुल यहीं है। दुनिया तो है ही ...
- किसी की प्रशंसा की?... नहीं, आपने जीभ से प्रशंसा नहीं की, हर वक्त निंदा की, इसकी निंदा की, उसकी निंदा की। आप निंदा ही करते ...
- किसी की सेवा-शुश्रूषा करने लगे तो कौन रोकता है?... केवल बुराइयों के सम्बन्ध में तो रोकथाम हो भी सकती है कि किसी के साथ में आप चोरी का व्यवहार करें, लड़ाई...
- किसी के पास शक्ति कम है, किसी के पास गुण कम हैं, तो इससे क्या?... अपने सभी बच्चे पिता को समान रूप से प्यारे होते हैं। जो उसके सभी बच्चों को प्यार कर सकता है, परमात्मा...
- किसी को अपनी मौत कहाँ दिखाई देती है?... इसी तरह आपको जमाना बदलता हुआ दिखता है क्या? नहीं दिखाई पड़ता। आपको भगवान का चौबीसवाँ अवतार होता हुआ द...
- किसी चिड़िया के आगे दाना फेंकते हैं तो कौन रोकता है?... किसी की सेवा-शुश्रूषा करने लगे तो कौन रोकता है? केवल बुराइयों के सम्बन्ध में तो रोकथाम हो भी सकती है क...
- किसी ने जलेबी खा ली तो क्या और मक्का की रोटी खा ली तो क्या?... खाने के लिए आदमी को पैदा नहीं किया गया है। औलाद पैदा करने के लिए आदमी को पैदा नहीं किया गया है। खाने...
- किसी भी क्षेत्र के महामानव और महापुरुष का इतिहास पढ़िए फिर देखिए कि ऊँचे उद्देश्य के लिए ईमानदारी से कष्ट उठाने के लिए जो आदमी तैयार हो गए उनको सहायता मिली कि नहीं मिली?... आप चाहे जिस क्षेत्र में देख लीजिए लाखों की तादाद में लोगों को भगवान की सहायता, आदर्श सहायता, दैवी सह...
- किसे कहते हैं चोटी और कैसे धारण की जाती है?... चोटी कहाँ से आती है? चोटी की कौन रखवाली करता है? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।...
- किसे छोड़ा जाए?... इसमें भीतर ही भीतर अन्तर्द्वन्द्व चलता है। यही देवासुर संग्राम है। जिस पक्ष की प्रबलता होगी उसी की बा...
- की, उसे वह कैसे शाप दे सकते हैं?... एक पण्डित जी हमारे पास आए, उन्होंने कहा कि यह गायत्री मंत्र कान में कहने का मंत्र है। हमने कहा कि अच्...
- कीर्ति किसे कहते हैं?... कीर्ति बेटे! इसे कहते हैं कि जो आदमी अपने व्यक्तिगत जीवन में प्रामाणिक होता है, उस प्रामाणिक आदमी पर...
- कुछ और है आपके पास?... नहीं बेटे ! हम खालिस ब्राह्मण हैं। खालिस ब्राह्मण क्या कर सकते हैं? शरीर को ढकने के लिए हमको कपड़े क...
- कुछ पास भी है क्या?... हाँ, पाँचवें दरजे तक पढा हूँ। तो फिर कलेक्टर कैसे बनवा दूँ? अरे! आपकी तो जान−पहचान है। ऐसे ही तीर- त...
- कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियों पूरी करनी थीं, उसके स्थान पर अनावश्यक संख्या में लोग बहाते रहे क्या और जिन लोगों को जिस चीज की जरूरत नहीं थी, उनको प्रसन्न रखने के लिए उपहार रूप में लादते रहे क्या?... क्यों? आखिर क्या वजह थी? यह सब गलतियाँ। इनकी समीक्षा करना शुरू कीजिए। इसी तरह अपने खान-पान के लिए स्...
- कुत्ता क्या होता है?... कुत्ता अकेला होता है।मित्रो! इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़ेगा? कुत्ते के तरीके से अकेले रहना पड...
- कुत्ते का कोई कुटुम्ब होता है?... कोई कुटुम्ब नहीं होता। कुत्ते की कोई औरत होती है? कोई नहीं होती। कुत्ते का कोई बाप होता है? कोई नहीं ...
- कुत्ते का कोई बाप होता है?... कोई नहीं होता। कुत्ता क्या होता है? कुत्ता अकेला होता है।मित्रो! इसी तरीके से इनसान को क्या करना पड़े...
- कुत्ते की कोई औरत होती है?... कोई नहीं होती। कुत्ते का कोई बाप होता है? कोई नहीं होता। कुत्ता क्या होता है? कुत्ता अकेला होता है।म...
- कुत्ते सूँघकर पता लगाते हैं, चोरी का माल कहाँ गया?... सी.आई.डी. के कुत्ते आते हैं और सूँघकर पता लगा लेते हैं। कहाँ गया माल? उनकी नाक कुछ ऐसी तेज बनाई गई ह...
- कुम्भकरण का क्या हुआ?... बेटे, उसकी मिट्टी पलीद हो गई। क्या फायदा कर लिया उसने? कुछ नहीं कर सका।मित्रो, इसी तरह हिरण्याक्ष से...
- कुम्भकरणों की कमी है क्या?... नहीं, इनकी कमी नहीं है, पर वे सो गए हैं। हमारा एक काम यह भी होना चाहिए कि जहाँ कहीं भी आपको विभूतिवा...
- कुलदेवी कहाँ रहती है?... दो हजार मील दूर रहती है। दो हजार मील पर क्या करोगे? बच्चे का मुंडन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएग...
- कृपा क्यों नहीं मिल सकती?... फिर क्या फायदा करेंगे? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा मैं नहीं कर सकता। मैं तुझे ले चल सकत...
- कृष्ण अगर अकेले महाभारत का युद्ध लड़ सकते, कंस को मार सकते, असुरों को मार सकते, सभी आततायियों को मार सकते तो फिर मैं सोचता हूँ कि सारे विश्वभर में निमंत्रण भेजकर सेनाओं को बुलाने की क्या जरूरत थी?... अगर अकेले ही गोवर्धन उठा सकते थे तो ग्वाल−बालों को लाठी लगाने की क्या जरूरत थी?मित्रो! अकेला आदमी कि...
- कृष्ण भगवान कब पैदा हुए थे?... उनका ब्याह कब हुआ था? वे कब बुड्ढे हुए थे? उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सक...
- कृष्ण भगवान की खुशामद और चापलूसी करने से क्या हो सकता है?... बेटे तू बता तो सही कि कृष्ण जी अपनी खुशामद करने वाले को, चापलूसी करने वाले को या किसी चमचे को अपना च...
- केवट ने क्या काम किया था?... नाव में बिठाकर के रामचंद्र जी को पार लगा दिया था बिना कुछ कीमत लिए। तो गुरुजी चलिए हम भी आपको कार मे...
- कैलाश पर्वत कहाँ है?... यहीं हिमालय पर है। यह स्वर्ग है। हिमालय केवल ऋषियों की ही भूमि नहीं है देवताओं की भी भूमि है। इसको स...
- कैसा अनुग्रह है?... आपको मालूम है उसमें अकल का अनुग्रह भी है। अकल कहाँ से बरसती है? अकल कहाँ से आती है? आप कौन से स्क...
- कैसा कैसा जेवर बना दिया?... ये हमारी जिन्दगी, बेतुकी जिन्दगी, बेसिलसिले की जिन्दगी। बेतुकी जिन्दगी। बेहूदी जिन्दगी को हम जिस तरह से स...
- कैसा गायत्री मंत्र आता है?... '' ॐ भूः भुव: स्वः''। अच्छा तो तू भी ऐसे ही भू भुव: कर लेता है। भगवान जी वैसे तो समझते हैं कि आदमी ज...
- कैसा ज्ञान देंगे?... ऐसा जिससे कि आप लोगों को सलाह दे सकने में समर्थ हो सकें। अभी आप लोगों की सलाह नहीं दे सकते। व्याख्या...
- कैसा नाक का जेवर बना दिया?... कैसा कैसा जेवर बना दिया? ये हमारी जिन्दगी, बेतुकी जिन्दगी, बेसिलसिले की जिन्दगी। बेतुकी जिन्दगी। बेहूदी ...
- कैसा प्रयत्न कर रहे हैं?... देख बेटे। पाण्डिचेरी के अरविन्द घोष विलायत गए। विलायत से पढ़ने के बाद उन्होंने कहा कि हम हिन्दुस्तान क...
- कैसा भगवान जी का साक्षात्कार चाहते हैं?... हम तो ऐसे रामचंद्र जी का साक्षात्कार चाहते हैं, जो तीर-कमान लेकर घूमते रहते हों।...
- कैसा रंग दें?... गुलाबी रँग दीजिए। अच्छा ला, कहाँ है कोट? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ, मिट्टी में डूबा हुआ, सा...
- कैसा विवेकानन्द बनना पड़ेगा?... अमेरिका में विवेकानन्द जिसके यहाँ ठहरे थे, वहाँ एक महिला थी, जो उनसे मजाक करने लगी, दिल्लगी करने लगी...
- कैसा शानदार है?... यह गायत्री मंत्र, जिसके अन्दर ऐसी शिक्षाएँ भरी पड़ी हैं, जो भावी मनुष्य जाति के लिए आचार संहिता बन सक...
- कैसा सरल रास्ता बताऊँ बेटे?... बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हैं, पहुँचा दीजिए न। अच्छा ला छह नए पैसे। इंग्...
- कैसा सरल रास्ता बताऊं बेटे?... बस गुरुजी ज्यादा से ज्यादा मैं छह नए पैसे खरच कर सकता हूँ पहुँचा दीजिए न। अच्छा ला छह नए पैसे। इंग्ल...
- कैसा सुन्दर होता है?... आपका जीवन ऐसा सुन्दर होना चाहिए। ऐसा कोमल होना चाहिए और भगवान के चरणों पर चढ़ना चाहिए। याचक की सार्थ...
- कैसी गन्दगी फैलाते हैं?... हमारे शरीर में जितने भी सूराख हैं, सब गन्दगी थूकते रहते है। हमारे मुँह में से थूक निकलता रहता है। नाक...
- कैसी घिनौनी और कामुक जिन्दगी थी उसकी?... पर जब कायाकल्प हुआ तो अन्धा होने के बाद में भगवान उन्हें अपनी लाठी पकड़ाकर ले जाते थे।तुलसीदास की भी ...
- कैसी-कैसी ध्वनि निकल सकती हैं?... जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा, तो महाराज जी ये कैसे बजेगा? बेटे यह एक साधना है, किसकी? धागों...
- कैसे ऐसी स्थिति आ गई?... जब भगवान ने हमको इतने साधन दिए थे कि उन साधनों से हम अपना उद्देश्य पूरा कर सकते थे, पर उन्हें पूरा क...
- कैसे करना चाहिए?... क्या करना पड़ेगा इसके लिए? इसका नाम प्रज्ञायोग रखा है हमने क्योंकि इसमें कई चीजें शुमार हैं। इसलिए प...
- कैसे करना पड़ेगा?... चाहिए, आप लोग नोट करते जाइए इनको या फिर ध्यान में रखिए। छपा हुआ भी है। प्रज्ञायोग कैसे करना चाहिए? प...
- कैसे जलता रहता है?... जैसे श्मशान जलता रहता है और उस श्मशान में भूत और पिशाच जलते रहते हैं। इस तरह से हमारा बेहतरीन कंप्यू...
- कैसे नहीं मानते?... लाओ हम उनके झंडे को उखाड़ फेंके, फिर देखो क्या होगा? मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या? मक्क...
- कैसे निकलता है?... बा ! अरे बेटे ये क्या बोलता है? यूँ मत बोल। तो फिर कैसे बोलूँ? तू ऐसे बोल, जैसे कि भैरवी रागिनी गाई ...
- कैसे पूरी करूँ?... '' यो मां जयति संग्रामे '' जो मुझको संग्राम में जीतेगा। आ जा मुझसे लड़, इतना पराक्रम, इतना पौरुष, इतन...
- कैसे फल होते हैं, जरा दिखाइए?... उन्होंने टोकरी में से निकालकर मिठाइयाँ, गुलाब जामुन उनके हाथ पर रख दिया। शृंगी ऋषि भागते हुए अपने पि...
- कैसे बना ली आपने हवेली?... अरे आप सब जानते हैं कि हम नंबर दो का काम करते हैं। कैसे बना ली? ये दीवार कहती है, ईंटें कहती हैं, आद...
- कैसे बना ली?... ये दीवार कहती है, ईंटें कहती हैं, आदमी कहता है, मकान कहता है, सम्पत्तियाँ कहती हैं, आकर्षण कहता है, च...
- कैसे बिगाड़ दी आपने घड़ी?... घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति? अगर इसको बेच दें तब? तब आपकी हो गई। ...
- कैसे बो दिया गया?... बेटे! ऐसे बो दिया गया कि थोड़े से आदमी थे, लेकिन वे एक से एक बढ़िया त्याग करने पर उतारू हो गए। रामचंद...
- कैसे मिट्टी पलीद हो गई?... हमारी बहुत मिट्टी पलीद हो गई। हमें जिससे आत्मा का परिपोषण, प्यार मिलता था, उस माँ को हम भूल गए। उसे ...
- कैसे व्यक्ति अमर होते हैं?... ऐसे व्यक्ति जिनके अन्दर शालीनता पैदा हो जाती है। आदर्श और सिद्धान्त जिनके रोम-रोम में समा जाता है, वही...
- कैसे शामिल हो जाएँ?... यह आपत्तिकाल है। आपत्तिकाल में आपत्तिकालीन कार्यक्रम बना लें तो ठीक रहेगा। आपत्तिकालीन क्रियाकलाप मे...
- कैसे शुरुआत करनी पड़ी?... तो वहाँ जो आदमी छोटे से खानदान में था., उन्होंने कहा कि हम अपने नमूने पेश करेंगे लोगों के सामने कि द...
- कैसे सम्भव होगा?... आप कुछ सहयोग करेंगे और हम आपकी सहायता करेंगे। कल हमने कहा था कि आपको अपने भीतर के दृष्टिकोण को बदल द...
- कैसे सुपुर्द करेंगे?... बेटे! हमारी महत्त्वाकांक्षाओं को जब देखेगा तो तू कहेगा कि गुरुजी तो पागल हैं और सनकते रहते हैं। जब ह...
- कैसे स्थापना हुई?... शिखा और सूत्र के रूप में हुई। शिखा क्या है? शिखा एक विवेकशीलता की देवी, ज्ञान की देवी हमारे मस्तिष्क...
- कैसे हम दूसरी की मदद करें?... जब आप दूसरों की सहायता करने के लिए आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी। तब फिर आपको साध...
- कैसे हुई थी?... बेटे! वे परम्पराएँ आरम्भ की गई, जिनको देख करके दूसरों की हिम्मत बढ़ती है, हौंसले बढ़ते हैं। हौंसले बढ़ा...
- कैसे हो गए?... बेटे और कोई तरीका नहीं है अपने आप को त्याग की बलिवेदी पर समर्पित करने के अलावा। अगर हमारे व्यक्तिगत ...
- कैसे हो जाएँगी?... आप्तकाम क्या होता है? कामना का स्तर बदल देता है। स्तर बदल देने की वजह से सारी की सारी समस्याओं का सम...
- कैसे हो जाएगा?... बेटे! उसका एक ही आधार है, और दूसरा कोई भी नहीं है और उसका नाम हैं-दृष्टि। अभी मैंने आपको उस आदमी का ...
- कैसे हो जाएगा?... गुरुजी! हमने तो अपने चारों बच्चों को देहरादून के पब्लिक स्कूल में भेज दिया है। उससे क्या हो जाएगा? उ...
- कैसे हो सकते हैं?... अगर आप ये निश्चय कर लें कि हमको इस शरीर को देना है। क्या देना है? इस शरीर को ख्याति देनी है, यश देना...
- कैसे होगा यह अवतार?... आपको मालूम है ना कि सीताजी का जन्म क्यों हुआ था? रावण को मारने के लिए जब सीताजी की जरूरत थी तब ऋषियो...
- कोई ऐसा मेहमान आ जाए, जो आपका समय खराब करने चला आए, जिससे आपको कोई फायदा नहीं है, जिससे आपकी कोई जान-पहचान नहीं है, तब क्या आप उसको पसन्द करेंगे?... स्वागत करेंगे? चाय पिलाएँगे? घंटों बातचीत करेंगे? नहीं ऐसा नहीं हो सकता। आपसे कोई काम-काज की बात भी ...
- कोई देवता अगर प्रसन्न होगा तो क्या पैसे देगा?... नहीं। तो पैसे के स्थान पर 'चेक' देगा, बैंक ड्राफ्ट भेज देगा? मित्रो! ध्यान रखना! देवता आपको पैसा नही...
- कोई नदी का पानी पीना चाहे तो उसे कौन रोक सकता है?... सड़क पर चलना चाहे तो कौन रोकता है? बादलों को निहारना चाहे तो कौन रोकता है? किसी चिड़िया के आगे दाना फ...
- कोई नहीं आएगा, कहेगा इन पागलों के पास जाने की जरूरत क्या है?... ये नागा, ये पंडे और जो शहरों में रहते हैं और सड़कों पर नंगे फिरते हैं उन्हें देखने कौन जाएगा? और किस...
- कोई पी०ए० है आपका?... नहीं, कोई पी०ए० नहीं है। आप ही लिखते हैं? हम ही लिखते हैं। ये कैसे हो गया? इतने लम्बे जीवन का आप हिसा...
- कोई भिखारी आ जाए तब?... कोई ऐसा मेहमान आ जाए, जो आपका समय खराब करने चला आए, जिससे आपको कोई फायदा नहीं है, जिससे आपकी कोई जान...
- कोई भी आदमी इतना सारा जीवन सम्बन्धी ज्ञान और सामयिक समस्याओं के बारे में जानकारी सिवाय साहित्य के सिवाय पुस्तकों के सिवाय पत्र-पत्रिकाओं के कैसे प्राप्त कर सकता है?... इनको पढ़ने के लिए आदमी के पास शिक्षा का होना आवश्यक है। शिक्षा की आवश्यकता जिस तरीके से पेट की भूख को...
- कोई भी ऐसा नहीं है जिसकी कि आप गलती न बताते हो, लेकिन अपनी गलती?... अपनी गलती पर तो आप विचार भी नहीं करते। अगर आप अपनी गलतियों पर विचार करना शुरू करें, अपनी स्वयं की सम...
- कोई भी सुना देगा?... कोई भी सुनाएगा तो हम किस्सा सुन लेंगे। भाई साहब! रामायण सुना दीजिए? हम रामायण सुना देंगे। क्या थी रा...
- कोई माँ गाली देने की अभ्यस्त है और लड़ाई-झगड़ा करने की अभ्यस्त है, माँ को कैसे घर से निकाल दिया जाए?... घर का वातावरण सही रखना हर के बस का काम नहीं है। किसी-किसी से ही बन पड़ता है। अच्छे वातावरण में जब तक ...
- कोई सेवा नहीं और ईश्वर का भजन क्या हो सकता है?... आत्मचिन्तन, आत्मशोधन, आत्मनिर्माण और आत्मविकास के लिए आदमी एकान्त में बैठता है। समझ में आ गया, लेकिन ई...
- कोयले और हीरे में रासायनिक दृष्टि से कोई फर्क नहीं?... कोयले का ही परिष्कृत रूप हीरा है। खनिज में से जो धातुएँ निकलती हैं, कच्ची होती हैं, लेकिन जब पकाकर क...
- कौन आदमी था वह?... उसका नाम था कुम्भकरण। वह छह महीने जागा करता था। रावण को यह विचार आया कि कुम्भकरण यदि जागकर के खड़ा हो...
- कौन करेगा किसकी सेवा?... वह करेगा और उसकी करेगा जिसको वह मोहब्बत करता है। तो आप अपनी मोहब्बत को बदल डालिए और उसका दायरा बढ़ाइ...
- कौन करेगा पाप?... किसको पड़ेगा पाप? बाप को?? क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूँगा, जिसने कमा- कमाकर किसी को दिया नहीं। बे...
- कौन करेगा पाप?... किसको पड़ेगा पाप? बाप को। क्यों पड़ेगा? मैं इसे कमीना कहूंगा, जिसने कमा कमाकर किसी को दिया नहीं। बेट...
- कौन काट रहा है इसको?... मुसलमान काट रहे हैं इसको? नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको? तो फिर कौन काटता है? इसको वो काटता है...
- कौन खड़ा हो गया?... चारों धाम की स्थापना करने वाला शंकराचार्य, बौद्ध नास्तिकवाद की जड़ें उखाड़कर हिन्दुस्तान से बाहर करने व...
- कौन चलाता है?... बेटे पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवाईजहाज रखा रहेगा। मशीनें कितनी बड़ी क्यों न हों, ऑटोमैटिक क...
- कौन जलता रहता है?... तारे जलते रहते हैं और छोटे बच्चे उनको दुआएँ देते रहते है। थैंक्यू। ट्विकिल-ट्विकिल लिटिल स्टार, हाऊ ...
- कौन जलाता है?... बेटे, यह हमारी विकृत मन:स्थिति जलाती है। विकृत मनःस्थिति का सुधार किए बिना मानवीय समस्याओं का कोई सम...
- कौन जा पहुँचे?... तुलसीदास। यही तुलसीदास जब हिम्मत वाले, साहस वाले तुलसीदास बन गए प्रतिभा वाले तुलसीदास बन गए तब वे सं...
- कौन बनना चाहता है?... पति बनना चाहता है या भक्त बनना चाहता है? यह क्या कह रहा है गंदे मुँह से। बेटे, देवी हमारी माँ है। मा...
- कौन भी जगह?... ऋषिकेश में। ऋषिकेश में वह पुराणों की कथाएँ कहते थे। शौनक जी पूछते थे और सूत जी कहते थे। दोनों ही कथा...
- कौन ले गया घड़ी?... कैसे बिगाड़ दी आपने घड़ी? घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति? अगर इसको बेच...
- कौन सा आदर्श?... ? जिसमें हम जवान औरत को जिस भावना से और दृष्टि से देखते हैं वह, हम माँ की तरह से देखते हैं। उस भावना...
- कौन सा इष्टदेव बनाऊँ?... जो भी आपका मन हो, बना लीजिए लेकिन ध्यान पूरा कीजिए। इष्टदेव का आप ध्यान करेंगे तो क्या हो जाएगा? इष्...
- कौन सा इष्टदेव?... जो भी आपने तय किया हो। महाराज जी! कौन सा इष्टदेव बनाऊँ? जो भी आपका मन हो, बना लीजिए लेकिन ध्यान पूरा...
- कौन सा वाला?... जो दूसरों की सहायता करता है। आप पहले अपना सम्मान प्राप्त कीजिए।मित्रो! लोग सम्मान नहीं देते, सम्मान ...
- कौन सा है डैम चीप तरीका?... गंगा जी में नहाइये और पाप बहाइए पाप-दण्ड बहाइए। चाहे जितना पाप कीजिए। हर साल सौ मन पाप कीजिए, एक बार ...
- कौन सा है, वह देव?... उस देवता का नाम है-''आत्मदेव''। अपने आप की पूजा अगर हम कर पाएँ अपने आप को हम अगर सँभाल पाएँ सुधार पा...
- कौन सी ऐसी चीज है जो आप घर पर नहीं कर सकते थे?... खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताए गए हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे? क्यों नहीं कर सकते ...
- कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं?... यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे? जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्...
- कौन सी को?... उपासना वाली को, जिसमें यह बताया गया हैं कि उपासना के समय कर्मकाण्डों के साथ- साथ किस तरह से हमारे वि...
- कौन सी गुफा में?... मैंने बताया तो था, अपने मन की गुफा में। अपने मन में एक ऐसी गुफा बना ले, अपने मस्तिष्क में एक ऐसी दुन...
- कौन सी देवी है?... समर्पण जिसका उद्देश्य है। समर्पण जिसका स्वभाव, समर्पण जिसकी प्रकृति है।मित्रो! देवी है वह। कौन? जिसन...
- कौन सी परम्पराएँ?... जिनको हम दैवीय परम्पराएँ कहते हैं। दैवीय परम्पराएँ क्या होती हैं? तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना,...
- कौन सी पाँचवीं उपासना है?... उसका नाम है-अपरिग्रह। अपरिग्रह के साथ में एक और बात जुड़ी है, इसलिए इसे दो भी कह सकते हैं। उसका अर्थ...
- कौन सी पार्टी है आपकी?... आपने तो पहले ही कह दिया था कि कांग्रेस को बोट देंगे। अरे साहब! ध्यान नहीं रहा। आप तो वो मालूम पड़ते ह...
- कौन सी बैंक में रखा हुआ है?... ये सब लोग जो बैठे हैं, इनका नाम बैंक है। हमको अगर आवश्यकता पड़े और कहें कि दस-दस रुपए का मनीऑर्डर भेज...
- कौन सी बैंक?... जिस बैंक से हमारा ईमानदारी का एग्रीमेंट है। उसने हमारी शाख बढ़ा दी है। अब आपकी पचास हजार की शाख है और...
- कौन सी लाश?... यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माला घुमाने वाली लाश। तो यह अध्यात्म नहीं है? नहीं बेटे, यह अध...
- कौन सी वाली?... जो आप लिए फिरते हैं कि अमुक मंत्र का जप करेंगे और पैसा कमाएँगे। आप भगवान के साथ मखौल करते हैं, सिद्ध...
- कौन सी शर्त है?... अब हम आपको यही समझाने वाले हैं। जिसके लिए हम आपको अब मजबूर करने वाले हैं, जिसके लिए हम दबाव डालने वा...
- कौन सी हिम्मत?... आप भगवान की माँग को तलाश करें और उसको पूरा करने की कोशिश करें। भगवान की कुछ माँगें होती हैं। उनने आप...
- कौन से आदमी?... वे जो मारकर डाल देते थे, उनको मैं ज्यादा पसन्द करता हूँ क्योंकि तब आदमी को मारकर खत्म कर देते थे, लेक...
- कौन से बाबाजी?... ये साठ लाख भिखमंगे। सात लाख गाँव और आठ लाख बाबाजी। सात अट्ठे छप्पन और सात नामे तिरसठ। हर गाँव पीछे स...
- कौन से भगवान को?... जो हमारी मनोकामना पूरी करने में सहायता करता है, उस भगवान को उन्होंने मारकर फेंक दिया है। जैन धर्म मे...
- कौन है तू?... ? देवी का जँवाई है? चांडाल कहीं का-देवी को हमारी सहायता करनी चाहिए थी। किस बात की देवी सहायता करें? ...
- कौन है यह?... लेक्चरर है। अरे यह चालाक आदमी है, बदमाश आदमी है। लोगों को बहकाने के लिए आ गया है। अभी ही हो गया है, ...
- कौन हैं आप?... हम तो भूत हैं। अरे तृ तो अभी जिन्दा है। नहीं महाराज जी! भूत हूँ। भूत कैसा होता है? जिसकी इच्छाएँ वस्त...
- कौन- कौन सी विधियाँ हैं?... पवित्रिकरण है, आचमन है, प्राणायाम है, न्यास है। ये आपने हमारे सब पुस्तकों में पढ़े होंगे। इन सब क्रि...
- कौन-कौन आए थे?... देवताओं ने कहा कि आपके साथ-साथ मनुष्यों के रूप में, मनुष्यों के वेश में हम जाएँगे, जन्म लेंगे। मनुष्...
- कौन-कौन चलता है?... एक हम चलते हैं और एक हमारा प्राण चलता है, एक हमारा जीवट चलता है और एक हमारी हिम्मत चलती है और कोई चल...
- कौन-कौन चौंक पड़े?... बेटे, उनमें से एक का नाम आम्रपाली है, जो दुनिया को गिराने वाली एक महिला थी। लेकिन जब उसने जिन्दगी की ...
- कौन-कौन निवास करता है?... शरीर नहीं, चमड़ी नहीं। चमड़ी को ही तो आप स्नान करा देते हैं। इससे कोई काम नहीं बनने वाला है। चमड़ी को स...
- कौन-कौन ने पाई हैं?... चंद बच्चों के नाम बता सकता हूँ। कंस से लड़ने के लिए श्रीकृष्ण भगवान गए थे। तब वे कितने छोटे थे। बच्चा...
- कौन-कौन सी हैं?... आप में से अधिकांश लोगों को वह मंत्र शायद याद होगा। यदि नहीं याद हो तो आप फिर समझ सकते हैं और इसे याद...
- कौन-कौन से ये चार पत्थर हैं, जो आपके सिर पर सवार हैं?... ये चारों हैं-काम, क्रोध, लोभ और मोह। इन्हें गिरा दें, फिर भगवान को देखें। बेटे! प्राणायाम के द्वारा ...
- कौन-कौन हिस्सेदार हैं?... एक हमारा शरीर और एक हमारी जीवात्मा। एक हमारा कलेवर और एक हमारा प्राण। इसका जो मुनाफा होता हो, दोनों ...
- क्या अच्छे चित्रों का प्रकाशन करने के लिए पूँजी की जरूरत नहीं है?... पूँजी का आह्वान है। हम पूँजी का आह्वान करेंगे और कहेंगे कि जिन लोगों के पास पूँजी है, उन लोगों को पू...
- क्या अर्थ निकला?... प्राय: पौराणिक कहानियों को लोग इतिहास मान लेते हैं। गलती तो गलती है, मैं क्या कह सकता हूँ। वास्तव मे...
- क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे?... यदि हाँ तो हम आपको शक्ति दिलाएँगे। ब्रह्मवर्चस साधना में हम आपको शक्ति देने के लिए बुलाते हैं, पर आप...
- क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत इकट्ठी कर सकते हैं?... इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही सवाल पूछते रहते हैं कि क्या आप इस शानदार समय को पहचान...
- क्या आप इस लोभ और मोह से, अपने वासना और तृष्णा के बन्धनों को काटते हुए अंगद के तरीके से चलने के लिए तैयार हैं?... मित्रो! मैं आपको अंगद के तरीके से सन्देशवाहक बनाकर के भेजता हूँ। मेरे गुरु ने मुझे सन्देशवाहक बनाकर भे...
- क्या आप इसी खेल- खिलवाड़ के अध्यात्म समझते हैं और इसी से सब कुछ पा लेना चाहते हैं?... नहीं, अध्यात्म इतना सस्ता नहीं हो सकता। अध्यात्म महँगा है और आपको इसकी महँगी कीमत चुकाने के लिए तैया...
- क्या आप कुछ पैसे इकट्ठा करा सकते हैं?... हाँ गुरुजी। हम करा देंगे। कितना? पच्चीस हजार का तो हमारा वायदा है, फिर आगे आपका भाग्य है।...
- क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं?... क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत इकट्ठी कर सकते हैं? इसीलिए बुलाते हैं और हर एक आदमी से बार-बार यही ...
- क्या आप मीठे वचन कहकर वह काम नहीं करा सकते, जो आप कड़ुवे वचन बोलकर या गाली देकर कराना चाहते है, वह प्यार भरे शब्द, सहानुभूति भरे शब्द कहकर नहीं करा सकते?... करा सकते है। जिह्वा ही नहीं, हर इंद्रिय का सदुपयोग करें मित्रो! ये जिह्वा का संकेत है, जो हम बार बार...
- क्या आप मीठे वचन कहकर वह काम नहीं करा सकते, जो आप कड़ुवे वचन बोलकर या गाली देकर कराना चाहते हैं, वह प्यार भरे शब्द, सहानुभूति भरे शब्द कहकर नहीं करा सकते?... करा सकते है। जिह्वा ही नहीं, हर इंद्रिय का सदुपयोग करें मित्रो! ये जिह्वा का संकेत है, जो हम बार- बा...
- क्या आप मुसीबत में जहाँ के तहाँ हृदयहीन बने बैठे रहेंगे, मदद नहीं करेंगे?... जाग्रत आत्माओं को आपत्तिकाल ने पुकारा है कि आप राहत कार्यों के लिए मदद कीजिए। राहत कार्यं केवल बाढ़ ...
- क्या आप वहाँ भी यही हिंदुओं की तरह क्रान्ति करेंगे?... बेटे, यहीं क्रान्ति मैं वहाँ भी कर सकता हूँ। फिर बहुत जगह मेरे ट्रांसफर बने हुए पड़े हैं? मैं बिस्तर ...
- क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं?... अरे साहब! इनके क्या कहने? इन्होंने को वहाँ गाया था, नाचा था, बड़े गजब का था। ये श्रीकृष्ण भगवान हैं।...
- क्या आप समय को पहचान सकते हैं?... क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं? क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत इकट्ठी कर सकते हैं? इसीलिए बुल...
- क्या आप हमारे काम नहीं आएँगे?... आप हमारे काम आइए और हम आपके काम आएँगे। अब हमारा हर एक कार्यक्रम में जाना नहीं हो सकेगा, लेकिन आप में...
- क्या आपकी अकल इतनी मदद करेगी कि आप इस शानदार समय को पहचान लें?... अगर आपकी अकल इतनी सहायता कर दे और यह बता दे कि यह बहुत ही शानदार समय है तो फिर हम आपको एक और सलाह द...
- क्या आपके लिए ऐसा सम्भव है?... क्या आप अपना चिन्तन और अपने विचार बदल सकेंगे? यदि हाँ तो हम आपको शक्ति दिलाएँगे। ब्रह्मवर्चस साधना मे...
- क्या आपके लिए यह सम्भव है कि आप अपने जीवन में त्याग का, सेवा का, बलिदान का, परोपकार का और परमार्थ का कोई प्रमाण दे सकते हैं कि नहीं?... मित्रो! अभी ये लड़कियाँ गा रही थी और मेरे मन में भी लहर आ रही थी। वे गा रही थीं, "जरूरत आ पड़ी ह...
- क्या आपने सावित्री सत्यवान की कहानी पढ़ी है?... पढ़ी होगी तो जानते होंगे कि फिर क्या हुआ था? राजकुमारी से विवाह करने के बाद सत्यवान के जीवन में एक वक...
- क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए?... हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो, तो मन्दिरों का यही रूप बना रहने देना चाहिए। ...
- क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए?... हो अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो तो मन्दिरों का यही रूप बना रहने देना चाहिए। अगर...
- क्या इनका पूरा होना जरूरी है?... बिलकुल जरूरी नहीं है, क्योंकि ये दुनिया, ये परिस्थितियों केवल आपके लिए थोड़े ही बनी हैं। आप अनुकूल प...
- क्या इनसान भगवान हो सकता है?... हाँ बिलकुल हो सकता है, अगर उसको प्रकाश मिल जाए तब, लेकिन अगर अन्धकार मिल जाए तो उसकी ऐसी मिट्टी पलीद ...
- क्या इसमें से कुछ समय, श्रम और धन बचाया जा सकता था?... यदि बचत हो सकती थी और अधिक व्यय कर डाला गया तो उसे असंयम का एक चिह्न मानना चाहिए और अगले दिन के लिए ...
- क्या इससे ये दूर हो जाएँगे?... नहीं, इससे ये दूर नहीं हो सकते।फिर कैसे दूर हो सकते हैं? मित्रो। दैत्यों को मारने के लिए देवता का पै...
- क्या उत्तर है?... यही कि आदमी के भीतर की मोहब्बत का ही दूसरा नाम आनन्द है। उसी का नाम प्यार है। उसी का नाम प्रसन्नता है...
- क्या एक आदमी नियम बनाने के लिए आश्वासन दे सकता है?... नहीं, एक आदमी के वश की बात नहीं है। एक आदमी फिजाँ बदल सकता है? एक आदमी नया जमाना ला सकता है? एक आदमी...
- क्या ऐसा कोई कल्पवृक्ष होना सम्भव है?... हो एक कल्पवृक्ष है और वह है-हमारा जीवन। हम अपने जीवन की महिमा को, गरिमा को समझ पाएँ। जीवन के महत्त्व...
- क्या ऐसा सम्भव हो सकता है?... नहीं, ऐसा सम्भव नहीं हो सकता। स्वे स्वे आचरेण शिक्षयेत् इसीलिए मित्रो! देवताओं को क्या करना पड़ा कि अ...
- क्या ऐसा हो सकता है?... हाँ बेटे! हो सकता है। जहाँ कहीं भी ऐसी श्रेष्ठ मनःस्थिति रहेगी, वहाँ की सारी परिस्थितियाँ वातावरण को...
- क्या कदम बढाना चाहिए?... मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है और यह बता दिया है कि जि...
- क्या कर दिया?... आपके लिए एक वातावरण बनाकर के हमने रख दिया यहाँ शान्तिकुञ्ज में। यहाँ क्यों बुलाया है आपको? वातावरण क...
- क्या कर रहे हैं?... बच्चों जैसी उलटी पुलटी हरकतें करते हैं। मम्मी हम यह घर बना रहे हैं: हाँ बहुत खूब बेटे, अच्छा है घर ब...
- क्या करते हैं साहब?... हम तो अनाथों का पालन करते है। बेटे! तेरी दृष्टि में फर्क रहा तो कुछ बनेगा नहीं। हवन भी एक तमाशा अच्छ...
- क्या करना चाहते हैं?... सरल रास्ता बताइए इंग्लैण्ड जाने का। इंग्लैण्ड जाने का सरल रास्ता जानना चाहते हैं?? कैसा सरल रास्ता ब...
- क्या करना चाहते हैं?... सरल रास्ता बताइए इंग्लैंड जाने का। इंग्लैंड जाने का रास्ता जानना चाहते हैं? कैसा सरल रास्ता बताऊं बे...
- क्या करना चाहिए था आपको?... फिर आपको हमसे नया मंत्र पूछना चाहिए था। अगर आपका मकसद यह था कि हमको भी रावण के तरीके से मालदार और दौ...
- क्या करना चाहिए?... अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिए अपने कुटुम्ब और परिवार के बारे में ठीक वही नीति निर्ध...
- क्या करना चाहिए?... विचारों के साथ- साथ में हमारे अन्दर भावना का समावेश होना चाहिए। भावना का अर्थ यह है कि इसके अन्दर तड़प...
- क्या करना चाहिए?... मैं यह कह रहा था कि आध्यात्मिकता के मौलिक आधारों का प्रतिपादन होना चाहिए, ताकि उससे हम वास्तविक फायद...
- क्या करना चाहिए?... बाबाजी ने कहा कि अच्छा तो बेटा! तू ऐसा कर कि चार भारी भारी पत्थर ले और उन्हें सिर पर रखकर चल। कहाँ च...
- क्या करना चाहिए?... वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहार ऐसा होना चाहिए जिसमें पूरे तरीके से सात्त्विकता का समावेश हो...
- क्या करना चाहिए?... आपको एक काम करना पड़ेगा। क्या? इस दुनिया में सबसे बड़ी दिक्कत यह पड़ती है कि आदमी अपनी बहुत सारी इच्छाए...
- क्या करना चाहिए?... इतना सब कुछ कर लेने के बाद जप और ध्यान करना चाहिए। जप किसका करना चाहिए? कितना करना चाहिए? गायत्रीमंत...
- क्या करना पड़ा है?... यही बताने के लिए मैं आपको बुलाता हूँ।मित्रों भगवत् भक्तों के प्राचीनकाल के इतिहास में से एक भी भक्त ...
- क्या करना पड़ेगा इसके लिए?... इसका नाम प्रज्ञायोग रखा है हमने क्योंकि इसमें कई चीजें शुमार हैं। इसलिए प्रज्ञयोग की साधना, हम सब लो...
- क्या करना पड़ेगा?... आपको आध्यात्मिक जीवन में पात्रता का विकास करना होगा। तभी आवाज की प्रतिध्वनि की भाँति भगवान के अनुग्र...
- क्या करना पड़ेगा?... भगवान के क्रियाकलापों में हिस्सेदारी करने के लिए हमको उनकी सहायता के लिए उनके सुंदर उद्यान को सुरम्य...
- क्या करना पड़ेगा?... आपको भगवान का प्यार पाने के लिए, भगवान का अनुग्रह पाने के लिए भगवान की सहायता माने के लिए, भगवान की ...
- क्या करना पड़ेगा?... आपको असलियत समझनी पगी। असलियत कड़वी है तो रहे, भक्ति का विज्ञान आपको जानना चाहिए। भक्ति का विज्ञान ह...
- क्या करना पड़ेगा?... अब मैंने आपको इसलिए बुलाया है कि हमको आपकी आवश्यकता आ पड़ी है। हम तीस साल से कुटुम्ब बनाकर रह रहे थे ...
- क्या करना पड़ेगा?... उसके लिए दैवी संस्कृति की सभ्यता की स्थापना करनी पड़ेगी, ताकि लोगों के भीतर से उमंगें, लोगों के भीतर...
- क्या करना पड़ेगा?... मैं चाहता हूँ कि आप में से प्रत्येक व्यक्ति ईश्वर की साझेदारी शुरू करे। जैसे मैंने अपने गुरु की साझे...
- क्या करना पड़ेगा?... जलता हुआ दीपक जहाँ भी जाएगा, वहाँ प्रकाश पैदा करेगा। जिसके पास व्यक्तित्व है, ऐसा व्यक्तित्व सम्पन्न ...
- क्या करना पड़ेगा?... आज के जमाने में सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि हमको जन जन के पास जाकर के उनकी बेअकली को दूर करना पड़ेगा। ...
- क्या करना पड़ेगा?... भारतीय सभ्यता और संस्कृति को जिन्दा रखने के लिए बुद्ध ने जो कदम उठाए उसने अपने-अपने मित्रों और शिष्यो...
- क्या करना है?... सवेरे उठना चाहिए, नहाना चाहिए, पूजा करनी चाहिए हवन करना चाहिए। ये क्रियाएँ हैं और जनता में क्या करान...
- क्या करना होगा?... आपको भगवान के साथ जुड़ जाना होगा। जुड़ जाने को ही उपासना कहते हैं। उपासना का मतलब ही है-जुड़ जाना-पास ...
- क्या करेंगे इनका?... दैवी सभ्यता का शिक्षण करेंगे और ये दोनों अनीति के विरुद्ध संघर्ष करेंगे। अरे गुरुजी, ये तो छोटे बच्च...
- क्या करेगी देवी?... बालों को खाएगी? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़ाएँ तो? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार...
- क्या कह रहा है?... इसका क्या अर्थ है? यह भी तुझे मालूम है कि नहीं। नहीं महाराज जी! भगवान को क्या अर्थ मालूम जो हम कह दे...
- क्या कहता हूँ मैं इनको?... इनको मैं सम्पत्तियों कहता हूँ। सम्पत्ति जमीन में गड़ी हुई मिल सकती है, बाप-दादों की उत्तराधिकार में भी ...
- क्या कहते हैं?... जो सौभाग्यशाली हैं, उनके सौभाग्य को चमका देने के लिए निष्ठावानों को, अपने भक्तों को सिर और माथे पर र...
- क्या कहा उन्होंने?... राजा परीक्षित ने कहा कि इसका कारण एक है। एक बार हम शिकार खेलने गए और रास्ता भूल गए। हमारे बाकी सारे ...
- क्या काबू में नहीं है?... हनुमान जी से आप चाहते हैं कि हमारा ब्याह-शादी हो जाए और हमारे लड़के के बाल-बच्चे हो जाएँ। एक बार हनुम...
- क्या काम करेंगे?... हमने एक बहुत ही शानदार भवानी तलवार निकाली है। ऐसी शानदार योजना दुनिया में आज तक नहीं बनी। क्या बनी ह...
- क्या कामना है आपकी?... हमारी कामना है कि यह सारी दुनिया हरे रंग की हो जाए और रेल, सड़क, खेत, आदमी सब रंगीन हो जाएँ। अच्छा तो...
- क्या कारण है?... उन्होंने कहा कि राजा परीक्षित! आप नहीं जानते कि ये कौन थे? आपको नहीं मालूम है, परन्तु हमें मालूम है क...
- क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है?... इसका शिक्षण किया जाए। यह शिक्षण करना मानव जाति की, समाज की सबसे बड़ी सेवा है।साथियो! अपने युग निर्माण...
- क्या कीजिएगा इस शरीर को?... तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहिए कि यह आचार्य जी का मरा ...
- क्या कीमत है?... आप अपने आप को उनके हाथों बेच दीजिए और उन्हें अपने हाथों खरीद लीजिए। स्त्री अपने हाथों अपने आप को अपन...
- क्या कोई ऐसा देव होना सम्भव भी है, जो हमारी मनोकामना को पूर्ण करने में समर्थ हो, सके?... जो हमको प्रत्यक्ष फल निश्चित रूप से देने मे समर्थ हो सके-निश्चित फल, प्रत्यक्ष फल, तत्काल फल। क्या क...
- क्या कोई ऐसा भी देवता है, जिसके बारे मे यह कहा जा सके कि इनकी पूजा निरर्थक नहीं जा सकती?... कस्मै देवाय हविषा विधेम। ऐसा देव कौन है?मित्रो! एक देव मेरी समझ में आ गया। यह देवता ऐसा है कि अगर आप...
- क्या क्या चीजें होती हैं, जो हाथ से घुमाई जाती हैं?... बेटे, यह सब मैटेरियल है। जो मैटेरियल या भौतिक चीजें हैं, उनके उपयोग का क्या उद्देश्य होना चाहिए?...
- क्या क्या सामान देता है?... पिता क्या देता है? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए फीस देता है, अपनी कमाई का मकान देता है और तेरी औरत को जे...
- क्या खाते हैं वे लोग?... वही दाल-रोटी खाते हैं। फिर क्या बात है कि वे इतने मोटे हो जाते हैं। वे इतने मजबूत कैसे हो जाते हैं औ...
- क्या खाना चाहता है?... जलेबी, पकौड़े, मिर्च का अचार खाना चाहता है। मिर्च क्या होती है? मिट्टी। नीबू क्या होता हैं?मिट्टी। जल...
- क्या खाया है?... आपने जहर खाया है और वो चीजें खाई हैं जो आपको नहीं खानी चाहिए थीं। आपने जिस तरीके से खाई हैं, उस तरीक...
- क्या गायत्री मंत्र से मेरा उद्धार हो जाएगा?... चंडी के मंत्र से उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है ज...
- क्या गायत्री मंत्र से मेरा उद्धार हो जाएगा?... चंडी के मंत्र के उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा? बेटे, इसमें बस इतना फर्क है ज...
- क्या चक्कर है?... वह शंकर सब पता लगा लेते थे। खोज करने के अर्थ में सूँघना आता है। यह गन्ध के अर्थ में नहीं आता। नसोर्मे...
- क्या चढ़ाएँगे और कहाँ चढ़ाएँगे?... चन्दन चढ़ाने से, अक्षत चढ़ाने से, चीज खिलाने से, उसकी प्रशंसा करने से क्या वह प्रसन्न हो जाएगा? बेटे!...
- क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?... क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका अवसर नहीं है, जिससे कि लोगों के भावी को परिष्कृत किया जाए? क्...
- क्या चमत्कार है?... देखिए पच्चीस हजार रुपये का सामान था, हमारे घर में, हमने दियासलाई की एक तीली से जला दिया। कमाल है न व...
- क्या चमत्कार हैं?... देखिए पच्चीस हजार रुपए का सामान था हमारे घर में, हमने दियासलाई की एक तीली से जला दिया। कमाल है न। वा...
- क्या चला जाएगा?... आपका स्वाभिमान चला जाएगा। आप किसी से बिना कीमत चुकाए, एहसान में कोई चीज ले लेते हैं, तो आपका सिर नीच...
- क्या चाय बागानों में ही लोगों की पूँजी लगती रहेगी?... क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की प...
- क्या चाहते हैं आप?... बेटा चाहते हैं, मकान और रुपया-पैसा चाहते हैं, और क्या चाहते हैं? बस, ये ही चीजें चाहते हैं। मिट्टी च...
- क्या चाहते हैं?... मिट्टी का सम्पर्क मिट्टी का सहयोग चाहते हैं। हमारी वासनाएँ तृष्णाएँ भौतिक हैं। क्या चाहते हैं आप? बेट...
- क्या चीज देंगे?... देने को तो हमारे पास कुछ है ही नहीं। अच्छा तो आपका मतलब है कि आपके पास पैसा नहीं है, आपको पैसा चाहिए...
- क्या चीज बिखेरते जाएँगे?... बेटे! एक गन्दी कहावत है-एक थी छछूँदर। उसने सिर पर चमेली का तेल लगा लिया। चमेली का तेल इसलिए लगाया था ...
- क्या छिपी हुई है?... इसके पीछे भगवान की मूर्ति छिपी हुई है। शंकर जी की जब मूर्ति स्थापित की जाती है तो उसमें यह विशेषता ह...
- क्या जल्दी पड़ी हुई है?... जिस तरीके से जब युद्ध होता है, तो जवान आदमी मारे जाते हैं और स्कूलों से अठारह वर्ष से अधिक उम्र के स...
- क्या तरीका बताएँ?... कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे काबू में आ जाए, देवी हमारे काबू में आ जाए फलानी हमारे काबू म...
- क्या तुझे इसीलिए शक्ति दी है?... रामकृष्ण परमहंस को आँखों ने वहाँ से देखा और कहा कि स्वयं के लिए, अपने लिए, विलासिता के लिए मेरी शक्त...
- क्या तुम इसी तरीके से वासना में अपनी जिन्दगी खत्म कर दोगे?... तुमको भगवान की भक्ति में लग जाना चाहिए और जितना हमको प्यार करते हो, उतना ही भगवान से करो, तो मजा आ ज...
- क्या थी रामायण की कथा?... सुनिए रामचंद्र जी थे और उनके तीन भाई थे। एक बाप था, जिसने राम को वनवास दे दिया। वे बीबी को लेकर जंगल...
- क्या देखना चाहता है?... गुरुजी! सब कुछ देखना चाहता हूँ। बेटे, इन आँखों से नहीं देखा जा सकता। इसको देखने के लिए माइक्रोस्कोप ...
- क्या देना है?... इस शरीर को ख्याति देनी है, यश देना है, अजर अमर बनाना है। लोगों की निगाहों में इज्जतदार बनाना है, जिस...
- क्या दो शर्तें हैं?... साथियों! भगवान ने, देवताओं ने, ऋषियों ने दुनिया में एक से एक बड़ी मनोकामनाएँ पूरी की हैं, पर उसकी दो...
- क्या न करें?... आप अच्छे बनें। समाज सेवा करने से पहले यह आवश्यक है कि हम उसकी सेवा के लायक हथियार तो अपने आप को बना ...
- क्या नफा दे देंगे?... हम आपको ब्याज दे देंगे। ब्याज हमारा रुपया नहीं! हाँ ब्याज आपका तो नहीं है, पर हम आपको दे देंगे। कौन ...
- क्या नमूना पेश किया?... उनका बेटा राहुल आया और बोला, पिताजी! हम आपके अंश-वंश से पैदा हुए हैं। हाँ बेटे, तुम हमारे अंश-वंश से...
- क्या नहीं है?... हम कुछ नहीं सोंचते। जो मुँह में आता है उल्लम- गल्लम वही हम बकते रहते हैं। यह न बक करके एक- एक शब्द क...
- क्या नाम दिया गया है?... उसका नाम दिया गया है पुरोहित। पुरोहित किसे कहते हैं? पुरोहित उसे कहते हैं, जो मार्ग दिखाता है, रास्त...
- क्या नुकसान किया है?... आदमी को परावलम्बी बना दिया है। परावलम्बन माने दूसरों की तरफ मुँह ताकने वाला, दूसरों से अपेक्षाएँ करन...
- क्या नुकसान हो जाएगा?... जैसे ही चीज मिलेगी उससे ज्यादा कीमती चीज हाथ से चली जाएगी। क्या चला जाएगा? आपका स्वाभिमान चला जाएगा।...
- क्या न्यूनतम रखना चाहते हैं?... यह रखना चाहते हैं कि घर का प्रत्येक व्यक्ति भोजन करने से पहले वह जो चित्र आपने स्थापित किया है, उसको...
- क्या पत्थर की देवी भक्ति और शक्ति दे सकती है?... यह तो विवेकानन्द की उस देवी के प्रति श्रद्धा थी, जिसके द्वारा उन्हें उनकी भक्ति और शक्ति मिल गई और व...
- क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका अवसर नहीं है, जिससे कि लोगों के भावी को परिष्कृत किया जाए?... क्या पूँजी सस्ता साहित्य प्रकाशित करने में नहीं लगाई जा सकती। ईसाइयों की बाइबिल जिस तरह से सस्ते में...
- क्या पूछ करके आना?... यह पूछकर आना तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है? बेटी खाना खाएगी, तो मुँह चलाएगी। इससे...
- क्या पोस्ट है आपकी?... लेक्चरर। आप क्या काम करते हैं? अरे साहब! लेक्चर झाड़ने का पैसा कमाते हैं। धत तेरे की? और कुछ काम करते...
- क्या फर्क था?... ये लड़का जो पीछे आया था, सेठ जी का जँवाई था। जँवाई क्या होता है? जँवाई उसे कहते हैं जिसके साथ लड़की क...
- क्या फायदा कर लिया उसने?... कुछ नहीं कर सका।मित्रो, इसी तरह हिरण्याक्ष से लेकर हिरण्यकशिपु तक, कंस से लेकर जरासन्ध तक और मरीचि स...
- क्या फायदा हो सकता है?... आप तो अंदाज नहीं लगा पा रहे हैं, लेकिन हनुमान जी ने लगा लिया था और वह हिम्मत दिखाई थी जो आदर्शों को ...
- क्या बताना चाहिए था?... वह बताना चाहिए था, जिस शानदार अध्यात्म के लिए मैंने आपको बुलाया है। जिसके लिए मैं आपको अनुष्ठान करान...
- क्या बनी है?... हमने हर दिन हर पढ़े-लिखे को नियमित रूप से बिना मूल्य युग साहित्य पढ़ाने की योजना बनाई है। आप पढ़े-लिखे ...
- क्या बात थी कि 'छह महीने जागूँ और एक दिन सोऊँ' का वरदान न माँग सका?... अकल खराब थी उसकी। उसके मुँह से निकल गया कि 'छह महीने सोऊँ और एक दिन जागूँ।' वह छला गया। अगर वह नेपो...
- क्या बात बिगड़ जाएगी?... दुनिया में ऐसे भी हैं, जो ज्यादा पड़े नहीं हैं। आप मैट्रिक पास रहेंगे तो क्या आफत आ जाएगी? नहीं साहब!...
- क्या बात है?... आप सिनेमा भी देखते हैं, सिगरेट भी पीते हैं, दिन में छह कप चाय भी पी जाते हैं। आप कौन हैं? आप रिक्शे ...
- क्या बात है?... बेटे! मौसम अनुकूल होगा तो बात बन जाएगी। हवा अनुकूल होती है तो नावें पीछे से आगे की ओर धकेलती जाती है...
- क्या बाबा आदम के जमाने की बातें करते रहते हैं?... जिससे न हमारा कोई उद्देश्य पूरा होता है और न कोई शिक्षा मिलती है। गढ़े मुरदे उखाड़ने से क्या काम बनता ...
- क्या मंत्र है?... ॐ अग्निमीले पुरोहितं यज्ञस्य दैवमृत्विजम्। होतारं रत्नधातमम्। यह पहला वाला मंत्र है। इसमें यज्ञ की प...
- क्या मजाल है कि कौआ उसमें झपट्टा मार दे?... उसमें उसके बच्चे मौज के साथ बैठे देखते रहते हैं। कोई आदमी सड़क पर से जब निकलता है, तो उस घोंसले को द...
- क्या मतलब है आपका?... यह मतलब है कि असली रुद्राक्ष को माला है तो शंकर जी प्रसन्न हो सकते है और अगर नकली होगी तो नाराज हो स...
- क्या मतलब है आपका?... अपनी बात क्यों नहीं कहते? अरे कोई बात हो तो बताओ? नहीं कुछ नहीं। तो चल भाग यहाँ से। बेटे, आपको कहना ...
- क्या मतलब है इनका?... ये कहानी एक आधा घण्टे में समझाई जा सकती है। इसी तरीके से मुसलमान आए उसके बाद दूसरा आया, तीसरा बैठा, च...
- क्या मतलब है इसका?... यह आश्वत्थम प्राहुरव्ययम् अर्थात पीपल का पेड़ है जिसकी टाँगें ऊपर हैं, जड़ेऊपर हैं और उसकी शाखाएँ एव...
- क्या मतलब है?... महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ छिप गया। कहाँ लिया गया? झाड़ी में। अब हम इस चक्...
- क्या मतलब है?... मन लगाने से मतलब यह है कि मन भागना नहीं चाहिए और उपासना में लगना चाहिए। महाराज जी, यही तो हमको शिकाय...
- क्या मतलब है?... जप करने से हमारा मतलब देवपूजन से है। इसमें देवपूजन के साथ आत्मशोधन की दो क्रियाएँ जुड़ी हुई हैं। यह द...
- क्या माँगें हैं भगवान की?... आप अखण्ड ज्योति के सब पाठक हैं और जानते हैं कि प्रज्ञावतार ने क्या माँगा है? प्रज्ञावतार ने यह माँगा...
- क्या मिलता है आपको?... ६५० रुपए मिलते हैं। अच्छा तो हम आपको ७५० रुपए दिलाएँगे और जगह दिला देंगे, परन्तु आप तो परिश्रम की क्व...
- क्या मेहरबानी करें?... आप इस चोटी को यहाँ से न काटकर गरदन से काट दीजिए। कारण, चोटी की जड़ यहाँ तक आई है। यदि आप इसे यहाँ से ...
- क्या मैंने ऋषियों की मनोकामनाएँ पूरी की?... हरेक को सताया है, जलाया है, सोने की तरह से तपाया है। फिर तू कहाँ से मनोकामना लेकर आ गया। बेटे ! भगवा...
- क्या मैंने प्रह्लाद की मनोकामना पूरी की?... हरिश्चन्द्र और भगीरथ की मनोकामना पूरी की? क्या मैंने ऋषियों की मनोकामनाएँ पूरी की? हरेक को सताया है,...
- क्या यह उनकी शक्ति थी?... नहीं बेटे, यह भगवान श्रीकृष्ण एवं राम के प्रति उनके समर्पण की शक्ति थी, जिसके बल पर वे इतने शक्तिशाल...
- क्या यह कोई कायाकल्प है लम्बी जिन्दगी का?... इसमें जादू है या कोई दवा है। केवल एक ही जादू की जरूरत है और जिसके शिक्षण का नाम है-संयम। अगर आपके जी...
- क्या यह कोई दवा है?... क्या यह कोई कायाकल्प है लम्बी जिन्दगी का? इसमें जादू है या कोई दवा है। केवल एक ही जादू की जरूरत है और ...
- क्या यह वही टुकड़ा है?... हो यह सुनार का कमाल है। सुनार की साधना है। उसने खाबड़-खूबड़ धातु के टुकड़े को कैसी सुंदर अँगूठी बना द...
- क्या यही भक्ति है?... पागल कहीं का।
मित्रो! भक्ति ऐसी नहीं हो सकती। भक्ति का इन भावों से कोई ताल्लुक नहीं है। ये क्षणिक ...
- क्या यही साझेदारी है?... बेटे, यह साझेदारी नहीं है। तो गुरुजी आप और हम रिश्तेदार हो जाएँ। हाँ फिर क्या करें? आप अपने तीन साल ...
- क्या रँग दें?... हमारा कोट। कैसा रंग दें? गुलाबी रँग दीजिए। अच्छा ला, कहाँ है कोट? तेल में डूबा हुआ, मैल में डूबा हुआ...
- क्या रह गया है?... श्रेष्ठ काम कीजिए त्याग कीजिए बलिदान कीजिए समाज सेवा कीजिए अमुक काम कीजिए। पर इनका सफाया किसने कर दि...
- क्या रास्ता है आपका?... हमारा रास्ता है, त्याग और बलिदान का। किसने त्याग और बलिदान के रास्ते पर कदम बढ़ाए? एक लाख शिष्य और सव...
- क्या ले गया?... दो रुपया। कितनी बार कहा, कितना दीन बना, धन्यवाद कहा, तब जाकर के सेठ जी की कृपा से, मुनीम जी की सिफार...
- क्या लेखनी बेकार है?... नहीं बेटे! बेकार नहीं है। वह जानकारी देने में समर्थ हो सकती है। जीभ का भी यही हाल है। कितने सारे पंड...
- क्या वजह है इसकी?... हम में और तुलसीदास जी में क्या अन्तर है? एक अन्तर है। नाक, आँख, कान, दाँत और हाथ-पाँव सब बराबर हैं, पर...
- क्या वजह है साहब?... वही चीज आपने बोया, वही हमने बोया। बीज और बोना तो समान रहा, लेकिन जमीन का तो जमीन- आसमान का फर्क रहा।...
- क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी?... क्या चमड़े का व्यवसाय करने में ही लोगों की पूँजी लगी रहेगी? क्या पूँजी को ऐसे काम करने के लिए मौका अ...
- क्या वस्त्र दे सकता है?... उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका में जन्मे हैं तो आपका स्त...
- क्या वह मिठाई खाती है, महल बनाती है?... नहीं बेटे, ऐसी नहीं होती है, दैवीय सभ्यता। दैवीय सभ्यता ऐसी होती है, जिसमें एक ही वृत्ति रहती हैं, &...
- क्या विधि बताऊँ?... नहीं महाराज जी! बीजमंत्र लगाने की विधि बताइए। बताऊँ तेरा सिर, बेहूदा कहीं का। विधियों पूछता है। विधि...
- क्या विशेषता है बया में?... कोई विशेषता नहीं है बेटे, मन लगाकर कोई भी काम करो, तो शानदार होता हैं। मन लगाकर काम नहीं किया (जाए त...
- क्या वे कौम के माली हैं?... इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता है, वे फूल लेकर के जाते ह...
- क्या वे पड़े-लिखे नहीं है?... विद्या उनको नहीं आती। नहीं साहब, वह तो शिक्षा ने ऐसा बना दिया हमें। तो शिक्षा ने हमें ही बना दिया, उ...
- क्या वे भगवान शंकर हमारी कठिनाइयों का समाधान नहीं कर सकते?... क्या हमारी उन्नति में कोई सहयोग नहीं दे सकते? भगवान को देना चाहिए, हम उनके प्यारे हैं, उपासक हैं। हम...
- क्या वे माला घुमाते थे?... नहीं बेटे, वे माला नहीं घुमाते थे, वरन वे सारे दिन समाज की सेवा किया करते थे। आज तो जो सबसे घटिया का...
- क्या वो पढ़े-लिखे नहीं हैं?... क्या हिंदुओं के लड़के पढ़े-लिखे हैं? क्या हिंदुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं? क्या हिं...
- क्या वो पढ़े-लिखे हुए नहीं हैं?... क्या सारी अकल आपके ही हिस्से में आ गई है। क्या वे पड़े-लिखे नहीं है? विद्या उनको नहीं आती। नहीं साहब...
- क्या शामिल कर ले?... स्कूल में पढ़ाई करें और पढ़ाई के बाद नौकरी करें। नहीं साहब, पढ़ाई के साथ ही नौकरी मिल जाए तो अच्छा ह...
- क्या शिकायत है?... मन भाग जाता है, अच्छा तो आपको यह शिकायत है। चलिए हम बताते हैं, फिर मन भाग जाए तो आप हमसे कहना। अब क्...
- क्या श्रीकृष्ण भगवान ने महाभारत किया था?... हाँ किया था, लेकिन अकेले नहीं, वरन निन्यानवे आदमियों ने किया था महाभारत। युग बदलने में एक आदमी काम न...
- क्या सम्भावना है?... हाँ, सौ फीसदी सम्भावना है। महाराज जी! आप तो ऐसे ही सपने देखते हैं। हाँ बेटे, हमने सपने ही देखे हैं और...
- क्या समझदारी थी उसकी?... राजस्थान का एक जाट मेले में गया। वहाँ बहुत तेज धूप पड़ रही थी। राजस्थान में धूप बहुत पड़ती है। कहीं को...
- क्या समझा आपने?... क्या जाना? अब हम आपको यह बताना चाहेंगे कि गायत्री मंत्र के ज्ञान और विज्ञान में जिसकी कि व्याख्यास्व...
- क्या सहायता करता है?... सर्वश्रेष्ठ ध्यान-गुरु का ध्यान मित्रो, सवेरे के वक्त जब मैं यहाँ आता हूँ तो उससे पहले अपने गुरु के ...
- क्या सुनी है आपने?... हम हलवाई की दुकान पर जाते हैं और प्रार्थना करते हैं -हलवाई साहब हमको एक किलो जलेबी चाहिए। अच्छा साहब...
- क्या सुपुर्द करते हैं?... जनजागरण का काम करना पड़ेगा। जनसाधारण को जगाना पड़ेगा। फिर आदमी का वह शिक्षण करना पड़ेगा, जिससे उसकी विच...
- क्या सेवा करेगा?... आपके सिर में तेल लगाऊँगा। बेटे! जितने समय में सिर में तेल लगाएगा, उतने में तो हम बीस काम करेंगे, क्य...
- क्या हम अपने सिद्धान्तों के प्रति पक्के और सच्चे हैं?... हम कैसे मानें कि आप सच्चे हैं और पक्के हैं। नहीं साहब! हम सच्चे और ईमानदार हैं। हमें नहीं मालूम कि आ...
- क्या हमारी उन्नति में कोई सहयोग नहीं दे सकते?... भगवान को देना चाहिए, हम उनके प्यारे हैं, उपासक हैं। हम उनकी पूजा करते हैं। वे बादल के तरीके से हैं। ...
- क्या हमारे लिए यह सम्भव नहीं है?... अगर हम खरच से कम आमदनी करते हैं तो कम खरच में गुजारा करें और आर्थिक कठिनाई जैसी मुसीबतों से सहज ही छ...
- क्या हाल हो रहा है, भीतर वाली कमजोरी निकलती नहीं, योग्यता बढ़ती नहीं, तो उन्नति कैसे होगी?... भीतर वाले को योग्यता के रूप में विकसित करना होगा। मन से काम करना सीखना होगा, मशक्कत से काम करना सीखन...
- क्या हिंदुओं के लड़के पढ़े-लिखे हैं?... क्या हिंदुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं? क्या हिंदुओं के लड़कों को बहस करना आ गया? मु...
- क्या हिंदुओं के लड़कों के दिमाग सातवें आसमान पर नहीं हैं?... क्या हिंदुओं के लड़कों को बहस करना आ गया? मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया? उनको भी आता है।आप सि...
- क्या हिंदुओं के लड़कों को बहस करना आ गया?... मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया? उनको भी आता है।आप सिखों के कॉलेजों में जाइए। वहाँ के सारे के ...
- क्या हुआ था है?... हमारा जन्म हुआ था। नए युग का जन्म होने जा रहा है। दो बातें होनी हैं- एक युग- निर्माण की, दूसरा निर्म...
- क्या हुआ लेखनी का?... क्या लेखनी बेकार है? नहीं बेटे! बेकार नहीं है। वह जानकारी देने में समर्थ हो सकती है। जीभ का भी यही ह...
- क्या है, बताइए?... उन्होंने कहा कि इनके खानदान वालों को इस बात की जरूरत हुई कि हमारा वंश डूब जाएगा तो कोई ऐसा खानदान का...
- क्या हो गए?... प्रधानमंत्री हो गए और कहाँ से कहाँ पहुँच गए।मित्रो! जिन्होंने समय को देखा, समय की पुकार सुनी और समय ...
- क्या हो गया?... बीबी आ गई, फिर बच्चे पर बच्चा आ गया। अरे महाराज जी! ये क्या हुआ? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे ...
- क्या हो जाता?... नौ बेटे और ग्यारह बेटियाँ होतीं। एक बच्चा गोद में बैठा होता तो एक सिर पर बैठा होता और एक माँ के पेट ...
- क्या हो सकता है?... आपने अपने मुँह में घास भर रखी है, उसको हटाइए ताकि आपको दूध पीने का मौका मिले। आप अपनी वासनाओं और तृष...
- क्या होगा इससे?... मित्रों, आने वाले समय में शक्तियों में बिजली की शक्ति, एटम की शक्ति, पैसे की शक्ति, अकल की शक्ति पी...
- क्या-क्या और किस-किस की दवाई बना रहे हे?... अरे साहब! यह दमे की दवाई है। हमने इसमें संखिया मिलाया हुआ है। अरे हकीम साहब! हमें संखिया खिलाकर मार ...
- क्या-क्या दवाएँ बेचते हैं?... हम तो टॉनिक बेचते हैं। अहहा और क्या बेचते हैं? सब बीमारी की दवा बेचते हैं। अच्छा तो आप अपने खानदान व...
- क्या-क्या हैं, भौतिक लाभ?... भौतिक लाभों में बताया गया है, आयु: आदमी का दीर्घजीवन। आदमी गायत्री उपासना से दीर्घजीवी बन सकते हैं त...
- क्यों आ जाती है?... उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?? उनका समाधानभी उसी श्लोक ...
- क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है?... आरती क्यों उतारी जाती है? और घी में हाथ क्यों मला जाता है? भस्म क्यों लगाई जाती है? ये सारे के सारे ...
- क्यों इसमें घी डाली जाती है?... क्यों लकड़ी डाली जाती है? क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है? आरती क्यों उतारी जाती है? औ...
- क्यों उनकी क्या विशेषता थी?... एक तो यह कि उन्होंने समय को पहचान लिया कि यह सही समय है। सीता जी वापस आ जातीं, तब कोई हनुमान कहता कि...
- क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते?... जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप्त किए हैं जो भी तप करने के लिए खड़ा हो गय...
- क्यों चाहते हैं आप?... इसलिए चाहते हैं कि हम आपको कुछ देना चाहते हैं, अगर आप दे नहीं पाएँगे, तो हम भी नहीं दे सकेंगे। नहीं ...
- क्यों दुनिया भर की चालाकी करते हैं?... नहीं साहब! भजन में बड़ी ताकत है। कोई ताकत नहीं है। फिर किसमें ताकत है? मित्रो! भजन में अगर ताकत है तो...
- क्यों देता है बाप उस बेटे को?... इसलिए देता है कि वह किसी ऐसे काम के लिए खरच करना चाहता है कि जिससे बाप की इज्जत, बाप की शान बढ़े। जि...
- क्यों नहीं उनकी शक्ति का लाभ मिलता?... क्यों उनके चमत्कार हमें दिखाई नहीं पड़ते? जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप...
- क्यों नहीं गए आप?... अब क्या शिकायत कर रहा है-कमजोर, कायर कहीं का। मित्रो! यह दिलेरों का, बहादुरों का, शूरवीरों का, साहसि...
- क्यों नहीं चीरेंगे?... क्या हम किसी कुत्ते से कम हैं! जब कुत्ता कुत्ते को चीर सकता है, तब फिर आदमी, आदमी को क्यों नहीं चीरे...
- क्यों नहीं बोलती?... ऐसे बोला जाता है। फिर ऐसे बोलने लगीं कि बस गजब को गया। व्याख्यान में भी कुछ होता है क्या? कुछ भी नही...
- क्यों नहीं है?... क्योंकि यह गुड़-गोबर है। इससे आप लीपेंगे तो मक्खियों भिनकेंगी, पैर चिपक जाएगा। यह किसी काम का नहीं रह...
- क्यों पहनते हैं?... हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते थे...
- क्यों पीला हो जाता है?... इसलिए हो जाता है कि चारों ओर सूखी हुई घास, फैला हुआ रेत दिखाई पड़ता है। उसको देखते-देखते वह पीले रंग ...
- क्यों पूरी करनी चाहिए?... हमने तीन माला जप किया है। ले जा अपनी माला। माला लिए फिरता है। देवी को माला पहना देंगे, नारियल खिला द...
- क्यों फिर आ गए?... आ गए क्योंकि उसके अन्दर वह चीज नहीं है, जिसे जिन्दगी कहते हैं। जिन्दगी वाले इनसान-महामानव मित्रो! जिंदग...
- क्यों बरसता है यह सब?... क्योंकि हमने अध्यात्म को अपने जीवन में अपनाया है। हम एकनिष्ठ हैं। हमने एक की इष्ट बनाकर रखा है, पर आ...
- क्यों मना करते हैं?... यह आदमी का मूल्य आदमी की प्रामाणिकता, आदमी की इज्जत को बताता है कि आदमी की कीमत से धर्मशाला में बिस्...
- क्यों महाराज जी?... हमारे यहाँ तो वह है, भैंसा। उस पर बैठा लाएँ तो आ जाएँगी? नहीं बेटे, उस पर नहीं आएँगी। तो महाराज जी, ...
- क्यों लकड़ी डाली जाती है?... क्यों आग में समिधा और हवन-सामग्री डाली जाती है? आरती क्यों उतारी जाती है? और घी में हाथ क्यों मला जा...
- क्यों साहब आप उनसे क्यों नहीं सुनना चाहते?... उन्होंने कहा कि अगर शुकदेव जी कथा कहेंगे तो हमारी आत्मा का उद्धार हो जाएगा। उनके शब्द हमारे जीवन का ...
- क्यों साहब दक्षिण भारत के लोग तो काले होते हैं, फिर ये सब राक्षस हैं?... नहीं बेटे! ये राक्षस नहीं हो सकते। राक्षस कैसे होते हैं? जिनके दाँत बड़े-बड़े होते हैं। हमारे पिताजी क...
- क्यों साहब वही सन्तरे और केले आप यहाँ ले आइए और लगाकर देखिए कि वैसे मीठे वे नागपुर में और बंबई (मुंबई) में होते हैं, यहाँ भी हैं क्या?... नहीं, वैसे मीठे वे आपके यहाँ नहीं हो सकते। कारण एक ही है कि वहाँ के वातावरण की अपनी विशेषता है। बंगा...
- क्यों साहब सूत बुनने से हो सकते हैं?... हाँ बेटे! सूत बुनने से हो सकते हैं। देख, सूत बुनने की खड्डियाँ हमारे यहाँ लगी हुई हैं। तू यहाँ से खड...
- क्यों साहब, आप कहाँ से आए?... हम तो साहब बहुत दूर के रहने वाले हैं। आपका ये कौन लगता है?? कोई नहीं लगता। क्यों साहब, फिर ये आपके क...
- क्यों साहब, एक ओर से कि तीनों ओर से?... आप एक ओर से माँगते हैं, पर मैं वायदा करता हूँ कि तीनों ओर से आपको सहायता मिलेगी और इतनी अधिक सहायता ...
- क्यों साहब, क्यों नहीं हो सका?... अरे साहब ताकत नहीं है? उठे तो सही, पर ताकत नहीं है, गिर पड़े भट से जमीन पर। इसको अन्दर की जीवट कहते है...
- क्यों साहब, पालथी मारकर क्यों बैठते हैं?... पद्मासन में क्यों बैठते हैं, हम तो ऐसे ही बैठेंगे, टाँग पसारकर। नहीं बेटे, टाँग पसारकर मत बैठिए। नही...
- क्यों साहब, फिर ये आपके कमरे में क्यों रहते हैं?... कशिश ने इन्हें खींच लिया। जुआरी के पास जुआरी, चोरों के पास चोर लफंगों के पास लफंगे, विद्वानों के सास...
- क्यों साहब, लोमड़ी की बातचीत कौवा सुन सकता है?... नहीं! तो क्या कौवे की बात-चीत लोमड़ी समझ सकती हैं? नहीं बेटे! ये झूठ नहीं है। बालकों को आकर्षक ढंग से...
- क्यों साहब, श्रीकृष्ण भगवान की नाक लम्बी थी या चौड़ी थी?... नहीं बेटे, हमें नहीं मालूम। देखिए आप ही बताइए कि चौड़ी नाक वाले कृष्ण हैं या ये हलकी नाक वाले कृष्ण ह...
- क्यों साहब, सूरदास जी ने अपनी आँखें फोड़ ली थीं या फूट गई थीं और हम भी फोड़ लें तो क्या भगवान दिखाई पड़ेंगे?... बेटे, यह गलती तो मत कर लेना। आँखें फोड़ने से मतलब है कि हमारी जो कमीनी आँखें, दुष्ट आँखें हैं; जो ना...
- क्यों, विचार करने से क्या फायदा है?... विचार करने से यह फायदा है कि गलतियाँ जब समझ में आ जाएँगी, तो सुधार की भी गुंजाइश बहेगी।...
- क्योंकि दृष्टिकोण का स्तर गिरा और सामान का स्तर बढ़ा तो कितनी बड़ी असमानता आ गई?... सामान का स्तर बढ़ना चाहिए था तो दृष्टिकोण भी ऊँचा होना चाहिए था। तब जो साधन-सम्पत्ति हमारे पास हैं, उस...
- क्रिया की जरूरत ही नहीं पड़ेगी?... हाँ गुरुजी। क्रिया की क्या जरूरत है। आप तो जीभ हिला दीजिए बस हो जाएगा, आशीर्वाद। बेटे, ऐसा कोई आशीर्...
- क्रियाकृत्य कितना करते थे?... जप कितना करते थे? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर...
- क्वालिटी की बात कैसे हो सकती है?... क्वालिटी की बात वहाँ हो सकती है, जहाँ कि माता और पिता अपने जीवन को और चरित्र को इस ढंग से बनाते हैं।...
- खंडों में हो गयी, तो क्या जनता पार्टी में चली गई तो क्या?... और प्रजा पार्टी में चली गई तो क्या? सोशलिस्ट में चली गयी तो क्या? इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या...
- खरच घटाता नहीं है, आमदनी बढ़ाता नहीं है फिर हाथ तंगी नहीं होगी तो फिर क्या होगी?... मित्रो, यह आध्यात्मिकता के सिद्धान्त हैं। गायत्री मंत्र का यदि वास्तव में आपने जप किया होगा तो आर्थिक...
- खरच में कोई कमी क्यों नहीं कर सकता?... नहीं साहब, खरच तो हमारा बहुत बढ़ा हुआ है तो आमदनी बढ़ाओ और अगर आमदनी नहीं बढ़ाता तो खर्चा घटाओ। खरच घटा...
- खान-पान सम्बन्धी जो नियम-बन्धन आपको बताए गए हैं, क्या आप उसे घर पर नहीं कर सकते थे?... क्यों नहीं कर सकते थे। कौन सी ऐसी वजह है जो आप नहीं कर सकते हैं? यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता ह...
- खाना कौन चाहता है?... मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ हैं। हमारी जीभ की मिट्टी मिर्च की मिट्टी को खाना चाहती ह...
- खाने का भी आनन्द होगा, यह तो मैं नहीं कह सकता, लेकिन आपने कभी किसी को खिलाया भी है अभागों?... यहाँ से माँग लाए, वहाँ से माँग लाए उसका वरदान माँग लाए उसकी कृपा लाए, उसका आशीर्वाद लाए। यह भी कोई म...
- खाने को मिठाई मिली, नमकीन मिली, कचौड़ी मिली, क्या यही आनन्द है?... नहीं यह आनन्द नहीं है। यह तो सम्वेदना है, आदमी की जीभ का जायका है। यह स्थायी नहीं हो सकता। जितनी देर त...
- खाने-पाने की कमी है क्या?... कुछ कमी नहीं है। अगर आदमी भले आदमी के तरीके से रहे तो बीमारी भी नहीं आए। बीमारी आएगी तो वैसे कदाचित ...
- खाने-पीने को नहीं मिले तो शारीरिक दु:ख, हारी-बीमारी हो जाए तो शारीरिक दुःख, बस और क्या दुःख है बताइए?... कोई दु:ख नहीं है। खाने-पाने की कमी है क्या? कुछ कमी नहीं है। अगर आदमी भले आदमी के तरीके से रहे तो बी...
- खालिस ब्राह्मण क्या कर सकते हैं?... शरीर को ढकने के लिए हमको कपड़े की जरूरत पड़ती है, इसलिए कपड़े पहनने पड़ते हैं। समाज में रहते हैं तो नं...
- खासतौर से परमार्थ या लोकमंगल क्या हो सकता है?... सबसे बेहतरीन तो यही है कि अब भगवान ने आपको अपने व्यक्तिगत कामों में शरीक होने के लिए दावत दी है और क...
- खिलाने का जायका क्या होता है, यह आपको कैसे बता दें?... अगर खिलाने का जायका, खिलाने का आनन्द पूछना हो तो किसी भी से पूछना कि माताजी ! आप अपनी छाती का दूध निक...
- खीझ से बचने में क्या दिक्कत है?... आप अपना दृष्टिकोण बदल दीजिए न। अगर दृष्टिकोण बदल देते हैं तो मैं आपको स्वर्ग का रहने वाला कहूँगा। दृ...
- खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग जैसी तो उसमें यह पता लगाया गया कि इस बार किस-किस की यात्रा कबूल हुई?... फरिश्ते बैठे हुए थे। उनने बताया कि खुदाबन्द करीम ने आज की मीटिंग में इस साल में केवल एक आदमी की हजयात...
- खूँखार अंगुलिमाल डाकू, लेकिन जब उसने पलटा खाया, तो कैसा जबरदस्त पलटा खाया आपको मालूम है न?... अंगुलिमाल जब तक डाकू था, तो पहले नंबर का और जब सन्त हो गया, तो उसने हिन्दुस्तान से आगे जाकर के सारे के...
- खूबसूरत है तो क्या, बिना खूबसूरत है तो क्या?... यह संसार एक बगीचा है। इसमें सभी तरह की चीजें हैं। हमारा सीमितपन क्यों हो? हम मोह के बन्धन में क्यों ब...
- खोपरे की कोई कीमत है?... नहीं है। कर्मकाण्ड जिसके बारे में लोगों ने यह ख्याल बनाकर रखा है कि यह कर्मकाण्ड करने से उनको यह फाय...
- ख्याति क्या होती है?... ख्याति वो होती है, जो पैसा देकर खरीदी जा सके। ख्याति पैसा देकर खरीदी जा सकती है, पर कीर्ति पैसा देकर...
- गंगा की महत्ता तो आप जानते हैं न?... गंगा की कितनी बड़ी महत्ता है। गंगा को सारा संसार जाने क्या-क्या मानता है। भौतिक दृष्टि से भी और आध्या...
- गंगाजी पर कौन नहा रही है?... सब वेश्या। श्री साहब! दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?? नहीं साहब! दुनिया में कोई ...
- गंगाजी पर कौन नहा रही है?... सब वेश्या। अरे साहब! दुनिया में कोई सती साध्वी, बेटी,माँ,बहन कोई है? नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन न...
- गन्दगी को दूर करने के लिए अच्छी सुगन्ध फैलाना क्या है?... यह हमारा फर्ज है और हमारा नागरिक कर्तव्य है, ताकि समाज से जब हम विदा हों तो हमारा बैलेंस बराबर हो जा...
- गन्दगी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा?... लोग मलीनता के आदी न होंगे तो क्या होगा? आज हमारा ग्रामीण जीवन ऐसा ही है, अस्त-व्यस्त है, गन्दगी उसके ...
- गंदे नाले में गंगाजल डाल देगा तो क्या सारा का सारा गन्दा नाला शुद्ध हो जाएगा?... गन्दा नाला शुद्ध नहीं होगा, वरन वह गंगाजी भी गन्दा नाला हो जाएगी। तू मोटी बातें भी समझता क्यों नहीं, म...
- गणेश जी को तो तरीका मालूम है कि उनको क्या करना और कैसे रहना चाहिए?... उनके पास तो सब इंतजाम हैं। दो-दो बीबियाँ हैं-ऋद्धि। एक खाना पका देती है, एक कपड़े साफ कर देती है। आप...
- गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है?... अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सारी जगह भरी हुई है। कहीं जगह नहीं है। आप ऐसा कीजिए चौथे नंबर की धर्मशाला...
- गरमी रगड़ से पैदा होती है?... रगड़ से। रगड़ क्रिया को कहते हैं, हलचल को कहते हैं। हलचल से गरमी पैदा होती है। हमारे जीवन में कर्मनिष...
- गरमी से क्या मतलब है?... बेटे! गरम से मतलब है सक्रिय बने रहना। क्रिया से गरमी पैदा होती है। आखिर गरमी है क्या और कहाँ से आती ...
- गरीब हो तो क्या?... अमीर हो तो क्या? गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है? अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी म...
- गरीबी से आदमी का क्या बनता-बिगड़ता है?... अमीरी में गेहूँ की रोटी खा सकता है और गरीबी में मक्का की रोटी खा सकता है। इससे क्या बनता-बिगड़ता है? ...
- गलतियाँ न होने देने का तरीका क्या है?... अपने अन्दर जो कमजोरियों, कच्चाइयाँ आई हैं, उन्हें कैसे दूर करेंगे? यह कमजोरियों और कच्चाइयाँ जब मजबूर...
- गलतियाँ समझ में नहीं आएँगी, तो आप सुधारेंगे ही क्यों?... बीमारी का निर्धारण हो जाए, कोई चैकिंग करके पता चला ले कि आपके भीतर टी० बी० की शिकायत है, तभी तो आप उ...
- गलने का मन है नहीं, हिम्मत है नहीं, तो फिर काम कैसे चलेगा?... आप गलने की हिम्मत नहीं करेंगे, बीज को जिन्दगी भर अपनी पोटली में रखे रहेंगे और यह अपेक्षा करते रहेंगे ...
- गवर्नमेंट क्या-क्या कर रही है?... मृत्यु टैक्स लगा रही है; सम्पत्ति टैक्स लगा रही है और दूसरे टैक्स लगा रही है। अब अगले दिनों जो गवर्नम...
- गहरी जड़ें, नीची जड़ें, अगर हमारी हों, तब?... बेटे! हमारी बाहर की जिन्दगी फैलती हुई चली जाएगी। जड़ों से क्या मतलब है? जड़ों से मेरा मतलब है बेटे! ईमा...
- गाँधी जी अकेले थे?... नहीं, मित्रो! वे अकेले नहीं थे, हजारों-लाखों आदमी उनके साथ काम करते थे। हजारों -लाखों लोगों की कुरबा...
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- गाँधी जी ने व्यक्तिगत सत्याग्रह में जब अपना उत्तराधिकारी घोषित किया तो लोग बहुत उम्मीद लगाए बैठे थे कि गाँधी जी के जेल जाने के बाद में दूसरे नंबर पर कौन हो सकता है?... दूसरा नंबर जवाहरलाल नेहरू का होना चाहिए, सरदार पटेल का होना चाहिए। सब अख़बार वाले इंतजार कर रहे थे क...
- गाँधी जी परिस्थिति से ऐसे ही थे क्या?... उनके पिताजी एक छोटी स्टेट के दीवान थे। वह अपने लड़के को वकील बनाना चाहते थे। गाँधी जी यदि उनके अनुसार...
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- गाँधीजी की प्रजा का नाम बताइए?... गाँधीजी की प्रजा का नाम, गाँधीजी के बेटों का नाम, जवाहरलाल नेहरू, सरदार पटेल राजेन्द्र बाबू सुभाषचंद...
- गाण्डीव किसे कहते हैं?... बेटे! बाँस के बने हुए तीर-कमान को कहते हैं। यह गाण्डीव कितना जबरदस्त था कि इसने अकेले ही महाभारत पर ...
- गाय को चारा आप खिलाएँ नहीं और दूध पीना चाहें तो यह कैसे सम्भव होगा?... पानी पिलाएँ नहीं ठंड से उसका बचाव करें नहीं, तो कैसे सम्भव होगा? गाय दूध देती है, यह सही है, लेकिन सा...
- गायत्री उपासना आप बहुत दिनों से करते रहे हैं फिर क्या लाभ हुआ?... अपनी दिशाएँ अस्वस्थ हों तो प्रगति रुक गई होगी उससे। और क्या लाभ हुआ होगा और कोई खास लाभ तो नहीं हुआ ...
- गायत्री का जप कैसे किया जाता है, यह क्या है?... यह प्रैक्टिस है। ध्यान कैसे किया जा सकता है, यह प्रैक्टिस है। बेटे! प्रैक्टिस अपने आप में पूर्ण नहीं...
- गायत्री किस काम आती है?... गायत्री ब्रह्मविद्या है। चिन्तन जिसको कहते हैं, फिलॉसफी जिसको कहते हैं, विचारणा जिसको हम कहते हैं। ये...
- गायत्री किस पर सवार होगी?... हँस पर सवार होगी और किस पर सवार होगी? कौवे पर। नहीं महाराज जी, कौवे पर नहीं हो सकती गायत्री, हँस पर ...
- गायत्री किसे कहते हैं?... ऋतम्भरा प्रज्ञा को। गायत्री कोई देवी नहीं होती, कोई देवता नहीं होता। ऋतम्भरा प्रज्ञा का ही नाम गायत्...
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- गायत्री की साधना के सम्बन्ध में आपको क्यों बुलाना पड़ा?... इससे पहले भी हम आपको कई बार साधना करा चुके हैं, आपको बता चुके हैं, फिर क्या जरूरत पड़ गई इस साधना को ...
- गायत्री क्या है और गायत्री की मूर्ति क्या है?... इस तरह आपका बच्चा गम्भीर हो जाएगा और तब जनेऊ को समझने, शिखा को समझने से इनकार नहीं कर सकेगा। यज्ञोपवी...
- गायत्री क्या हो सकती है?... उपासना क्या हो सकती है और उपासना के आधार क्या हो सकते हैं? बेटे! मैंने इसीलिए शिविर में आपको बुलाया ...
- गायत्री जीवट के रूप में आती है और जीवट के रूप में आ जाए तो छोटे-छोटे बिना ताकत के आदमी न जाने दुनिया में क्या से क्या कर सकते हैं?... ''आयु:, प्राण, प्रजाम्'' गायत्री उपासना के प्रतिफल हैं-प्रजाम् है। आप गायत्री मंत्र का जप करेंगे तो ...
- गायत्री मंत्र का स्वरूप-सामर्थ्य क्या है?... उसका जीवन में उपयोग किस परिस्थिति में हम किस तरह करें? यह जानकारी देने के लिए ऋषियों ने २४ अवतारों क...
- गायत्री मंत्र की वह सारी की सारी व्याख्या अपने बच्चों को समझानी पड़ेगी, जो कि शिखा के बारे में जानकारी प्राप्त करने आया है और चोटी के बारे में जानने आया है कि यह क्या है?... चोटी गायत्री माता की प्रतीक है, यह बात आपको बतानी पड़ेगी। फिर वह पूछेगा कि गायत्री मंत्र क्या होता है...
- गायत्री मंत्र जब शरीर में प्रवेश करता है तो किस रूप में आता है?... वह संयम के रूप में आता है। आदमी संयमी होता है। जब संयमी होता है तो संयमी होने के पश्चात मैं दीर्घजीव...
- गायत्री माँ को जाना होगा तो बेचारे गरीब हँस पर क्या बैठना होगा?... हँस पर नहीं, उस पर तो पैर समेटने की भी जगह नहीं है, पालथी मारकर भी नहीं बैठ सकती। जैसे चेयर होती है ...
- गायत्री माता का कोई फल मिलेगा?... बेटे! मैं कह नहीं सकता, क्योंकि तेरा उद्देश्य मजदूरी है। गायत्री माता का फल मिलेगा? बेटे। जरूर मिलेग...
- गायत्री माता का फल मिलेगा?... बेटे। जरूर मिलेगा, अगर तेरी दृष्टि ऊँची रहेगी तब। दृष्टि का उसमें समावेश नहीं हुआ तो मैं जानता हूँ क...
- गायत्री में विचारणाओं का शिक्षण करने की पूरी-पूरी गुंजाइश है और क्या करेंगे?... अगले दिनों यज्ञ का शिक्षण करेंगे। लोक-शिक्षण के दो आधार हैं—पहला है विचारों का परिष्कार और दूसरा है ...
- गालियाँ देकर के आप अपने वजन को और अपनी जबान को गन्दा क्यों करते हैं?... अगर आप अपनी जीभ को इसी तरीके से कुसंस्कारी बनाते चले जाएँगे, संस्कारविहीन बनाते चले जाएँगे तो आप आध्...
- गाली देने से क्या मतलब है?... जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया है...
- गिद्धों का मरना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन एक गिद्ध ने समय को पहचान लिया था कि हमारी जरूरत है किसको?... सीता जी को जरूरत है कि कोई हमारी सहायता करे और वह चल पड़ा और धन्य हो गया।क्यों साहब हम भी बूढ़े हो जाए...
- गिरजाघरों में भगवान के लिए कोई गुंजाइश नहीं है क्या?... ? वहाँ कहीं-कहीं मरियम की मूर्ति लगी रहती है, तो कहीं-कहीं ईसा की प्रतिमा लगी रहती हैं। एक छोटा-सा प...
- गिरजाघरों में भगवान के लिए कोई गुंजाइश नहीं है क्या?... वहाँ कहीं कहीं मरियम की मूर्ति लगी रहती है, तो कहीं-कहीं ईसा की प्रतिमा लगी रहती है। एक छोटा सा प्रा...
- गिरधर गोपाल कौन?... पत्थर का टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के मिल जाने से ही पत्थर गिरधर गोपाल बन सका। ...
- गिराता कौन है?... इनसान। उठाता कौन है? भगवान इनसान के भीतर उठाने वाला जो माद्दा है, उसको कहते हैं भगवान। भगवान किसे कह...
- गिलहरियाँ ऐसे ही घूमती रहती हैं, बालू में बैठी रहती हैं और बालू भर जाती है फिर क्या खास बात थी उसमें?... यह थी कि उसने समय को पहचान लिया था कि अब भगवान आए हुए हैं, उन पर एहसान करना चाहिए। भगवान की जरूरत मे...
- गिलहरी की जरा भी मिट्टी से क्या हो गया?... बालू से क्या हो गया? यह तो मैं नहीं जानता, लेकिन यहाँ बालू की नहीं, भावना की बात चल रही है। भावना जर...
- गिलहरी ने क्या किया?... परम्परा कायम की। गिलहरी की जरा भी मिट्टी से क्या हो गया? बालू से क्या हो गया? यह तो मैं नहीं जानता, ल...
- गुब्बारा मिलता है और क्या मिलता है?... लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है? टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता है। नहीं साहब! बड़ी...
- गुरु का ध्यान?... हाँ बेटे, हम अपने गुरु का ध्यान करते हैं। गुरु को हमने देखा है। उनके बारे में हमको विश्वास है। गायत्...
- गुरु क्या होता है?... अरे बेटे, वह भगवान है। भगवान हमको देता है। हरेक को वह नहीं दे सकता। आपका गुरु हमको दे देगा? नहीं बेट...
- गुरु गोविंद सिंह ने कहा, मारे गए तो बेटा फिर तू कैसे आ गया?... उस वक्त बच्चे से जवाब नहीं बन पड़ा। वह बेचारा समझ नहीं सका कि पिता जी का क्या इशारा है? पिता जी का यह...
- गुरु जी जो माँगेगा, उसे भी नहीं?... नहीं बेटा, सबको नहीं मिलते। दैवी अनुग्रह प्राप्त करने की भी शर्त है। कौन सी शर्त है? अब हम आपको यही ...
- गुरु ने आपको क्या दिया है?... हमको क्या दिया है? यही पूछना चाहते हैं न आप? चलिए हम आपकी भाषा में बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला...
- गुरु वसिष्ठ ने पूछा-दोपहरी में आप लोग यहाँ कैसे आए?... महाराज जी! हम लोग रास्ता भूल गए हैं और सेना के साथ यहाँ पर आ पहुँचे। आप लोगों ने खाना भी नहीं खाया ह...
- गुरुजी मैं अपनी जिन्दगी में वक्ता हो जाऊँगा?... जरूर हो जाएगा, मैं यह आशीर्वाद देता हूँ।बेटे! अपने मन को नियंत्रित करना और झिझक हटाना सीख ले। जहाँ य...
- गुरुजी, स्नान कर लूँ?... नहीं बेटे, कर सके तो कर ले, नहीं तो स्नान किए बिना ही बैठ जाना। बैठ करके यह ध्यान करना, जैसे मैं अपन...
- गुरुदेव अभी आप और उदाहरण सुनाएँगे?... नहीं बेटे, अब मैं और नहीं सुनाऊँगा। अगर और हवाला देना पड़ा तो सारे विश्व का वह इतिहास आपके सामने पेश ...
- गेहूँ का छिलका जो गायों को फेंक देते हैं, भैंस को डाल देते है?... हाँ साहब वहीं छिलका है। तो क्या ये सब फ्राड है? किनका फ्राड है? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को स...
- गैस क्या होती है?... गैस, गैस क्या होती है हमें नहीं मालूम। इस शीशी में से निकाला और इस शीशी में डाला, दोनों को मिलाया, प...
- गैस क्या होती है?... गैस, गैस क्या होती है, हमें नहीं मालूम। इस शीशी में से निकाला ओर इस शीशी में डाला, दोनों को मिलाया, ...
- गोबर जहाँ का तहाँ पड़ा रहता है, गली-गली, मुहल्ले-मुहल्ले, दरवाजे-दरवाजे पर कीचड़ फैलाता रहता है, वहाँ एक स्थान बनाया जाए क्या यह सेवा नहीं है?... हाँ यह सेवा है।शौचालय ऐसे भी बन सकते हैं, जिससे कि मनुष्य का मल खेती-बाड़ी के काम आ जाए और खाद के काम...
- गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे तो उसका काम कैसे चलेगा?... वह कभी इधर को भटके कभी उधर को भटके तो उससे निशाना कैसे साधा जाएगा? बीस जगह ध्यान रहा तो आप विजेता नह...
- ग्रेड भी बढ़ती हुई चली जाती है क्यों?... हमारी बैंक हमको ईमानदार समझती है कि इसको जो पैसा दिया गया है, वह चुका देगा। और आप चुकाना नहीं चाहते,...
- गढ़ लेता है?... अरे बाबा! सुनता है कि नहीं, गढ़ लेता है। हमने भगवान गढ़ा हुआ है। किसका गढ़ा हुआ है? अपने ध्यान की, ध...
- गढ़े मुरदे उखाड़ने से क्या काम बनता है?... बच्चे उन्हें कहते हैं, जो आगे की बात सोचते हैं। हमारा ब्याह हो जाएगा तो हवाई जहाज में बैठेंगे, यहाँ-...
- घंटी कैसे बाँधी जाएगी?... वह चूहे को खा जाएगी, उसे मार डालेगी। वास्तविकता को समझें मित्रो! मैं ये निवेदन कर रहा था कि हमको वास...
- घंटों बातचीत करेंगे?... नहीं ऐसा नहीं हो सकता। आपसे कोई काम-काज की बात भी होगी, तो दो मिनट में बात करने के बाद उसे आप भगा दे...
- घटिया उद्देश्य लेकर के, निकृष्ट कामनाएँ और वासनाएँ लेकर के अगर भगवान की उपासना की जाए और देवताओं का द्वार खटखटाया जाए, तो देवता सबसे पहले कर्मकाण्डों की विधि और विधानों को देखने की अपेक्षा यह मालूम करने की कोशिश करते हैं कि उसकी उपासना का उद्देश्य क्या है?... किस काम के लिए करना चाहता है? अगर उन्हीं कामों के लिए जिसमें कि आदमी को अपनी मेहनत और परिश्रम के द्व...
- घाट पर ले जाता है और क्या करता है?... उसे पत्थर पर पछाड़-पछाड़कर दे मारता है और धो-धो करके उसका सारा का सारा मैल निकाल देता है। हमने तो धोबी...
- घुला देना किसे कहते हैं?... घुला देना यह है कि आदमी अपनी हस्ती को भगवान के सुपुर्द कर देता है। सुपुर्द कर देने का मतलब वह नहीं ह...
- घुला देने का तरीका क्या है?... योग है। योग किसे कहते हैं बेटे! घुला देने को योग कहते हैं। घुला देना किसे कहते हैं? घुला देना यह है ...
- घूमना अच्छी बात है, पर्यटन करना अच्छी बात है, पर पर्यटन करने और घूमने से भगवान का और मुक्ति का क्या ताल्लुक हो सकता है?... आप यह विचार दिमाग से निकाल दीजिए। नहीं साहब! हम तो बैकुंठ देखने जाएँगे और चारों धाम की यात्रा करने क...
- घूमने से क्या हो सकता है?... घूमने से कुछ नहीं होता। हमने कबूल कर लिया।" किसका हज कबूल का लिया? जमीला का।...
- घोड़ा कहें तो घोड़ा ला दूँ हाथी कहें तो हाथी ला दूँ?... घोड़े-हाथी पर तो वे कतई नहीं बैठतीं। वे तो हँस पर ही बैठती हैं। हँस से क्या मतलब है? हँस से मतलब है व...
- घड़ी हमारी है और हमारे कमरे में रखी है तो हो गई न हमारी सम्पत्ति?... अगर इसको बेच दें तब? तब आपकी हो गई। क्यों साहब! आपसे घड़ी ले गए थे, वह खराब हो गई। हों बहुत पुरानी थी...
- चंडी के मंत्र के उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा?... बेटे, इसमें बस इतना फर्क है जितना कि सर्फ और सनलाइट में फर्क होता है और कोई खास बात नहीं है। हनुमान ...
- चंडी के मंत्र से उद्धार हो जाएगा या हनुमान जी के मंत्र से उद्धार होगा?... बेटे, इसमें बस इतना फर्क है जितना कि सर्फ और सनलाइट में फर्क होता है और कोई खास बात नहीं है। हनुमान ...
- चन्दन चढ़ाने से, अक्षत चढ़ाने से, चीज खिलाने से, उसकी प्रशंसा करने से क्या वह प्रसन्न हो जाएगा?... बेटे! ये चीजें बच्चों को शोभा देती हैं। नहीं साहब! हम आपकी प्रशंसा करेंगे। प्रशंसा वाली बात से मुझे ...
- चंबल जहाँ डाकुओं के रहने की जगह थी, देखना थोड़े दिनों बाद क्या हो जाता है?... बेटे, वहाँ बगीचे लहलहाते हुए दिखाई पड़ेंगे, कितनी फसलें उगती हुई दिखाई पड़ेगी। धान पैदा होता हुआ दिखाई...
- चक्रवात किसे कहते हैं?... बेटे! गरमी के दिनों में गाँवों में धूल का अन्धड़ आता है और गोल-गोल घूमता हुआ ऊपर को चला जाता है। अँगरे...
- चक्रवेधन के लिए क्या- क्या किया?... चलिए अभी बता देते हैं। तो गुरु जी! हमारा भी चक्रवेधन हो जाएगा? नहीं, आपका नहीं हो सकता। तो फिर आप वि...
- चमक किसे कहते हैं?... प्रकाश किसे कहते है? प्रकाश इसे कहते हैं, जो में आपसे निवेदन कर रहा था, जिससे कि मेरी आँखें खुल गई। ...
- चमचे तो उनके होते हैं, किनके?... वेश्याओं, नेताओं और राजाओं के, जो कहते हैं कि अरे साहब! आपकी सात पीढ़ियों ने बड़े-बड़े शेर मारे हैं। ...
- चमत्कार में कोई कमी आ गई?... नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई? नहीं, कोई कमी नहीं आई। उन्होंने वह आधार हटा दिया तो ...
- चमड़ी के स्नान से कुछ काम बन सकता है?... नहीं। वास्तव में स्नान उनको कराना चाहिए जो गंदे हैं। शरीर तो गन्दा है ही, यह शुरू से आखिर तक गन्दा है।...
- चरक ऋषि को आप जानते हैं क्या?... चरक ऋषि प्राचीन काल में हुए हैं। उन्होंने दवाओं, प्राकृतिक औषधियों के सम्बन्ध में शोधें की थीं, खोजें ...
- चलिए हम आपको दूसरा फायदा करा दें और भगवान से आपको अभी मिला दें तो कोई हर्ज हैं आपको?... साहब! वो तो और भी अच्छा है, आप वहीं क्यों नहीं करते?मित्रो! आप नकद धर्म को ग्रहण कीजिए और उसकी कीमत ...
- चलिए हम आपको भक्तों का इतिहास बताते हैं?... विवेकानन्द का इतिहास देखिए। दो घण्टे ध्यान करते और सारी जिन्दगी उनने लोकमंगल में लगा दी। भगवान बुद्ध क...
- चलिए, अब इसके बाद क्या करना चाहिए?... इतना सब कुछ कर लेने के बाद जप और ध्यान करना चाहिए। जप किसका करना चाहिए? कितना करना चाहिए? गायत्रीमंत...
- चलो, उसकी तलाश कराएँ और पता लगाएँ कि वह कैसा ब्रह्मज्ञानी है?... पता लगाने के लिए बहुत दिनों तक नौकर-चाकर भेजते रहे। आखिर में जब पता लगा तो देखा कि जैसे आपने गाड़ियाँ...
- चाइना में कौन था उनका?... न कोई बेटा था, न मित्र था, न कोई शिष्य था उनका। वहाँ जाकर के उन्होंने चायनीज भाषा सीखी और सीखने के ब...
- चार धाम कौन-कौन से हैं?... बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री। चार धाम ये ही कहलाते हैं। ये सारे के सारे पवित्रतम स्थान ...
- चारण बनना चाहते हैं या चमचे बनना चाहते हैं?... क्या आप वेश्याओं के पीछे चमचे बनकर फिरना चाहते हैं? अरे साहब! इनके क्या कहने? इन्होंने को वहाँ गाया ...
- चारपाई और उसका कितना दाम है?... दाम भी बहुत कम बता दिया। कह दिया कि दो रुपए की चारपाई है। दो रुपए की चारपाई है, दो रुपए की चारपाई है...
- चारों धाम की यात्रा करने के बाद में अब क्या हो सकता है?... बैकुंठ जाना पड़ेगा। अच्छा! और? स्वर्गलोक जाना पड़ेगा। अच्छा! और? मुक्ति मिलेगी और स्वर्ग मिलेगा और शां...
- चारों धाम कौन-कौन से हैं?... रामेश्वरम्, द्वारिका, बद्रीनाथ और जगन्नाथपुरी। चारों धामों में चार मठ उन्होंने स्थापित किए थे। उनका ...
- चाहे जहाँ इकट्ठा बैठे हों, उनसे प्रार्थना करनी चाहिए कि आपके पास दो चार मिनट का समय हो तो एक बात आपको सुना दूँ क्या?... अगर वे कहें कि सुनाइए तो एक विज्ञप्ति सुना दीजिए। दस मिनट में यह खत्म हो जाती हैं। ये विज्ञप्तियों ब...
- चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो भी क्या कहेंगे?... तो मैं उसको बच्चा कहूँगा। बच्चा बड़ी उम्र का? हाँ बड़ी उम्र के भी बच्चे होते हैं। मनःस्थिति की दृष्ट...
- चिन्तन को कहाँ लगाएँ?... सीधी सी बात है-चिन्तन कहाँ लग रहा है, यह आप देखें। आप कहीं लग रहे हों, जीभ कहीं लग रही हो, वस्तुएँ कह...
- चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस काम के लिए जो क्रियाएँ कराई जा रही हैं, आप उस इशारे पर आ जाइए कि उस इशारे के साथ में आपको क्या चिन्तन करना चाहिए?... बेटे! हम सवेरे आत्म-ध्यान कराते हैं। आत्म-ध्यान कराने के साथ-साथ सजेशन देते हैं, निर्देश देते हैं। इ...
- चित्र कितने महत्त्वपूर्ण हैं?... गंदे चित्र घरों में टँगे रहते हैं, जो हमको न जाने कैसा बना देते हैं। छोटे-छोटे बच्चों के मनो में इसस...
- चिन्तन की शैली में जैसी शालीनता का समावेश होना चाहिए था, वैसा रखा क्या?... नहीं। न हमने अपने शरीर के प्रति अपने कर्तव्य का पालन किया, न अपने मस्तिष्क के प्रति कर्तव्य का पालन ...
- चेतना का तो आप मूल्य भी नहीं समझते, मैं क्या करूँ?... चेतना का तो आप मूल्य भी नहीं पहचानते, आप तो बाहर ही बाहर तलाश करते हैं। इस देवता के सामने नाक रगड़ते ...
- चेतना का मूल्य, चेतना की शक्ति कितनी बड़ी हो सकती है?... चेतना की शक्ति इतनी बड़ी है, जिसको उभारने की प्रक्रिया हम आपको सिखाते हैं, गायत्री मंत्र के माध्यम से...
- चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर सँजोया जा सके तो आदमी क्या हो सकता है?... हम नहीं कह सकते कि आदमी क्या हो सकता है? कहते हैं कि आदमी और भगवान एक हो सकते हैं। आदमी इतना विकसित ...
- चेतना जिसका आप मूल्य ही नहीं समझते?... चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चाहते? यही है गायत्री साधना का उद्देश्य कि आप अपनी चेतना को परिष्कृत ...
- चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चाहते?... यही है गायत्री साधना का उद्देश्य कि आप अपनी चेतना को परिष्कृत करें, समर्थ बनाएँ।...
- चेतना जिसको आपने समझा ही नहीं?... चेतना जिसका आप मूल्य ही नहीं समझते? चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चाहते? यही है गायत्री साधना का उद...
- चेतना हमारी कितनी ताकतवर है?... यह हमारी भौतिक और चेतन दोनों क्षेत्रों का मुकाबला करने में सक्षम है। इसका मैं उदाहरण देना चाहूँगा। य...
- चेतना हमारी जीवात्मा है और वह विचारपरक है, भावपरक है, सम्वेदनापरक है और भगवान?... भगवान भी विचारपरक है, भावनापरक है और सम्वेदनापरक है। दोनों की भावना और विचारणा जिस दिन मिलेगी, उस द...
- चेतना, जिसको आप भूल गए?... चेतना जिसको आपने समझा ही नहीं? चेतना जिसका आप मूल्य ही नहीं समझते? चेतना जिसका विकास ही नहीं करना चा...
- चेहरे पर आपको क्या मालूम पड़ेगा?... दो बातें मालूम पड़ेगी-एक तो आपको गहरी नींद आया करेगी और दूसरा आपके चेहरे पर गुलाब के फूल की तरह खुशी...
- चोटी कहाँ से आती है?... चोटी की कौन रखवाली करता है? चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।यज्ञोपवीत धारण करने क...
- चोटी की कौन रखवाली करता है?... चोटी की हम रक्षा करेंगे और जनेऊ की हम रक्षा करेंगे।यज्ञोपवीत धारण करने के कुछ नियम हैं, कुछ मर्यादाए...
- चोर कौन है?... मालूम नहीं कौन है? अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही च...
- चोर निकल गया तब?... दुष्ट निकल गया तब? तब उसके लिए भी तैयार रहिए? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखा कि यह भी हो ...
- छाया में क्यों नहीं बनाया?... अरे साहब! एक बार हमारे पिताजी सपने में दिखाई पड़े थे और उन्होंने कहा था कि हमारा स्थान बना दे। बस, हम...
- छोटा सा मौलाना अबुल कलाम आजाद क्या हो गया?... हिन्दुस्तान का शिक्षामंत्री। पं जवाहर लाल नेहरू एक वकील के लड़के थे। क्या हो गए? प्रधानमंत्री हो गए और...
- छोटी-छोटी बेटियाँ चिल्लाती और रोती होंगी?... नहीं बेटे! कोई मैट्रिक, कोई इण्टर, कोई बी०ए० तक पढ़ी हुई हैं। अभी ४५ लड़कियाँ तो ग्रेजुएट और पोस्ट ग्र...
- जँवाई क्या होता है?... जँवाई उसे कहते हैं जिसके साथ लड़की की शादी कर देते हैं। तो आपने इसको क्यों दिया? इसलिए दिया जिससे ये...
- जनता की बात कहूँ, हाँ जनता की बात कहूँगा और भगवान की बात?... भगवान की बात भी कहूँगा, हरेक की बात कहूँगा। मैं कहूँगा कि अगर आपका व्यक्तित्व और आपका अन्तर्मन सच्चे ...
- जनेऊ पहना तो दिया आपने, जनेऊ पहनाने की दक्षिणा भी दे दी पण्डित जी को और हवन भी करा दिया और ब्रह्मभोज भी करा दिया, हजारों रुपए भी खरच कर दिए लेकिन यज्ञोपवीत पहनने के बाद जब बच्चे ने पूछा-पिताजी ये क्या है?... इसे क्यों पहनते हैं? हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है? तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हम...
- जनेऊ से क्या हो सकता है?... इसको हिन्दू धर्म की, हिन्दू संस्कृति की स्थापना करने के लिए और उसकी विचारणा और प्रेरणाओं को हर घर में,...
- जन्मते हैं तो उनके साथ जुड़कर स्वल्प पराक्रम से असीम यश पाने का सुअवसर हर किसी को कहाँ मिलता है?... इसे दैवी वरदान या पूर्व संचित पुण्यों का प्रतिफल ही कहना चाहिए कि महानता उभरे और उनके साथ सघनता स्था...
- जप कितना करते थे?... अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकिन इतना मुझे मालूम है कि कबीर अपना पेट पालने के...
- जप किसका करना चाहिए?... कितना करना चाहिए? गायत्रीमंत्र का जप करना चाहिए क्योंकि प्रज्ञा की देवी वह ही हैं। कितनी माला करनी च...
- जप किससे होता है?... शब्द से। और शब्द कहाँ से निकलता है? हमारी वाणी से निकलता है। इसे जपयोग कहते हैं। जप के भी दो भाग हैं...
- जब आप किसी व्यक्ति विशेष को हानि पहुँचाने की बात सोचते हैं तो वह द्वेष हो जाता है और जब आप उसके दोषों को, दुर्गुणों को, कमियों को हटाने की बात सोचते हैं तब?... तब फिर कोई दिक्कत नहीं पड़ती। आप ऐसा कीजिए न! ऐसा करेंगे, तब आप देखेंगे कि आप स्वर्ग में रहने वाले द...
- जब आप हमारे बदले की बात कह सकते हैं, तो आप परिक्रमा या भाँवर क्यों नहीं ले सकते?... आप आपस में एक−दूसरे की बाँह पकड़ लीजिए और बाकी सभी काम पूरा कर लीजिए और हमें जाने दीजिए। बात तो थी मज...
- जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती हैं तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी?... इसीलिए गिरेबान में मुँह डाल करके जब हम भीतर तलाश करते हैं तो उसको ध्यान कहते हैं। अपने भीतर झाँकने क...
- जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी?... इसीलिए गरेवान में मुँह डाल करके जब हम भीतर तलाश करते हैं तो उसको ध्यान कहते हैं। अपने भीतर झाँकने का...
- जब आपत्तियाँ ही रास्ता रोके खड़ी है, कठिनाइयाँ ही पग- पग पर हैरान कर रही हैं, तो आगे वाली बात कैसे बन सकती है?... अब यह देखना चाहिए कि आखिर हुआ क्या? कैसे ऐसी स्थिति आ गई? जब भगवान ने हमको इतने साधन दिए थे कि उन सा...
- जब उसने पलटा खाया और जब अपने आप में परिवर्तन कर डाला, तो फिर वह कौन हो गया?... सम्राट अशोक हो गया, जिसने बौद्ध संघ और बौद्ध धर्म का सारे का सारा संचालन किया।...
- जब कोई बच्चा इसको छूने लगता है, तो आप उसे भगा देते हैं, लेकिन अगर पड़ोसियों की मोटरें खड़ी हों, बस स्टैण्ड पर मोटरें खड़ी हो, तो तब आपको उनसे क्या लेना-देना?... जो चीजें अपनी हैं केवल वही चीजें प्यारी लगती हैं।मित्रो! वस्तुतः यह प्यार ही खुशी की आवाज होती है। आ...
- जब बरसात होती है तो क्या होता है?... बेटे! हरियाली पैदा होती है। यह जल जो आपने अपनी बाईं हथेली पर रखा था, उसको हम अपने ऊपर उछालते हैं, छि...
- जब बेटे तेरी सारी शक्ति इसी में खर्च हो जाएगी तब फिर तेरा सहस्त्रार चक्र कहाँ से जागेगा?... सहस्रार- चक्र में लगने वाली सारी शक्ति इसी में लय कर देंगे, तब फिर वह जागेगा कैसे? सहस्त्रार को जाग्...
- जब भगवान सो जाएँगे तो वे वहाँ से हटेंगे और जब भगवान उठ जाएँगे तो फिर पंखा डुलाते रहेंगे, यह कोई तरीका है?... जनश्रद्धा का दुरुपयोग न हो मित्रो! हम अपने ढंग से भगवान को बेकार आदमी जैसा बनाते हैं। अगर भगवान सोया...
- जब मनुष्य जाति के लिए मुसीबतें आई हों, भविष्य के लिए आशंका आई हो कि हमारा भविष्य अन्धकारमय होने वाला है, जैसा कि आज हमको दिखाई पड़ता है, तो क्या करना पड़ेगा?... उपाय एक ही है, दूसरा कोई उपाय नहीं है। अब हमको दैवीय सभ्यता का ढाँचा खड़ा करना पड़ेगा, नमूना खड़ा करन...
- जब मात्र पेट ही भरना है तो गंदे तरीके से क्यों?... श्रेष्ठ तरीके से क्यों न भरें? पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...
- जब मैं वहाँ ठहरा था तो देखा कि सुबह-सवेरे चार बजे कौन इतना साफ गायत्री मंत्र बार-बार बोलता है?... यह चक्कर क्या है? मैं बहुत देर तक देखता रहा, लेकिन समझ में नहीं आया। फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह...
- जब मैंने यह विचार किया कि पूजा-पाठ से लेकर धर्म-अध्यात्म तक का सारा ढाँचा किस वजह से खड़ा किया गया है और इसका क्या मतलब है?... तो मैंने पाया कि इसका एक ही मतलब है। और कोई दूसरा मतलब नहीं है कि इन सारे के सारे कलेवरों में जकड़ा ग...
- जब यह बुद्धवाद सारी दुनिया में तेजी से फैलता हुआ चला गया तो क्या आप समझते है कि आस्तिकता के सिद्धान्त भगवान को न मानने से कमजोर हो गए?... नहीं। सिद्धियों की उनमें कमी आ गई? नहीं। चमत्कार में कोई कमी आ गई? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में...
- जब लोगों ने कहा कि आप ही बताइए?... तब उन्होंने कहा कि मेरा सुझाव है कि आप शुकदेव जी को बुला लें। शुकदेव जी कौन हैं? शुकदेव जी व्यास जी ...
- जब वह बैठी हुई रो रहीं थी, तो कुंती ने पूछा, बहन क्या बात है?... ब्राह्मणी बोली कि हमारे पास एक ही बच्चा है और उसको आज राक्षस के पास जाना पड़ेगा। उसे मरना ही होगा। अ...
- जब वह बड़ा हो जाता है तब?... तब माँ बाप का बेटे से कोई ताल्लुक नहीं है और बेटे का माँ बाप से कोई ताल्लुक नहीं है। जानवरों में जब ...
- जब वे वकालत करने के लिए खड़े हो गए तो कितनी जबरदस्त बैरिस्टरी की और किस तरीके से वकालत की और किस तरीके से तर्क पेश किए और किस तरीके से उनने फिजाँ पैदा की कि हिन्दुस्तान की दिशा ही मोड़ दी और न जाने क्या से क्या हो गया?... मित्रो! अकल बड़ी जबरदस्त है और आदमी का प्रभाव, जिसको में प्रतिभा कहता हूँ विभूति कहता हूँ यह विभूति ...
- जब शैतान अपने व्यक्तित्व से प्रभावित कर दूसरों को शैतान बना सकता है तो हम सज्जन व्यक्ति दूसरों को सज्जन क्यों नहीं बना सकते हैं?... बना सकते हैं लेकिन उसके लिए अपने सिद्धान्तों के प्रति पूरा विश्वास और निष्ठा होना चाहिए। मित्रो! अग्न...
- जब सब लोगों ने भोजन कर लिया तब विश्वामित्र ने पूछा-महाराज जी ये सब आपने कहाँ से पाया?... सामान तो था नहीं आपके पास, इतना दही, भोग, इतना चमत्कार, इतनी सिद्धि, इतना धन, इतनी विशेषताएँ कहाँ से...
- जब समय बदल जाएगा तब हम तेरे समयदान का क्या करेंगे?... फिर समयदान की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसलिए आप यहाँ से जाने के खाद स्वयं से, अपने आप से और हर जाग्रत आत्म...
- जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नहीं, उसके बच्चा हुआ ही नहीं, तो बेटा कैसे दे जाएँगे आपको?... गुरुजी हम बीमार हैं, इंजेक्शन लगा दीजिए। बेटे! हम कैसे लगा देंगे? नहीं गुरुजी! आप तो महात्मा हैं, एक...
- जब हम देना शुरू करते हैं तो क्या हो जाता है?... हमारा वो अधिकार हो जाता है कि पाने के लिए हम अपने आप को पात्र साबित कर सकें। हम नाक से गन्दी हवा निका...
- जब हम रामलीला में जाते हैं तो वहाँ लक्ष्मण भी बन जाते हैं और जब रामलीला खतम हो जाती है, तब हमारा बाप धुनिए की अपेक्षा करता है और तब हम धुनिए हो जाते हैं; अच्छा तो आप यह सब करते हैं?... हाँ साहब! हमारा नाम बहुरूपिया है। बहुरूपिया कैसा होता है? बहुरूपिया ऐसा होता है, जो कभी सिपाही बन जा...
- जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें?... अगर हम अपने लड़के पैदा कर लेते तो आपके भी कर देते। भगवान शिवजी के मास ट्राई करते हैं और कहते-महादेव ज...
- जब हर आदमी हैरान करेगा, तो आपको गुस्सा कैसे नहीं आएगा?... इसलिए मित्रो! क्या करना चाहिए? अपना व्यक्तिगत जीवन सुख और शान्तिमय बनाने के लिए अपने कुटुम्ब और परिवार...
- जबकि शंकर भगवान के भक्त जिन्होंने क्या से क्या अनुदान प्राप्त किए हैं जो भी तप करने के लिए खड़ा हो गया, वह न जाने क्या से क्या प्राप्त करता चला गया?... हम और आप जैसे शिव-उपासक उस शक्ति को प्राप्त न कर सकते हों-ऐसी बात नहीं, पर कहीं न कहीं चूक रह जाती ह...
- जबान के जायके का अभ्यास आपको यहाँ नहीं हो सका, तो आप जहाँ कहीं भी कार्यकर्ताओं के बीच में जाएँ?... आपको एक छाप छोड़ने की बात मन में लेकर के जानी चाहिए कि हम जबान के जायके को कंट्रोल में करके आए हैं। अ...
- जमीन के भीतर क्या छिपा हुआ है?... बेटे, बाहर तो मिट्टी है, पर भीतर सम्पत्ति है, बहुमूल्य संपदा है। मित्रो! आदमी के व्यक्तित्व के भीतर ज...
- जमीन के साथ में क्या काम करता है?... बेटे! धूप में खड़ा रहता है। रगड़ता रहता है, खोदता रहता है, गोड़ता रहता है। साल भर तक अपना शरीर और अपना...
- जरा बताइए न, ओवरसीयर को पड़ सकती है, इंजीनियर को पड़ सकती है पर हर बच्चे को ज्योमेट्री पढ़नी पड़े इसकी कोई तुक है?... ऐसे तो बहुत से विषय हैं जिन्हें कहा जाए यह भी जरूरी होता है तो जमीन खोदने से लेकर के और आसमान में ता...
- जरा यह पुस्तक पढ़ तो सही, तब पता चलेगा, क्या?... इस जमाने में सारे के सारे सुल्तानपुर को उन्होंने जाग्रत कर दिया। उन्होंने कोई कोना नहीं छोड़ा, कोई स्...
- जरूरत की बात कहेंगे तो चीजें मिल जाएँगी?... हाँ चीजें तो मिल जाएँगी, लेकिन नुकसान हो जाएगा। क्या नुकसान हो जाएगा? जैसे ही चीज मिलेगी उससे ज्यादा...
- जल को मुँह से लगाने का क्या मतलब है?... सीधे जाकर कुल्ला कीजिए न! ऐसा कर कि बाल्टी भरकर पानी ला और सारे शरीर को धो डाल। नहीं साहब! मुँह धोना...
- जवान को तो बच्चा कैसे बना पाएँगे हम?... बच्चे की माँ के पेट में तो कैसे धकेल पाएँगे? सम्भव नहीं हैं। आपकी उमर तो जरूर बढ़ेगी और आपके शरीर पर ...
- जवानी किसमें रहती है?... देवता में रहती है। देवता जवान होता है। देवता अगर बूढ़े होने लग जाएँ तो समझना चाहिए कि ये सब बेकार है...
- जवानों को गायत्री की शिक्षा क्या है?... भाइयो! मैं क्या कह सकता हूँ आपसे, गायत्री की कितनी शिक्षाएँ हैं? आज में पहले यही बताना चाहूँगा आपको ...
- जहाँ वह प्रश्न करता है कि शिखा से क्या फायदा?... उसने बहुत सवाल कर लिया। अब हम उसकी बात का जवाब देंगे। अब हमारी बारी आई है, हम जवाब देंगे। अब हम यह स...
- जाग्रत आत्माएँ, जीवन्त आत्माएँ क्या हैं?... जब गुलाब का फूल खिलता है, तब उसके ऊपर भौंरे आते हैं, तितलियाँ आती हैं और न जाने कौन-कौन आता है। सब द...
- जादू क्या होता है?... मिट्टी में फूँका, हो गया जादू। यही है तेरा अध्यात्म? बाजीगर कहीं का, बाजीगरी सीखने आया है। क्या सिखा...
- जादू से कैसे हो गया?... हमको भी सिखा दीजिए। बेटे, जिस जादू से दुनिया में बड़े-बड़े काम हुए हैं और अध्यात्म का प्रणयन हुआ है, उ...
- जाने का मन होता है?... मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं? आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं, तो मालूम पड़ता है न...
- जाने कितनी शिक्षाएँ मेरे मास पड़ी हुई हैं?... लेकिन मैं देखता है कि इन बच्चों के ऊपर जुल्म करना होगा, अगर में इन्हें संधि एम०ए० का पाठ पढ़ाना शुरू...
- जायका किसमें है?... गिरी में है। और खोपरे में? खोपरा चबाइए और दाँत तोड़िए। खोपरे की कोई कीमत है? नहीं है। कर्मकाण्ड जिसक...
- जिन्दगी कहाँ है?... जिन्दगी बाहर नहीं हमारे भीतर है और बुद्धि जिसकी वजह से हम रुपया कमाते हैं, सम्मान कमाते हैं, वह बाहर ...
- जिन्दगी का महत्त्व आपको कहाँ मालूम है?... जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं? जिन्दगी की सम्भावनाएँ ...
- जिन्दगी की कीमत आपकी समझ में कहाँ आई है?... आप करोड़ों में अपने को दरिद्र मानते हैं, अपने को दुखी मानते हैं, अपने आप को अभागा मानते हैं। समस्याओ...
- जिन्दगी की कीमत आपको कहाँ मालूम है?... जिन्दगी का महत्त्व आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है? जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपक...
- जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं?... जिन्दगी की सम्भावनाएँ अगर आपको मालूम होतीं तो आपकी आँखें टार्च के तरीके से चमकती और आपकी गरदन फूलकर शे...
- जिन्दगी की सामर्थ्य आपको कहाँ मालूम है?... जिन्दगी की सम्भावनाएँ आपको कहाँ मालूम हैं? जिन्दगी की सम्भावनाएँ अगर आपको मालूम होतीं तो आपकी आँखें टार्...
- जिन्दा में आपके पास है नहीं तो मरने के बाद क्या हो सकता है?... सेवा से ही फलित होगी साधना इसलिए मित्रो! आपके पास होने लायक एक ही चीज है कि आप अपनी गरिमा का संवर्द्...
- जिएँगे तो फिर देखना और नोट करना कि हमारी सफलताएँ कितनी शानदार होती हैं?... क्यों होती हैं, क्योंकि हमने अवतार के साथ में कन्धे से कंधा मिलाकर हनुमान के तरीके से काम करने का निश...
- जितने समय में सिर में तेल लगाएगा, उतने में तो हम बीस काम करेंगे, क्यों हमारा समय खराब करेगा?... नहीं महाराज जी! विष्णु भगवान की सेवा करूँगा। बेटा! कोई जरूरत नहीं है, विष्णु भगवान को अपना काम करने ...
- जिन पर तू थिरकने लगेगा और नाचने लगेगा, तो महाराज जी ये कैसे बजेगा?... बेटे यह एक साधना है, किसकी? धागों की, तारों की। यह किसकी है साधना? गले की। यह है साधना पत्थर की। ये ...
- जिन लोगों के हाथ में उनका नियंत्रण है, उनको समझाना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि लोक मंगल के लिए आप इनका इस्तेमाल क्यों नहीं करते?... ट्रस्टियों को समझाया जाना चाहिए। अगर उनकी समझ में यह बात आ जाए कि मन्दिर में जितना धन लगा हुआ है, इसम...
- जिन लोगों के हाथ में उनका नियंत्रण है, उनको समझाना पड़ेगा और कहना पड़ेगा कि जनता की उपयोगिता के लिए आप इनका इस्तेमाल क्यों नहीं करते?... ट्रस्टियों को समझाया जाना चाहिए। अगर उनकी समझ में यह बात आ जाए कि मन्दिर में जितना धन लगा हुआ है, इसम...
- जिन शंकर जी के चरणों में आप बैठे हुए हैं उनसे क्या कुछ सीखेंगे नहीं?... पूजा ही करते रहेंगे आप। यह सब चीजें सीखने के लिए ही हैं। भगवान को कोई खास पूजा की आवश्यकता नहीं पड़ती...
- जिन साधनों की नवसृजन के लिए आवश्यकता थी, वे कहाँ से मिलें, कहाँ से आएँ?... इस प्रश्न के उत्तर में मार्गदर्शक ने हमें हमेशा एक ही तरीका बताया था कि 'बोओ और काटो'। मक्का और बाजर...
- जिन-जिन के नाम आप लेते हैं, उनका हवाला दीजिए और यह बताइए कि जो राम-नाम जप करते थे और उनके मंत्र में जो चमत्कार आ गया था, तो उनकी जिन्दगी का क्रम क्या था?... जिस गणिका का नाम आपने पहले लिया था, उसका उद्धार तो हो गया था? हाँ साहब! राम-नाम लेने से गणिका का उद्...
- जिनकी क्षमताएँ कम हैं, जो उठने में असमर्थ हैं, तो क्या उनकी सेवा नहीं करनी चाहिए?... सेवा करनी चाहिए।साथियो! सेवा और भक्ति दोनों एक ही चीज हैं। 'भज सेवायाम्' संस्कृत में 'भज' शब्द जो ...
- जिनके लिए वही रोटी खाना, पैसा कमाना, बच्चे पैदा करना, इसके अतिरिक्त और कोई समस्या नहीं है, उन्हें मूढ़ के सिवाय और क्या कहा जाए?... जिनके पास न अकल है, न दूरद्ष्टी है और न ही जिन्हें कर्तव्यों का भान है, उनके लिए मैं कुछ नहीं कह सकत...
- जिनमें ये हिम्मत है, जुर्रत है, वे आदमी कौन हैं?... वे आदमी देवता हैं।मित्रो! देवता कभी बुड्ढे नहीं होते, हमेशा जवान रहते हैं। क्यों साहब! ८० वर्ष के हो...
- जिन्दगी कहाँ है?... जिन्दगी बाहर नहीं हमारे भीतर है और बुद्धि जिसकी वजह से हम रुपया कमाते हैं, सम्मान कमाते हैं, वह बाहर ...
- जिन्दगी की कीमत किसे कहते हैं?... अपने व्यक्तित्व को बनाना, अपने जीवन को बनाना, अपनी जीवात्मा को महात्मा, देवता बनाना और परमात्मा बनान...
- जिन्होंने केवल लोकमंगल का ही ध्यान रखा, केवल भगवान के सन्देशों का ही ध्यान रखा, भगवान का प्रतिनिधि न कहें तो क्या कहें?... भगवान के प्रतिनिधियों को जीवनयापन करने के लिए निवास से लेकर भोजन, वस्त्र तक और दूसरी चीजों के खरच की...
- जिस काम के लिए जन्म मिला था, वही किया गया?... पेट के लिए जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे क्या? कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियों पूरी करनी थीं, ...
- जिस गणिका का नाम आपने पहले लिया था, उसका उद्धार तो हो गया था?... हाँ साहब! राम-नाम लेने से गणिका का उद्धार हो गया था। अच्छा तो आप यह बताइए कि गणिका जो थी, राम-नाम जप...
- जिस गायत्री मंत्र की महता को मैं आपको सिखाता हूँ और सारी दुनिया को समझाता हूँ, उसके बारे में अथर्ववेद में क्या समझाया गया है?... उसके बारे में यह बताया गया है- "स्तुता मया वरदा वेदमाता प्र चोदयन्तां पावमानी द्विजानाम आयुः प...
- जिस घर में चौका न हो, रोटी का इंतजाम न हो, आटा न हो, दाल न हो वह कैसा घर?... उस घर में आदमी जिएँगे कैसे? जिस तरीके से शरीर की भूख होती है, उसी तरीके से मन की भी भूख होती है और आ...
- जिस जमीन पर हम बैठे हुए हैं, वह किसकी है?... हमारी है। नहीं बेटे! यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बनाई थी, कब बनाई थी? करोड़ों वर्ष पहले बनाई थी...
- जिस तरीके से राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न-चारों भाइयों को लेकर वसिष्ठ जी आ गए थे और उनको यह बतलाया था कि धर्म और राजनीति, दोनों का समन्वय कैसे हो सकता है, हम भी आपको यही सिखाने का प्रयत्न कर रहे हैं कि धर्म और राजनीति का, विज्ञान और अध्यात्म का सम्मिश्रण समन्वय कैसे हो सकता है?... आद्य शंकराचार्य का नाम सुना है न आपने। जिन्होंने चारों धाम बनाए थे। चारों धाम कौन-कौन से हैं? रामेश्...
- जिस दिन आप अपने भीतर प्यार पैदा करेंगे, उस दिन आपके मन में ऐसी उमंग और एक ऐसी हिलोर उत्पन्न होगी कि हमको कैसे दूसरों की सहायता करनी चाहिए?... कैसे हम दूसरी की मदद करें? जब आप दूसरों की सहायता करने के लिए आमादा होंगे तो आपको अपने में से कटौती ...
- जिस दिन आप यह करने को तैयार हो जाएँगे तो उस दिन आप देखिएगा क्या-क्या होता है?... भगवान की मरजी तो पूरी करिए फिर देखिए आपको कुछ मिलता है या नहीं। भगवान नीयत देखते हैं। अभी मैंने सुदा...
- जिस दिन आपकी पात्रता विकसित हो जाएगी, उस दिन क्या होगा?... दैवी अनुग्रह बरसेंगे।मित्रो! दैवी अनुग्रह बरसते हैं, माँगे नहीं जाते। ये हवा जो है, आक्सीजन लेकर आती...
- जिस राजा परीक्षित की बात आपसे कह रहा था, उस राजा के पीछे जब तक्षक लग गया तो प्रश्न यह उठा कि अब परीक्षित को क्या करना चाहिए?... उस जमाने के मुताबिक़ यह तय हुआ कि राजा परीक्षित को भागवत् की कथा सुननी चाहिए। इससे उनका उद्धार हो जा...
- जिसकी कोई शक्ल नहीं हो सकती, उसको आप क्या चीज खिलाएँगे?... अरे साहब! हम तो चन्दन चढ़ाएँगे, अक्षत चढ़ाएँगे .........॥ क्या चढ़ाएँगे और कहाँ चढ़ाएँगे? चन्दन चढ़ान...
- जिसको आपने जाने क्या मान लिया है, जाने क्यों मान लिया है?... ऋतम्भरा प्रज्ञा गायत्री मंत्र की शक्ल और सूरत हमको बताइए कि गायत्री माता किसे कहते हैं? गायत्री माता...
- जिसमें उन सब स्थानों का, हिमालय के स्थानों को बताने की कोशिश की है कि ये कहाँ हैं?... हिमालय में पाँच प्रयाग हैं, पाँच काशियाँ हैं, पाँच सरोवर हैं। हिमालय में चार धाम हैं। चार धाम कौन-कौ...
- जिसमें त्याग जुड़ा हुआ न हो, सेवा जुड़ी हुई न हो, लोकहित जुड़ा हुआ न हो, कष्ट सहने की बात जुड़ी हुई न हो, उसमें अध्यात्म कैसे हो सकता है?... नहीं बेटे! इससे कम में कभी अध्यात्म न था और न कभी होगा।मित्रो! भगवान श्रीकृष्ण ने उस जमाने में, दुर्...
- जिसमें यह पाया जाता है कि अध्यात्म क्या है?... बेटे, यह अध्यात्म का खिलवाड़ है छिलका है जूठन का पत्ता है। पत्ते पर मिठाई खाकर के लोग उसे फेंक देते ह...
- जिह्वा का स्नान कही पानी पीकर हो सकता है?... नहीं, असल में हमारा इशारा जिह्वा के प्राण की ओर है, जिसका शोधन करने के लिए अपने आहार और विहार दोनों ...
- जिह्वा का स्नान कहीं पानी पीकर हो सकता है?... नहीं, असल में हमारा इशारा जिह्वा के प्राण की ओर है, जिसका शोधन करने के लिए अपने आहार और विहार दोनों ...
- जीभ का क्या है?... बेटे, जीभ का जो ध्यान है, वह जप है। जप किससे होता है? शब्द से। और शब्द कहाँ से निकलता है? हमारी वाणी...
- जीभ का संशोधन पानी से होता है?... नहीं बेटे, पानी से नहीं होता। पानी से इशारा करते हैं जिह्वा के संशोधन का, इंद्रियों के संशोधन का। जि...
- जीभ किसकी है?... चमड़े की है। अच्छा, इसमें माँस तो नहीं है? हाँ पण्डित जी! माँस तो है ही। थूक तो नहीं है? हाँ है। तो इस...
- जीभ की नोंक से आप क्या बक बक मचाते रहते हैं?... उससे भगवान प्रसन्न नहीं होता है, तो क्या केवल हाथों की उलटा पुलटी और जीभ की नोंक की हेरा-फेरी से भगव...
- जीभ की नोंक हिलाइए फिर देखिए, क्या करामात आती है?... हाँ बेटे, जीभ की नोंक हिलाकर वहाँ चला जाना बैंक में और जीभ हिला देना-दीजिए दो हजार रुपए। देखें कहाँ ...
- जीभ ने क्या कर दिया?... जीभ ने आपकी सेहत खराब कर दी। सेहत को खराब करने को जिम्मेदारी एक आदमी की है। जिसने आपकी अच्छी-खासी तं...
- जीभ में कोई कमाल है?... कोई भी कमाल नहीं है। फिर किसका कमाल है? मित्रो, कमाल वहीं से निकलता है, जिसमें कि वाणी को परिष्कृत क...
- जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे?... भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो इस तरह की विश्वव्यापी चेतनाएँ हैं, उनको ...
- जीव-जंतु, पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे?... भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो इस तरह की विश्वव्यापी चेतनाएँ हैं, उनको ...
- जीवन का लक्ष्य क्या हो सकता है?... जीवन में शान्ति कहाँ से आ सकती है? जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं?...
- जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है?... जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है? अगर ठीक तरीके से आप इसे जान पाएँ तो बेटे आप धन्य हो सकते हैं...
- जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं?... ये हमारी मूर्च्छित सामर्थ्य है शोचनीय सामर्थ्य है, गई --गुजरी सामर्थ्य है, लेकिन इससे अत्यधिक महत्त्...
- जीवन के महत्त्व और मूल्य को समझ पाएँ उसका ठीक तरीके से उपयोग करने में समर्थ हो पाएँ तो हमारे जीवन में मजा आ जाए तो फिर क्या हो सकता है?... फिर, हम मनुष्य से आगे बढ़कर देव बन सकते हैं। देव? हों बेटे! देव। देवता तो वहाँ स्वर्ग में रहते हैं। न...
- जीवन कैसे उद्यमशील बनाया जा सकता है?... इसे कैसे देवोपम बनाया जा सकता है? जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारीकरण कैसे किया जा सकता है? जीवन ठीक तर...
- जीवन ठीक तरीके से कैसे जिया जा सकता है?... अगर ठीक तरीके से आप इसे जान पाएँ तो बेटे आप धन्य हो सकते हैं, सब कुछ बन सकते हैं। आप बाहर का ख्याल न...
- जीवन में शान्ति कहाँ से आ सकती है?... जीवन की दबी हुई सामर्थ्यों को हम कैसे विकसित कर सकते हैं? ये हमारी मूर्च्छित सामर्थ्य है शोचनीय सामर...
- जीवन में हमारे किस तरह से उसके आदर्श और सिद्धान्तों का समन्वय होना चाहिए?... यह भी आप समझिए।...
- जीवन है आप में?... निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई...
- जीवन- यापन करने के सम्बन्ध में फिर मनुष्य के सामने इतनी समस्याएँ क्यों?... मनुष्य तो बुद्धिमान प्राणी है, सुशील प्राणी है, उन्नत प्राणी है उनके सामने तो सुख- सुविधाओं के अंबार...
- जीवात्मा की तो हमने इतनी उपेक्षा की है कि यह बिचारी कराहती रहती है और यह पूछती रहती है कि दोस्त हमारा क्या होना है?... बेटे हमारा क्या होना है? यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढि़या पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ ह...
- जीवात्मा की तो हमने इतनी उपेक्षा की है कि यह बिचारी कराहती रहती है और यह पूछती रहती है कि दोस्त हमारा क्या होना है?... बेटे हमारा क्या होना है? यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ ह...
- जीवात्मा से और भगवान की किससे उपमा देंगे?... तुकोजीराव से। ऐसी जीवात्मा जिसमें संकल्प हो, साहस हो, जिसमें त्याग हो, शौर्य हो, जिसमें बलिदानी भाव ...
- जुलाई में पैदा हुईं और जनवरी में एम०ए० हो गईं?... नहीं साहब! माता जी की नहीं हैं। अच्छा ये माता जी की नहीं हैं तो फिर हम आपसे ये पूछते हैं? लड़कियाँ जब...
- जुड़ना किसे कहते हैं?... आपने आग में लकड़ी को गिरते हुए देखा है न। उस लकड़ी की क्या कीमत है-दो कौड़ी की जिसे आप पैर के नीचे फेंक...
- जेल जाने का भी समय था, अब वह समय कहाँ हैं?... अब आपत्तिकालीन समय है यह। युग बदल रहा है। आज का समय देना हीरे के बराबर, मोती के बराबर है। अगर अगली ब...
- जैन धर्म क्या है?... जैन धर्म को जरा पढ़िए, उसने भगवान का ऐसा सफाया किया है कि उसका नामोनिशान मिटा दिया गया है। उसने कहा ...
- जैसा कि अभी-अभी कहा गया कि ज्ञानयज्ञ के माध्यम से जनसाधारण को विचार करने की महती आवश्यकता पर बल देना चाहिए और ये उसे सिखाया जाना चाहिए कि जीवन श्रेष्ठ तरीके से कैसे जीया जा सकता है और समाज को सुव्यवस्थित कैसे बनाया जा सकता है?... समाज अर्थात भगवान। भगवान की पूजा कैसे की जा सकती है, इसका एक समग्र शिक्षण करने के लिए ज्ञानयज्ञ किया...
- जैसा हँस हमने कल्पना कर रखा है, उसे दूध और पानी कहाँ से मिलेगा?... दूध-पानी को वह कैसे अलग कर सकता है। यह तो अलंकार है। यह हँस जो कि गायत्री माता का वाहन है, ऐसा हमको ...
- जैसे आप परिस्थिति के बारे में यह अनुमान लगाए थे कि परिस्थिति हमारे अनुकूल हो जाएगी और नहीं हुई, तब?... तब आप झल्लाते हैं, रोते और खीझते हैं। इसी तरह अगर किसी व्यक्ति ने आपके साथ में एहसान न किया हो, तब? ...
- जैसे कि मैंने आपको एक किसान का किस्सा बताया था कि किस तरह वह अन्य किसानों को तारता चला गया?... भगवान पर उसका अटूट विश्वास था। भगवान पर विश्वास के आधार पर यदि आप श्रेष्ठ जीवन जीने के लिए, आदर्शवाद...
- जैसे बच्चा, बच्चा क्या करता है?... बच्चा स्वयं में असमर्थ होता है, कुछ कमा नहीं सकता। इसलिए कुछ कमा सकने की स्थिति में न होने की वजह रो...
- जैसे हमने अपनी जिन्दगी में इतना साहित्य लिखा, संगठन किया, क्या किया क्या नहीं किया?... लोग इसे कोई जादू कहते हैं और चमत्कार, देवता की सिद्धि कहते हैं, मैं कहता हूँ कोई सिद्धि नहीं है। यह ...
- जो अन्धपरम्पराएँ पीड़ा- पतन की कुण्डली मारकर बैठी हैं वे मिटें कैसे?... इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि धर्मतंत्र के सहारे कुप्रचलनों का उन्मूलन किया जाए। साथ ही उस क्षेत्र ...
- जो अध्यात्म हम सिखाना चाहते हैं, जिसके लिए हमने आपको इस आध्यात्मिक शिविर में बुलाया है, वह कैसा अध्यात्म है?... उसके तीन फायदे हैं। सिद्धियाँ कितनी होती हैं? यह आठ होती हैं, लेकिन ये अष्ट सिद्धियाँ और नौ ऋद्धियाँ...
- जो अपना पैसा खराब करते हैं?... समय खराब करते हैं? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साह...
- जो आदमी या वर्ग क्षमता सम्पन्न है, अगर वह अपनी सारी कमाई खाता रहेगा तो हम पूछते हैं कि जो पिछड़े हुए हैं, जो दरिद्र हैं, जो अपंग हैं, जो पतित हैं, उनका क्या होगा, उनका हिस्सा कहाँ से आएगा?... संचय करना पाप है मित्रो! आपको अपने में से कटौती करनी पड़ेगी; चाहे वह सरकारी टैक्स के रूप में चुकता की...
- जो आदमी साधु-सन्त नहीं है अथवा साधु होकर भी पाप के गर्त में गिरते हुए चले जाते हैं, तो भगवान क्यों करेंगे मोहब्बत उनसे और क्यों प्यार करेंगे उनसे?... एक सिद्धान्त वाले, उच्च आदर्शों वाले की ओर उन्होंने अपना हाथ बढ़ा दिया और समर्थ गुरु उठकर खड़े हो गए। श...
- जो आदमी हाथी पर सवार होकर जाता है, वह कैसे सन्त हो सकता है?... सन्त को तो पैदल चलना पड़ता है। सन्त को तो मामूली कपड़े पहनकर चलना पड़ता है। सन्त चाँदी की गाड़ी पर कैसे सवा...
- जो इसका फायदा उठा लेंगे उनके घर-परिवार में सराहना होती रहेगी समाज में इतिहास में उनका नाम स्वर्णाक्षरों में अंकित रहेगा और जो सनक में बैठे रहेंगे, भूल में बैठे रहेंगे, वे स्वयं पछताते रहेंगे और बाद में उनकी पीढ़ियाँ पछताती रहेंगी और कहेंगी कि ऐसे शानदार समय में हमारे बाप-दादों ने क्यों मुनासिब कदम नहीं उठाए?... यह कैसा शानदार समय है। चलिए मैं इसके कुछ आपको उदाहरण देना चाहता हूँ जिससे कि आप समझ सकें कि कैसा समय...
- जो कमाई बढ़ेगी वह दुर्गुणों में खरच कर दी जाएगी, फिर कैसे गरीबी दूर होगी?... असंयमी लोग दवा-दारू का अधिक प्रबन्ध होने पर भी रोगग्रस्त रहेंगे, इसलिए राष्ट्रीय विकास के लिए जहाँ भौ...
- जो कुछ भी सम्भव है पुराना और नया अर्थात पुराने ढंग से कैसे शोध की जाती थी और नए ढंग से कैसे की जाती?... यह हमने यहाँ बनाने की कोशिश की है। उत्तरकाशी में आरण्यक हैं। आरण्यक किसे कहते हैं? आरण्यक उसे कहते ह...
- जो खराब आदमी है, उसको हम अच्छा बनाएँगे, सज्जन बनाएँगे, यह क्यों नहीं सोचते आप?... यह आदमी खराब है, इसको हम मार डालेंगे, इसकी हत्या कर डालेंगे, यह क्यों सोचते हैं, यह मत सोचिए। आप अपन...
- जो चीज है ही नहीं, तो वह कैसे दे देगा?... जब हनुमान जी का ब्याह हुआ नहीं, उसके बच्चा हुआ ही नहीं, तो बेटा कैसे दे जाएँगे आपको? गुरुजी हम बीमार...
- जो टिकट दे देगा?... हाँ दे देगा। इसकी जरूरत है? हाँ बहुत जरूरत है। अगर आप नहीं कहेंगे तो स्टेशन मास्टर को मालूम कैसे पड़...
- जो देवता जितना बड़ा मालदार, वह उतना ही बड़ा भाग्यवान होता है?... भगवान जिसको जितनी दौलत दे, वह उतना ही भाग्यवान होता है। नहीं बेटे! आध्यात्मिक दृष्टि से वह भाग्यवान ...
- जो नया युग आएगा, वह किससे आएगा?... ज्ञान से आएगा, विचारों से आएगा। बन्दूक से नहीं आएगा नया युग। यह बन्दूक से भी बड़ी, सबसे बड़ी तोप है, जिस...
- जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर पर भी कर सकते थे, लेकिन यहाँ क्यों करना पड़ा?... यहाँ का वातावरण ही ऐसा है वातावरण को बनाने के लिए हमने बहुत मेहनत की है। आप वातावरण की कीमत समझिए। व...
- जो मुसीबत में हैं और कहते हैं कि हमारी मुसीबत में हिस्सा नहीं बटाएँगे क्या?... तब हम कहते हैं कि आपकी मुसीबत में हम जरूर हिस्सा बँटाएँगे। हमारी भावनाएँ इसी तरह की हैं। भावनाएँ जिस...
- जो मैटेरियल या भौतिक चीजें हैं, उनके उपयोग का क्या उद्देश्य होना चाहिए?... साहब। भौतिक से तो भौतिक चीजें ही मिलेगी। हाँ बेटे, चरखा कातने से अठन्नी मिल सकती है। माला घुमाने स...
- जो लंका में थे, वे आपको सब मिल जाएँगे, पर इससे क्या होगा?... आप हैरान होंगे। हम आपस में लड़-मर न जाएँ और मित्रो क्या होगा? वे परिस्थितियाँ आ जाएँगी, जो यादवों के...
- जो लाभ हम बता चुके हैं, अभी और उसे पूरा करते हैं कैसे?... लम्बी जिन्दगी, हमारी कितनी जिन्दगी है, बहुत लम्बी जिन्दगी है। कितनी लम्बी जिन्दगी है? उम्र के हिसाब से, जन्...
- जो लोग युग निर्माण अभियान तथा उसके सूत्र-संचालकों के व्यापक प्रयोग?... परीक्षण से परिचित हैं, उन्होंने लाखों व्यक्तियों के जीवन में इस विद्या को फलित होते देखा है।ऐसे अति ...
- जो व्यापक भगवान हैं, उसको तो बेटा कौन कहेगा?... वह तो बहुत फैला हुआ है, उसकी तो बात ही मत कीजिए। ब्रह्म तो इतना विस्तृत है, इतना विस्तृत है कि हमारी...
- जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्नति के लिए आवश्यक है, वह इससे कितनी खरच होती है?... अच्छा, हम आपको इस तरीके से तो नहीं बता सकते, पर यों बता सकते हैं-आपने किसी मरने वाले को देखा है? हों...
- जो सफलता एवं सामर्थ्य उन्हें प्राप्त हुई, वह कौन सी थी?... वह मित्रो! गायत्री मंत्र की थी जिसे उन्होंने प्राप्त किया कि था। ब्रह्माजी ने उस गायत्री मंत्र को चा...
- जो स्कूलों में पढ़ाया जाता है?... नहीं बेटे! स्कूलों वाला नहीं। स्कूल वाले ज्ञान को तो शिक्षा भी कहते हैं और जानकारी भी कहते हैं। यह त...
- जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या नुकसान देय है और दूसरे आदमी का दिल दुखाने वाली है?... क्या है? क्या नहीं है? हम कुछ नहीं सोंचते। जो मुँह में आता है उल्लम- गल्लम वही हम बकते रहते हैं। यह ...
- जो हमने काम किए हैं, जिन्दगी में, आप पता लगा सकते हैं और तलाश कर सकते हैं कि इतने काम कोई आदमी साढ़े तीन सौ वर्ष से कम में कर सकता है क्या?... हमने जितना साहित्य लिखा है, ये सत्तर वर्ष से कम में नहीं लिखा जा सकता है। हमने जो संगठन किया है, इतन...
- जो हरामखोर बैठे रहते हैं और यह सोचते हैं कि हमारे बेटे कमाते हैं, हमारे पोते कमाते हैं, हमारा बाप कमाकर रख गया है और हमारे पास बहुत आमदनी है, पेंशन हमारे पास है, खेती-बारी हमारे पास है तो हम अब काम क्यों करें?... बेटे! उन पर लानत है। कामचोरी : एक सामाजिक अपराध बेटे! तू तो कुछ काम करता है कि नहीं करता है? नहीं सा...
- ज्ञान और अकल के साथ साथ यदि आदमी का कलेजा बढ़ जाए तब?... हृदय बढ़ जाए तब? दृष्टिकोण बढ़ जाए तब? तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए ...
- ज्ञान कौन सा?... जो स्कूलों में पढ़ाया जाता है? नहीं बेटे! स्कूलों वाला नहीं। स्कूल वाले ज्ञान को तो शिक्षा भी कहते है...
- ज्ञान हो जाए तो क्या?... भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक न...
- जड़ की ताकत सीमित है जड़ क्या है?... जड़ हमारा शरीर है? जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ प...
- जड़ के द्वारा जो फायदा मिल सकता है; चेतना के द्वारा उससे हजारों गुना फायदा हो सकता है; लाखों गुना ज्यादा फायदा हो सकता है चेतना की शक्ति अगर हमारे पास हो, जिसे हम ब्रह्मबल कहते हैं और आत्मबल कहते हैं, तो फिर उसका कहना ही क्या?... मित्रो! मैं कहानी का अर्थ समझाना चाहूँगा आपको, ताकि गायत्री की परिभाषा समझ में आ जाए कि गायत्री क्या...
- जड़ क्या है?... जड़ हमारा शरीर है? जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ प...
- जड़ हमारा शरीर है?... जड़ क्या है? जड़ हमारा पैसा है। जड़ क्या है? जड़ हमारा व्यापार है। दिमाग भी हमारा जड़ पदार्थ का बना है, ज...
- जड़ों से क्या मतलब है?... जड़ों से मेरा मतलब है बेटे! ईमान। आदमी का व्यक्तित्व वह नहीं है, जो बाहर दिखाई पड़ता है। किसी का चेहरा...
- टट्टियाँ हो जाएँ तो क्या?... उल्टियाँ हो जाएँ तो क्या? पर खाने से बाज न आने वाले थे वे। जबान के दो विषय मित्रो हमारी जबान के दो व...
- टाई क्या है?... टाई ईसाइयों का यज्ञोपवीत हैं। ''क्रूस'' जिसमें ईसा मसीह को फाँसी लगाई गई थी। टाई उस फाँसी का प्रतीक ...
- टिकाऊ चीज क्या होती है?... जो चीज भीतर से निकलती है, उसका नाम है-'शान्ति'। शान्ति का ही दूसरा नाम सन्तोष है। शान्ति के बारे में जो ...
- टिशूज कैसे होते हैं?... सैल कैसे होते हैं? अमुक चीज कैसी होती है? विना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डाल...
- टॉनिक सेवन से क्या मतलब हैं?... टॉनिक सेवन से मतलब है कि जिन विचारों का आप में अभाव रहा है, उन विचारों को फिर से सेवन करना शुरू कीजि...
- ठंडक में हवन कराया था या गरमी में कराया था?... गुरुजी! ठंडक में कराया था। अच्छा तो एक फायदा यह हो गया कि जाड़े के मारे जो लोग काँप रहे होंगे, वे हा...
- ठीक इसी प्रकार का यह भी प्रश्न है कि जो उपलब्ध था उसे किसने किस प्रकार, किन प्रयोजनों में खरच किया?... साधनों को कमाने, रखने और खरचने के लिए एक विशेष प्रकार की सूझ-बूझ चाहिए। उसे प्रखरता कहते हैं। सूझ-बू...
- ठीक साल भर बाद इस मिट्टी में पसीना मिलाने के बाद में क्या करता है?... फसल पैदा होती है। अनाज पैदा होता है और मालदार हो जाता है।...
- ठीक है कि प्रजा के हित का ध्यान रखना चाहिए प्रजा का कहना मानना चाहिए लेकिन सीताजी के साथ क्यों अन्याय करना चाहिए?... यह एकांगी जीवन है। एकांगी जीवन में राम ने मर्यादाओं का पालन किया। पूर्णपुरुष श्रीकृष्ण कृष्ण? कृष्...
- ठीक है तो क्या बुरे आदमी को मार दे?... बुरे आदमी इस दुनिया में इसलिए नहीं हैं कि आप उनसे घृणा करें। हाँ, बुराइयों के प्रति आप घृणा कीजिए और...
- ठीक है तो हम भी जनता पार्टी से है?... आप भी जनता और हम भी जनता। हाँ, ठीक बात है अब कौन से आ गए? किसको वोट देंगे? आपकी पार्टी को देंगे। आपक...
- ठीक है, आप लोगों को ऐसे ही मुझे बहकाना पड़ता है, क्योंकि आप लोगों को पाँच- छह वर्ष में कैसे बहू लाकर के दे दूँगा?... नहीं साहब! हमारा तो विवाह करा दीजिए, भैया का विवाह हो गया है, हमारा विवाह नहीं हुआ है। बेटे! अभी तू ...
- डाइमंड क्या है?... डाइमंड और कोयले में कोई खास फरक नहीं है। एकाध इसके एलीमेंट्स और एकाध इसके भीतर के जो जर्रे हैं, उनमे...
- डाइमण्ड क्या है?... डाइमण्ड और कोयले में कोई खास फर्क नहीं है। एकाध इसके एलीमेंट्स और एकाध इसके भीतर के जो जर्रे हैं, उन...
- डाक्टर साहब से पूछिए कि ऑक्सीजन का सिलेंडर कितने का मँगाया था?... छह सौ पचास रुपए का। एक आदमी के लिए कब तक एक सिलेंडर चल सकता है? अगर एक आदमी सारे दिन लगाए रखे तो दो-...
- डिस्टिल्ड वाटर अर्थात वह आदमी जो भगवान का भक्त कहला सकता है और गन्दा पानी कौन?... वह आदमी, जो दोहाई तो भक्ति की देता है। भक्ति के कर्मकाण्ड करता है, जिसे मैं नखरे कहता हूँ। ऐसा आदमी ...
- डिस्टिल्ड वाटर का उपयोग आप जानते हैं?... लाइए डॉक्टर साहब! एक कुनैन मिक्सचर का इंजेक्शन लगाइए। अच्छा पानी लाइए। अरे! इस पानी से थोड़े ही लगेगा...
- डिस्टिल्ड वाटर किसे कहते हैं?... बेटे! उसे कहते हैं, जो भाप के द्वारा उड़ाया हुआ है। डिस्टिल्ड वाटर अर्थात वह आदमी जो भगवान का भक्त कह...
- डेमन कौन सा होता है?... डेमन कहते हैं भगवान को। आपके डेमन का क्या नाम है? अपने गुरु को हम डेमन कहते हैं। गुरु क्या होता है? ...
- तप करने से क्या हुआ?... तप करने से बेटे उन्होंने हिन्दुस्तान के सारे वातावरण को इतना गरम कर दिया कि उस गरमी में से ढेरों के ढ...
- तप किसे कहते हैं?... जीवन के संशोधन का नाम है तप, जो कल मैं आपको बता चुका हूँ। घुला देना अर्थात योग साथियो! कल मैं क्या क...
- तप में क्या काम करना चाहिए?... तप का आपको प्रतीक बताता हूँ। थोड़ा- थोड़ा कर लीजिए। उसका सिद्धान्त आपको याद रहना चाहिए। सिद्धान्त आप भ...
- तपस्वी से क्या मतलब है?... आदमी को धूप में खड़ा करेंगे? धूप में नहीं खड़ा करेंगे। उसे अपनी हवस और अपनी कामनाओं पर अंकुश लगाना सिख...
- तब आप कितने साल तक जवान रहेंगे?... हम पचास साल तक जवान रहेंगे और कोशिश करेंगे पचास औरतें आ जाएँ। हर साल एक नई आ जाए और दूसरी चली जाए। ब...
- तब आप समझ सकते हैं कि बच्चे का क्या हाल होगा?... इसी तरह से अगर कुम्हार के बरतन चुपचाप बैठे न रहें और यह कहें कि साहब हम जाम को आ जाया करेंगे, पर दिन...
- तब आपको भगवान मिल पाएगा?... भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा? मैं सोचता हूँ कि तब भगवान आपको नहीं मिलना चाहिए, क्योंकि आपके अन्दर ...
- तब आपको भविष्य में ऐसी विचारधारा के साथ, ऐसे लोगों के साथ, ऐसे लक्ष्य के साथ, ऐसी महान सत्ता के साथ अपने आप को सम्पर्क में रखना है जो आपको महान बनाने में समर्थ है?... जो आपको सहारा दे सकती है, ऊँचा उठा सकती है, आप उसके सम्पर्क में आइए। इस बीच आप भगवान से सम्पर्क मिलाने...
- तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा?... आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहिए कि यह आचार्य जी का मरा हुआ शरीर बिकाऊ है, खरीद लीजिए। कोई आद...
- तब उसके लिए भी तैयार रहिए?... लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखा कि यह भी हो सकता है कि उस घर में तुम्हारा सम्मान न हो। तुम...
- तब कौन है?... हमारा बैरी है और दुश्मन है। क्यों साहब! दो महीने पहले तो वह आपका जमाई था? हाँ दो महीने पहले था, लेकि...
- तब क्या करना चाहिए?... आप स्वर्ग सा जीवन जीने के लिए मनोकामना को पीछे हटा लीजिए और यह मत सोचिए कि क्या परिणाम मिलेगा? आप अप...
- तब क्या करना पड़ेगा?... तब एक ही काम करना पड़ेगा कि आप अपने आप को भगवान को सौंप दीजिए। अपने आप को उनके हाथ की कठपुतली बना लीज...
- तब क्या करें?... तब आपको भविष्य में ऐसी विचारधारा के साथ, ऐसे लोगों के साथ, ऐसे लक्ष्य के साथ, ऐसी महान सत्ता के साथ ...
- तब तो आपने अपनी खुशी दूसरी के हाथ में गिरवी रख दी न?... आपकी बीवी हँसी -खुशी से रहेगी और आपकी आज्ञा का पालन करेगी, आपकी मरजी से चलेगी तो आप खुश! और नहीं चली...
- तब परिणाम क्या होता है?... वही जो आग और लकड़ी का होता है। दो कौड़ी की नाचीज लकड़ी जब आग के साथ मिल जाती है तो उसकी कीमत आग के बराब...
- तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे?... मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयोग मिल जाए। जिस सीमा तक सहयोग मिल जाए उस सीमा तक ठीक है औ...
- तब फिर आप दयालु कैसे?... किस बात के? भाव-सम्वेदनाएँ भी अपूर्ण हैं, अगर वे क्रिया-काण्डों के साथ समन्वित नहीं हैं। दोनों का स...
- तब फिर कोई और व्यक्ति ऐसा है, जो वही मंत्र बोलकर चमत्कार दिखा सके?... हाँ! ऐसे भी एक व्यक्ति हैं। हम कोशिश करेंगे कि वे आ सके और आपका पुत्रेष्टि यज्ञ सम्पन्न करा सके। शृंग...
- तब बेटे, इससे क्या हो जाएगा?... गंदे नाले में गंगाजल डाल देगा तो क्या सारा का सारा गन्दा नाला शुद्ध हो जाएगा? गन्दा नाला शुद्ध नहीं हो...
- तब मैं यह कहूँगा कि यह देवता का मन्दिर है और जब इसमें से प्राण निकल जाता तो मैं यह कहूँगा कि ये तो मिट्टी है, इसके लिए क्यों रो रहे हो?... इसे जलाकर अलग करो। इसमें क्या रखा है? ये तो बेकार है, निरर्थक है। इसको गाड़ दो, नदी में बहा दो या इस...
- तब हमारे पास पैसा-दौलत हो जाए तो क्या?... ज्ञान हो जाए तो क्या? भक्ति हो जाए तो क्या? विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता ह...
- तबाही क्यों आएगी?... क्योंकि अवांछनीय तत्त्व जहाँ कहीं भी हैं, वे सब घटेंगे। घटने के लिए विनाश होगा, और विकास के लिए नए न...
- तमाम दिन कैसे मौन रहेंगे?... कभी बोलेंगे, कभी चिट्ठी लिखेंगे, कभी हाथ से लिखेंगे, कभी क्या करेंगे? कभी क्या करेंगे? कम से कम दो घ...
- तरह- तरह के व्यंजन, काम- क्रीड़ा के प्रयोग एवं दृश्य, श्रव्य, स्पर्शजन्य विलास प्रयोजन कैसे पूरे हों?... इसके सपने सँजोए और घरौंदे बनाए जाते हैं। इससे थोड़ी फुरसत मिलती है तो धन कमाते, अमीरी का दर्प दिखाने...
- तलवार का महत्त्व हम क्योंकर कम आँकेंगे?... आपकी तलवार कितनी ही कीमती क्यों न हो, लेकिन उसे पकड़ने के लिए हाथों में, कलाइयों में बल होना चाहिए। न...
- ताँबे के पात्र में पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है?... स्टील का पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है? बेटे! मिट्टी का भी बना ले और अगर तेरे पास कोई पंचपात्र ...
- तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना, सत्यनारायण की कथा कहना आदि, क्या यहीं दैवी परम्पराएँ हैं?... नहीं, बेटे! ये तो खेल खिलौने मात्र हैं।मित्रो! क्या करना पड़ेगा? दैवीय सभ्यता यह नहीं है। दैवीय सभ्य...
- तीन कला का मतलब क्या हुआ?... मनुष्य से तीन गुना अधिक शक्ति रखने वाले व्यक्ति। हम सब एक कला के भगवान हैं, अवतार हैं। आध्यात्मिक क्...
- तीन महीने जेल जाने पर कोई आदमी ज्यादा दुखी तो नहीं होता?... बेटे! हम तो पौने चार बरस रहे हैं। हमारा तो कुछ खराब नहीं हुआ। हम बहुत अच्छी तरह रहे हैं। साहब! हमको ...
- तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं?... मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।मित्रो! यह क्या है? यह एक टेक्निक है। मूर्तिकला ...
- तीर-कमान किसका बनता है?... बाँस का बनता है। बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-मास का शरीर धारण करन...
- तीसरी ऋद्धि है-दैवी अनुग्रह किसे कहते हैं?... आपने रामायण में कई प्रसंग पढ़े होंगे कि जब देवता प्रसन्न होते हैं, तब फूल बरसाते हैं और कुछ नहीं बरस...
- तीसरी वाली आँख क्या होती है?... वह जो हम त्राटक से जाग्रत कराते हैं। तीसरी आँख खेलने के लिए प्रकाश का ध्यान कराते हैं। तीसरी आँख कहत...
- तु यह बता कि तूने अपने जीवन का परिष्कार कर लिया कि नहीं, तभी बेटे बात बनेगी अन्यथा नहीं?... हमारे गुरु ने हमें बार-बार बुलाया है। बार-बार बुलाने की शृंखला उन्होंने उस समय से प्रारम्भ की जिस समय...
- तुझे शरम नहीं आती, पूछता है क्यों पहनते हैं?... सभी ब्राह्मण जनेऊ पहनते हैं। लेकिन पण्डित जी ब्राह्मण तो सब पहनते हैं, पर क्यों पहनते हैं? आखिर ये क्...
- तुम कह रहे थे कि ढाई लाख रुपया कर्ज देना रह गया है, तो अब उस दक्षिणावर्ती शंख ने तो चुका ही दिया होगा?... नहीं साहब! वह नहीं चुकाया। तो फिर ब्याज तो चुका ही दिया होगा? नहीं साहब! ब्याज भी नहीं चुकाया। धत ते...
- तुम जा रही हो तो एक बात बताती जाओ?... आप कौन हैं? हम राजा परीक्षित हैं। अच्छा पूछिए हम आपकी बात का उत्तर अवश्य देंगे। परीक्षित ने कहा कि व...
- तुमने यह क्यों नहीं किया?... चट्टानों को भी है शिकवा
मित्रो! एक बार बहुत जोर से वर्षा हुई। सब जगह पानी ही पानी दिखाई देने लगा,...
- तुलसीदास जी का उद्धार कैसे हो गया और उनमें क्या खराबी थी?... साहब! आपको मालूम नहीं है, वे बहुत खराब आदमी थे। तुलसीदास जी बड़े कामुक थे। उनकी काम-वासना इतनी तीव्र ...
- तुलसीदास जी निकम्मे आदमी थे, आपने उनके सारे किस्से सुने हैं, लेकिन जब भगवान ने उनको प्यार किया तो क्या- क्या हुआ?... भगवान के प्यार में एक ही विशेषता है कि जैसे पारस लोहे को छुएगा तो उसे सोना बना देगा। तुलसीदास भी सोन...
- तुलसीदास ने क्या काम किया?... तुलसीदास ने जब अपनी दिशाएँ बदल दीं, जब उनकी बीबी ने कहा, नहीं, तुम्हारे लिए ये मुनासिब नहीं है। क्या...
- तुलसीदास ने भक्ति की, तो कैसी मजेदार भक्ति की कि बस पीपल के पेड़ पर से, बेल के पेड़ पर से कौन आ गया?... भूत आ गया। उन्होंने कहा कि हमको भगवान के दर्शन करा दो। उस भूत ने कहा कि भगवान के तो नहीं करा सकते, ह...
- तू अपनी को माला क्या समझता है—मशीनगन?... खटाखट, फटाफट चलाऊँगा और सबको मार डालूँगा। किसको मार डालेगा? हनुमान जी को मार डालूँगा, सन्तोषी माता को...
- तू किस झगड़े में लगा है, तु चलेगा नहीं क्या?... अभी हमें बी० ए० का इम्तहान देना है। आप बार बार क्यों आ जाते हैं? जब हमारी इच्छा होगी तब आ जाएँगे। नह...
- तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?... ? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित जी के। क्यों?? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमज...
- तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?... लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित जी के क्यों? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर...
- तू क्या समझता था?... हम तो यह समझते थे कि ये सब प्रारम्भिक वस्तुएँ हैं और उनसे ही सफलता मिल जाती है। मसलन आपके हाथ में छेन...
- तू जो सन्त-महात्माओं की सेवा करता है, भगवान का भजन करता है, वह किस काम के लिए करता है?... यही वरदान माँगने के लिए आशीर्वाद पाने और कुछ सिद्धियाँ पाने के लिए करता हूँ। बेटे! ये सिद्धियाँ ये व...
- तू तो कुछ काम करता है कि नहीं करता है?... नहीं साहब! मैं तो नहीं करता। बेटे! काम तो करना चाहिए। समाज के लिए करना चाहिए। अपने लिए करना चाहिए कि...
- तू भगवन् को ऐसा समझता है?... नहीं महाराज जी! आप बुला दीजिए। बेटे! हममें तो ताकत है नहीं, तुझमें ताकत है तो बुला ले हनुमान जी को। ...
- तू समझता क्यों नहीं है?... अरे ये प्रतीक है। हँस पर गायत्री नहीं बैठ सकती। हँस पर कैसे बैठ सकती है, हँस तो जरा सा होता है और गा...
- तू समझता तो है नहीं कि मैं क्या कहता हूँ?... तू एकांगी बात लिए फिरता है, जबकि अध्यात्म एकांगी नहीं हो सकता। एकांगी अध्यात्म सम्भव नहीं है।मित्रो! ...
- तू समझता नहीं है कि तू किस काम के लिए आया है और तेरे बिना हमारा कितना काम हर्ज हो रहा है?... महाराज जी अभी हमको नौकरी करनी है। नहीं बेटे, नौकरी नहीं करनी है, तुझे तो हमारा काम करना है। एक दिन त...
- तू समझता नहीं है क्या?... महाराज जी मैं बी० ए० करूँगा, एम० ए० करूँगा, नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, तू नौकरी करेगा, तो मेरा काम हर्...
- तूने पेट में स्नान करा लिया?... नहीं महाराज जी! पेट में तो मल भरा हुआ है, पेशाब भरा हुआ है। अच्छा, तो तू उसको नहीं निकाल सकता है, पर...
- तूने बदल दिया कि नहीं?... हाँ महाराज जी! मैंने तो बदल दिया। बेटे-तू बदल गया, तो हम भी बदल गए। मित्रो! अब-हमारा कुटुम्ब जवान हो ...
- तृष्णा क्या है?... बेटे! आपने बेटे की शादी में लाखों रुपए खरच कर दिया। ऐसा क्यों किया, जबकि आपको इसका सूद मिलता था। अब ...
- तेजाब डालने के बाद कहाँ ले जाता है?... घाट पर ले जाता है और क्या करता है? उसे पत्थर पर पछाड़-पछाड़कर दे मारता है और धो-धो करके उसका सारा का स...
- तेरी दुकान में कितने हिस्सेदार हैं?... दो हिस्सेदार हैं तो उनको भी मुनाफा देता है कि नहीं। महाराज जी! दिया करूँ? हों बेटे! उसे दिया कर। तेर...
- तेरी भी तो कन्या होगी?... तेरी भी तो लड़की स्कूल जा रही होगी। वह भी फिर वेश्या है क्या? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है...
- तेरी भी तो कन्या होगी?... तेरी भी तो लड़की स्कूल जा रही होगी। वह भी फिर वेश्या है क्या? नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं ...
- तेरे घर में?... हमारा बाप है, जो पड़ोस में ही काम कर रहा है इसी खेत में। हम दोनों खेती का काम करते हैं। हमें उनके पा...
- तेरे पास बन्दूक तो है नहीं, फिर गोली कैसे चलाएगा?... इसलिए क्रियायोग के माहात्म्य का खंडन करने पर जब मैं उतारू हो जाता हूँ तो आवेश में आकर कर्मकाण्डों के...
- तेरे पास विश्वास कहाँ है?... अगर तेरा यह खयाल है कि कृत्यों के माध्यम से, घटनाओं के माध्यम से, क्रिया-कलापों के माध्यम से भगवान क...
- तेरे लिए बहुत आशीर्वाद, परन्तु बेटा जब माला करता है, तो उसके साथ-साथ विचारों को भी लाता है कि नहीं?... महाराज जी, विचार तो मेरे भागते रहते हैं। तो बेटा! भगवान की उपासना तेरी अधूरी है। तेरी उपासना का जो प...
- तेरे हिस्से में है क्या?... अगर आपको अपने हिस्से में लाना है तो वही चीज लानी पड़ेगी, जिसका मैंने निवेदन किया। आपको वह उपासना करन...
- तो अब आप क्या चाहते हैं?... हमको बड़ी नौकरी मिल जाए। अच्छा तो आप एक काम कर लीजिए। आप बी० ए० कर लीजिए, बी० एड० कर लीजिए। फिर हमार...
- तो अब आप ही बताइए कि बिना ब्याह वालों को हम कैसे मदद कर सकते हैं?... फिर हमने पूछा कि शादी-ब्याह नहीं हुआ तो बाल बच्चों की ही मदद कीजिए, क्योंकि ये कहता है कि हमारे तीन ...
- तो अब इससे लोहा कैसे निकलेगा?... देखिए अब तमाशा दिखाते हैं कि इसमें क्या-क्या होता है? कच्चा लोहा लिया और तुरन्त लेने के बाद उसको भट्ठ...
- तो अब कौन से है?... जनता पार्टी वाले हैं। ठीक है तो हम भी जनता पार्टी से है? आप भी जनता और हम भी जनता। हाँ, ठीक बात है अ...
- तो अम्मा के पास क्या है?... बेटे, उसके पास प्यार है, दुलार है। तुम्हें छाती से वही लगाए रहेगी, दूध वही पिलाएगी। तू जब गन्दगी कर ल...
- तो अयोध्या में क्या कमी थी?... अयोध्या में वह वातावरण नहीं था जो हिमालय का वातावरण है-संस्कारी वातावरण, जिसमें कि हजारों वर्षों से ...
- तो आग कैसे हो गयीं आप?... हमने एक ही हिम्मत की है कि अपने आप को आग के आग के साथ घुला दिया है, मिला दिया है। अगर आप भी ऐसा कर स...
- तो आप अकेले काम नहीं कर सकेंगे?... अकेला काम क्यों नहीं कर सकता? ''अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता'' आप अकेले पुल नहीं बना पाएँगे; आप अक...
- तो आप अपनी दुकानें बन्द रखेंगे और आचार्य जी के साथ में रहेंगे?... हाँ साहब, रहेंगे। उनके खाने-पीने का, किराये-भाड़े का जो खरचा पड़ेगा, सो आप देंगे? हाँ जिस लायक हमारी ...
- तो आप कहाँ तक पढे हैं?... हमने साहब मैट्रिक पास किया है और बी० टी० सी० पास की है। इसीलिए हमको २५० रुपए मिलते हैं। तो अब आप क्य...
- तो आप छेनी की क्या करामात कह रहे थे?... फिर आप हथौड़े की करामात क्या कह रहे थे? हथौड़े और छेनी की करामात है जरूर, हम इसे मानते हैं। जितनी भी...
- तो आप नुकसान में रहे होंगे?... आप नुकसान की बात करते हैं कभी आप हमारे गाँव जाइए, गायत्री तपोभूमि मथुरा, अखण्ड ज्योति कार्यालय देखिए...
- तो आप पूरी कर दीजिए?... बेटे ! हमारी सामर्थ्य में नहीं है तो हम कैसे पूरी कर देंगे, लेकिन आप वह अध्यात्म, जो कि चार चीजों से...
- तो आप बच्चे को दूध नहीं देना चाहते?... हाँ साहब! हम नहीं देना चाहते। बच्चा मर जाए तो हमें इससे क्या लेना देना। हम कमाते हैं, इसलिए हमीं खाए...
- तो आप बताइए कि आपने नमन क्यों किया?... आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया? शुरुआत तो कीजिए सवाल तो पैदा कीजिए जिससे कोई आदमी सवाल पूछे और आ...
- तो आप बताते क्यों नहीं कि मुझे कौन सा सहायक ढूँढ़ लेना चाहिए?... उन्होंने कहा कि भगवान को एक सहायक के रूप में ढूँढ़ लेना चाहिए। और दूसरा? दूसरा एक इनसान को। एक इनसान...
- तो आप माँस से माँस को देखना चाहते हैं?... यही मतलब है न आपका? आप मैटेरियल से मैटेरियल को देखना चाहते हैं। प्रकृति से प्रकृति को देखना चाहते ...
- तो आप सबको गायत्री पढ़ाएँगे?... हाँ बेटे! सबको पढ़ाएँगे। सूरज सबका है, चंद्रमा सबका है, गंगा सबकी है, हवा सबकी है, इसी तरह गायत्री भी...
- तो आपका क्या मन है?... हमको भी कहीं से ऐसा ही रुद्राक्ष मिल जाता, हम भी प्रधानमंत्री न सही, मुख्यमंत्री तो हो गए होते। एक स...
- तो आपकी गऊशाला है कि नहीं?... नहीं साहब! गऊशाला तो नहीं है।अनाथालयों का काम कैसा है? बहुत ही अच्छा काम है। बेचारे अनाथ बच्चों का श...
- तो आपको कुछ मिला क्या?... यही तो मैं बताना चाहता हूँ कि मुझे मिला है और अगर आप हमारी बात पर विश्वास कर सकते हों तो अपने बारे म...
- तो आपको खूब सामान दे जाती है?... हाँ बेटे, पहले देवी कभी कभी आती थी, पर अब हमें यह खयाल आया कि देवी है भी कि नहीं, सो हमने अपने गुरु ...
- तो आपको रिझाने के लिए कौन सा काम किया जाता है?... नाच-कूद करते तो हैं। भगवान को रिझाने के लिए नाच-कूद करने की कोई जरूरत नहीं है। आपका नाच-कूद देखने के...
- तो आपने इसको क्यों दिया?... इसलिए दिया जिससे ये हमारी बेटी की सहायता करे। इसकी कमाई के ऊपर हमारी बेटी की जिन्दगी निर्भर है। इससे ...
- तो इतना कहाँ से आता है?... यह हमारी बैंक से आता है। कौन सी बैंक? जिस बैंक से हमारा ईमानदारी का एग्रीमेंट है। उसने हमारी शाख बढ़ा...
- तो इसका कोई पुण्य नहीं है?... न बेटे! कोई पुण्य नहीं है।पुण्य कैसे हो सकता है? दृष्टि से हो सकता है। दृष्टि अगर हमारे पास हो, चिंत...
- तो उसने कहा, क्या दूँ?... बाँदी ने कहा कि डॉक्टरों ने कहा है कि लैला की नसों में खून चढ़ाया जाएगा। तो क्या आप अपना खून देंगे जि...
- तो कर लिया दर्शन?... हाँ साहब! खूब दर्शन हो गए। भीड़ तो बहुत थी ,, पर हम पंद्रह मिनट खड़े रहे और अच्छी तरह से दर्शन हो गए। ...
- तो कहाँ से हुआ है तेरा विवाह?... किसी और की पैदा की हुई बेटी को साथ लिए फिरता है और ऊपर से ये कहता है कि समाज का कोई ऋण नहीं है। तेरे...
- तो किस पानी से लगाएँगे?... डिस्टिल्ड वाटर से। डिस्टिल्ड वाटर किसे कहते हैं? बेटे! उसे कहते हैं, जो भाप के द्वारा उड़ाया हुआ है। ...
- तो किसकी रखूँ?... चल मैं तुझे ऐसी चीज बता देता हूँ जो कि मूर्ति भी बनी रहे, गिरे भी नहीं और तुझे रखवाली भी नहीं करनी प...
- तो किसकी सेवा करूँ?... कस्मै देवाय हविषा विधेम बेटे! अपनी सेवा कर और किसकी सेवा करेगा देवता की सेवा करूँगा। नहीं, देवता को ...
- तो किससे प्रसन्न होता है?... आपके मन से, हृदय से और भावनाओं से। चेतना व चिन्तन का मेल हो मित्रो! आपका जो वास्तविक अस्तित्व है जो ह...
- तो कुल्ला कर, यह क्या करता है?... हथेली पर जरा सा पानी और उसमें पाँचों उँगलियाँ? इससे क्या हो जाएगा? इससे तो होठ भी नहीं साफ होंगे। इस...
- तो कैसे असर पड़ेगा?... नहीं साहब! असर पड़ेगा। नहीं बेटे! तेरा असर नहीं पड़ेगा। अंकुश का नाम है तप अगले दिनों क्या करना पड़ेगा?...
- तो कौन जप करता है?... एक ही अकेले करते हैं। तो बेटा, अकेला चना क्या भाड़ फोड़ लेगा! अकेले चने से भाड़ नहीं फूटता। प्रचार का ...
- तो कौन हैं आप?... आपकी बिरादरी क्या है? हम तो धोबी और सफाईकर्मी हैं।कोई मुझसे जब मेरी अच्छी बिरादरी जानना चाहता है त...
- तो कौन हैं?... बढ़ई हैं। बढ़ई कौन होता है? वो जो लकड़ी का धंधा' करता है। ये वही हैं और अब बामन बन गए हैं। लोगों ने म...
- तो क्या आप शरीर की हवस पूरी कर देंगे?... बेटे ! हम नहीं पूरी कर सकते, क्योंकि यह हमारी सामर्थ्य से बाहर है। आदमी की हवस इतनी शैतान है कि इसे ...
- तो क्या आप संस्कृति को खत्म कर रहे हैं?... संस्कृति रावण के मुँह में चली जाएगी, तो क्या होगा? बिलकुल यही होगा, जो अभी बताया है। बेटे! अर्थशास्त...
- तो क्या उसकी मुक्ति हो जाएगी?... आपके ख्याल से तो हो भी सकती है, पर मेरे ख्याल से नहीं होगी; क्योंकि उसके भीतर कोई चिन्तन नहीं है; कोई...
- तो क्या कच्चा लोहा स्टेनलेस लोहा हो सकता है?... हाँ हो सकता है। कब, जब लोहे को परिशोधित करते हुए संशोधित करते हुए चले जाएँ। सबसे बड़ा योगाभ्यास मित्र...
- तो क्या करें?... बेटे! दुनिया से भाग जा और में चला जा। कौन सी गुफा में? मैंने बताया तो था, अपने मन की गुफा में। अपने ...
- तो क्या करेंगे?... बस, वही सबसे सरल वाला हिस्सा पकड़ लिया है। यह भूल गए कि उपासना चार चरणों वाली होती है। उपासना का संव...
- तो क्या कलाई में ताकत होती है?... बेटे! कलाई में ताकत होती है। कलाई में दरद हो रहा है या कलाई नहीं होगी तो तलवार क्या काम करेगी? कलाई ...
- तो क्या कहूँ?... यों कह कि एक बुड्ढा व्यक्ति मर गया। बुड्ढा कैसे? वह तो लड़का था। नहीं बेटे, वह बुड्ढा था। बुड्ढा आदमी...
- तो क्या किया उन्होंने?... माल मारा? मकान बनाए? जायदाद बनाई? औरतों के लिए सोने के जेवर बनाए? क्यों साहब! जो देवता जितना बड़ा माल...
- तो क्या किसी काम में आपकी एकाग्रता होती है?... हर काम में बिखराव है। आप अपने मन को निग्रहीत करना सीखिए। जब जो काम करना हो, तब उसमें इतनी मुस्तैदी स...
- तो क्या किसी काम में आपकी एकाग्रता होती हैं?... हर काम में बिखराव है। आप अपने मन को निग्रहीत करना सीखिए। जब जो काम करना हो, तब उसमें इतनी मुस्तैदी स...
- तो क्या कौवे की बात-चीत लोमड़ी समझ सकती हैं?... नहीं बेटे! ये झूठ नहीं है। बालकों को आकर्षक ढंग से, पहेली के ढंग से, प्रिय बुजुर्गों के ढंग से उनको ...
- तो क्या गाय को चारा भी खिलाना पड़ेगा, दाना भी खिलाना पड़ेगा, पानी भी पिलाना पड़ेगा, रखवाली भी करनी पड़ेगी और गाय को दुहना भी पड़ेगा?... हाँ। नहीं साहब! अगर इतना झगड़ा है तो यह हम नहीं कर सकते। तो बेटे, गाय का दूध नसीब नहीं हो सकता। नहीं...
- तो क्या नेवला इससे सुनहला हो जाएगा?... नहीं होगा। अच्छा तो मैं चार रोटी की जगह छह रोटियाँ रख दूँ अथवा एक किलो आटे की रोटियाँ थाली में रख दू...
- तो क्या पखेरू हार गया और रावण जीत गया?... नहीं बेटे, पखेरू जीत गया। रामचंद्र जी जब आए, तो उन्होंने पखेरू को छाती से लगा लिया, अपने हाथों से उस...
- तो क्या पच्चीस कुण्डीय यज्ञों के माध्यम से पुरश्चरण होगा?... यज्ञ नहीं बेटे! पुरश्चरण। यज्ञ और पुरश्चरण क्या फर्क पड़ता है? बेटे! अब तक जो हमारे यज्ञ थे, वे प्रशि...
- तो क्या बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थे?... हाँ बेटे, बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थे, लेकिन व्याख्यान देने के साथ साथ में उसके नमूने भी पेश किए ग...
- तो क्या भगवान की शक्ल नहीं है?... नहीं, भगवान की शक्ल नहीं हो सकती।साथियो! जिसकी कोई शक्ल नहीं हो सकती, उसको आप क्या चीज खिलाएँगे? अरे...
- तो क्या भगवान ने बिल्वमंगल को तारा?... बिलकुल तारा, लेकिन तारने से पहले उनको सूरदास बना दिया। तारने से पहले भगवान उनकी जिन्दगी की दिशाएँ बदल...
- तो क्या भगवान बुद्ध ने हिन्दुस्तान का, सारे एशिया का बेड़ा गर्क नहीं कर दिया था?... नहीं मित्रो! ऐसा नहीं हो सकता। यह काम पीछे वालों का अनुयायियों का तो हो सकता है, पर भगवान बुद्ध का न...
- तो क्या भीतर कोई चीज नहीं है?... बेटे असल में जो कुछ भी चीज है, वह भीतर ही है बाहर नहीं है बाहर केवल दिखाई पड़ती हैं, पर असल में हर ची...
- तो क्या भीतर कोई चीज नहीं है?... बेटे असल में जो कुछ भी चीज है, वह भीतर ही है बाहर नहीं है बाहर केवल दिखाई पड़ती हैं, पर असल में हर ची...
- तो क्या महत्त्वाकाँक्षाएँ ख़त्म कर देने से आदमी का वर्चस् खत्म हो जाएगा?... नहीं बेटे, उसके प्वाइंट बढ़ दे, दिशाएँ बदल दे। जीवन को बड़प्पन की अपेक्षा महानता की दिशा में मोड़ दे कि...
- तो क्या यह गऊ माता को खिलाना नहीं हुआ?... हमारी आँखें भी गाय हैं। देखिए हम अपनी आँखों को सिनेमा दिखाते है। गायों का पालन करते हैं। इंद्रियाँ ज...
- तो क्या ये सब फ्राड है?... किनका फ्राड है? दवाफरोशों का फ्राड है, जो लोगों को सब्जबाग दिखा करके ये चीजें बेचते रहते हैं और कहते...
- तो क्या रामकृष्ण की कृपा एक पर ही थी?... नहीं, असलियत यह नहीं है। उनकी सब पर कृपा बरसती थी, पर उन्होंने अपने को बदला नहीं, जबकि विवेकानन्द ने...
- तो क्या रामकृष्ण परमहंस ने उनकी सहायता की?... नहीं, ऐसा मत कहिए। रामकृष्ण परमहंस के लिए सहायता करना मुमकिन रहा होता, तो हजारों आदमी उनके पास आया क...
- तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मारा था?... नहीं, निन्यानवे आदमियों ने मिलकर के रावण की मारा था। निष्कलंक प्रज्ञावतार इसलिए मित्रो ! इतने बड़े म...
- तो क्या रामचन्द्र जी ने रावण को मार डाला था?... बेटे, रावण को मारने भर से कोई परास्त नहीं हो सकता था। नए आदमी फिर से पैदा हो सकते थे। युद्धों के नती...
- तो क्या वह पहाड़ भी उठा लेगा?... नहीं साहब! पहाड़ तो नहीं उठा सकता। पहाड़ नहीं उठा सकता, तो देख हनुमान जी ने ऊँचे उद्देश्य के लिए पहाड़ ...
- तो क्या वह मौका दोबारा आएगा?... बेटे अब तो हम सत्तर साल के हैं। अब अगर गाँधी जी होते तो हम कहते कि अब आप हमको लेकर चलिए और हमारी भी ...
- तो क्या विधि बेकार है?... मैं कब बेकार कहता हूँ। परहेज, आहार- विहार का महत्त्व बेटे! मैंने आपको कब कहा कि दवाखाना बेकार है। दव...
- तो क्या वेदों का ज्ञान हमें नहीं मिलेगा?... नहीं बेटे, कोई ज्ञान नहीं मिलेगा, क्योंकि वेदों को तूने पढ़ा तो है नहीं।साथियो! अध्यात्म के बारे मे...
- तो क्या सबकी टेंशन हो जाएगा?... हाँ। अगर टेंशन न हुआ तो और बीमारी हो जाएगी। डायबिटीज हो जाएगी। नींद न आने की शिकायत हो जाएगी। पेप्टि...
- तो क्या हम अकेले कर लेंगे?... नहीं आप अकेले कहाँ हैं? पीठ पीछे हम जो हैं। हम आपकी जरूर सहायता करेंगे।...
- तो क्या हो जाएँगे?... आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय और क्या हो सकता है। नकल बनानी है, तो ऐसी न...
- तो क्या होने वाला है?... बेटे! हम और आप आपस में लड़ेंगे और एक-दूसरे को मारकर खा जाएँगे। आदमी एक-दूसरे को दाँतों से चीर डालेगा।...
- तो गणेश जी ने तुझे छुआ क्या?... नहीं, मुझे छुआ तो नहीं। लक्ष्मी जी ने छुआ? नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता।...
- तो गुरुजी, आप भी हमारी कुण्डली जगा देंगे?... हाँ बेटे, हम जगा देंगे। इसके लिए तो हम व्याकुल हैं। जिस तरह गाय के थनों में दूध फटा पड़ता है और वह उस...
- तो चलिए देवी क्या हो सकती है?... यह बताता हूँ आपको। हमारी अन्तश्चेतना के अलावा कोई देवी नहीं है। हमारी अन्तश्चेतना जब विकसित होती है तो...
- तो दूर कैसे हुआ?... दूर ऐसे हो गया कि हमारे और भगवान के बीच में एक दीवार खड़ी हो गई। उस दीवार को गिराने के लिए जिस छेनी-...
- तो पैसा कौन माँग रहा है आपसे?... पैसा देकर आप आदमी का क्या भला करेंगे? आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बि...
- तो पैसे के स्थान पर 'चेक' देगा, बैंक ड्राफ्ट भेज देगा?... मित्रो! ध्यान रखना! देवता आपको पैसा नहीं देगा। उसका चेक, ड्राफ्ट महानता है। देवता महानता दिया करते ह...
- तो फिर आप किसलिए माला कराते हैं?... माला इसलिए कराते हैं कि आपकी समझ में आ जाए कि किस तरीके से हम अपनी सारी अकल, सारी शक्ति इस बात मे...
- तो फिर आप विधि छिपा रहे होंगे?... नहीं बेटे! विधि हम नहीं छिपाते हैं। विधि तो हम वही बताते है जो हमने की है, पर उस विधि को करने के पश्...
- तो फिर आप सच-सच बताइए कि कोई और रास्ता है?... हम तीन महीने के लिए जेल जाने के लिए तैयार हैं। हम चाहे तो छुट्टी ले लेंगे, अपनी खेती का हर्ज कर देंग...
- तो फिर ईर्ष्या?... ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। प्रतिशोध? प्रतिशोध से भी आप जल जाएँगे। इससे आप सामने वाले का जितना नुकसा...
- तो फिर कलेक्टर कैसे बनवा दूँ?... अरे! आपकी तो जान−पहचान है। ऐसे ही तीर- तुक्का मारता है। अरे भाई, तुक्का मारा जाता है कहीं? नहीं साहब...
- तो फिर किस तरह से उद्धार होता है?... दुनिया में इसका एक ही तरीका है और एक ही क्रिया कि आदमी अपने व्यक्तित्व और अपने चरित्र के माध्यम से श...
- तो फिर किसकी पूजा करूँ?... रावण की कर, क्योंकि रावण के एक लाख पूत और सवा लाख नाती थे। हनुमान जी की पूजा से क्या लाभ ! जब उनके य...
- तो फिर कैसे बोलूँ?... तू ऐसे बोल, जैसे कि भैरवी रागिनी गाई जाती है। गुरुजी सिखाइए। बेटा तू आ जाना हमारे पास, हम तुझे सिखाए...
- तो फिर कौन काटता है?... इसको वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्था कहते हैं। यही अनास्था चोटी को काटती चली जाती है। आप पता...
- तो फिर क्या करना पड़ेगा?... आपको अपना दृष्टिकोण, चिन्तन और चरित्र, भावना और लक्ष्य सब का सब भगवान के साथ में जोड़ना पड़ेगा। जिस दिन...
- तो फिर क्या करें साहब?... रोज रेडियो न सुनकर आप शाम को एक घण्टा जप किया कीजिए। इससे आप गंदे फिल्मी गीत सुनने से बच गए और उस समय...
- तो फिर क्या करेगा बेटे, तप का?... तीन साल के तप में तो हमारे यहाँ सन्तान नहीं होती है, वह हो जाएगी। अच्छा, दो वर्ष का तप और दे दीजिए। य...
- तो फिर क्या करेगा?... चिन्ता करूँगा। बेटे, चिन्ता करेगा तो यहाँ से भी मारा जाएगा और वहाँ से भी मारा जाएगा। वैराग्य एवं अभ्या...
- तो फिर क्या दे दें?... ? दो रुपए दे दो। अच्छा दो रुपए ले। भगवान करे आपका कल्याण हो। सेठजी बड़े उदार हैं, मुनीम जी बड़े उदार...
- तो फिर गुरुजी की कृपा मिलेगी?... नहीं बेटे! कृपा क्यों नहीं मिल सकती? फिर क्या फायदा करेंगे? बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा...
- तो फिर तू क्या करेगा?... मै भी स्वतंत्रता-सेनानी का परिचय-पत्र दिखाऊँगा और फिर मिनिस्टर भी हो सकता हूँ और एम०एल०ए० का चुनाव भ...
- तो फिर ब्याज तो चुका ही दिया होगा?... नहीं साहब! ब्याज भी नहीं चुकाया। धत तेरे की......... .तो फिर तुम उसे बेकार ही ले गए। नहीं गुरुजी! आप...
- तो फिर भाग्य ने किया क्या?... नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा। नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन्होंने स्वयं अपना कायाकल्प कर लिय...
- तो फिर लक्ष्मण जी का कोई योगदान था?... हाँ साहब ! था तो उनका भी योगदान। और हनुमान जी का? हनुमान जी का भी था। सुग्रीव और जामवंत का? सुग्रीव ...
- तो फिर हमारी मनोकामना पूरी नहीं हो सकती क्या?... बेटे! तेरी मनोकामना कभी पूरी नहीं हो सकती। महाराज जी! कोई ऐसा शॉर्ट तरीका बता दीजिए, जिससे कि हमारी ...
- तो फिर हमारे लिए हुक्म दीजिए कि हमको क्या करना चाहिए?... मित्रो! संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिता जी क्या करना पड़ेगा? बेटी, हमारे रास्ते पर चलना पड़ेगा। सम्राट...
- तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी?... देवी है या चुड़ैल? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गया, कुलदेवी बना दिया गया है। और पागल आदमी ...
- तो बेटे हम कैसे साबित करेंगे, हम कहाँ-कहाँ से सबूत लाते फिरेंगे, कहाँ कहाँ से गवाही इकट्ठी करते फिरेंगे?... इन गवाहियाँ और सबूतों के सामने हम अपने आपको पेश करते है आपके सामने। ये जो पाँचों, सातों बातें हैं ठी...
- तो बेटे, भजन कहाँ हो रहा है?... चिन्तन को लगाने का उद्देश्य यह है कि जिस काम के लिए जो क्रियाएँ कराई जा रही हैं, आप उस इशारे पर आ जाइ...
- तो महाराज जी केवल विधि से बात नहीं बन सकती?... नहीं, विधि से वात नहीं बन सकती। तो क्या विधि बेकार है? मैं कब बेकार कहता हूँ। परहेज, आहार- विहार का ...
- तो महाराज जी, आपका बड़ा इन्ट्रेस्ट है?... हाँ बेटे, हमारा बड़ा इन्ट्रेस्ट है। हमने तो बड़े-बड़े साइज के और छोटे-छोटे साइज के चित्र छपा करके रखे ह...
- तो महाराज जी, इतना काम करने के बाद फिर कलेक्टर नहीं हो जाते, कमिश्नर नहीं हो जाते?... नहीं बेटे, उसके साथ में एक और टेस्ट का झगड़ा पड़ा हुआ है। वह यह है कि तेरा वाइवा लिया जाएगा और रिटेन ...
- तो महाराज जी, हम गायत्री माता को बुलाने के लिए रिक्शा लेकर चले जाएँ?... रिक्शा पर बिठाकर ले आएँ रिक्शा पर तो आ ही जाएँगी। नहीं बेटे, रिक्शा पर भी नहीं आएँगी। गायत्री माता क...
- तो महाराज जी, हमको भी यह लाभ मिल सकता है?... बेटे, यह लाभ तो मैं तुझे दिला सकता हूँ पर पहले तू अपना कर्तव्यपालन कर और न करे तो ना सही, मैं तो कर ...
- तो महाराज जी, हमारे पास घोड़ा है, घोड़े पर ले आएँ?... नहीं बेटे, घोड़े पर भी नहीं आएँगी। तो महाराज जी, हम गायत्री माता को बुलाने के लिए रिक्शा लेकर चले जाए...
- तो यह कौन कहता है-मैं?... नहीं, हम कहते हैं। हम और आप सब मिल करके, जमाने को मिला करके एक हवा है, एक दिशा है। ये कौन है? ये भगव...
- तो यह चक्कर हैं, यह मामला है?... शंकर जी असली रुद्राक्ष से प्रसन्न हो जाते हैं और नकली से नाराज हो जाते हैं। सारा खेल भावनाओं का है ब...
- तो ये आपके बेटे हुए?... हाँ बेटे! हमारी ''अखण्ड ज्योति'' पत्रिका हिन्दी में और दूसरी भाषाओं में निकलती है, उसके मेंबर लाख से ...
- तो ये बता क्या कमाता है?... ५५० रुपए कमाता हूँ तो ऐसा कर कि तू ५५० रुपया तो दे दिया कर जीवात्मा को, भगवान को और शरीर को शरीर को ...
- तो ये लड़की?... ये लड़की यहीं है, यहीं बैठी रहेगी, इसके गुरु हम हैं। इसके मुख्तियार हम है और ये करेंगे और वो करेंगे। ...
- तो वे अनुष्ठान नहीं करते थे?... हाँ बेटे! वे अनुष्ठान नहीं करते थे। और प्राणायाम? प्राणायाम भी नहीं करते थे। और समाधि? समाधि भी नहीं...
- तो शिक्षा ने हमें ही बना दिया, उन्हें नहीं बनाया?... शिक्षा उन्होंने भी तो पढ़ी है। एम० ए० पास हैं और मुसलमान भी तो एम० ए० पास हैं। फिर हमारे यहाँ ये क्या...
- तो सत्संग से गुरुजी?... नहीं बेटे! सत्संग से भी नहीं और कलम से? कलम से तो आप बहुत अच्छा लिखते हैं। बेटे, हम अभी और अच्छा लिख...
- तो सबको नौकर कौन रखेगा?... नौकर की कहीं-कहीं जरूरत पड़ती है। फिर क्या होगा? पढ़ाई और नौकरी बिलकुल अलग-अलग बात है।नौकरी का अर्थ यह...
- तो हमको उन्हें एक घण्टा समय देना पड़ेगा और बराबर बताना पड़ेगा कि शिखा का मतलब क्या है?... मकसद क्या है? उद्देश्य क्या है?एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में...
- तो हमसे क्यों कह रहे हैं?... इसलिए कि आप भी ताऊ जी हैं और तरह''तरह की बोलियाँ, तरह-तरह के श्लोक तरह-तरह के मंत्र, तरह-तरह की प्रा...
- तो हो गई रामायण?... हाँ साहब! हो गई रामायण, इसको सुनकर वैकुण्ठ को जाएँगे? नहीं जाएँगे। वाणी में हो प्राण मित्रो! एक बार ...
- थूक तो नहीं है?... हाँ है। तो इस जीभ को काट दे और फिर प्लास्टिक की जीभ लगा ले। अच्छा महाराज जी! प्लास्टिक की? हाँ बेटे!...
- थोड़ी सी सीपों के अलावा सभी सीपें इकट्ठी होकर जमा हो गई और शिकायत करने लगीं कि आपने हमारे अन्दर मोती क्यों नहीं पैदा किए?... हमारी पुकार को क्यों नहीं सुना? स्वाति की बूँदों ने जवाब दिया कि आप में से जिन सीपियों ने मुँह खोलकर...
- थोड़ा सा उत्साह दिखाइए थोड़ासा मनोबल बढ़ाइए, फिर देखिए आपको यह कल्प साधना सत्र कितना शानदार और कितना आपके भविष्य को उज्ज्वल करने में सहायक सिद्ध होता है?......
- दक्षिणावर्ती शंख का मैं क्या करता?... राजस्थान में अलवर नाम का एक स्टेट है। वहाँ के एक राजा साहब अकसर हमारे पास आते रहते थे। वे जब भी आते ...
- दरिद्रता क्या है?... दरिद्रता का मूल है-आलस। आलस की मूल है-दरिद्रता। दरिद्रता और आलस दोनों आपस में जुड़े हुए हैं। आदमी अगर...
- दर्शन करने का मतलब क्या है जानते हैं आप?... गाँधी जी का दर्शन जिन्होंने किया था, उनका नाम था नेहरू। गाँधी जी का दर्शन जिन्होंने किया था, उनका ना...
- दर्शन करने गए थे?... किसका दर्शन करने गए थे? साहब! बद्रीनाथ का दर्शन करने गए थे। तो कर लिया दर्शन? हाँ साहब! खूब दर्शन हो...
- दर्शन से आपका मतलब क्या है?... बेटे! दर्शन का अर्थ यदि देखना भर लगाता है तो देखने का इतना ही फायदा होगा कि उसकी यह व्याख्या कर सकता...
- दवाओं की अभी आप प्रशंसा कर रहे थे और अब गाली देते हैं, ये क्या बात हुई?... बेटे! हम गाली इसलिए देंगे कि आहार- विहार पर आप कोई ध्यान नहीं देंगे, परहेज नहीं करेंगे, चाहे जैसे रह...
- दस दस आदमियों को अख़बार, पत्रिका पढ़ाता है इन सबको कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहर भी जाए दम दस आदमियों को पढा़नी चाहिए तो हमारे पोते हैं १० लाख और परपोते?... अभी ठहर जा बेटे! हमारे कुटुम्बी बहुत हैं। अभी तो ७० साल की उम्र हुई है। अभी तो हमारे बेटे, पोते हो पा...
- दस लाख से काम चल जाएगा?... नहीं; दस लाख से काम नहीं चलेगा, क्योंकि इसमें सौ क्वार्टर बनने वाले हैं। कितने भी कार्यकर्ता यहाँ रह...
- दहेज एवं मृत्युभोज के नाम पर कितना पैसा खरच होता है?... भिक्षा व्यवसाय में लाखों की तादाद में आदमी कैसे अपने समय को खराब करते और अपनी दीनता का परिचय देते है...
- दाँत कैसे हैं?... ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? कामवासना के सेवन करने में आता है...
- दाई रुपए की और ये हीटर कितने रुपए में आता है?... मित्रो! आसमान से लाइट बरसती है, रोशनी बरसती है, आक्सीजन बरसती है, जीवन बरसता है, प्राण बरसता है, सौं...
- दानवी सभ्यता, जिसने कि हमारे सारे के सारे मानव समाज को बुरे तरीके से जकड़ रखा हैं, इसको मारने के लिए बो तत्त्व काफी नहीं है, जिनको राजनीति वाले हथियारों के रूप में प्रयोग करना चाहते हैं और हम किस तरीके से प्रयोग करना चाहते हैं?... हम संघर्ष के द्वारा करना चाहते हैं, घिराव के द्वारा करना चाहते हैं, सत्याग्रह के द्वारा लड़ना चाहते ह...
- दिमाग पर क्यों?... आप चाहें तो उसे जलने से बचा सकते हैं, जो चौबीसों घण्टे जलता रहता है। रहम अगर हो तो आप अपने घर में जलत...
- दिल्लगीबाजी क्या होती है?... यह होती है, जैसे 'लाठी से थन छूना।' कोई एक दिल्लगीबाज था। उसने गाय का दूध पीने के लिए क्या किया? पोल...
- दीपक में क्या ताकत हो सकती है?... वह उजाला कर सकता है। हमारी जीवात्मा में क्या दीपक बल दे सकता है? नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नह...
- दुकान पर से समिधाएँ ले आइए टाल पर से ले आइए और दुकानदार से पूछना कि आम की है?... अच्छा महाराज जी! आम की समिधा मिल जाएगी। बेटे! जिसकी दे, उसी की ले आना और चीर-फाड़कर हवन कर देना। तो फ...
- दुनिया आपकी कैसे देगी?... भीतर वाली कशिश और भीतर वाली मैग्नेट जब विकसित होती है तो दुनिया बेटे, आपको एक उपहार देती है और उस उप...
- दुनिया आपकी प्रशंसा करे तो आपको क्या फायदा है?... जीवात्मा अगर प्रशंसा करे तो आपको फायदा होगा। इसी का नाम आत्मसन्तोष है। आत्मा अगर यह कहती है कि आप बहु...
- दुनिया को दिखाई पड़ता है कि कठपुतली का नाच कितना शानदार हुआ?... पर वस्तुत: यह कठपुतली का नाच नहीं वरन बाजीगर का कमाल है। कठपुतली ने तो अपने शरीर के हिस्सों में धागे...
- दुनिया में कोई सती साध्वी, बेटी,माँ,बहन कोई है?... नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन नहीं होती, कोई बेटी नहीं होती। जितनी भी रेलगाड़ियों में चल रही है, जित...
- दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?... ? नहीं साहब! दुनिया में कोई बहन नहीं होती, कोई बेटी नहीं होती। जितनी भी रेलगाड़ियों में चल रही हैं, ...
- दुर्गा का अवतार कैसे हुआ, आपको मालूम है?... सब के सब देवता इकट्ठा होकर प्रजापति के पास गए और प्रजापति से कहा," अब यह दैत्य हमारे संभालने मे...
- दुष्ट निकल गया तब?... तब उसके लिए भी तैयार रहिए? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह रखा कि यह भी हो सकता है कि उस घर मे...
- दुष्टों के प्रति द्वेष?... नहीं बेटे, द्वेष करके आप ही जल जाएँगे। तो फिर ईर्ष्या? ईर्ष्या से भी आप जल जाएँगे। प्रतिशोध? प्रतिशो...
- दूध देने वाले हों, चाहे हल में चलने वाले हों, दोनों का अन्त क्या होगा?... भाई साहब! दोनों का अन्त कसाई के यहाँ होगा। नहीं साहब! खूँटे पर बाँधकर खिला दीजिए। नहीं, खूँटे पर बाँध...
- दूसरा भी तो आदमी था, उससे क्यों नहीं की?... क्योंकि वह हमारा नहीं था। डालें प्यार की, आत्मीयता की टार्च मित्रो! अपने और पराये का जो यह फर्क है, ...
- दूसरा यह कि हमें क्या कराना है और क्या बनाना है?... इसके सम्बन्ध में स्थूल रूप से आपको कई चीजें दिखाई पड़ती है। क्या करना है? सवेरे उठना चाहिए, नहाना चाहिए...
- दूसरे आदमी जब देखेंगे कि वह आदमी जिस बात पर विश्वास करता है, उसके स्वभाव में यह बात क्यों नहीं आती, उसके व्यवहार में यह बात क्यों नहीं आती?... जो बात वह दूसरों से कहता है, अगर वह बात सही है तो सबसे पहले उसी ने फायदा उठाया होता।...
- दूसरे भाई के पास जाते हैं, तो वह कहता है कि आप उस भाई के पास क्यों नहीं जाते, आप यहाँ ही बैठे रहते हैं?... एक भाई चाहता है कि दूसरे के यहाँ चले जाएँ और दूसरा चाहता है कि तीसरे के यहाँ चले जाएँ। हमारे बारे मे...
- दृष्टिकोण क्या होना चाहिए?... समाज के साथ में अपनी डीलिंग करने के लिए लोक-व्यवहार के लिए समाज की कुरीतियों का समाधान करने के लिए...
- दृष्टिकोण बढ़ जाए तब?... तब फिर मजा आ जाए और अगर हमारा कलेजा-हृदय छोटा होता हुआ चला जाए तब फिर हमारा दिमाग सफाया करेगा और हमम...
- दृढ़ निश्चयी की सहायता करने वाले कम हैं क्या?... नारद जी आ गए और उनने उसकी सहायता की। नारद जी बाकी बच्चों-ध्रुव के भाई बहनों के पास क्यों नहीं गए? उन...
- देख ले ये किसका कमाल है?... दर्जी का कमाल। है अभी कैसा था कपड़ा? मैला-कुचैला उलटी-सीधी सलवटें पड़ी हुईं थी। नील लग करके आ गई। टिनो...
- देख हमारी टाँगें बराबर हैं और टाँगें आगे-पीछे होती तो?... शायद हम गिर पड़ते। साइकिल के पहिये तो आगे पीछे हैं बेटे! गिरेगा जरूर। लेकिन अगर यह सोच लेगा कि सैकड़ो...
- देखते नहीं गुण्डागर्दी कैसे बढ़ती चली जाती है, दूसरे अपराध कैसे बढ़ते चले जाते हैं?... इस तरह के राहत कार्यों में आपकी हर जगह जरूरत है। आपको निर्माण कार्यों के लिए एक नहीं लाखों कार्य करन...
- देखिए अब तमाशा दिखाते हैं कि इसमें क्या-क्या होता है?... कच्चा लोहा लिया और तुरन्त लेने के बाद उसको भट्ठी में डाल दिया, गरम किया, पकाया। पकाने के बाद में मिट्...
- देखिए आपके पास कैसे सब चमत्कार आते हैं?... मैं आपसे यही कहने वाला था कि आप अपनी वाणी को संशोधित कर लीजिए, फिर आप अपनी जुबान से कहिए कि तेरा भला...
- देखिए फिर मिलता है कि नहीं मिलता?... एक बच्चा जब अपने बाप से रुपए माँगता है कि पिताजी पाँच रुपए दे दीजिए। बाप कहता है क्यों? किसलिए? बच्च...
- देखिए साहब, क्या बात है?... आप सिनेमा भी देखते हैं, सिगरेट भी पीते हैं, दिन में छह कप चाय भी पी जाते हैं। आप कौन हैं? आप रिक्शे ...
- देखें फिर क्या मजा आता है?... देखिए आपके पास कैसे सब चमत्कार आते हैं? मैं आपसे यही कहने वाला था कि आप अपनी वाणी को संशोधित कर लीजि...
- देना किसे कहते हैं, यह जाना है कभी?... अरे कृपणों ! देने से आदमी देवता हो जाता है। हर आदमी को भगवान यही सिखाता है कि सेवा की शरण में जाइए म...
- देने के लिए कुछ कम है क्या?... आप अपना पसीना दे दीजिए, अपनी मेहनत दे दीजिए। आप लोगों के लिए सहानुभूति दे दीजिए। देने के लिए आपके पा...
- देव संस्कृति का उदय कैसे हुआ?... वास्तव में अयोध्या में लंका के विरुद्ध मोर्चाबन्दी शुरू हो गई थी। कैसे हुई थी? बेटे! वे परम्पराएँ आरम्भ...
- देवता और मनुष्य में क्या फर्क होता है?... देवता खाते तो रहते हैं, पर पखाना नहीं करते। हनुमान जी को चाहे जितना खाना खिला दो, रोटी खिला दो और दू...
- देवता कभी देखे हैं आपने?... नहीं साहब, देवता हमने नहीं देखे। सपने में देखे हैं, अच्छा आइए हम आपको देवता दिखा सकते हैं। दिखाइए? अ...
- देवता कहाँ से आ जाएगा?... मंत्र कहाँ से आएगा। श्रद्धा के बिना पूजा-पाठ एवं सारे कर्मकाण्ड प्राणहीन,खोखले जीवन की तरह हैं। इससे...
- देवता कहाँ से आते हैं?... सूरज की धूप कहाँ से आती है? सूरज की धूप का दाम निकालिए। हमारे यहाँ लाइट जलती है। सौ वाट का बल्ब जलता...
- देवता का बैरी होता है?... नहीं बेटे! देवता का कोई बैरी नहीं होता। क्यों साहब! उससे तो आप की लड़ाई है और वह तो आपसे वैर करता है।...
- देवता कैसे पैदा किया?... बेटे, देव परम्पराएँ पैदा की। देव परम्पराओं का काम है, देवता। छोटे से कुटुम्ब ने लोगों के सामने नमूने प्...
- देवता कैसे होते हैं?... देवता बेटे! गोरे रंग के होते हैं। साहब! यूरोप में सब गोरे रंग के रहते हैं, पंजाब में और सीमाप्रांत म...
- देवता कोई मनुष्य बन सकता है?... हाँ, देवता कोई आकृति नहीं है, देवता भी एक प्रकृति है। हम और आप जैसे मनुष्यों के बीच में बहुत से देवत...
- देवता कौन सा होता है?... बेटे, बादल समुद्र में से पानी ढो-ढो करके मुश्किल से लाते हैं। वे कितनी मुश्किल और कितना कष्ट उठाते ह...
- देवता कौन-कौन से हैं?... देवता का नाम है-हमारे गुण, हमारी हिम्मत। अगर हमारे भीतर हिम्मत हो तो हमारे सामान्य शरीर कितने बड़े, क...
- देवता दुनिया में किस काम के लिए आते रहे हैं?... वे केवल एक काम के लिए आते हैं-श्रेष्ठ कामों के लिए सहायता करने के लिए। देवता श्रीकृष्ण भगवान के जमान...
- देवता फूल बरसाते हैं?... हों बेटे! लेकिन फूल बरसाने से मतलब है सहयोग करना, सहकार करना, प्रशंसा करना, समर्थन करना और सहायता दे...
- देवता लोग क्या खाते हैं?... अमृत खाते हैं। स्वर्गलोक में क्या रहता है? अमृत रहता है। हम आपको अमृतपान कराएँगे, जो आपने कभी नहीं क...
- देवता सहायता तो करना चाहते हैं, लेकिन सहायता करने से पहले यह तलाश करना चाहते हैं कि हमारा उपयोग कहाँ किया जाएगा?... किस काम के लिए किया जाएगा? यदि घटिया काम के लिए उसका उपयोग किया जाने वाला है, तो वे कदाचित ही कभी कि...
- देवताओं का केवल यही काम है-फूल बरसाना?... यह क्या बात है? क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है,...
- देवताओं के बेटों को कैसा होना चाहिए?... अगर कोई देवता का बेटा है तो उसके व्यवहार में और जीवन में क्या गुण आना चाहिए? इसे हम पाँचों पाण्डवों ...
- देवताओं के मन में हर समय देने की इच्छा बनी रहती है कि किसके लिए क्या दे पाएँ?... प्यार देना सिखाता है। सेवा उसी का नाम है। इसका नाम प्यार है। भगवान का नाम प्यार है। रसो वै सः अर्थात...
- देवताओं को और कोई काम नहीं है?... जहाँ जाते हैं, वहीं फूल बरसाते रहते हैं। रामायण में आप पढ़ लीजिए बीसियों जगह फूल बरसे हैं। रामचंद्र ज...
- देवत्व का विकास किस तरीके मे होता हैं?... देवत्व का विकास इस मायने में होता है कि आदमी दिल से उदार हो जाता है। उदार होकर आदमी यह सीखता है कि ह...
- देवत्व की दिशा में बहें, तो क्या हो सकता है?... तब बेटे! हमारा देवपूजन का उद्देश्य पूरा हो सकता है। हम आपको देवपूजन की सारी प्रक्रियाएँ केवल इस मकसद...
- देवी का जँवाई है?... चांडाल कहीं का-देवी को हमारी सहायता करनी चाहिए थी। किस बात की देवी सहायता करें? नहीं साहब! हमारी मनो...
- देवी किसकी सहायता करती है?... देवी जप करने वाले की सहायता नहीं करती, पाठ करने वाले की सहायता नहीं करती। देवी उनकी सहायता करती है, ...
- देवी ने कहा, अच्छा आप हमें बीबी बनाना चाहते हैं?... हाँ, आप हम पर हुकुम चलाना चाहते हैं? हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरान...
- देवी है या चुड़ैल?... इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गया, कुलदेवी बना दिया गया है। और पागल आदमी कलकत्ता (कोलकाता) ...
- देश के ऊपर जब कोई दुश्मन हमला कर देता है तो क्या करना पड़ता हैं?... दुश्मन बनना पड़ता हैं। सैनिकों की छुट्टियाँ बन्द कर दी जाती हैं। नहीं साहब, हमारा ब्याह हैं, मुहूर्त भ...
- दैवी अनुग्रह हो सकते हैं?... हाँ बेटे, दैवी अनुग्रह भी होते है। दैवी अनुग्रह भी आदमी को मिलते हैं, परन्तु हरेक को नहीं मिलते। गुरु...
- दैवी सभ्यता के पीछे क्या परिणति निकल सकते हैं?... ये साबित करने के लिए दशरथ के कुटुम्ब ने, परिवार ने उसी तरह के नमूने पेश करने शुरू कर दिए, जैसे कि लंक...
- दैवीय परम्पराएँ क्या होती हैं?... तिलक लगाना, माला जपना, गंगाजी नहाना, सत्यनारायण की कथा कहना आदि, क्या यहीं दैवी परम्पराएँ हैं? नहीं, ...
- दो गंगाएँ जो गायब हो गई हैं, वह कहाँ गईं?... वह इसी स्थान पर थीं, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। एक धारा यहाँ बाहर बहती थी जिसे बाँध बनाकर रोक द...
- दो घण्टे समय नहीं दे सकते?... कलेजा है आप में? हृदय है आप में? हिम्मत है आप में? जीवन है आप में? निष्ठा है आप में? श्रद्धा है आप म...
- दो घण्टे हमारे पास फुरसत के नहीं हैं?... हाँ हैं, हमारे पास, अगर हम चाहें तो उसे लगा सकते हैं। प्रौढ़ पाठशालाएँ एक आदमी एक रात्रि पाठशाला चला...
- दो तीन दिन तक ऐसी खुशामद की, ऐसी इज्जत की कि क्या कहने?... जब विदा हुए तब तरह तरह के उपहार दिए, पेंट सूट दिया, किराये के लिए सौ रुपए दिए। टिकट लाकर दिया। घर से...
- दो महीने पहले तो वह आपका जमाई था?... हाँ दो महीने पहले था, लेकिन उसने तलाक दे दिया है, इसलिए हमारा बैरी है और विरोधी है। अच्छा साहब! क्या...
- दो साँड़ों की लड़ाई देखी है न आपने?... हाँ गुरुजी! जब दो साँड़ लड़ते हैं तो खेत को, दुकान को बहुत नुकसान पहुँचाते हैं। एक बार तो दो खोमचे वा...
- दो सेरे नहीं हैं, तीन पाये नहीं हैं, दो पाटी नहीं हैं, बीच का झाबड़-झोल नहीं है, फिर क्या है इसमें?... उसने थैले में से एक पाया निकाल कर दिखा दिया और कहा कि इसे ले जाइए। लोगों ने कहा कि-धत् तेरे की, इसका...
- दो सौ रुपए महीने मिलते थे और मौज करते थे, लेकिन यह कहाँ से आ गई?... दो सौ रुपया तो कपड़े-लत्ते के लिए भी नहीं होगा। नहीं साहब! आप जाइए, चोरी कीजिए, कुछ भी कीजिए पर पैसा ...
- दो हजार मील पर क्या करोगे?... बच्चे का मुंडन कराने ले जाएँगे। फिर क्या हो जाएगा? देवी पर बाल चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को ...
- दोनों कर लेगा तो तेरा क्या बिगड़ेगा?... नहीं महाराज जी! आप दो में से एक का फैसला कर दीजिए, हम वही करेंगे। ठीक है, बेटे! तो फिर मैं इस बात की...
- दोनों को एक होना होगा या तो मैं रहूँगा या रामचंद्र जी रहेंगे?... या तो हनुमान जी रहेंगे या रामचंद्र जी रहेंगे? मैं तो लेकर के हटूँगा। भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं ...
- दोनों ही थाली में सामने रखे है किसे ग्रहण किया जाए?... किसे छोड़ा जाए? इसमें भीतर ही भीतर अन्तर्द्वन्द्व चलता है। यही देवासुर संग्राम है। जिस पक्ष की प्रबलत...
- दौलत खतम हो जाएगी और आपके पास अकल आएगी?... नहीं, अकल भी चली जाएगी। अकल रहेगी? नहीं, निकम्मे आदमियों की अकल चली जाती है। निठल्ले आदमियों के प...
- दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते है?... मित्रो! इससे आदमी के ऊपर मुसीबतें ही आएँगी। हम और आप जिस जमाने में रहते हैं, बेटे, हमारे प्राण निकलत...
- द्रौपदी-स्वयंवर में जब वह गया था तो द्रोणाचार्य ने लोगों से पूछा था कि क्या दिखाई पड़ता है?... किसी ने कहा-मछली की पूँछ, तो किसी ने कहा-मछली की टाँग, मछली का पेट। तो आचार्य द्रोण ने कहा-आप मछली क...
- धक्केशाही नहीं चलेगी अब, लाइन में खड़ा हो, क्यूँ?... ? में खड़ा हो और अपनी जगह साबित कर और हैसियत साबित कर और वह वरदान ले आया, ताकत ले आ। गायत्री का अनुग्...
- धत तेरे की?... और कुछ काम करते हो? नहीं साहब! कुछ काम नहीं, आप देख लीजिए हमारी पोस्ट। लेक्चर झाड़ना, रोटी कमाना। काल...
- धन क्या होता है?... धन मित्रो! उसे कहते हैं, जिसको हम अपना समझ लें कि वह हमारा धन है और वह खुशी देता है। कैसे? मतलब यह घ...
- धर्म की स्थापना के लिए भगवान ने किसको-किसको पुकारा?... समर्थ गुरु रामदास को पुकारा। उनसे कहा कि अरे! कहाँ चलता है नरक में, चल तेरे लिए दूसरा रास्ता खुला पड़...
- धर्म केवल पूजा-पाठ की प्रक्रिया नहीं है, वरन इस पूजा-पाठ की प्रक्रिया और धार्मिक क्रियाकृत्यों के पीछे और साथ-साथ में एक महती आवश्यकता जुड़ी हुई है कि हम व्यक्ति के अन्तरंग को, उसकी भावनाओं को कैसे ऊँचा उठाएँ?... समाज के अन्दर फैली हुई धार्मिक वृत्तियों को कैसे बढ़ाएँ? ये सारे के सारे क्रिया-कलाप जिस माध्यम से और ...
- धर्मपत्नी का मिलता है?... नहीं साहब, उसका भी नहीं मिलता। माता जी का मिलता है? नहीं, माता जी का भी नहीं मिलता। पिता जी का? पिता...
- धर्मपत्नी का स्वास्थ्य कैसे अच्छा करेंगे?... अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे? आप इस तरीके से योजनाएँ बनाने में, विचार करने में, विचारों को लगने ...
- धर्मपत्नी नहीं है तो कैसे करें?... वास्तव में ब्रह्मचर्य जो खंडित होता है, आदमी की कल्पनाओं से होता है। शरीर की कोई बात नहीं है। शरीर म...
- धर्मशाला में ठहरने की जगह है कि नहीं?... धर्मशाला वाला कहता है कि आपके साथ और कौन-कौन है? आपका सामान कहाँ है? अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान...
- धर्मशाला वाला कहता है कि आपके साथ और कौन-कौन है?... आपका सामान कहाँ है? अरे भाई! गरमी के दिन हैं, सामान की क्या जरूरत है? अरे साहब! आजकल बड़ी भीड़ है। सार...
- धूपबत्तियों में क्या ताकत हो सकती है?... वह हवा को ठीक कर सकती है। दीपक में क्या ताकत हो सकती है? वह उजाला कर सकता है। हमारी जीवात्मा में...
- धूर्त और बेईमान हैं और वे बेचारे भावुक, जो बेमौत मारे जाते हैं?... जो अपना पैसा खराब करते हैं? समय खराब करते हैं? अकल खराब करते हैं? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों...
- धोबी क्या करेगा?... इसके ऊपर जो मलीनताएँ चढ़ी हुई हैं, उन मलीनताओं को वह पहले साफ करेगा; पापों को साफ करेगा; अनाचारों को ...
- ध्यान का क्या मतलब है?... ध्यान का मतलब है कि हमारे जीवन के दो पक्ष हैं। एक पक्ष वह है जो बाहर फैला हुआ पपड़ा है। हमारे कानों ...
- ध्यान किसका करना चाहिए?... सविता गायत्री का देवता है। प्रात:काल के समय पर। प्रात:काल सूरज आपने देखा है न। गायत्री का सूरज इसे ह...
- ध्यान किसका किया जाता है?... स्वयं का या भगवान् का? बेटे स्वयं तो क्या और भगवान् तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही ...
- ध्यान के लिए जो हमने यह बताया कि आप प्रकाश का ध्यान किया कीजिए, तो कहाँ-कहाँ प्रकाश का ध्यान किया करें?... अभी स्वर्ण जयंती साधना वर्ष में हमने आपको तीन जगह ध्यान करने के लिए कहा है। एक आप मस्तिष्क में ध्यान...
- ध्यान कैसे करेंगे?... अगर ध्यान न कर सके तो क्या हो जाएगा? देख बेटे, तुझे मैं थोड़े से नाम बताता हूँ, जो ध्यान न कर सके, ल...
- ध्यान में लगेगा?... भजन में लगेगा? नहीं लगेगा। इसको लगाना पड़ता है।...
- ध्यानयोग किसे कहते हैं?... योग को। योग की व्याख्या कीजिए। योग की व्याख्या है-ध्यानयोग। ध्यानयोग के बहुत से तरीके हैं। इनमें से ...
- न कोई गाय है, न कोई बैल, फिर कैसी गोसेवा?... अरे साहब! हमारी ये इंद्रियाँ ही गाय हैं। हमारी जो जीभ है, यह गाय है। जीभ को हम मिठाई खिलाते हैं, कॉफ...
- न जाने किस तरीके से साँस ले रही है और कैसे दिन बिता रही है?... नहीं साहब! मेरा तो वंश चलना चाहिए। इस राक्षस का, दुष्ट का वंश चलना चाहिए। ये क्या है? ये बेटे, कसाईप...
- न जाने लोगों ने क्या कर दिया, लोगों ने क्या व्याख्या कर दी?... उपासना को, साधना को लोगों ने जादू मान लिया। अध्यात्म को मनोकामना पूरा करने का जादू मान लिया; यह जादू...
- न मालूम किसको क्या मिल जाता है बाप-दादों की कमाई से?... बाप-दादों की कमाई से मिनिस्टरों के लड़के-लड़कियों को ऐसे-ऐसे काम मिल जाते हैं, ऐसे-ऐसे धंधे मिल जाते ह...
- न हुआ तब?... तब तो आपने अपनी खुशी दूसरी के हाथ में गिरवी रख दी न? आपकी बीवी हँसी -खुशी से रहेगी और आपकी आज्ञा का ...
- न होते तब बालि के साथ लड़ाई की होती और अपने बॉस की बीबी को नहीं छिनने दिया होता और अपनी जायदाद नहीं छिनने दी होती, लेकिन जब हनुमान जी ने समय को पहचान लिया और रामचंद्र जी के कन्धे से कंधा मिलाया, कदम से कदम मिलाया तो क्या आप समझ सकते हैं कि किसी महत्त्वपूर्ण शक्ति के साथ कंधा मिलाने की क्या कीमत हो सकती है?... क्या फायदा हो सकता है? आप तो अंदाज नहीं लगा पा रहे हैं, लेकिन हनुमान जी ने लगा लिया था और वह हिम्मत ...
- नकद धर्म कैसा होता है?... जो ध्यान हम आपको सिखाना चाहते हैं, उसमें तीन सिद्धियाँ हैं। चौथी सिद्धि तो उसका ब्याज है। मूलधन वह ह...
- नकल बनानी है, तो ऐसी नकल करेगा, घटिया वाली नकल?... नहीं! तुझे रुद्राक्ष की माला चाहिए तो यह ले जा बेटे, मेरी ले जा। नहीं गुरुजी! आपकी नहीं लेंगे, इससे ...
- नक्शा अगर हमारे पास नहीं है तो हम किस तरीके से आपको सड़क दिखा पाएँगे?... अथवा आपको टाइम टेबिल कैसे बताएँगे कि कौन सी रेलगाड़ी कहाँ से कहाँ तक जाएगी? और आपको किस गाड़ी से या बस...
- नम: शिवाय-नम: शिवाय और क्या कह रहा है?... श्रीकृष्ण शरणं मम्-श्रीकृष्ण शरणं मम्। श्रीकृष्ण मेरी शरण में आ जा, इसका मैंने ये अर्थ लगाया। इससे क...
- नमक से क्या हो जाएगा?... बेटे, हम क्या बताएँ क्या हो जाएगा बना करके देख जरा, नमक से बगावत? पैदा होगी। नमक से? हाँ बेटे, नमक स...
- नमन क्या होता है?... बेटे, मस्तक झुकाइए और हाथ जोड़िए यह हो गया नमन। जप दो मिनट से लेकर पाँच मिनट के भीतर। यदि स्नान आप न...
- नमूने का गुरु कैसा होना चाहिए?... नमूने का साधु कैसा होना चाहिए? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए?...
- नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए?... ये सारी की सारी जिम्मेदारियाँ हमने अनायास ही नहीं लाद दी हैं-आप पर। आपको बोलना न आता हो, तो कोई शिका...
- नमूने का साधु कैसा होना चाहिए?... नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और गुरुजी का शिष्य कैसा होना चाहिए? ये सारी की सारी जिम्मेदारियाँ ...
- नमूने के लिए अब ऐसे मन्दिर बनाए जा सकते हैं, जिनमें प्रयोगशाला के तरीके से लोग देख पाएँ कि मन्दिरों का सही इस्तेमाल क्या हो सकता है और क्या होना चाहिए?... हमने गायत्री तपोभूमि का मन्दिर लोगों के सामने एक नमूना पेश करने की खातिर बनाया है। यों तो अपने देश मे...
- नमूने के लिए अब ऐसे मन्दिर बनाए जा सकते हैं, जिनमें प्रयोगशाला के तरीके से लोग देख पाएँ कि मन्दिरों का सही इस्तेमाल क्या हो सकता है और क्या होना चाहिए?... हमने गायत्री तपोभूमि का मन्दिर लोगों के सामने एक नमूना पेश करने की खातिर बनाया है। यों तो अपने देश मे...
- नया जमाना कौन लाता है?... एक हवा आती है। ठीक है गुरुजी कहते हैं कि एक हवा आती है। नहीं बेटे, अकेले गुरुजी के कहने से कोई फायदा...
- नया युग लाने के लिए तो हमें फिर वहीं से आरम्भ करना होगा, जहाँ हमारे ऊपर यह बात लागू होती है कि त्याग और बलिदान का प्रश्न आए तो हम कहाँ होते हैं?... बगलें झाँकते हैं या आगे बढ़-चढ़कर लग जाते हैं।मित्रो! हमारी संस्कृति में त्याग-बलिदान की परम्पराएँ आदि...
- नर-पशु किसे कहते हैं?... नर-पशु बेटे उसे कहते हैं, जिसकी शक्ल तो इनसान जैसी होती है, लेकिन ईमान जिसका जानवर जैसा होता है और श...
- नहा लेता है तो तू एक बात बता कि तेरी चमड़ी के खोल में क्या क्या भरा हुआ है?... माँस भरा हुआ पड़ा है। अच्छा, तो तू यह बता कि पूजा की कोठरी में माँस तो नहीं ले जाता? नहीं महाराज जी, ...
- नहाने की उनको क्या दिक्कत पड़ेगी?... नदियाँ उनकी बहती हैं। जब कभी स्नान करना पड़े, घंटों नहा सकते हैं। उनको कोई रोकने वाला है क्या? फिर भ...
- नहीं आप अकेले कहाँ हैं?... पीठ पीछे हम जो हैं। हम आपकी जरूर सहायता करेंगे।...
- नहीं तो फिर कैसे हो गया?... ऊँचे उद्देश्यों के लिए भगवान के कन्धे से कंधा मिलाकर वे चल पड़े थे और निहाल हो गए। इससे बड़ी कोई तपस्या...
- नहीं बेटे, गाँधी जी कैसे मर सकते है?... ईसामसीह मर गए? नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं? भगवान बुद्ध मर गए? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। क...
- नहीं बेटे, तू नौकरी करेगा, तो मेरा काम हर्ज हो जाएगा और हम जिस काम के लिए आए हैं और तू जिस काम के लिए आया है, सो उसका क्या होगा?... नहीं महाराज जी! देखा जाएगा, पहले तो मैं नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, ऐसा नहीं हो सकता। एक दिन रामकृष्ण प...
- नहीं बेटे, तेरा लड़का अच्छा नहीं बन सकता, क्योंकि उसके भीतर, उसकी जीवात्मा में भाइयों के लिए, बहनों के लिए, माता−पिता के लिए जो प्रेम और सेवा की वृत्ति होनी चाहिए, वह कहाँ से आएगी?... बेटे, हमको ये मालूम पड़ता है कि अगले दिन बहुत बुरे आने वाले हैं। अगले दिनों युद्ध के दौर भी आ सकते है...
- नहीं बेटे, वे कैसे मर सकते हैं?... भगवान बुद्ध मर गए? नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। कैसे व्यक्ति अमर होते हैं? ऐसे व्यक्ति जिनके अंद...
- नहीं बेटे, सवाल पूछो कि यह क्या बात है?... साहब, काहे को आप दो मिनट खराब कराते हैं। इसलिए कि बच्चे सवाल करेंगे और आप जवाब देंगे। इससे आप जिज्ञा...
- नहीं मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे?... भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें देवताओं की सहकारिता की जरूरत पड़ी थी, तो देवताओं ने जन्म लिया था। ...
- नहीं महाराज जी चन्दन से मेरा काम नहीं चलेगा तो भगवान का काम कैसे चलेगा?... इसलिए मित्रो! जो हमारी संपदाएँ हैं, उनके बारे में हमें ईमानदार होना चाहिए और नेक होना चाहिए। हमको कु...
- नहीं महाराज जी, मुँह में माँस भरा रहेगा तो मैं जप कैसे करूँगा?... ऐसा तो नहीं कि सूखी हड्डी मुँह में भरे रहता हो और राम नाम लेता हो। ऐसी गलती मत करना कहीं। यदि इस तरह...
- नहीं साहब सिनेमा हमारे भाग्य में कहाँ से आया?... जाने का मन होता है? मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं? आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं...
- नहीं साहब, हम क्या कर सकते हैं?... आप सब कुछ कर सकते हैं। आप मुसीबत में फँसी हुई अपनी देह को निश्चित रूप से बीमारियों से छुट्टी दिला सक...
- नहीं साहब, हम तो प्रेक्टिस में इम्तिहान देंगे, थ्योरी में नहीं देंगे, किसका इम्तिहान देना चाहते हैं?... हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएँगे तो? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आ...
- नहीं साहब, हम तो प्रेक्टिस से इम्तिहान देंगे, थ्योरी में नहीं देंगे, किसका इम्तिहान देना चाहते है?... हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएंगे तो? थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो ...
- नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको?... तो फिर कौन काटता है? इसको वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्था कहते हैं। यही अनास्था चोटी को काटत...
- नहीं, बताइए शायद करती रही हो?... नहीं साहब! जिस दिन से उसने राम का नाम लिया, उस दिन से सेवा का काम करती रही तथा रामभक्त का उत्तरदायित...
- नहीं, हनुमान जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला कैसे पकड़ में आ सकते हैं?... वे भी नहीं आएँगे। दिशा जो बदली, तो गजब हो गया मित्रो! क्या वजह है इसकी? हम में और तुलसीदास जी में क्...
- नहीं, हम तो प्रैक्टिस करेंगे, थ्योरी से क्या फायदा?... आपरेशन करेंगे हम तो, उसकी एनोटॉमी, फिजिओलाजी सीखने से क्या फायदा? भाई साहब, पहले उसकी एनोटॉमी, फिजिओ...
- नाई क्या करता है?... नाई हमारी हजामत बना देता है और हमें ऐसा बना देता है जैसे मूँछें अभी निकली ही नहीं। यह मिरैकिल-जादू ह...
- नाक से क्या होता है?... गन्ध लेना, सूँघना, पता लगाना। कुत्ते सूँघकर पता लगाते हैं, चोरी का माल कहाँ गया? सी.आई.डी. के कुत्ते ...
- नाक से प्राणायाम करने, तिलक लगाने के अलावा भी कुछ करना पड़ा है क्या?... नहीं बेटे, कुछ और भी करना पड़ा है। क्या करना पड़ा है? यही बताने के लिए मैं आपको बुलाता हूँ।मित्रों भ...
- नाक से हमें क्या करना पड़ता है?... नाक से जब हम साँस अन्दर खींचते हैं तो सामान्य प्राणायाम करना पड़ता है और प्राणायाम में ध्यान करना पड़ता...
- नाती कितने हैं?... एक एक आदमी? दस दस आदमियों को अख़बार, पत्रिका पढ़ाता है इन सबको कह दिया है कि अखण्ड ज्योति जहर भी जाए ...
- नारद जी का उदाहरण तो आपको मालूम होगा?... नारद जी एक बार भगवान जी के पास गए और बोले कि भगवान ! हमारी मनोकामना पूरी कीजिए। भगवान ने कहा-'' भक्त...
- नारद जी का नाम तो सुना है न आपने?... वे संगीत के द्वारा ही सारी की सारी भक्ति का प्रचार करते थे और हिन्दुस्तान से लेकर सारे विश्वभर में घू...
- नारद जी बाकी बच्चों-ध्रुव के भाई बहनों के पास क्यों नहीं गए?... उनसे क्यों नहीं कहा? नहीं नारद जी उनसे कह नहीं सकते थे, क्योंकि जो आदमी अपना निश्चय स्वयं करता है उस...
- नाराजगी में फिर रहे हैं न तब?... परिस्थितियों के गुलाम मत होइए। अपनी मनःस्थिति पर केन्द्रित हो जाइए। केन्द्रित हो करके सारे संसार भर मे...
- नारी का प्राण क्या है?... नारी किसे कहते हैं? देवता कभी देखे हैं आपने? नहीं साहब, देवता हमने नहीं देखे। सपने में देखे हैं, अच्...
- नारी किसे कहते हैं?... देवता कभी देखे हैं आपने? नहीं साहब, देवता हमने नहीं देखे। सपने में देखे हैं, अच्छा आइए हम आपको देवता...
- नास्तिकता की वजह से क्या भगवान बुद्ध में कोई कमी आ गई?... नहीं बेटे! कोई कमी नहीं आई और न आ सकती है। भगवान को मानें या न माने, किन्तु अगर आस्तिकता के सिद्धान्त ...
- नास्तिकवाद का अर्थ क्या होता है?... नास्तिकवाद का अर्थ ये होता है कि भगवान के लिए जो परावलम्बन है, उसे काटकर फेंक दिया जाए।...
- निंदा करेंगे क्या?... नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे अब हमें सुधार की दि...
- निश्चित रूप से?... हाँ निश्चित रूप से। सेहत देवता व हकीम नहीं दे सकते मित्रो! सेहत कौन दे सकता है, देवता? देवता नहीं दे...
- निष्कलंक कौन हो सकता है?... विवेक। नहीं साहब ! निष्कलंक तो इनसान होते हैं। नहीं, कोई इनसान निष्कलंक नहीं हुआ करता। रामचंद्र जी? ...
- निष्ठा है आप में?... श्रद्धा है आप में? अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई आता नहीं है। सबमे...
- नींद किसको आएगी?... हरेक आदमी को आएगी, जिसका अन्तर्द्वन्द्व बन्द हो जाएगा। जिनके अन्दर के साँड़ लड़ना बन्द कर देंगे। जो एक रा...
- नीबू क्या होता हैं?... मिट्टी। जलेबी क्या होती है? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या हैं? ये हमारी भौतिक इच्छाएँ ह...
- पंचकर्म किसे कहते हैं?... पंचकर्म कहते हैं शरीर के संशोधन को। इसमें स्नेहन, स्वेदन, वमन, विरेचन और वस्ति आदि पंचकर्मों के द्वा...
- पण्डित जी के क्यों?... क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो कीमत हो सकती है, शा...
- पंद्रह हजार रुपए बेटा क्या है?... पंद्रह हजार रुपए हमारी सारी जिन्दगी की कीमत है। जिन्दगी की कीमत किसे कहते हैं? अपने व्यक्तित्व को बन...
- पकड़ में कैसे नहीं आएँगे?... हनुमान को पकड़ में जरूर आना पड़ेगा। हनुमान जी पकड़ में जरूर आ गए। हनुमान जी पकड़ में नहीं आए हनुमान जी क...
- पच्चीस आदमी हवन करने के लिए बैठे हों तो क्या करना चाहिए?... डिसिप्लिन कायम रखना चाहिए और देखना चाहिए कि एक तरीके से सबकी क्रियाएँ हो रही हों। इतने आदमियों पर हा...
- पड़ोस में जो दूसरे आदमी रहते हैं, उनके भी आप बाल बनाते हैं क्या?... कभी नहीं साहब! उनके तो हम नहीं बनाते। उनको कपड़ा पहनाते है क्या? नहीं पहनाते। उनको आप क्यों नहीं पहना...
- पता नहीं भगवान ने हमारी जेब में क्या-क्या दिया है?... परन्तु हमने इनसान के लिए अपनी जेब को हमेशा खाली किया है। हमने कुछ भी बचाकर नहीं रखा। तप, पैसा, जान जो...
- पति बनना चाहता है या भक्त बनना चाहता है?... यह क्या कह रहा है गंदे मुँह से। बेटे, देवी हमारी माँ है। माँ हुकुम देती है और बच्चे को उसका पालन करन...
- पत्थर की रख लूँ?... नहीं बेटे! अगर टोपी पहनेगा, तो दिक्कत आएगी। तो किसकी रखूँ? चल मैं तुझे ऐसी चीज बता देता हूँ जो कि मू...
- पत्थरों में क्या चमत्कार हो सकता था, और क्या होगा?... श्रद्धा ही है जो पत्थर को भी भगवान बना सकती है। एकलव्य की बात सुनी है न आपने। वह भील का एक लड़का था ज...
- पत्रा देखकर बताइए कि हमारे ग्रह कैसे हैं?... ला, पहले पत्रों का पूजन तो कर। अरे पण्डित जी! हम तो खाली हाथ आ गए। बेटा खाली हाथ नहीं आते। देवता के स...
- पर इनका सफाया किसने कर दिया?... बेटे! यह सत्यनारायण स्वामी ने कर दिया और महाकाल के मन्दिर ने कर दिया। इन खिलौना ने कर दिया। इन खिलौनो...
- पर इस पानी से क्या होगा?... एक बालटी पानी से तो मैं रोज ही स्नान कर लेता हूँ और आप तो जरा सा जल हथेली पर लेने के लिए कहते हैं। इ...
- पर इसमें कमियाँ कम हैं क्या?... बुराइयाँ कम हैं क्या? एक से एक दुष्ट और एक से एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो फिर क्या करें? दु...
- पर उतना कष्ट कौन करे?... आत्मनिरीक्षण, अपनी त्रुटियों को ढूँढ़ना, अपने विचारों, आदतों और कार्यों में सुधार करना उस झमेले में ...
- पर यह परिवर्तन क्या होगा?... कौन करेगा? कैसे सम्भव होगा? आप कुछ सहयोग करेंगे और हम आपकी सहायता करेंगे। कल हमने कहा था कि आपको अपने...
- परन्तु अब हर आदमी यह सोचता है कि इस घर में से कितना चुरा सकता हूँ और अलग से कितना क्या बना सकता हूँ?... यह दृष्टिकोण आने से क्या होता चला गया? मित्रो! इसके आने से हमारे घरों का सत्यानाश होता चला गया। हमार...
- परदा प्रथा के नाम पर पचास फीसदी जनता को अपने मानवोचित अधिकारों से किस तरीके से वंचित किया जाता है?... विवाह- शादियों पर खरच होने वाली धनराशि किस तरीके से हमें गरीब और बेईमान बनाती है? दहेज एवं मृत्युभोज...
- परमात्मा क्या है?... यह आस्था है, सम्वेदना है। हम अपनी चेतना को आस्था एवं सम्वेदना के साथ जोड़ लें, तो हम सारी खुशी प्राप्त ...
- परमेश्वर का भक्त कहलाने के कारण हमारे ऊपर कोई यह उँगली न उठाने पाए कि यह कैसा आदमी है?... हमने उनके वंश को सुरक्षित रखा है। भगवान ने हमको दिया तो है, पर हमने भी कुछ कुछ दिया है। पिता की मृत्...
- परस्पर विरोधी दिशा में चल रही खींचतान में से कब, किसकी विजय हुई, यह आत्मनिरीक्षण यदि सतर्कतापूर्वक जारी रखा जाए तो स्पष्ट हो जाएगा कि अन्तर्द्वन्द्व के महाभारत में किस पक्ष की सेना हारती और किसकी जीतती है?... व्यक्तिगत जीवन की विचारणा एवं क्रियाशीलता के क्षेत्र से आगे बढ़कर परिवार, समाज, राष्ट्र, विश्व के व्...
- परहेज न करें और हम दवा खाते रहें तब?... तब दवा बेकार, दवा में पैसा खराब करना होगा। डाक्टर, वैद्य, आप और दवाएँ सब बेवकूफ सिद्ध होगे।...
- परिणाम क्या हुआ?... जो लाभ हम बता चुके हैं, अभी और उसे पूरा करते हैं कैसे? लम्बी जिन्दगी, हमारी कितनी जिन्दगी है, बहुत लम्बी...
- परिणाम क्या हुआ?... उसका परिणाम यह हुआ कि हमने दस लाख पन्ने पढ़ लिए आप कागज पेन्सिल लेकर हिसाब लगा लीजिए। हमने उपयोगी विष...
- परिणाम क्या हुआ?... परिणाम यह हुआ कि सारे पाकपरस्तों के अन्दर उन्होंने एक ऐसी बगावत का माद्दा पैदा कर दिया, ऐसी लड़ाई पैदा...
- परिणाम क्या होगा?... आप देख लेना, इसका परिणाम बहुत भयंकर होगा। कलियुग के बारे में पुस्तकों में जो बताया गया है, उसको मैं ...
- पलकें कैसी हैं?... जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फिर भीतर की कैसे द...
- पलकें कैसी हैं?... जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती हैं तो फिर भीतर की कैसे दिखेंगी...
- पश्चात् उनके मन में एक और विचार आया कि आखिर भगवान शंकर हैं क्या?... शक्ति कहाँ से आ जाती है? क्यों आ जाती है? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन ...
- पहलवानी की दवा क्या होती है?... पहलवानी की प्रोटीनाल, प्रोटिनेक्स, हारलिक्स और विटामिन बी कांपलैक्स, विटामिन बी १२ आदि पच्चीसों दवाइ...
- पहला इलाज क्या है?... अपनी जीभ के ऊपर और अपनी इंद्रियों के ऊपर, आदतों के ऊपर कंट्रोल कीजिए। उन्होंने अपनी आदतों पर कंट्रोल...
- पहले जमाने में जब किसी की मृत्यु हो जाती थी, तो पंचायत बैठती थी तथा यह निर्णय लेती थी कि इनके बच्चों का काम मेहनत करने से, मशक्कत करने से चल सकता है या नहीं?... अगर ये वयस्क होते थे, हाथ से कमाते थे, तो उनके पिता का सारा पैसा समाज के कल्याण के लिए लगा दिया जाता...
- पहले नंबर का क्यों?... इसलिए कि वह भगवान का भक्त हो गया। तो फिर वह ऐसा मजेदार भक्त हुआ कि उसने वह काम कर दिखाए जिस पर हमको ...
- पहले शिविर में आपके कितने आदमी थे?... दोनों शिविरों को मिलाकर तीन सौ के करीब हो जाते हैं, ये सब के सब तो नहीं जाएँगे, लेकिन आप यकीन रखिए य...
- पाँच चीजें क्या हैं?... वैसे सोलह चीजें भी हैं। जल एक, अक्षत दो, धूप या सुगन्ध तीन, पुष्प चार और मीठा या प्रसाद पाँच। वे क्य...
- पाँच पाण्डव कौन थे?... देख, उनमें से एक सूर्य का बेटा था, एक इंद्र का बेटा था, एक पवन का बेटा था, दो अश्विनी कुमार के बेटे ...
- पाँच भौतिक लाभ हैं?... क्या-क्या हैं, भौतिक लाभ? भौतिक लाभों में बताया गया है, आयु: आदमी का दीर्घजीवन। आदमी गायत्री उपासना ...
- पाण्डव कौन थे?... पाण्डव मनुष्य थे? नहीं मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें दे...
- पाण्डव मनुष्य थे?... नहीं मनुष्य नहीं थे कुंती से पूछो कि कौन थे? भगवान श्रीकृष्ण जब आए थे तो उन्हें देवताओं की सहकारिता ...
- पाण्डवों में क्या था?... दैवीय सभ्यता थी। पाण्डव देवताओं से पैदा हुए थे। मैंने सुना है कि कुंती ने देवताओं का जप-पूजन किया था...
- पाण्डिचेरी में क्या करने लगे?... वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए उन्होंने तप प्रारम्भ कर दिया। तप करने से क्या हुआ? तप करने से बेटे उन्...
- पानी छिड़कने से क्या हो जाएगा?... यह किस काम के लिए छिड़का गया था, यह हमने बताया नहीं था? हाँ महाराज जी! पर इस पानी से क्या होगा? एक बा...
- पानी पिलाएँ नहीं ठंड से उसका बचाव करें नहीं, तो कैसे सम्भव होगा?... गाय दूध देती है, यह सही है, लेकिन साथ-साथ में यह भी सही है कि इसको परिपुष्ट करने के लिए, दूध पाने के...
- पापा किसे कहते हैं?... मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो सब पर हावी होता चला जाएगा। बीबी पर हावी, बच्चों पर हावी, साइकिल प...
- पार्षद कौन है?... नए युग का निर्माण करने के लिए जो पुकार हुई है, समय को पुकार हुई है, उसको बने वाली, उसमें शरीक होने व...
- पास कर सकते हैं?... क्या आपका यह ख्याल है कि आप बी.ए. फर्स्ट डिवीजन ले आएँगे? अगर आपका यह ख्याल है, तो गलत है। अगर आप फा...
- पास न किया हो, लेकिन हमने एक-दूसरे के प्रति प्रेम, निष्ठा और वफादारी की शिक्षा दे दी, तो फिर जंगली हों तो क्या, गँवार हों तो क्या, आदिवासी हों तो क्या, भील हों तो क्या, कमजोर हों तो क्या, गरीब हों तो क्या?... उनके झोपड़ों में स्वर्ग स्थापित हो जाएगा। उनके बीच में मोहब्बत और प्रेम, निष्ठा और सदाचार हमने पैदा क...
- पिछली जो घटनाएँ हो गईं, तो ठीक है, आपने कुछ अच्छे काम कर लिए पर बार बार उनकी प्रशंसा करने की जरूरत क्या है?... अगर किसी ने आपके साथ कोई बुराई कर ली या किसी ने दु:ख भुगत लिए तो बार-बार कहने की जरूरत क्या है? भूत ...
- पिछले दिनों हमारे यहाँ क्या हुआ?... मथुरा में एक वकील थे उन्होंने अपनी लड़की, जो एम ० ए० पास थी, का एक लड़के से ब्याह किया, जो विलायत पास...
- पिता क्या देता है?... पिता बेटे की पढ़ाई के लिए फीस देता है, अपनी कमाई का मकान देता है और तेरी औरत को जेवर बनाकर देता है। क...
- पिता जी का?... पिता जी का भी नहीं मिलता। किसी का मिला सहयोग? नहीं साहब, सब बड़े चालाक हैं और सब दुनिया बेईमान है। ह...
- पीड़ितों की और पतितों की आप सहायता न की तब?... तब बेटे ! मुश्किल है। तब आपको भगवान मिल पाएगा? भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा? मैं सोचता हूँ कि तब ...
- पीला कपड़ा क्यों पहनाया?... क्यों महाराज जी! अगर हम पीला कपड़ा पहन लें तो क्या बैकुंठ को चले जाएँगे? नहीं बेटे! कहीं नहीं जमता, च...
- पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या?... वही लोग हैं। वही सब छाये हुए हैं। फिर वही सब लोग ठंडे हो गए। यह क्या हो गया? पुराने इतिहास और नए इति...
- पुरानी चीजों से कैसे आपको छुटकारा पाना है और नई चीजों को कैसे अपनाना है?... इन दोनों के लिए एकान्तसेवन आपके लिए आवश्यक है। एक महीने का यह एकान्तसेवन आपके लिए बहुत महत्त्वपूर्ण है...
- पुराने इतिहास और नए इतिहास में क्या फर्क पड़ गया?... हम बनाएँगे नया वातावरण मित्रो जो हवा थी, वातावरण था, वह ठंडा हो गया और दूसरे तरह की हवा आ गई। हम उसी...
- पुरोहित किसे कहते हैं?... पुरोहित उसे कहते हैं, जो मार्ग दिखाता है, रास्ता दिखाता है, उपदेश करता है और हमको गलत रास्ते से घसीट...
- पूर्ण पुरुष क्यों?... क्योंकि उनके जीवन में इन सारी बातों का समन्वय है। जहाँ उन्होंने त्याग की जरूरत समझी है, सेवा की ...
- पृथ्वी का वजन कितना है?... अरे साहब क्या कहने पृथ्वी के बहुत वजन है। और पृथ्वी की चाल? पृथ्वी की चाल साहब एक घण्टे में छह हजार म...
- पृथ्वी के निवासियों पर क्या-क्या असर पड़ता है?... ये सारी की सारी खोजें आर्यभट्ट ने अपने जमाने में इसी हिमालय में की थीं। आप कभी शान्तिकुञ्ज आएँ तो देख ...
- पेट के लिए जितनी जरूरत थी, उससे ज्यादा कमाते रहे क्या?... कुटुम्ब की जितनी जिम्मेदारियों पूरी करनी थीं, उसके स्थान पर अनावश्यक संख्या में लोग बहाते रहे क्या और...
- पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?... जब यह प्रश्न आपके सामने ज्वलन्त रूप से आ खड़ा होगा, तब यह आवश्यकता आपको अनुभव होगी कि हम अपनी मनःस्थि...
- पेटी पहने रहें तो?... नहीं पेटी नहीं पहन सकते। पेटी इज्जत है। तो महाराज जी! आपने लँगोटी क्यों दी, पैंट क्यों नहीं दिया, जि...
- पेड़ जो आपको बाहर खड़ा दिखाई पड़ता है, कहाँ से आता है?... पेड़ पर फल, फूल, पत्ते कहाँ से आते हैं? अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं? पत्ते, साहब, हवा ...
- पेड़ पर फल, फूल, पत्ते कहाँ से आते हैं?... अच्छा, पहले बताइए कि पत्ते कहाँ से आते हैं? पत्ते, साहब, हवा में से भागते हुए आ जाते हैं और डाली से ...
- पैसा देकर आप आदमी का क्या भला करेंगे?... आप दूसरों को प्यार दीजिए। लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बिना तड़पती रहती हैं? आप दूसरों को सम्मान...
- पैसा नहीं कमा सकते?... पैसे कमा करके हम क्या करेंगे? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों का वजन तो कम कर लें,...
- पैसा बढ़ेगा, तो हम क्या कर सकते हैं?... शिक्षा बढ़ेगी, सभ्यता बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं? दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते है? मित्रो! इस...
- पैसा मिल जाता है और कोई बहुत फायदे या धंधा?... और कोई धंधा नहीं है। जिसको आप व्यवसाय कहते हैं, वह केवल एक ही फायदा कराता है। हम क्या कराते हैं? हम ...
- पैसा है तो इसका क्या करें?... समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं आता। बेअकली की इस अव्यवस्था...
- पैसे कमा करके हम क्या करेंगे?... कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों का वजन तो कम कर लें, तब सम्पत्तिवान बनने की बात सोच...
- पैसे थे, तैयारी भी हो गई थी, लेकिन उस साल क्या हो गया?... उस साल सब जगह बड़े जोर का अकाल पड़ गया। मनुष्य भूखे मरने लगे, बच्चे भूखे मरने लगे। पैसे-पैसे के लिए त...
- पैसे लाइए, ऐं पैसे लेगा?... हमने तो समझा था कि प्रार्थना से ही जलेबी मिल जाती हैं। भाईसाहब, आपको किसी ने गलत बता दिया हैं।महाराज...
- पैसे ले ले, पर उँगली क्यों काटता है हमारी?... वह कहता, वाह! फोकट में, दान में नहीं लेता हूँ। पहले तेरी उँगली काटूँगा, तो मेरी मेहनत हो जाएगी। फिर ...
- पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान?... बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है? लाल...
- पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान?... बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?? लाल...
- प्यार का अभ्यास कैसे किया जाता है?... प्यार कैसे होता है, जरा बताना? प्यार करने का दुनिया में एक ही तरीका है कि जिसको हम मुहब्बत करते हैं,...
- प्यार का माद्दा बढ़ाने से क्या मतलब है?... प्यार का मतलब सामयिक शिष्टाचार नहीं है, दिखावट नहीं है। दावत खिलाना नहीं है। कोई प्रेम-उपहार देना नह...
- प्यार कैसे होता है, जरा बताना?... प्यार करने का दुनिया में एक ही तरीका है कि जिसको हम मुहब्बत करते हैं, उसको कुछ दें। बच्चे को हम प्या...
- प्यार है आपके पास?... भक्ति है आपके पास? नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा की होती। बहन-भा...
- प्रकाश का अर्थ क्या हो सकता है?... आदमी में प्रकाश तो नहीं है। आदमी कोई बत्ती नहीं है, बल्ब नहीं है, जो जलेगा। फिर यज्ञ का अनुसरण करने ...
- प्रकाश किसे कहते है?... प्रकाश इसे कहते हैं, जो में आपसे निवेदन कर रहा था, जिससे कि मेरी आँखें खुल गई। अँधेरे में भटकता हुआ ...
- प्रकाश किसे कहते हैं?... बेटे! व्यक्ति के आध्यात्मिक जीवन में प्रकाश का जहाँ कही भी इस्तेमाल किया गया है, ज्ञान के अर्थ में क...
- प्रकाश क्या है?... इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बारे में किताब में छपवा रहे हैं। इसमें शिखा और स...
- प्रज्ञायोग कैसे करना चाहिए?... प्रज्ञायोग का पहला चरण है कि आप चारपाई पर इसे करें, चारपाई पर पड़े हुए। जब सवेरे उठे़ तो उठने से पहल...
- प्रज्ञायोग क्या है?... प्रज्ञायोग में ज्ञान, कर्म और भक्ति की जिनको आप सरस्वती, लक्ष्मी, काली कहते हैं ये तीनों शक्तियाँ शा...
- प्रज्ञावतार क्या है?... कभी बताऊँगा, पर आज मैं कहता हूँ कि अब गायत्री माता विश्वमाता होने वाली हैं। भविष्यवाणी तो मैं नहीं क...
- प्रतीक मन्दिर से क्या हो जाएगा?... मन्दिर से सब कुछ हो जाएगा-हवा फैलेगी, वातावरण बनेगा। हम हवा फैलाना चाहते हैं और वातावरण बनाना चाहते ह...
- प्रयोग में केवल सावित्री काम आती है और गायत्री?... गायत्री किस काम आती है? गायत्री ब्रह्मविद्या है। चिन्तन जिसको कहते हैं, फिलॉसफी जिसको कहते हैं, विचार...
- प्रशंसा के लिए कितना प्यासा है, आदमी, कहाँ से कहाँ मारा-मारा डोलता है?... प्रशंसा के लिए जाने क्या-क्या करता है? कोई कपड़े पहनता है कोई फैशन बनाता है, कोई मकान बनाता है, कोई ...
- प्रशंसा के लिए जाने क्या-क्या करता है?... कोई कपड़े पहनता है कोई फैशन बनाता है, कोई मकान बनाता है, कोई विवाह-शादियों में धूम-धड़ाका मचाता है, क...
- प्रश्न इस बात का नहीं वरन इस बात का है किसने, किस प्रकार कमाया?... ठीक इसी प्रकार का यह भी प्रश्न है कि जो उपलब्ध था उसे किसने किस प्रकार, किन प्रयोजनों में खरच किया?स...
- प्रश्न उठता है कि अगर मन न माने तब?... तब फिर अपने खाने में और सोने में किफायत कर डालिए। इतने पर भी यदि मन नहीं माना और आप जहाँ सोचना नहीं ...
- प्रह्लाद का नाम जानते हैं न, अगर वह अपने दैत्य बाप के कहने पर चला होता और पुरानी परम्परा पर चला होता तो सिवाय दैत्य के क्या हो सकता था?... बाप-दादे जो काम करते थे, वही काम प्रह्लाद भी करता, परन्तु प्रह्लाद ने अपने आप को बदल दिया। इसी तरह गु...
- प्रह्लाद की बात आपको मालूम नहीं है?... प्रह्लाद ने अपने पिता से प्यार-मोहब्बत की। लेकिन उसने उनका कहना नहीं माना और उनसे बराबर जद्दोजहद करत...
- प्राचीनकाल के सन्त महात्मा गुफा में घुस जाते थे, कोठरियों में रहते थे, एकान्तसेवन करते थे, क्यों?... क्योंकि उनके बाहर का, चारों ओर का जंजाल, जिसने उनको बुरी तरह से चक्रव्यूह में फँसे हुए अभिमन्यु के त...
- प्राण किसे कहते हैं?... प्राण कहते हैं, बेटे! हिम्मत को, प्राण कहते हैं, जीवट को और प्राण कहते हैं, साहस को। दुनिया में जितन...
- प्राण किसे कहते हैं?... प्राण उसे कहते हैं, जिसमें हमें अपनी चेतना का परिमार्जन करना पड़ता है और चेतना को साफ करना पड़ता है।...
- प्राणायाम क्या है?... एक ध्यान है। प्राणायाम में पाँच तत्त्वों में ध्यान ही ध्यान करते रहिए। जब हम साँस भीतर खींचते हैं तो...
- प्राणायाम नहीं किया होगा?... बेटे किया होगा। लेकिन सबसे प्यारे भगवान के भक्त हनुमान जी की उपासना, उनके जीवन की पुस्तक को खोलकर आप...
- प्राणायाम में क्या बात होती है?... प्राणायाम में दो प्रक्रियाएँ होती हैं-एक हम साँस को अन्दर खींचते हैं और दूसरी बाहर फेंकते रहते हैं। ए...
- प्रेत-पिशाचों में क्या फर्क होता है?... बेटे, एक ही होता है, हर भूत के मन की ये बनावट होती है कि न वह किसी का और न कोई उसका। तो महाराज जी! आ...
- प्लास्टिक की जीभ और दाँत लगा लूँगा, तो फिर मैं मंत्र कैसे बोलूँगा?... देख ले बेटे! यह तेरी मरजी की बात है। स्नान करना चाहता हो तो इससे कम में नहीं हो सकता। चमड़ी के स्नान ...
- पड़ाव कहाँ पड़ेगा?... शान्तिकुञ्ज में। कितने दिन रहेंगे? दस दिन रहेंगे। पड़ाव में खूब मजा आएगा। वहाँ सस्ता भोजन मिलता है। ठ...
- पढ़ी होगी तो जानते होंगे कि फिर क्या हुआ था?... राजकुमारी से विवाह करने के बाद सत्यवान के जीवन में एक वक्त ऐसा भी आया था, जब यमराज आए थे और सत्यवान ...
- पढ़े-लिखे लोगों में जाइए और उनसे जानिए कि धर्म क्या है?... तो वे यही कहेंगे कि धर्म याने अफीम की गोली, जिसको खाकर के आदमी मदहोश हो जाता है। कर्तव्यों को भूल जा...
- फर्ज और कर्तव्यपालन करने का अगर आपका मन होगा, मरजी होगी, तब फिर क्या होगा?... फिर आपको मजा आ जाएगा। और क्या होगा? बहुत कुछ हो जाएगा। फिर आपको अपने फर्ज से कोई रोक नहीं सकता। आप अ...
- फर्स्ट डिवीजन ले आएँगे?... अगर आपका यह ख्याल है, तो गलत है। अगर आप फाउंटेनपेन की महत्ता मानेंगे तो मैं कहूँगा कि आपकी बात गलत ह...
- फार्मूला क्या हो सकता है?... भगवान ने कहा, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अर्थात अपने आप को उठाइए, अपने आप को गिराइए मत।...
- फिर अर्जुन से पूछा कि आपको क्या दिखाई पड़ता है?... अर्जुन ने कहा-हमें एक ही चीज दिखाई पड़ती है और वह है मछली की आँख। तो मारिए निशाना और सफलता का वरण कीज...
- फिर अर्जुन से पूछा कि आपको क्या दिखाई पड़ता है?... अर्जुन ने कहा-हमें एक ही चीज दिखाई पड़ती है और वह है मछली की आँख। तो मारिए निशाना और सफलता का वरण कीज...
- फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे?... फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे? जब हर आदमी हैरान करेगा, तो आपको गुस्सा कैसे नहीं आएगा? इसलि...
- फिर आप किस बात के गुरु हैं?... ? गुरु हैं तो बेटा हम ज्ञान देंगे, रामायण पढ़ा देंगे, गीता पढ़ा देंगे और दूसरे पाठ पढ़ा देंगे। नहीं ...
- फिर आप क्यों ऐसी जिन्दगी जिएँगे?... मित्रो! भगवान ने तो आपको राजकुमार बनाया है न। आपको बुद्धि दी है न। आपको वाणी दी है न। आपको हाथ पाँव ...
- फिर आप भजन कैसे कर लेंगे?... फिर आप अच्छी जिन्दगी कैसे जी लेंगे? फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे? जब हर आदमी हैरान करेगा, ...
- फिर आप मीठे वचन का अभ्यास कैसे कर लेंगे?... जब हर आदमी हैरान करेगा, तो आपको गुस्सा कैसे नहीं आएगा? इसलिए मित्रो! क्या करना चाहिए? अपना व्यक्तिगत...
- फिर आप हथौड़े की करामात क्या कह रहे थे?... हथौड़े और छेनी की करामात है जरूर, हम इसे मानते हैं। जितनी भी मूर्तियाँ दुनिया में बनी हैं, वे सार...
- फिर आपका मन पूजा-उपासना में कैसे लगेगा?... आप इस दिशा में आगे कैसे बढ़ेंगे? गोली चलाने वाला अगर निशाना न साधे तो उसका काम कैसे चलेगा? वह कभी इधर...
- फिर आपकी कैसे पूरी हो जाएँगी?... हाँ, एक शर्त पर आपकी कामनाएँ पूरी हो सकती हैं। कैसे? आप कामनाओं का स्तर बदल दीजिए। स्तर कैसे बदला जा...
- फिर आपकी पूजा-उपासना क्या कर लेगी?... आपको जप और अनुष्ठान चमत्कार कैसे दिखा पाएँगे? जादू-चमत्कार जैसा अध्यात्म नहीं है। अध्यात्म तो मानसिक...
- फिर आपकी मनोकामना पूरी हो जाए कोई जरूरी है?... मनोकामना पूरी नहीं हो पाती, इसलिए आदमी आमतौर से दुखी रहते हैं।...
- फिर आपको ज्ञान प्राप्त करने के लिए किसके पास जाना चाहिए?... पुरोहित के पास। पुरोहित के पास कैसे जाना चाहिए जो भगवान का प्रतिनिधि हो अथवा भगवान का रूप हो अथवा भग...
- फिर इतने तमाम लोगों की तमाम समस्याओं का समाधान इनसान कैसे कर पाएगा?... वास्तव में जो काम इनसान के बलबूते का नहीं होता है, वह काम भगवान अपने जिम्मे रखते हैं। भगवान प्रेरणा,...
- फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भाग दिखाई दे रहा है, यह क्या है?... ये हड्डियाँ हैं। अरे राम-राम! हड्डी से गायत्री मंत्र? अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्ड...
- फिर कहाँ चला गया था?... बुद्ध भगवान ने उसे हिन्दुस्तान के बाहर काम करने के लिए भेजा था। उसकी प्रतिभा और क्षमता को देखकर उन्हो...
- फिर कायाकल्प में करना क्या पड़ता है?... चलिए इसके लिए एक उदाहरण मैं आपको सुनाऊँगा। वह उदाहरण महामना मालवीय जी का है। महामना मालवीय जी ने एक ...
- फिर किसका कमाल है?... मित्रो, कमाल वहीं से निकलता है, जिसमें कि वाणी को परिष्कृत कर दिया गया हो। राजा परीक्षित के सामने यह...
- फिर किसकी जीभ लाऊँ?... प्लास्टिक की। अच्छा गुरुजी! प्लास्टिक की जीभ और दाँत लगा लूँगा, तो फिर मैं मंत्र कैसे बोलूँगा? देख ल...
- फिर किसमें ताकत है?... मित्रो! भजन में अगर ताकत है तो वह आदमी के ईमान से मिली हुई ताकत है। भजन से बड़ा ईमान है। भजन बड़ा नहीं...
- फिर कौन आदमी सुनेगा?... रामायण की कथा हम सुन लेते हैं और जैसे ही आते हैं, पल्ला झाड़कर के आ जाते हैं। भागवत् की कथा हम सुनकर ...
- फिर कौन काम करे?... खाना पकाने वाली जिसके घर में हो, जो रोटी बना जाया करे। चौका-बरतन वाली चौका-बरतन कर जाया करे। बच्चा ख...
- फिर क्या करना पड़ेगा?... अब मैंने आपको इसलिए बुलाया है कि हमको आपकी आवश्यकता आ पड़ी है। हम तीस साल से कुटुम्ब बनाकर रह रहे थे ...
- फिर क्या करें?... फिर आप दो तरह के विचार करना शुरू कीजिए। यह विचार करने की शैली है। यह ध्यान की शैली नहीं है, यह विचार...
- फिर क्या करें?... सारी जगह मरघट सी जिन्दगी दिखाई पड़ती है और सारी दुनिया मरघट सी दिखाई पड़ती है। इस मरघट में अब हम कहाँ ज...
- फिर क्या करेंगे?... बेटे! हम आपको ज्ञान देंगे। कैसा ज्ञान देंगे? ऐसा जिससे कि आप लोगों को सलाह दे सकने में समर्थ हो सकें...
- फिर क्या था?... उसका कलेजा चौड़ा था। जिन आदमियों का कलेजा चौड़ा होता है, उनके चिन्तन का तरीका, सोचने का ढंग मक्खी मच्छर...
- फिर क्या फायदा करेंगे?... बेटे, तू पहले विचार कर ले, कृपा का वायदा मैं नहीं कर सकता। मैं तुझे ले चल सकता हूँ दिखा भी लाऊँगा, प...
- फिर क्या लागत आएगी?... बिक्री का काम उत्पादक का नहीं होना चाहिए। उत्पादक अलग हों और विक्रय करने वालों की संस्थाएँ अलग हों। ...
- फिर क्या हर्ज होगा?... आपका ज्यादा हर्ज होगा। आप पछताते रहेंगे। जिस तरीके से कांग्रेस के आन्दोलन में जिन-जिन लोगों को तीन म...
- फिर क्या हुआ?... उन्होंने खोमचे वालों का सामान फैला दिया और मुसाफिरों को धक्के मारे। और क्या हुआ? और गुरुजी! उसने दीव...
- फिर क्या हुआ?... लोगों ने कहना शुरू कर दिया-'' अजब तेरी कुदरत, अजब तेरा खेल। छछूँदर के सिर पर चमेली का तेल। '' छछूँदर...
- फिर क्या हुआ?... भगवान ने अवतार लिया था और वह परशुराम जी अवतार था परशुरामजी के अवतार ने हाथ में एक कुल्हाड़ा लिया और उ...
- फिर क्या है हँस?... हँस बेटे! वह व्यक्ति है जिसकी दृष्टि ऋतम्भरा प्रज्ञा के अनुकूल है। ऋतम्भरा प्रज्ञा कैसी होती है, जैस...
- फिर क्या हो गया?... बीबी आ गई, फिर बच्चे पर बच्चा आ गया। अरे महाराज जी! ये क्या हुआ? ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे ...
- फिर क्या हो जाएगा?... वे सब मिनिस्टर हो जाएँगे। तू मिनिस्टर हो जाना, तेरे बहनोई, साला, पड़ोसी, नौकर-चाकर, जो भी जुए में पकड़...
- फिर क्या हो जाएगा?... देवी पर बाल चढ़ा देंगे। क्या करेगी देवी? बालों को खाएगी? नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़...
- फिर क्या होगा?... फिर आप पर सहयोग बरसेगा। ये क्या हो गया? ये सिद्धि नंबर दो है। ये किसकी सिद्धि हो गई? ये बाहर की सिद्...
- फिर क्या होगा?... फिर तुझे तीन महीने की जेल हो जाएगी और तेरे जितने सम्बन्धी हैं, उन सबको जेल हो जाएगी। तेरे साथ साथ में ...
- फिर क्या होगा?... पढ़ाई और नौकरी बिलकुल अलग-अलग बात है।नौकरी का अर्थ यह जरूर है कि शिक्षा के साथ लोगों को इतना ज्ञान और...
- फिर क्यों नहीं पड़ा?... फिर क्या पढ़ते, जब हमारा बाप मर गया। आदमी को हर दिन जिस तरह से रोटी कमाते हैं, उसी तरह से अपनी ज्ञान,...
- फिर तो आप कम्युनिस्ट हैं?... कम्युनिस्ट तो नहीं हैं बेटे, पर हम कम्युनिस्टों की आवाज में आवाज लगाकर कह सकते हैं कि यह अवांछनीय अध...
- फिर तो आप नहीं माँगेंगे?... बेटे! फिर मैं सौ करोड़ लेबर के लिए माँगूँगा। तो महाराज जी! आप इसमें कितना समय लगाएँगे? बेटे! सौ करोड़ ...
- फिर तो महाराज जी, मैं खा लूँ?... खा ले बेटे, तेरे चेहरे पर चमक आ जाएगी, तू मोटा हो जाएगा। अच्छा लाइए एक किलो का डिब्बा है, मैं तो आज ...
- फिर देखना आँखों का चमत्कार कैसे होता है?... गुरु जी, सिद्धियों का दूसरा तरीका बताइए? क्या तरीका बताएँ? कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे क...
- फिर देखिए आपका काम कैसा बढि़या, कैसा शानदार, कैसा अच्छा खूबसूरत काम हो गया?... इस तरीके से विचारों का संयम एक, समय का संयम दो, पैसे का संयम तीन और इंद्रियों का संयम चार। चार संयम ...
- फिर देखिए आपका भविष्य कैसे शानदार बनता है?... कायाकल्प से हमारा उद्देश्य यही था और आपको भी कायाकल्प का यही उद्देश्य समझना चाहिए और अपनी तैयारी के ...
- फिर देखिए कि आप ऋषि बनते हैं कि नहीं बनते?... फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नहीं? ये सभी चीजें आपको प्राप्त होती चली जाती ...
- फिर देखिए कि आपको भगवान का अनुग्रह प्राप्त होता है कि नहीं?... ये सभी चीजें आपको प्राप्त होती चली जाती हैं। शर्त यही है कि आप अपने आप को, अपने जीवन को, अपनी विचारण...
- फिर देखिए कि जीवन में क्या-क्या चमत्कार होते हैं?... आप जनहित में, लोकमंगल में, पिछड़ों को ऊँचा उठाने में अपना श्रम, समय, साधन लगाएँ। अगर आप इतना करेंगे त...
- फिर देखिए कि वह गन्दी रहेगी कि साफ होगी?... साफ होगी। साधना ऐसे जीवन्त होगी गुरुजी! और क्या बताएँगे? बता तो रहे हैं। बेटे, प्रत्येक क्रिया के साथ...
- फिर देखिए क्या हाल है?... इन पुजारियों में हर आदमी मामूली मजदूर को अपेक्षा, एल० डी० सी० क्लर्क की अपेक्षा, प्राइमरी स्कूल के म...
- फिर देवता धनी कैसे हो सकता है?... बेटे! देवता धनी ऐसे होता है, जिसके धन की मैं तुझे फिलॉसफी समझाना चाहता हूँ। धन क्या होता है? धन मित्...
- फिर नए जानवर हम कहाँ से पालेंगे?... इनको हम भूसा कहाँ से खिलाएँगे? इनकी एक ही रेमिडी है कि इन बुड्ढे जानवरों को, चाहे वे गाय हों, चाहे व...
- फिर निष्कलंक कौन हो सकता है?... निष्कलंक एक ही हो सकता है और उसका एक ही नाम है-विवेक, ऋतम्भरा प्रज्ञा। अवतार का साथ दीजिए ऋतम्भरा प्...
- फिर फायदा क्या होगा?... हम उस पुल के लिए रास्ता खोलेंगे, जिस पुल पर से होकर ये रीछ-वानर पार हो सकें और रावण को मार सकें। इसल...
- फिर बच्चे को पाँच रुपए देने से क्यों इनकार कर रहा था?... इसलिए कि वह अपने लिए माँगता है, ऐय्याशी के लिए माँगता है, बेकार की खातों के लिए माँगता है। इसलिए बाप...
- फिर बताइए कैसे काम चलाएँगे?... समस्याओं को कैसे हल करेंगे? जो चीज आपके काम की थी दिमाग, उसको तो आपने गरम कर डाला, जला डाला। आप चाहे...
- फिर बहुत जगह मेरे ट्रांसफर बने हुए पड़े हैं?... मैं बिस्तर उठाने वाला हूँ। आपको यहाँ बुलाने का उद्देश्य साथियों! मैं आपको यहाँ क्यों बुलाता हूँ? मैं...
- फिर बुड्ढे कहाँ जाएँगे?... फाँसीघर में। तैयार हो जाइए भइया आते हैं। अब यही होगा। तो क्या आप संस्कृति को खत्म कर रहे हैं? संस्कृ...
- फिर भगवान को एक स्थान पर बिठाने और खाना खिलाने की क्या जरूरत पड़ गई?... यह विचारणीय प्रश्न है। भगवान तो बादलों को बरसाते हैं। जरूरत पड़े, तो जहाँ कहीं वर्षा हुआ करे, वहाँ ज...
- फिर भगवान को स्नान कराने की क्या जरूरत थी?... मित्रो! भगवान तो एक विचारणा है, भावना है, एक चेतना है। उनको एक जगह बिठाया जाए, ये कैसे मुमकिन हो सकत...
- फिर मैं आपको क्या- क्या शिक्षाएँ देता?... जाने कितनी शिक्षाएँ मेरे मास पड़ी हुई हैं? लेकिन मैं देखता है कि इन बच्चों के ऊपर जुल्म करना होगा, अ...
- फिर मैं इस बात पर विचार करने लगा कि क्या गीता की किताब मुझे पढ़नी चाहिए थी और लोगों को पढ़ानी या बतानी चाहिए थी?... हम तो क्षत्रिय हैं क्या बात बतानी चाहिए थी? आप कौन हैं? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में क...
- फिर मैं कहाँ जाऊँगा?... फिर मेरा ट्रांसफर तैयार किया हुआ रखा है। मेरा बिस्तर बँधा हुआ रखा है। मैं कहीं और चला जाऊँगा। आप कहा...
- फिर मैं क्या करूँगा?... पुलिस वाले के पास जाऊँगा और चुपचाप कह दूँगा कि भाईसाहब! मेरे साथ चलिए। अभी मैं जुआरियों को गिरफ्तार ...
- फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह गायत्री मंत्र कौन बोलता है?... वह बोली-''गुरुजी! कांगो एक देश है, जहाँ के सुग्गे बड़े-बड़े होते हैं और वे मनुष्य की आवाज को ठीक तरीके...
- फिर यज्ञ का अनुसरण करने वाले का क्या होना चाहिए?... प्रकाश होना चाहिए। प्रकाश किसे कहते हैं? बेटे! व्यक्ति के आध्यात्मिक जीवन में प्रकाश का जहाँ कही भी ...
- फिर यह कैसे पूरा होगा?... बेटे! तू सूरज को रँगवाना चाहता है, चंद्रमा को रँगवाना चाहता है, जमीन को रँगवाना चाहता है, आसमान को र...
- फिर यह हलचल कौन पैदा करता है?... नया जमाना कौन लाता है? एक हवा आती है। ठीक है गुरुजी कहते हैं कि एक हवा आती है। नहीं बेटे, अकेले गुरु...
- फिर ये परिस्थितियाँ आपके लिए नहीं आ सकतीं क्या?... आपके लिए भी हो सकती हैं। हर स्थिति के लिए रहें तैयार इसलिए मित्रो! आप अच्छी से अच्छी उम्मीद कीजिए। अ...
- फिर रेलगाड़ी कहाँ से चलेगी?... रेलगाड़ी तो बेटे, अपने व्यक्तिगत आदर्श उपस्थित करने से मैदा होती है। इससे कम में हो ही नहीं सकती। इस...
- फिर वह कहाँ चली गई?... चाइना चली गई, कोरिया चली गई, मलेशिया चली गई, जापान और वर्मा चली गई, नेपाल चली गई, श्रीलंका चली गई, क...
- फिर वह पूछेगा कि गायत्री मंत्र क्या होता है?... ये भी मैंने आपको एक दिन बताया था। इसके लिए मैंने आपको तीन घण्टे का समय दिया था, आपको याद होना चाहिए। ...
- फिर साधना में अभीष्ट मनोयोग तो आहारशुद्धि बिना कैसे प्राप्त हो?... पिप्पलाद ऋषि पीपलवृक्ष के फल खाकर निर्वाह करते थे। कणाद ऋषि जंगली धान्य समेटकर उससे सुधा शान्त करते थ...
- फिर सिद्धियाँ कहाँ से आएँ?... साधना किस चीज का नाम है? साधना बेटे, इस चीज का नाम है, जिसमें हम अपनी भीतर वाली क्षमता का, भीतर वाली...
- फिर हमारी भी मनोकामना पूरी हो जाएँगी?... बेशक, आपकी मनोकामना पूरी हो जाएगी, अगर आप देवता बनने के लिए खड़े हो जाएँ तब। कैसे हो जाएँगी? आप्तकाम ...
- फिर हमारे छोटे से दीपक की क्या कीमत हो सकती है?... फूल सारे विश्व में उन्हीं के उगाए हुए हैं, चन्दन के पेड़ उन्हीं ने उगाए हैं। फूल और चन्दन अगर भगवान को ...
- फिर हमारे यहाँ ये क्या हो रहा है?... मित्रो इसकी जिम्मेदारी हमारी और आपकी है। धर्म के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में बताने और समझाने की ...
- फिलॉसफी से क्या मतलब है?... -ब्रह्मविद्या। ब्रह्मविद्या से क्या मतलब है कि जो कुछ भी मानव जीवन की श्रेष्ठता और गरिमा से सम्बन्धित ...
- फूल और चन्दन अगर भगवान को नहीं मिलते, तो भगवान का क्या हर्ज था?... ? मिठाई या भोजन भगवान को नहीं मिलता, तो क्या हर्ज था? राई के बराबर भी कुछ हर्ज नहीं था। भगवान को खान...
- फूल कैसा कोमल होता है?... कैसा सुन्दर होता है? आपका जीवन ऐसा सुन्दर होना चाहिए। ऐसा कोमल होना चाहिए और भगवान के चरणों पर चढ़ना...
- फूल रात में तारों से ऊपर से गिरते हैं और पेड़ पर चिपक जाते हैं और ये फल कहाँ से आते हैं?... फल, गुरुजी! रात में बादल आते हैं तो बहुत से फल लाते हैं। अच्छा को फल क्या करते हैं? टप-टप टपक पड़ते ह...
- बन्द हो जाएगा?... नहीं बेटे! एक सेकंड के लिए भी उसे छुट्टी नहीं है। धरती को जबसे ब्रह्मा जी ने बनाया था, उस दिन से लेक...
- बन्दरों को, साँपों को साध लेते हैं और साध लेने की वजह से वे सब कैसे-कैसे कमाल दिखाते हैं, कैसी-कैसी करामात दिखाते हैं?... उनके कमाल और करामात की वजह से बाजीगर अपना गुजारा कर लेते हैं, अपना पेट पाल लेते हैं। मित्रो! अगर रीछ...
- बन्दरों ने समुद्र छलाँगा था?... अच्छा, आदमी कितना वजन उठा सकता है? बीस किलो उठा सकता है। नहीं साहब! चालीस किलो उठा सकता है। नहीं साह...
- बन्दूक चलती हैं?... नहीं बेटे! कलाई चलती है? नहीं हिम्मत चलती है। इसलिए जो कुछ भी दिया होगा, मैं समझता है देवताओं ने अर्...
- बच्चा कैसे पैदा होगा?... बच्चा बेटे, ऐसे पैदा होगा कि यहाँ उपासना करने के लिए जो व्यक्ति आएँगे, उनके भीतर वह अध्यात्म पैदा कर...
- बच्चा जब बड़ा हो जाता है तब माँ-बाप की त्योरियाँ बदलती देखी हैं कि नहीं आपने?... वे कहते हैं कि तुझे शरम नहीं आती है, पच्चीस साल का हो गया है, मूछें निकल आई हैं कमाई के लायक हो गया ...
- बच्चा जब लड़ने के लिए गया तो कंस को, चाणूर को और बकासुर को मार डाला, किस-किस को मारा?... हाथियों को, कालिया को मार डाला, कैसे मार डाला बच्चे ने? बेटे, बच्चे ने नहीं, सत्य ने मार डाला। सत्य ...
- बच्चा बड़ी उम्र का?... हाँ बड़ी उम्र के भी बच्चे होते हैं। मनःस्थिति की दृष्टि से वे सब आदमी बच्चे हैं जो अपने पुरुषार्थ के...
- बच्चे की माँ के पेट में तो कैसे धकेल पाएँगे?... सम्भव नहीं हैं। आपकी उमर तो जरूर बढ़ेगी और आपके शरीर पर जो प्रभाव पड़ेगा, वह सब पड़ना ही चाहिए लेकिन आ...
- बच्चे जब आएँगे और हमसे माँगेंगे कि पिताजी हमको भी मिठाई दे दीजिए तब हम उन्हें मारेंगे और कहेंगे कि तुम कोई कमाते हो?... हम तो हजारों रुपए महीना कमाते हैं, सो हम खाएँगे। अगर आप ऐसे आदमियों में से हैं, जो अपने छोटों को, अप...
- बच्चों के लिए उन्हें देने के लिए क्या हो सकता है?... पिताजी गुब्बारा देना, टॉफी देना, लेमनचूस देना। पिताजी चाबी की रेलगाड़ी लाना। हम बरफ की कुल्फी खाएँगे ...
- बच्चों को कैसे पढा़एँगे?... धर्मपत्नी का स्वास्थ्य कैसे अच्छा करेंगे? अपने जीवन को भी ठीक कैसे बनाएँगे? आप इस तरीके से योजनाएँ ब...
- बच्चों को जब माँ-बाप खाना खिलाते ही हैं, कपड़ा पहनाते ही हैं, फीस और पढ़ाई का खरच देते ही हैं, तो उनको आँखों के आगे ही रख करके खरच उठाया जाए ये क्या बात है?... ऐसा भी तो हो सकता है जो खरच माँ-बाप बच्चों के लिए उठाते हैं वह खरच उस तरह की शिक्षा प्रणाली के लिए ग...
- बच्चों को हम गोदी में लिए फिरते हैं, क्यों?... जो हमसे इतने छोटे हैं, उनकी समझदारी भी कम होती है। जिनकी क्षमताएँ कम हैं, जो उठने में असमर्थ हैं, तो...
- बच्चों ने पूछा—हमारा बुड्ढा कहाँ है?... बुड्ढा जहन्नुम में चला गया।अब क्या होना है? यही होना है। आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है? अच्छा अभी ...
- बड़ों को कब मिलती हैं?... बड़ों को तब मिलती हैं, जब वे मुसीबत में फँसे हुए होते हैं। जैसे मान लीजिए कि वे दुर्घटनाग्रस्त हो गए...
- बता, तुझे कहाँ से मिल जाएगी कामिनी और कांचन?... " नारद जी ने कहा कि स्वयंवर में देखा था। एक जवान लड़की थी, उसका विवाह होने वाला था और ब्याह के स...
- बताइए आपने क्या-क्या जमा कर रखा है?... सुबह हमने एक किलो घी हवन कर दिया था, वह तो आपके पास डिब्बी में जमा करके रखा होगा? नहीं, देख लीजिए भा...
- बताइए इसमें क्या बात है?... नहीं साहब! हमारे बच्चा नहीं होता, हम तो दुखी हैं। हमारी मनोकामना पूरण हो जाए तो अच्छा है। हमारे बच्च...
- बताइए क्या करें?... यह करें कि हमारे शरीर में कई छेद हैं, हम आपके एक छेद में उँगली कर देंगे और एक छेद में आप हमारे उँगली...
- बताइए क्या हैं?... बेटे, एक युग वह है जिस समय हम एक पेट में बैठे हुए थे। पेट में से बैठकर के जब हमारा परिवर्तन हुआ, हमा...
- बताइए न आप?... हिंदुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया, क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ये क्या है? ह...
- बदला न चुकाया हो, तब?... सहायता न की, तब? तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयो...
- बदले हुए आदमी की कौन सहायता नहीं करेगा?... आप जिस दिशा में भी आगे बढ़ना चाहते हैं, उसमें सहायता करने वालों की दुनिया में कुछ कमी है क्या? विवेक...
- बनिया बड़ा होता है या पण्डित?... तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित ...
- बनिया बड़ा होता है या पण्डित?... तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या पण्डित को और किसके पैर छूता है?? लालाजी के या पण्डित जी के? पण्डित...
- बरगद का पेड़ क्यों बड़ा हो जाता है?... क्योंकि बेटे! उसकी जड़ें इतनी पैनी हो जाती हैं कि दूर-दूर तक फैलती चली जाती हैं। बरगद की जटाएँ निकलती...
- बर्ट्रेंड रसेल ने ठीक कहा था कि '' थर्ड वर्ल्ड वार' के पश्चात् फिर एक और 'वार' होगा अर्थात चौथी लड़ाई भी होगी, लेकिन इस लड़ाई में क्या होगा?... चौथी लड़ाई में आदमी ईंट और पत्थर का उपयोग करेगा, फिर टैंकों का उपयोग न हो सकेगा। ईंट और पत्थरों का उ...
- बलि ने कहा-क्या है हमारे पास?... तब उन्होंने कहा था कि तुम्हारे पास जमीन है, उसमें से साढ़े तीन कदम हमको दे दो। नाप लिया भगवान ने और ...
- बहुत करेंगे दर्शन?... दर्शन की फिलॉसफी समझते नहीं और दर्शन के लिए कहते है। दर्शन करने का मतलब क्या है जानते हैं आप? गाँधी ...
- बहुत समय से हम आपको गायत्री उपासना का कर्मकाण्ड एवं क्रिया-कलाप समझाते रहे हैं कि पावन गायत्री मंत्र क्या होता है और गायत्री उपासना कैसे की जा सकती है?... कर्मकाण्ड तो कलेवर मात्र है। यह उपासना का शरीर मात्र है, जिसे अभी हमने आपको बताया।शरीर किसे कहते हैं...
- बहुत सी चीजें आपको दे दीं, आपको भाग्यवान बना दिया, पर आपका यह अधूरापन कैसे रह गया?... कमाने की योग्यता के साथ-साथ में आपको ऐसा दिल मिला है, जिसको हम चट्टान का दिल कह सकते हैं, पत्थर का द...
- बहुरूपिया कैसा होता है?... बहुरूपिया ऐसा होता है, जो कभी सिपाही बन जाता है, कभी हनुमान जी बन जाता है, कभी स्त्री बन जाता है, तो...
- बाँटने से हमें क्या फायदा?... बेटे ! बाँटने से अगर आपको यह मालूम पड़ता हो कि यह भी कोई आनन्ददायक चीज है। बाँटने से भी आदमी को सन्तोष...
- बाँस का तीर-कमान धारण करने वाले, मोर-मुकुट पहनने वाले और हाड़-मास का शरीर धारण करने वाले भगवान को आप देखना चाहते हैं?... आप उन्हें किससे देखना चाहते हैं? आँख से देखना चाहते हैं। आँखें किस चीज की बनी हुई हैं? चमड़े की ब...
- बाईस हजार आहुतियाँ दे दीं, दस हजार आहुतियाँ दे दीं, तो मैं यह पूछता हूँ कि इतनी आहुतियाँ देने के बाद, जो लोग इसमें आहुतियाँ देने के लिए आए थे, आखिर में आहुति देने के पीछे जो फिलॉसफी जुड़ी हुई है कि हमको उसमें किसकी आहुति देनी चाहिए, क्या त्याग करना चाहिए, बलिदान करना चाहिए, सेवा को जीवन का अंग बनाना चाहिए, यह भी सिखाया क्या?... नहीं साहब! यह तो नहीं सिखाया। फिर क्या सिखाया, दे आहुति-दे आहुति . . .। बेटे! इससे तेरा क्या फायदा ह...
- बात कैसे बनेगी?... आइए हम लोग इस पर विचार करें।जब हम विचार करते हैं, तब मालूम पड़ता है कि हमारे भीतर, हमारे चिन्तन में और...
- बादलों को निहारना चाहे तो कौन रोकता है?... किसी चिड़िया के आगे दाना फेंकते हैं तो कौन रोकता है? किसी की सेवा-शुश्रूषा करने लगे तो कौन रोकता है?...
- बादशाहत मिल सकती है?... हाँ बेटे! मिल सकती है, अगर अपनी अकल ठीक कर ले तब। तेरी अकल जितनी संकीर्ण, जितनी छोटी होगी, उतना ही...
- बाप कहता है क्यों?... किसलिए? बच्चा कहता है कि सिनेमा देखने जाना है। पिताजी कहते है कि तू रोज- रोज पाँच रुपए ले जाता है और...
- बाप कौन है?... सविता-हमारा पिता। एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की। प्यार की आँख गायत्री माता के पास है और सुधार क...
- बारातियों का काम क्या है?... बाराती लोग सारे दिन फरमाइशें पेश करते रहते हैं और नेताओं का क्या काम होता है? बारातियों का क्या होता...
- बारातियों का क्या होता है?... जहाँ कहीं भी वे जाते हैं, तो ऑर्डर करते रहते हैं और तरह-तरह की चीजों के लिए अपने खाने-पीने की चीजें,...
- बाराती लोग सारे दिन फरमाइशें पेश करते रहते हैं और नेताओं का क्या काम होता है?... बारातियों का क्या होता है? जहाँ कहीं भी वे जाते हैं, तो ऑर्डर करते रहते हैं और तरह-तरह की चीजों के ल...
- बाल बच्चे हमने कमाए पैसा हमने कमाया कहाँ है साहब पैसा?... हमारी बैंक में जमा है। कौन सी बैंक में रखा हुआ है? ये सब लोग जो बैठे हैं, इनका नाम बैंक है। हमको अगर...
- बाल सफेद हुए होगे या काले?... सफेद हुए होंगे। अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा या नहीं?? हाँ साहब! जरूर उखड़ा होगा। अच्छा, कृष्ण भगवान ...
- बालकों को क्या-क्या मिलता है बताइए जरा?... बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है और क्या मिलता है? गुब्बारा मिलता है और क्या मिलता है? लेमनचूस मिलत...
- बालकों को मिलता है?... हाँ बालकों को भी मिलता है। बालकों को क्या-क्या मिलता है बताइए जरा? बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है...
- बालकों को रबड़ की गुड़िया मिलती है और क्या मिलता है?... गुब्बारा मिलता है और क्या मिलता है? लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है? टॉफी मिलती है और क्या मिलता ह...
- बालू से क्या हो गया?... यह तो मैं नहीं जानता, लेकिन यहाँ बालू की नहीं, भावना की बात चल रही है। भावना जरा सी हो, चाहे छोटी हो...
- बालों को खाएगी?... नहीं, वह तो रोटी भी नहीं खाती। यदि बाल न चढ़ाएँ तो? तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी? देवी है...
- बिजली का तार लगा हो, परन्तु उसका सम्बन्ध जनरेटर से न हो तो करेंट कहाँ से आएगा?... उसी तरह हमारे अन्दर अहंकार, लोभ, मोह भरा हो तो वे चीजें हम नहीं पा सकते हैं, जो भगवान के पास हैं। अपन...
- बिना बियर के नहीं रह सकते?... नहीं, बिना बियर के दुनिया हमें खा जाएगी। भूत-प्रेतों की दानवीय संस्कृति होगी हावी मित्रो! ये सारे के...
- बिलकुल, हमारा और कोई मतलब ही नहीं था, नहीं तो हम सेंट क्यों लगाते?... हम सुपरलक्स क्यों लगाते? हम तो इसीलिए लगाते थे कि चौबीसों घण्टे यह जो बदबू निकलती रहती है, इसे किसी त...
- बिल्ली के गले में घंटी कौन बाँधेगा?... नहीं साहब! बिल्ली का मुँह पकड़ने की ताकत हममें नहीं है, हम नहीं पकड़ सकते। बिल्ली का मुँह नहीं पकड़ सकत...
- बीज को विकसित करके बरगद कैसे बनाया जा सकता है?... साधना उसी प्रक्रिया का नाम है। साधना और कुछ नहीं है? अपनी जीवात्मा को, अपनी अन्तश्चेतना को विकसित करत...
- बीजमंत्र लक्ष्मी जी का लगाऊँ या हनुमान जी का लगाऊँ?... बेटे! चाहे जिसका लगा देना, पर यह पाठ तेरहवाँ है। सबसे पहले पहला वाला पाठ पढ़। नहीं साहब! पहला वाला पा...
- बीबी को क्या तकलीफ हो रही है?... बीबी की साँस चल रही है। क्यों साहब ! इनको आपने पहलवानी की दवा नहीं दी। पहलवानी की दवा क्या होती है? ...
- बीबी से प्यार करते हैं?... नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक हैं। खून की प्यासी जोंक जिससे चिपकती है उसका खून पी जाती है। औरत के लिए...
- बीबी से प्यार करते हैं?... नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक है। खून की प्यासी जोंक जिससे चिपकती है उसका खून पी जाती है। औरत के लिए ...
- बीमार व्यक्ति को कौन मारता है?... नहीं साहब! अमुक आदमी बुरा है। ठीक है तो क्या बुरे आदमी को मार दे? बुरे आदमी इस दुनिया में इसलिए नहीं...
- बीमारी का निर्धारण हो जाए, कोई चैकिंग करके पता चला ले कि आपके भीतर टी० बी० की शिकायत है, तभी तो आप उसका इलाज कराएँगे न?... अगर आपको मालूम ही नहीं है, तो यही कहेंगे कि हमारा तो ऐसे ही शरीर ढीला हो जाता है, कोई बीमारी नहीं है...
- बीमारी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा?... गन्दगी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा? लोग मलीनता के आदी न होंगे तो क्या होगा? आज हमारा ग्रामीण जीवन ऐसा...
- बुड्ढा किसे कहते हैं?... बुड्ढा उसे कहते हैं, जो आदमी थक गया हो, हार गया, निराश हो गया, टूट गया, जिसने परिस्थितियों के सामने ...
- बुड्ढे कौन होते हैं?... बुड्ढे वे होते हैं, जो पिछली राम कहानी कहते रहते हैं। क्या बाबा आदम के जमाने की बातें करते रहते हैं?...
- बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या?... और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढ़िया तू तो मरने वाली? तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड़ी ...
- बुढि़या पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या?... और आप कहते रहते हैं कि अरे बुढि़या तू तो मरने वाली है? तेरा तो यही बद्रीनाथ है तू कहीं मत जा यहीं पड...
- बुद्ध के पास?... ? नहीं, बुद्ध के पास नहीं रहते थे। नालंदा में रहते थे। तक्षशिला में रहते थे और कुछ हिमालय में रहते थ...
- बुद्ध भगवान अकेले क्या कर सकते थे?... एक अकेला चना भाड़ को नहीं फोड़ सकता। एक आँधी आती है, एक तूफान आता है, एक हवा आती है। जब आँधी आती है, त...
- बुद्ध भगवान क्या थे?... एक मामूली राजा के लड़के थे। छोटी उम्र में विवाह-शादी कर दी गई थी, लेकिन जब उन्होंने यह निश्चय किया कि...
- बुद्धि का विकास जैसे होगा?... इसलिए यहाँ आत्मनिर्माण के लिए भी ढेरों काम करने हैं। आपका स्वास्थ्य कमजोर है, तो इसी से काम नहीं चल ...
- बुराइयाँ कम हैं क्या?... एक से एक दुष्ट और एक से एक बेईमान दुनिया में भरे पड़े हैं। तो फिर क्या करें? दुष्टों के प्रति द्वेष? ...
- बुरे आदमी भी?... हाँ, बुरे आदमी भी। कोई व्यक्ति रोगी होता है, तो उसका इलाज करते हैं उसकी जान बचाने की कोशिश करते है। ...
- बेचारी क्या कहती?... कहने लायक बात हो तो बताए। देवताओं का उद्देश्य बता करके बेचारी अपने ढंग से कहने लगी। पुराने समय की भा...
- बेटा कैसा होना चाहिए?... राहुल की तरह से होना चाहिए। बेटा ऐसा नहीं होना चाहिए कि बाप मरेगा तो उसकी जायदाद हमको मिलनी चाहिए और...
- बेटा चाहते हैं, मकान और रुपया-पैसा चाहते हैं, और क्या चाहते हैं?... बस, ये ही चीजें चाहते हैं। मिट्टी चाहते हैं न? हों साहब! मिट्टी चाहते हैं।तीसरी आकांक्षा क्या है? अह...
- बेटा होने से यया कायदा है?... नहीं महाराज जी! बेटा हो जाए, इसलिए हम गायत्री माता का जप करते है। तेरी दृष्टि बहुत छोटी है, ओछी दृष्...
- बेटी तेरे बाप ले जा रहे हैं तो हम क्या कर सकते हैं?... तू यहाँ रहना चाहे तो जिन्दगी भर रह सकती है। मुहब्बत बाप-बेटी की माँ-बेटी से कम नहीं ज्यादा है। कहाँ स...
- बेटे तू बता तो सही कि कृष्ण जी अपनी खुशामद करने वाले को, चापलूसी करने वाले को या किसी चमचे को अपना चमचा बनाना चाहते है क्या?... असली यही बात है ना हैं? हाँ गुरुजी! हम तो भगवान का चमचा बनना चाहते हैं। बेटे! चमचे तो उनके होते हैं,...
- बेटे यह एक साधना है, किसकी?... धागों की, तारों की। यह किसकी है साधना? गले की। यह है साधना पत्थर की। ये किसकी है साधना? हर चीज की है...
- बेटे ये क्या है?... ये साधना है और क्या है? साधना अर्थात अनगढ़ से सुगढ़ अभी आपको मैं साधना का महत्त्व बता रहा था। ये घटि...
- बेटे हम कैसे उखाड़ सकते हैं?... हमको स्वयं ही नहीं आता। यह क्या है? पागलपन है, अज्ञानता है। देवताओं के वरदान-सत्प्रवृत्तियाँ मित्रो!...
- बेटे हमारा क्या होना है?... यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढि़या पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या? और आप कहते र...
- बेटे हमारा क्या होना है?... यह पूछते-पूछते वह बूढ़ी हो गई। बुढ़िया पूछती रहती है कि बेटा हमारा भी कुछ होना है क्या? और आप कहते र...
- बेटे, हम तो हवा में घूम रहे हैं, हमारे पर कैसे छू सकते हैं?... अच्छा साहब! तो गुरुदीक्षा ही दे दीजिए। अरे भाई! हम मरने के लिए बैठे हैं, अब गुरुदीक्षा का समय चला ...
- बेटे, कितने देवता होते हैं, जो आदमी की सहायता करते हैं?... वे इतनी सहायता करते हैं कि मैं क्या कहूँ आपसे। उनकी सहायता के मारे आदमी धन्य हो जाता है।देवता कौन हो...
- बेटे, कुछ लेकर के जाते हैं?... खाली हाथ नहीं जाते। रात में सपने में हनुमानजी तेरे लिए कुछ लेकर के आते हैं। नहीं महाराज जी, खाली हाथ...
- बेटे, कैसे करा लेगा, बता तो सही, शरीर से क्या काम हो जाता है?... महाराज जी! मैं तो ऐसे ही नहा लेता हूँ। नहा लेता है तो तू एक बात बता कि तेरी चमड़ी के खोल में क्या क्य...
- बेटे, ज्यादा तो नहीं कहता मैं, औरों का हवाला तो नहीं देता, बस अपना हवाला देता हूँ कि हमारे ऊपर कौन बरसता है?... सुकरात के तरीके से एक डेमॅन हमारे भीतर भी बरसता है और सारा का सारा अनुग्रह उसी से काम करता है। कैसा ...
- बेटे, तू तो गायत्री मंत्र लिए ही फिरता है, देवत्व कहाँ है तेरा?... देवत्व तो है ही नहीं। केवल मंत्र ही मंत्र रटने चला है।मित्रो! क्या करना पड़ेगा? मैं चाहता हूँ कि हमा...
- बेटे, भगवान ओर हम में दीवार का फर्क है, जिससे भगवान हमसे कितनी दरी पर है?... गुरुजी! भगवान तो लाखों-करोड़ों कि.मी. दूर रहता है? नहीं बेटे, करोड़ों कि.मी. दूर नहीं रहता। वह हमारे...
- बेटे, भगवान में और हम में दीवार का फर्क है, जिससे भगवान हमसे कितनी दूरी पर है?... गुरुजी! भगवान तो लाखों- करोड़ों कि०मी० दूर रहता है? नहीं बेटे, करोड़ों कि०मी० दूर नहीं रहता। वह हमार...
- बेटे, माँगना नहीं है आध्यात्मिकता में, किसने कहा था आपसे?... नहीं साहब, अध्यात्म में सारी प्रार्थना ही प्रार्थना भरी है। प्रार्थना का मतलब यह नहीं है, जो आपने सम...
- बेटे, मूर्ति कहाँ गई?... उसका क्या हुआ? तीन हजार की मूर्ति तो मिली नहीं? मिलती भी कैसे, मूर्तिकला का जो अभ्यास है, वह अलग है।...
- बेटे, सबके सब एक दिन इकट्ठा हो गए और फैसला करने लगे कि हम बड़े काम करके दिखाएँगे, ताकि दुनिया समझे कि दैवी सभ्यता क्या हो सकती है और दैवी सभ्यता का अनुकरण करने के लिए जोश और जीवट कैसे उत्पन्न किया जा सकता है?... विश्वामित्र जी ने वहाँ से शुरुआत की और राजा दशरथ से कहा कि आप अपने बच्चे हमारे हवाले कीजिए। उन्होंने...
- बेटे, सुगन्ध कहीं बाहर से नहीं आती?... भीतर से निकलती है। आज की बात समाप्त।...
- बेटे, हम कैसे दिला दें, जो कायदा-कानून नहीं है, नियम नहीं है, उसे कैसे करा देंगे?... मित्रो! आदमी के अपनी मनोकामना पूरी करानी हैं तो उसे अपनी योग्यता बढ़ानी पड़ेगी। आप अपनी योग्यता बढ़ाइ...
- बेटे, हम क्या बताएँ क्या हो जाएगा बना करके देख जरा, नमक से बगावत?... पैदा होगी। नमक से? हाँ बेटे, नमक से। नमक से बगावत की बात न होती तो अँगरेज जरा भी ध्यान नहीं देते। नम...
- बेटे, हम क्यों तमाशा दिखलाएँगे, हम कोई बाजीगर हैं क्या?... हम किसलिए चमत्कार दिखलायी? आप हमारी प्रशंसा करें और आप अचम्भे में पड़ जाएँ, यह हमारा काम नहीं है। अचंभ...
- बेटे, हवा में गायब हो जाने का अनुभव हमको नहीं है और क्या पेशाब से दिया जलाने का अनुभव आपको नहीं है?... बेटा, वो भी नहीं है। हमको जब दिया जलाना पड़ता है, तो मोमबत्ती जलाते हैं और तेल जलाते हैं। पेशाब से ज...
- बेशकीमती चीजें पाने के लिए, अच्छी चीजें पाने के लिए, इज्जत पाने के लिए आपको क्या करना चाहिए?... आपको जँवाई बनना चाहिए। किनका जँवाई बनना चाहिए? भगवान जी का और किसका? साईं बाबा का और किसका आचार्य जी...
- बैंक में जमा नहीं किया?... बैंक में हमारा विश्वास नहीं है। बैंक से ज्यादा ईमानदार आदमी हमको अपने बच्चे मालूम पड़ते हैं, बेटे-पोत...
- बोए किसने हैं?... स्वयं खुद ने बोए हैं तो निराकरण भी स्वयं ही करना होगा। मन स्थिति बदलने से परिस्थितियों बदल जाएँगी। इ...
- ब्याज क्या होता है?... बेटे, ब्याज वह धन होता है, जो आपके जमा पूँजी पर आठ-दस प्रतिशत के हिसाब से अतिरिक्त रूप में मिलता है।...
- ब्रह्मवर्चस एक, ब्रह्मवर्चस में कितने आदमी काम करते हैं?... वे क्या हैं? आठ-दस तो वे हैं, जो पोस्ट ग्रेजुएट हैं, पी-एच० डी० हैं, मेडिकल के एम०बी०बी०एस० हैं, एम०...
- ब्रह्मवर्चस किसे कहते हैं?... ब्रह्मवर्चस भी एक ताकत है। दुनिया में बहुत सारी ताकतें हैं। एक ताकत वह है, जो शरीर की ताकत कहलाती है...
- ब्रह्मवर्चस की कैसे होती है?... ब्रह्मवर्चस की ताकत के बारे में पुराने ऋषियों की बात बताऊँ आपको। पुराने ऋषियों की बात जाने दीजिए कल-...
- ब्रह्मा जी ने जब सृष्टि के निर्माण की योजना बनाई तो उन्होंने सोचा कि ज्ञान एवं विज्ञान के बिना इस सृष्टि का निर्माण कैसे हो सकता है?... उन दोनों को प्राप्त करने के लिए कमल के फूल पर बैठकर बतलाते हैं कि उन्होंने हजार वर्ष तक तप किया। वह ...
- ब्राह्मण किसे कहते हैं?... जो किफायतसारी जीवन जीता है। सन्त जिसे कहते हैं? जो दयालु होता है। जिसके हृदय में करुणा एवं दया होती ह...
- ब्रुश से क्या बनता है?... तसवीरें बनती हैं, पेंटिंग बनती हैं। अच्छा चलिए हम आपको एक ब्रुश जैसा भी आप चाहें, मँगा सकते हैं और...
- ब्लैकबोर्ड हमारे पास नहीं होंगे, खड़िया हमारे पास नहीं होगी तो हम आपको गणित कैसे सिखा पाएँगे?... जरा आप बताइए तो सही। नक्शा अगर हमारे पास नहीं है तो हम किस तरीके से आपको सड़क दिखा पाएँगे? अथवा आपको ...
- बड़े इनसान बनाने के लिए क्या करना पड़ता है?... अगर पेड़ को बड़ा एवं ऊँचा बनाना हो तो क्या करना पड़ेगा? इसके लिए सिर्फ एक काम करना पड़ेगा कि उसकी जड़ों ...
- बड़े बच्चे से क्यों होनी चाहिए?... छोटे बच्चे को तो नेचर चाहती है कि उसका कोई गार्जियन होना चाहिए। नेचर के दबाव से क्या चिड़िया, क्या मे...
- बढ़ई कौन होता है?... वो जो लकड़ी का धंधा' करता है। ये वही हैं और अब बामन बन गए हैं। लोगों ने मुझसे पूछा-क्यों साहब! आप...
- भक्त ऐसे होते हैं?... नहीं, भक्त ऐसे नहीं होते। बगदाद की जमीला मित्रो! भक्त वजनदार होते हैं, भारी-भरकम होते हैं। भक्त दयाल...
- भक्ति और भक्त की एक ही कसौटी है कि सदुद्देश्यों के लिए वह शरीर, मन और अन्त:करण से कितना अधिक सक्रिय है?... शरीर की क्रियाशीलता, मस्तिष्क की विचारणा और अन्तःकरण की उदारता पारमार्थिक कार्यों में कितना अधिक नियो...
- भक्ति का अर्थ क्या होता हैं?... भक्ति का अर्थ सेवा होता है। कौन करेगा किसकी सेवा? वह करेगा और उसकी करेगा जिसको वह मोहब्बत करता है। त...
- भक्ति का स्वरूप सर्वांगीण होना चाहिए मुँह से भोजन कराया जाए और पाँवों को बाँधकर एक ओर पटक दिया जाए तो वह परमात्मा अपने उपासक की भावनाओं से कैसे सन्तुष्ट हो सकेगा?... ईश्वर के पारलौकिक और अदृश्य जगत को यदि माना जाए और सम्पूर्ण संसार को, उसकी देह को उससे भी उतना प्यार ...
- भक्ति कैसी होती है?... इसकी एक कहानी सुनाता हूँ आपको। लैला-मजनूँ की कहानी सुनी है न आपने, न सुनी हो तो सुनिए। एक मजनूँ था ज...
- भक्ति है आपके पास?... नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा की होती। बहन-भाइयों की सेवा की होत...
- भक्ति है आपके पास?... नहीं है। अगर भक्ति और प्यार रहा होता तो आपने अपने माँ-बाप की सेवा को होती। बहन-भाइयों की सेवा की होत...
- भक्ति हो जाए तो क्या?... विद्या हो जाए तो क्या? उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक निवेदन कर रहा था कि हमक...
- भक्तियोग से क्या मतलब होता है?... भक्तियोग का मतलब है-मोहब्बत। जिस तरह से हम व्यायामशाला में अभ्यास करते हैं और उससे अपने शरीर और कलाइ...
- भक्तियोग से क्या मतलब होता है?... भक्तियोग का मतलब है-मोहब्बत। जिस तरह से हम व्यायामशाला में अभ्यास करते हैं और उससे अपने शरीर और कलाइ...
- भगवान आदर्श की, सिद्धान्तों की, नैतिकता की, मर्यादा की बातें बताकर चला जाता है, लेकिन हम और आप यह सब सुनते हैं क्या?... हमारे लिए तो भगवान की पूजा करने के लिए ये खेल-खिलौने ही काफी हैं, जो हमने और आपने पकड़ रखे हैं। हमारी...
- भगवान आपकी मरजी पर क्यों चलने लगे?... भगवान के अपने कुछ नीति-नियम हैं, मर्यादा और कायदे हैं। आपकी खुशामद की वजह से आपकी मनोकामना पूरी करने...
- भगवान आपके घर में सेवा-सहायता करने के लिए आते हैं कि नहीं?... ऐसी है साधना, जिसको मैंने किया। मैं चाहता है कि आप में से हरेक आदमी को उसी तरीके से साधना करनी चाहिए...
- भगवान इन्हें तार देते है?... बिलकुल तार देते हैं। कैसे? तार देने का एक ही तरीका है कि आदमी चौंक पड़ता है और अपनी जिन्दगी की दिशाए...
- भगवान का अनुग्रह आपको मिल जाएगा?... मैं सोचता हूँ कि तब भगवान आपको नहीं मिलना चाहिए, क्योंकि आपके अन्दर न करुणा है, न आपके भीतर सदाशयता ह...
- भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं?... मित्रों, ये सारे के सारे घटनाक्रम हमारे आमने है। आज तक के भी जीवन के घटनाक्रम आपके सामने है। प्राचीन...
- भगवान किसे कहते हैं?... आदमी के भीतर एक ऐसी प्रेरणा है, जो आदमी को उठा देती है, वहीं भगवान है। जो व्यापक भगवान हैं, उसको तो ...
- भगवान की सिद्धि किसे कहते हैं?... जिसे हम दैवी अनुग्रह कहते हैं। हाँ, दैवी अनुग्रह भी आते हैं। दैवी अनुग्रह हो सकते हैं? हाँ बेटे, दैव...
- भगवान कृष्ण की लीलाएँ जो हमारे लिए और आपके लिए बिलकुल सामयिक हैं, आधुनिक हैं, अति उत्तम और अति प्राचीनतम भी हैं, वे हमको बताती हैं कि सिद्धान्तों को जीवन में कैसे उतारें?... उन सिद्धान्तों को अपनाए बिना कोई महापुरुष रहा नहीं। उन सिद्धान्तों को आपके मन में प्रवेश कराने के लिए ...
- भगवान के खेत में अपने आप को बोइए फिर देखिए कैसी फसल आती है?... मक्का का एक दाना खेत में बो देते हैं और उसका पौधा खड़ा हो जाता है, भुट्टे आ जाते हैं और एक-एक भुट्टे ...
- भगवान के रास्ते पर चलने वाले प्रत्येक व्यक्ति के जीवन को हम देखते हैं और यह मालूम करने की कोशिश करते हैं कि आखिर भगवान के भक्तों को माला घुमाने के सिवाय भी कुछ काम करना पड़ा है क्या?... नाक से प्राणायाम करने, तिलक लगाने के अलावा भी कुछ करना पड़ा है क्या? नहीं बेटे, कुछ और भी करना पड़ा ...
- भगवान कैसा होता है?... आत्मीयता आप जिसके ऊपर आरोपित कर लेते हैं, वही आपके आनन्द का माध्यम बन जाता है। भगवान के ऊपर आप अपनेपन...
- भगवान कैसे हैं?... भगवान कैसे हो सकते हैं? भगवान दिखाई तो नहीं पड़ते। भगवान को हम कहाँ ढूँढ़ने जाएँ! भगवान को हम किस तरी...
- भगवान कैसे हो सकते हैं?... भगवान दिखाई तो नहीं पड़ते। भगवान को हम कहाँ ढूँढ़ने जाएँ! भगवान को हम किस तरीके से देख पाएँ? भगवान को...
- भगवान को आप क्या समझते हैं कि वे बाँटते फिरते हैं?... बाँटते तो हैं, पर उससे पहले वे माँगते फिरते हैं। भगवान की इच्छा माँगने की है। भगवान शबरी के दरवाजे प...
- भगवान को इतनी जगह की क्या जरूरत है?... भगवान को चाहो, तो एक कोने में बिठा दो, तो भी वे मौज करेंगे। भगवान को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्या ...
- भगवान को इतने बड़े भव्य निर्माण से क्या लेना-देना?... उनके लिए तो इतना बड़ा आसमान विद्यमान है।...
- भगवान को जब हम माता के भाव से मानते हैं तो क्या देते हैं भगवान हमको?... स्नेह देते हैं, हमको करुणा देते हैं, हमको दयालुता देते हैं और हमको श्रद्धा देते हैं। निराकार ध्यान ऐ...
- भगवान क्या इनसान के रूप में आएँगे?... नहीं, इनसान रूप में नहीं, मच्छर के रूप में आएँगे, क्योंकि यह जीव, यह प्राणी जिस स्तर का है, उसी स्तर...
- भगवान क्या है?... रस है। रस किसे कहते है? रस, आनन्द को कहते हैं। आनन्द कहाँ है? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीय...
- भगवान जहाँ कहीं भी अपना अंश देता है, विभूति देता है, उसके अन्दर चमक होती है, लगन होती है, उसके अन्दर तड़प होती है और मुरदे?... मुरदे हमारे और आपके जैसे होते हैं। साँस लिया करते हैं। भगवान की जब पूजा करते हैं, तो भी ऐसे-ऐसे सिर ...
- भगवान जी का और किसका?... साईं बाबा का और किसका आचार्य जी का हर एक का जँवाई बनना चाहिए। चल बदमाश कहीं का दरिद्र और भिखमंगे पहल...
- भगवान जी वैसे तो समझते हैं कि आदमी जबान से क्या क्या बकवास कर लेता है?... अब चलिए मैं आपके मंत्रों को बकवास कहता हूँ। जीभ की नोंक से आप क्या बक बक मचाते रहते हैं? उससे भगवान ...
- भगवान तो लाखों- करोड़ों कि०मी० दूर रहता है?... नहीं बेटे, करोड़ों कि०मी० दूर नहीं रहता। वह हमारे हृदय की धड़कन में रहता है, लपडप के रूप में हमारी सा...
- भगवान ने कर दिया क्या?... नहीं। तो फिर भाग्य ने किया क्या? नहीं, तो फिर किसी आदमी ने किया होगा। नहीं, किसी ने भी नहीं किया। उन...
- भगवान ने कहा-'' भक्त और मनोकामना?... यह संगति कैसे आ गई नारद? दुनिया में दो ही मनोकामनाएँ हैं-एक कामिनी, दूसरी कांचन। तीसरी और कोई मनोकाम...
- भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?... मित्रो! भगवान तो हृदय में, घट-घट में समाया हुआ है और वह मनुष्य के द्वारा अच्छी वृत्तियों को पूरा किय...
- भगवान बुद्ध मर गए?... नहीं, वे नहीं मरे। वे अमर हो गए। कैसे व्यक्ति अमर होते हैं? ऐसे व्यक्ति जिनके अन्दर शालीनता पैदा हो ज...
- भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरोध करेंगे?... निंदा करेंगे क्या? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए। साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे...
- भगवान राम और भगवान श्रीकृष्ण, जिनको हमारी असंख्य जनता श्रद्धापूर्वक प्रणाम करती है, क्या उनका आप विरोध करेंगे?... निंदा करेंगे क्या? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए।साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे ...
- भगवान शंकर की ऐसी महत्ता और ऐसी शक्ति का वर्णन पुराणों में पाया गया है, पर आज हम देखते हैं कि वह शक्ति कुण्ठित कैसे हो गई?... हम शंकर को पूजा करते हैं, पर समस्याओं से घिरे हुए क्यों हैं? शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों...
- भगवान से माला का क्या ताल्लुक हो सकता है?... तो फिर आप किसलिए माला कराते हैं? माला इसलिए कराते हैं कि आपकी समझ में आ जाए कि किस तरीके से हम अ...
- भगवान से साझेदारी कैसे होगी, बताइए?... साझेदारी के बारे में घर वालों ने और दूसरों ने मुझे जो बात बता रखी थी, वह तो एक मजाक जैसी मालूम पड़ी,...
- भगवान से हमारा कोई सम्बन्ध है?... बिलकुल नहीं है। भगवान से अगर कोई सम्बन्ध रहा होता तो आपके जीवन की धाराएँ बदल गई होती। तुलसीदास जी निकम...
- भगवान हमारी कब सहायता कर सकते हैं?... ये विचार मैं देर तक करता रहा।अठारह पुराणों का अनुवाद मैंने संस्कृत से हिन्दी में किया है।...
- भगाना था तो क्व वर्ष की जेल में क्यों चले गए?... उन्हें बर्मा की जेल में रंगून भेज दिया गया था, तब क्यों नहीं छुड़ा लिया था अपने को? बेटे ! ये अकेले ...
- भगीरथ आगे-आगे चले, इसलिए गंगा भागीरथी कहलाई, यह आपको मालूम है न?... भगीरथ तो अब नहीं हैं, मगर उनके तप का स्थान अभी भी है। गंगोत्री के पास गौरीकुण्ड है उसके पास एक शिला ह...
- भजन किस बात का है?... कुछ भी नहीं है। हमें तो कुछ भी नहीं मालूम पड़ता है। आपने अगर भजन किया होता तो आपके भीतर से कोई हेर-फे...
- भजन में लगेगा?... नहीं लगेगा। इसको लगाना पड़ता है।...
- भला आप क्या कर लेते हैं?... देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाण्डव संगठित हैं। वे मालिक हैं और आप नौकर हैं। आपका और उनका क्या मुकाबला? ...
- भला आप क्या कर सकते है?... देखिए अर्जुन सहित पाँचों पाँडव संगठित है। वे मालिक है और आप नौकर है। आपका और उनका क्या मुकाबला? बेचा...
- भला आप सन्त नहीं हैं तो क्या, महात्मा नहीं हैं तो क्या?... आपकी खुराक सम्बन्धी आदत ऐसी बढ़िया होनी चाहिए कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ वहाँ हर आदमी आपको बरदाश्त कर सकता...
- भला ऐसी कोई भक्ति होती है?... तुलसीदास ने भक्ति की, तो कैसी मजेदार भक्ति की कि बस पीपल के पेड़ पर से, बेल के पेड़ पर से कौन आ गया?...
- भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं हनुमान चालीसा पढ़ूँगा और हनुमान जी भाग जाएँ और पकड़ में नहीं आएँ?... पकड़ में कैसे नहीं आएँगे? हनुमान को पकड़ में जरूर आना पड़ेगा। हनुमान जी पकड़ में जरूर आ गए। हनुमान जी पक...
- भविष्य की क्यों अनावश्यक कल्पनाएँ आप करेंगे?... योजनाएँ बना लीजिए, इसमें कोई हर्ज नहीं लेकिन ''महत्त्वाकांक्षा'' बात अलग है, योजना की बात अलग है। आप...
- भस्म क्यों लगाई जाती है?... ये सारे के सारे क्रियाकृत्यों का, कर्मकाण्डों का शिक्षण हम देने में समर्थ नहीं हो सके, तो मित्रो, अग...
- भाई का शेयर, हिस्सा नहीं देगा?... नहीं महाराज जी! सारा मैं ही खा जाऊँगा। नहीं, उसको भी दे, दोनों खाओ, ईमानदारी की, न्याय की बात है।मित...
- भागवत् किससे सुनी जा सकती है?... भागवत् उसके मुँह से सुनी जा सकती है, जिसकी वाणी में से मंत्र की शक्ति निकलती हो। नहीं साहब! कोई भी स...
- भारी और कच्ची?... ? का -नाम लोहा है। भारी मिट्टी लोहा कैसे हो जाती है? स्टील कैसे हो जाती है? बेटे! उसको गरम करना पड़ता...
- भारी मिट्टी लोहा कैसे हो जाती है?... स्टील कैसे हो जाती है? बेटे! उसको गरम करना पड़ता है, शोधन करना पड़ता है। इसकी मिट्टी अलग निकाल देते है...
- भावना किसे कहते हैं?... भावना उस उमंग को कहते हैं, जो क्रिया बिना चैन नहीं लेती, किए बिना चैन नहीं लेने देती। वे कल्पनाएँ जो...
- भिक्षा व्यवसाय में लाखों की तादाद में आदमी कैसे अपने समय को खराब करते और अपनी दीनता का परिचय देते हैं?... कुरीतियाँ, बेईमानियाँ, उद्दण्डताएँ, धूर्तताएँ चारों और फैली पड़ी हैं। किस तरह से इनका उन्मूलन सम्भव है...
- भिक्षायापन कौन करता है?... भीख माँगने वाला गरीब होता है ना! कमजोर होता है ना! सन्त वेष धारण करने के पश्चात हर आदमी को भिक्षा माँ...
- भीख माँगने वालों को कहाँ किसने, कितना दिया है?... लोग थोड़ा सा ही दे पाते हैं। आप हमारी दुकान में साझेदार-हिस्सेदार क्यों नहीं बन जाते। अन्धे और पंगे का...
- भूत कैसा होता है?... जिसकी इच्छाएँ वस्तुओं और पदार्थों के साथ जुड़ी हुई हैं।मित्रो! हमारा शरीर मिट्टी का बना हुआ है। इसकी ...
- भूत तो पकड़ सकते हैं?... नहीं पकड़ सकते। हनुमान जी को पकड़ लेंगे? नहीं, हनुमान जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला ...
- भूत से आप अनुभव तो इकट्ठा कर सकते हैं, लेकिन चिन्ता भविष्य की कीजिए कि हमको करना क्या है?... अगर यह सोचते रहेंगे तो मजा आ जाएगा। जवान आदमी बनिए बुड्ढे आदमी भूतकाल का वर्णन करते हैं। बच्चे भविष्...
- भूसी कौन सी?... जिसमें यह पाया जाता है कि अध्यात्म क्या है? बेटे, यह अध्यात्म का खिलवाड़ है छिलका है जूठन का पत्ता है...
- भैरव जी का मुँह ऐसा क्यों है?... अरे साहब! इनका मुँह तो ऐसा ही है। अच्छा ये देवी जी जीभ क्यों निकालती हैं? ये तो काट खाएँगी। अरे साहब...
- भौंहें कैसी हैं?... पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखतीं, केवल इधर-उधर की चीजें ही दिखाई देती हैं, तो फि...
- भौतिक पहलू यह होता है कि इसकी नाक कैसी है?... कान कैसे हैं? मुँह कैसा है? दाँत कैसे हैं? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम ...
- भौहें कैसी है?... पलकें कैसी हैं? जब आपको बाहर की चीजें ही नहीं दिखती, केवल-इधर की चीजें ही दिखाई देती हैं तो फिर भीतर...
- मंत्र कैसा होता है?... अहा! इसी मंत्र के चक्कर में फिर रहा है धूर्त। अच्छा महाराज जी! बता दीजिए जादू। जादू बता दें तेरा सिर...
- मंत्र जपने से देवता मिल सकते हैं, स्वर्ग मिल सकता है, तो फिर गुरुजी का आशीर्वाद क्यों नहीं मिल सकता?... जीभ से सब चीजें मिल सकती है। हाँ, महाराज जी! जीभ की नोंक हिलाइए फिर देखिए, क्या करामात आती है? हाँ ब...
- मंत्र से फिर क्या फायदा होगा?... इससे बस, इतना ही फायदा होगा कि आप उतने समय के लिए खराब काम करने से रुके रहेंगे, बुरे काम नहीं करेंगे...
- मंत्रों के चमत्कार कहाँ से आते हैं?... मंत्रों के चमत्कार आदमी के भीतर से आते हैं। पेड़ जो आपको बाहर खड़ा दिखाई पड़ता है, कहाँ से आता है? पेड़ ...
- मन्दिर में कोई सिगरेट पीता है?... मन्दिर में कोई सिगरेट मत पीना। साहब! हमको सिगरेट पीने की आदत है। आदत है, तो बेटे! मन्दिर के बाहर पीना।...
- मन्दिरों का इमारती मूल्य और स्थिर पूँजी दोनों को मिलाकर कितना धन हो जाता है?... यदि इसका हिसाब लगाया जाए तो धनराशि खरबों में जाएगी। यह सामर्थ्य व्यर्थ नष्ट न हो इतनी विशाल जनशक्ति ...
- मन्दिरों की शक्ति भौतिक विकास में खरच नहीं की जानी चाहिए, न की जाए, पर बौद्धिक, भावनात्मक सांस्कृतिक एवं नैतिक कार्यक्रम भी क्या कम हैं?... देश को इन दिशाओं में भी अभी बहुत काम करना है। देश जिस आर्थिक एवं भौतिक दृष्टि से पिछड़ा हुआ है उससे अ...
- मकसद क्या है?... उद्देश्य क्या है?एक दिन हमने आपको गायत्री मंत्र के बारे में, ज्ञान की देवी के बारे में बताया था।...
- मकान था क्या?... नहीं था। कपड़ा था क्या? नहीं था। नंग- धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो लक्ष्मी है नही...
- मन कैसे लगाएँ?... बेटे, मैं यही तो समझा रहा था। प्रत्येक क्रिया के साथ क्या संकेत जुड़े हुए हैं, क्या शिक्षण भरा हुआ है...
- मन को एकाग्र करके फिर क्या करना पड़ता है?... उसे किसी दिशा में बढ़ा देना पड़ता है, जिससे कि हमको अभीष्ट परिणाम प्राप्त हो सके। ध्यानयोग का एक तरीका...
- मन क्या कोई ऐसा भला आदमी है, जो अच्छे कामों में लग जाएगा?... नहीं लगेगा, क्योंकि मन के ऊपर कुछ कुसंस्कार जमे हुए है। आप यह उम्मीद करते हैं कि आपका मन अच्छे कामों...
- मन तो होता है, पर हम कैसे जा सकते हैं?... आपकी ये बात वो बात सब तराजू में तौलते हैं, तो मालूम पड़ता है न रिक्शे वाला फायदे में है और न ये पुजार...
- मन भला आदमी है क्या, जो कहने से मान जाता है?... नहीं, किसी का मन कहने से माना नहीं है। आप सबको यही शिकायत रहती है न कि हमारा मन नहीं लगता। तो फिर मन...
- मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा?... नहीं साहब! मन भागना नहीं चाहिए। बेटे! मन भागेगा नहीं तो क्या करेगा? भागना तो उसकी आदत है। उसकी तो बन...
- मन लगाने से क्या मतलब है?... मन लगाने से मतलब यह है कि मन भागना नहीं चाहिए और उपासना में लगना चाहिए। महाराज जी, यही तो हमको शिकाय...
- मन से काम करना सीखना होगा, मशक्कत से काम करना सीखना होगा और बेटे मैं किसके सम्बन्ध में बताऊँ?... धन के सम्बन्ध से लेकर तू प्रतिभा-प्रतिष्ठा तक कहीं भी चला जा, परिश्रम करने वाले को ही सफलता मिलती है। ...
- मनःस्थिति बदल जाने के खाद में परिस्थितियाँ क्यों नहीं बदलेंगी?... पहले जिससे लोग नफरत करते थे, उसी को सब प्रणाम करने लगे। मस्तक झुकाने लगे और न जाने क्या-क्या करने लग...
- मनन क्या है?... मनन के भी दो हिस्से हैं। जिस तरह चिन्तन के दो हिस्से हैं, उसी तरह मनन के भी दो हिस्से हैं। इनमें से ...
- मनहूस कैसा होता है?... जैसे-पापा। पापा किसे कहते हैं? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो सब पर हावी होता चला जाएगा। बीबी पर...
- मनुष्य की चेतना, जिसको हम विचारणा कह सकते हैं, किस आदमी का विचार करने का क्रम कैसा है?... बस, असल में वही उसका स्वरूप है। आदमी लंबाई-चौड़ाई के हिसाब से छोटा नहीं होता, वरन जिस आदमी के मानसिक ...
- मनुष्य की हड्डी कैसे को सकती है?... यह कौन बताएगा? यह बात डॉक्टर अपनी प्रयोगशाला में बताएगा। इसी तरह हम अपनी प्रयोगशाला में ले जाकर कह स...
- मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई?... नहीं, कोई कमी नहीं आई। उन्होंने वह आधार हटा दिया तो भी, भगवान को मानने से इनकार कर दिया तो भी, कोई क...
- मनुष्य को मार डालना भी कोई बड़ी बात है?... देवता अजातशत्रु होते हैं। मैं चाहता हूँ कि आपको देवता बना दूँ तो मेरा शिविर पूरा हो जाए और हमारा आपक...
- मरने के लिए क्या करना पड़ता है?... मरने के लिए तो कुछ भी नहीं करना पड़ता। छत के ऊपर चढ़कर चले जाओ और गिरो, देखो अभी खेल खत्म। गंगाजी मे...
- मरने के लिए क्या करना पड़ता है?... मरने के लिए तो कुछ भी नहीं करना पड़ता। छत के ऊपर चढ़कर चले जाओ और गिरो, देखो अभी खेल खत्म। गंगाजी में...
- मरा हुआ इनसान भी?... हाँ मरा हुआ इनसान भी आग बन जाता है; क्योंकि यह आग की, हमारे पुरोहित की विशेषता है कि वह दूसरों को भी...
- मरे हुए व्यक्तियों को तो देखा है कि मरने के बाद उन्हें जला दिया गया, पर जिन्दा बेटों को, जिन्दा बेटियों को, जिन्दा पोतियों को, जिन्दा पोतों को जलते हुए क्या किसी ने देखा है?... नहीं, महाराज जी। अगर ऐसा दृश्य हम देखेंगे तो हमारा कलेजा फट जाएगा। हाँ बेटे, परन्तु एक का कलेजा फटा ह...
- महात्माओं के वरदान और आशीर्वाद से न जाने क्या क्या हुए?... वे स्वयं लंगोटी पहनते थे, तो कोई हर्ज की वात नहीं थी। देवत्व जब मनुष्य के भीतर आता है, तो महानता के ...
- महान किसे कहते हैं?... जो सिद्धान्तों के लिए काम करते हैं, आदर्शों के लिए काम करते हैं। इस दिशा में महत्त्वाकाँक्षाओं को जित...
- महापुरश्चरण किस काम के लिए?... महापुरश्चरण करने का उद्देश्य इस वातावरण को, एन्वायरनमेंट को परिष्कृत करना है। हवा, वातावरण अनुकूल न ...
- महापुरुषों के नाम सुने नहीं आपने?... आप उन महापुरुषों की हिस्ट्री तलाश कीजिए, जनता ने जिनको निहाल कर दिया है। माँगने पर? माँगने पर नहीं, ...
- महाभारत की भूमिका में कृष्ण या अर्जुन में से किसे श्रेय मिले?... इस झंझट में पड़ने से कोई लाभ नहीं। नियति के उभार किसी को भी अपना वाहन बना सकते है। ईश्वर व्यक्ति नहीं...
- महामना मालवीय जी का कायाकल्प कैसे हुआ था?... मथुरा जिले में कोसी नाम की एक जगह है। उसके पास जंगल में एक महात्मा रहते थे, तपसी बाबा उनका नाम था। उ...
- महाराज जी मैं क्या दूँगा?... नहीं बेटे, तप यों नहीं देंगे। हम तो ईमानदारों की साझेदारी करेंगे, बेईमानों की नहीं। भगवान से तू माँग...
- महाराज जी, ऐसा हँस कौन सा होता है?... कोई नहीं होता, बेटे, हम और आप हो सकते हैं।दोस्तो! हँस एक अलंकार है। जैसा हँस हमने कल्पना कर रखा है, ...
- महाराज जी, ऐसा हो सकता है?... हाँ बेटे, ऐसा हो सकता है, इसीलिए शक्ति को प्राप्त करने से पहले पवित्रता-संशोधन की जरूरत है। संशोधन आ...
- महाराज जी, हँस तो बेकार होता है, किसी और सवारी पर नहीं आ सकतीं?... घोड़ा कहें तो घोड़ा ला दूँ हाथी कहें तो हाथी ला दूँ? घोड़े-हाथी पर तो वे कतई नहीं बैठतीं। वे तो हँस पर ...
- महाराजा राणाप्रताप को क्या कमी थी?... उनके पास सभी चीजें थी। वे अच्छे खाते-पीते व्यक्ति थे, पर जब उनके भीतर स्वराज्य की भावना जाग्रत हुई, ...
- महिला संगठन की दृष्टि से उसने न जाने क्या से क्या कर डाला, कैसे हो गया यह सब?... उसने अपने आप को बदल दिया और उसका कायाकल्प हो गया। कायाकल्प कैसे होगा? यही मैं आपको बताने वाला हूँ, प...
- माँ का क्या होगा?... कसाईखाने जाएगी। बाप भी कसाईखाने जाएगा। बेटे! अगले दिनों यही होगा, अगर हम संस्कृति को खत्म करते हैं, ...
- माँ बाप किसे कहते हैं?... माँ बाप उसे कहते हैं, जब तक कि लड़का नाबालिग रहता हैं और जब तक वह जिसके सहारे रहता है, उसका नाम होता ...
- माँ-बाप बच्चों को प्यार करते हैं बहुत प्यार करते है, लेकिन कीमती चीजें?... कीमती चीजें आपको नहीं मिल सकतीं, क्योंकि आप बच्चे हैं।मित्रो! बच्चों को कभी कीमती चीजें नहीं मिलती ह...
- माँगता हो तो आप क्या कहेंगे उसको?... चाहे बड़ी उम्र का भी हो जाए तो भी क्या कहेंगे? तो मैं उसको बच्चा कहूँगा। बच्चा बड़ी उम्र का? हाँ बड़...
- माता जी का मिलता है?... नहीं, माता जी का भी नहीं मिलता। पिता जी का? पिता जी का भी नहीं मिलता। किसी का मिला सहयोग? नहीं साहब,...
- मारा नहीं उस बाबाजी को?... नहीं साहब। अच्छा अबकी बार आए तो उसके कान पकड़ लेना और कहना कि गलत बात बता रहा है। मित्रो! क्या बताना ...
- मार्जन स्नान क्या होता है?... आप अपने शरीर पर छींटे लगा लीजिए। इससे क्या हो जाएगा? इससे आपको कुंभ के दिन गंगा जी में स्नान का पुण्...
- माल-मजा उड़ाते हुए लालची और लोभी रहते हुए आप चाहें कि राम नाम सार्थक हो जाएगा?... नहीं कभी सार्थक नहीं होगा। हमारे गुरु ने, हमारे महापुरुषों ने हमें यही सिखाया है कि जो आदमी महान बने...
- माला किस चीज की लूँ?... बेटे! माला किसी भी लकड़ी की ले ले। बेटे! यह पाठ पहला नहीं है। यह ग्यारहवाँ है। महाराज जी! बीजमंत्र लक...
- माला किसकी होती है?... लकड़ी की बनी होती है। क्या क्या चीजें होती हैं, जो हाथ से घुमाई जाती हैं? बेटे, यह सब मैटेरियल है...
- माला में क्या होता है?... नम: शिवाय-नम: शिवाय और क्या कह रहा है? श्रीकृष्ण शरणं मम्-श्रीकृष्ण शरणं मम्। श्रीकृष्ण मेरी शरण में...
- माला से क्या काम चलेगा शरीर का?... बेटे! माला चबा लिया कर और पहन लिया कर। अच्छा, महाराज जी! रात को ठंड लगे तब? ठंड लगे तो ओढ़ लिया कर म...
- मालूम नहीं कौन है?... अनैतिकता को भगाओ, पाप को भगाओ, परन्तु भगाएगा कौन? दुनिया ने पाप को भगाया, पर वही चोर वाली बात सामने ह...
- मालूम पड़ता था कि अब न जाने क्या होने वाला है और न जाने क्या होकर रहेगा?... अनीति जब बढ़ती है, अवांछनीयताएँ जब बढ़ती हैं, दुष्टताएँ जब बढ़ती हैं, स्वार्थपरताएँ जब बढ़ती हैं, तो मि...
- मालूम है उसमें कितना तप खरच होता है?... यह हमें हमारे बाँस भगवान से, बैंक से मिलता है एवं हम खरच करते रहते हैं। हमारा भगवान हमारे साथ पायलट ...
- मिट्टी को तू कहाँ रख सकता है?... इसे जला दे, हम और तुम दोनों चलेंगे। नहीं साहब! आप पिताजी को बेकार जलाने की बात कहते हैं, उन्हें गाली...
- मिट्टी चाहते हैं न?... हों साहब! मिट्टी चाहते हैं।तीसरी आकांक्षा क्या है? अहं। एक आदमी का अहं, मेरा बड़प्पन, मेरा यश, मेरा न...
- मिठाई या भोजन भगवान को नहीं मिलता, तो क्या हर्ज था?... राई के बराबर भी कुछ हर्ज नहीं था। भगवान को खाने-पीने की और पहनने-ओढ़ने की वास्तव में कतई जरूरत नहीं ...
- मिठास या मीठा?... कोई मीठी चीज भगवान को खिलाते हैं, नमकीन नहीं। इसका अर्थ यह होता है कि आपकी वाणी, आपका व्यवहार ऐसा हो...
- मित्रो, क्या करना पड़ेगा?... भक्तियोग के उस वास्तविक स्वरूप को समझना पड़ेगा जिसके लिए हमने आपको बताया था कि आप प्रकाश का ध्यान कि...
- मिर्च क्या होती है?... मिट्टी। नीबू क्या होता हैं?मिट्टी। जलेबी क्या होती है? मिट्टी। खाना कौन चाहता है? मिट्टी। ये क्या है...
- मिल-बाँटकर खाने का मजा देखा है आपने?... इक्कड़....., जो अकेला ही खाता रहता है, पाप खाता रहता है। अकेला ही संचय करता रहता है, वह आदमी पाप संच...
- मिशन को आप समर्थ बना सकते हैं कि नहीं?... आपके विचारों की झाँकी आपके व्यवहार से भी होनी चाहिए। व्यवहार आपका इस तरह का न होगा, तो मित्र लोगों क...
- मीराबाई अब जीवित नहीं है, तो क्या उनकी कविताओं का संग्रह हमारे लिए जीवित नहीं है?... सूरदास से लेकर तुलसीदास तक और रैदास से लेकर कबीरदास जी तक और सुकरात से लेकर अफलातून तक ईसामसीह से ले...
- मुँह कैसा है?... दाँत कैसे हैं? ये किस काम आ सकता है? यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? कामवासना के सेवन ...
- मुँह में गन्दी चीज तो नहीं रखता?... नहीं महाराज जी, नहीं रखता। ऐसा तो नहीं होता कि तेरे मुँह में माँस-वास भरा रहता हो और तू जप करता रहता...
- मुँह से जब भजन करता है तो पहले तू कुल्ला कर लेता है न?... हाँ महाराज जी, कुल्ला कर लेता हूँ। मुँह में गन्दी चीज तो नहीं रखता? नहीं महाराज जी, नहीं रखता। ऐसा तो...
- मुख्य बात, असल बात यह है कि तेरी औरत किस भाव से खाना पकाती है और किस दृष्टि से तेरी सेवा करती है?... सारे का सारा चमत्कार, सारे का सारा जादू यहाँ है। अगर वह मजबूरी से खाना पकाती है, पेट के लिए खाना पका...
- मुझसे अगर कोई यह कहे कि चोर बुरा होता है या भिखारी?... तो मैं दोनों का मुकाबला करते हुए चोरको कम सजा दूँगा। और भिखारी को ज्यादा सजा दूँगा, क्योंकि भिखारी न...
- मुझे क्या करना चाहिए?... बेटे अब हम बुड्ढे हो गए हैं और तू कमाने लगा है। तुझे साढ़े छह सौ रुपए मिलते हैं। देख हम ये फटा हुआ पा...
- मुरगी की दया न हो तो अण्डा कहाँ से आए?... जन्म लेने से पहले अण्डे के भीतर रहने वाले बच्चे को मेहनत करनी पड़ती है और अपनी ताकत के हिसाब से अण्डे क...
- मुलायमियत क्यों नहीं अपने भीतर पैदा करते?...
साथियो! समाधान अपनी जगह पर सही है। भगवान अपनी जगह पर सही है और भक्त अपनी जगह पर सही है। हमने आपका...
- मुसलमान काट रहे हैं इसको?... नहीं, ईसाई भी नहीं काट रहे हैं इसको? तो फिर कौन काटता है? इसको वो काटता है, जिसको हम इस युग की अनास्...
- मुसलमान के लड़कों को बहस करना नहीं आया?... उनको भी आता है।आप सिखों के कॉलेजों में जाइए। वहाँ के सारे के सारे स्टूडेंट आपको साफा पहने हुए मिलेंग...
- मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या?... मक्का, मदीना में प्रतीक ही तो रखा हुआ है जिसका वे चुंबन लेते हैं। समस्त देवात्मा हिमालय का मदिर कहीं...
- मूर्ति कितने रुपए की होती है?... बहुत कीमती होती है। हमने जयपुर से एक मूर्ति मँगाई है, वह तीन हजार रुपए में आई है। इसमें कितने रुपए क...
- मूर्तिकार की साधना है?... पत्थर का एक टुकड़ा नाचीज सा छैनी और हथौड़े को लेकर के मूर्तिकार जा बैठा और घिसने लगा, ठोकने लगा, घिसन...
- मूल प्रश्न यह है कि उसे सम्पन्न करने की सामर्थ्य-सामग्री कहाँ से प्राप्त हो?... इसके लिए शरीर और परिवार की लिप्सा और तृष्णा के निमित्त जो समूची शक्ति खप जाती है, उसमें कटौती की जाए...
- में चौंक पड़ा और मैंने उनके चरणों को पकड़कर कहा- बताइए, मुझे क्या करना चाहिए?... उन्होंने कहा- एक ही काम करना चाहिए और वह यह है कि जिन्दगी की कीमत समझनी चाहिए। जिन्दगी का ठीक इस्तेमाल...
- मेरे गुरु ने मुझे बताया कि देख मानव जीवन कितना कीमती है, क्या तू इसे समझ पाया है?... मैंने कहा- हाँ, यह बेशकीमती है। इससे बढ़िया और कोई दौलत प्राणी के लिए नहीं हो सकती, जितना इनसानी जीव...
- मैं आपको प्राण और शरीर का अन्तर समझाने की कोशिश करता रहता हूँ और यह बताता हूँ कि शरीर का क्या मूल्य हो सकता है और प्राणों का क्या मूल्य हो सकता है?... और दोनों की कीमत में कितना फर्क किया जा सकता है? हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए इसमें ...
- मैं आपको यहाँ क्यों बुलाता हूँ?... मैं आपको यहाँ सम्मेलनों के लिए, उद्घाटनों के लिए नहीं बुलाता हूँ। समारोहों में भाग लेने के लिए आपको ...
- मैं आपसे पूछता हूँ कि एक भी पच्चीस वर्ष के व्यक्ति के चेहरे पर झुर्री आई होगी कि नहीं?... हाँ, महाराज जी! जरूर आई होगी। बाल सफेद हुए होगे या काले? सफेद हुए होंगे। अच्छा, एकाध दाँत उखड़ा होगा...
- मैं उनमें से हर एक से कहता हूँ कि यह मत पूछिए बल्कि यह पूछिए कि क्या बनें?... अगर आप कुछ बन जाते हैं तो करने से भी ज्यादा कीमती है वह। फिर जो कुछ भी आप कर रहे होंगे वह सब सही हो ...
- मैं किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ?... भक्ति की? भक्ति की बाद में, सबसे पहले प्रतिभा की, समझदारी की। प्रतिभा की बात मैं कह रहा हूँ। प्रतिभा...
- मैं किसकी बात कर रहा था?... अहिल्याबाई की बात कर रहा था। नहीं अहिल्याबाई की नहीं, मैं जाग्रत और जीवन्त आत्मा की बात कर रहा था। जा...
- मैं किसलिए बुलाता हूँ?... में इसलिए बुलाता हूँ कि अपनी जिन्दगी का सार और निचोड़ आपके सामने सुपुर्द करने में सफल हो सकूँ। मेरी प...
- मैं किसे समझाऊँ, क्यों समझाऊँ और क्या समझाऊँ?... लेकिन मैंने आपको निमंत्रण-पत्र इसीलिए भिजवाए थे कि शायद आप अच्छे आदमी और बेहतरीन आदमी ले आएँगे, लेकि...
- मैं कैसे कह सकता हूँ कि यह भक्ति है?... घिनौनी भक्ति-विडंबना भरा स्वरूप
मित्रो! भक्ति का स्वरूप पिछले दिनों बहुत ही घिनौना होता हुआ चला ग...
- मैं क्या कह रहा था?... यह कह रहा था कि अगर आप अपने जीवन में भजन का मूल्य समझते हो, भगवान का मूल्य समझते हों और यह समझते हों...
- मैं क्या कह रहा था?... मनोकामना की बात, सिद्धियों की बात कह रहा था। अगर इसका नाम अध्यात्म है, गायत्री है, अनुष्ठान है, तो म...
- मैं क्या कह सकता हूँ आपसे, गायत्री की कितनी शिक्षाएँ हैं?... आज में पहले यही बताना चाहूँगा आपको कि गायत्री की शिक्षाएँ और प्रेरणाएँ क्या हैं? फिर गायत्री उपासना ...
- मैं क्या कहता हूँ?... यह कहता हूँ कि अपने सामान्य जीवन के सारे क्रिया-कलाप, चाहे वे बहिरंग जीवन के हों या अन्तरंग जीवन के, ...
- मैं क्या कहने वाला था?... ऋषियों की उसी वाणी को दोबारा दोहराने वाला था, जिसमें यह कहा गया था कि आत्मा वा रे ज्ञातव्य ध्यातव्य...
- मैं घर वालों का कहना मानूँ या न मानूँ?... मेरे घर वाले हैं तो बड़े-बूढ़े, हैं तो बुजुर्ग, पर बहुत तंग करते हैं। इनका कहना मानना चाहिए या नहीं मा...
- मैं जानता हूँ कि आपके पास अकल बहुत ज्यादा है, परन्तु क्या आप हिम्मत कर सकते हैं?... हम तो चाहते हैं कि आपकी अकल कम हो जाए, आपकी महत्त्वाकाँक्षाएँ कम हो जाएँ तथा आपकी भावना एवं अन्तरात...
- मैं तो वृक्ष की तरह से बड़ा हो जाऊँगा?... हाँ बेटे, जरूर हो जाएगा, लेकिन गलना तो पड़ेगा। नहीं, मैं गलना तो नहीं चाहता। जो कुछ भी हो, मैं तो मा...
- मैं पूछता हूँ तू क्या करता है?... मिशन-नया युग-मानव का भविष्य मित्रो! जब एक आदमी लड़ने के लिए खड़ा हो जाए, तो क्या कर सकता है, यह बात मै...
- मैं भी आपको दिखा पाता कि आप कौन हैं?... आप एक सामान्य आदमी नहीं हैं, वरन असामान्य आदमी हैं। मैं चाहता था कि इस युग-परिवर्तन की संधिवेला में ...
- मैं यह एक व्यक्ति की बात कह रहा हूँ कि एक अकेले आदमी ने क्या-क्या कर डाला?... एक आदमी की सक्रियता का परिणाम ये हुआ कि उसने सारे सुल्तानपुर को जगा दिया था। तीन-चार दिन यह चमत्कार ...
- मैं यह क्या कह रहा हूँ?... ये अध्यात्म की बातें कह रहा हूँ देव-परम्पराओं की बातें कह रहा हूँ और ये बात कह रहा हूँ कि अगर दुनिया ...
- मैं यह तो नहीं कहता कि यह क्रम चलता नहीं है, पर क्या अनुग्रह मिलते भी हैं?... हाँ, अनुग्रह भी मिलते रहते हैं। अनेक आदमी जीवित है, अपंग भी इसी पर जीवित हैं, अन्धे भी इसी पर जीवित ह...
- मैं रोज यज्ञ करूँ?... हाँ रोज नियमित रूप से कर। कैसे करूँ? छोटा सा यज्ञीय प्रयोग बेटे, यह काम तो महिलाएँ भी रोज कर सकती है...
- मैंने कब पूछा आपसे कि आप बनिया हैं कि शूद्र हैं कि राजपूत, कौन हैं आप?... आप इनसान हैं और भगवान के भक्त हैं और गायत्री के उपासक हैं। इतना परिचय मेरे लिए काफी है।मित्रो! गाय...
- मैंने कहा पहले क्यों नहीं बुलाया था आपने?... मुझे चौबीस साल हो गए जब तो मैं जवान ही था। उन्होंने कहा, तब तक तू संशोधित नहीं हो सका था। मैंने देखा...
- मैंने कहा-मेरा कमाया हुआ कहाँ से हो सकता है?... १४-१५ वर्ष का बच्चा कहाँ से धन कमाकर लाएगा। "अच्छा पिताजी का दिया हुआ धन है। इस सारे के सारे धन...
- मैंने फिर अपने उसी फरिश्ते से दूसरा सवाल किया कि जब आपने मुझे जगा ही दिया है और यह बता दिया है कि जिन्दगी का ठीक उपयोग करना चाहिए तो आप ही बताइए कि मुझे अब क्या करना होगा?... उन्होंने मुझे दूसरी शिक्षा दी कि दुनिया में एक ही समझदारी है कि अकेला आदमी लम्बी मंजिल नहीं पर कर सकत...
- मैंने बहुत विचार-मन्थन किया कि हमें अपने बच्चों को इस बात की जानकारी देनी चाहिए कि कर्मकाण्डों के पीछे क्या रहस्य छिपा है?... कर्मकाण्डों का, क्रिया का, हवन का क्या उद्देश्य है? क्यों इसमें घी डाली जाती है? क्यों लकड़ी डाली जात...
- मैंने समझ लिया कि आपका रास्ता कौन सा है?... अभी आप किसका नाम ले रहे थे? नाम तो हम रामचंद्र जी का ले रहे थे। मेरी समझ में आपने गलती कर दी। आपको र...
- मैंने साहित्य की रचना की, सेवा कर ली, पूजा?... भजन भी कर लिया, लोगों से मिल भी लिया, संगठन खड़ा कर लिया। ये सब कैसे करता हूँ? बेटे! समय बँधा हुआ है।...
- मैच्योर किसे कहते हैं?... जो अपनी जिम्मेदारी को समझता है। आप अपनी जिम्मेदारी समझते है या नहीं? आप अगर जिम्मेदारी समझते हैं तो ...
- मैप-नक्शा हमारे पास है नहीं, टाइम टेबिल है नहीं, फिर इसके बिना हम कैसे समझा पाएँगे?... कष्टकारी गलतफहमियाँ लेकिन अगर आपका दिमाग खराब हो और हम एक नक्शा आपके हवाले कर दें, एक टाइम टेबिल आपक...
- मैला कमंडल कैसा है?... जैसा तू है, भीतर से भी मैला और बाहर से भी मैला। पहले इसे धो करके ला, ताकि तुझे कोई वरदान दे, आशीर्वा...
- मैस्मेरिज्म क्या है?... एक काला गोला लेते है और उसके मध्य सफेद बिंदु पर यह ध्यान करते हैं कि हम इस बिंदु के बीच में धँसते चल...
- मोतियाबिंद का आपरेशन कितने मिनट लेता है?... मुश्किल से एक मिनट लेता है। एक मिनट में डॉक्टर सुन्न करके खट झिल्ली काट करके अलग कर देता है। क्यों स...
- मौन से क्या फायदा होगा?... बेटे! आपको मालूम नहीं है कि बोलने में आदमी की कितनी शक्ति खरच होती है? जो शक्ति आपको आध्यात्मिक उन्न...
- यज्ञ और पुरश्चरण क्या फर्क पड़ता है?... बेटे! अब तक जो हमारे यज्ञ थे, वे प्रशिक्षण और प्रचार, दो उद्देश्यों के लिए होते थे। लोगों को भारतीय ...
- यज्ञ का यह कौन सा पक्ष है?... ज्ञान पक्ष। ज्ञान पक्ष का विस्तार अगर आप कर पाएँ तो नया व्यक्ति बनाने में, मनुष्य के अन्दर देवत्व जगा...
- यज्ञ का रूप कैसा घिनौना हो गया था?... आपको मालूम नहीं है, तब मनुष्यों को मारकर होम दिया जाता था। घोड़ों और गौओं तक को होम दिया जाता था। यह...
- यज्ञ का, अग्निहोत्र का विज्ञान पक्ष क्या है?... बेटे! यज्ञ का विज्ञान पक्ष यह है कि हम इस संसार में गन्दगी फैला रहे हैं। आप इस संसार को मान लीजिए कि ...
- यज्ञ की क्या विशेषता है?... अग्निमीले पुरोहितं। अग्नि जो हमारा पुरोहित है, जो हमारा मार्गदर्शक है, वह हमें क्या सिखाता है? बोलता...
- यज्ञ से किस तरीके से मनुष्य के शारीरिक और मानसिक रोगों का निराकरण होना सम्भव है और यज्ञ से किस प्रकार पृथ्वी के वातावरण को ठीक किया जाना सम्भव है?... ऐसी बहुत भी बातों की महत्ता थी, तब लेकिन लोग उस महत्त्वपूर्ण यज्ञ को भूल गए थे। ऐसे ही हवन कर लेते थ...
- यज्ञाग्नि को क्या कहा गया है?... क्या नाम दिया गया है? उसका नाम दिया गया है पुरोहित। पुरोहित किसे कहते हैं? पुरोहित उसे कहते हैं, जो ...
- यज्ञोपवीत क्यों पहनाई जाती है और ये क्या याद दिलाती है?... जनेऊ पहना तो दिया आपने, जनेऊ पहनाने की दक्षिणा भी दे दी पण्डित जी को और हवन भी करा दिया और ब्रह्मभोज ...
- यज्ञोपवीत, जो हमारे कन्धे पर स्थापित है और शिखा?... ये गायत्री मंत्र की व्याख्या है, जो हमने अपने मस्तिष्क के पास स्थापित की है। यह हमारे मस्तिष्क रूपी ...
- यदि आपको उदात्त बनना हो और मानवता के सिद्धान्तों से ओत-प्रोत होना हो तो गायत्री से बढ़िया इष्ट और क्या हो सकता है?... बेटे! ये देवियाँ देवियाँ नहीं हैं। ये भगवान की एक-एक कला है, एक-एक विशेषता है। अगर आपको सारी विशेषता...
- यदि ऐसी खूबसूरत हमारी माँ होती तो हम भी इतने खूबसूरत क्यों न होते?... उस खूबसूरत औरत में उन्होंने अपनी माँ को देखा और माता को देखकर के विदा कर दिया। विदा करने के बाद में ...
- यदि बाल न चढ़ाएँ तो?... तो बच्चे को बीमार कर देगी या मार डालेगी? देवी है या चुड़ैल? इस तरह की चुड़ैलों को देवियाँ बना दिया गय...
- यदि बेल अपनी मनमरजी से फैलती तो सिर्फ जमीन पर फैल सकती थी और ऊँचा उठना मुमकिन नहीं था, परन्तु इतनी ऊँची कैसे हो गई?... क्योंकि वह पेड़ से गुँथ गई, लिपट गई। आप भी भगवान से गुँथ जाइए लिपट जाइए फिर देखिए कि आपकी ऊँचाई भी प...
- यदि वे भूले न होते तो उनने अपने जीवन लक्ष्य को याद रखा होता और यह स्मरण रखा होता कि भगवान ने इंसान को दुनिया में किसलिए भेजा है?... उसके ऊपर क्या जिम्मेदारियाँ सौंपी हैं? भगवान ने मनुष्य से क्या उम्मीदें की हैं?मित्रो! भगवान तो हृदय...
- यदि समर्पित न करता तब?... तब आपकी मनःस्थिति का होता और गंगा जी से कहता-आप नाला बन जाइए और हमारी मरजी पूरी कीजिए। हमारे साथ-साथ...
- यदि हमने अपना परिष्कार परिवर्तन किया तो समाज परिवर्तन और समाज का परिवर्तन स्वाभाविक और सरल हो जाएगा?... युग का परिवर्तन व्यक्ति के परिवर्तन और समाज के परिवर्तन के साथ जुड़ा हुआ है।...
- यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या?... नहीं साहब! ब्राह्मण तो नहीं है। अच्छा तो कोई बनिया होगा, कोई पोरवाल होगा, अग्रवाल होगा, खंडेलवाल ह...
- यद्यपि आज की तुलना में अभावग्रस्त थी उस जमाने में, इसका क्या कारण था?... इसका कारण एक ही था कि उस जमाने के लोग उच्चकोटि का दृष्टिकोण अपनाए हुए थे। उनकी भावनाएँ उच्च स्तर की ...
- यद्यपि हजारों ही मन्दिर ऐसे हैं जिनका भोग-प्रसाद, उत्कृष्ट शृंगार, सफाई, रोशनी, मरम्मत आदि का खरच लाखों रुपया मासिक है, पर न्यूनतम औसत भोग-प्रसाद, दीपक, मरम्मत तथा पुजारी का वेतन आदि कुल व्यय का अनुमान लगा लेना चाहिए कि ६ लाख मन्दिरों का खरच इस हिसाब से कितने रुपए वार्षिक होगा?... विशाल जनशक्ति और विपुल धनशक्ति भारतवर्ष में ५६७१६१ गाँव और २६९० शहर हैं। कुल मिलाकर इनकी संख्या ६ ला...
- यह अचिंत्य चिन्तन क्या है?... यह एक दिमागी बीमारी है, दिमाग खराब होने की बीमारी है। नेचर ने वातावरण के दूषित होने की वजह से इनसान ...
- यह अध्यात्म की लाश?... जिसको आप लिए फिर रहे हैं। कौन सी लाश? यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माला घुमाने वाली लाश। तो...
- यह अन्नक्षेत्र किनका है?... उनका फला हुआ है, जिनके पास सम्पन्नता भी है और दया भी है। आज मनुष्य जाति को ऐसे ही आदमियों की जरूरत है...
- यह अस्पताल किनने बनवाया है?... उनने बनवाया है, जिनमें दया भी है और सामर्थ्य भी है। सम्पन्नता और दया दोनों जिनके भीतर हैं, अस्पताल उन...
- यह आप क्या कह रहे हैं?... आप जो कुछ बहुत देर से कह रहे हैं, वह हमारी समझ में कुछ नहीं आ रहा है और ये पण्डित जी जो बोलते हैं, वह...
- यह इतना बड़ा काम करेगा कौन?... भगवान करेंगे। बेटे ! हमने आपको यह पहले ही बता दिया है कि भगवान नहीं करते। इनसानों की सहायता करना भगव...
- यह उत्तरार्द्ध है तो पूर्वार्द्ध क्या है?... पूर्वार्द्ध है-फिलॉसफी। पहला अंश तत्त्वज्ञान। गायत्री एक फिलॉसफी है। फिलॉसफी से क्या मतलब है?-ब्रह्म...
- यह ऋषियों की वाणी है और यह वो अध्यात्म है, जिसमें भगवान ने कहा है कि यदि इनसानों से आप ऊँचा उठना चाहते हैं, आगे बढ़ना चाहते हैं, खुशी होना चाहते हैं, समृद्ध होना चाहते हैं, सम्पन्न होना चाहते हैं, तो उसके लिए क्या तरीका हो सकता है?... फार्मूला क्या हो सकता है? भगवान ने कहा, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अर्थात अपने आप को उठ...
- यह कथा जो मैं अभी अभी आपको सुना चुका हूँ इसका क्या अर्थ होता है?... आत्मबल, आत्मशक्ति संसार की सबसे बड़ी शक्ति है। इसे प्राप्त करने के लिए गायत्री का, ऋतम्भरा प्रज्ञा का...
- यह कमजोरियों और कच्चाइयाँ जब मजबूर करेंगी कि जो ढर्रा चलता रहा है, वही चलता रहना चाहिए, तब फिर क्या करेंगे?... अपने साथ में पक्षपात और रियायत करने का जब आपका मन उठे, तब आप स्वयं अपने मन के विरोधी हो जाइए। मन को ...
- यह कल्पना है?... हाँ ये कल्पना है, सिद्धान्तों की, आदर्शों की। यह आदर्श है। कौन सा आदर्श?? जिसमें हम जवान औरत को जिस भ...
- यह कहाँ पैदा होता है?... यह उत्तराखण्ड में जहाँ गोमुख है, उसके आगे तपोवन के नजदीक पैदा होता है। यह ब्रह्मकमल का फूल जमीन पर ख...
- यह कहाँ से आए?... इसलिए मन्दिरों में इतनी गुंजाइश रखी जाती थी कि कभी दस पाँच आदमी बाहर से आ जाएँ, तो उनके भी ठहराने और ...
- यह कहाँ से आता है?... बाहर से नहीं भीतर मे आता है। बाहर से मतलब देवताओं से नहीं आता। आप समझते क्यों नहीं? इसी का नाम अध्या...
- यह काम होगा?... हाँ बेटे, होगा। अभी भी हो रहा है। मारकाट से भी कर रहे हैं, बीमारियाँ भी कर रही हैं, बाहें भी कर रही ...
- यह कितने पैसे का हो सकता है?... दस पैसे का हो सकता है। मात्र ढक्कन है काया मित्रो! मैं इस शरीर की व्याख्या कर रहा हूँ। अच्छा साहब! इ...
- यह किस काम के लिए छिड़का गया था, यह हमने बताया नहीं था?... हाँ महाराज जी! पर इस पानी से क्या होगा? एक बालटी पानी से तो मैं रोज ही स्नान कर लेता हूँ और आप तो जर...
- यह किस तरीके से भ्रष्ट है?... यह इस तरीके से भ्रष्ट है कि इसने यह समर्थन किया है कि आपको अनैतिक काम करने का कोई दण्ड नहीं मिल सकता ...
- यह किसका तरीका है?... आग का तरीका है। आग सैकड़ों में किसी को भी अपने समान बना लेती है। लकड़ी को अपने समान बना लेती है। सड़े ...
- यह किसकी करामात थी?... झोला पुस्तकालय की, चल पुस्तकालय की और वकील साहब की। नहीं साहब! नौकर रखेंगे, कोई मिलता ही नहीं और वह ...
- यह किसकी कहानी है?... आपकी कहानी है। आप कौन हैं? आप तो बेअकल जाट हैं, जो एक पाए की चारपाई लिए फिरते हैं। चारपाई माने माला।...
- यह किसकी नसीहत है?... यह हमारे पुरोहित की नसीहत है, यज्ञ भगवान की नसीहत है। यह तीसरी वाली शिक्षा है। सबको अपने जैसा बना ले...
- यह किसकी है साधना?... गले की। यह है साधना पत्थर की। ये किसकी है साधना? हर चीज की है।...
- यह कैसा लोहा है?... साहब! यही लोहा है। अरे बाबा! यह कैसा लोहा है, यह तो कुछ और ही है। नहीं बाबा! यही लोहा है मिट्टी मिला...
- यह कैसे हुआ?... कायाकल्प हो गया। वह शिवाजी जो माता के पेट में से पैदा हुआ था, घर-गृहस्थी में गुजारा करता था, उसकी तु...
- यह कैसे हो गया?... गिरधर गोपाल के कारण। गिरधर गोपाल कौन? पत्थर का टुकड़ा। नहीं, मीरा की श्रद्धासिक्त प्रगाढ़ भावना के मिल...
- यह कैसे हो गया?... नाले ने अपने आप को समर्पित कर दिया। किसको? नदी को। यदि समर्पित न करता तब? तब आपकी मनःस्थिति का होता ...
- यह कैसे हो गया?... बेटे, जादू से। जादू से कैसे हो गया? हमको भी सिखा दीजिए। बेटे, जिस जादू से दुनिया में बड़े-बड़े काम हुए...
- यह कैसे होगा?... शुरुआत आप कीजिए। बेटे, हमें अपने-अपने घरों में से आस्तिकता का विस्तार करने की प्रक्रिया अभी से चालू ...
- यह कैसे होगा?... इसमें दो आदमियों के सहयोग की जरूरत पड़ती है, अकेले आप नहीं कर पाएँगे, लेकिन कोई बाहर का आदमी अकेला आप...
- यह कोई तरीका है?... जनश्रद्धा का दुरुपयोग न हो मित्रो! हम अपने ढंग से भगवान के बेकार आदमी जैसा बनाते हैं। अगर भगवान सोया...
- यह कोई सड़क है क्या?... आप खेत में घोड़ा घुमाते हैं, इसका क्या मतलब है? महाराज ने कहा, हमने शिकार मारा था, जो घायल होकर यहाँ...
- यह कौन आ गया?... मनहूस आ गया। मनहूस कैसा होता है? जैसे-पापा। पापा किसे कहते हैं? मनहूस को। पापा जब घर में घुसेगा तो स...
- यह कौन करता है?... राजनीति? नहीं साहब राजनीति तो नहीं करती, हमारे बेटे ही बागी और उत्पाती हो गए है, कहना ही नहीं मानते।...
- यह कौन करती है?... जीभ करती है।मित्रो! अब आप क्या कर सकते है? आप सेहत की एक तरीके से सहायता कर सकते हैं। देवपरिवार में ...
- यह कौन बताएगा?... यह बात डॉक्टर अपनी प्रयोगशाला में बताएगा। इसी तरह हम अपनी प्रयोगशाला में ले जाकर कह सकते हैं कि अभी ...
- यह कौन बदल रहा है?... भगवान बदल रहा है। भगवान के अवतार जब कभी भी दुनिया में हुए हैं, तब भक्तजनों को अपना सौभाग्य चमकाने का...
- यह कौन सा तरीका आ गया?... मित्रो! ये ऐसे गंदे तरीके हैं, जिनने अध्यात्म के मूल उद्देश्य का सफाया कर दिया। यह ऐसा गन्दा तरीका है...
- यह कौन सा देवता है?... यज्ञो वै विष्णु:। निश्चयपूर्वक, विश्वासपूर्वक पट्ठा ठोंक करके, छाती ठोंक करके हम कह सकते हैं कि यज्ञ...
- यह कौन सा मौका है?... युग बदल रहा है और आपके लिए युग बदलने की भूमिका दिखाने का मौका है। आप दोबारा मौका देंगे? बेटे! यह दोब...
- यह कौन सी देवी थी?... यह वो देवी थी जिसके नारी के रूप में, एक खूबसूरत महिला के रूप में शिवाजी ने अपनी माता का साक्षात्कार ...
- यह कौन है?... मनहूस है, राक्षस है जो हँसना-हँसाना नहीं जानता।मित्रो! अगर आपके भीतर कदाचित अध्यात्म आ गया तो आपके च...
- यह क्या कर रहे हैं आप?... लाठी से गाय का दूध पी रहे हैं। नहीं साहब! लाठी से छूकर दूध नहीं पिया जा सकता, तो कैसे पिया जा सकता ह...
- यह क्या कर रहे हैं साहब?... बेटे! हम रेचक प्राणायाम कर रहे हैं और यह दूसरा? पूरक प्राणायाम कर रहे हैं। यह क्या है? साँस खींचने क...
- यह क्या कर रहे हो?... कोई माना नहीं और उनकी दाढ़ी तथा सिर के सभी बाल उखाड़ लिए। अब मौलवी साहब ने सोचा कि मेरे सारे बाल उखड़ ग...
- यह क्या खिला रही है-जहर?... नहीं, जहर नहीं खिला रही थी, मैं तो चारों धाम की यात्रा का फल खिला रही थी। चारों धाम की यात्रा का फल ...
- यह क्या चक्कर है?... ये सब क्या गड़बड़ हो गया है? अर्जुन बेचारा तो कह रहा था कि हम तो चाय की केंटीन चलाएँगे और गुजारा करे...
- यह क्या चीज है?... त्याग और बलिदान है। इसको हम भूल नहीं सकते। विश्वामित्र ने हरिश्चंद्र को ही दोस्त क्यों बनाया? इससे क...
- यह क्या चीज होती है?... यह एकाग्रता की शक्ति है, जो हिप्नोटिज्म के नाम से, आँखों के प्रभाव के नाम से प्रतिभा के नाम से जिस भ...
- यह क्या था?... यह वनवास काल था। और अब क्या हो गया? अब बेटे! संस्कृति की सीता रावण के मुँह में चली गई, जहाँ बेचारी क...
- यह क्या धंधा खोल लिया है?... अरे यार, यह भगवान का धंधा है तू भी खोल, फिर देख। जरा यह पुस्तक पढ़ तो सही, तब पता चलेगा, क्या? इस जमा...
- यह क्या बनाकर रखा है?... चड़्डी और कुरता। यह क्या बनाकर रखा है? उसके मुँह से लार निकलेगी तो गले में बाँधने का। तो बच्चा कहाँ ...
- यह क्या बात हुई?... उपासना हुई, नजदीक बैठना हुआ। नजदीक बैठना यानि चिपक जाना अर्थात समर्पण कर देना। चिपकने की यह विद्या ह...
- यह क्या बात है?... क्या वे कौम के माली हैं? इनके यहाँ फूलों की खेती होती है? जहाँ कहीं भी शादी होती है, अच्छा काम होता ...
- यह क्या वात हुई, आप पैर को क्यों नहीं धोएँगे?... आपको पैर भी धोना पड़ेगा। इस तरीके से अपने व्यक्तिगत जीवन को ही अच्छा बनाना पर्याप्त नहीं है। अपने कु...
- यह क्या शिक्षा देता है?... छह नसीहतें देता है, जिन्हें यदि आप जीवन में उतार लें तो आपका बेड़ा पार हो सकता है। ये नसीहतें क्या है...
- यह क्या है?... ये भी गलतियाँ हैं। व्यक्तिगत जीवन में आपके गुण, कर्म और स्वभाव सम्बन्धी गलतियों क्या हुई और क्राइम-अपर...
- यह क्या है?... यह ऋषियों की वाणी है और यह वो अध्यात्म है, जिसमें भगवान ने कहा है कि यदि इनसानों से आप ऊँचा उठना चाह...
- यह क्या है?... यह है हमारा प्यार, मोहब्बत, जो हमने उन्हें दी है तथा उनसे हमने पाई है। गाँधी जी ने भी दिया था एवं उन...
- यह क्या है?... गुरु जी का बरतन पकाने का आँवा है। कुम्हार को आप जानते हैं, वह बरतन बनाता है और बनाने के बाद में कच्च...
- यह क्या है?... आँखों का फर्क है जो आपको दिखाई नहीं देता कि क्या हो रहा है? गूलर के फूल के बीच में बन्द रहने वाले भुन...
- यह क्या है?... सिद्धान्त है। उनके मस्तक पर चन्द्रमा टिका हुआ है अर्थात वे मानसिक सन्तुलन बनाए हुए हैं। भूत प्रेतों को...
- यह क्या है?... भारतीय सभ्यता थी। ऐसी संस्कृति थी भारत की, जिसका मूल था गायत्री मंत्र, गायत्री माता जिसे हम भूल गए। ...
- यह क्या है?... भगवान की बिना माँगे की सहायता है। बिना माँगे को अकल, बिना माँगे के इशारे, बिना माँगे का सहयोग फूलों...
- यह क्या है?... यह बहुत छोटा सा तरीका है। इससे कोई संस्कृति नष्ट नहीं हो सकती, परम्पराएँ नष्ट नहीं हो सकतीं। व्यक्ति ...
- यह क्या है?... यह एक टेक्निक है। मूर्तिकला छेनी हथौड़े की सहायता से विकसित तो को जाती है, पर इसके पीछे अभ्यास होता ...
- यह क्या है?... पागलपन है, अज्ञानता है। देवताओं के वरदान-सत्प्रवृत्तियाँ मित्रो! देवता दैवी शक्तियों से भरे हुए, दिव...
- यह क्या है?... यह है-यज्ञोपवीत और शिखा। शिखा और यज्ञोपवीत क्या हैं? बताइए। ये हैं हमारे गायत्री मंत्र और यज्ञ। ये द...
- यह क्या है?... डिसीप्लीन है। साधना के माध्यम से हम अपने व्यावहारिक जीवन को किस तरीके से अनुशासित रूप दे सकते हैं, क...
- यह क्या है?... यज्ञ की परम्परा। परम्परा को हम जिन्दा रखना चाहते हैं। यज्ञ को हम इसके लिए नहीं छोड़ना चाहते कि शाखा चंदा...
- यह क्या है?... साहब! यह चबूतरा है। किसका चबूतरा है? पिताजी का बना रखा है। कहाँ बना रखा है? खुले में बना रखा है। छाय...
- यह क्या है?... एकाग्रता की शक्ति है। जब यही शक्ति बाहरी जीवन में प्रयुक्त होती है तो टेलीस्कोप की तरह से देखने में ...
- यह क्या है?... छोटी चीज है रत्तीभर चीज है। न इसमें किसी को घमंड करने की जरूरत है और न सफलता प्राप्त करने की जरूरत ह...
- यह क्या है?... बेटे! यह दूसरी वाली शिक्षा है। यह है कि जो आग है, यज्ञाग्नि है जिसकी हम पूजा करते हैं, फायर वर्शिप क...
- यह क्या है?... अग्नि की, यज्ञ की शिक्षा है। अग्नि बेटे! साम्यवादी-है, और ये सब कम्यूनिस्ट हैं।नहीं साहब! कम्युनिस्ट...
- यह क्या हो क्या?... यह सिद्धियाँ हो गई। सिद्धियों में हम चार चीजें शुमार करते हैं---(१) धन, (२) लोगों का प्यार, (३) बुद्...
- यह क्या हो गया?... आत्मा का विस्तार। आत्मा का विस्तार यही है जिसको कि हम आध्यात्मिक उन्नति के नाम से पुकारते हैं, आत्मि...
- यह क्या हो गया?... यह है हमारा ''बोया एवं काटा'' का सिद्धान्त। यह है हमारी आराधना समाज के लिए भगवान के लिए।मित्रो, हमने ...
- यह क्या हो गया?... बेटे, सड़न पैदा हो गई।अध्यात्म का विस्तार करने की दृष्टि से छोटा सा आश्रम, मन्दिर जिसके उद्घाटन के लि...
- यह क्या हो गया?... पुराने इतिहास और नए इतिहास में क्या फर्क पड़ गया? हम बनाएँगे नया वातावरण मित्रो जो हवा थी, वातावरण थ...
- यह क्या हो गया?... जब संस्कृति की सीता चली गई और वापस नहीं आई तो हरेक को इसके लिए तैयार रहना चाहिए। किसके लिए? बेटा नील...
- यह क्यों किया करते हैं, आपने पिताजी से पूछा कि नहीं?... गुरुजी! हमने तो नहीं पूछा। उन्होंने कह दिया, सो हमने कर दिया। नहीं बेटे, सवाल पूछो कि यह क्या बात है...
- यह क्यों होता है?... बेटे हमारी मोहब्बत और प्यार तुम्हें खींचकर यहाँ ले आता है। गुरुजी! मेरा तो एकदम मन नहीं था, परन्तु एक...
- यह घटना हमें क्या सिखाती है?... यह हमें सिखाती है कि इनसान संकल्प तो करके देखे, निश्चय तो करके देखे, विश्वास तो करके देखे फिर हमसे क...
- यह चक्कर क्या है?... मैं बहुत देर तक देखता रहा, लेकिन समझ में नहीं आया। फिर मैंने उस लड़की से पूछा कि यह गायत्री मंत्र कौन...
- यह चूना कितने दाम का हो सकता है?... यह पच्चीस पैसे का हो सकता है। हड्डियों में लोहा कितना है? इसमें से एक बड़ी कील बनाने लायक लोहा मिल सक...
- यह जो एक मशाल हाथ में ली हुई है, वह किसका हाथ है?... हमारे भगवान का हाथ है, महाकाल का हाथ है। उसके पीछे छोटे-छोटे रीछ और वानर, हम और आप खड़े हुए हैं। ज्ञा...
- यह जो तू कह रहा है, इसको कार्यान्वित कैसे किया जाएगा, यह भी तुझे मालूम है?... नहीं साहब! हमें क्या मालूम है। हमने को जीभ से कह दिया। एक पण्डित जी ने बता दिया था कि यह-यह कहते रहना...
- यह जो दूर पर पहाड़ दिखाई देता है न?... हाँ महाराज जी! बेटे! उस पहाड़ की चोटी पर भगवान दिखाई पड़ेगा। चलिए मैं तो तैयार हूँ। चोर तैयार हो गया। ...
- यह जो पुरश्चरण हो रहा है, उससे क्या फायदा होगा?... पुरश्चरण से कई फायदे होंगे। एक फायदा तो अभी हमने आपको बताया है कि इससे वातावरण का संशोधन होगा। एक फा...
- यह डिब्बी कितने पैसे की है?... दो रुपए की है। अँगूठी कितने रुपए की है? चार हजार रुपए की है। डिब्बी को देखकर आप यह ख्याल करते हैं कि...
- यह तथ्य बताते है कि देवत्व की भूल शक्ति कितनी प्रबल और प्रचंड है?... अस्तु, देवताओं की पराजय अस्थायी ही होती है, उसका निराकरण जल्दी ही हो जाता है। देवासुर संग्राम के कथा...
- यह ताकत कहाँ से आती है?... एटम में से आती है? एटम में से नहीं आती है, बेटे। साधना से आती है। साधना से ताकत को उभारा, ताकत को नि...
- यह तो केवल विचार हुआ?... ज्ञान कहते हैं विचार करने को और कर्मयोग कहते हैं काम करने को। काम करने में क्या करना है? आप स्नान कर...
- यह दिव्यदृष्टि क्या थी?... मित्रो! हमारे भीतर बहुत सारी चीजें फिट हैं। इतनी ज्यादा फिट हैं कि हम उनका वर्णन नहीं कर सकते हैं। अ...
- यह दीर्घजीवन कैसे मिला?... यह खान-पान से हुआ था, यह भी ठीक है। यह संयम से सम्भव हुआ था, यह भी ठीक है, परन्तु एक चीज इससे भी आगे क...
- यह नहीं, वरन कल्याण हमारा कहाँ है?... कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो जाए तो यह कह सकते हैं कि हमने भगवान शिव के नाम का अर्थ ज...
- यह नाच कुछ पसन्द आया?... कपड़े पहनने वाली से अब मन नहीं भरता। कपड़े पहनने वाले नाच अब घटिया जान पड़ते हैं और बेकार मालूम पड़ते है...
- यह न्यूनतम है, लेकिन भावनाएँ फैलाने के लिए शिक्षण देने के लिए ये सिंबल भी काफी हैं, ताकि जब आपके बच्चे पूछें कि पिताजी, ये हम क्यों करते हैं?... तो आप बताइए कि आपने नमन क्यों किया? आप उन्हें बताइए कि पूजन क्यों किया? शुरुआत तो कीजिए सवाल तो पैदा...
- यह परीक्षा कैसे हो सकती है?... बेटे! कठिनाइयों से होती है, और कैसे होती है? नहीं साहब! आप इम्तिहान ले लीजिए। आप सवाल पूछ लीजिए हम ल...
- यह पूँजी कितनी होगी?... यह रकम भी निर्माण पूँजी के बराबर ही हो जाती है। मन्दिरों का इमारती मूल्य और स्थिर पूँजी दोनों को मिला...
- यह पूछकर आना तूने खाना खाने के लिए नौकर रखा है कि नहीं रखा है?... बेटी खाना खाएगी, तो मुँह चलाएगी। इससे तेरे दाँत घिस जाएँगे। इसलिए नौकरानी रख ले। वह तेरे बदले का खान...
- यह प्रभाव व्याख्यानों का था?... नहीं, त्याग के लिए गाँधी जी का स्वयं को प्रस्तुत करने का था। बिना कोई व्याख्यान दिए बिना कोई कथा कहे...
- यह बहादुरी जब गुरु गोविंद सिंह पैदा करने वाले थे, तब उन्होंने लोगों से पूछा कि इसका कौन सा तरीका हो सकता है?... लोगों में बहादुरी कैसे भरी जा सकती है? अगर यह उपदेश से हो जाए कि उससे सब लोग सूली पर चढ़ जाएँ सब मारे...
- यह बात सही है?... हाँ बेटे! यदि उद्देश्य ऊँचा हो, तब सही है, अन्यथा उद्देश्य घटिया हो, तब मैं नहीं कह सकता। उद्देश्य ऊ...
- यह भी कोई जीवन है क्या?... नहीं, यह कोई जीवन नहीं है। यह बहुत ही घटिया और पशुओं जैसा नारकीय जीवन है। मानवीय चेतना-विचारणा ही है...
- यह भी कोई ढंग है?... यह क्या है? ये भी गलतियाँ हैं। व्यक्तिगत जीवन में आपके गुण, कर्म और स्वभाव सम्बन्धी गलतियों क्या हुई औ...
- यह माता नहीं हैं तो क्या है?... शिवाजी ने एक मुसलमान महिला को देखा, जो उसके लिए लाई गई थी। उसे देखते ही उन्होंने कहा-यह तो मेरी माँ ...
- यह मैं आपसे किसकी बात कह रहा हूँ?... ताऊ जी की बात कह रहा हूँ। तो हमसे क्यों कह रहे हैं? इसलिए कि आप भी ताऊ जी हैं और तरह''तरह की बोलियाँ...
- यह मोजा कितने दिनों का धुला हुआ है?... यह तो छह महीने से धुला नहीं है। छह महीने से इसे पहने हुए हैं। धोती भी धुली हुई नहीं है। अत: धुली हुई...
- यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है?... कामवासना के सेवन करने में आता है। हँसी मजाक करने के काम आता है। ये कलेवर, कलेवर हैं। कलेवर स्थूल हैं...
- यह विचार कभी आता है आपको?... नहीं, कभी नहीं आता। मित्रो! मन की बनावट ही कुछ ऐसी है कि अपना जो कुछ है सो अच्छा। हमेशा मन में यहीं ...
- यह वो देवी थी जिसके नारी के रूप में, एक खूबसूरत महिला के रूप में शिवाजी ने अपनी माता का साक्षात्कार किया और गाण्डीव क्या था?... कहाँ से आया था गाण्डीव? वहीं से आया था जहाँ गहराई की दृष्टि से ऋतम्भरा प्रज्ञा मिली थी। नारी को उसने...
- यह शिक्षा आप किससे देंगे?... जीभ से देंगे। जीभ तो बेटे! माँस की है और माँस की जीभ माँस को प्रभावित कर सकती हो तो मैं नहीं कह सकता...
- यह शिक्षा हम आपको किसमें देते हैं?... हम आपको गायत्री के पहले वाले चरण में देते हैं। गायत्री का पहला वाला चरण, पहला वाला शिक्षण, पहली वाली...
- यह संगति कैसे आ गई नारद?... दुनिया में दो ही मनोकामनाएँ हैं-एक कामिनी, दूसरी कांचन। तीसरी और कोई मनोकामना है की नहीं। बता, तुझे ...
- यह सच है?... हाँ यह बिलकुल सच है कि आदमी अपनी जीभ की नोक से अपनी कब्र खोदता है। आपने जो खाया है, जरा उसकी लिस्ट ल...
- यह सत्संग कैसे हो सकता है?... यह सत्संग केवल पुस्तकों के माध्यम से सम्भव है, क्योंकि विचारशील व्यक्ति हर समय बातचीत करने के लिए मिल...
- यह सब आप दे सकते हैं, कब?... अगर आप देने को आदत सीख लें तब।मित्रो! अगर आप देने की आदत सीख लें तब? तब आप अपने दिमाग को ऐसी चीजें द...
- यह सब कहाँ से आता है?... श्रम के रूप में सहयोग, अकल के रूप में सहयोग, भावनाओं के रूप में सहयोग। आप सहयोग का अर्थ केवल पैसा स...
- यह सब कैसे हो गया?... हमारी इच्छाशक्ति ने पैदा किया। सारी चीजें पैदा कर दीं। सारे के सारे चमत्कार ये चेतना के हैं, जमीन की...
- यह सब क्रियाकृत्य हम करते हैं लेकिन मूलतः शंकर क्या हैं?... श्रद्धा और विश्वास। 'याभ्यां बिना न पश्यन्ति' --जिनकी पूजा किए बिना कोई सिद्धपुरुष भी भगवान को प्राप...
- यह हमारा भाई है, इसका लड़का तीन साल से फेल हो रहा है, वह पास हो जाएगा और दो वर्ष का तप और दे दीजिए काहे के लिए?... हमारा मकान बनाने को पड़ा है, सो उससे बन जाएगा। सात साल का तप दे दीजिए। अच्छा, फिर तू क्या देगा? महारा...
- यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बनाई थी, कब बनाई थी?... करोड़ों वर्ष पहले बनाई थी, जहाँ हम बैठे हुए हैं, उसे पटवारी के खाते में देख करके आ। लाखों आदमियों के ...
- यहाँ ऐसे लोगों का सान्निध्य आपको मिला है जिसके लिए अगर आप सारे हिन्दुस्तान में घूमें और यह तलाश करें कि ऐसे प्राणवान सान्निध्य कहीं मिलेंगे क्या?... ऐसे प्राणवान सान्निध्य प्राचीनकाल में तो शायद हुए हो पर आज आपको ऐसा आध्यात्मिकता का सही वातावरण अन्य...
- यहाँ कुछ कमी है क्या?... यहाँ कोई कमी नहीं है। इसलिए यहाँ जो आपको बुलाया गया है, उसका एक कारण यह भी है कि आप से कहा जाए कि आप...
- यहाँ क्यों बुलाया है आपको?... वातावरण का लाभ उठाने के लिए बुलाया है। यहाँ जो भी क्रियाकृत्य आपसे कराए जा रहे हैं, वह तो आप अपने घर...
- यहाँ जैसा वातावरण कहाँ है?... यहाँ अयोध्या जिस वातावरण में आप रहते हैं वहाँ ऐसी कोई गुंजाइश नहीं है कि बताया जा सके। क्योंकि यहाँ ...
- यहाँ जो जप और अनुष्ठान कराया जाता है, क्या आप घर पर नहीं कर सकते थे?... जरूर कर सकते थे। जो नियम और मर्यादा पालन करने के लिए यहाँ कहा गया है, वह हमारी पुस्तकें पढ़कर आप घर प...
- यहाँ तो हमीं लोग रहते हैं, तो हमें क्या सिखाएँगे?... बाहर वालों को सिखाने और सीखने के लिए आपको व्यावहारिक क्षेत्र में ही जाना पड़ेगा। पानी में तैरे बिना त...
- यहाँ-वहाँ घूमते रहेंगे तो बताइए फिर काम कैसे बनेगा?... कोई बच्चा भी के पेट में दंगल मचाए कि मम्मी मैं तो अभी नौ महीने पेट में नहीं रह सकता, जरा छुट्टी दे द...
- यही कारण था कि हम हजार वर्षों तक गुलाम हो करके रहे, इसकी वजह क्या थी?... पंद्रह सौ मुसलमान हिन्दुस्तान में आए और एक हजार वर्ष तक बुरी तरह से हमारे हुकूमत करते रहे कैसे कैसे न...
- यही तो आपको बताया गया है न?... हाँ साहब। अगर सारी दुनिया पागल है तो में भी पागल हूँ। हाँ बेटे, यह दुनिया सब पागल है। यह भगवान को अह...
- यही पूछना चाहते हैं न आप?... चलिए हम आपकी भाषा में बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला निकाल दिया है। पैसे की दृष्टि से खाली कर दिय...
- यही बताते हैं न?... हाँ महाराज जी! यह तो बड़ी सरल विधि है। हमको एक सेकेंड में आ गई थी। बेटे! यह एक सेकेंड में सरल तो है, ...
- यही लिखा है न आपने?... नहीं साहब ! अब ट्रैक्टर खरीदने से क्या फायदा। अब तो हम उसी पैसे से ब्याह शादी करेंगे और तमाशा करेंगे...
- यही है तेरा अध्यात्म?... बाजीगर कहीं का, बाजीगरी सीखने आया है। क्या सिखाएँ? बाजीगरी सिखाइए मिट्टी में फूँक मारिए और पैसा मँगा...
- या तो हनुमान जी रहेंगे या रामचंद्र जी रहेंगे?... मैं तो लेकर के हटूँगा। भला ऐसे कैसे हो सकता है कि मैं हनुमान चालीसा पढ़ूँगा और हनुमान जी भाग जाएँ और ...
- युग बदल जाएगा?... जरूर बदल जाएगा। हमारे बिना भी बदल जाएगा? मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि आपके बिना भी बिलकुल बदल जाएगा। ...
- युगसंध्या किसे कहते हैं?... इसका एक नमूना मैं आपको बता सकता हूँ। बताइए क्या हैं? बेटे, एक युग वह है जिस समय हम एक पेट में बैठे ह...
- युद्धों में लगने वाली विपुल संपदा को यदि सिंचाई, स्वास्थ्य एवं शिक्षा व्यवस्था जैसे कामों में लगाया जा सके तो दुनिया में कितनी खुशहाली आ जाए कितनी निश्चितता हो जाए?... अगर युद्ध के सिद्धान्त को मन में से निकाल दिया जाए और न्याय के सिद्धान्त को स्वीकार कर लिया जाए तो आदम...
- यूरोप में सब गोरे रंग के रहते हैं, पंजाब में और सीमाप्रांत में भी सब गोरे रंग के रहते है तो क्या ये सब देवता हैं?... नहीं बेटे! गोरी शक्ल से मेरा मतलब नहीं है। मेरा मतलब यह है कि जिनके विचार, जिनका व्यवहार, जिनके आचरण...
- ये कब पैदा हुईं?... ये बेटे! अभी जुलाई में पैदा हुई थीं। जुलाई में पैदा हुईं और जनवरी में एम०ए० हो गईं? नहीं साहब! माता ...
- ये करें तो आफत आ जाएगी और ये कैसे होगा?... इसका जो भय है, वास्तव में वही दिक्कत का कारण है। अगर आप आध्यात्मिक जीवन पर चलें, पंचशील का जीवन जिएँ...
- ये कहाँ हैं आपके?... इनमें से तो कोई कायस्थ है, कोई बनिया है। अरे बेटे! इसलिए कि इन्हें हम अपना मानते हैं, ये हमारे और हम...
- ये कामनाएँ कभी पूरी नहीं हो सकतीं?... हाँ बेटे! ये कभी पूरी नहीं हो सकतीं। जितनी तेरी कामनाएँ पूरी होती चली जाएँगी, उतनी ही उसी हिसाब से त...
- ये किस काम आ सकता है?... यह रूप और सौन्दर्य के देखने में काम आ सकता है? कामवासना के सेवन करने में आता है। हँसी मजाक करने के का...
- ये किसकी किताब है?... बेटे ये लड़ाई की किताब है, झगड़े की किताब है, मार-काट की किताब है, हत्याखोरी की किताब है, खून बहाने ...
- ये किसकी मूर्ति बनाकर लाए?... भैरव जी की बनाकर लाए। भैरव जी का मुँह ऐसा क्यों है? अरे साहब! इनका मुँह तो ऐसा ही है। अच्छा ये देवी ...
- ये किसकी सिद्धि हो गई?... ये बाहर की सिद्धि हुईं। ईश्वर, जीव और प्रकृति तीन होते है। मैं पहले जीव की बात कह रहा था। जीवात्मा क...
- ये किसकी हिम्मत, किसकी दिलेरी थी, किसकी बहादुरी थी?... उसकी थी, जो डाकू था और खूँखार था। जीवन्त बनाम मुरदे मित्रो! भगवान जहाँ कहीं भी अपना अंश देता है, विभू...
- ये किसकी है साधना?... हर चीज की है।...
- ये किसने कहा है?... गीताकार ने कहा है, उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत्। अपने आप को उठाओ, अपने आप को गिराओ मत। अपन...
- ये कैबरे हाउस क्या होते हैं?... पहले औरतें वैसे नाचा करती थीं। अब उस साधारण नाच से आदमी का मनोरंजन नहीं होता, इसलिए उसे कैबरे डांस क...
- ये कैसे साधे जाते हैं?... बेटे, यह रिंगमास्टर के हंटरों से साधे जाते हैं। वह उन्हें हंटर मार-मारकर साधता है। अगर उन्हें ऐसे ही...
- ये कैसे हो गया?... इतने लम्बे जीवन का आप हिसाब लगा दीजिए। मैं आपको हिसाब लगाकर बता सकता हूँ कि आदमी इतने लम्बे जीवन में प...
- ये कैसे हो सकता है?... इसके लिए छोटा सा तरीका हमने बताया है और वह ज्ञानरथ है। झोला पुस्तकालय पहले वाला था। आप जाइए सम्पर्क ब...
- ये कैसे हो सकता है?... बेटे, यह तेरे आँखों का राक्षस, आंखों का शैतान, आंखों का पशु और आंखों का पिशाच तेरे दिल दिमाग में छाय...
- ये कैसे हो सकता हैं?... बेटे, यह तेरे आँखों का राक्षस, आँखों का शैतान, आँखों का पशु और आँखों का पिशाच तेरे दिल दिमाग में छाय...
- ये कौन ले जाता है?... ये तीन चुड़ैलें जोर से पकड़ लेती हैं-एक हथकड़ी के रूप में, एक बेड़ी के रूप में और एक कमर के रस्से के रू...
- ये कौन लोग थे?... इनको जवान आदमी कहते हैं। आज जब कम उम्र के व्यक्ति जरा सी बात पर निराशा की बात करते हैं, निराशा की बा...
- ये कौन सी किताब ले आए गुरुजी?... आप तो पहले शान्ति की किताब ले आए थे, पर अब तो आप अशान्ति की किताब लाए हैं। शान्तिकुञ्ज में अशान्ति की...
- ये कौन सी खुशियाँ हैं?... ये चीजें मिलने की वजह से खुशियाँ होती हैं। ये खुशियाँ होती तो हैं, पर थोड़ी देर के लिए ही ठहरती हैं,...
- ये कौन सी ताकत थी?... ये रूहानी ताकत थी। ये आध्यात्मिक ताकतें थीं। आध्यात्मिक ताकतें कैसी होती हैं? इसे आप इतिहास में देखि...
- ये कौन सी सभ्यता थी?... ये दैवीय सभ्यता थी, जिसने राक्षसों को परास्त किया। तो क्या रामचन्द्र जी ने रावण को मार डाला था? बेटे...
- ये कौन से मन्दिर, भिन्न-भिन्न देवियों के मन्दिर गिर पड़ें तो आपको नाराजगी है?... नहीं बेटे, मुझे बहुत खुशी है। मनसा देवी, जो आपकी मनसाओं को, आपकी इच्छाओं को बिना कीमत चुकाए देना चाह...
- ये कौन है?... इसका नाम है जीभ। हकीम लुकमान सही कहते थे कि आदमी अपने मरने के लिए और दफन होने के लिए जो कब्र खेलता ह...
- ये कौन है?... ये भगवान हैं। जब कभी एक ठिकाने पर ये हवा पैदा होती है, जिन आदर्शों को पैदा करने के लिए यह आँधी-तूफान...
- ये कौन हैं?... ये उनकी सन्तान हैं। सन्तान क्या होती है? सन्तान औरत के पेट से पैदा होने वाले बच्चे को नहीं कहते हैं। सं...
- ये कौन हैं?... धूर्त हैं, जो जनता को मूर्ख बनाते हैं।मित्रो! क्या होता रहता है कि जनता का धन अनावश्यक कार्यों में ख...
- ये कौन हैं?... भूत। ये कौन हैं? प्रेत। ये कौन हैं? डाकू। ये कौन हैं? हत्यारे। सब नीरस, सारी की सारी दुनिया नीरस-न म...
- ये कौन हैं?... बच्चे। अध्यात्म क्षेत्र में फरमाइश करने वाले ये कौन हैं? बिलकुल बच्चे हैं, बालक हैं। इनको इसी बात की...
- ये क्या कर रहे हैं?... आज जो दुनिया में मनुष्यता समाप्त हो रही है, आदमी के अन्तर जो श्रेष्ठ माद्दा था, जो महानता थी, आदमी के...
- ये क्या चाहते है?... बेटे, हम धर्म को फिर से जीवन्त रखने के लिए एक प्रयत्न करने वाले है।समर्थ गुरु रामदास से शिवाजी ने यह ...
- ये क्या चीज है?... ये चमत्कार है। ये साधना है। कपड़े की साधना किसकी है? ये धोबी की साधना है। मूर्तिकार की साधना है? पत्थ...
- ये क्या ढंग है?... साबुन घर में कोई बनाए और वही सिर पर रखकर घर-घर में बेचे, तो एक चौथाई समय बनाने के लिए और तीन चौथाई स...
- ये क्या बात हो गई?... ये तो बिलकुल उलटा-हो गया। हाँ बेटे हमारा ही क्या उलटा हो गया, तेरा भी उलटा हो गया। जब तू गोदी में था...
- ये क्या हुआ?... ये तो बच्चों की परेशानी आ गई। बेटे तू तो यही कह रहा था न कि ब्याह होने से सुख मिलता है। ले ले, सुख क...
- ये क्या है?... ये है यज्ञोपवीत। यज्ञोपवीत हमारे कन्धे पर रखा हुआ है, हमारे कलेजे पर रखा हुआ है, हमारे हृदय पर रखा हु...
- ये क्या है?... ये बेटे, कसाईपन है। आज हर आदमी कसाई होता हुआ चला जा रहा है। आज हम देखते हैं कि न हमको अपनी बीवी के प...
- ये क्या हैं तीनों?... पहला है आस्तिकता। आस्तिकता का अर्थ है-ईश्वर का विश्वास। भजन-पूजन तो कई आदमी कर लेते हैं, पर ईश्वर-वि...
- ये क्या हैं?... देवता हैं। इनका नाम क्या है? इनका नाम है-हनुमान जी। हनुमान जी ऐसे होते हैं? हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। ...
- ये क्या हो गया?... ये सिद्धि नंबर दो है। ये किसकी सिद्धि हो गई? ये बाहर की सिद्धि हुईं। ईश्वर, जीव और प्रकृति तीन होते ...
- ये क्या हो गया?... सभ्यता की शुरुआत हो गई। ये कौन सी सभ्यता थी? ये दैवीय सभ्यता थी, जिसने राक्षसों को परास्त किया। तो क...
- ये क्या हो गया?... बेटे! कर्म करना हमारे हाथ में है, फेल या पास होना हम नहीं जानते। भविष्य का अध्ययन करना छोड़ दीजिए; भव...
- ये क्या होता है?... ये मैं किसकी कहानियाँ सुना रहा हूँ? मुरदे की। जिन्दा आदमियों की भी कह रहा हूँ। आपके जिम्मे मैं एक काम...
- ये क्रियाएँ आपको दिखाई पड़ती हैं कि जनता के बीच में आपको क्या क्रियाएँ करानी चाहिए और अपने आप में क्या क्रियाएँ करनी चाहिए?... क्रियाओं का अपना मूल्य है, महत्त्व है। हम जानते हैं कि क्रियाओं के माध्यम से विचारों के निर्माण में ...
- ये क्रियाएँ हैं और जनता में क्या कराना चाहिए?... जनता में हवन कराने चाहिए, सम्मेलन कराने चाहिए, त्यौहार-संस्कार कराने चाहिए। क्रिया व विचार दोनों महत...
- ये जो सारी अकल बरसती है, वो आसमान से बरसकर हमारे दिमाग में घुस जाती है और पैसा कहाँ से बरसता है?... पैसा बेटे, आसमान से बरसता है और हमारी तिजोरी में घुस जाता है। डेमॅन-गुरु ये कौन घुसाता है? डेमन। डेम...
- ये ठीक हैं, लेकिन?... लेकिन यह हम भूल जाते हैं। एक किसान की जमीन में बहुत सारी फसल होती है और दूसरे की में फसल नहीं होती। ...
- ये ताऊ जी कौन थे और क्या बोलते थे?... वे कुत्ते की भाषा बोलते थे, बिल्ली की बोली बोलते थे, गधे की बोली बोलते थे, घोड़े की बोली बोलते थे, भै...
- ये तीनों पत्थर भी कितने भारी हैं?... आपको दिखाई नहीं पड़ते? ठीक है बेटे! एक पत्थर और फेंक दे। उसने एक और फेंक दिया। दो और रह गए। उसने कहा ...
- ये तूने क्या बनाया?... हमारा कागज भी बरबाद कर दिया और रंग भी खराब कर दिया और ऐसे ही लकीरें बना लाया। नहीं बेटे, लकीर नहीं ब...
- ये तो कर्मकाण्डों का, विधि- विधानों का सवाल है?... है तो सही बेटे! कर्मकाण्डों का, विधि- विधानों का सारा का सारा ढाँचा या स्वरूप आपको सावधान रखने, सतर्...
- ये तो कितने ही रुपयों की हो जाएगी?... आपके पास इतने रुपए कहाँ हैं? देख बेटे, मेरे पास छह हजार रुपए हैं। इतने से नहीं बनेगी तो छह लाख से बन...
- ये देखा जाना चाहिए कि नौकरी तो सब को नहीं मिल सकती आखिर उनको जीविका के लिए क्या करना है?... किसान के बच्चों को किसान के लायक शिक्षा, दुकानदार के बच्चों को दुकानदार के लायक शिक्षा, जिनके माँ-बा...
- ये नागा, ये पंडे और जो शहरों में रहते हैं और सड़कों पर नंगे फिरते हैं उन्हें देखने कौन जाएगा?... और किसलिए जाएगा? इनसे अच्छे तो वे हैं जो कोढ़ी हैं, अपाहिज हैं, लँगड़े हैं और अपंग हैं। लोग उन्हें खिल...
- ये पाँच चीजें क्या हैं?... जल-एक गंगाजल-दो, शक्कर-तीन, तुलसी का पत्ता-चार, चन्दन-पाँच। यह पंचामृत हो गया। कितने पैसे का? छदाम का...
- ये पृथ्वी कितनी बड़ी है?... साहब बहुत बड़ी है। पृथ्वी का वजन कितना है? अरे साहब क्या कहने पृथ्वी के बहुत वजन है। और पृथ्वी की चाल...
- ये प्रतीक क्यों बना दिए है?... प्रतीकों का अपना अलग महत्त्व है। एकलव्य ने द्रोणाचार्य का प्रतीक बना लिया था। रामचंद्र जी ने शंकर जी...
- ये बात सही है, आवश्यक है?... नहीं बेटे ! जरूरी नहीं है कि इन वजहों से ही आपका मस्तिष्क जलता रहता है। ये चीजें कतई जरूरी नहीं हैं।...
- ये मंत्र और वो मंत्र, ये विधि- विधान कीजिए, लेकिन जाने क्यों यह भूल जाते हैं कि इन मंत्रों को, इन बाणों को जिस धनुष पर रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं?... कारतूस को जिस बन्दूक में रखकर चलाया जाने वाला है, वह है कि नहीं? बन्दूक की जरूरत को, महत्त्व को जो नही...
- ये मैं किसकी कहानियाँ सुना रहा हूँ?... मुरदे की। जिन्दा आदमियों की भी कह रहा हूँ। आपके जिम्मे मैं एक काम सुपुर्द कर रहा हूँ कि जहाँ भी आपको ...
- ये यज्ञोपवीत क्या है?... इसका हमने कभी समाधान कर दिया होता, उनको समझा दिया होता तो निश्चित हमारे बच्चे में ये गुण आ गए होते। ...
- ये शिकायतें सही हैं?... हाँ, शिकायतें तो बिलकुल सही हैं, लेकिन जवाब उससे भी ज्यादा सही हैं। आपने अपने अन्दर मुलायमियत पैदा की...
- ये शिखा क्या है?... ये यज्ञोपवीत क्या है? इसका हमने कभी समाधान कर दिया होता, उनको समझा दिया होता तो निश्चित हमारे बच्चे ...
- ये सब कैसे करता हूँ?... बेटे! समय बँधा हुआ है। नहीं महाराज जी! मैं तो जब मरजी होगी, मिलने के लिए आकर बैठ जाऊँगा। नहीं बेटे! ...
- ये साधना है और क्या है?... साधना अर्थात अनगढ़ से सुगढ़ अभी आपको मैं साधना का महत्त्व बता रहा था। ये घटिया वाली जिन्दगी, बेकार जि...
- ये सारी चीजें कहाँ हैं?... अगर आप देखना चाहें तो यहाँ आकर देख भी सकते हैं। हमने एक छोटी भी पुस्तक भी छापी है रंगीन। जिसमें उन स...
- ये सारे के सारे लोग कौन हैं?... ये कौन हैं? भूत। ये कौन हैं? प्रेत। ये कौन हैं? डाकू। ये कौन हैं? हत्यारे। सब नीरस, सारी की सारी दुन...
- ये स्थिति किसकी कह रहा हूँ मैं?... बच्चों की कह रहा हूँ। उन व्यक्तियों की कह रहा हूँ जो अनुग्रह के ऊपर और मनुहार के ऊपर जिन्दा रहना चाहत...
- ये हमारे दृष्टिकोण को परिष्कृत करते हैं और हमारे क्रिया- कलाप के बावत दिशाएँ देते हैं प्रेरणाएँ देते हैं कि हमारे जीवन का क्रिया- कलाप क्या होना चाहिए?... और हमारे सोचने का तरीका क्या होना चाहिए? ये सारे के सारे क्रिया- कलाप हमको इस दिशा पर ले जाते हैं ता...
- ये हवाएँ क्या काम करती हैं?... ये हवाएँ यह काम करती हैं कि असंख्य मनुष्य उपकार में लगे दिखाई पड़ते हैं। गाँधी एक हवा थी, बुद्ध एक हव...
- योग्यता आप बढ़ाते नहीं तो फिर किस तरह से आपकी सहायता करेंगे?... दूसरी शर्त है-आप अपने में परिश्रम का माद्दा बढ़ाइए। आप में परिश्रम का माद्दा कम है। आपको जितना परिश्...
- योजनाबद्ध कार्य नहीं करते, जब आया मनमरजी से काम कर लिया, नहीं हुआ तो नहीं किया इससे अस्तव्यस्तता में हमारा जीवन नष्ट हो जाता है, जबकि समय का थोड़ा सा भी उपयोग करते तो कितना लाभ उठा सकते थे?... चौथा निग्रह-अर्थनिग्रह भी ऐसा महत्त्वपूर्ण है। पैसे को विलासिता लेकर न जाने किस-किस काम में व्यसनों ...
- रक्त के एक कण की क्या कीमत हो सकती है?... रक्त के सारे कणों का समूह जब मिल जाता है, तभी तो खून का संचार होता है। एक कण से क्या होता है, संयुक्...
- रमणी का वह अंग, जिसको कि नहीं देखना चाहिए, उसको दिखाने वाला चित्रकार अगर आज का कलाकार है, तो हम नहीं जानते कि फिर घटिया व्यक्ति किसे कहेंगे?... कलाकार साधक बने, मार्गदर्शक बनें यही बात गायकों, वादकों और अभिनय करने वालों के बारे में भी लागू होती...
- रवाना होते-होते वह सारे देशों के राजकुमारों से मिली और यह पता लगाया कि हमारे लिए कोई दूल्हा है क्या?... कोई भी दूल्हा उसको पसन्द नहीं आया। जंगल में एक दिन निकलकर जा रही थी सावित्री रथ समेत। उसने एक लड़के को...
- रवीन्द्रनाथ टैगोर अब नहीं हैं और उनकी कविताओं का संग्रह हमारे लिए क्या सुरक्षित नहीं है?... मीराबाई अब जीवित नहीं है, तो क्या उनकी कविताओं का संग्रह हमारे लिए जीवित नहीं है? सूरदास से लेकर तुल...
- रस किसे कहते है?... रस, आनन्द को कहते हैं। आनन्द कहाँ है? भगवान में है। भगवान कैसा होता है? आत्मीयता आप जिसके ऊपर आरोपित क...
- राक्षस कितना बड़ा था?... समझ लीजिए छत के बराबर रहा होगा। और भीम? छोटा सा ही था। भीम लड़ने के लिए चला गया। महाभारत की कथा के अन...
- राक्षस कितने जबरदस्त हैं?... इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता है। अब वह कहाँ चली गई? वह त...
- राक्षस की कोई आकृति नहीं होती?... नहीं बेटे! आकृति कोई नहीं है, प्रकृति होती है। राक्षस वैसे ही होने सम्भव हैं, जैसे आप और हम।देवता स्व...
- राक्षस कैसे होते हैं?... जिनके दाँत बड़े-बड़े होते हैं। हमारे पिताजी के दाँत बड़े -बड़े हैं तो क्या वे राक्षस हैं? नहीं बेटे! वे ...
- राक्षसों की शक्ल कैसी होती है?... काली होती है। क्यों साहब दक्षिण भारत के लोग तो काले होते हैं, फिर ये सब राक्षस हैं? नहीं बेटे! ये रा...
- रात को ठंड लगे तब?... ठंड लगे तो ओढ़ लिया कर माला को। नहीं, भगवान तो माला खाकर चुप रह जाते है। अच्छा भगवान के हिस्से में म...
- रात को सोते हुए आँख खुल गई तो न जाने कहाँ के विचार कर रहे हैं, किस तरह के विचार कर रहे हैं?... असम्भव बातों के भी विचार कर रहे हैं। रात को सिनेमा देखा था। फलां औरत देखी थी, कैसी अच्छी है, उसकी हम ...
- रात को सोने में क्या मौन रखना?... उस तरह के टाइम पर जिस पर कि लोगों के मिलने- जुलने की सम्भावना हो। घर वाले तो आपसे मिलते ही हैं सुबह- ...
- राम अकेले अगर रावण को मार सकते तो उन्होंने वहीं से क्यों नहीं मार दिया?... नहीं साहब, अकेले राम नहीं मार सकते थे। हाँ बेटे, अकेले नहीं मार सकते थे। उन्हें रीछों की सेना लेनी प...
- राम और कृष्ण दोनों के दोनों, जिनका चरित्र हम आपको पढ़ाने वाले हैं, जिनकी शिक्षाएँ हम आपको देने वाले हैं और जिनके हम अनुयायी बनाने वाले हैं और आपको जिनका अनुचर बनाने वाले हैं, वे कौन हो सकते हैं?... वे बहादुर हो सकते हैं। क्षत्रिय से मतलब हमारा जाति-बिरादरी से नहीं है। जाति बिरादरी का मैं कायल ...
- राम-नाम लेने के बाद में, राम का भजन करने के बाद में वे ऋषि हुए थे कि नहीं हुए थे अथवा उसी तरह के घटिया आदमी बने हुए थे?... जिन-जिन के नाम आप लेते हैं, उनका हवाला दीजिए और यह बताइए कि जो राम-नाम जप करते थे और उनके मंत्र में ...
- रामकृष्ण परमहंस को आँखों ने वहाँ से देखा और कहा कि स्वयं के लिए, अपने लिए, विलासिता के लिए मेरी शक्ति से लोगों को प्रभावित और चमत्कृत करेगा?... उसके द्वारा जो लोगों में श्रद्धा उत्पन्न होगी, तो तू उससे अपने लिए लाभ उठाएगा? अच्छा, ठहर, अभी तुझे ...
- रामचंद्र जी के पिता का नाम वसिष्ठ थोड़े ही था?... दशरथ जी था।...
- रामचंद्र जी जब आए थे, तब?... तब वे अकेले नहीं आए थे। निन्यानवे आदमी साथ में आए थे। रामचन्द्रजी अवतार थे? हाँ, अवतार थे। अवतार कोई...
- रामचंद्र जी ने कहा कि तो फिर बताएँ इसके लिए क्या किया जाए?... उन्होंने कहा-यहाँ कैसे बताऊँ, इसके लिए तो उपयुक्त वातावरण में चलना पड़ेगा। यहाँ जैसा वातावरण कहाँ है?...
- रामचंद्र जी ने कहा कि राजगद्दी क्या होती है?... इससे तो वनवास बेहतरीन है। इनसान को क्या चाहिए? पैसा चाहिए, विलासिता चाहिए, नौकरी में तरक्की चाहिए, प...
- रामचन्द्रजी अवतार थे?... हाँ, अवतार थे। अवतार कोई अकेला आता है? कोई अवतार कभी अकेला नहीं आता। निन्यानवे आदमी साथ में आते हैं ...
- रामचन्द्रजी ने कहा-तो फिर कहाँ चलना पड़ेगा?... गुरु वसिष्ठ ने कहा-हमारे नजदीक ही, जहाँ हम रहते हैं। गुरु वसिष्ठ की गुफा हिमालय पर थी। वहीं उन्होंने...
- रामायण ने हमें नास्तिकता से कैसे बचा लिया?... रामायण में एक श्लोक है जो रामायण का सार है, भक्ति का सार है और वह है— भवानीशंकरौ वन्दे श्रद्घा विश्व...
- रामायण सुना दीजिए?... हम रामायण सुना देंगे। क्या थी रामायण की कथा? सुनिए रामचंद्र जी थे और उनके तीन भाई थे। एक बाप था, जिस...
- रावण कितना जबरदस्त है?... राक्षस कितने जबरदस्त हैं? इनसे लोहा कौन लेगा? संस्कृति की सीता को वापस लाने का काम कठिन मालूम पड़ता ह...
- रावण की इस सभ्यता और संस्कृति में देवसंस्कृति के पक्षधरों को यह विचार करना पड़ा कि इसका प्रतिरोध कैसे किया जाएगा?... इसकी रोकथाम कैसे की जाएगी? सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा? भगवान ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म क...
- रास्ता सही रखेंगे, पर जप कैसे करेंगे?... भाई साहब! ऐसी गलती मत कीजिए। जहाँ जाना चाहते हैं, उधर की ओर मुँह कीजिए उधर की ओर ही देखिए। उसी का तर...
- रिटायर्ड होंगे तब?... तब हम दूना काम करेंगे। पहले हमें कमाने की फिक्र थी, इसलिए रोटी कमानी पड़ती थी। अब तो रोटी के लिए पेंश...
- रिश्तेदारी करने के बाद मनुष्य क्या पा सकता है?... बेटे, मैं कुछ कह नहीं सकता। उदाहरण मैंने बीसियों बार छापे हैं। रामकृष्ण परमहंस और विवेकानन्द का किस्...
- रिश्वत देकर के भगवान को अपना मित्र बना सकते हैं?... उसका अनुग्रह प्राप्त कर सकते हैं? ऐसा मत कीजिए। साथ ही आप यह विचार मत कीजिए कि जीभ की नोक से कुछ मीठ...
- रुद्राक्ष की माला असली है कि नकली है?... ? क्या मतलब है आपका? यह मतलब है कि असली रुद्राक्ष को माला है तो शंकर जी प्रसन्न हो सकते है और अगर नक...
- रुद्राक्ष की माला से क्या भगवान जी की मुहब्बत हो सकती है?... हाँ साहब! भगवान जी तो ऐसे हैं, जो रुद्राक्ष की माला देखकर के फूलकर के कुप्पा हो जाते हैं। अच्छा, ऐसी...
- रेडियो किस नंबर पर लगा हुआ है?... कहाँ से बोल रहा है? साहब! सीलोन से बोल रहा है। महाराज जी! सीलोन वाला तो बड़े गंदे गाने सुनाता है। हाँ...
- रो पड़ा कि अब जब यह जिन्दगी खत्म होगी, तब मुझे कहाँ जाना पड़ेगा?... किन योनियों में जाना पड़ेगा, न जाने कहाँ- कहाँ जाना पड़ेगा? कितना कष्ट उठाना पड़ेगा, यह मैंने मौत के ...
- रोज या महीने भर बाद?... अरे महीने भर बाद, साल भर बाद नहीं --रोज। महाराज जी! शाखा की ओर से करने को कह रहे हैं या अपने घर की ओ...
- रोटी तो देर सबेर मिल ही जाती हैं, फिर आपके यहाँ क्यों खाएँगे?... अच्छा जब न हो तो आप हमारे यहाँ खाइए। आपकी बड़ी कृपा हैं आपने पूछ लिया यही क्या कम हैं? आप खा लीजिए। ...
- रोटी भगवान ने आपको नहीं दी है?... आप इज्जत वाले हैं, स्वाभिमानी हैं। आपसे कोई कहे खाना खा लें, हाँ साहब खाना खाकर आ रहे हैं। नहीं साहब...
- रोना क्या है?... भावावेश है। इसी तरह विवाह हुआ था को बड़ी खुशी हो रही थी। बड़े उछल रहे थे कि आज विवाह हो रहा है। विवा...
- रोशनी कैसे पैदा करते हैं?... जैसे प्रकाशस्तंभ बीच समुद्र में जलते रहते हैं और जल करके निकलने वाले राहगीरों को, चलने वाली नावों को...
- लंगूर कैसा होता है?... कैसे बनाया? उन्होंने लंगूर ऐसे बनाया कि उस बच्चे के शरीर पर शीरा पोत दिया। शीरा जानते हैं, किससे बनत...
- लम्बे वाले प्लान के लिए क्या करना पड़ेगा?... जलता हुआ दीपक जहाँ भी जाएगा, वहाँ प्रकाश पैदा करेगा। जिसके पास व्यक्तित्व है, ऐसा व्यक्तित्व सम्पन्न ...
- लक्ष्मी जी ने छुआ?... नहीं, अगर छुआ होता तो बेटा तू सोना हो जाता, पारस हो जाता। नहीं महाराज जी ! मुझे तो देवी सपने में दिख...
- लक्ष्य कैसे पूरा हो सकता है?... लक्ष्य को पूरा कौन करता है? आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं? आत्मा क्या होती है? इस प...
- लक्ष्य को पूरा कौन करता है?... आत्मा को भगवान की शक्तियाँ कहाँ से मिलती हैं? आत्मा क्या होती है? इस पर विचार करना चाहिए। हमारी ...
- लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाहिए?... लेकिन पीछे क्या कर दिया गया कि देवता, जो इष्ट के रूप में बनाए गए थे, उनके साथ में हमने सांसारिक मनुष...
- लखपत बाबू ने कहा-जिन्होंने ये किताबें लिखी हैं, वे हमारे गुरुजी हैं, उनको बुला दें तो?... हाँ साहब, बुला दीजिए। तो आप अपनी दुकानें बन्द रखेंगे और आचार्य जी के साथ में रहेंगे? हाँ साहब, रहेंगे...
- लगभग दस लाख इसमें भी लगा है और यह गायत्री नगर, जो अभी बनने वाला है, इसमें गुरुजी, कितना पड़ेगा?... बेटे, इसमें तो बहुत ज्यादा लगेगा। दस लाख से काम चल जाएगा? नहीं; दस लाख से काम नहीं चलेगा, क्योंकि इस...
- लाओ हम उनके झंडे को उखाड़ फेंके, फिर देखो क्या होगा?... मुसलमान भी प्रतीकों को नहीं मानते हैं क्या? मक्का, मदीना में प्रतीक ही तो रखा हुआ है जिसका वे चुंबन ...
- लाठी से छूकर दूध नहीं पिया जा सकता, तो कैसे पिया जा सकता है?... पहले आप गाय पालिए। उसे घास खिलाइए, चारा खिलाइए। तो क्या गाय को चारा भी खिलाना पड़ेगा, दाना भी खिलाना ...
- लालाजी के या पण्डित जी के?... पण्डित जी के। क्यों?? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो ...
- लालाजी के या पण्डित जी के?... पण्डित जी के क्यों? क्योंकि वह बड़ा होता है। ज्ञान बड़ा होता है और धन कमजोर होता है। इसलिए सुख की जो ...
- लिखी हैं तो कोई आपका स्टेनो है?... नहीं बेटे! हमारा कोई स्टेनो नहीं है। कोई पी०ए० है आपका? नहीं, कोई पी०ए० नहीं है। आप ही लिखते हैं? हम...
- लिफाफा कैसा होता है?... लिफाफा ऐसा होता है बेटे कि जब बच्चा पैदा होने वाला होता है तो उसकी माँ कई चीजें बनाकर रख लेती है। यह...
- ले ले, सुख कहाँ से मिलेगा?... सुख बाहर नहीं, अन्दर है मित्रो! ये जो इच्छाएँ हैं, ये केवल हमको खुशी भर दिखाती हैं, दे नहीं सकती। अगर...
- लेकिन अगर आप परीक्षित के तरीके से जिन्दगी नहीं जिएँगे तो मैं उस सिद्धान्त का खंडन करने के लिए-तैयार हूँ?... जिसमें बताया गया था किं जो धुंधकारी था, वह बाँस के कोए फाड़ता-फाड़ता सात दिन की भागवत् सुनकर फट से उसम...
- लेकिन अगर आप सबको अपना मान लें तब?... आपको कितना गौरव और प्रसन्नता का अनुभव होगा, कह नहीं सकते। तब सूरज भी आपका, चाँद भी आपका, सितारे भी आ...
- लेकिन अगर कोई इसे देगा तो मैले कमंडल में कैसे देगा?... मैला कमंडल कैसा है? जैसा तू है, भीतर से भी मैला और बाहर से भी मैला। पहले इसे धो करके ला, ताकि तुझे क...
- लेकिन अगर पड़ोसी का बच्चा मचलता रहे और आपकी गोदी में आने की कोशिश करे, तो आप उसे धमकाकर भगा देते है, क्यों?... बच्चे तो सब एक से होते हैं। नहीं साहब! वह हमारा है, इसलिए प्यारा है। 'हमारा होने से' जो कोई भी चीज ह...
- लेकिन अच्छी सेहत पानी है तो कौन दे सकता है?... आप दे सकते हैं, आपके अलावा और कोई नहीं दे सकता। आपके अलावा कोई मरीज नहीं है और न आपके अलावा दुनिया क...
- लेकिन आप किसी से मीठे वचन बोलें, किसी की मदद कर दे, किसी के काम आएँ, तब भला आपको कौन रोकने वाला हैं?... इसलिए मित्रो! भक्ति न केवल भाव−सम्वेदना से ताल्लुक रखती है, वरन व्यक्ति के बहिरंग जीवन से भी उसका ताल...
- लेकिन इसके लिए भी तैयार रहिए कि आपने जिस लड़की की शादी की है, लड़का नकारा निकल गया तब?... चोर निकल गया तब? दुष्ट निकल गया तब? तब उसके लिए भी तैयार रहिए? लड़की को भी पहले से इस बात के लिए आगाह...
- लेकिन क्या ये चलेगा?... चल तो सकता है, पर वहाँ तक शोभा नहीं देता, जहाँ तक आदमी स्वयं में समर्थ हो। जैसे बच्चा, बच्चा क्या कर...
- लेकिन पण्डित जी ब्राह्मण तो सब पहनते हैं, पर क्यों पहनते हैं?... आखिर ये क्या चीज है? चुप रह! क्यों पहनते हैं? पण्डित जी-पण्डित जी, हर वक्त धर्म के बारे में पूछताछ करत...
- लेकिन पदार्थ का क्या मूल्य हो सकता है, क्या महत्त्व हो सकता है?... पदार्थ को तो घर में चूहे भी खा जाते है। हाँ महाराज जी! अनाज का पुण्य करने से क्या हो जाएगा? कुछ भी न...
- लेकिन बाद में क्या हुआ?... फिर कुछ ऐसा हुआ कि बुद्ध भगवान से बौद्ध धर्म की दीक्षा लेने के बाद में अंगुलिमाल डाकू सन्त हो गया, ऋष...
- लेकिन बीमारियों का क्या हो जाएगा?... बीमारियाँ अच्छी नहीं हो सकतीं। बीमारियाँ सौ गुनी ज्यादा होंगी, हजार गुना प्यादा होंगी। वे तब तक अच्छ...
- लेकिन भगवान की पुकार हम और आप कब सुनते हैं?... भगवान आदर्श की, सिद्धान्तों की, नैतिकता की, मर्यादा की बातें बताकर चला जाता है, लेकिन हम और आप यह सब ...
- लेकिन भावना ये थी कि हम लोगों ने साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ और शिखाएँ कटवा दी थीं और उसके लिए आप अंदाज लगा लीजिए साढ़े चौहत्तर मन जनेऊ जिस तराजू पर तौले गए होंगे उसके लिए कितना खून बहाया गया होगा?... कितनी गरदनें कटाई होंगी? हमने बहुत गरदनें कटाई हैं। हमने अपना बहुत खून बहाया है, क्योंकि हम अपनी शिख...
- लेकिन साथ-साथ में आप इसके लिए भी तैयार रहिए कि ठीक इसके उलटा हो जाए तब क्या होगा?... तब हम उसके लिए भी तैयार हैं। आप अपनी लड़की की शादी अच्छे से अच्छे घर में कीजिए। अच्छा घर भी ढूँढ़िए और...
- लेक्चरर की क्या कीमत रह सकती है?... अनुगमन जरूरी बेटे! हम यहाँ जो प्रशिक्षण करते हैं। जो क्रियाकृत्य कराना चाहते हैं, उसमें अनुशासन जरूर...
- लेमनचूस मिलता है और क्या मिलता है?... टॉफी मिलती है और क्या मिलता है, झुनझुना मिलता है। नहीं साहब! बड़ी चीज बताइए। बेटे! बड़ी चीजें नहीं म...
- लोक-शिक्षण कैसे हो सकता है?... चरित्र से। वाणी हो, चाहे न हो, आप गूँगे हों, तो कोई हर्ज की बात नहीं। पाण्डिचेरी के अरविन्द घोष गूँग...
- लोकरुचि नहीं जगाई जा सकती तो साहित्य की क्या कीमत, लाइब्रेरी की क्या कीमत?... पुस्तकें छापकर रखते चले जाइए या कोई आदमी खरीद लाए और एक लाइब्रेरी खोल दे तो उसे दीमक खाएगी, चूहे खा ...
- लोकसेवियों के बिना सत्प्रवृत्ति का विकास कैसे हो सकता है?... इसलिए पहले हर गाँव में कितने ही लोकसेवी रहते थे और एक−दूसरे के गाँव में परिभ्रमण करते रहते थे। परिभ्...
- लोकसेवी काम करे और खाने का प्रबन्ध न हो सके, तो काम कैसे चलेगा?... इसी तरह यदि खाने का प्रबन्ध और गुजारे की व्यवस्था किसी को वेतन के रूप में लोग दें, तो लेने वाले का भी...
- लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए?... अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं? यहाँ लोकसेवी थोड़े ही रहते हैं। यहाँ तो हमीं लो...
- लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए?... लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन करना चाहिए? लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए? ...
- लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन करना चाहिए?... लोकसेवी की दिनचर्या किस तरह की होनी चाहिए? अगर हम आपको बाहर न भेजें, तो यहाँ कैसे सिखा सकते हैं? यहा...
- लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए?... लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से अपनी मर्यादा का पालन कर...
- लोग मलीनता के आदी न होंगे तो क्या होगा?... आज हमारा ग्रामीण जीवन ऐसा ही है, अस्त-व्यस्त है, गन्दगी उसके रोम-रोम में समा गई है। चूहे भी वहीं रहते...
- लोगों की आत्माएँ किस कदर प्यार के बिना तड़पती रहती हैं?... आप दूसरों को सम्मान दीजिए न। देखिए, सम्मान की कितनी प्यासी है दुनिया। आप लोगों को प्रोत्साहन दीजिए न...
- लोगों की सम्वेदनाएँ, भावनाएँ उभर आएँ और वह केवल रोने लगे, नाचने लगे, उचकने लगे, मस्तक झुकाने लगे, हाथ जोड़ने लगे, प्रार्थना करने लगे, आँसू बहाने लगे, बस हो गई भक्ति?... नहीं, यह भक्ति नहीं है। यह तो एक तरीके से भावोन्माद है, भाव-सम्वेदना है, जो कइयों को, देरी आदमियों को...
- लोगों के ऊपर अपने चरित्र की छाप कैसे डालनी चाहिए?... लोकसेवी को किस तरीके से बोलना चाहिए? लोकसेवी को किस तरीके से अपना आहार-विहार बनाना चाहिए? लोकसेवी को...
- लोगों के स्वास्थ्य-सम्वर्द्धन के लिए भी पैसे की जरूरत है?... हाँ, बहुत पैसे की जरूरत है। खासतौर से मनुष्यों के विचारों को ढालने और बदलने का काम हँसी-खेल नहीं है।...
- लोगों को मालूम भी नहीं कि साधु-सन्त कैसे होते थे?... आज तो जहाँ देखो वहीं लाल-पीले कपड़े पहनने वाले, चिमटा बजाने वाले और बाबाजी कहलाने वाले-संन्यासी कहलान...
- लोगों ने कहा कि कहाँ है?... चारपाई और उसका कितना दाम है? दाम भी बहुत कम बता दिया। कह दिया कि दो रुपए की चारपाई है। दो रुपए की चा...
- लोगों ने कहा कि-धत् तेरे की, इसका हम क्या करेंगे?... आप केवल माला का आसरा लिए बैठे हैं मित्रो! यह किसकी कहानी है? आपकी कहानी है। आप कौन हैं? आप तो बेअकल ...
- लोगों ने पूछा कि आपको तो अब फाँसी लगने वाली है, यह क्या कर रहे हैं?... उन्होंने कहा कि हमने जीवनभर मेहनत एवं मशक्कत की है। वह अभ्यास हमें हर दिन करना है। अजगर पड़ा रहता है।...
- लोगों में बहादुरी कैसे भरी जा सकती है?... अगर यह उपदेश से हो जाए कि उससे सब लोग सूली पर चढ़ जाएँ सब मारे जाएँ और हम सुरक्षित बैठे रहेंगे, ऐसा न...
- लोहे का क्यों है?... इसलिए है कि हमने अपने शरीर को भगवान के काम में लगा दिया है। हमारा शरीर बहुत ठीक है और अगर आप भी अपने...
- लोहे में और चाँदी में फर्क नहीं होता है?... नहीं साहब! लोहा काला रहता है। नहीं साहब! काला नहीं होता सफेद होता है। लोहा मैला होता है, जंग लग जाती...
- वंश-परम्परा की रक्षा कैसे होती है?... पण्डित जी से पूछा, तो वे बोले, बस जौ का पिंड बना लो और उस पर धूप, दीप, फूल लगा दो और ''तर्पयामि'' करक...
- वरदान और आशीर्वाद पाने के पश्चात् रावण को कुछ मिला?... नहीं, वह घाटे में रहा और उसका नुकसान ही हुआ।किसी को बुखार आता है, किसी की मृत्यु होती है, पर रावण की...
- वह अनावश्यक धन, हराम का धन जब उन लोगों के पास आया तो उन्होंने क्या-क्या किया?... आप नहीं जानते, मैं जानता हूँ। पण्डा-पुजारियों, महन्तों और मठाधीशों की हकीकत मुझे मालूम है, आपको नहीं म...
- वह आखिरी वाला हिस्सा, कौन सा वाला?... जिस दिन आदमी की मौत आती है। मौत को मैंने देखा। एक बार देखा, दो बार देखा, तीन बार देखा। तीन जन्मों का...
- वह आग के रूप में जल जाता है और चिता?... चिता में मरा हुआ इनसान भी आग के रूप में जलने लगता है। क्यों साहब! मरा हुआ इनसान भी? हाँ मरा हुआ इनसा...
- वह इशारा समझ गया, लेकिन उनके आगे जवाब क्या दे सकता था?... उसने कहा, पिताजी! मुझे प्यास लगी थी। पानी पीने के लिए और आपको खबर सुनाने एवं सुस्ताने के लिए मैं आया...
- वह कब अधूरा और अपंग है?... जब तक उसका हमारे भावना क्षेत्र पर प्रभाव न पड़े और उसका संशोधन न हो। भाव सम्वेदनाओं की जाग्रति न हो,...
- वह कभी इधर को भटके कभी उधर को भटके तो उससे निशाना कैसे साधा जाएगा?... बीस जगह ध्यान रहा तो आप विजेता नहीं बन सकते हैं। भगवान आपको अपनाने के लिए हाथ बढ़ा रहा है, परन्तु ये त...
- वह कहाँ से पैदा हुई थीं?... उसी पत्थर में से पैदा कर दी थीं रामकृष्ण परमहंस ने। वह उनकी श्रद्धा से बनी थीं। अब भी वह मूर्ति है व...
- वह कितनी बार गायत्री मंत्र बोलता होगा?... बेटे! वह सौ बार या एक सौ आठ बार तो बोलता ही होगा। तो क्या उसकी मुक्ति हो जाएगी? आपके ख्याल से तो हो ...
- वह कौन भी साधना थी?... वह गायत्री मंत्र की उपासना एवं साधना थी। जो सफलता एवं सामर्थ्य उन्हें प्राप्त हुई, वह कौन सी थी? वह ...
- वह कौन सा हिस्सा?... वह आखिरी वाला हिस्सा, कौन सा वाला? जिस दिन आदमी की मौत आती है। मौत को मैंने देखा। एक बार देखा, दो बा...
- वह कौन है?... जमाखोर। जमाखोर और कामचोर, दोनों ही आध्यात्मिक' दृष्टि से गालियाँ हैं। भौतिक दृष्टि से गालियाँ कोई भी...
- वह क्या था?... एक दृष्टि थी, जो उस आदमी के भीतर काम करती थी। वह दृष्टि यह काम करती थी कि मैं अपने पेट पर पट्टी बाँध...
- वह क्या विशेषता है?... बच्चे को कीमती चीजें माँ नहीं देना चाहती है, क्योंकि उसकी पात्रता नहीं है। अगर यह चीज आपको मिल जाएगी...
- वह क्या है?... यह है गायत्री मंत्र। हमें दो बार संध्या करनी चाहिए। मुसलमान पाँच बार नमाज पढ़ते हैं। आप मनमरजी नहीं क...
- वह क्या है?... बेटे, इसका मंतव्य यह है कि भगवान के चिन्तन का कोई लक्ष्य होना चाहिए। इसका नाम हैं-इष्ट। इष्टदेव का ध्...
- वह क्या हो सकता है?... वह है-आत्मशोधन की प्रक्रिया। आत्मशोधन-प्रक्रिया के कौन-कौन से अंग हैं? आप उसके बिना जप नहीं कर सकते;...
- वह बार-बार कहता रहा कि आप क्यों कष्ट उठाते हैं?... ? हमें इनकी क्या जरूरत है, रहने दीजिए। हम तो आपके बच्चे हैं। नहीं साहब ! ये सब तो आपको लेकर जाना पड़...
- वह बुड्ढा कहाँ गया?... उसका ट्रांसफर कर दिया गया है और अब वह दूसरे कैंप में चला गया। बच्चों ने पूछा—हमारा बुड्ढा कहाँ है? ब...
- वह बेचारा समझ नहीं सका कि पिता जी का क्या इशारा है?... पिता जी का यह इशारा था कि एक भाई लड़ाई में मारा गया, तुझे भी मरना चाहिए था। वह इशारा समझ गया, लेकिन उ...
- वह भी फिर वेश्या है क्या?... नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है। बाकी सब वेश्या हैं। ये कैसे हो सकता हैं? बेटे, यह तेरे आँखो...
- वह भी फिर वेश्या है क्या?... नहीं साहब! हमारी लड़की तो वेश्या नहीं है। बाकी सब वेश्या है। ये कैसे हो सकता है? बेटे, यह तेरे आँखों...
- वह वातावरण अयोध्या में कहाँ था?... वहाँ तो राजपाट होता था, लड़ाई झगड़े होते थे, मुकदमे होते थे, दूसरी बातें होती थीं, पर वहाँ तप का वाताव...
- वह समझ गया कि इसका मतलब क्या है?... अर्जुन ने कहा-अच्छा, आपको मेरे जैसा बच्चा चाहिए पर आप जिस तरीके से चाहती हैं, उस तरीके से बच्चा न हु...
- वह सिद्धि कौन सी है?... वह सिद्धि भगवान की सिद्धि है, तीसरी सिद्धि है। भगवान की सिद्धि किसे कहते हैं? जिसे हम दैवी अनुग्रह क...
- वह सोच लेगा कि न खाने से क्या आफत आ जाएगी?... अच्छा साहब मरेंगे, पर गलत काम नहीं करेंगे। ऐसी क्रिया का नाम है, सफेद-स्वच्छ-निर्मल हँस। हँस उस व्यक...
- वह हँसा, उसने कहा-हमको अपने पेट का तो गुजारा करना ही मुश्किल पड़ता है फिर तुम्हारा गुजारा कैसे कर सकते हैं?... उसने कहा-हम पेट पालने के लिए आपकी सहायता माँगने के लिए नहीं आए? आपकी सहायता करने के लिए आए हैं। हम ब...
- वहाँ क्या हो रहा है?... बेटे! सारे का सारा अमेरिका, जिसमें से अस्सी फीसदी नागरिकों की बात में कहता हूँ टेंशन में बेतरह दुखी ...
- वहाँ भी, हमारी गवाहियाँ सुरक्षित हैं ताकि कोई आदमी यह न कहे कि पाँच आदमियों की गृहस्थी दो सौ रुपए में नहीं चल सकती?... जरूर चल सकती है। पैसे का संयम कीजिए। पैसे का संयम करेंगे तो बुरे कामों से बच जाएँगे। नशाखोरी से बच ज...
- वही अपनी सम्पत्ति हो जाती है, लेकिन यह भी सच कहाँ है?... जिस जमीन पर हम बैठे हुए हैं, वह किसकी है? हमारी है। नहीं बेटे! यह हमारी नहीं है, यह ब्रह्माजी ने बना...
- वाणी के द्वारा?... वाणी के द्वारा सम्भव रहा होता तो बेटे रेडियो स्टेशन जिनके पास हैं, उनको वाणी के द्वारा व्याख्यान करने...
- वाणी जो हमारी है इससे हम उच्चारण करते हैं तो समझ- सोंचकर उच्चारण नहीं करते कि हमको क्या कहना है?... किससे क्या बात करनी चाहिए? किससे नहीं करनी चाहिए? जो हम कह रहे हैं, वह दूसरे के लिए फायदेमंद है या न...
- वातावरण को अनुकूल बनाने के लिए आध्यात्मिक प्रयासों का क्या महत्त्व हो सकता है?... इसे अगले किसी व्याख्यान में बताऊँगा। अभी तो वातावरण को कैसे अनुकूल किया जाता है और जरूरत क्यों पड़ती ...
- वानर और रीछ किससे प्रेरित हुए?... अयोध्या वालों से प्रेरित हुए। उनसे प्रेरित होकर उन्होंने कहा कि देवसेना में हम भी भरती होते हैं और द...
- वानरों ने, रीछों ने ये कहा, अगर मनुष्य दैवीय सभ्यता 'को जीवन में ढाल सकते हैं, तो हमको भी ऐसा जीवन ढालने में क्या आपत्ति हो सकती है और हम भी ऐसा जीवन ढालने में क्यों पीछे रहेंगे?... रीछ-वानर अपनी जान हथेली पर रखकर तैयार हो गए।दैवीय सक्रियता क्या होती है? क्या वह मिठाई खाती है, महल ...
- वाल्मीकि ने भी तो यही किया था?... हाँ साहब! किया था। और किस-किस ने किया था? जहाँ तक मैंने जिन-जिन लोगों के नाम सुने हैं, उनमें से प्रत...
- वास्तविकता के फायदे बताने के बाद मैं आपको आध्यात्मिकता के तरीके बताना चाहूँगा कि आपको क्या करना चाहिए?... वास्तविकता के फायदे जानने के बाद यदि आपको काफी मालूम पड़ते हों, तो आप अध्यात्म के नजदीक आइए और अगर ये...
- वास्तविकता यह जाननी चाहिए कि यह जहर किसने बोया?... यह जहर उस आदमी ने बोया, जिसको हम समझदार कहते हैं और अकलमन्द कहते हैं मोहम्मद अली जिन्ना कहते हैं। य...
- विचार करने लगे कि अब किधर चलें?... खाना न मिले तो कोई हर्ज नहीं, पर पानी तो मिलना ही चाहिए। पानी की तलाश करते-करते एक ऐसी जगह पहुँच गए ...
- विचार ही हैं आदमी के पीछे और है क्या?... नहीं तो माँस और हड्डियाँ हैं। उसके भीतर जो प्राण-कर्म करता है, विचार कार्य करते हैं। विचारों का विस्...
- विटामिन जी कांपलेक्स क्या है?... यह कुछ भी नहीं है, गेहूँ का छिलका है। छिलकों को पानी में भिगोकर जो मसाला निकल जाता है, उसी को बना ले...
- विद्या की कमी को आप पूरा नहीं करेंगे, तो उन्नति कैसे होगी?... आपके ज्ञान का दायरा कैसे बढेगा? बुद्धि का विकास जैसे होगा? इसलिए यहाँ आत्मनिर्माण के लिए भी ढेरों का...
- विद्या को आप नहीं पढेगे, स्वास्थ्य को आप नहीं सुधारेंगे, जनसम्पर्क नहीं बढाएँगे, सेवा के लिए कदम नहीं बढ़ाएँगे, तो काम कैसे बनेगा?... अतः जो काम करने हैं, वह तो करने ही पड़ेंगे। आप अपनी गलती को सुधारिए और अपनी योग्यताओं को, अपनी क्षमता...
- विद्या से मैं चैन से रहा हूँ लेकिन उसके पास विद्या होने से भी क्या लाभ हुआ?... उसके पास धन था, विद्या थी, बल था, सब कुछ तो था, लेकिन एक ही बात की कमी थी भावनात्मक स्तर ऊँचा न होना...
- विद्या हो जाए तो क्या?... उससे कोई खास फायदा नहीं हो सकता है। इसलिए मैं आपसे एक निवेदन कर रहा था कि हमको बड़ी फैक्टरियाँ नहीं ब...
- विद्यार्थियों से, स्कूलों और कॉलेजों में जाकर पूछा जाए कि आपका भविष्य क्या है और आप क्या करेंगे?... उनमें से 99 प्रतिशत बच्चों का एक ही उत्तर होगा कि हम नौकरी करेंगे। इतनी नौकरी कहाँ से आएँगी? जब सारे...
- विनोबा पर कितनी जमीन आ गई थी?... करोड़ों एकड़ जमीन भूदान में आ गई थी। मैं क्या कहूँ बेटे, कोई इतनी जमीन खरीदता, तो दिवाला निकल जाता। ह...
- विनोबा भावे और जवाहरलाल नेहरू में क्या मुकाबला है?... एक छोटे, गरीब घर में, कंगाल घर में पैदा हुए। न इनके पास साइकिल है, न इनके पास मोटर है, न इनके पास और...
- विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह पता ही नहीं चलता कि रावण का मकान कहाँ है, लंका कहाँ है और वहाँ तक जाने का रास्ता कहाँ है?... तो क्या रामचंद्र जी ने रावण को मारा था? नहीं, निन्यानवे आदमियों ने मिलकर के रावण की मारा था। निष्कलं...
- विरोध करके नई चीज को खड़ा करना कितना मुश्किल है?... एक चीज को गिराया जाए और फिर एक नई इमारत बनाई जाए इसकी अपेक्षा यह क्या बुरा है कि जो बनी-बनाई इमारत ह...
- विवाह का दिन है, आज तो प्रसन्न हैं?... अरे साहब! विवाह क्या हुआ, आफत आ गई। बीबी आ गई, बाल बच्चे हो गए। अब तो कोई खुशी नहीं है, उस दिन तो कि...
- विवाह- शादियों पर खरच होने वाली धनराशि किस तरीके से हमें गरीब और बेईमान बनाती है?... दहेज एवं मृत्युभोज के नाम पर कितना पैसा खरच होता है? भिक्षा व्यवसाय में लाखों की तादाद में आदमी कैसे...
- विवेकशीलता के आधार पर क्या बात सोची जानी चाहिए और क्या नहीं सोची जानी चाहिए?... क्या किया जाना चाहिए और क्या नहीं किया जाना चाहिए कौन सी दिशा गलत है और कौन सही है? इसका शिक्षण किया...
- विशेष प्रभाव और विशेष चमक क्या है?... वह है जिनको हम विभूतियाँ कहते हैं। कुछ संपदाएँ होती हैं, कुछ विभूतियों होती हैं। संपदाएँ क्या होती ह...
- विश्वामित्र कहाँ रहते थे?... उनकी कुटिया कहाँ थी? यहीं थी, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज है। यह विश्वामित्र का स्थान है।वातावरण का कितना अस...
- विश्वामित्र ने इस धारणा पर विचार किया कि क्या गाय इतना धन और वैभव इकट्ठा कर सकती हे?... एक गाय इतना युद्ध कर सकती है? यह गाय बड़ी जबरदस्त है। इस गाय को प्राप्त करने के लिए हमको प्रयत्न करना...
- विश्वामित्र ने हरिश्चंद्र को ही दोस्त क्यों बनाया?... इससे कम में काम नहीं चल सकता था? अभी भी हजारों गाँधियों को पैदा करने की ताकत हरिश्चंद्र में है। गाँध...
- वे आदमी, जो कमाते तो बहुत हैं, लेकिन सारे का सारा खरचा अपने लिए कर डालते हैं, उनको मैं और क्या कह सकता हूँ?... उनको चोर कहिए। नहीं बेटे! मैं चोर तो नहीं कह सकता, पर एक शब्द उनके लिए कह सकता हूँ कि ऐसे आदमी पत्थर...
- वे ऐसा किसलिए खाते हैं?... इसलिए कि वे जबान के जायके पर काबू करके खाते हैं। जबान के जायके का अभ्यास आपको यहाँ नहीं हो सका, तो आ...
- वे कब बुड्ढे हुए थे?... उनकी लड़ाई कब हुई थी? यह कहानी आप सुन लीजिए कोई भी सुना सकता है, पर भागवत् नहीं सुनी जा सकती। भागवत् ...
- वे कर्तव्य क्या हैं?... कर्म क्या हैं? उसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं, जो हमारे कन्धे पर रखा हुआ है। कर्म हमारे कन्धे पर रखा हुआ ह...
- वे कहते थे कि तू क्या करेगा, नौकरी करेगा?... अरे हमारा काम हर्ज हो रहा है और तू नौकरी के फेर में पड़ा है। हम लोगों को मुक्त करने आए हैं। हमारा का...
- वे कहाँ रहते थे?... हिमालय पर। कौन भी जगह? ऋषिकेश में। ऋषिकेश में वह पुराणों की कथाएँ कहते थे। शौनक जी पूछते थे और सूत ज...
- वे किस तरीके से लाएँगे?... व्यक्ति के रूप में अवतरित होकर? नहीं बेटे ! भगवान जब कभी अवतार रूप में आते हैं तो व्यक्ति के रूप में...
- वे किसी का लड्डू और चूरमा खाने के लिए भूखे कहाँ थे?... लेकिन महावीर मदिर, जो जगह-जगह सारे महाराष्ट्र में समर्थ गुरु रामदास के द्वारा बनाए गए, उसका एक ही उद...
- वे कैसे लम्बे-लम्बे बाल बनाते हैं और बाल खड़े रखते हैं?... आप क्या करना चाहते हैं? हम भी बाल खड़े रखेंगे? तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस...
- वे कौन- कौन व्यक्ति थे?... बेटे, उनमें से एक का नाम रावण था। रावण ने बहुत तप किए थे और तप करने की वजह से शंकर जी को प्रसन्न कर ...
- वे क्या हैं?... आठ-दस तो वे हैं, जो पोस्ट ग्रेजुएट हैं, पी-एच० डी० हैं, मेडिकल के एम०बी०बी०एस० हैं, एम०एस० हैं, एम०ड...
- वे चारों ओर देखते रहते हैं कि हमारा पिछड़ा हुआ समाज, हमारा दुखियारा समाज, हमारा गया गुजरा समाज अगर दुखी है तो हमको किस तरीके से गुजारा करना चाहिए?... हमें औसत भारतीय ढंग का जीवनयापन करना चाहिए। औसत भारतीय जिस तरह से जीवनयापन करता है, हमारा खरच भी उसी...
- वे तब तक अच्छी नहीं हो सकती, जब तक आदमी आध्यात्मिकता के रास्ते पर लौटकर नहीं आएगा, तब तक आदमी का पिंड बीमारियों से नहीं छूटेगा और घर का नरक?... बेटे घर का नरक भी दूर नहीं हो सकता। अगले दिन और खराब होंगे गुरुजी! हमारे घर का नरक तो दूर हो जाएगा। ...
- वे दुनिया में किस काम के लिए अवतार लेते रहे हैं?... देवता दुनिया में किस काम के लिए आते रहे हैं? वे केवल एक काम के लिए आते हैं-श्रेष्ठ कामों के लिए सहाय...
- वे पहलवान के पास गए और यह देखा कि पहलवान क्या किया करता है?... उसे दण्ड पेलते हुए देखा और बैठक करते हुए देखा। यह देखकर कई आदमियों ने दण्ड पेलना और बैठक करना शुरू कर ...
- वे राक्षस नहीं हो सकते तो फिर बडे दाँत वालों को और काले चेहरे वालों को आपने कैसे राक्षस बता दिया?... राक्षस सींग वाले होते हैं। सींग तो साहब गाय के होते हैं, तो गाय हो गई राक्षस? अरे महाराज जी! आप क्या...
- वे सभी कहते थे कि आप बेवकूफी का कदम उठा रहे हैं, लेकिन बेवकूफी का कदम उठाने वालों ने समय को देखा, जाना और जानने के खाद में क्या से क्या हो गए, आपने देखा?... एक छोटा सा वकील वल्लभ भाई पटेल क्या से क्या बन गया? हिन्दुस्तान का गृहमंत्री। छोटा सा मौलाना अबुल कला...
- वेदांत क्या है?... वेदांत का अर्थ है --नास्तिकवाद। नास्तिकवाद का अर्थ क्या होता है? नास्तिकवाद का अर्थ ये होता है कि भग...
- वैराग्य क्या होता है?... बेटे! वैराग्य -यह होता है कि जिन चीजों में मन के भागने की बहुत आदत है, उन आदतों से उसको विरक्त कर दि...
- वैसे तो लोग अन्य मदों में ढेरों पैसा खरच कर देते हैं, तो महीने भर में एक जनेऊ पर खरच क्यों नहीं कर सकते हैं?... उससे क्या आफत आ जाएगी? अत: हमको यज्ञोपवीत की स्थापना करनी पड़ेगी और हम उसे व्यापक आन्दोलन के रूप में ...
- वो क्या करते थे?... गुरुजी! वे दोनों ऐसे लड़े कि बेचारी गेहूँ की फसल और धान की फसल को चौपट करके धर दिया। लड़ते-लड़ते वे ...
- वो क्या चीज थी, जो आँखों से नहीं देखी?... उन्होंने कहा कि आपने हमारे आहार- विहार, संयम और ब्रह्मचर्य के बारे में गौर नहीं किया। हम अपने आहार- ...
- वो तो और भी अच्छा है, आप वहीं क्यों नहीं करते?... मित्रो! आप नकद धर्म को ग्रहण कीजिए और उसकी कीमत चुकाइए। नकद धर्म कैसा होता है? जो ध्यान हम आपको सिखा...
- वो तो सब कुछ ठीक है आपका, लेकिन जप-पूजन किस काम के लिए किया जाता है, वह काम आपने क्यों नहीं किया?... तो आपको रिझाने के लिए कौन सा काम किया जाता है? नाच-कूद करते तो हैं। भगवान को रिझाने के लिए नाच-कूद क...
- वोटरों को समझाना पड़ेगा कि उनको अपना प्रतिनिधि किन्हें चुनना चाहिए?... उनको वोट किन सिद्धान्तों के लिए देना चाहिए? जात-बिरादरी के नाम पर नहीं, मेल-मुलाकात के नाम पर नहीं, क...
- व्यक्ति को कैसा होना चाहिए?... व्यक्तिगत जीवन का परिष्कार कैसे होना चाहिए? यह हम रामायण के द्वारा लोगों को सिखा देंगे, यह हमें पू...
- व्यक्ति के रूप में अवतरित होकर?... नहीं बेटे ! भगवान जब कभी अवतार रूप में आते हैं तो व्यक्ति के रूप में नहीं आते। वे हवाओं के रूप में आ...
- व्यक्तिगत जीवन का परिष्कार कैसे होना चाहिए?... यह हम रामायण के द्वारा लोगों को सिखा देंगे, यह हमें पूरा विश्वास है। रामायण में वे सारी की सारी ...
- व्यक्तिगत जीवन में आपके गुण, कर्म और स्वभाव सम्बन्धी गलतियों क्या हुई और क्राइम-अपराध, जुर्म करने के सम्बन्ध में क्या भूलें हुई?... इन दोनों के बारे में एक बार विचार किया कीजिए यह विचार करना बहुत जरूरी है। इससे यह मालूम होता है कि ह...
- व्यवहार आपका इस तरह का न होगा, तो मित्र लोगों को यह पता लगाने में, अंदाज लगाना मुश्किल हो जाएगा कि आपके विचार क्या है और सिद्धान्त क्या हैं?... जो विचार और सिद्धान्त आपको दिए गए थे, वो आपने अपने जीवन में धारण कर लिए हैं, कि नहीं किए हैं। आपको ये...
- व्याख्या क्यों करते हैं?... आप तो दनादन हवन कराइए और धड़ाधड़, तड़ातड़ आँसू गिराइए। व्याख्या क्यों करते हैं? बेटा, हम व्याख्या नहीं क...
- व्याख्यान आ जाएगा?... बेटे! साइकिल चलाना आता होगा तो आ जाएगा। कैसे? साइकिल चलाने में डर लगता है। गिर पड़ेंगे तो डर पक्का है...
- व्याख्यान करना सीख जाऊँगा?... हाँ सीख जाएगा, बस झिझक निकाल दे। यहाँ व्याख्यान देना सीखकर गंगा जी के किनारे चला जाया कर। वहाँ पत्थर...
- व्याख्यान में भी कुछ होता है क्या?... कुछ भी नहीं है। बस तेरा दिमाग अपसेट हो जाता है। तेरी जिन्दगी फैली हुई है, बन्दर की तरह मचक-मचक करता ह...
- व्यायाम की अपनी जगह बड़ी आवश्यकता है और बड़ा महत्त्व है, लेकिन व्यायाम से सौ गुना, हजार गुना महत्त्व इस चीज का है कि आदमी का रहन- सहन और आहार- विहार किस तरह का है?... आप रहन- सहन, आहार- विहार की उपेक्षा करेंगे और केवल आँख से जो कसरत दिखाई पड़ती है, उसी को सब कुछ मान ल...
- शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों नहीं आती?... शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से मिलते और पददलित होते चले जा रहे हैं?? भगवान हमारी कब सहायता...
- शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से मिलते और पददलित होते चले जा रहे हैं?... ? भगवान हमारी कब सहायता कर सकते हैं? ये विचार मैं देर तक करता रहा।अठारह पुराणों का अनुवाद मैंने संस्...
- शंकर जी की कर लूँ साधना?... नहीं बेटे! शंकर जी के पास तो भूत-पलीत, साँप, पार्वती जी, कार्तिकेय जी, गणेश जी और उनका शेर, बैल, उनक...
- शंकर जी के पास धन था क्या?... मकान था क्या? नहीं था। कपड़ा था क्या? नहीं था। नंग- धड़ंग मरघट में पड़े रहते थे। उनके अपने घर में तो ...
- शंकराचार्य के इतिहास को देखिए कि उनने जिन्दगी भर क्या किया?... ऋषियों में से प्रत्येक का इतिहास देखिए। नागार्जुन का इतिहास देखिए। चाणक्य का इतिहास सुनाइए, चरक का इ...
- शंकराचार्य फिर क्या हुए?... वे शंकर भगवान के अवतार माने जाते हैं। अगर आदि शंकराचार्य ने अपने दृष्टिकोण में हेर-फेर न किया होता त...
- शकुन्तला कौन थी?... वह कण्व ऋषि की बेटी थी, हाँ बेटी ही कहिए और उसके बच्चे भरत का जन्म, पालन जो हुआ था, यहाँ कोटद्वार ना...
- शक्ति कहाँ से आ जाती है?... क्यों आ जाती है? उद्धार कैसे हो सकता है? ऐसे अनेक प्रश्न तुलसीदास जी के मन में उत्पन्न हुए?? उनका सम...
- शत्रु तो नुकसान कर सकते हैं और मारकाट सकते हैं?... बेटे! मारकाट तो बुखार भी कर सकता है। नहीं साहब! वह तो आपको मार डालेगा। अरे बेटे वह तो बड़ा आदमी है। म...
- शब्दों में कितनी ताकत है?... बेटे! बस, इतनी ताकत है कि हम उसे टेप कर लाए और हम उस सुग्गे का नाम ले रहे हैं। और कोई ताकत है? और को...
- शरीर का तो धूपबत्ती से काम नहीं चलेगा तो फिर भगवान का कैसे काम चल जाएगा?... भगवान जी पर चन्दन चढ़ाऊँगा, अच्छा तो तू चन्दन अपने ऊपर चढ़ा ले। नहीं महाराज जी चन्दन से मेरा काम नहीं चले...
- शरीर की क्रियाशीलता, मस्तिष्क की विचारणा और अन्तःकरण की उदारता पारमार्थिक कार्यों में कितना अधिक नियोजित हो रही है?... समर्पण भक्ति की, निष्ठा की परख है। एक सन्त ने कहा है कि समर्पण का अर्थ है-''मन अपना विचार इष्ट के, हृ...
- शरीर के वाह्य स्वरूप को क्यों देखता है?... शरीर का मूल्यांकन आध्यात्मिक आधार पर मित्रो! यह जो हमारा शरीर है, इसका बाहरी चमड़ा अष्टावक्र के तरीके...
- शरीर को क्या देना चाहिए?... शरीर बेचारा मुसीबत में फँसा हुआ है रोज-रोज बीमार पड़ जाता है, रोज-रोज कमजोर को जाता है, इसे कुछ देना ...
- शरीर में हड्डियाँ कितनी हैं?... ये इतनी हैं कि इनके भस्मीभूत होने पर इससे दस फीट चौड़ी और सात फीट लम्बी रिक्त दीवार को पोता जा सके। यह...
- शादी किसे कहते हैं?... मौसम को शादी कहते हैं। एक साल एक बीबी से शादी की, अगले साल उसे भगा दिया। दूसरे साल दूसरी शादी कर ली।...
- शाहजहाँ के ताजमहल की तुलना में आज यदि मुझसे पूछा जाए कि ज्यादा दिलेर कौन सा था और जनता की श्रद्धा किसके ऊपर टपकती है?... तो मैं समझता हूँ कि शाहजहाँ की तुलना में हजारी किसान था, जिसके ऊपर हमारी आँखों में से आँसू और श्रद्ध...
- शिक्षा के लिए पैसा कहाँ से आएगा?... इनको खेलने के लिए रेल कहाँ से आएगी? हमको तो बस काम-वासना से प्यार है। हम तो चौरासी बच्चे पैदा करेंगे...
- शिक्षा बढ़ेगी, सभ्यता बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते हैं?... दौलत बढ़ेगी, तो हम क्या कर सकते है? मित्रो! इससे आदमी के ऊपर मुसीबतें ही आएँगी। हम और आप जिस जमाने म...
- शिक्षाएँ क्या है?... प्रकाश क्या है? बुद्धिजीवी जनता उमड़ती और घुमड़ती चली आ रही है। हर बात में क्यों और कैसे? क्यों और कै...
- शिखा और यज्ञोपवीत क्या हैं?... बताइए। ये हैं हमारे गायत्री मंत्र और यज्ञ। ये दोनों के दोनों प्रतीक हैं। यज्ञ से उपवीत किया हुआ, यज्...
- शिखा क्या है?... शिखा एक विवेकशीलता की देवी, ज्ञान की देवी हमारे मस्तिष्क के ऊपर हावी है। मस्तिष्क के ऊपर हावी है और ...
- शिखा क्या है?... शिखा के पीछे तीन चीजें छिपी पड़ी हैं। हिन्दू समाज में शिखा की शिक्षाएँ तीन बताई जाती हैं। इसके पीछे ती...
- शिखावंदन क्या है?... इसके पीछे एक और बात छिपी हुई है। क्या छिपी हुई है? इसके पीछे भगवान की मूर्ति छिपी हुई है। शंकर जी की...
- शिवाजी के नाम से जो संग्राम चला, उसके असली संचालक कौन थे?... समर्थ गुरु रामदास। समर्थ गुरु रामदास का इतिहास भगवान का इतिहास है। आपके ये पूजा करने के ढंग भगवान से...
- शिवाजी ने कहा कि मेरे पास वैसी साधन सामग्री कहाँ है?... मैं तो छोटे से गाँव का एक अकेला लड़का, इतने बड़े काम को कैसे कर सकता हूँ। समर्थ गुरु रामदास ने कहा, &...
- शीरा जानते हैं, किससे बनता है?... गुड़ में से निकलता है। बच्चों ने आपस में रूई चिपका दी और वह बन गया लंगूर। उसके एक पूँछ लगा दी और वह ल...
- शुकदेव को इस बात का ज्ञान नहीं है कि मर्द कौन होता है और औरत क्या होती है?... इन्हें दोनों में फरक का ज्ञान नहीं था। ये परमहंस थे। उनकी दृष्टि में कोई अन्तर नहीं था। हमने उनकी दृष...
- शुकदेव जी कौन हैं?... शुकदेव जी व्यास जी के बालक हैं, जिनकी उमर चौबीस-पच्चीस साल है। चौबीस साल के बच्चे को बुला लें और नब्...
- श्रद्धा से रहित आदमी के पास भगवान कहाँ से आ जाएगा?... देवता कहाँ से आ जाएगा? मंत्र कहाँ से आएगा। श्रद्धा के बिना पूजा-पाठ एवं सारे कर्मकाण्ड प्राणहीन,खोखल...
- श्रद्धा है आप में?... अगर ये नहीं हैं, तो ये बहाने मत बनाइए कि शाखा बन्द हो गई है। कोई आता नहीं है। सबमें लड़ाई हो गई है। स...
- श्रवण कुमार के तरीके से बेटे होते हैं और राहुल के तरीके से बेटे होते हैं और बेटियाँ कैसी होती हैं?... बेटियाँ संघमित्रा के तरीके से होती हैं। संघमित्रा सम्राट अशोक की बेटी थी। उसने कहा, पिता जी आपने संन...
- श्रीकृष्ण भगवान को भी कलंक लगा?... हाँ, उनको भी कलंक लग गया था। इनसानों में से सबको कलंक लगा है। फिर निष्कलंक कौन हो सकता है? निष्कलंक ...
- श्रीकृष्ण भगवान निष्कलंक थे?... मालूम नहीं है। स्यमंतक मणि की चोरी लग गई थी उन्हें। श्रीकृष्ण भगवान को भी कलंक लगा? हाँ, उनको भी कलं...
- श्रेष्ठ तरीके से क्यों न भरें?... पेट भरने के अलावा जो कार्य कर सकते हैं, उसे क्यों न करें?...
- संघमित्रा जो थी, उसने कहा, पिता जी क्या करना पड़ेगा?... बेटी, हमारे रास्ते पर चलना पड़ेगा। सम्राट अशोक की बेटी संघमित्रा निकल पड़ी और उसने जितने बुद्ध ने विहा...
- सन्त चाँदी की गाड़ी पर कैसे सवारी कर सकता है?... आपको यहाँ से जाने के बाद अपना पुराना बड़प्पन छोड़ देना चाहिए और पुराने बड़प्पन की बात भूल जानी चाहिए।...
- सन्त जिसे कहते हैं?... जो दयालु होता है। जिसके हृदय में करुणा एवं दया होती है। जो दूसरे के दुःखों को समझते हैं। दूसरे के दु...
- सन्तान क्या होती है?... सन्तान औरत के पेट से पैदा होने वाले बच्चे को नहीं कहते हैं। सन्तानें उन्हें कहते हैं जों पीछे बन ला क ...
- सन्तुलन कैसे बिठाया जाएगा?... भगवान ने भी यह प्रतिज्ञा कर रखी थी कि हम धर्म की स्थापना के लिए और अधर्म के विनाश के लिए वचनबद्ध हैं...
- सन्तोष किसको रहेगा?... सन्तोष सिर्फ एक आदमी को रहेगा, जिसने अपने जीवन का क्रम ऐसा बना लिया है कि जिससे उसके अन्दर अन्तर्द्वन्द...
- सन्तोष किसे कहते हैं?... बेटे, सन्तोष उसे कहते हैं, जिसके कारण आदमी मस्ती में झूमता रहता है, खुशी से झूमता रहता है। आदमी की पर...
- संध्या तो करते हैं, पर यह नहीं मालूम कि संध्या का उद्देश्य क्या है, संध्या क्यों की जाती है?... लोग साधु-संन्यासी तो बन जाते हैं, पर इसके उद्देश्यों का ज्ञान उन्हें नहीं होता है। साधु और संन्यासी ...
- संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है?... संन्यासी का स्वरूप साफ नहीं करेंगे तो आप देखना, अभी कुंभ में २५ हजार आदमी तो भी हैं, पर अगले वाले कु...
- सम्पत्ति से क्या लाभ रहा?... विद्या से मैं चैन से रहा हूँ लेकिन उसके पास विद्या होने से भी क्या लाभ हुआ? उसके पास धन था, विद्या थ...
- संपदाएँ क्या होती हैं और विभूतियों क्या होती हैं?... संपदा उसे कहते हैं जो कि बाप-दादों की है। वे उसे छोड़कर चले जाते हैं और हम उस कमाई को बैठकर खाया करत...
- संसार में संगीत गायन तो बहुत हैं, शब्द बहुत हैं, पर हमारे कान न हों, तो उन शब्दों का क्या मतलब?... संसार में ज्ञान-विज्ञान तो बहुत हैं, पर हमारा मस्तिष्क न हो तो उसका क्या मतलब ईश्वर उन्हीं की सहायता...
- संसार में सौन्दर्य तो बहुत हैं पर हमारी आँख न हो तो उसका क्या मतलब?... संसार में संगीत गायन तो बहुत हैं, शब्द बहुत हैं, पर हमारे कान न हों, तो उन शब्दों का क्या मतलब? संसा...
- संस्कृति अगर हम सबकी एक हो तो आदमी अलग- अलग धर्म के नाम पर आपस में टक्कर क्यों मारे?... अगर दुनिया में एक राष्ट्र हो और सारे के सारे देश उसी के प्रांत मान लिए जाएँ तो राष्ट्रों के बीच कलह ...
- संस्कृति किसे कहते हैं?... संस्कृति कहते हैं - विचार करने की शैली को, चिन्तन को, भावना को और दृष्टिकोण को। जब हमारा दृष्टिकोण पर...
- संस्कृति की सीता को वापस लाने के लिए अब हम क्या कर सकते हैं?... हमारी और आपकी जैसी भी हैसियत होगी, कोशिश करेंगे। अच्छे कामों के लिए जब आदमी कमर बाँधकर खड़े हो जाते ह...
- संस्कृति रावण के मुँह में चली जाएगी, तो क्या होगा?... बिलकुल यही होगा, जो अभी बताया है। बेटे! अर्थशास्त्र हमको यही सिखाता है। इकोनामिक्स हमें यही सिखाती ह...
- सड़क पर कौन जाती है?... गंगाजी पर कौन नहा रही है? सब वेश्या। अरे साहब! दुनिया में कोई सती साध्वी, बेटी,माँ,बहन कोई है? नहीं ...
- सत्संग से भी नहीं और कलम से?... कलम से तो आप बहुत अच्छा लिखते हैं। बेटे, हम अभी और अच्छा लिखेंगे, पर अगर आपका ये ख्याल है कि कलम से ...
- सदन का नाम सुना है आपने कि वह कैसा आदमी था?... कसाई का धंधा करता था, जानवर काटता था। पवित्र शालिग्राम पत्थर के बदले माँस तौल-तौलकर बेचता था। बेचता ...
- सद्गति और शान्ति कैसे पा सकेंगे?... व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते हैं कि इस दुनिया को सुंदर और समुन्नत बनाने के लिए क्या किया जाए...
- सपने में दिखाई पड़ती हैं, तो क्या लेकर आती हैं तेरे लिए?... नहीं महाराज जी, लेकर तो कुछ नहीं आती मेरे लिए वैसे ही खाली हाथ आ जाती हैं। धत तेरे की। अबकी गायत्री ...
- सप्तऋषियों की भूमि और कहाँ है, बताइए आप?... कहीं नहीं है, मात्र यहीं पर है, जहाँ आज शान्तिकुञ्ज बना हुआ है। गंगा पहले यहीं पर बहती थी। यहाँ की थोड...
- सफाई टैक्स आवश्यक है?... हाँ भाई साहब! सफाई टैक्स आवश्यक है। यदि सफाई टैक्स आप नहीं देते तो चुंगी वाला आपको गिरफ्तार करेगा, स...
- सबको टेंशन हो जाएगा?... शायद सबको हो जाए। अमेरिका में तो छाप भी दिया गया है कि सिगरेट पीजिए, टेंशन बुलाइए। सिगरेट पीजिए, कैं...
- सबने खुशियाँ मनाई, लेकिन बहुतों ने ये शिकायत की कि हमारे अन्दर मोती क्यों नहीं पैदा हुए?... थोड़ी सी सीपों के अलावा सभी सीपें इकट्ठी होकर जमा हो गई और शिकायत करने लगीं कि आपने हमारे अन्दर मोती ...
- सबसे ज्यादा गलती कहाँ है?... एक जगह है और वह यह कि आदमी के सोचने का तरीका बड़ा गलत और बड़ा भ्रष्ट हो गया है। बाकी जो मुसीबतें हैं, ...
- सबसे पहले अपने जीवन में वही धारण करने में समर्थ रहा होता, लेकिन अपने जीवन में वही धारण नहीं कर सका तो हमारे लिए क्या फायदेमन्द हो सकता है?... इतना फायदेमन्द होता तो स्वयं क्यों न अपने लिए इस्तेमाल करता! इससे मालूम पड़ता है कि दाल में कुछ काला...
- सबसे बेहतरीन तो यही है कि अब भगवान ने आपको अपने व्यक्तिगत कामों में शरीक होने के लिए दावत दी है और कभी मिलेगा ऐसा अवसर?... कभी नहीं मिल सकेगा। एक समय था, जब भगवान ने ग्वाल-बालों को दावत दी थी। क्या कहा था? आप हमारे निजी काम...
- समझ में आ गया, लेकिन ईश्वर की खुशामद करना और बहुत सारे आवरण लाद लेना, क्या मतलब है?... ईश्वर व्यक्ति नहीं है, ईश्वर वृत्ति है और भावनाओं का परिपोषण करने के लिए आदमी को विश्व मानव की सेवा ...
- समता के सिद्धान्त को यदि सभी मान लें तो जाति के नाम पर, लिंग के नाम पर, अर्थ विषमता के नाम पर जो चारों ओर हाहाकार मचा हुआ है, उसका ठहरना कैसे सम्भव हो सकेगा?... नरक हमारे भीतर है और स्वर्ग हमारे भीतर है, दानव हमारे भीतर है और देव हमारे भीतर है। देव को जगाया, उभ...
- समय कहाँ से लाए?... बेटे! पढ़ने के लिए एक घण्टा नियमित था। व्यस्तता के साथ पड़ा। परिणाम क्या हुआ? उसने अथाह ज्ञान दे दिया। ...
- समय को अगर आप बाँधकर, व्यवस्था बनाकर रखें तो समय न जाने क्या से क्या करता हुआ चला जाता है?... बेटे! मैंने साहित्य की रचना की, सेवा कर ली, पूजा? भजन भी कर लिया, लोगों से मिल भी लिया, संगठन खड़ा कर...
- समय को आप नहीं जानते क्या?... समय को आप नहीं पहचान सकते क्या?मित्रो, भगवान जब भी आते हैं तो उसके कई मकसद होते हैं। एक तो आपने पहले...
- समय को आप नहीं पहचान सकते क्या?... मित्रो, भगवान जब भी आते हैं तो उसके कई मकसद होते हैं। एक तो आपने पहले ही सुन रखा है कि वह धर्म की स्...
- समय खराब करते हैं?... अकल खराब करते हैं? उनका नाम है-मूर्ख, जो कर्मकाण्डों को ही सब कुछ समझते हैं। साहब! फलाने स्वामी जी ...
- समय तो लगेगा ना?... हाँ महाराज जी! टाइम तो लगेगा। अच्छा तो सौ करोड़ पेंट के लिए और सौ करोड़ लेबर के लिए जमा कर। तो महाराज ...
- समर्थ गुरु रामदास जाने कहाँ चले गए?... मित्रो! समर्थ गुरु रामदास वहाँ चले गए जहाँ से हिन्दुस्तान के अध्याय का नया इतिहास आरम्भ हुआ। उन्होंने ...
- समर्पण का चिन्ह क्या है?... कैसे मानें कि समर्पण किया है किसी ने किया नहीं। अपना सुख बाँटना और दूसरे के दु:खों को बँटाना। किसी क...
- समर्पण कौन कर सकता है?... समर्पण बेटा बहुत मुश्किल है। गीता में भगवान कह गए है-मन आधत्स्व मयि बुद्धि निवेशय।निवसिष्यसि मय्येव ...
- समस्याओं को कैसे हल करेंगे?... जो चीज आपके काम की थी दिमाग, उसको तो आपने गरम कर डाला, जला डाला। आप चाहें तो अपने दिमाग पर रहम कर सक...
- समाज की सेवा के अलावा मैं पूछता हूँ कि ईश्वर की सेवा और क्या हो सकती है?... कोई सेवा नहीं और ईश्वर का भजन क्या हो सकता है? आत्मचिन्तन, आत्मशोधन, आत्मनिर्माण और आत्मविकास के लिए ...
- समाज के अन्दर फैली हुई धार्मिक वृत्तियों को कैसे बढ़ाएँ?... ये सारे के सारे क्रिया-कलाप जिस माध्यम से और जिस आधार पर पूरे किए जा सकते हैं, उसके लिए कोई केन्द्र य...
- समिधाएँ ही नहीं, वरन व्यक्तियों ने किस पेड़ पर से कब, किस तरीके से उन्हें तोड़ा और उनके अन्दर कैसे संस्कार भर दिए?... हवन के लिए जड़ी−बूटियाँ आप बाजार में से नहीं ला सकते। जिस तरह से आप यज्ञ के लिए किसी मंत्र से अभिमंत...
- सरस्वती की पूजा है तो क्या आप सरस्वती के पुत्र हैं?... हाँ हम सरस्वती के पुत्र हैं, क्योंकि हमने स्वाध्याय से प्रेम किया है। स्वाध्याय के प्रेम में दिलचस्प...
- सवा लाख का अनुष्ठान क्या है?... प्रार्थना है। हमने सुना है कि पी०सी०एस० और आई०ए०एस० की नौकरी प्राप्त करने के लिए पाँच रुपए का फार्म ...
- सवा लाख के अनुष्ठान से ही लक्ष्मी मिल जाती है?... गलत है बेटे। सवा लाख का अनुष्ठान क्या है? प्रार्थना है। हमने सुना है कि पी०सी०एस० और आई०ए०एस० की नौक...
- सवाल यह है कि कब तक सहायता करेंगे, हमेशा, जिन्दगी भर?... नहीं बेटे, जिन्दगी भर नहीं कर सकते।अच्छा तो कब तक करेंगे? सिर्फ उस समय तक करेंगे, जब तक अपने पैरों पर...
- सविता क्या देता है?... सविता बेटे, सारा सामान देता है। क्या क्या सामान देता है? पिता क्या देता है? पिता बेटे की पढ़ाई के लिए...
- सविता क्या है?... यज्ञ। और सावित्री? गायत्री का नाम है। इनका जप और ध्यान। माँ का अथवा सविता देवता का ध्यान कर लीजिए। इ...
- सवेरे प्रात: काल सारे दिन की स्कीम बनाइए कि आज हमको करना क्या है?... और शाम को इसकी समीक्षा कीजिए कि हमने कोई गलती तो नहीं की है और की है तो उसका सुधार कैसे होना चाहिए औ...
- सहयोग कहाँ से मिलेगा?... बेटे, हमको पहले मिली है इज्जत, फिर हमको मिली सहायता। सहायता नहीं मिलती, तो हम कहाँ से यह सब काम चला ...
- सहस्त्रार को जाग्रत करने वाला जो प्रकाश है, वह तो आपकी आँखों के रास्ते सारा का सारा वाइब्रेशंस- तरंगों में से नष्ट हो जाएगा, फिर आप कहे कि गुरुजी हमारा सहस्रार जगा दीजिए, तो कैसे जगाएँ हम?... इसके अन्दर जो गरमी थी, ऊर्जा थी वह तो तूने खत्म कर दी। इसी तरह आहार के आधार पर जो तेरा रक्त बनता है औ...
- सहस्रार- चक्र में लगने वाली सारी शक्ति इसी में लय कर देंगे, तब फिर वह जागेगा कैसे?... सहस्त्रार को जाग्रत करने वाला जो प्रकाश है, वह तो आपकी आँखों के रास्ते सारा का सारा वाइब्रेशंस- तरंग...
- सहायता न की, तब?... तब फिर आप झल्लाएँगे कि नहीं झल्लाएँगे? मत झल्लाइए, कोशिश कीजिए, शायद दूसरों का सहयोग मिल जाए। जिस सी...
- सहायता नहीं मिलती, तो हम कहाँ से यह सब काम चला रहे हैं बताइए?... हमारे कितने जीवनदानी मुट्ठी में हैं। ब्रह्मवर्चस एक, ब्रह्मवर्चस में कितने आदमी काम करते हैं? वे क्य...
- सही- सही बताना कि जो हम करते हैं, क्या वही आप भी करते हैं या कोई और तरीके की दण्ड- बैठक करते हैं?... " पहलवान ने उनको देखा, मुआइना किया और कहा- "जैसा आप करते हैं वैसा ही हम करते हैं, कोई फर्क...
- साँड़ कहाँ होते हैं?... साँड़ हमारे भीतर रहते है। साँड़ कौन होते हैं? एक तो वे जिन्हें अवांछनीयता कहते हैं, अनैतिकता कहते है...
- साँड़ कौन होते हैं?... एक तो वे जिन्हें अवांछनीयता कहते हैं, अनैतिकता कहते हैं। बेटे, हमारे भीतर एक नैतिक पक्ष है और एक अनै...
- साइकिल चलानी आती है तुझे?... हाँ महाराज जी! कभी आती है कभी भूल जाते हैं। नहीं बेटे! साइकिल चलाना सीख ले। साइकिल चलाने में जिन दो ...
- साइक्लोन किसे कहते हैं?... चक्रवात को। चक्रवात किसे कहते हैं? बेटे! गरमी के दिनों में गाँवों में धूल का अन्धड़ आता है और गोल-गोल ...
- साथ की उन्हें किस प्रकार निरस्त किया जाए?... यह न केवल सोचना होता वरन उसके लिए दिनचर्या का ऐसा ढाँचा बनाना होता है जिसे अपनाकर उपर्युक्त चारों सं...
- साथ ही यह भी गौर कीजिए कि किस काम के लिए यह किया जा रहा है?... जिस काम के लिए भी किया जा रहा है, क्रियाएँ जो भी की जा रही हैं, उनका उद्देश्य क्या है आम लोगों ने क्...
- साधन-सामग्री के बिना उनको क्या सिखाया जाए क्या पढ़ाया जाए क्या सुनाया जाए?... इस तरीके से उस साधन-सामग्री को घर की एक संपदा के रूप में, एक तिजोरी के रूप में, एक जेवर के रूप में, ...
- साधना और कुछ नहीं है?... अपनी जीवात्मा को, अपनी अन्तश्चेतना को विकसित करते-करते हम महात्मा एक देवात्मा दो और परमात्मा तीन, यहा...
- साधना और कोई करके देता है क्या?... नहीं कोई नहीं देता, हम अपने आपका विकास स्वयं करते हैं, अपने आपका निखार स्वयं करते हैं। आत्मशक्ति को ...
- साधना किस चीज का नाम है?... साधना बेटे, इस चीज का नाम है, जिसमें हम अपनी भीतर वाली क्षमता का, भीतर वाली चेतना का विकास करते हैं ...
- साधना किसकी करनी पड़ेगी?... बेटे! अपने जीवन की साधना करनी पड़ेगी। शंकर जी की कर लूँ साधना? नहीं बेटे! शंकर जी के पास तो भूत-पलीत,...
- साधना किसे कहते हैं?... अभी तो मैं बता चुका हूँ कि साधना मलाई को कहते हैं और रगड़ाई को कहते हैं। जैसे किसान अपने शरीर की और म...
- साधना किसे कहते हैं?... बेटे! अनगढ़ को सुगढ़ बनाने का नाम साधना है। मसलन ये जमीन जिस पर हम और आप निवास करते हैं। आज से लाखों व...
- साधना बताने में तो बहुत टाइम लग जाएगा?... नहीं बेटे, ये तो मिनटों की बात है। आपरेशन में क्या देर लगती है। दवा खिलाने में क्या देर लगती है। इंज...
- साधना से क्या मकसद है?... यह मैं सब अच्छी तरह जानता हूँ। तू जो देखना चाहता है, वह तो मैं इसी तरह दिखा सकता हूँ। आपको पाने की ल...
- साधना से सिद्धि पाने का क्या रहस्य है?... इस रहस्य को न जानने के कारण ही प्राय: लोग खाली हाथ रह जाते हैं। मित्रो, साधना की सिद्धि होना निश्चित...
- सामाजिक जीवन में महत्त्वपूर्ण भूमिका अदा करने के लिए मनुष्य की नीतियाँ क्या होनी चाहिए?... दृष्टिकोण क्या होना चाहिए? समाज के साथ में अपनी डीलिंग करने के लिए लोक-व्यवहार के लिए समाज की कु...
- सारी की सारी उस कम्पनी ने, कमेटी ने फैसला कर लिया कि हम दुनिया को बताते हैं कि रामराज्य कैसे को सकता है?... रामराज्य कैसे आया? मित्रो! रामराज्य का बीज अयोध्या में बोया गया और वह भी एक छोटे से खानदान में। कैसे...
- सारी जिन्दगी में उनने क्या क्या किया?... शंकराचार्य के इतिहास को देखिए कि उनने जिन्दगी भर क्या किया? ऋषियों में से प्रत्येक का इतिहास देखिए। न...
- सारी दुनिया को हरा बनाने के लिए कितना रुपया चाहिए?... फिलहाल बेटे! तू मुझको सौ करोड़ रुपए दे दे, जिससे हम पेंट मँगा लें और सारी सड़कों और दीवारों की रँगाई ...
- सारी दुनिया में पहाड़ों की कोई कमी है क्या?... उत्तराखण्ड इसी वजह से प्रख्यात हुआ है कि इसमें चारों धाम भी बने हैं। पाँच प्रयाग भी इसमें हैं। पाँच ...
- सारे कारोबार चलाते हैं, फिर आत्मविस्मृत कहाँ हुए?... अस्वीकार करना भी कठिन है क्योंकि वस्तुतः हम ईश्वर के अंश हैं, महान मनुष्य जन्म के उपलब्धकर्त्ता हैं ...
- सारे कारोबार चलाते हैं, फिर आत्मविस्मृत कहाँ हुए?... अस्वीकार करना भी कठिन है क्योंकि वस्तुत: हम ईश्वर के अंश हैं, महान मनुष्य जन्म के उपलब्धकर्त्ता हैं ...
- सारे के सारे चमत्कार ये चेतना के हैं, जमीन की सफाई से लेकर सभ्यता, संस्कृति और वाहन और विज्ञान सब किसका है?... ये आदमी की चेतना का चमत्कार है। तू समझता क्यों नहीं है। चेतना को अगर सँवारा जा सके, चेतना को अगर सँज...
- सारे विश्व का मालिक कौन है?... भगवान। यह उसी का तो सामान है जिससे उन्होंने दुनिया को बना दिया। यहाँ जो कुछ भी वैभव आप देखते हैं, वह...
- सावित्री किस हिस्से को कहते हैं?... सावित्री उसे कहते हैं जो विज्ञान वाला भाग है। वैज्ञानिक प्रयोग के लिए सावित्री का महत्त्व है।...
- सावित्री ने उसको रोका और पूछा लकड़हारे तुम कौन हो और कैसे हो?... उसने कहा लकड़हारा तो इस समय पर हूँ पर पहले लकड़हारा नहीं था। हमारे माता पिता अन्धे हो गए हैं। यहाँ जं...
- सावित्री ने कहा --तुम कुछ और नहीं कर सकते क्या?... पैसा नहीं कमा सकते? पैसे कमा करके हम क्या करेंगे? कर्तव्यों का वजन हमारे ऊपर रखा है। पहले कर्तव्यों ...
- सावित्री बेटे गायत्री का ही दूसरा नाम है और सत्यवान?... सत्यवान उसे कहते हैं, जिस साधक ने अपना जीवन समय के लिए सिद्धान्तों के लिए अर्थात आदर्शों के लिए समर्प...
- साहब एक रुपए में रोटी कैसे मिलेगी?... आप तो जानते ही है कि आजकल तीन रुपए में थाली मिलती है। एक रुपए में पेट नहीं भरेगा। अच्छा मुनीम जी इनक...
- साहब क्या खाकर आए?... पेड़े खाकर आए, लड्डू खाकर आए, अच्छा ठीक और एक खुशी जो होती है कि आप सिनेमा देखकर आए। ये कौन सी खुशिय...
- साहब ये क्या फर्क है?... सेठ जी वही हैं, लड़के वही हैं। दोनों बाहर के थे, पर दोनों में फर्क था। क्या फर्क था? ये लड़का जो पीछे ...
- सिद्धान्तों के प्रति, जिनकी आप हर वक्त दुहाई देते रहते हैं, उनका रक्षण करने के लिए लोभ का दबाव, मोह का दबाव आप मानते हैं कि नहीं?... इनसान के बाहर वाले हिस्से पर पड़ने वाले दबाव तो कई हो सकते हैं, लेकिन भीतर वाले हिस्से पर बस दो ही दब...
- सिद्धियाँ कितनी होती हैं?... यह आठ होती हैं, लेकिन ये अष्ट सिद्धियाँ और नौ ऋद्धियाँ मेरी समझ में नहीं आती। मेरी समक्ष में तो तीन ...
- सिद्धियों की उनमें कमी आ गई?... नहीं। चमत्कार में कोई कमी आ गई? नहीं आई। मनुष्य के गौरव-गरिमा में कोई कमी आ गई? नहीं, कोई कमी नहीं आ...
- सिर काटना तो मेरे ख्याल से ऋषि के लिए क्या सम्भव रहा होगा?... यह कथन तो आलंकारिक मालूम पड़ता है। दिमाग बदल जरूर दिए होंगे। दिमाग बदलने के लिए विचार क्रान्ति की दृष्...
- सिर काटने से मतलब?... सिर काटना तो मेरे ख्याल से ऋषि के लिए क्या सम्भव रहा होगा? यह कथन तो आलंकारिक मालूम पड़ता है। दिमाग बद...
- सींग तो साहब गाय के होते हैं, तो गाय हो गई राक्षस?... अरे महाराज जी! आप क्या उलटी-पुलटी बात कह रहे हैं। हाँ बेटे! मैं उलटी बात कहकर यह समझा रहा हूँ कि यह ...
- सीता राक्षसों के मुँह में से कैसे निकलेगी?... चारों ओर समुद्र घिरा हुआ है। उस समुद्र को कौन पार करेगा? रावण कितना जबरदस्त है? राक्षस कितने जबरदस्त...
- सीता वापस आ जाएगी?... हाँ सीता वापस आ जाएगी। युग बदल जाएगा? जरूर बदल जाएगा। हमारे बिना भी बदल जाएगा? मैं आपको यकीन दिलाता ...
- सुई में कितनी ताकत है?... सुई में तो बेटे जरा भी ताकत नहीं है, पर परहेज में बहुत है।अच्छा, अब आप क्या पढा रहे हैं? अब बेटे हम ...
- सुख बड़ा होता है या शाँति?... पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को य...
- सुख बड़ा होता है या शान्ति?... पैसे वाला बड़ा होता है या ज्ञानवान? बनिया बड़ा होता है या पण्डित? तू किसको प्रणाम करता है- बनिया को या ...
- सुख हमारा कहाँ है?... यह नहीं, वरन कल्याण हमारा कहाँ है? कल्याण को देखने की अगर हमारी दृष्टि पैदा हो जाए तो यह कह सकते हैं...
- सुग्रीव और जामवंत का?... सुग्रीव और जामवंत का भी योगदान था। और विभीषण का? विभीषण का भी था। विभीषण का योगदान नहीं होता तो यह प...
- सुधार कैसे करें?... सुधार में क्या बात करनी होती है? सुधार में रोकथाम करनी होती है, मसलन आप शराब पीते हैं, तो शराब पीना ...
- सुधार में क्या बात करनी होती है?... सुधार में रोकथाम करनी होती है, मसलन आप शराब पीते हैं, तो शराब पीना बन्द कीजिए। आप बीड़ी पीते हैं, सिग...
- सुबह हमने एक किलो घी हवन कर दिया था, वह तो आपके पास डिब्बी में जमा करके रखा होगा?... नहीं, देख लीजिए भाई साहब! हमारे पास कुछ नहीं है। आप तलाशी ले लीजिए। नहीं साहब! आपके पास बैंक में जमा...
- सुल्तानपुर के गाँव -गाँव, घर-घर में उन्होंने पुस्तकें पढ़ाई और पूछा कि आचार्य जी की किताबें आप पढ़ते हैं, आपको पसन्द आती हैं?... हाँ साहब, पसन्द आती हैं और आँखों में आँसू आ जाते हैं, ऐसा गजब का साहित्य है। यह तो किसी देवता का लिखा...
- सूरज की धूप कहाँ से आती है?... सूरज की धूप का दाम निकालिए। हमारे यहाँ लाइट जलती है। सौ वाट का बल्ब जलता है, यह कितनी बिजली कंज्यूम ...
- सूरज जितने हार्स पावर का है?... कितने कैंडिल का आप समझते हैं सूरज को? वह आपके मकान पर जलता है। आप हीटर जलाते हैं, कितनी बिजली जल जात...
- सूरदास कैसे आदमी थे?... आप जाते हैं न। बिल्वमंगल का नाम सुना है न आपने। कैसी घिनौनी और कामुक जिन्दगी थी उसकी? पर जब कायाकल्प...
- सूर्यनारायण को जो पानी हम चढ़ाते हैं तो क्या वह हमारी आत्मा को बल दे सकता है?... नहीं बेटे, सूर्यनारायण को चढ़ाया हुआ पानी उस जमीन को तो गीली कर सकता है, जहाँ पर आपने पानी फैला दिय...
- सेंट लगाकर वह इसलिए गई थी कि सारे घर को, कमरों को सुगन्धित बनाकर आऊँगी, पर वह क्या करती गई?... उसने छू-छू की आवाज करना शुरू कर दिया और सारे का सारा कमरा गन्दा कर दिया। फिर क्या हुआ? लोगों ने कहना ...
- सेठ जी ने कहा, आइए, खैरियत तो हैं?... बहुत दिन में आना हुआ। आइए बैठिए साहब ! सेठ जी ने अपना काम बन्द कर दिया और नौकर से बोले, तू अख़बार ला,...
- सेठ जी ने पूछा कि यह क्या कर रही हो?... अरे साहब! इससे आपको क्या मतलब है? हम इसको बैकुंठ ले जाने वाले हैं और इसे मुक्ति दिलाने वाले हैं। हम ...
- सेशेल्स स्थान कहाँ है?... सेशेल्स एक फ्रांसीसी टापू है। जब हम वहाँ से दारूसलेम से कराची की ओर अरेबियन सागर से होकर चलते हैं, त...
- सेहत कौन दे सकता है, देवता?... देवता नहीं दे सकता। हकीम जी? हकीम जी भी नहीं दे सकते। क्यों साहब। हकीम जी के पास तो बहुत अच्छी-अच्छी...
- सैल कैसे होते हैं?... अमुक चीज कैसी होती है? विना इस जानकारी के आप ऐसे ही करेंगे आपरेशन, पेट को चीर डालेंगे, सुई-धागे से स...
- सो तुम मुझे स्वर्ग से बुलाकर कैसे धारण करोगे?... तब भगीरथ ने शकर जी से मदद माँगी। शंकर जी ने अपनी जटाएँ फैला दीं। इस तरह स्वर्ग से जब गंगा आई थीं तो ...
- सोई हुई चीज को ठीक करने के लिए क्या बाहरी शक्ति काम कर सकती है?... नहीं कर सकती। हमारे भीतर कोई चीज प्रवेश नहीं कर सकती।हमारे भीतर एक ही चीज प्रवेश कर सकती है और वह है...
- सोते समय दिनभर के कार्यक्रमों पर विचार करना चाहिए कि आज हमारा कितना शरीरबल, कितना बुद्धिबल, कितना धन व्यय जीवन निर्वाह के लौकिक कार्यों में लगा?... क्या इसमें से कुछ समय, श्रम और धन बचाया जा सकता था? यदि बचत हो सकती थी और अधिक व्यय कर डाला गया तो उ...
- सोने की साधना, मुख की साधना और जीवन की साधना कि इसे कैसे जिया जा सकता है?... जीवन कैसे उद्यमशील बनाया जा सकता है? इसे कैसे देवोपम बनाया जा सकता है? जीवन की अस्तव्यस्तता का उदारी...
- सोल का हम डेवलपमेंट कैसे कर सकते हैं?... सोल को परिष्कृत कैसे कर सकते हैं? सोल को हम शानदार कैसे बना सकते हैं, जिससे बाहर की चीजें खिंचती हुई...
- सोल को परिष्कृत कैसे कर सकते हैं?... सोल को हम शानदार कैसे बना सकते हैं, जिससे बाहर की चीजें खिंचती हुई चली जाएँ।मित्रो! हमारा अपना मैग्न...
- सोशलिस्ट में चली गयी तो क्या?... इंदिरा कांग्रेस में चली गई तो क्या? पुरानी कांग्रेस में चली गई तो क्या? वही लोग हैं। वही सब छाये हुए...
- सौ आदमी आ जाएँगे तो मैं कहाँ से लाऊँगा प्रसाद?... और पानी मिला दे, ये कभी खतम नहीं होने वाला। महाराज जी, थोड़ा-थोड़ा दूँगा तो लोग नाराज होंगे। तो बड़ा-बड़...
- सौ आदमी तो आते नहीं हैं, मैं क्या करूँगा सुल्तानपुर में?... उनने कहा कौन से जमाने की बात कह रहे हैं आप। कुछ वर्ष पहले में और अब में जमीन-आसमान का फर्क पड़ गया है...
- सौ वाट का बल्ब जलता है, यह कितनी बिजली कंज्यूम करता है?... अपने मीटर को देख लें। हमारे यहाँ जो बिल आता है, हजार रुपए से ज्यादा का आता है। हमारे यहाँ हजार डेढ़ ...
- स्टील का पंचपात्र लगा दो तो कैसा हो सकता है?... बेटे! मिट्टी का भी बना ले और अगर तेरे पास कोई पंचपात्र न हो तो हथेली में पानी रखकर पी लिया कर, उससे ...
- स्टील कैसे हो जाती है?... बेटे! उसको गरम करना पड़ता है, शोधन करना पड़ता है। इसकी मिट्टी अलग निकाल देते हैं, जला देते हैं। आप बोक...
- स्टेज पर बैठकर बोलने में क्या आफत आ गई आपको?... नहीं साहब! स्टेज पर बैठकर बोलना नहीं आता। दो बातें हो जाती हैं, इसलिए बोलना नहीं आता। हम सिखा देंगे।...
- स्टेनलेस स्टील कैसी होती है?... बेटे, ऐसी होती है, चाँदी जैसी। लोहे में और चाँदी में फर्क नहीं होता है? नहीं साहब! लोहा काला रहता है...
- स्वतंत्रता-सेनानी कैसा होता है?... बेटे! स्वतंत्रता-सेनानी बड़ा जबरदस्त होता है। कैसे? ऐसे, जो तीन महीने जेल रह आया, वह स्वतंत्रता-सेनान...
- स्वयं का या भगवान का?... बेटे स्वयं तो क्या और भगवान तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवान है। हमारा विकसित र...
- स्वयं का या भगवान् का?... बेटे स्वयं तो क्या और भगवान् तो क्या दोनों एक ही हैं। स्वयं का विकसित रूप ही भगवान् है हमारा विकसित ...
- स्वयं व्यभिचारी व्यक्ति भी जब सदाचार का समर्थन करता है तो स्पष्ट हो जाता है कि शक्ति किसकी प्रबल है?... सारा संसार व्यवहारतः असत्यवादी हो जाए तो भी बिना समर्थन का सत्य भी अपनी वरिष्ठता की विजय- ध्वजा फहरा...
- स्वराज्य आन्दोलन कहीं से शुरू हुआ?... अपने आप से शुरू हुआ। आपत्तिकाल की समस्या का हल केवल अपने आप से ही सम्भव है। ऐसा साहस भरा कार्य वे असा...
- स्वर्ग कहाँ था?... स्वर्ग हिमालय के उस इलाके में था जिसको ''नंदनवन'' कहते हैं। गोमुख से आगे। स्वर्ग जमीन पर था। सुमेरु ...
- स्वर्ग मे आप जाएँगे कि नहीं जाएँगे?... ये बाद की बातें हैं लेकिन आपको अपने विचारों में एवं चहुँओर ऐसा नजारा दिखाई पड़ेगा, जिसको कि हम स्वर्...
- स्वर्ग- मुक्ति कैसे पा सकेंगे?... सद्गति और शान्ति कैसे पा सकेंगे?व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते हैं कि इस दुनिया को सुंदर और समु...
- स्वर्गलोक में क्या रहता है?... अमृत रहता है। हम आपको अमृतपान कराएँगे, जो आपने कभी नहीं किया है। अच्छा, कराइए। बस, चारों धाम यात्रा ...
- स्वामी जी ने पूछा-''तू गलत-सलत बात क्यों कहता है?... '' कबीर ने कहा, ''नहीं आपने मेरे सीने पर पैर रख दिया था और आपने सीढ़ियों पर राम-राम कह दिया था। बस मे...
- सड़क पर कौन जाती है?... गंगाजी पर कौन नहा रही है? सब वेश्या। श्री साहब! दुनिया में कोई सती, साध्वी, बेटी, माँ, बहन कोई है?? ...
- सड़क पर चलना चाहे तो कौन रोकता है?... बादलों को निहारना चाहे तो कौन रोकता है? किसी चिड़िया के आगे दाना फेंकते हैं तो कौन रोकता है? किसी की...
- हँस किसे कहते हैं?... हँस एक प्रतीक है। तू समझता क्यों नहीं है? अरे ये प्रतीक है। हँस पर गायत्री नहीं बैठ सकती। हँस पर कैस...
- हँस की कैसी होती है?... हँस कीड़े, नहीं खाता। वह मोती खाता है अर्थात जो मुनासिब है, जो ठीक है, जो उचित है, उसको करेगा, पर जो ...
- हँस पर कैसे बैठ सकती है, हँस तो जरा सा होता है और गायत्री कितनी बड़ी होती है, बता और इतनी बड़ी गायत्री हँस पर बैठेगी, तो क्या हो जाएगा बेचारे का?... बेचारे का कचूमर निकल जाएगा। हँस पर क्या करेगी बैठकर? गायत्री को बैठना होगा तो मोटर मँगा देंगे। हैलिक...
- हँस पर क्या करेगी बैठकर?... गायत्री को बैठना होगा तो मोटर मँगा देंगे। हैलिकाप्टर मँगा देंगे। गायत्री माँ को बैठना होगा तो हवाई ज...
- हँस पर सवार होगी और किस पर सवार होगी?... कौवे पर। नहीं महाराज जी, कौवे पर नहीं हो सकती गायत्री, हँस पर सवार होती है। हँस किसे कहते हैं? हँस ए...
- हँस से क्या मतलब है?... हँस से मतलब है वह व्यक्ति, जो धुला हुआ हो। जिसने अपने कपड़ों को धोकर साफ-सुथरा बनाया हो। हँस से मतलब ...
- हँस हँसिनी कहने लगे कि इस जमाने का सबसे बड़ा ब्रह्मज्ञानी कौन हो सकता है?... उसने किसी एक ऋषि का नाम लिया। उसने कहा कि इस जमाने का सबसे बड़ा ऋषि गाड़ी वाला रैक्य है। राजा को चैन न...
- हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे?... अब हमारे लिए हज जाना मुश्किल है।" यह कौन कह रहा है? बगदाद की जमीला कह रहीं है। हज कबूल हुआ खुदा...
- हजारी किसान पढ़ा-लिखा नहीं था?... हों बेटे! पढ़ा लिखा नहीं था। अमीर था? नहीं था। विद्वान था? नहीं, विद्वान भी नहीं था। ज्ञानी था? भक्त ...
- हजारों इंच वर्षा हो गई, पर घास का एक तिनका तक पैदा नहीं हुआ तो क्या यह शिकायत गलत है?... बिलकुल सही है। सौ फीसदी सही है। यह बादलों का बड़ा अन्याय व पक्षपात है। ये कहीं हरियाली पैदा करते हैं,...
- हड्डियों में लोहा कितना है?... इसमें से एक बड़ी कील बनाने लायक लोहा मिल सकता है। यह कितने पैसे का हो सकता है? दस पैसे का हो सकता है।...
- हड्डी से गायत्री मंत्र?... अरे बेटे! यह तो रुद्राक्ष से जपा जाता है, हड्डी से नहीं। इन्हें उखाड़ दे। डॉक्टर के पास जाना और यह क...
- हथेली पर जरा सा पानी और उसमें पाँचों उँगलियाँ?... इससे क्या हो जाएगा? इससे तो होठ भी नहीं साफ होंगे। इससे तो अच्छा है कि होठ पर क्रीम लगा ले, वैसलीन ल...
- हनुमान अपने आप को नहीं जानते थे कि वे कौन हैं?... हनुमान जी को जब सुग्रीव ने यह पता लगाने के लिए भेजा कि राम-लक्ष्मण कौन हैं, तो वे अपना वेश बदलकर ब्र...
- हनुमान जी ऐसे होते हैं?... हाँ बेटे! ऐसे होते हैं। और कितनी विशेषताएँ हमारे अन्दर हैं। इनमें से एक-एक गुण, एक-एक कर्म, एक-एक आदत...
- हनुमान जी को जब सुग्रीव ने यह पता लगाने के लिए भेजा कि राम-लक्ष्मण कौन हैं, तो वे अपना वेश बदलकर ब्राह्मण का रूप बनाकर गए थे और नमस्कार करके उनसे पूछने लगे कि आप कौन हैं?... लेकिन राम उन्हें जानते थे, इसीलिए पता लगाते-लगाते, हनुमान जी को तलाश करते, अंगद को तलाश करते वे ऋष्य...
- हनुमान जी को पकड़ लेंगे?... नहीं, हनुमान जी भी पकड़ में नहीं आएँगे और रामचंद्र जी तो, भला कैसे पकड़ में आ सकते हैं? वे भी नहीं आएँ...
- हनुमान जी नहीं बने?... नहीं साहब, हनुमान जी नहीं बन सकते। तो आप छेनी की क्या करामात कह रहे थे? फिर आप हथौड़े की करामात क्य...
- हनुमान जी ने कहा कि ये हमारा काम नहीं है, आप हमें बेकार क्यों तंग करते हैं?... हम लड़के इनके पास कैसे भेज सकते हैं? जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें? अगर हम अपने...
- हनुमान जी ब्राह्मण का रूप बनाकर उनके सामने गए थे कि कहीं ऐसा न हो कि हमारे साथ मार-पीट होने लगे, तो क्या हनुमान जी कमजोर थे?... न होते तब बालि के साथ लड़ाई की होती और अपने बॉस की बीबी को नहीं छिनने दिया होता और अपनी जायदाद नहीं छ...
- हम अच्छी तरह से जानते हैं कि पूजा से, भजन से, सिद्धियों से तेरा क्या मकसद है?... साधना से क्या मकसद है? यह मैं सब अच्छी तरह जानता हूँ। तू जो देखना चाहता है, वह तो मैं इसी तरह दिखा स...
- हम अपना मुँह शीशे में देखते हैं, तो कितनी खुशी होती है, आप ये भी नहीं जानते?... इसमें जनता के सहयोग का कितना ज्यादा लाभ भरा पड़ा है, क्या आप इसे नहीं जानते? अगर आप हकीकत में आएँ तो...
- हम अपनी भुजाओं को किसलिए स्पर्श करते हैं?... हम इसलिए स्पर्श करते हैं कि हमारी भुजाएँ हमेशा परिश्रमी बनी रहें। श्रमशील बनी रहें; कर्तव्यपरायण बनी...
- हम अपने कुटुम्ब को कुछ और मजबूत बनाना चाहते हैं, सक्षम बनाना चाहते हैं, लेकिन हम क्या कर सकते हैं?... आप चाहें तो होता पुस्तकालय के माध्यम से, चल पुस्तकालय के माध्यम से, इसे अकेले ही चला सकते हैं। तीर्थ...
- हम अपने गुरु से, भगवान से जुड़ गए तो आप देख रहे हैं कि हमारे अन्दर क्या क्या चीजें हैं?... आप कृपा करके मछली पकड़ने वालों, चिड़िया पकड़ने वालों के तरीके से मत बनना और न इस तरह की उपासना करना जो ...
- हम अपने जवान कुटुम्ब से क्या कराना चाहते थे और क्या करा सकते हैं?... क्या सम्भावना है? हाँ, सौ फीसदी सम्भावना है। महाराज जी! आप तो ऐसे ही सपने देखते हैं। हाँ बेटे, हमने सप...
- हम अपने मन के ऊपर, विचारों के ऊपर कैसे नियंत्रण कर पाएँगे, कैसे संयम कर पाएँगे?... यह तो बहुत कठिन है। तो क्या करेंगे? बस, वही सबसे सरल वाला हिस्सा पकड़ लिया है। यह भूल गए कि उपासना च...
- हम अपरिग्रही हैं तो क्या करते हैं?... हम तो साहब! बैठे रहते हैं। हमारे पास कुछ है नहीं। नहीं बेटे! अपरिग्रह का अर्थ यह नहीं है, अपरिग्रह क...
- हम आपकी मदद कैसे करें?... बेटे, आपके पास जो हमारी रिसर्च है, जिसको आपने माना है, जो आप हमारी पत्रिकाएँ पढ़ते हैं, उनको आप दस आद...
- हम आपकी सेवा कर सकते हैं?... यह सुनकर राजकुमार -नारद बोला जी बता गए थे कि एक साल बाद हमारी मृत्यु होने वाली है। सावित्री ने कहा क...
- हम और आप कर सकते हैं क्या?... नहीं कर सकते। ऐसा कोई दिलेर आदमी ही कर सकता है। उसने दिलेरी के साथ और तन्मयता के साथ ऐसी मजबूत भक्ति...
- हम और आप पकड़ सकते हैं क्या?... हम और आप नहीं पकड़ सकते। भूत तो पकड़ सकते हैं? नहीं पकड़ सकते। हनुमान जी को पकड़ लेंगे? नहीं, हनुमान जी ...
- हम कम्युनिस्ट हैं?... हम कौन हैं? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माला चाहे जैसी चमत्कार...
- हम कितने घण्टे सोते हैं?... चार घण्टे सोते हैं। चार घण्टे में हमको इतनी गहरी नींद आती है कि चाहे जमीन फट जाए या आसमान टूट जाए, हमे...
- हम किस देवता की प्रार्थना करें और किस देवता के लिए हवन करें, यजन करें, प्रार्थना करें?... कौन सा देव है, जो हमारी आवश्यकताओं को पूरा कर सके। हमको शान्ति प्रदान कर सके, हमें ऊँचा उठाने में मदद...
- हम किसका स्नान कराते हैं?... तीन का स्नान कराते हैं, जो हमारे भीतर निवास करते हैं। कौन-कौन निवास करता है? शरीर नहीं, चमड़ी नहीं। च...
- हम किसलिए चमत्कार दिखलायी?... आप हमारी प्रशंसा करें और आप अचम्भे में पड़ जाएँ, यह हमारा काम नहीं है। अचम्भे में पड़ना बच्चों का काम है...
- हम किसी से प्यार करते हैं क्या?... नहीं, हम किसी से प्यार नहीं करते। बीबी से प्यार करते हैं? नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक हैं। खून की प...
- हम किसी से प्यार करते हैं क्या?... नहीं, हम किसी से प्यार नहीं करते। बीबी से प्यार करते हैं? नहीं। बीबी के लिए तो हम जोंक है। खून की प्...
- हम कुछ भी नहीं कर सके, क्यों?... क्योंकि आदमी के विचार करने का स्तर गिरा हुआ है, घटिया है, जिसने हमें मुद्दतों तक गुलाम रखा। हम अभी भ...
- हम कैसे जानें कि गायत्री की फिलॉसफी का आपने अध्ययन किया कि नहीं किया?... हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान सही हुआ है कि नहीं हुआ है? हमको इन्हीं दो बातों से मानना पड़ेगा। आपको...
- हम कैसे जानें गायत्री मंत्र आपके पास आया कि नहीं?... हम कैसे जानें कि गायत्री की फिलॉसफी का आपने अध्ययन किया कि नहीं किया? हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान...
- हम कैसे प्रकाश पैदा करें?... ? आप अपने भीतर प्रकाश पैदा कीजिए तभी दूसरों को प्रकाश दे पाएँगे। दुनिया में हम आध्यात्मिकता फैलाएँ, ...
- हम कैसे मानें कि आपका अनुष्ठान सही हुआ है कि नहीं हुआ है?... हमको इन्हीं दो बातों से मानना पड़ेगा। आपको बुखार है कि नहीं, हम कैसे जाने?बुखार जानने का एक ही तरीका...
- हम कैसे लगा देंगे?... नहीं गुरुजी! आप तो महात्मा हैं, एक इंजेक्शन तो हमारे लगा ही दें। अच्छा आप इंजेक्शन नहीं लगा सकते, तो...
- हम कैसे शुरुआत कर सकते हैं?... महिलाएँ इस मामले में बहुत योगदान दे सकती हैं। गायत्री माता भी मातृशक्ति ही हैं। महिलाओं ने धर्म की र...
- हम कैसे सुंदर हो सकते हैं?... हम कैसे सुघड़ हो सकते हैं?...
- हम कैसे सुघड़ हो सकते हैं?......
- हम कोई नास्तिक हैं?... हम कम्युनिस्ट हैं? हम कौन हैं? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माल...
- हम कौन हैं?... माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा देना चाहते हैं कि माला चाहे जैसी चमत्कारी क्यों न हो...
- हम कौन हैं?... अग्नि हैं। अग्नि कहती है कि आपको भी प्रकाशवान बनना चाहिए—एक। अग्नि की दूसरी नसीहत यह है कि हमारा जो ...
- हम क्या कर सकते हैं?... हथियार हमारे पास नहीं है। आप जरूर हमारी चोटी काट सकते हैं, लेकिन एक मेहरबानी कीजिए। क्या मेहरबानी कर...
- हम क्या कराते हैं?... हम बेटे, ये धंधा जो पैसे वाला है, ये तो गौण है, बाहर वाला है। इसके अलावा हम तीन फायदे करा सकते हैं। ...
- हम क्या बनना चाहते हैं?... हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है? आखिर हम यया बनेंगे? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रों! हमारे भीतर देवता ...
- हम क्या सेवा कर सकते हैं हाथ से?... हम आपके लिए पानी पिला सकते हैं, तेल मालिश कर सकते हैं, हजामत बना सकते हैं। और क्या कर सकते हैं? पैर ...
- हम क्या हैं?... बाँसुरी की तरह से छूँछ हैं। कुछ और है आपके पास? नहीं बेटे ! हम खालिस ब्राह्मण हैं। खालिस ब्राह्मण क्...
- हम गुरुजी को बुलाकर लाएँ, तो आप उनके लिए कुछ खरच करेंगे क्या?... उनको बुलाएँ तो आप अपना कुछ समय हर्ज करेंगे क्या? हाँ साहब! खरच करेंगे। मित्रो! उन्होंने तीन-चार दिन ...
- हम चूहे हो गए आपने अभी तक पुत्रेष्टि यज्ञ क्यों नहीं कराया?... पुत्रेष्टि यज्ञ कौन सफल करें? मित्रो! गुरु वसिष्ठ ने कहा- राजन! हमने बच्चे पैदा कर लिए, इसलिए हमारा ...
- हम जरूर सहायता करेंगे आपकी, लेकिन कब तक?... सवाल यह है कि कब तक सहायता करेंगे, हमेशा, जिन्दगी भर? नहीं बेटे, जिन्दगी भर नहीं कर सकते।अच्छा तो कब त...
- हम जिस जमाने में रह रहे हैं, उसमें आदमी न जाने क्या होने जा रहा है?... अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, तो उसका परिणाम क्या होगा? अभी जितनी ज्यादा मुसीबतें आई हैं, आगे उससे ...
- हम तो परीक्षा लेने आए थे कि क्या ऐसे भी व्यक्ति होने सम्भव हैं?... अब हमें विश्वास हो गया कि ये जो मंत्र बोलेंगे, वे फलित होंगे। मित्रो! उसे आप क्यों नहीं समझते? अक्षर...
- हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएँगे तो?... थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आपकी सुना सकते हैं। हम फिजिक्स जानते है। देखिए ये हा...
- हम तो साहब वाइवा देंगे और थ्योरी के परचे आएंगे तो?... थ्योरी, थ्योरी के झगड़े में हम नहीं पड़ते, हम तो आपको सुना सकते हैं। हम फिजिक्स जानते हैं। देखिए ये ...
- हम नहीं कह सकते कि आदमी क्या हो सकता है?... कहते हैं कि आदमी और भगवान एक हो सकते हैं। आदमी इतना विकसित हो सकता है, जितना भगवान। चेतना का परिष्का...
- हम पहले लोगों से कुछ माँगते हैं कि आपके पास क्या है निकालिए?... ? तब हम आपको देने के लिए तैयार हैं। जो भी आपके पास हो, पहले हमारे हवाले कीजिए, फिर हम विचार करेंगे क...
- हम पाकिस्तान से आए हैं, तो आप हमारा गुजारा कीजिए?... हम तो शरणार्थी हैं। ठीक है आप शरणार्थी हैं, तो हम थोड़े दिन आपकी सहायता करेंगे। इनसान को इनसान की सह...
- हम बताना चाहते हैं कि आध्यात्मिक शक्तियों को जगाने के लिए क्या किया जा सकता है?... जिस बिल्डिंग को आप देखकर आए हैं, बेटे, यह मात्र बिल्डिंग नहीं है। यह लेबोरेटरी-प्रयोगशाला है। क्या ह...
- हम भी बच्चों से कहेंगे कि बेटे, तुम अपनी मम्मी से पूछते हो या नहीं कि यह आग किसलिए जलाती हो?... तुम्हारे पिताजी ने यह कहा था कि हाथ जोड़कर नमन किया करो और चन्दन चढ़ाया करो। यह क्यों किया करते हैं, आप...
- हम भी बाल खड़े रखेंगे?... तो क्या हो जाएँगे? आचार्य जी हो जाएँगे। यह तो बहुत सस्ता है। इससे अच्छा उपाय और क्या हो सकता है। नकल...
- हम भी स्कूल खोल सकते हैं?... नहीं बेटे! तू नहीं खोल सकता। क्यों? तेरा कलेजा मक्खी-मच्छर जैसा है। चंदा आएगा तो पहले तू उससे अपना उ...
- हम माला को गाली देंगे?... हम कोई नास्तिक हैं? हम कम्युनिस्ट हैं? हम कौन हैं? माला के साथ सेवा हम तो आपको इस बात का एहसास करा द...
- हम में और तुलसीदास जी में क्या अन्तर है?... एक अन्तर है। नाक, आँख, कान, दाँत और हाथ-पाँव सब बराबर हैं, पर एक चीज जो उनके अन्दर थी, वह हमारे अन्दर न...
- हम मोह के बन्धन में क्यों बँधे?... मोह और बन्धन एक ही तरह से होते हैं। जिनसे हमको फायदा होता है, उसके साथ हमारी मोहब्बत होती है, लेकिन ज...
- हम ये किसकी बात कह रहे है?... बेटे, इसी को पिशाच कहते हैं। पाश्चात्य देशों में यही होता है।मित्रो! इसका परिणाम क्या होगा? इसका परि...
- हम रेचक प्राणायाम कर रहे हैं और यह दूसरा?... पूरक प्राणायाम कर रहे हैं। यह क्या है? साँस खींचने की प्रक्रिया और बाहर निकालने की प्रक्रिया है। साँ...
- हम लोगों ने इसे यज्ञोपवीत नाम क्यों दिया?... इसके पीछे शिखा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्या है और उसके पीछे क्या जिम्मेदारियों हैं? ...
- हम लड़के इनके पास कैसे भेज सकते हैं?... जब हमारे ही लड़के नहीं हैं, तो हम इनकी कैसे मदद करें? अगर हम अपने लड़के पैदा कर लेते तो आपके भी कर देत...
- हम शंकर को पूजा करते हैं, पर समस्याओं से घिरे हुए क्यों हैं?... शंकर की शक्ति वरदान हो करके सामने क्यों नहीं आती? शंकर के भक्त होते हुए भी हम किस तरीके से मिलते और ...
- हम सविता का शुरू में ध्यान करें?... नहीं बेटे, शुरू में मत करना, पहले माता का ध्यान करना, बाद में सविता का ध्यान करना। सविता क्या देता ह...
- हम सुपरलक्स क्यों लगाते?... हम तो इसीलिए लगाते थे कि चौबीसों घण्टे यह जो बदबू निकलती रहती है, इसे किसी तरह से दबाएँ तो सही, और लो...
- हमको अगर आवश्यकता पड़े और कहें कि दस-दस रुपए का मनीऑर्डर भेजो यह कौन सा महीना है?... जनवरी। अगले महीने फरवरी में दस दस रुपए के हिसाब से एक लाख आदमियों के दस लाख रुपए जमा हो जाएँगे। आपका...
- हमको आखिर करना क्या है और बनना क्या है?... कराना क्या है और बनाना क्या है?मित्रो! आप सिर्फ यह ध्यान रखिए कि हमको मनुष्य का चिन्तन, मनुष्य की दृष...
- हमको आशीर्वाद देकर आप विवेकानन्द बना सकते हैं?... बेटे, हम आपको बना सकते हैं। इसके लिए हम व्याकुल भी हैं और लालायित भी, लेकिन पहले तू कीमत तो चुका। नह...
- हमको और आपको चुभती है क्या?... नहीं चुभती। हमारी औरतें सौ गालियाँ देती रहती हैं और फिर हम ऐसे ही हाथ-मुँह धोकर के आ बैठते है। वह फि...
- हमको किसकी उपासना करनी पड़ेगी?... हमको प्रकाश की उपासना करनी पड़ेगी। पहली वाली शिक्षा हमको यही मिलती है क्योंकि हमारा पुरोहित, हमारा यज...
- हमको क्या करना है?... पुरानी चीजों से कैसे आपको छुटकारा पाना है और नई चीजों को कैसे अपनाना है? इन दोनों के लिए एकान्तसेवन आ...
- हमको क्या दिक्कत आ जाती है और क्या परेशानी आ जाती है और उसका क्या हल हो सकता है?... बहुत सी बातों के लिए आपस में जैसे दो मित्र बैठकर बात कर लेते हैं, वैसे ही हम दोनों कर लेते हैं। तो म...
- हमको क्या दिया है?... यही पूछना चाहते हैं न आप? चलिए हम आपकी भाषा में बोलते हैं कि गुरु ने हमारा दिवाला निकाल दिया है। पैस...
- हमको जो सबसे महत्त्वपूर्ण काम मानकर चलना है, वह यह कि हमारा व्यक्तित्व किस प्रकार का हो?... न केवल हमारे विचारों का वरन, हमारे क्रिया-कलापों का भी।...
- हमको तो यह बताइए कि आपने दैवीय सभ्यता के लिए कितना त्याग किया है?... कितना बलिदान किया है? कितनी सेवा की है?मित्रो! अध्यात्म की प्राचीन परम्पराएँ शालीन परम्पराएँ महान पर...
- हमको भगवान में कोई रस आता है?... भगवान से हमारा कोई सम्बन्ध है? बिलकुल नहीं है। भगवान से अगर कोई सम्बन्ध रहा होता तो आपके जीवन की धाराएँ ...
- हमको संन्यास की महत्ता बतानी पड़ेगी, समझानी पड़ेगी कि व्यक्ति संन्यासी क्यों होता है और क्यों होना चाहिए?... संन्यासी को क्या करना चाहिए और वह क्या-क्या करता है? संन्यासी का स्वरूप साफ नहीं करेंगे तो आप देखना,...
- हमने अखण्ड ज्योति आपके पास भेजी थी है आपने मँगायी थी?... नहीं, हमने भेजी थी। बेटे, जिस तरह राम-लक्ष्मण को लेने विश्वामित्र दशरथ के पास गए थे, वैसे ही हमने आप...
- हमने इन दिनों में यह नहीं जाना कि गेहूँ किसे कहते हैं, नमक एवं शक्कर किसे कहते हैं?... हमने गायत्री मंत्र की उपासना अवश्य की है, परन्तु हमारे बास तथा हमारे जीव एक एग्रीमेंट है, क्या एग्रीम...
- हमने कमाया और जमा कर लिया तो क्या बात हो गई?... भाई साहब! हमने मान लिया कि आपने बेईमानी से नहीं कमाया है, मेहनत से कमाया है, लेकिन मैं कहता हूँ कि भ...
- हमने कहा कि आप तो कहते ही चले जाते है, पर बजट का क्या होगा?... उन्होंने कहा कि आपके बजट से कोई मतलब नहीं है। यह हमारा बजट है, जिसमें पाँच दिनों तक चार लाख आदमियों ...
- हमने कहा कि कहाँ बोया जाये?... उन्होंने कहा कि भगवान के खेत में। हमने पूछा कि भगवान कहाँ है और उनका खेत कहाँ है? उन्होंने हमें इशार...
- हमने कहा कि गायत्री मंत्र की दीक्षा तो हम पहले से लिए हुए हैं, फिर दोबारा देने का क्या अर्थ है?... उन्होंने कहा कि आपके पहले गुरु ने यह कहा था कि यह ब्राह्मणों की गायत्री है। अब हम यह बतलाते हैं कि ब...
- हमने कहा-गुरुदेव आप हमारे पास ही क्यों आए और हमें क्यों परेशान किया हैं?... उन्होंने बतलाया कि हम बहुत दिनों से एक शिकारी कुत्ते की तरह से घूमते रहे और तुम्हें खोजते रहे। जब तु...
- हमने क्यों कमाया?... सिकंदर ने अपने दोनों हाथ ताबूत से बाहर निकलवा दिए। वह इसलिए निकलवा दिए कि देखने वाले यह देखें कि सिक...
- हमने गायत्री मंत्र की उपासना अवश्य की है, परन्तु हमारे बास तथा हमारे जीव एक एग्रीमेंट है, क्या एग्रीमेंट है?... पहला यह कि आप नेक इनसान की तरह जीवन जीने का प्रयास करेंगे। हमने नेकी तथा शराफत के आधार पर जीवन जीने ...
- हमने जरा भी जमीन खरीदी है, डेढ़ लाख लग गया और उन्होंने कितनी जमीन खरीदी?... करोड़ों रुपए की जमीन खरीदी विनोबा ने, भूदान यज्ञ में सहयोग दिया था। आपको सहयोग मिलता है? किसी का नही...
- हमने जो दीपक जलाया है, वह क्या है?... आग है, परन्तु हमारी श्रद्धा दूसरे प्रकार की है। हमने उसे कभी भी आग के रूप में नहीं, प्रकाश के रूप मे,...
- हमने देखा कि आपके यहाँ तो प्रेमभाव है, सहकारिता है, उदारता है, सेवा है, फिर हम कैसे आपको छोड़ेगी?... बस, लक्ष्मीजी आ गईं और गरीबी चली गई।दृष्टिकोण का परिष्कार-प्रशिक्षण का मर्म मित्रो! हमारा अध्यात्म त...
- हमने पूछा कि आपने क्या चीज सूँघी है?... उन्होंने कहा कि हमने आपके अन्दर एक चीज सूँघी है और वह है आपकी श्रद्धा। श्रद्धा से रहित आदमी के पास भग...
- हमने पूछा कि क्या यह अन्य लोगों की नहीं हैं?... उन्होंने कहा कि नहीं, ब्राह्मण जन्म मे नहीं, कर्म से होता है। जो ईमानदार, नेक, शरीफ है तथा जो समाज क...
- हमने पूछा कि ब्रह्माजी जिन्होंने एक हजार वर्ष तक तप किया, वे कैसे शाप दे सकते हैं?... हमने पूछा कि विश्वामित्र वे ऋषि हैं, जिन्होंने गायत्री के ऊपर पी-एच. डी. की, उसे वह कैसे शाप दे सकते...
- हमने पूछा कि भगवान कहाँ है और उनका खेत कहाँ है?... उन्होंने हमें इशारा करके बतलाया कि यह सारा विश्व ही भगवान का खेत है। यह भगवान विराट है। इसे ही विराट...
- हमने पूछा-क्या आप लोगों ने शंकर भगवान का दर्शन नहीं किया?... लोगों ने कहा कि हमने तो दर्शन कर लिया और अब हम जा रहे हैं। हमने कहा कि हम तो आपके साथ शंकर भगवान का ...
- हमने यह नियम बना रखा है कि जब कभी कोई हमसे मिलने के लिए आता है तो हमने उससे मिलने के लिए सीमित समय निर्धारित कर रखा है; बाकी समय क्या करते हैं?... बाकी समय मौन रहते हैं। अधिक से अधिक कितनी देर लोगों से बात कर सकते हैं? लोगों से हम छह घण्टे से ज्याद...
- हमने शंकर जी की पूजा की, हनुमान जी की पूजा की, गणेश जी की पूजा की और न जाने क्या-क्या चाहा?... लेकिन कोई कामना पूरी न हो सकी। हम एक को छोड़कर के दूसरे पर गए। दूसरे को छोड़कर के तीसरे पर गए। क्या ...
- हमने समाज को दिया है, यह हम अपने मुख से क्या कह सकते है?... हमारे शरीर छोड़ने के याद आप लोग याद करेंगे कि हमने क्या किया है और किसको क्या दिया है। हमारे जाने के ...
- हमने हमेशा यह सोचा कि हमारे पास सुख है तो उसे किस तरह से बाँट सकते हैं?... अगर किसी के पास दु:ख है, तो उसे किस तरह से दूर कर सकते हैं? यही हमने अपने पूरे जीवनकाल में किया है। ...
- हमारा खेत क्यों खराब करते हैं?... चीता तो बड़ा भयंकर होता है, तुझे मालूम नहीं है। हमला कर देगा तो मार डालेगा। तो क्या आप मरने से डरते ह...
- हमारा जो मन है, उसे अगर यहाँ-वहाँ जाना हो तो हमें राम-नाम के जंजाल में नहीं फँसना चाहिए?... किसका जप करना चाहिए? मेरे ख्याल से आपको रावण का जप करना चाहिए-रावणाय नम:, कुंभकरणाय नम:, मेघनादाय नम...
- हमारा भी चक्रवेधन हो जाएगा?... नहीं, आपका नहीं हो सकता। तो फिर आप विधि छिपा रहे होंगे? नहीं बेटे! विधि हम नहीं छिपाते हैं। विधि तो ...
- हमारा मन क्या है?... अरे भाई! खाद्य पदार्थ है और क्या है मन। हमें क्या करना चाहिए? वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहा...
- हमारा लक्ष्य क्या है, हमारा उद्देश्य क्या है?... हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं? यह अपनी एक दिशा और धारा बनाने वाली बात है। साक्षी है ...
- हमारा शरीर आपके सामने बैठा हुआ है, कैसा है?... इसमें उँगलियाँ हैं, हाथ हैं, नाक है, कान हैं, दाँत हैं, बाल हैं। इसे हम देखते हैं। छू भी सकते हैं इस...
- हमारा शरीर काम का तो है, लेकिन अगर यह मर जाए इसमें से प्राण निकल जाए तब?... क्या कीजिएगा इस शरीर को? तब इस शरीर की कितनी कीमत उठा पाइएगा? आप इस शरीर को बाजार में ले जाइए और कहि...
- हमारा सीमितपन क्यों हो?... हम मोह के बन्धन में क्यों बँधे? मोह और बन्धन एक ही तरह से होते हैं। जिनसे हमको फायदा होता है, उसके साथ...
- हमारी अन्तश्चेतना जब विकसित होती है तो कैसी हो जाती है?... ऐसी हो जाती है जिसको सिद्धि कहते हैं, जिसको हमको सँभालना और सँजोना आता है, इसे जीवन में हम संस्कृति ...
- हमारी आज्ञा के बिना कैसे करेंगी?... इस तरीके से इंद्रियों के ऊपर हुकूमत अगर हम कर पाएँ तो हम गुलामी के बन्धन से मुक्त हो जाएँ। जिसके लिए ...
- हमारी आत्मा को बल नहीं दे सकता और क्या सूर्यनारायण तक वह जल पहुँच सकता है?... नहीं पहुँच सकता। देख लीजिए आपका चढ़ाया हुआ जल जमीन पर पड़ा हुआ है, सूर्यनारायण तो लाखों मील दूर हैं।...
- हमारी जिन्दगी में क्या-क्या होता है?... हमारी भीतर वाली शक्ति कितनी है? बेटे यह समझो कि सारे सौरमण्डल में जितनी ताकत और जो ढर्रा है, वह सब ढ...
- हमारी जीवात्मा में क्या दीपक बल दे सकता है?... नहीं, दीपक जीवात्मा में कोई बल नहीं दे सकता, क्योंकि वह वस्तु है, पदार्थ है, मैटर है, जड़ है। जड़ ची...
- हमारी टाँग भी काम नहीं करती, हमारी अकल भी काम नहीं करती तो इस मैप से हम क्या काम कर सकते हैं?... आप हमारा बेकार में समय खराब करते हैं। ठीक है बेटे! जब अकल तुम्हारे पास नहीं है, पैसा तुम्हारे पास न...
- हमारी बहू भी सास-ससुर की सेवा करती है और हमको खाना खिलाती है तो उतना ही पुण्य हमको भी मिल जाएगा क्या, जितना कि आप जो महाभारत का किस्सा सुना रहे थे?... नहीं बेटे! तेरी बहू को नहीं मिलेगा। क्यों महाराज जी! उसमें क्या बात है? और उसमें क्या बात थी? वह भी ...
- हमारी भीतर वाली शक्ति कितनी है?... बेटे यह समझो कि सारे सौरमण्डल में जितनी ताकत और जो ढर्रा है, वह सब ढंग और ढर्रा छोटे से एटम के भीतर ...
- हमारी संस्कृति का अक्षुण्ण अंग क्यों है?... इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है? इसकी शिक्षाएँ क्या हैं? इस सम्बन्ध में हम प्रत्येक के बा...
- हमारे अंग किस तरीके से काम करते हैं और क्यों बीमार हो जाते हैं, बीमार हुए लोगों को किस तरीके से ठीक किया जा सकता है और घर में कोई बीमार पड़ जाए तो उसकी परिचर्या के लिए और प्राथमिक सहायता के लिए क्या किया जाना चाहिए?... ये शिक्षा का महत्त्वपूर्ण अंग होना चाहिए पर हम देखते हैं कि ये अंग बहुत कम हैं। हर आदमी जब बड़ा हो जा...
- हमारे गाँव, जहाँ मल और मूत्र निकासी की कोई गुंजाइश नहीं है और जहाँ मल और मूत्र फेंकने की कोई व्यवस्था नहीं वहाँ बदबू नहीं आएगी तो और क्या होगा?... बीमारी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा? गन्दगी नहीं होगी तो वहाँ क्या होगा? लोग मलीनता के आदी न होंगे तो ...
- हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है?... आखिर हम यया बनेंगे? अगर हम यह तय कर लें, तो मित्रों! हमारे भीतर देवता की हस्ती पैदा हो सकती है। देवत...
- हमारे जीवन का लक्ष्य क्या है?... लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए हमको किस प्रकार की गतिविधियाँ अपनानी चाहिए? लेकिन पीछे क्या कर दिया गय...
- हमारे जो हॉरमोन्स गरम हैं, उन्हें ठंडा कर सकते हैं, ठंडे को गरम कर सकते हैं ये किससे कर सकते हैं?... यह सिद्धियों की बात कह रहे हैं, समझदारों की बात कह रहे हैं कि हमारे भीतर जितनी विशेषताएँ हैं, उन्हें...
- हमारे दरवाजे पर माँगने वाले तो भिखारी आते हैं, पर तुम लाए क्या हो?... पहले यह बताओ। देखा सुदामा जी के बगल में चावल की पोटली दबी थी। उस पोटली को भगवान ने उनसे माँग लिया और...
- हमारे पड़ोस के आदमी दुखी फिरते है तो फिरें, हम क्या कर सकते हैं हैं दूसरों को हमारी सेवा की जरूरत है तो हम क्या कर सकते हैं?... हमारा पैसा, जो ऐय्याशी में खरच होता चला जा रहा है, जो संग्रह में खरच होता चला जा रहा है जो निठल्लों ...
- हमारे पास विद्या है तो हम इसका क्या करें?... पैसा है तो इसका क्या करें? समाज के सामने ढेर लगी समस्याओं का हल किस तरीके से करें, कुछ समझ में नहीं ...
- हमारे पिताजी के दाँत बड़े -बड़े हैं तो क्या वे राक्षस हैं?... नहीं बेटे! वे राक्षस नहीं हो सकते तो फिर बडे दाँत वालों को और काले चेहरे वालों को आपने कैसे राक्षस ब...
- हमारे बारे में भी क्या यही बात है, हर आदमी चाहेगा कि हम किसके घर जाएँ?... जो पहले हाथ उठाएगा, उसी के यहाँ जाएँगे। अरे साहब! पहला नंबर हमारा है, पर उसके यहाँ भी चलिए। आप लोगों...
- हमारे बिना भी बदल जाएगा?... मैं आपको यकीन दिलाता हूँ कि आपके बिना भी बिलकुल बदल जाएगा। फिर क्या हर्ज होगा? आपका ज्यादा हर्ज होगा...
- हमारे भीतर वह भगवान है, जो हमें उठाता है और वह भगवान नहीं है जो गिराता है?... ? उसको बेटे, शैतान कहते हैं। शैतान को रोकिए, भगवान का समर्थन कीजिए और आप स्वयं ऊँचे उठिए।मित्रो! ये ...
- हमारे मकसद बड़े हैं और वे यह हैं कि आप ऐसे सौभाग्य वाले समय में क्या कुछ लाभ उठा सकते हैं?... क्या आप समय को पहचान सकते हैं? क्या आप भगवान की सहायता कर सकते हैं? क्या आप अपने जीवन में कुछ हिम्मत...
- हमारे लिए किस काम आया?... हमने क्यों कमाया? सिकंदर ने अपने दोनों हाथ ताबूत से बाहर निकलवा दिए। वह इसलिए निकलवा दिए कि देखने वा...
- हमारे लिए सबसे बड़ा सेवा का कार्य क्या हो सकता है?... ज्ञानयज्ञ से बड़ा कोई और दूसरा पुण्य नहीं हो सकता। इसको ब्रह्मदान भी कहा गया है। यह सर्वोत्तम धर्म है...
- हमारे संकल्प क्या हैं, हम करना क्या चाहते हैं?... यह अपनी एक दिशा और धारा बनाने वाली बात है। साक्षी है इतिहास बेटे, इससे आगे यह करना पड़ता है, जो कि प्...
- हमें अब यह बतलाना है कि अन्त: में जो ताकत है, उसे कैसे जगाया जा सकता है?... अन्तरंग जीवन में एक अनोखी और शक्तिशाली दुनिया है। इसमें अपनी अन्तश्चेतना का प्रवेश कैसे करा सकते हैं, ...
- हमें आज की अपेक्षा कल अधिक उत्कृष्ट कैसे बनना चाहिए?... इस प्रश्न का उत्तर जिस भी पुस्तक में सरलतापूर्वक समझाया गया को वही स्वाध्याय में प्रयुक्त हो सकती है...
- हमें क्या करना चाहिए?... वाणी को परिष्कृत करने के लिए हमारा आहार ऐसा होना चाहिए जिसमें पूरे तरीके से सात्त्विकता का समावेश हो...
- हमें क्यों जनेऊ पहनाया गया है?... तब आपका जवाब होता है-चुप बे, ज्यादा बोलता है। हमारे बाप-दादा पहनते थे, इसलिए हम भी पहनते हैं। हम ब्र...
- हमें निर्णय करने दीजिए कि आपके कर्म क्या हैं?... कर्म की वजह से हम आपके स्थूलशरीर के बारे में यह फैसला करेंगे कि आपका स्तर क्या है? और आपकी वकत क्या ...
- हमें संखिया खिलाकर मार डालेंगे क्या?... नहीं, हमने संखिया को संशोधित किया हुआ है। कुचला को संशोधित किया हुआ है। किसलिए करते हैं? कुचला को इस...
- हमें हरिजन क्यों कहते हैं आप?... हरिजन तो उन्हें कहते हैं, अछूतों को। अरे बेटे! हरिजन माने जो भगवान का आदमी मालूम पड़ता हो। नहीं साहब!...
- हर एक का सलेक्शन नहीं हो सकता इसलिए क्या हुआ?... खुदाबन्द करीम के यहाँ जब मीटिंग जैसी तो उसमें यह पता लगाया गया कि इस बार किस-किस की यात्रा कबूल हुई? ...
- हर जगह आपको यज्ञ करने का और यज्ञ कराने का मौका मिलेगा और आपके व्याख्यान करने पर जनता आपसे पूछेगी कि किसलिए आप हवन करा रहे हैं?... हवन से क्या फायदा हो सकता है? ज्ञानपक्ष के नाम पर ये बातें, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ आप लोगों क...
- हर जगह काम में लाते हैं-किसको?... जो व्यायामशाला में ताकत इकट्ठा की थी उसको। इसी तरीके से हम भगवान् के साथ मोहब्बत शुरू करते हैं, प्या...
- हर जगह काम में लाते हैं-किसको?... जो व्यायामशाला में ताकत इकट्ठा की थी उसको। इसी तरीके है हम भगवान के साथ मोहब्बत शुरू करते हैं, प्यार...
- हर बात में क्यों और कैसे?... क्यों और कैसे का सवाल उठता चला आ रहा है। जनेऊ के बारे में, यज्ञोपवीत के बारे में आपको ये क्यों और कै...
- हरिश्चन्द्र और भगीरथ की मनोकामना पूरी की?... क्या मैंने ऋषियों की मनोकामनाएँ पूरी की? हरेक को सताया है, जलाया है, सोने की तरह से तपाया है। फिर तू...
- हवन करने वालों की, हवन-व्यवस्था करने वालों की, पण्डित जी, पुरोहित जी की हरेक की नीयत खराब है तो उस अग्नि जलाने का, सुगन्धि फैलाने का, जलाने का फायदा मनुष्यों के मनों में, हृदयों में, अन्तःकरण में मिलेगा क्या?... मेरा विश्वास है कि शायद न मिल सकेगा। खेल-तमाशा तो हो गया, विडंबना तो बन गई। वातावरण नहीं बन सकता।...
- हवन से क्या फायदा हो सकता है?... ज्ञानपक्ष के नाम पर ये बातें, जो मैं आपसे निवेदन कर रहा हूँ आप लोगों को बता सकते हैं। अब यज्ञ का एक ...
- हवा के सन्देश को लेकर कौन आया?... सन्देश लेकर के यहाँ भगवान बुद्ध आए थे। तो क्या भगवान बुद्ध ने हिन्दुस्तान का, सारे एशिया का बेड़ा गर्क ...
- हवा में गायब हो जाने का?... बेटे, हवा में गायब हो जाने का अनुभव हमको नहीं है और क्या पेशाब से दिया जलाने का अनुभव आपको नहीं है? ...
- हवाईजहाज कितने का आता है?... कई करोड़ रुपए का। कौन चलाता है? बेटे पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवाईजहाज रखा रहेगा। मशीनें कि...
- हवाईजहाज को चलाता कौन है?... हवाईजहाज कितने का आता है? कई करोड़ रुपए का। कौन चलाता है? बेटे पायलट चलाता है। पायलट नहीं होगा तो हवा...
- हवाएँ कैसे चलेंगी?... जीव-जंतु, पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो...
- हवाएँ कैसे चलेंगी?... जीव-जंतु पेड़-पौधे कैसे पैदा हो जाएँगे? भगवान सो नहीं सकता, हवा सो नहीं सकती, गरमी सो नहीं सकती। जो ...
- हाँ गुरुजी हमारे इष्ट तो हनुमान जी हैं, तो आप हनुमान जी बनिए हमें क्या शिकायत है?... नहीं साहब! हनुमान जी तो हम नहीं बनना चाहते। रहेंगे तो हम वहीं, जैसे पहले थे और पूजा करेंगे हनुमान जी...
- हाँ तो आप क्या चाहते हैं?... बेशकीमती चीजें पाने के लिए, अच्छी चीजें पाने के लिए, इज्जत पाने के लिए आपको क्या करना चाहिए? आपको जँ...
- हाँ फिर क्या करें?... आप अपने तीन साल का तप हमको दे दीजिए। तो फिर क्या करेगा बेटे, तप का? तीन साल के तप में तो हमारे यहाँ ...
- हाँ, आप हम पर हुकुम चलाना चाहते हैं?... हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं? देवी ने कहा, हम आपकी नौकरानी बन सकती हैं और गुलामी भी कर सकती है...
- हाँ, आप हमें गुलाम बनाना चाहते हैं?... देवी ने कहा, हम आपकी नौकरानी बन सकती हैं और गुलामी भी कर सकती हैं, पर हमने एक प्रतिज्ञा कर रखी है। आ...
- हाँ, ठीक बात है अब कौन से आ गए?... किसको वोट देंगे? आपकी पार्टी को देंगे। आपकी पार्टी कौन सी है? जो भी आपकी पार्टी है, उसी को दे देंगे।...
- हाँ, व्यायाम की भी हमको आवश्यकता है, कसरत की भी हमको जरूरत है, हम तो सारे दिन व्यायाम करेंगे?... नहीं, सारे दिन व्यायाम नहीं किया जा सकता। क्या करना पड़ेगा? भगवान के क्रियाकलापों में हिस्सेदारी करन...
- हाथ खाली रहा है क्या?... नहीं हाथ के पास फिर दोबारा माँस के रूप में, रक्त के रूप में, हडिड्यों के रूप में, स्फूर्ति के रूप मे...
- हाथियों को, कालिया को मार डाला, कैसे मार डाला बच्चे ने?... बेटे, बच्चे ने नहीं, सत्य ने मार डाला। सत्य के पास हजार हाथियों के बराबर बल होता है। भगवान श्रीकृष्ण...
- हिंदुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया, क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ये क्या है?... हम लोगों ने इसे यज्ञोपवीत नाम क्यों दिया? इसके पीछे शिखा के बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि शिखा क्य...
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- है अभी कैसा था कपड़ा?... मैला-कुचैला उलटी-सीधी सलवटें पड़ी हुईं थी। नील लग करके आ गई। टिनोपाल लग करके आ गया। ये क्या चीज है? य...
- है तो हमारी, लेकिन कैसे है?... इसलिए कि हम मानते हैं कि ये हमारी है। जिसके ऊपर हम अपनी मान्यता डाल देते हैं, वह हमारी हो जाती है। अ...
- हो गई रामायण, इसको सुनकर वैकुण्ठ को जाएँगे?... नहीं जाएँगे। वाणी में हो प्राण मित्रो! एक बार सुन लीजिए हमारी बात सुन लीजिए कि यदि रामायण पाठ करना ह...
- हो गया स्नान?... क्यों साहब! हो गया। अगर आप भी ऐसा ही स्नान करते हैं, ऐसा ही पवित्रीकरण करते हैं, पवित्रीकरण का ऐसा ह...
- हों जमा है, तो हमारा जमा कर लेते?... नहीं बेटे, कोई चोर छीन ले जाएगा, इसलिए हम पैसे अपने पास नहीं रखते। क्यों साहब! बैंक में जमा नहीं किय...
- ६ लाख मन्दिरों की इमारती लागत कितनी होती है?... मन्दिरों का खरच चलाने के लिए स्थायी फंड सर्वत्र हैं। किसी मन्दिर से कृषि लगी हुई है, किसी से मकान-जायद...
- ८० वर्ष के हो जाएँ तो भी जवान?... गाँधी जी ८० वर्ष के हो गए थे और ये कहते थे कि मैं तो १२० वर्ष जिऊँगा। ४० वर्ष वे और जीना चाहते थे। व...
- '' कौन सा भगवान?...? यह विराट भगवान जो चारों ओर समाज के रूप में विद्यमान है। इसके लिए तुम अपने श्रम, समय और शरीर को खरच ...
- '' क्या ऐसा होना सम्भव है?...? हाँ ऐसा सम्भव है। आदमी अपने श्रेष्ठ गुण, श्रेष्ठ विचार, श्रेष्ठ आचरण लेकर के जहाँ कहीं भी रहेगा, वहा...
- ''वसुधैव कुटुम्बकम्'' की मान्यता क्या है?...? ''आत्मवत् सर्वभूतेषु'' की है। ''आत्मवत् सर्वभूतेषु'' क्या है? एक ही है कि आप दूसरों की मुसीबतों में...
- , उन्होंने कहा कि हम अपने नमूने पेश करेंगे लोगों के सामने कि दैवी सभ्यता कैसी हो सकती है और हम इस सभ्यता का विकास क्यों करना चाहते हैं?...? दैवी सभ्यता के पीछे क्या परिणति निकल सकते हैं? ये साबित करने के लिए दशरथ के कुटुम्ब ने, परिवार ने उस...
- , कल्प साधना के सम्बन्ध में कल थोड़ी सी जानकारी दी थी कि यह कल्प आखिर है क्या?...? यह भी बताया था कि कल्प माने है-परिवर्तन। पर यह परिवर्तन क्या होगा? कौन करेगा? कैसे सम्भव होगा? आप कु...
- ; '' 'हमको कब तक ठहरना पड़ेगा मम्मी?...? " "जब तक कि आपके कपड़े नहीं धोए जाएँगे, जब तक कि आपका शरीर नहीं धोया जाएगा। जब तक धो नहीं...
- ; -- यह गीत लड़कियाँ गाती रहती हैं, आपने सुना नहीं है?...? भगवान के जब अवतार होते हैं तब एक ही काम नहीं करते, मात्र धर्म की स्थापना करते हुए नहीं आते, वरन अनी...
- ; उन्होंने कहा कि फिर हम क्यों पहलवान नहीं बन सके और आप कैसे पहलवान बन गए?...? मात्र कसरत नहीं, कुछ और विशेष पहलवान ने कहा कि आपने जो चीज आँखों से देखी ली, उसे तो नकल कर लिया और ...
- ; उसने कहा-'' अब हम कैसे जा सकते है?...? हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे? अब हमारे लिए हज जाना मुश्किल है।" यह कौन कह रहा है? बगदाद...
- ; किसका हज कबूल का लिया?...? जमीला का।...
- ; तो क्या आप ब्रह्मा हो सकते हैं?...? नहीं। क्यों? अच्छा तो आप एक बच्चे को बना दीजिए। चलिए बच्चा नहीं बन सकता तो एक लूँ बनाकर दिखा दीजिए।...
- ; तो क्या इसी को ऐटीकेट कहते हैं?...? हाँ इसी को कहते हैं। हमने बोर्डिंग स्कूल में अपने बच्चे को दाखिल करा दिया है। वह क्रीज किया हुआ पैं...
- ; बेटे, इससे तो बहुत रुपया आया होगा?...? हाँ गुरुजी! हमने जप किया था। अच्छा तो अभी और झक मार और 'चामुण्डये बिच्चैः' जपता रहा दुष्ट लूट का मा...
- ; यह कौन कह रहा है?...? बगदाद की जमीला कह रहीं है। हज कबूल हुआ खुदाबन्द करीम के यहीं मीटिंग बैठी। हर साल खुदाबन्द करीम काबा ...
- ; शृंगी ऋषि ने जब उनसे यह पूछा कि हम तो अट्ठाईस वर्ष के हो गए और हमारी दाढ़ी- मूँछें आ गईं, फिर आप लोगों की दाढ़ी- मूँछें क्यों नहीं आई?...? उन्होंने कहा कि हम जिस गुरुकुल में पढ़ते हैं वहाँ बहुत ठंडक पड़ती है। इस वजह से वहाँ मूँछें बहुत बड़ी...
- ;' अब आप हजयात्रा पर कैसे जाएँगी?...? " उसने कहा-'' अब हम कैसे जा सकते है? हज के लिए किराया फिर कहाँ से लाएँगे? अब हमारे लिए हज जाना...
- ;आप लोग कौन हैं?...? " "हम भी विद्यार्थी हैं" शृंगी ऋषि ने जब उनसे यह पूछा कि हम तो अट्ठाईस वर्ष के हो गए...
- ;मूर्ख किस पर तलवार चलाता है?...? आत्मा पर तू तलवार चला सकता है? आ इधर, उन्होंने उसके सिर पर हाथ फेरा और कहा कि जा, आज से तू डाकू नही...
- अंगुलिमाल डाकू का नाम आपने सुना होगा?...? वह बहुत खराब आदमी था और महात्मा बुद्ध को मारने के लिए गया था। लेकिन बाद में क्या हुआ? फिर कुछ ऐसा ह...
- अन्तरंग जीवन क्या है?...? अन्तरंग जीवन को तो आपने कभी देखा भी नहीं। उसे कभी छुआ भी नहीं। अन्तरंग जीवन को कभी हवा भी नहीं लगी आप...
- अन्तर्द्वन्द्व क्या है?...? अन्तर्द्वन्द्व बेटे दो साँड़ों की लड़ाई की तरह है। दो साँड़ों की लड़ाई देखी है न आपने? हाँ गुरुजी! ज...
- अगर ऐसा न मानें तब?...? कोई भिखारी आ जाए तब? कोई ऐसा मेहमान आ जाए, जो आपका समय खराब करने चला आए, जिससे आपको कोई फायदा नहीं ...
- अगले दिनों क्या करना पड़ेगा?...? अगले दिनों परिव्राजक योजना का शुभारम्भ कर रहे हैं, जिसके लिए पहली बार आप आए हैं, जिसका आप श्रीगणेश क...
- अच्छा तो कब तक करेंगे?...? सिर्फ उस समय तक करेंगे, जब तक अपने पैरों पर आप खड़े नहीं हो जाते, बस। बाद में? बाद में नहीं करेंगे।...
- अच्छा, अब आप क्या पढा रहे हैं?...? अब बेटे हम परहेज पढा रहे हैं और फिलॉसफी पढा रहे हैं। और आगे क्या बताएँगे-मंत्र? मंत्र तो कभी भी बता...
- अच्छा, आप यह बताइए कि '' गणिका, गीध, अजामिल तारे '' के अतिरिक्त और कौन-कौन से व्यक्ति हैं, जिनका उद्धार हो गया?...? हाँ साहब! तुलसीदास जी का उद्धार हो गया। तुलसीदास जी का उद्धार कैसे हो गया और उनमें क्या खराबी थी? स...
- अध्यात्म किसे कहते हैं?...? 'साइंस आफ सोल' को अध्यात्म कहते हैं। सोल की साइंस में-आत्मा के विज्ञान में हर चीज भीतर से निकलती है...
- अध्याय नंबर दो में मैं आपको यह समझाने वाला हूँ कि इन तीनों क्रियाओं का क्या उद्देश्य है और ये तीनों क्रियाएँ मनःक्षेत्र का कायाकल्प करने के लिए भी किस तरीके से लागू हो सकती हैं?...? दो बातें हो गई-एक हुआ उनका मल संशोधन और दूसरा हुआ एकान्तसेवन। तीसरा एक और पक्ष यह था कि उनको विशेष प...
- अनाथालयों का काम कैसा है?...? बहुत ही अच्छा काम है। बेचारे अनाथ बच्चों का शिक्षण करें, पालन-पोषण करें। जिनके माँ-बाप नहीं है, उन ...
- अफीम की गोली क्या?...? माला आहा! ये बात है। माला में क्या होता है? नम: शिवाय-नम: शिवाय और क्या कह रहा है? श्रीकृष्ण शरणं म...
- अब क्या सवाल रह गया?...? अब बेटे, यह सवाल रह गया कि जिस अध्यात्म की प्रशंसा ऋषियों ने गाई, पुस्तकों में गाई गई, राम-नाम की म...
- अब क्या होना है?...? यही होना है। आप में से कोई बुड्ढा तो नहीं है? अच्छा अभी नहीं है तो थोड़े दिनों बाद हो जाएँगे। यह क्य...
- अब बच्चों का सवाल आता है कि बच्चों को क्या पढ़ाया जाए?...? इसे दुर्भाग्य कहना चाहिए कि हमारे देश में शिक्षा की मनोवृत्ति और शिक्षा का स्वरूप कुछ ऐसा विलक्षण ह...
- अब मैं आपको चलिए यह समझाने की कोशिश करता हूँ कि गायत्री क्या है?...? पौराणिक कथाएँ हमारे सामने हैं। इनके माध्यम से हम आपको यह आसानी से समझा सकते हैं कि गायत्री माता क्य...
- अर्जुन ने कहा-अच्छा, आपको मेरे जैसा बच्चा चाहिए पर आप जिस तरीके से चाहती हैं, उस तरीके से बच्चा न हुआ, कन्या हो जाए तब?...? और फिर मेरे जैसा न होकर पंगु हो जाए काना हो जाए तब? आप मेरे जैसा ही चाहती हैं न, तो मैं एक ही हूँ। ...
- अवतार का उदय कितने मनुष्यों के भीतर हुआ और उन्होंने कितनों का कायाकल्प कर दिया?...? एक उदाहरण बताता हूँ आपको समर्थ गुरु रामदास का। समर्थ गुरु रामदास शादी के लिए तैयार खड़े थे। पण्डित पं...
- आखिर समाज है क्या?...? समाज व्यक्तियों का समूह मात्र है। व्यक्ति जैसे होंगे वैसा ही तो समाज बनेगा। समाज कोई अलग चीज नहीं ह...
- आज गृहस्थ जीवन में क्या हो रहा है?...? माँ बाप किसे कहते हैं? माँ बाप उसे कहते हैं, जब तक कि लड़का नाबालिग रहता हैं और जब तक वह जिसके सहारे...
- आज हमारे हिंदुओं के बच्चों ने इनसे क्यों इनकार किया?...? बताइए न आप? हिंदुओं के बच्चों ने इसलिए इनकार किया, क्योंकि उन्हें किसी ने भी ये बताया नहीं कि आखिर ...
- आध्यात्मिक क्षेत्र में सिद्धि पाने के लिए अनेक लोग प्रयास करते हैं, पर उन्हें सिद्धि क्यों नहीं मिलती है?...? साधना से सिद्धि पाने का क्या रहस्य है? इस रहस्य को न जानने के कारण ही प्राय: लोग खाली हाथ रह जाते ह...
- आप अपने घर में गायत्री माता को जगह दें, यज्ञ की परम्परा को स्थान दें, फिर देखना हमारा चमत्कार फिर आपके बच्चे पूछेंगे कि मम्मी क्या बात है, आप रोज आग काहे को जला देती हो?...? मम्मी को बताना पड़ेगा। उसके बहाने से आप उन्हें शिक्षण देंगे। हम भी बच्चों से कहेंगे कि बेटे, तुम अपन...
- आप कौन हैं?...? आप इनसान हैं और आप प्रगतिशील हैं। इसलिए आपका विचार और आपका चिन्तन, आपकी आस्थाएँ और आपकी मान्यताएँ और...
- आप क्या करें?...? बुराइयों को बरदाश्त करें। नहीं, यह तो मैं नहीं कहता कि आप बुराइयों को बरदाश्त करें। आप बुराइयों से ...
- आप बहुत समझदार आदमी हैं?...? आप अगर समझदार नहीं होते, तो इस जमाने में जब सारी दुनिया मरने की तैयारी में बैठी है, उस समय आप लोभ, ...
- आप हनुमान जी बनना चाहते है न?...? हाँ गुरुजी हमारे इष्ट तो हनुमान जी हैं, तो आप हनुमान जी बनिए हमें क्या शिकायत है? नहीं साहब! हनुमान...
- आपका पिछला जीवन कैसे कुसंस्कारों से भरा पड़ा है और उन कुसंस्कारों को दूर करने के लिए आपको क्या करना चाहिए और यह कैसे सम्भव है?...? हमारी प्रायश्चित प्रणाली इसी के लिए है। प्रायश्चित पद्धति में यह बताया जाता है कि आदमी की आध्यात्मि...
- आपको क्या फायदा हुआ?...? कुछ फायदा नहीं हुआ। बेसिलसिले की गलत तस्वीरें छपवा लेते हैं। रेलगाड़ियों में चंदा माँगते हैं। यहाँ-...
- इन कठिनाइयों का निराकरण कैसे हो?...? जो अन्धपरम्पराएँ पीड़ा- पतन की कुण्डली मारकर बैठी हैं वे मिटें कैसे? इस प्रश्न का उत्तर एक ही है कि ध...
- इनका मुकाबला करने के लिए क्या करना चाहिए?...? श्रेष्ठता के मार्ग पर अगर हमको चलना है-आत्मोत्कर्ष करना है, तो हमारे पास ऐसी शक्ति भी होनी चाहिए जो...
- इनको प्राप्त करने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? बेटे, इसके लिए हमारे पास एक ही हथियार है और उसका नाम है-ध्यानयोग। ध्यानयोग किसे कहते हैं? योग को। य...
- इस तरह शंकर भगवान क्या हैं?...? सिद्धान्तों का समुच्चय हैं। ठीक इसी तरीके से भगवान का प्रत्येक रूप सिद्धान्तों का एक समुच्चय है।...
- इस तरह से मित्रो क्या हो जाएगा?...? अनास्था का, उपेक्षा का वातावरण बन जाएगा। यदि हमने आध्यात्मिकता के मर्म को नहीं समझा। अत: हमको यज्ञो...
- इस शिविर में हमने आपको इसीलिए बुलाया था और बार-बार पूछा था कि क्या ऐसा करना सम्भव है?...? मैं जानता हूँ कि आपके पास अकल बहुत ज्यादा है, परन्तु क्या आप हिम्मत कर सकते हैं? हम तो चाहते हैं कि...
- इस सन्दर्भ में, मैं आपके सामने कुछ ऐसे आदमियों के नाम रखना चाहता हूँ कि परिवर्तन कैसे होते हैं?...? शंकराचार्य को आप जानते हैं न। शंकराचार्य एक मामूली घर के लड़के थे। उनकी याता यह उम्मीद करती थी कि पढ...
- इसका क्या मतलब है?...? बेटे! जब घर का मालिक कहे कि चोर को पकड़ो, तब आप भी कहिए कि चोर को पकड़ो। चोर कौन है? मालूम नहीं कौन ह...
- इसके लिए करना क्या चाहिए?...? एक ही बात करनी चाहिए-भगवान की मरजी पर चलने के लिए आमादा हो जाइए। जो कुछ वह आपसे चाहते हैं, वह आप की...
- इसके लिए करना क्या होगा?...? हम इसके स्तम्भों की स्थापना करेंगे, प्रतीकों की, सिम्बलों की स्थापना करेंगे। प्रतीकों की स्थापना कर...
- इसके लिए क्या करना पड़ेगा?...? वह काम, जो भगवान अपने हाथ से करने वाले हैं, सन्तुलन बनाने वाले हैं। सृष्टि को ठीक करने वाले हैं। आदम...
- इसलिए क्या करना चाहिए?...? प्रत्येक क्रिया के लिए जो कर्मकाण्ड बनाए गए हैं, वे श्रेष्ठ काम के लिए बनाए गए हैं। कर्मकाण्ड करते ...
- इसलिए क्या करना पड़ेगा?...? यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे हैं, ताकि आप यह जान सकें कि आ...
- इसलिए मित्रो, क्या होने वाला है?...? अगले दिनों क्या स्थापना होने वाली है? अगले दिनों विवेकशीलता की स्थापना होने वाली है। हम उस विवेकशील...
- इससे उद्धार हो सकता है?...? नहीं बेटे! इससे उद्धार नहीं हो सकता है। तो फिर किस तरह से उद्धार होता है? दुनिया में इसका एक ही तरी...
- इसी तरह क्या कृष्ण भगवान महाभारत युद्ध अकेले नहीं लड़ सकते थे?...? अगर अकेले लड़ सकते तो पाण्डवों की खुशामद क्यों करते? पाण्डव बार बार यही कहते रहे कि हमें यह लड़ाई नही...
- इसी तरह गिलहरी ने क्या किया था?...? अपने बालों में बालू भरकर लाती और समुद्र में पटक देती थी। बालों में बालू भर लेना कोई मुश्किल और बड़ा ...
- उपासना कैसे सार्थक हो सकती है?...? उपासना कैसे मंत्रसिद्ध हो सकती है? भगवान का अनुग्रह प्राप्त करने के अधिकारी हम कैसे हो सकते हैं? मि...
- उसको आपको दिखाएँ?...? नहीं दिखाएँगे आपको। वह तो निराकर है। गायत्री माता क मूर्ति य चित्र जो भी अपने रखा हो, उसके सामने पा...
- उसमें क्या-क्या चीजें आती हैं?...? बेटे! इसमें पहला अंग '' पवित्रीकरण '' का आता है। ॐ अपवित्र: पवित्रो वा सर्वावस्थां गतो पिवा......। ...
- ऋषि क्या करते थे?...? क्या वे माला घुमाते थे? नहीं बेटे, वे माला नहीं घुमाते थे, वरन वे सारे दिन समाज की सेवा किया करते थ...
- एक आदमी कमाए और सारा घर खाए ये क्या बात है?...? एक कमाता है, बाकी लोग जो समर्थ हैं, बड़ी उमर के हैं और जो काम करने में समर्थ हैं, उनको काम क्यों नही...
- और किसकी सहायता हुई?...? सदन का नाम सुना है आपने कि वह कैसा आदमी था? कसाई का धंधा करता था, जानवर काटता था। पवित्र शालिग्राम ...
- और किसको देखना चाहते हो?...? तीर-कमान वाले को देखना चाहते हैं। तीर-कमान किसका बनता है? बाँस का बनता है। बाँस का तीर-कमान धारण ...
- और बहिरंग जीवन में?...? बहिरंग जीवन में भी यही बात है। बहिरंग जीवन में आप अनाचार को छूट दे दीजिए उसे रोकिए मत, सुधारिए मत, ...
- और बाहर से-दुनिया से क्या मिलेगा?...? दुनिया से भी बेटे आपको एक चीज मिलेगी। दुनिया आपकी कैसे देगी? भीतर वाली कशिश और भीतर वाली मैग्नेट जब...
- और मित्रो क्या होगा?...? वे परिस्थितियाँ आ जाएँगी, जो यादवों के समय आ गई थीं। यादवों ने यादवों को खा लिया। यादवों को बाहर वा...
- कबीर क्या करते थे?...? क्रियाकृत्य कितना करते थे? जप कितना करते थे? अनुष्ठान कितना करते थे? बेटे! मुझे मालूम नहीं है, लेकि...
- कहीं आप 'समझदार' तो नहीं?...? आप बहुत समझदार आदमी हैं? आप अगर समझदार नहीं होते, तो इस जमाने में जब सारी दुनिया मरने की तैयारी में...
- कान व बाँहों को जल का स्पर्श क्यों?...? अगली क्रिया है-कर्णयोर्मे श्रोत्रमस्तु। कान हमारे ऐसे होने चाहिए जो रेडियोएक्टिविटी के तरीके से फिल...
- किनका स्नान कराएँ?...? बेटे! फिर एक काम कर, तेरे मुँह में यह जो सफेद-सफेद भाग दिखाई दे रहा है, यह क्या है? ये हड्डियाँ हैं...
- किसकी बात कह रहे हैं?...? लौकिक जीवन की। बेटे, सिद्धान्त तो वही है। आज आप लौकिक जीवन में इसे व्यवस्थित कर लीजिए अथवा पारलौकिक ...
- किसकी मदद करें?...? मित्रो ! भगवान के दो हाथ है। एक हाथ से वह पीडित होकर के माँगता है, पतित होकर के माँगता है। आप पतितो...
- किसी को बुखार आता है, किसी की मृत्यु होती है, पर रावण की मृत्यु?...? रावण ने ऐसी भयंकर मृत्यु देखी, जैसी किसी और ने नहीं देखी। उसने अपनी औरतों को जलते देखा, अपने बच्चों...
- कैसे बड़ी चीज नहीं प्राप्त कर सकेंगे?...? जैसे एक सेठ जी थे। उनके यहाँ एक पच्चीस-छब्बीस साल का लड़का आया। उसने कहा कुछ काम-धंधा नहीं है हमारे ...
- कौन झल्ला रहा है?...? बाप। बाप कौन है? सविता-हमारा पिता। एक आँख प्यार की और एक आँख सुधार की। प्यार की आँख गायत्री माता के...
- कौन सा सस्ता उपाय करें?...? बस, सत्यनारायण की कथा कहलवा लीजिए और पण्डित जी को सवा रुपया दे दीजिए। इहलोके सुखं भुक्तवा, चान्ते सत...
- कौन से सूरदास की?...? उस सूरदास की, जो प्रतिभावान था। मैं किसकी प्रशंसा कर रहा हूँ? भक्ति की? भक्ति की बाद में, सबसे पहले...
- क्या इतिहास की पुनरावृत्ति फिर होना सम्भव है?...? हाँ इतिहास की पुनरावृत्ति होना सम्भव है और हम करके दिखाएँगे। मित्रो! संस्कृति की सीता को, जिसके बारे...
- क्या करते है साहब?...? गायत्री माता का जप करते हैं। यह तो बहुत अच्छी बात है। किस काम के लिए करते है? साहब! हमारे पड़ोसी के...
- क्या करना पड़ेगा?...? बेटे! फिर आपको वहाँ से वापस चलना पड़ेगा, जहाँ कि हमारी सन्त-परम्परा के अनुरूप हम घर घर जाएँ और जन-जागर...
- क्या बात बतानी चाहिए थी?...? आप कौन हैं? हम तो साहब! यदुवंशी राजपूत हैं तो आप में कोई ब्राह्मण भी है क्या? नहीं साहब! ब्राह्मण...
- क्या बात है?...? उस ब्रह्मतेज की ताकत समझें लोमष ऋषि बाहर आए और देखा कि बाहर गुरु वसिष्ठ और राजा दशरथ खड़े हुए हैं, ...
- क्या मतलब है इसका?...? इसका मतलब है कि माला घुमाइए और दूध भी जाइए। माला माने लाठी। लाठी गाय के थन से लगाइए और चूसते चले जा...
- क्या यह सम्भव है?...? सम्भव है। मित्रो! इस प्रसंग पर मुझे एक कहानी याद आ जाती है-एक थे सेठ जी। पण्डित जी ने उन्हें यह समझा ...
- क्या व्यक्ति के रूप में भी भगवान का अवतार होता है?...? चलिए अब मैं आपकी बात का भी समर्थन करने को तैयार हूँ कि व्यक्ति के रूप में अवतार होता है। साकार रूप ...
- क्या शिव कहीं है?...? अगर हैं तो उनकी क्रियापद्धति क्या है? इन प्रश्नों का उत्तर बालविनोद की तरह नहीं दिया जाना चाहिए। उन...
- क्या सम्भावना है?...? ? जिस ब्रह्मवर्चस का आप उद्घाटन करने के लिए आए हैं, यह महाकाल की एक सम्भावना है। हम अध्यात्म की एक न...
- क्या हुआ था उनका?...? उनके तीन काम हुए थे। मालवीय जी को सबसे पहले पंचकर्म करने पड़े थे। पंचकर्म किसे कहते हैं? पंचकर्म कह...
- क्यों साहब हम भी बूढ़े हो जाएँ और ऐसा कुछ करें?...? नहीं भाईसाहब, अब वह वक्त चला गया, आप समय को तो पहचानते नहीं। भगवान कभी-कभी हाथ पसारता है।...
- क्यों साहब, क्या बात थी कि हनुमान जी में इतनी ताकत कहाँ से आ गई?...? यह वहाँ से आ गई जहाँ से उन्होंने अध्यात्म को अपने जीवन में उतार लिया था। अध्यात्म जीभ की नोक तक पूज...
- क्योंकि इसका जो अर्थ तू समझता हैं, वह दृश्य को समझता है, कृत्य को समझता है, पदार्थ को समझता है, यही मतलब है न तेरा?...? लेकिन पदार्थ का क्या मूल्य हो सकता है, क्या महत्त्व हो सकता है? पदार्थ को तो घर में चूहे भी खा जाते...
- कड़ुवापन क्या है?...? कड़ुवापन आदमी का घमंड है, कड़ुवापन आदमी का अहंकार है। अपने अहंकार के अलावा कड़ुवापन कुछ है ही नहीं। आप...
- गायत्री का पौराणिक पक्ष क्या है?...? अब मैं आपको चलिए यह समझाने की कोशिश करता हूँ कि गायत्री क्या है? पौराणिक कथाएँ हमारे सामने हैं। इनक...
- गायत्री किसका नाम है?...? ऋतम्भरा प्रज्ञा का। गायत्री किसे कहते हैं? ऋतम्भरा प्रज्ञा को। गायत्री कोई देवी नहीं होती, कोई देवत...
- गायत्री के दो अर्थ हैं, आप तो एक ही अर्थ समझ पाते हैं तो क्या समझ पाते हैं?...? आपको तो मात्र प्रयोग मालूम है। गायत्री की प्रैक्टिस ही मालूम है। गायत्री का जप कैसे किया जाता है, य...
- गायत्री मंत्र की महिमा के बारे में कि इस मंत्र से क्या लाभ हो सकता है?...? इसके बारे में अथर्ववेद की एक बहुत अच्छी साक्षी आती है। अथर्ववेद के गवाह से अच्छा कोई और गवाह चाहिए ...
- गायत्री मंत्र कीर्ति कैसे प्रदान करता है?...? कीर्ति उसे कहते हैं, जिससे आदमी को गर्व हो सकता है। हमने जिन्दगी इस तरह से बिताई कि जिससे हमको गर्व ...
- गायत्री मंत्र के बारे में कहा गया है कि ये प्रजा दिया करती हैं और चौथी क्या चीज देती है?...? चौथी चीज देती है-आदमी को कीर्तिं। कीर्तिं और ख्याति में फर्क है, आप ध्यान रखना। ख्याति क्या होती है...
- गिद्ध-गिलहरी बन सकते हैं?...? साथियो! मैं जानता हूँ कि आपके पास ताकत बहुत कम है और आप कह सकते हैं कि हमारे पास इतनी सामर्थ्य नहीं...
- गुरु जी, सिद्धियों का दूसरा तरीका बताइए?...? क्या तरीका बताएँ? कोई ऐसा मंत्र बताइए कि जिससे काली हमारे काबू में आ जाए, देवी हमारे काबू में आ जाए...
- गुड़-गोबर किसे कहते हैं?...? जो न खाने के काम आता है, न लीपने के काम आता है। यह क्या लाए साहब! यह तो गुड़-गोबर लाए। गुड़ में गोबर ...
- गोदी में ले लेगा, जरा बताना तो सही?...? भजन की कीमत पर ले लेगा। क्या होता है भजन? बकवास को भजन कहते हैं? अक्षरों के उच्चारण को भजन कहते हैं...
- गोस्वामी तुलसीदास जी जब रामायण का निर्माण करने लगे तो उनके मन में एक विचार आया कि इतना बड़ा ग्रंथ जिसके जहाज पर बिठा करके संसार के प्राणियों का उद्धार किया जा सकता है, उसे बनाने के लिए मुझे क्या करना चाहिए?...? इसके लिए किस शक्ति का सहारा लिया जाना चाहिए? उन्होंने यह कहा कि भवानी शंकर की वंदना करनी चाहिए और उ...
- चित्रकारों ने बढ़िया से बढ़िया चित्र किस माध्यम से बनाए हैं?...? ब्रुश के माध्यम से। ब्रुश से क्या बनता है? तसवीरें बनती हैं, पेंटिंग बनती हैं। अच्छा चलिए हम आप...
- चेतना कितनी सामर्थ्यवान है?...? बेटे, चेतना की सामर्थ्य दिखाने के लिए मैं आपको बीस लाख वर्ष पहले ले जाना चाहूँगा, जबकि पृथ्वी छोटे-...
- चेले ने सोचा कि जब मौलवी साहब आ जायेंगे, तो हमारी क्या चलेगी तथा हमें कौन पूछेगा?...? उसने एक चाल चली और गाँव के हर मुसलमान के घर गया और औरत, बच्चे, बूढ़े प्रत्येक नर-नारी से एक ही बात क...
- जिन लोगों ने राम-नाम लेना शुरू किया था, उससे पहले वे किस तरह की जिन्दगी जी रहे थे?...? राम-नाम लेने के बाद में, राम का भजन करने के बाद में वे ऋषि हुए थे कि नहीं हुए थे अथवा उसी तरह के घट...
- जीवन्त से क्या मतलब है?...? यह अध्यात्म की लाश? जिसको आप लिए फिर रहे हैं। कौन सी लाश? यही नाक से हवा निकालने वाली लाश, केवल माल...
- जैसे कि मान लीजिए ग्रह-नक्षत्रों के चाल के बारे में कोई बच्चा रुचि रखता है या अन्य विदेशी भाषा के बारे में उसको कोई ज्ञान है, इच्छा है, उसके लिए अलग से शिक्षण किया जाए?...? सारे बच्चों पर भार क्यों डाला जाए। शिक्षा की व्यवस्था में प्रत्येक के लिए आवश्यक है कि व्यावहारिक ज...
- डी की थीसिस लिखना-इन दोनों में क्या सम्बन्ध है?...? बाहर से आप देखिए-कलम के द्वारा ही इम्तिहान दिए जाते हैं और कलम के द्वारा ही पी-एच.डी. के सब काम किए...
- तब क्या करें?...? आप सब ओर से अपने आप को समेटकर जो बात आपके हाथ में है, जो आपकी मुट्ठी में है, उस पर केन्द्रित हो जाइए...
- ताकत का केन्द्र कहाँ?...? हम आपको कई बार कथा सुनाते रहे हैं। एक बार अपनी अफ्रीका यात्रा का हमने किस्सा सुनाया था, जिन बेचारों...
- तीसरा वाला शिक्षण यह है कि आप अपने कर्तव्य को समझना शुरू कीजिए कर्मयोगी बनिए, फर्ज, कर्तव्य पूरा करिए बस, परिणाम?...? परिणाम हम नहीं जानते बेटे! क्या होगा? हमने खूब अच्छी तरह से पढ़ा, खूब मेहनत की, लेकिन जिस दिन परीक्ष...
- तीसरी आकांक्षा क्या है?...? अहं। एक आदमी का अहं, मेरा बड़प्पन, मेरा यश, मेरा नाम, मेरा गौरव, मेरा श्रेय। अरे साहब! मेरे बेटे का ...
- तो क्या आप भी त्यागने के लिए कह रहे हैं?...? नहीं बेटे! त्यागने के लिए नहीं कह रहा। मैं तो ये कह रहा हूँ कि इन मरीजों को त्यागने की जरूरत नहीं ह...
- तो क्या करें?...? इसमें एक चीज आप और शामिल कर लें तो बात सही हो जाएगी। क्या शामिल कर ले? स्कूल में पढ़ाई करें और पढ़ा...
- तो क्या काम करें?...? यही मैं बताने वाला था कि अगर आप तीसरा वाला काम पूरा कर लेते हैं तो समझना चाहिए कि आपके कल्प-साधना क...
- तो क्या पहाड़ उठ गया था?...? हाँ उठ गया था। क्यों? क्योंकि ऊँचे उद्देश्य के लिए भावभरे प्राणवान व्यक्ति प्राण-भरी साँस लेकर जब ख...
- तो क्या मन्दिर सिर्फ इसी काम के लिए है?...? क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए? हाँ, अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना ...
- तो क्या मन्दिर सिर्फ इसी काम के लिए हैं?...? क्या इन परिस्थितियों को बदला नहीं जाना चाहिए? हो अगर हमको समाज में ढोंग, अनाचार और अज्ञान फैलाना हो...
- तो गुरुजी क्या इतने भर से बात पूरी हो जाएगी?...? नहीं बेटे, इतना ही पर्याप्त नहीं। आपको इसके साथ में अपनी श्रद्धा सँजोकर के रखनी पड़ेगी। श्रद्धा को आ...
- दिव्यशक्ति किसे कहते हैं?...? मित्रो! यह देवताओं की शक्ति है जो हमारे अंग-अंग में विद्यमान है। इसके अलावा हमारे भीतर ''सुप्रीम पा...
- दुनिया में कौन-कौन से रिवाज चले हुए हैं कि जनेऊ कौन पहनेगा?...? मर्द पहनेगा, औरत नहीं पहनेगी। लड़कियों को हम धन्यवाद देते हैं। क्योंकि शिखा की लाज, शिखा की इज्जत इन...
- दूसरा वाला उद्देश्य क्या है?...? आचमन है। कितने आचमन करने पड़ते हैं? तीन आचमन करने पड़ते हैं—''ॐ अमृतोपस्तरणमसि स्वाहा। ॐ अमृतापिधानमस...
- देते रहने का क्या मतलब है?...? देते रहने का मतलब यह है कि अगर उनके पास कोई चीज है तो वे लोगों को बाँटते रहते हैं और लोगों की मुसीब...
- देवता कौन होते हैं?...? देवता अड़ोसी-पड़ोसी नहीं होते। वे सम्बन्धी भी नहीं होते। देवता उन शक्तियों का नाम है, जो आदमी के ऊपर ...
- देवता बनने के लिए क्या करना पड़ेगा?...? साधना करनी पड़ेगी। साधना किसकी करनी पड़ेगी? बेटे! अपने जीवन की साधना करनी पड़ेगी। शंकर जी की कर लूँ सा...
- देवता में क्या विशेषता होती है?...? देवता और मनुष्य में क्या फर्क होता है? देवता खाते तो रहते हैं, पर पखाना नहीं करते। हनुमान जी को चाह...
- देवता हमें क्या दे सकते हैं?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य ध...
- देवता हमें क्या दे सकते हैं?...?...
- दैवीय सक्रियता क्या होती है?...? क्या वह मिठाई खाती है, महल बनाती है? नहीं बेटे, ऐसी नहीं होती है, दैवीय सभ्यता। दैवीय सभ्यता ऐसी हो...
- नमूने का उपदेशक कैसा होना चाहिए?...? नमूने का गुरु कैसा होना चाहिए? नमूने का साधु कैसा होना चाहिए? नमूने का ब्राह्मण कैसा होना चाहिए और ...
- निंदा करेंगे क्या?...? नहीं, अब यह गलती नहीं करनी चाहिए। साथियो! ठीक है, जैसा भी अब तक चला आ रहा है, उसे अब हमें सुधार की ...
- पहचानिए तो कि आप कौन हैं?...? यह समय आपत्तिकाल का है, जो एक और सुंदर सपने संजोए हुए हैं, तो दूसरी तरफ विनाश की लीला भी मुँह बाए ख...
- पात्रता है कि नहीं?...?
मित्रो! आपका अनुष्ठान देखने के लिए गायत्री माता को फुरसत नहीं है। उनके पास जरा सा भी समय नहीं है...
- पुण्य कैसे हो सकता है?...? दृष्टि से हो सकता है। दृष्टि अगर हमारे पास हो, चिन्तन हमारे पास हो, आस्थाएँ हमारे पास हों, हमारे जप ...
- पुत्रेष्टि यज्ञ कौन सफल करें?...? मित्रो! गुरु वसिष्ठ ने कहा- राजन! हमने बच्चे पैदा कर लिए, इसलिए हमारा ओजस और वर्चस जो कि मंत्र में ...
- पूजा ओर पाठ किस चीज का नाम है?...? दीवार को गिरा देने का, इसी ने हमारे और भगवान के बीच में लाखों कि.मी. की दूरी खड़ी कर दी है, जिससे भ...
- पूजा और पाठ किस चीज का नाम है?...? दीवार को गिरा देने का, इसी ने हमारे और भगवान के बीच में लाखों कि०मी० की दूरी खड़ी कर दी है, जिससे भ...
- प्राइमरी के बाद शिक्षा व्यवस्था कैसी हो?...? पाँचवें दरजे के बाद बेसिक शिक्षा का निर्धारण हो जाना चाहिए। दुकानदार के बच्चों को किस चीज की जरूरत ...
- फिर आप क्या कह रहे थे?...? बेकार की बातें बताते हैं आप हमको। नहीं बेटे, हम बेकार की बातें नहीं बताते। हम तो ये बताते हैं कि ...
- फिर कैसे दूर हो सकते हैं?...? मित्रो। दैत्यों को मारने के लिए देवता का पैदा होना आवश्यक है। दैत्य को दैत्य भी मार सकता है। दो राक...
- फिर क्या हो जाएगा?...? फिर आपके दिमाग पर इतना टेंशन रहेगा कि जिसकी वजह से आपकी नींद 'हराम हो जाएगी। अमेरिका के अधिकांश नाग...
- फिर मनोकामनाएँ कौन पूरी करता है?...? बेटे ! भगवान मनोकामना पूरी नहीं करते। नहीं साहब ! भगवान मनोकामना पूरी करते हैं। नहीं बेटे ! भगवान न...
- बच्चों को क्या पढ़ाया जाए?...? अब बच्चों का सवाल आता है कि बच्चों को क्या पढ़ाया जाए? इसे दुर्भाग्य कहना चाहिए कि हमारे देश में शिक...
- बीमारियों से आप कैसे सहायता कर सकते हैं?...? चन्दगीराम पहलवान को टी० बी० की शिकायत थी। बाईस साल की उम्र में उनकी टी० बी० इस कदर हो गई थी कि फेफड...
- बुद्ध का नाम सुना है न आपने?...? धर्मचक्र प्रवर्तन के लिए उनके कितने शिष्य थे जो आकर समय समय पर साधनाएँ किया करते थे और उपासनाएँ करत...
- बेटे, यज्ञ की प्रक्रिया, जिसके बारे में बहस होती है कि हम यज्ञ नहीं कर सकते, पैसा हम नहीं लगा सकते, धन हमारे पास नहीं है तो हमारे घर में कैसे हो सकता है?...? हम चाहते हैं कि रोज गायत्री माता की पूजा आपके घर का प्रत्येक व्यक्ति करे। उससे घर में वातावरण पैदा ...
- बेटे, हम कहाँ जा रहे हैं और न जाने क्या हो रहा है?...? हम जिस जमाने में रह रहे हैं, उसमें आदमी न जाने क्या होने जा रहा है? अगर आदमी इसी तरीके से बना रहा, ...
- बैंक क्या है?...? बैंक माने भगवान ! भगवान का अनुग्रह। आपने जिस काम के लिए प्राप्त करने की कोशिश की है, उसे उसी काम मे...
- भक्ति किसे कहते हैं?...? 'भक्ति' शब्द मैं जान बूझकर उपयोग नहीं करूँगा, क्योंकि भक्ति के सम्बन्ध में इतनी ज्यादा गलतफहमियाँ लोग...
- भगवान किसे कहते हैं?...? भगवान सद्गुणों के, सत्प्रयासों के, आदर्शों के समुच्चय का नाम है। एक भगवान तो वह है जो सारे विश्व को...
- भगवान की कृपा कहाँ मिलती है?...? भगवान को प्राप्त करने का जो असली रहस्य है, उसे आपको जानना ही चाहिए। क्या करना होगा? आपको भगवान के स...
- भगवान की भक्ति किसे कहते हैं?...? समर्पण को, पर आपने तो उसे कठपुतली के तरीके से चलाने और भक्ति से उचित और अनुचित जो कुछ भी फायदे होते...
- भगवान को बच्चा समझते हो?...? मित्रो! आप क्या समझते हैं कि शंकर जी इतने बेअकल और इतने नासमझ हैं कि चन्दन की माला से तो खुश हो जाएँ...
- भगवान शंकर क्या हैं?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य ध...
- भगवान शंकर क्या हैं?...?...
- भगवानों के और किस्से सुनाऊँ आपको?...? वक्त बहुत चला गया, इसलिए और भगवानों की तो मैं नहीं कहता, पर एक भगवान को जो कल-परसों हो के चुका है, ...
- मन्दिर में कोई शेर-चीता आता है?...? मन्दिर में कोई सिगरेट पीता है? मन्दिर में कोई सिगरेट मत पीना। साहब! हमको सिगरेट पीने की आदत है। आदत ह...
- मन का भागना बन्द करने के क्या तरीके हैं?...? यह मैं कल आपको समझा रहा था कि उपासना में क्रिया के साथ-साथ मन को भी लगाइए। मन कैसे लगाएँ? बेटे, मैं...
- मन क्यों भाग जाता है?...? मित्रो! अगर साधना का चमत्कार आपको देखने का मन हो और साधना से सिद्धि की जो बात बताई गई है, वह करना ह...
- मनुष्य के आन्तरिक उत्थान, आन्तरिक उत्कर्ष, आत्मिक विकास के लिए क्या करना चाहिए और कैसे करना चाहिए?...? इसका समाधान करने के लिए हमको चार बातें तलाश करनी पड़ती हैं। इन्हीं चार चीजों के आधार पर हमारी आत्मिक...
- मालदार आदमी से रिश्ता बना लेने पर क्या हो सकता है?...? लालबहादुर शास्त्री का नाम सुना है आपने, वे बिलकुल एक छोटे से आदमी थे, लेकिन पण्डित नेहरू के साथ में ...
- माला या मशीनगन?...? हे भगवान! चल हमको दर्शन दे। हाँ, लीजिए साहब! कीजिए दर्शन। तू भगवन् को ऐसा समझता है? नहीं महाराज जी!...
- मित्रो, उन्होंने क्या काम किया कि सारे शहर को हमारा साहित्य पढ़ा दिया और हर एक व्यक्ति से ये कहा, हमारे गुरुजी जिनका कि आपने साहित्य पढ़ा है, क्या आपको पसन्द है?...? सबने एक स्वर से कहा कि अरे भाई! पढ़ा ही क्या, हम तो पगला गए हैं, उनके विचारों को पढ़कर। हम गुरुजी को ...
- मित्रो, क्या करना चाहिए?...? हमको अपनी सामर्थ्य को सार्थक, रचनात्मक कार्यों, सृजनात्मक और विकासोन्मुख कामों में लगाना चाहिए। जिस...
- मित्रो, जप करने से क्या मतलब है?...? जप करने से हमारा मतलब देवपूजन से है। इसमें देवपूजन के साथ आत्मशोधन की दो क्रियाएँ जुड़ी हुई हैं। यह ...
- मित्रो, देवी को आप क्या बनाना चाहते हैं?...? देवी को औरत बनाना चाहते हैं, आप देवी के पति बनना चाहते हैं न। कौन बनना चाहता है? पति बनना चाहता है ...
- मित्रो, धनवान क्या केवल बीड़ी बनाने के उद्योग में ही अपना पैसा खरच करते रहेंगे?...? क्या चाय बागानों में ही लोगों की पूँजी लगती रहेगी? क्या वनस्पति तेल बनाने में ही लोगों की पूँजी लगी...
- मैं अब आपको समझाने की कोशिश करूँगा कि साधना का स्वरूप क्या हो सकता है?...? असली साधना क्या है? नकली की तो मैं क्या कहूँगा आपसे। असली साधना कैसे की जाती है? यह बताता हूँ आपको।...
- यज्ञ की फिलॉसफी के बारे में भी लोगों को बताना पड़ेगा कि यज्ञ हिन्दू धर्म का अक्षुण्ण अंग क्यों है?...? हमारी संस्कृति का अक्षुण्ण अंग क्यों है? इसकी प्रेरणाएँ क्या हैं, इसका प्रकाश क्या है? इसकी शिक्षाए...
- यज्ञ की हम व्याख्या करते हैं तो आप हमसे कहते हैं कि गुरुजी आप यज्ञ की व्याख्या क्यों करते हैं?...? आप तो दनादन हवन कराइए और धड़ाधड़, तड़ातड़ आँसू गिराइए। व्याख्या क्यों करते हैं? बेटा, हम व्याख्या नहीं ...
- यज्ञ भगवान की चौथी वाली नसीहत क्या है?...? चौथी वाली नसीहत यह है कि जो कुछ भी इसके पास जाता है, उसे वह अपने समान बना लेता है। आग के पास जो कुछ...
- यदि इतिहास पढ़ाया जाना हो, तो उस जमाने की परिस्थितियों में परिवर्तन किस तरह से हुआ और उन परिस्थितियों में हेर-फेर क्यों हुआ विदेशी शासकों के आने का क्या कारण था और शासन व्यवस्था में क्या चूक हुई और जनता से क्या चूक हुई?...? इस तरह का विश्लेषणात्मक शिक्षण दिया जाए जिससे कि आदमी परिस्थितियों के हेर-फेर के बारे में थोड़ा जान ...
- यह किसने कहा?...? ''शतपथ ब्राह्मण'' ने कहा-निश्चय, जरूर, गारण्टी से, विष्णु जो है, वही यज्ञ भगवान है। जीवन्त भगवान कैस...
- यह कैसे रँगा जा सकता है?...? इसको पहले धोबी के यहाँ ले जाओ। धोबी क्या करेगा? इसके ऊपर जो मलीनताएँ चढ़ी हुई हैं, उन मलीनताओं को वह...
- यह क्या किया बुद्ध ने?...? बेटे, बुद्ध ने यही किया। दैवीय सभ्यता का प्रसार इसी से हुआ है। तो क्या बुद्ध ने बड़े व्याख्यान दिए थ...
- यह क्या है?...? बेटे, यह एक बुद्धि है, एक विचारणा है, एक संकल्प है, एक सिद्धान्त है। अगर ये सिद्धान्त हमारे और आपके म...
- यह दृष्टिकोण आने से क्या होता चला गया?...? मित्रो! इसके आने से हमारे घरों का सत्यानाश होता चला गया। हमारी सम्पत्ति बेकार हो गई, नाकारा हो गई। ज...
- यह निश्चय होने के पश्चात यह सवाल पैदा हुआ कि आखिर कथा कहेगा कौन?...? कहने से क्या है, पैंतीस रुपए में किसी पण्डित जी को बुला लीजिए। पाँच रुपए रोज के हिसाब से पण्डित जी को...
- यह महापुरश्चरण कैसा है?...? आप सबने अखबारों में पढ़ा होगा। तो क्या पच्चीस कुण्डीय यज्ञों के माध्यम से पुरश्चरण होगा? यज्ञ नहीं बे...
- ये कैसे हो जाएँगी?...? मित्रो! आदमी की जो घटिया वृत्तियाँ हैं वे न केबल आदमी के शरीर को, वरन उसके ईमान को और अन्तःकरण को गल...
- ये कौन घुसाता है?...? डेमन। डेमन कौन सा होता है? डेमन कहते हैं भगवान को। आपके डेमन का क्या नाम है? अपने गुरु को हम डेमन क...
- ये कौन थे?...? इनका नाम था पादरी; इनका नाम था साधु; इनका नाम था परिव्राजक। मेरे मन में आया कि इनके चरणों को धोकर क...
- ये कौन हैं?...? ? 'श्रद्धा विश्वास रूपिणौ' अर्थात श्रद्धा का नाम पार्वती और विश्वास का नाम शंकर। श्रद्धा और विश्वास...
- ये क्या कह रहे थे भिखारी और जँवाई की बात?...? ? हाँ बेटे, आपसे मैं इसलिए कह रहा हूँ कि आप शुरू से देखिए कि जिनसे आप मिन्नतें करते हैं जिनसे आप कु...
- ये क्या है?...? ये बेटे सब तमाशे हैं, खेल-खिलौने हैं। ये सब बहुत दिनों पहले थे। अब हमारी दुकान बड़ी हो गई है और अब आ...
- ये क्या होता है?...? बेटे। ये दैवी सभ्यता की शुरुआत होती है। यह न तो व्याख्यान से हुई, न कथा से हुई और न सत्संग से हुई। ...
- ये देवी-देवता हमें क्या देंगे?...? मित्रो! आप देवताओं से भी वो काम कराना चाहते हैं, जो देवता बेचारे नहीं कर सकते, जो उनके काबू में नही...
- ये भूत आपको कहाँ मिलेंगे?...? मित्रो! आप पाश्चात्य देशों में चले जाइए। वहाँ आपको प्रेत मिलेंगे, पिशाच मिलेंगे। कैसे? जो अशान्त ही ...
- ये सब हैं क्या?...? बिलकुल हैं और आपके साथ हैं, आप देख नहीं पा रहे हैं। यहाँ जिस कोठरी में आप रहते है, जिस वातावरण में ...
- रामचरित और कृष्णचरित के बारे में जिन पुस्तकों का हमने चयन किया है, उनके बारे में मैं एक बार चुपचाप विचार करने लगा कि अरे भाई ये किसकी किताबें हैं गीता लड़ाई-झगड़े की किताब है?...? धत् तेरे की! कहाँ एक ओर ''द्यौ शान्ति अन्तरिक्ष शान्ति.... की किताबें पढ़ने चले हो और अब दूसरी ओर लड़ा...
- रामराज्य कैसे आया?...? मित्रो! रामराज्य का बीज अयोध्या में बोया गया और वह भी एक छोटे से खानदान में। कैसे बो दिया गया? बेटे...
- रिश्ता मिलाने के लिए क्या करना पड़ता है?...? बस यही तो मुझे आपसे कहना था। रिश्ता मिलाने में आप ख्याल करते हैं कि रिश्वत देनी पड़ती है, चापलूसी कर...
- लंका की आसुरी सभ्यता उस जमाने में सब जगह आतंक फैला रहीं थी और सारा विश्व, सारे देश त्राहि त्राहि कर रहे थे कि अब क्या होने वाला हैं?...? हर आदमी अनीति के मार्ग पर चलने का शिक्षण प्राप्त कर रहा था और अनाचार के लिए कदम बढ़ाता हुआ चला जा र...
- लक्ष्य-उद्देश्य ऊँचे हैं कि नहीं?...? मित्रो! देवी किसकी सहायता करती है? देवी जप करने वाले की सहायता नहीं करती, पाठ करने वाले की सहायता न...
- लाभ क्या होंगे?...? मित्रो! यह जो पुरश्चरण हो रहा है, उससे क्या फायदा होगा? पुरश्चरण से कई फायदे होंगे। एक फायदा तो अभी...
- लोकसेवी को कैसा होना चाहिए?...? इसलिए क्या करना पड़ेगा? यही व्यावहारिक शिक्षण करने के लिए आपको पंद्रह दिनों के लिए हम भेज रहे हैं, त...
- वह छोकरी एक लंबा डंडा लेकर आई और बोली कहाँ है आपका चीता?...? शायद इस झाड़ी में छिपा हुआ मालूम पड़ता है। लड़की चमड़े के जूते पहन करके झाड़ी में दनदनाती हुई चली गई। ...
- वास्तविक अध्यात्म फिर क्या है?...? मित्रो! आध्यात्मिकता का उद्देश्य है, आदमी के व्यक्तित्व के ऊँचा उठा देना, चिन्तन को सही कर देना, आदम...
- विधि क्यों पूछते हैं?...? यहाँ कितने लोग आते रहते हैं और बार-बार यही पूछते रहते हैं कि विधि बताइए। किसकी विधि बताएँ? गायत्री ...
- विधेयात्मक चिन्तन क्या है?...? यह वह चिन्तन है, जिससे कि आदमी देवता बन जाते हैं। हम क्या बनाएँगे, क्या बिगाड़ेंगे, यह विचार ही मत की...
- विनोबा कौन है?...? दूसरे नंबर के गाँधी है। गाँधी जी ने व्यक्तिगत सत्याग्रह में जब अपना उत्तराधिकारी घोषित किया तो लोग ...
- विवेकानन्द के मास रामकृष्ण परमहंस जाया करते थे और कहते थे कि बेटा हमारा कितना काम हर्ज होता है?...? तू समझता नहीं है क्या? महाराज जी मैं बी० ए० करूँगा, एम० ए० करूँगा, नौकरी करूँगा। नहीं बेटे, तू नौकर...
- वे कौन से काम हैं, जो आपको करने पड़ेंगे?...? आपको यह करना पड़ेगा कि जहाँ कहीं भी आप जाएँ जिस शाखा में भी आप जाएँ एक छाप इस तरह की छोड़कर आएँ कि ग...
- व्यक्तिगत जीवन की तरह ही हम यह देखते हैं कि इस दुनिया को सुंदर और समुन्नत बनाने के लिए क्या किया जाए?...? इसके लिए यों तो असंख्य योजनाएँ बनती हैं, जिसमें भौतिक सुविधाओं के सम्वर्द्धन का ध्यान रखा जाता है।...
- व्यक्तित्व का निर्माण कैसे करें?...? यह लोकमान्यता सही नहीं है कि मनुष्य साधना के सहारे आगे बढ़ता और सफल होता है। वास्तविकता यह है कि पर...
- शंकर जी की इस शिक्षा को हर शंकरभक्त को अपनी फिलासफी में सम्मिलित करना ही चाहिए किस तरीके से उन्हें गले से लगाना चाहिए और किस तरीके से उनसे फायदा उठाना चाहिए?...? शंकर जी के गले में पड़ी मुंडों की माला भी यह कह रहीं है कि जिस चेहरे को हम बीस बार शीशे में देखते है...
- शंकर भगवान की सवारी क्या है?...? बैल। वह बैल पर सवार होते हैं। बैल उसे कहते हैं जो मेहनतकश होता है, परिश्रमी होता है। जिस आदमी को मे...
- शंकराचार्य ने अपनी माँ को समझाया, परन्तु माँ की समझ में कहाँ और क्यों आने वाला था?...? उसकी समझ में तो यही आता था कि मुझे पोता चाहिए पोती चाहिए कोठी चाहिए। मित्रो! इन सब ख्वाबों को लात म...
- शब्दों का क्या असर होता है?...? शब्दों का नहीं होता, क्रिया का असर होता है। अगर आपको किसी पर असर डालना हो, किसी पर छाप डालनी हो, अग...
- शरीर किसे कहते हैं?...? शरीर उसे कहते हैं जो दिखाई पड़ता है, जो देखा जा सकता है, जो अनुभव में लाया जा सकता है। हमारा शरीर आप...
- शिक्षा व्यवस्था कैसी हो?...?...
- शिक्षा व्यवस्था कैसी हो?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- शुकदेव जी ही क्यों?...? तो फिर किसी और विद्वान को बुलाइए। लोगों ने औरों के नाम बताए पर राजा परीक्षित मना करते रहे। जब लोगों...
- सच क्या है?...? जैसा आपने देखा है, सुना है, उसको ही कह देने का नाम सच नहीं है। सच उस चीज का भी नाम है,जिसके साथ में...
- सच्चा अध्यात्म आखिर है क्या?...?
गायत्री मंत्र हमारे साथ-साथ—
ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य...
- सच्चा अध्यात्म क्या कहता है?...? इसलिए मित्रो! जो आपने रग बिरंगे, चित्र विचित्र खिलौने बनाकर रखे है और उन रंग बिरंगे खिलौनों से अगर ...
- समझदारी जहाँ कहीं भी होगी, न जाने क्या से क्या करती चली जाएगी?...? समझदार आदमी आर्थिक क्षेत्र में चला जाएगा, तो वो मोनार्क पैदा हो जाएगा और हेनरी फोर्ड पैदा हो जाएगा।...
- सही ढंग से गायत्री उपासना क्या होती है?...? आगे चलकर हम आपको बता देंगे, जो हमने की है। जिस ढंग से हमने गायत्री उपासना की है। हमारे ज्ञान और हमा...
- साधना किसकी की जाए?...? भगवान की? अरे भगवान को न तो किसी साधना की बात सुनने का समय है और न ही उसे साधा जा सकता है। वस्तुत: ...
- साधना के पश्चात आराधना की बात बताता हूँ आपको कि आराधना क्या है और किसकी की जानी चाहिए?...? आराधना कहते हैं—समाजसेवा को, जन कल्याण को। सेवाधर्म वह नकद धर्म है जो हाथों-हाथ फल देता है। इसमें प...
- साधु और ब्राह्मण किसे कहते हैं?...? किफायतसार को साधु ब्राह्मण कहते हैं। मितव्ययी को, अपरिग्रही को एवं सर्वसन्तोषी को साधु -ब्राह्मण कहत...
- सावित्री किसे कहते हैं?...? सावित्री बेटे गायत्री का ही दूसरा नाम है और सत्यवान? सत्यवान उसे कहते हैं, जिस साधक ने अपना जीवन सम...
- स्वर्ग का जीवन कैसे?...? मित्रो! क्या करना चाहिए? आपको एक काम करना पड़ेगा। क्या? इस दुनिया में सबसे बड़ी दिक्कत यह पड़ती है कि ...
- स्वामी विवेकानन्द जब अमेरिका गए थे, उस समय वहाँ की जनता को वे वेदांत की शिक्षा देने लगे, तो उन्होंने एक प्रश्न किया कि क्या आपने भारतवर्ष में इस शिक्षा को पूरा कर लिया?...? थोड़ी देर वे मौन रहे, फिर उन्होंने कहा कि आप लोगों ने मैट्रिक पास कर लिया है। आप लोगों ने पहली चीज अ...
- हमारी वाणी जबरदस्त क्यों?...? मित्रो! वाणी में बहुत शक्ति होती है। जिस वाणी को हम सरस्वती कहते हैं, उसमें शक्ति होती है।...
- हमें इतनी गहरी नींद क्यों आती है?...? क्योंकि हमें कोई चिता नहीं है। आपके शान्तिकुज की हमें बिलकुल चिन्ता नहीं, गायत्री तपोभूमि को हमको बिल...
- हिन्दुस्तान अपने सामान्य नागरिक को क्या भोजन दे सकता है?...? क्या वस्त्र दे सकता है? उसे किस स्तर की जिन्दगी जीनी पड़ सकती है? यही हमारा स्टैंडर्ड है। आप अमेरिका ...
- हिन्दू धर्म का मूल क्या है?...? हिन्दू धर्म का मूल वह है जिसको हम शिखा कहते हैं, जिसको हम यज्ञोपवीत कहते हैं। अब हम इस झंडे को नष्ट ...